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Punjab Satkar Act: बेअदबी पर उम्रकैद का प्रावधान, आज विधानसभा में रखा जाएगा नया बिल

चंडीगढ़. पंजाब सरकार की ओर सोमवार को विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया गया है। इस दौरान सरकार शनिवार को कैबिनेट की ओर से मंजूर किए गए जागत ज्योति गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार एक्ट 2026 को पेश करेगी। विधानसभा में इस बिल को मंजूर करवाने में सरकार को कोई परेशानी नहीं होगी, हालांकि इस बिल को राज्यपाल की मंजूरी दिलाना बड़ी चुनौती रहेगी। इसका मुख्य कारण बिल में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी करने पर जो सजा के प्रविधान किए गए हैं, वे केंद्रीय कानून से टकराते हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि राज्यपाल इस बिल को मंजूरी के लिए राष्ट्रपति को भेज दें। हालांकि राज्य सरकार का तर्क है कि यह स्टेट बिल है और इसके लिए राष्ट्रपति की मंजूरी की कोई जरूरत नहीं होती। सरकार की ओर तैयार किए गए बिल में श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी करने पर 10 साल से लेकर उम्रकैद तक की सजा और पांच से 25 लाख जुर्माने का प्रविधान किया गया है। उधर, कांग्रेस के प्रदेश प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने सरकार की ओर से बुलाए गए विधानसभा के विशेष सत्र को एक नाटक बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि चार वर्षों में सरकार एक भी दोषी को सजा नहीं दिला सकी है। सरकार मुश्किल हालात से बचने के लिए बार-बार विशेष सत्रों का सहारा लेती रही है। अगर सरकार की नीतियां वास्तव में सच्ची होतीं, तो वह इस तरह का कानून तैयार करने से पहले संबंधित पक्षों, विद्वानों और कानूनी विशेषज्ञों के साथ विचार-विमर्श करती। 2016 और 2018 में भी धार्मिक ग्रंथों की बेअदबी को लेकर बिल विधानसभा में पेश किए जा चुके हैं। 2016 में तो इसे राष्ट्रपति ने कहते हुए वापिस कर दिया कि सभी धर्मों के ग्रंथों के अपमान पर एक जैसी सजा ही दी जा सकती है, अलग-अलग नहीं। इस बिल में श्री गुरु ग्रंथ साहिब के अपमान पर उम्र कैद और अन्य धार्मिक ग्रंथों के अपमान पर दस साल की सजा का प्रविधान था। 2018 में सरकार ने इसमें संशोधन करते हुए सभी धर्मों को शामिल कर लिया लेकिन आठ साल गुजरने के बावजूद राष्ट्रपति से इसे मंजूरी नहीं मिली है।

सुकमा को आज बड़ी सौगात: CM साय खोलेंगे नई लैब, स्वास्थ्य सुविधाओं को मिलेगा बूस्ट

जगदलपुर. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज सुकमा दौरे पर रहेंगे. इस दौरान विभिन्न विकास कार्यों की सौगात देंगे. निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक, सुबह 11:35 बजे मुख्यमंत्री निवास से पुलिस ग्राउंड जाएंगे, यहां से वह सुकमा के लिए रवाना होंगे. दोपहर 1:05 बजे सुकमा पहुंचने के बाद उनका दौरा जिला चिकित्सालय से शुरू होगा. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 1:20 बजे अटल आरोग्य लैब का उद्घाटन करेंगे. इसके बाद मुख्यमंत्री जिला पुनर्वास केंद्र के साइंस पार्क में VR Lab और STEM Lab के अलावा नालंदा परिसर भवन निर्माण का भूमिपूजन करेंगे. वहीं इमली प्रसंस्करण यूनिट का शुभारंभ करेंगे. वहीं दोपहर 2:20 बजे मिनी स्टेडियम सुकमा में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बस्तर अभियान का शुभारंभ में शामिल होंगे. इस दौरान जिले के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन भी किया जाएगा. अब सीएम रायपुर वापस लौटेंगे. मुख्यमंत्री IIIT नवा रायपुर में आयोजित MY Bharat Budget Quest 2026 के समापन समारोह में शिरकत करेंगे.

