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शानदार प्रदर्शन पर अब सम्मान! हरियाणा सरकार ने शुरू की नई अवॉर्ड स्कीम

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार द्वारा आगामी 25 दिसम्बर को साल 2024 और 2025 में गुड गवर्नेस से जुड़े शानदार इनोवेटिव काम करने वाले कर्मचारियों को गुड गवर्नेस अवॉर्ड दिए जाएंगे, इसके लिए 13 दिसम्बर तक आवेदन किया जा सकता है। सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि एडमिनिस्ट्रेटिव सैक्रेटरी, विभागाध्यक्ष और आई. ए. एस ऑफिसर को छोड़ कर सभी पात्र कर्मचारी (रैगुलर या कांट्रैक्ट वाले) अपने-अपने ऑफिस-हँड याविभागाध्यक्ष या संबंधित एडमिनिस्ट्रेटिव सैक्रेटरी के जरिए ऑनलाइन पोर्टल पर 13 दिसम्बर तक अप्लाई कर सकते हैं। इसमें प्रोजैक्ट स्कीम प्रोग्राम का चयन किया जाएगा और नॉमिनेट किया जाएगा। उन्होंने बताया कि स्टेट फ्लैगशिप अवॉर्ड पोर्टल के जरिए एडमिनिस्ट्रेटिव सैक्रेटरी अवॉर्ड अपलोड करेंगे।

समावेशी भारत का संकल्प: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू बोलीं, विकास तभी पूरा जब दिव्यांग बनें बराबरी के हिस्सेदार

नई दिल्ली राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को विश्व दिव्यांग दिवस के मौके पर राष्ट्रपति भवन में साल 2025 के राष्ट्रीय पुरस्कार वितरित किए। ये सम्मान उन लोगों और संस्थाओं को दिए गए जिन्होंने दिव्यांगजनों को सशक्त बनाने में बेहतरीन काम किया। समारोह को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति ने साफ कहा, “दिव्यांगजन दया के नहीं, बराबरी के हकदार हैं। समाज और देश का विकास तभी पूरा माना जाएगा, जब हर दिव्यांग व्यक्ति उसमें बराबर का हिस्सेदार बने। ये कोई एहसान या दान का काम नहीं, बल्कि हम सबका फर्ज है।” इस साल की थीम है – “सामाजिक प्रगति के लिए दिव्यांगता-समावेशी समाज को बढ़ावा देना”।  राष्ट्रपति ने कहा कि ये थीम बिल्कुल सही दिशा दिखाती है। भारत अब पुरानी कल्याण वाली सोच से निकलकर अधिकार और सम्मान वाली सोच अपना रहा है। 2015 में “दिव्यांगजन” शब्द को अपनाकर सरकार ने यही संदेश दिया था कि ये लोग कमजोर नहीं, बल्कि दैवीय शक्ति वाले हैं। राष्ट्रपति ने सरकार की कोशिशों की तारीफ की। उन्होंने बताया कि देश में साइन लैंग्वेज रिसर्च, मेंटल हेल्थ रिहैबिलिटेशन और स्पोर्ट्स ट्रेनिंग के लिए कई राष्ट्रीय संस्थान बनाए गए हैं। अब तक लाखों दिव्यांगजनों को यूनिक डिसेबिलिटी आईडी कार्ड मिल चुका है, जिससे उन्हें नौकरी, शिक्षा और यात्रा में आरक्षण व सुविधाएं आसानी से मिल रही हैं। उन्होंने समाज से अपील करते हुए कहा कि सरकार अकेले सब कुछ नहीं कर सकती। हमें अपने घर, मोहल्ले, स्कूल और ऑफिस में दिव्यांगजनों को साथ लेकर चलना होगा। उनकी इज्जत और आत्मनिर्भरता बढ़ाना हर नागरिक का कर्तव्य है। राष्ट्रपति ने पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी और कहा, “आप सबने साबित कर दिया कि अगर मौका मिले तो दिव्यांगजन किसी से पीछे नहीं रहते। आप सब समाज के लिए मिसाल हैं। इस मौके पर केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार, राज्य मंत्री रामदास आठवले और प्रतिभा पाटिल समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

Insta Queen की Thar से Wedding Talk तक: सामने आई पर्सनल लाइफ की सबसे बड़ी खबर!

पंजाब  चिट्टा रखने के मामले में पकड़ में आने के बाद सुर्खियों में रही पंजाब पुलिस की बर्खास्त महिला कांस्टेबल और इंस्टा क्वीन अमनदीप कौर के खिलाफ अदालत ने भ्रष्टाचार एक्ट के तहत चार्ज फ्रेम कर दिए हैं। कुछ माह पहले एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स ने उसे 17 ग्राम चिट्टा सहित गिरफ्तार किया था। मामला तूल पकड़ने पर विभाग ने उसे बर्खास्त कर दिया था। इस बीच विजिलेंस ने उसकी संपत्ति की जांच शुरू की थी। जांच में पाया गया कि उसने आय से अधिक खर्च कर संपत्ति बनाई है, जिसके आधार पर विजिलेंस ने केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था। कुछ दिन पहले ही वह जेल से जमानत पर बाहर आई है। जब वह जेल में थी, तभी विजिलेंस ने अपनी जांच रिपोर्ट के आधार पर अदालत में भ्रष्टाचार एक्ट के तहत चालान पेश कर दिया था। मंगलवार को हुई सुनवाई में अदालत ने उस पर चार्ज फ्रेम कर दिए। अब अगली सुनवाई जनवरी 2026 में होगी। गुरमीत कौर नामक महिला ने अमनदीप पर लगाए गंभीर आरोप इसी बीच, गुरमीत कौर नाम की एक महिला ने SSP बठिंडा को शिकायत देकर आरोप लगाया है कि बर्खास्त कांस्टेबल अमनदीप कौर ने उसके पति से बिना तलाक के शादी कर ली। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि शादी के लिए दोनों ने ही गलत दस्तावेजों का इस्तेमाल किया है। पुलिस ने शिकायत मिलते ही मामले की जांच शुरू कर दी है। क्या है मामला  बता दें कि गत  2 अप्रैल को अमनदीप को उसकी थारा गाड़ी से 17.71 ग्राम हेरोइन बरामद होने के बाद गिरफ्तार किया गया था। बाद में उसपर कथित तौर पर अपनी आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया गया। जांच के बाद बठिंडा रेंज के विजिलेंस पुलिस स्टेशन में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 13(1) और 13(2) के तहत मामला दर्ज किया गया, जिसमें उसकी चल और अचल संपत्तियों के साथ-साथ उसके वेतन, बैंक खातों और ऋण रिकार्ड की जांच की गई। अमनदीप को इसी साल 3 अप्रैल को बर्खास्त कर दिया गया था और वह बठिंडा सेंट्रल जेल में बंद थी।   

रोहित शर्मा और तिलक वर्मा ने दिखाई Team India की 2026 T20 WC जर्सी, फैंस बोले—‘वाह!’