झारखंड में एक्साइज कॉन्स्टेबल परीक्षा पेपर लीक, 159 उम्मीदवार गिरफ्तार

 रांची  झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा से जुड़े पेपर लीक मामले में रांची पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 159 उम्मीदवारों को गिरफ्तार कर लिया है. इनमें अन्य 5 और लोगों की गिरफ्तारी हुई है जो गैंग के सदस्य बताए जा रहे हैं. प्रशासन के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि तामार पुलिस थाना क्षेत्र के रारगांव में परीक्षार्थी इकट्ठा हुए हैं और परीक्षा से पहले उन्हें संभावित परीक्षा प्रश्नों को याद कराया जा रहा है. इसी सूचना के बाद देर शाम छापेमारी की गई. इस कार्रवाई के दौरान, अधिकारियों ने उत्तर कुंजी सहित प्रश्न पत्रों के चार सेट बरामद किए।  शुरुआती जांच में पता चला कि बरामद किए गए कुछ प्रश्न वास्तविक परीक्षा प्रश्नपत्र से मेल खाते हैं. परीक्षा के 120 प्रश्नों में से एक खुरथा भाषा का प्रश्न लीक होने की पुष्टि हुई, जबकि एक प्रश्नपत्र आंशिक रूप से मेल खाता पाया गया. हालांकि, अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि अभी तक पूरे प्रश्नपत्र के लीक होने की पुष्टि करने वाला कोई पुख्ता सबूत नहीं है।  अधिकारियों ने दी जानकारी  आईएएस अधिकारी प्रशांत कुमार, रांची के उपायुक्त और रांची के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की उपस्थिति में आयोजित एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में ये जानकारी साझा की है. जांचकर्ताओं ने कथित मुख्य साजिशकर्ता की पहचान अतुल वत्स के रूप में की है, जिसका संबंध एक धोखाधड़ी गिरोह से बताया जा रहा है और उस पर पहले भी इसी तरह के परीक्षा धोखाधड़ी मामलों में आरोप लग चुके हैं. पुलिस ने बताया कि गिरोह ने कथित तौर पर उम्मीदवारों के साथ लगभग 15 लाख रुपये के सौदा किया था. आरोपियों ने इस अभियान के तहत उम्मीदवारों से एडमिट कार्ड और अन्य डॉक्यूमेंट भी कथित तौर पर एकत्र किए थे।  10 से 15 लाख में होता था सौदा  जांच के दौरान ये बात सामने आई है कि आरोपी उम्मीदवारों को गैंग एजेंट की ओर से 10 से 15 लाख रुपये हर अभ्यर्थी से परीक्षा प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने के उद्देश्य से उस स्थान पर लेकर आया था।  होगी कड़ी कार्रवाई  झारखंड कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष ने सख्त रुख अपनाते हुए घोषणा की है कि गिरफ्तार किए गए सभी 159 उम्मीदवारों को भविष्य में आयोग की परीक्षाओं में बैठने से रोक दिया जाएगा. पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों का पता लगाने के लिए प्रयास जारी रखे हुए है और मामले में आगे की कार्रवाई चल रही है। 

Property Tax Alert: 30 अप्रैल के बाद बढ़ेगा 17% अधिभार, पुराने बकाएदारों पर प्रशासन का शिकंजा

दुर्ग. शासन के निर्देश पर वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए संपत्तिकर सहित अन्य सभी प्रकार के कर पटाने के लिए दुर्ग निगम ने हितग्राहियों को 30 अप्रैल तक मौका दिया है। इस दौरान किसी भी प्रकार का अतिरिक्त चार्ज नहीं वसूला जाएगा। इसके बाद 1 मई से 17 प्रतिशत अधिभार वसूलने की तैयारी है। जानकारी के मुताबिक लक्ष्य का 80 प्रतिशत तक टैक्स वसूला जा चुका है। वर्तमान में लगातार अभियान भी चलाया जा रहा है। साथ ही तीन साल से अधिक पुराने बकाएदारों द्वारा टैक्स नहीं जमा करने पर नल कनेक्शन काटने से लेकर अन्य कार्रवाई की तैयारी की गई है। निगम आयुक्त सुमित अग्रवाल नियमित रूप से टैक्स वसूली की समीक्षा भी कर रहे हैं। शासन के निर्देश पर टैक्स जमा करने की तारीख 30 अप्रैल की गई है। यह निर्णय नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, ताकि अधिक से अधिक करदाता समय पर कर जमा कर शासकीय छूट का लाभ प्राप्त कर सकें। अप्रैल माह के अंत तक संपत्तिकर जमा करने वाले करदाताओं से किसी भी प्रकार की पेनल्टी नहीं ली जाएगी। वहीं 1 मई के बाद पिछले वर्ष का संपत्तिकर जमा करने पर 17 प्रतिशत तक सरचार्ज वसूला जाएगा। राजस्व विभाग को निर्देशित किया गया है कि आगामी दिनों में घर-घर जाकर बकायादारों से वसूली की जाए तथा नागरिकों को ऑनलाइन टैक्स भुगतान के लिए भी प्रेरित किया जाए। आयुक्त ने अमले को निर्देश दिए गए हैं कि वसूली के दौरान टीम अपनी गतिविधियों की फोटो व्हाट्सएप पर अपडेट करें, ताकि कार्य की सतत मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जा सके।

तत्कालीन सरकार द्वारा डॉ अंबेडकर को नहीं दिया गया उचित सम्मान: मुख्यमंत्री डॉ यादव

डॉ अंबेडकर के सम्मान में पंच तीर्थ का विकास का निर्णय एक ऐतिहासिक कदम तत्कालीन सरकार द्वारा डॉ अंबेडकर को नहीं दिया गया उचित सम्मान: मुख्यमंत्री डॉ यादव तुलसी नगर अंबेडकर मैदान में डॉ अंबेडकर जयंती कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ यादव भोपाल मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा है कि डॉ.भीमराव अंबेडकर के समग्र योगदान को देखते हुए केंद्र सरकार द्वारा पंच तीर्थ का विकास किया गया है। इसके पूर्व डॉ अंबेडकर को भारत रत्न दिया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत में संविधान के निर्माण और विधि ,शिक्षा,दलित वर्ग के कल्याण आदि क्षेत्रों में डॉ. अंबेडकर की योगदान को दृष्टिगत रखते हुए पंच तीर्थ के विकास का यह ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण निर्णय लिया। इसके पूर्व की सरकारों ने डॉ. अंबेडकर की उपलब्धियां को महत्व नहीं दिया। उन्हें उनके जीवन में जो सम्मान दिया जा सकता था तत्कालीन सरकार द्वारा नहीं दिया गया। मध्यप्रदेश डॉ अंबेडकर की जन्म भूमि है। महू (डॉ अंबेडकर नगर)में  स्मारक के निर्माण सहित देश में पंच तीर्थ का विकास किया गया है। उनकी दीक्षाभूमि न सिर्फ नागपुर थी बल्कि लंदन में भी वे उच्च शिक्षा के लिए गए। इस नाते  वहां स्मारक और पुस्तकालय का निर्माण किया गया है, जिसे देश-विदेश के लोग देखने पहुंचते हैं।  मुख्यमंत्री डॉ यादव रविवार को भोपाल के तुलसी नगर स्थित डॉ अंबेडकर मैदान में अंबेडकर जयंती कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।   मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आजादी के उस दौर में जब अंग्रेजों को भगाकर  देश को आजाद करने का संकल्प चल रहा था और ऐसे समय में जब देश  सैकड़ों साल की गुलामी के बाद आजादी की  तरफ कदम बढ़ा रहा था ऐसे में हमारे समाज की कठिनाइयों का और आपस की  कमजोरी का उचित समाधान करने के लिए डॉ आंबेडकर आगे आए। समाज के अंदर हमारे अनुसूचित जाति, जनजाति ओबीसी सभी वर्गों के बीच की कठिनाइयों का समाधान जब तक नहीं करेंगे तब तक आने वाले समय में संकट  रहेगा। इस संकट को डॉ. भीमराव अंबेडकर ने पहचाना कि हमें  समाज को संगठित और एकत्रित रखना है। भारत के सभी वर्गों के बीच सम्मान का भाव रखना है। समानता का भाव लाना है। आपस की एकजुटता को बढ़ाना है। इसलिए सच्चे अर्थों में भारत की आत्मा में लोकतंत्र का दीपक जलाने के लिए मध्य प्रदेश के लाल संविधान के शिल्पी डॉ भीमराव अंबेडकर को आज सभी कोटि-कोटि  नमन करते हैं। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि  बाबा साहब अंबेडकर के अनुयायियों के लिए उनके जन्म स्थान को तीर्थ स्थान बनाने का काम  किया गया है। महू की धरती पवित्र धरती  है। भारत के पहले विधि मंत्री, भारतीय संविधान के जनक और भारतीय गणराज्य के निर्माता के सम्मान में पंच तीर्थ बनाने के लिए  पूरी ताकत लगाई गई और वे  तीर्थं  दुनिया के सामने स्थापित हो गए हैं। प्रधानमंत्री मोदी की पहल पर वर्तमान केंद्र सरकार ने ही वर्ष 2016 में यह पहल की। पंच तीर्थ के रूप में जिन स्थानों का विकास किया गया  है, उनमें महू (जन्मभूमि), लंदन (शिक्षा भूमि), नागपुर (दीक्षा भूमि), दिल्ली (महापरिनिर्वाण स्थल), और मुंबई (चैत्य भूमि) शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि बाबा साहब अंबेडकर को समर्पित महू और नागपुर हैं जहां बाबा साहब का जन्म हुआ,उन्होंने बौद्ध धर्म की दीक्षा प्राप्त की,वो दीक्षा भूमि नागपुर और शिक्षा भूमि लंदन भी है। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि मुझे इस बात की प्रसन्नता है जब मैं लंदन गया तो मैंने बाबा साहब अंबेडकर की शिक्षा भूमि को भी देखा।वह मकान  भी देखा। आज वह तीर्थ  दुनिया के सामने  है। समाधि स्थल का  भी विकास हुआ है। दीक्षा भूमि भी आस्था का केंद्र है। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि आज आपके बीच में मैं केवल इतना ही कहना चाहूंगा कि सच में बाबा साहब का वह स्लोगन जो हम सबको ताकत देता है, शिक्षा शेरनी का दूध है जो पियेगा वो ताकतवर होगा। वे शिक्षा के महत्व को सदैव प्रतिपादित करते रहे। इसलिए हम सब उनके इस स्लोगन को भी याद रखते हैं। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने उपस्थित जन समुदाय को तीन दिवसीय कार्यक्रम और बाबा साहब की जयंती की  बधाई दी। कार्यक्रम को विधायक भगवान दास सबनानी और अन्य वक्ताओं ने भी संबोधित किया। प्रारंभ में मुख्यमंत्री डॉ यादव का पुष्पहारों से स्वागत किया गया। बौद्ध समाज और डॉक्टर अंबेडकर जयंती आयोजन समिति के पदाधिकारी एवं महिला प्रकोष्ठ की सदस्यों ने भी मुख्यमंत्री डॉ यादव का स्वागत किया।   