रायपुर  टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए टीम इंडिया की जर्सी लॉन्च कर दी गई है। बुधवार को रायपुर में इंडिया वर्सेस साउथ अफ्रीका दूसरे वनडे के इनिंग ब्रेक के दौरान जर्सी का अनावरण किया गया। पूर्व भारतीय कप्तान रोहित शर्मा और युवा बल्लेबाज तिलक वर्मा ने जर्सी की पहली झलक दिखाई। रोहित आगामी टी20 वर्ल्ड कप के ब्रांड एंबेसडर हैं, जो भारत और श्रीलंका की मेजबानी में खेला जाएगा। रोहित के नेतृत्व में भारत ने 2024 में टी20 वर्ल्ड कप जीता था। वह टेस्ट और टी20 इंटरनेशनल से संन्यास ले चुके हैं। रोहित सिर्फ वनडे में एक्टिव हैं। वह पहले एक्टिव प्लेयर हैं, जिन्हें आईसीसी ने ब्रांड एंबेसडर घोषित किया।   टी20 वर्ल्ड कप के दसवें संस्करण की शुरुआत सात फरवरी को होगी जबकि फाइनल 8 मार्च को होगा। कुल 20 टीमें अपनी किस्मत आजमाएंगी। यह टूर्नामेंट आठ स्थलों (भारत में पांच और श्रीलंका में तीन) पर आयोजित किया जाएगा। टूर्नामेंट में दिल्ली, कोलकाता, अहमदाबाद, चेन्नई, मुंबई, कोलंबो और कैंडी में 55 मैच होंगे। भारत ग्रुप-ए का हिस्सा है, जिसमें चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के अलावा नीदरलैंड्स, नामीबिया और अमेरिका हैं। भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी ) के बीच टूर्नामेंट के लिए हुए समझौते के अनुसार पाकिस्तान अपने सभी मैच श्रीलंका में खेलेगा। इस दिन भिड़ेंगे भारत और पाकिस्तान मौजूदा चैंपियन भारत टूर्नामेंट में अपने अभियान की शुरुआत सात फरवरी को मुंबई में अमेरिका के खिलाफ करेगा। भारतीय टीम 12 फरवरी को दिल्ली में नामीबिया से टकराएगी। इसके बाद, भारत 15 फरवरी पाकिस्तान से भिड़ेगा। यह हाई-वोल्टेज मैच कोलंबो के आर प्रेमदासी स्टेडियम में होगा। वहीं, भारत 18 फरवरी को अहमदाबाद में नीदरलैंड के खिलाफ अपना आखिरी लीग मैच खेलेगा। टूर्नामेंट का फॉर्मेट 2024 में हुए पिछले टी20 वर्ल्ड कप जैसा ही है। 20 टीमों को चार-चार के पांच ग्रुप में बांटा गया है। चारों ग्रुप में से शीर्ष दो टीमें सुपर-8 चरण में एंट्री करेंगी। इसके बाद टीमें सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई करेंगी। फिर फाइनल होगा।

अग्निकांड का कहर: सुपौल में सगे भाई-बहन की दर्दनाक मौत, परिवार और गांव में मातम

सुपौल बिहार के सुपौल से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आ रही है। यहां भीषण आगलगी की घटना घटी है। जिसमें सगे भाई बहन की आग में झुलसकर जान चली गई।  मिली जानकारी के अनुसार, घटना सरायगढ़ भपटियाही प्रखंड क्षेत्र के मुरली वार्ड 6 की है। मृतक भाई बहनों की पहचान 10 वर्षीय मानव कुमार और 12 वर्षीय साक्षी कुमारी के रुप में हुई है। बताया जा रहा है की देर रात अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रुप धारण कर लिया और छह घरों को अपने चपेट में ले लिया। साथ ही दो सगे भाई बहन आग की चपेट में आ गए। इस दर्दनाक हादसे में लगभग दर्जन से अधिक मवेशियों की भी जलकर मौत हो गई। घटना के सूचना पर सरायगढ़ थानाध्यक्ष घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम में भेज दिया। फिलहाल अग्नि पीड़ितों को राहत सामग्री प्रदान की जा रही है। हालांकि आग लगने के कारणों का अब तक पता नहीं चल सका है। 

योगी सरकार के कृषि मॉडल से अन्नदाता खुशहाल, बिचौलिए खत्म होने से किसानों को प्रत्यक्ष लाभ