हैदराबाद में आज SRH और राजस्थान रॉयल्स की भिड़ंत, प्लेऑफ की रेस तेज

हैदराबाद इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के 21वें मैच में सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) का सामना राजस्थान रॉयल्स (RR) से 13 अप्रैल को होगा। RR ने अपने चारों मैच जीते हैं और रियान पराग की कप्तानी वाली टीम अपनी जीत की लय को बरकरार रखना चाहेगी। SRH ने 1 मैच जीता है और 3 में शिकस्त झेली है। ईशान किशन की कप्तानी में टीम अपनी दूसरी जीत दर्ज करना चाहेगी। आइए मैच से जुड़ी जरूरी बातों पर एक नजर डालते हैं। SRH का पलड़ा रहा है भारी IPL में दोनों टीमों की भिड़ंत में अब तक SRH का पलड़ा भारी रहा है। RR और SRH के टीमों के बीच IPL के इतिहास में अब तक कुल 21 मैच खेले गए हैं। इन मुकाबलों में 12 मैच SRH ने अपने नाम किए हैं और 9 मैच में RR को जीत मिली है। IPL 2025 में इकलौती भिड़ंत में SRH ने RR को 44 रन से हराया था। इस प्लेइंग इलेवन के साथ उतर सकती है SRH की टीम SRH को अपने पिछले मैच में PBKS के खिलाफ हार मिली थी। उस मैच में SRH ने पहले खेलते हुए 219/6 का स्कोर बनाया था। इसके बावजूद SRH के गेंदबाज इस स्कोर का बचाव करने में नाकाम रहे थे। ऐसे में SRH के गेंदबाज अच्छा प्रदर्शन करना चाहेंगे। संभावित एकादश: ट्रेविस हेड, अभिषेक शर्मा, ईशान किशन (कप्तान/विकेटकीपर), हेनरिक क्लासेन, सलिल अरोड़ा, अनिकेत वर्मा, नितीश कुमार रेड्डी, शिवांग कुमार, हर्षल पटेल, जयदेव उनादकट और ईशान मलिंगा। इस संयोजन के साथ उतर सकती है RR RR ने अपने पिछले मैच में RCB को 6 विकेट से हराया था। उस मैच में RR ने जीत के लिए मिले 202 रन के लक्ष्य को 4 विकेट के नुकसान पर हासिल किया था। RR एक बार फिर वैभव सूर्यवंशी और यशस्वी जायसवाल से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद करेगी। संभावित एकादश: वैभव सूर्यवंशी, यशस्वी जायसवाल, ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), रियान पराग (कप्तान), शिमरोन हेटमायर, रविंद्र जडेजा, जोफ्रा आर्चर, नंद्रे बर्गर, संदीप शर्मा, रवि बिश्नोई, और बृजेश शर्मा। ये हो सकते हैं इम्पैक्ट सब्स प्लेयर SRH: हर्ष दुबे, लियाम लिविंगस्टोन, शिवम मावी, और जीशान अंसारी। RR: शुभम दुबे, तुषार देशपांडे, एडम मिल्ने, और दासुन शनाका। कैसी होगी पिच की स्थिति? राजीव गांधी क्रिकेट स्‍टेडियम की पिच पर गेंदबाजों को ज्यादा मदद नहीं मिलती है। हालांकि, तेज गेंदबाजों की तुलना में स्पिन गेंदबाज थोड़े असरदार साबित होते हैं। तेज गेंदबाजों को विकेट चटकाने के लिए अतिरिक्त प्रयास करने होंगे। एक बार बल्लेबाजों की यहां नजरें जम जाती है तो आसानी से बड़े-बड़े शॉट लगते हैं। हाउस्टेट के मुताबिक, यहां पहली पारी का औसत स्कोर 162 रन है। यहां सर्वोच्च स्कोर SRH (286/6 बनाम RR, 2025) ने ही बनाया है। कैसा रहेगा मौसम का हाल? एक्यूवेदर के मुताबिक, 13 अप्रैल को हैदराबाद में अधिकतम तापमान 40 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री रहने की उम्मीद है। मैच शाम 7:30 बजे शुरू होगा। मैच के दौरान बारिश की संभावना नहीं है। इन खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर होंगी नजरें IPL 2026 में सूर्यवंशी अब तक 4 पारियों में 50.00 की औसत और 266.66 की स्ट्राइक रेट के साथ 200 रन बना चुके हैं। उन्होंने 2 अर्धशतक भी लगाए हैं। क्लासेन ने 4 पारियों में 46.00 की औसत और 140.45 की स्ट्राइक रेट से 184 रन अपने नाम किए हैं। गेंदबाजी में रवि बिश्नोई ने 12.66 की औसत और 8.76 की इकॉनमी रेट के साथ 9 विकेट लिए हैं। कब और कहां देखें मुकाबला? SRH और RR के बीच यह मुकाबला हैदराबाद के राजीव गांधी स्टेडियम में रात 7:30 बजे से खेला जाएगा। भारत में स्टार स्पोर्ट्स नेटवर्क और जियोहॉटस्टार ऐप पर इस मैच का सीधा प्रसारण देखा जा सकता है।  