लखनऊ, उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने किसानों की आय में वृद्धि के लिए बीज से बाजार तक एक मजबूत और एकीकृत मूल्य श्रृंखला का निर्माण किया है। अन्नदाता को फसल उगाने से लेकर बाजार तक उनकी पहुंच सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने पिछले साढ़े 8 वर्ष में बड़े फैसले लिए हैं। उत्तर प्रदेश में आधुनिक और किसान-केंद्रित मॉडल बनाया गया है। किसानों की आय में वृद्धि के लिए मूल्य श्रृंखला का निर्माण डिजिटल युग में किसान पीछे न छूट जाएं इसके लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विशेष ध्यान दिया है। सरकार के प्रयासों से कृषि विकास दर वर्ष 2016-17 में 8.6% से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 17.7% हो गयी है। राज्य प्रति वर्ष 400 लाख टन फल एवं सब्जियों का उत्पादन करते हुए देश में प्रथम स्थान पर है। वर्तमान सरकार केवल अनाज उगाने तक नहीं, बल्कि किसानों को लगातार आय के नए साधन विकसित करने की पूरी व्यवस्था बना रही है।  मोबाइल ऐप के द्वारा किसानों को निशुल्क मृदा स्वास्थ्य कार्ड मिल रहा है। किसानों के खेत की मिट्टी का जो स्वास्थ्य कार्ड बनता है उसमें उनके मिट्टी के बारे में पूरी जानकारी रहती है। एमएसपी बढ़ने से किसानों की आय सुनिश्चित किसानों के लिए सबसे बड़ा बदलाव योगी सरकार द्वार एमएसपी की समय समय पर समीक्षा करना है। इस बार साधारण धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2,369 रुपये प्रति क्विंटल तथा ग्रेड ए धान का मूल्य 2,389 रुपये प्रति क्विंटल तय किया गया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 69 रुपये अधिक है। अगेती प्रजाति के गन्ने का मूल्य  400 रुपये प्रति कुंतल तथा सामान्य प्रजाति के गन्ने का मूल्य 390 रुपये प्रति कुंतल किया गया है। इससे किसानों की आय में वृद्धि हो रही है। कृषि योजनाओं से किसानों को लाभ उत्तर प्रदेश में किसानों के लिए यूपी एग्रीस प्रोजेक्ट शुरू किया गया है। इसका लक्ष्य खेत की पैदावार बढ़ाना, किसानों को आधुनिक तरीकों से जोड़ना और गांवों में कृषि-आधारित रोजगार के नए रास्ते खोलना है। मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के तहत किसानों को सस्ती ब्याज दर पर कर्ज उपलब्ध कराया जा रहा है। किसानों के हित में किसान क्रेडिट कार्ड का दायरा और बड़ा कर दिया गया है। इस साल 25 लाख नए किसानों को KCC देने का लक्ष्य तय किया गया है। इसके साथ ही 50% सब्सिडी योजना चलाई जा रही है। इससे ट्रैक्टर, कटाई मशीन, ड्रोन और फसल अवशेष प्रबंधन उपकरण आधी कीमत में उपलब्ध कराए जा रहे हैं। किसानों को बाजार एवं मौसम की प्रतिदिन जानकारी उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को बाजार भाव एवं मौसम की जानकारी प्रतिदिन निशुल्क उपलब्ध करायी जा रही है। किसानों का रजिस्ट्रेशन करते हुए 1.45 करोड़ से ज्यादा फार्मर कार्ड आईडी निर्गत की गयी है। महिला स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सीडलिंग का उत्पादन किया जा रहा है, जिससे लगभग 60 हजार महिलाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त हुए हैं। लखनऊ में 251 करोड़ की लागत से भारतरत्न पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह जी के नाम पर एक सीड पार्क की स्थापना की जा रही है। उत्तर प्रदेश में खरीद केंद्रों की संख्या में वृद्धि   योगी सरकार के प्रयासों से प्रदेश में 4000 से अधिक सक्रिय खरीद केंद्रों की स्थापना अपने आप में एक  क्रांतिकारी कदम है। इनमें से 35 से 40 फीसद केंद्र उन ब्लॉकों में खोले गए, जहां दशकों से किसानों को कोई स्थाई खरीद सुविधा नहीं थी। अब गांव के पास ही खरीद व्यवस्था होने से परिवहन खर्च कम हुआ, फसल की त्वरित बिक्री हुई और किसानों को बाजार भाव में उतार-चढ़ाव का डर नहीं रहा।

फेस ऑफ ब्यूटी इंटरनेशनल: बहादुरगढ़ की बेटी ने किया कमाल, मिला फर्स्ट रनर-अप खिताब