नोएडा में कर्मचारियों का हंगामा बढ़ा, पुलिस वाहनों समेत कई वाहनों में तोड़फोड़

नोएडा नोएडा में वेतन बढ़ाने की मांग को लेकर मजदूरों का प्रदर्शन तेज हो गया है. सैकड़ों मजदूर सड़कों पर उतर आए हैं और गाडि़यों में तोड़फोड़ शुरू कर दी है. बड़ी संख्या में आज सुबह से एक बार फिर मजदूर प्रदर्शन कर रहे हैं. पुलिस मजदूरों को शांत करवाने में जुटी हुई है, लेकिन मजदूर उग्र होते नजर आ रहे हैं. नोएडा के फेज-2 इलाके में प्रदर्शनकारी मजदूर ज्‍यादा ही उग्र हो गए और उन्‍होंने एक पुलिस जीप में तोड़फोड़ की है. ऐसे में पुलिस ने हल्‍का बल प्रयोग कर प्रदर्शनकारी मजदूरों को तितर-बितर किया।  नोएडा में मजदूरों के उग्र प्रदर्शन के कई वीडियो सामने आ रहे हैं. नोएडा फेस-2 के एक वीडियो में उग्र मजदूर पुलिस वेन में तोड़फोड़ करते नजर आ रहे हैं. मजदूरों ने पुलिस पुलिस वेन को पलट दिया और उसमें आग लगा दी. मजदूर जमकर पथराव करते हुए भी नजर आ रहे हैं. बता दें कि वेतन बढ़ाए जाने की मांग को लेकर नोएडा में मजदूर पिछले कुछ दिनों से उग्र प्रदर्शन कर रहे हैं, जिसे लेकर योगी प्रशासन भी अब अलर्ट हो गया है  वाहनों में तोड़फोड़-आगजनी प्रदर्शन अचानक उग्र हो गया। भीड़ हिंसक हो उठी। कंपनी के आसपास कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया। तोड़फोड़ की गई। यहां तक कि पुलिस पर भी पथराव होने लगा। पुलिस की गाड़ियों को में तोड़फोड़ की गई। एक जिप्सी को बुरी तरह क्षतिग्रस्त करके पलट दिया गया। हिंसक भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे और लाठीचार्ज करके भीड़ को तितर-बितर करने की कोशिश की। कहां और कैसे भड़का प्रदर्शन यह पूरा मामला नोएडा के फेज-2 इलाके का है, जहां मदरसन समेत करीब छह कंपनियों के कर्मचारी पिछले तीन दिनों से प्रदर्शन कर रहे थे। सोमवार सुबह बड़ी संख्या में मजदूर सड़कों पर उतर आए। शुरू में प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, लेकिन मांगों पर सुनवाई न होने से भीड़ उग्र हो गई और स्थिति तेजी से बिगड़ने लगी। आगजनी, पथराव और तोड़फोड़ जैसे-जैसे प्रदर्शन उग्र होता गया, वैसे-वैसे हालात बेकाबू होने लगे और हिंसक घटनाएं तेजी से सामने आने लगीं। गुस्साए कर्मचारियों ने सड़कों पर खड़ी गाड़ियों और बसों को निशाना बनाते हुए उनमें आग लगा दी, वहीं कई वाहनों के शीशे तोड़ दिए गए। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि पुलिस की गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की गई और एक वाहन को पलट दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस बल पर जमकर पथराव भी किया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया। दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर भीषण जाम फेज-2 के अलावा सेक्टर 15 और 62 में भी श्रमिकों ने हंगामा किया। जिसकी वजह से दिल्ली मेरठ-एक्सप्रेसवे समेत नोएडा में कई जगह भीषण जाम लग गया और लोगों को आवाजाही में काफी समस्या हुई। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे पर तो घंटों लोग फंसे रहे। गाजियाबाद पुलिस ने भीषण जाम को देखते हुए एडवाइजरी जारी की। इसमें कहा गया कि सेक्टर 62 नोएडा NH 9 पर दिल्ली जाने वाली साइड रोड पर इंडस्ट्रियल कर्मचारियों के द्वारा प्रदर्शन कर जाम किया गया है, यातायात का दबाव उत्पन्न हो गया है। पुलिस बल मौके पर मौजूद है। यातायात पुलिस गाजियाबाद द्वारा ABES तथा विजयनगर बाईपास से आवश्यक डायवर्जन किया जा रहा है। असुविधा से बचने के लिए कृपया वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। एक दिन पहले ही डीएम ने जारी की थी अपील एक दिन पहले ही डीएम मेधा रूपम ने एक संदेश जारी करते हुए श्रमिकों से अपील करते हुए कहा था कि जिले में सौहार्द व कानून-व्यवस्था बनाए रखने में करें सहयोग। अफवाहों पर ध्यान न दें। उन्होंने कहा था कि श्रमिकों के हितों की सुरक्षा, ओवरटाइम का दोगुना भुगतान,बोनस,साप्ताहिक अवकाश एवं कार्यस्थल सुरक्षा को सुनिश्चित किया जा रहा है और इसके लिए निर्देश जारी किए गए हैं।