बहादुरगढ़ बहादुरगढ़ शहर निवासी तुरिया अहलावत (21) ने ताईवान में आयोजित फेस ऑफ ब्यूटी इंटरनैशनल 2025 प्रतियोगिता में उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए फर्स्ट रनर-अप का खिताब हासिल किया। यह अंतर्राष्ट्रीय सौंदर्य प्रतियोगिता 30 नवम्बर को ताइचुंग, ताईवान में आयोजित हुई जिसमें भारत, जापान, अमरीका, कोरिया, मलेशिया, बैल्जियम, ब्राजील, स्विट्जरलैंड, फिनलैंड, न्यूजीलैंड, फ्रांस, नीदरलैंड, रूस और कजाखस्तान सहित कई देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता बेहद प्रतिस्पर्धात्मक रही लेकिन तुरिया ने अपनी आकर्षक व्यक्तित्व, बुद्धिमत्ता, आत्मविश्वास और प्रतिभा के दम पर टॉप फाइनलिस्ट में जगह बनाते हुए अंत तक मजबूत दावेदारी बनाए रखी और फस्ट रनर-अप बनीं तुरिया अहलावत मूल रूप से झज्जर के गांव डीघल की निवासी हैं और वर्तमान में बहादुरगढ़ के अपने परिवार के साथ रह रही हैं।

दिल्ली में अलर्ट मोड: पुतिन का खाना साथ लाने का फैसला, NSG–SWAT और रूसी कमांडो संभालेंगे सुरक्षा

नई दिल्ली  रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन 4-5 दिसंबर को चार साल बाद भारत आ रहे हैं, और इस हाई-प्रोफाइल यात्रा के लिए दिल्ली को पूरी तरह हाई-सिक्योरिटी ज़ोन में बदल दिया गया है। रूस के लगभग 130 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के साथ आने वाले पुतिन के लिए भारतीय और रूसी सुरक्षा एजेंसियां मिलकर मल्टी-लेयर सिक्योरिटी कवच तैयार कर चुकी हैं। दिल्ली किले में बदली  हाल ही में दिल्ली में हुए ब्लास्ट के बाद सुरक्षा पहले ही अलर्ट पर थी, अब पुतिन के दौरे को देखते हुए इसे और सख्त किया गया है। मुख्य सुरक्षा एजेंसियां NSG कमांडोज, SWAT टीमें, पैरामिलिट्री फोर्सेज, दिल्ली पुलिस स्पेशल यूनिट्स, रूसी स्पेशल सिक्योरिटी ग्रुप, रूसी एडवांस टीम के 50 से अधिक कमांडोज पहले ही दिल्ली पहुंच चुके हैं और उन्होंने रूट, होटल, वेन्यू और सिक्योरिटी प्वाइंट्स की माइक्रो-इंस्पेक्शन की है। रूसी राष्ट्रपति की पर्सनल सिक्योरिटी  पुतिन की सुरक्षा दुनिया की सबसे एडवांस मानी जाती है, और भारत में भी उसी प्रोटोकॉल को लागू किया जा रहा है। उनका खाना रूस से ही आएगा, कई सुरक्षा जांचों के बाद ही परोसा जाएगा। पुतिन की टीम के पास पोर्टेबल सिक्योरिटी किट है, जो हमेशा कार व होटल में साथ रहेगी। सबसे अंदरूनी सुरक्षा घेरा मास्को से आए सुरक्षा अधिकारी संभालेंगे।  टेक्नोलॉजी बेस्ड सिक्योरिटी      दिल्ली में सुरक्षा का सारा फोकस हाई-टेक मॉनिटरिंग पर है      एंटी-ड्रोन गन्स की तैनाती     हवा में लगातार उड़ते निगरानी ड्रोन     हजारों सीसीटीवी कैमरे     पुतिन के काफिले को ट्रैक करने के लिए फेस रिकग्निशन सिस्टम     दिल्ली पुलिस कंट्रोल रूम से 24×7 रियल-टाइम कोऑर्डिनेशन     खुफिया एजेंसियां भी किसी संभावित खतरे की निगरानी में लगातार लगी हुई हैं। ट्रैफिक और एरिया सैनिटाइजेशन  दिल्ली पुलिस के टॉप अफसर पूरे रूट को सैनिटाइज कर रहे हैं। पुतिन की मूवमेंट के दौरान कुछ रास्तों पर टेम्परेरी डायवर्जन किया है। आम लोगों का ध्यान रखते हुए पहले से ट्रैफिक एडवाइजरी जारी।  जिस स्थान पर पुतिन रुकेंगे, उसकी लोकेशन सुरक्षा कारणों से गोपनीय  रखी गई है। दौरे का एजेंडा     रक्षा,ऊर्जा, स्पेस और S-400 जैसे बड़े सौदे     भारत–रूस वार्ता में   प्रमुख मुद्दे शामिल होंगे      S-400 मिसाइल सिस्टम की नई डील     Su-57 फाइटर जेट पर बातचीत     ऊर्जा क्षेत्र में तेल आयात बढ़ाना     असैन्य परमाणु सहयोग में विस्तार     स्पेस और ट्रेड पर नई साझेदारी हाई अलर्ट क्यों?  यह यात्रा यूक्रेन युद्ध के बाद पुतिन का पहला भारत दौरा है, इसलिए वैश्विक स्तर पर भी यह बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।नवंबर 2025 में दिल्ली में हुए ब्लास्ट के बाद सुरक्षा एजेंसियां पहले से ही हाई अलर्ट पर थीं।पुतिन की यात्रा को देखते हुए एक बार फिर अतिरिक्त प्रोटोकॉल लागू कर दिए गए हैं, ताकि किसी भी तरह की चूक की गुंजाइश न रहे। ोपुतिन का यह दौरा केवल एक राजनयिक यात्रा नहीं, बल्कि भारत-रूस साझेदारी के नए दौर की तैयारी माना जा रहा है।सुरक्षा व्यवस्था पहले से कहीं अधिक कड़ी है और पूरे 30 घंटे तक दिल्ली एक किलाबंद राजधानी की तरह काम करेगी। दोनों देशों की नज़रें अब इस बात पर हैं कि पुतिन की यात्रा में कौन से बड़े रणनीतिक फैसले सामने आते हैं  