बीजापुर के 224 गांवों में विकास की लहर, नियद नेल्लानार और सरकारी योजनाओं से हो रहा बदलाव

बीजापुर में विकास की नई दस्तक: नियद नेल्लानार, मनरेगा और प्रधानमंत्री आवास से बदल रही 224 गांवों की तस्वीर दशकों से विकास से कटे इलाकों में पहुंचा रोजगार, राशन, शिक्षा और सुरक्षित आवास; 5 लाख मानव दिवस सृजित वापस लौटे गांव, बदली जिंदगी: नक्सल इलाके में विकास की सशक्त कहानी रायपुर  लंबे समय तक नक्सल प्रभाव के कारण विकास से अछूते रहे बीजापुर जिले के अंदरूनी क्षेत्रों में अब बदलाव की बयार स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है। नियद नेल्लानार योजना और मनरेगा के संयुक्त प्रयासों से उन गांवों तक विकास की पहुंच बनी है, जहां दशकों तक नक्सल प्रभाव के कारण बुनियादी सुविधाएं नहीं पहुंच पाई थीं। अब इन क्षेत्रों में रोजगार, आवास, पेयजल, शिक्षा और आजीविका के अवसरों का विस्तार हो रहा है, जिससे लोगों के जीवन में ठोस परिवर्तन दिखाई दे रहा है। बीजापुर जिले में नियद नेल्लानार योजना के तहत 42 सुरक्षा कैम्पों के माध्यम से 67 ग्राम पंचायतों के 224 गांवों को शामिल किया गया है। इस पहल में मनरेगा की सक्रिय भागीदारी से स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन और आधारभूत ढांचे के निर्माण को गति मिली है, जिससे ग्रामीणों को अपने ही गांव में काम और अवसर उपलब्ध हो रहे हैं। 16 हजार से अधिक परिवारों को रोजगार का सहारा इन ग्रामों में अब तक 16,671 जॉब कार्ड पंजीकृत किए गए हैं, जिनमें से 7,271 नए जॉब कार्ड बनाए गए हैं। इससे हजारों परिवारों को गांव में ही रोजगार उपलब्ध हो रहा है। विशेष रूप से नक्सल प्रभावित वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया है। इसमें 966 आत्मसमर्पित नक्सली, 178 घायल पीड़ित परिवार और 477 मृतक नक्सल पीड़ित परिवारों के जॉब कार्ड बनाकर उन्हें मनरेगा योजना से जोड़ा गया है, जिससे उन्हें स्थायी आजीविका का आधार मिल रहा है। पहली बार दिखा विकास का व्यापक असर महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत नियद नेल्लानार क्षेत्रों में 1,744 विकास कार्य कराए गए हैं, जिनके माध्यम से 5 लाख से अधिक मानव दिवस सृजित हुए हैं। इन कार्यों के जरिए न केवल स्थानीय स्तर पर ग्रामीण श्रमिकों को रोजगार मिला है, बल्कि पलायन में भी कमी आई है और ग्रामीणों का शासन के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। आजीविका डबरी बन रही आय का सशक्त जरिया नियद नेल्लानार क्षेत्र में 372 आजीविका डबरी की स्वीकृति देकर ग्रामीणों को आजीविकामूलक गतिविधियों से जोड़ने की पहल की गई है। जनपद पंचायत भैरमगढ़ के नियद नेल्लानार अंतर्गत ग्राम पंचायत बेलनार, जहां कभी नक्सली दहशत के कारण ग्रामीण गांव छोड़कर विस्थापित होने पर मजबूर थे, अब पुनः जीवन की मुख्यधारा में लौट आया है। नियद नेल्लानार योजना में शामिल होने के बाद ग्रामीण अपने गांव लौट आए हैं। उनके आजीविका संवर्धन के लिए महात्मा गांधी नरेगा योजनांतर्गत वर्ष 2025-26 में हितग्राही सहदेव कोरसा, लखु और सुदरू कोरसा की आजीविका डबरी पूर्ण हो चुकी हैं। इन डबरियों में मत्स्य पालन एवं हॉर्टिकल्चर विभाग से अभिसरण के माध्यम से मछली पालन एवं सब्जी उत्पादन का कार्य प्रस्तावित है। 