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार की गन्ना मूल्य और भुगतान नीतियों से बढ़ा किसानों का आत्मविश्वास

किसानों की सहभागिता से गांवों तक पहुंच रही पारदर्शी और जवाबदेह शासन व्यवस्था एथेनॉल उत्पादन, मिल विस्तार और निवेश से चीनी उद्योग में आया ऐतिहासिक बदलाव बागपत, उत्तर प्रदेश में किसानों की समृद्धि और सीधी सहभागिता पर केंद्रित योगी आदित्यनाथ सरकार की नीति अब जमीन पर अपना प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखा रही है। सोमवार को मीतली गांव में हुई पहली चौपाल के बाद बुधवार को बागपत के हिसावदा गांव में आयोजित कृषि चौपाल किसानों की सक्रिय भागीदारी और आत्मविश्वास का नया प्रमाण बनी। चौपाल में करीब साढ़े तीन सौ किसानों ने हिस्सा लिया। किसान खुले तौर पर अपने अनुभव और सुझाव साझा करते दिखे और यह भरोसा प्रकट किया कि उनकी बात सीधे सरकार तक पहुंच रही है। चीनी उद्योग और गन्ना विकास विभाग की उपलब्धियों का सकारात्मक असर अब गांवों के आर्थिक माहौल में देखने को मिल रहा है। कभी मिलों के बंद होने और भुगतान में देरी से परेशान रहने वाले किसान अब समय पर भुगतान पाकर आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहे हैं। सरकार द्वारा गन्ना मूल्य में निरंतर वृद्धि किसानों के लिए आर्थिक सुरक्षा का मजबूत आधार बनी है। 2017 से अब तक गन्ना मूल्य क्रमिक रूप से बढ़ाया गया जिससे उत्पादन उत्साह और किसानों का लाभ दोनों बढ़े। पहली चौपाल में किसानों ने जहां सरकार के प्रयासों की सराहना की थी वहीं हिसावदा की चौपाल में किसान अधिक सुझावोन्मुख होकर साझेदारी का भाव प्रदर्शित करते दिखे। किसानों ने गन्ना कटाई की समयबद्धता और पर्ची जारी करने की व्यवस्था जैसे मुद्दों पर ठोस फीडबैक दिया। इस आयोजन की सबसे विशेष बात यह रही कि चौपाल पूरी तरह से  किसानों द्वारा संचालित रही। यह परिवर्तन सरकार और किसानों के बीच भरोसे की नई कड़ी का संकेत देता है जहां किसान सिर्फ लाभार्थी नहीं बल्कि नीति निर्धारण के सहभागी बन रहे हैं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बागपत, हापुर, शामली और मुजफ्फरनगर के गांवों में हो रही इन चौपालों का परिणाम यह है कि सरकार किसानों की हर बात को सुन रही है और उसके आधार पर अगले कदम निर्धारित कर रही है। चीनी मिलों की क्षमता विस्तार, सीबीजी संयंत्रों की स्थापना और गन्ना आधारित एथेनॉल उत्पादन में उत्तर प्रदेश उदाहरण बन चुका है। वर्ष 2017 में एथेनॉल आसवनी की संख्या 61 थी जो 2025 में बढ़कर 97 हो गई है, जबकि चार नई आसवनियां पाइपलाइन में प्रस्तावित हैं। एथेनॉल उत्पादन 41.28 करोड़ लीटर से बढ़कर 182 करोड़ लीटर तक पहुंचा है जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्रत्यक्ष मजबूती मिली है। किसानों के हितों में भुगतान व्यवस्था में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है। 2007 से 2017 के बीच गन्ना भुगतान 147346 करोड़ रहा जबकि 2017 से अब तक यह बढ़कर 290225 करोड़ हो गया है। यह 142879 करोड़ की अतिरिक्त भुगतान वृद्धि दर्शाता है जो सीधे किसानों के खातों में पहुंची। वर्ष 2016-17 में गन्ना क्षेत्रफल 20 लाख हेक्टेयर था जो वर्तमान में बढ़कर 29.51 लाख हेक्टेयर हो गया है। गन्ना मूल्य अब अगेती किस्म के लिए 400 रुपये प्रति क्विंटल और सामान्य किस्म के लिए 390 रुपये प्रति क्विंटल प्रस्तावित है जिससे किसानों को 3000 करोड़ का अतिरिक्त भुगतान लाभ प्राप्त होगा। आज उत्तर प्रदेश का यह ग्रामीण विकास मॉडल किसानों की साझेदारी और सीधी संवाद प्रणाली पर आधारित है। बागपत से उठती यह आवाज साबित करती है कि किसान अब बिचौलियों के भरोसे नहीं बल्कि स्वयं सरकारी नीति निर्धारण में प्रभावी भूमिका निभा रहे हैं और योगी सरकार की पहल से गांव-गांव में बदलावों की यह बयार वास्तविक विकास का आधार बन रही है।