2977 परिवारों को मिला पक्का आवास नियद नेल्लानार क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत आवास निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है। इस योजना के तहत कुल 2,977 हितग्राहियों को आवास स्वीकृति प्रदान की गई है, जिनमें से अब तक 690 हितग्राहियों के पक्के आवास बनकर तैयार हो चुके हैं। इन आवासों में अब परिवार सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जी रहे हैं। गांव-गांव में बदलाव की सजीव तस्वीर जनपद पंचायत बीजापुर के नियद नेल्लानार अंतर्गत ग्राम दुगाली में मनरेगा से निर्मित कुआं अब 100 से अधिक ग्रामीणों के लिए जीवनरेखा बन गया है। दुर्गम भौगोलिक स्थिति के कारण जहां बोरिंग संभव नहीं थी, वहां यह कुआं स्थायी समाधान बनकर उभरा है। इससे ग्रामीणों को सुलभ पेयजल के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार भी मिला है। ग्राम पालनार में, जहां पहले प्रशासन की पहुंच नहीं थी, आज पंचायत भवन, आंगनबाड़ी और गौठान निर्माण कार्य जारी हैं, जिसमें वर्तमान में 200 से अधिक श्रमिक कार्यरत हैं। कावड़गांव में 50 वर्षों के भय और अलगाव के बाद अब 100 प्रतिशत ग्रामीण श्रमिकों को जॉब कार्ड वितरित किए जा चुके हैं। साथ ही इस गांव में सड़क, बिजली, पेयजल, स्कूल और मोबाइल टॉवर जैसी मूलभूत सुविधाएं पहुंच चुकी हैं। सावनार (तोड़का पंचायत) में 9.35 लाख रुपए की लागत से बने आंगनबाड़ी भवन से 40–45 बच्चों को नियमित शिक्षा और पोषण मिल रहा है। पुसुकोण्टा (उसूर) में 11.69 लाख रुपए की लागत से निर्मित आंगनबाड़ी भवन ने बच्चों को सुरक्षित और बेहतर वातावरण उपलब्ध कराया है। धरमारम और तोड़का क्षेत्र में उचित मूल्य दुकानों के निर्माण से अब ग्रामीणों को गांव में ही राशन मिल रहा है। ग्राम बांगोली में, जहां पहले 18 किलोमीटर दूर जाकर राशन लाना पड़ता था, अब 524 परिवारों को गांव में ही यह सुविधा उपलब्ध हो रही है। युवाओं का कौशल विकास और आत्मनिर्भरता पुनर्वासित आत्मसमर्पित नक्सलियों एवं स्थानीय युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से राजमिस्त्री प्रशिक्षण प्रदान किया गया है, जिससे वे निर्माण कार्यों में रोजगार प्राप्त कर रहे हैं और अपने जीवन को नई दिशा दे रहे हैं। नियद नेल्लानार योजना और मनरेगा के प्रभावी अभिसरण से बीजापुर के अंदरूनी गांवों में अब विकास ने गति पकड़ ली है। रोजगार, बुनियादी ढांचे और शासन के प्रति बढ़ते विश्वास के साथ नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में भी व्यापक और सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है, जो विकसित छत्तीसगढ़ की दिशा में एक मजबूत कदम है। बुनियादी सुविधाओं के विस्तार से बस्तर में समृद्धि की नई राह : मुख्यमंत्री साय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि बस्तर के जिन गांवों तक कभी विकास की पहुंच नहीं थी, वहां आज नियद नेल्लानार योजना और प्रधानमंत्री आवास जैसी योजनाओं के माध्यम से नई उम्मीद और आत्मविश्वास का संचार हुआ है। हमारी सरकार का स्पष्ट विश्वास है कि जब विकास, रोजगार और बुनियादी सुविधाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचती हैं, तब ही स्थायी शांति और समृद्धि का मार्ग प्रशस्त होता है। इन क्षेत्रों में रोजगार सृजन, सुरक्षित आवास, पेयजल, शिक्षा और आजीविका के अवसरों के विस्तार से न केवल लोगों का जीवन स्तर बेहतर हुआ है, बल्कि शासन के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। यह परिवर्तन इस बात का प्रमाण है कि संवेदनशील नीतियों, … Read more