Shocking! पुतिन बोले—यूरोप नहीं चाहता युद्ध खत्म हो, यूक्रेन को गुमराह कर रहा है

रूस  रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन के यूरोपीय सहयोगियों पर कीव के साथ उसके लगभग चार साल से जारी युद्ध को समाप्त करने के लिए अमेरिका के नेतृत्व वाले प्रयासों को बाधित करने का आरोप लगाया है। उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भेजे गए एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात करने से ठीक पहले यह टिप्पणी की। रूसी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास क्रेमलिन में अमेरिका के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और ट्रंप के दामाद जेरेड कुश्नर के साथ बातचीत से पहले पुतिन ने यूरोपीय देशों पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘उनके पास शांति का एजेंडा नहीं है, वे युद्ध के पक्ष में हैं।'' उन्होंने आरोप लगाया कि यूरोप शांति प्रस्तावों में रूस के लिए "पूरी तरह से अस्वीकार्य मांगों" को जोड़कर समग्र शांति प्रक्रिया को अवरुद्ध कर रहा है। पुतिन ने यह भी दोहराया कि रूस की यूरोप पर हमला करने की कोई योजना नहीं है, लेकिन चेतावनी दी कि यदि यूरोप ने युद्ध शुरू किया, तो रूस "पूरी तरह तैयार" है। दूसरी ओर यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की वार्ता के परिणाम का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।   आयरलैंड की राजधानी डबलिन में उन्होंने कहा कि अमेरिकी दूतों की रिपोर्ट पर ही आगे की बातचीत और बैठकें निर्भर करेंगी। जेलेंस्की ने कहा, "बातचीत हो रही है, लेकिन हमें परिणाम चाहिए। हमारे लोग हर दिन मर रहे हैं।" मॉस्को में अमेरिकी और रूसी अधिकारियों के बीच बंद कमरे में यह बैठक लगभग पांच घंटे तक चली। दोनों पक्षों ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।