ग्वादर के पास नौसैनिक जहाज को बनाया गया निशाना, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

इस्लामाबाद  पाकिस्तान की नेवी के एक जहाज पर अरब सागर में हमला हुआ है। इसमें कम से कम तीन पाकिस्तानी नौसेना कर्मियों की मौत हुई है। बलूचिस्तान पोस्ट ने बताया है कि रविवार को जिवानी खाड़ी के पास पाकिस्तान के एक नौसैनिक जहाज को निशाना बनाकर उड़ा दिया गया। इस हमले ने ध्यान खींचा है क्योंकि क्योंकि यह पहली बार है, जब बलूचिस्तान के पास के समुद्री क्षेत्र में पाकिस्तानी सेना को निशाना बनाया गया है। पाकिस्तानी आर्मी और सरकार के लिए यह खासतौर से चिंता बढ़ाने वाला है क्योंकि अटैक रणनीतिक लिहाज से महत्वपूर्ण ग्वादर पोर्ट के पास हुआ है स्थानीय मीडिया के अनुसार, ग्वादर के पास समुद्र में पाकिस्तान नौसेना की एक नाव पर हमला हुआ। खुले समुद्र में इस तरह की घटना पहली बार हुई है। इसमें पाकिस्तानी नौसेना के तीन जवान मारे गए हैं। अब तक किसी भी समूह ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। स्थानीय एक्सपर्ट मान रहे हैं कि इसके पीछे बलूचिस्तान में सक्रिय विद्रोही गुट हो सकते हैं, जिन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ सशस्त्र विद्रोह छेड़ रखा है। पाकिस्तान की बढ़ेगी चिंता ईरान में युद्ध और होर्मुज स्ट्रेट में रुकावट की वजह से पूरे क्षेत्र में समुद्री यातायात प्रभावित है। ऐसे में पाकिस्तान के बंदरगाहों पर कई देशों के बड़े जहाज और कंटेनर लंगर डाल रहे हैं। होर्मुज जलडमरूमध्य में जोखिम के चलते यह क्षेत्र वैकल्पिक केंद्र के रूप में उभरा है। ऐसे समय में पाकिस्तानी समुद्री क्षेत्र के भीतर हुए इस हमले से विदेशी नाविकों के बीच डर और चिंता बढ़ सकती है। बलूचिस्तान के पास पाकिस्तानी नेवी पर हमला आर्मी चीफ असीम मुनीर और शहबाज शरीफ की चिंता को बढ़ाता है। इससे पाकिस्तान के सामने समुद्र की सुरक्षा को बेहतर करने की बड़ी चुनौती सामने आ गई है। इस पूरे क्षेत्र में जमीन पर पहले ही पाकिस्तान की आर्मी पहले ही बीएलए, टीटीपी और दूसरे गुटों के हमलों का सामना कर रही है। बलूचिस्तान में विद्रोह पाकिस्तान का बलूचिस्तान प्रांत लंबे समय से हिंसा और अशांति का सामना कर रहा है। इस क्षेत्र में कई हथियारबंद गुट पाकिस्तानी आर्मी पर हमले करते रहे हैं। कई ऐसे इलाके हैं, जहां जाना भी पाकिस्तानी अफसरों और पुलिस के लिए संभव नहीं है। पाकिस्तान ने कई ऑपरेशन किए हैं लेकिन उसे बहुत ज्यादा कामयाबी नहीं मिली है। बलूचिस्तान में सक्रिय हथियारबंद गुटों का कहना है कि उनके प्रांत के संसाधनों को लूटा जा रहा है। इन गुटों का आरोप है कि बलूचिस्तान के संसाधनों का इस्तेमाल पाकिस्तान के पंजाब और सिंध प्रांत के लोग कर रहे हैं। ऐसे में वह बलूचिस्तान की आजादी की लड़ाई लड़ रहे है ताकि यहां के लोगों की स्थिति में सुधार हो सके।  

कालिका पेट्रोलिंग यूनिट की बड़ी कार्रवाई, हजारों महिलाओं को किया गया जागरूक

जयपुर  राजस्थान की राजधानी जयपुर में महिलाओं के साथ बढ़ती छेड़छाड़ और छींटाकशी की घटनाओं को रोकने के लिए पुलिस ने सख्ती दिखानी शुरू कर दी है. कालिका पेट्रोलिंग यूनिट ने शनिवार को अभियान चलाकर 23 मनचलों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ कार्रवाई की. इन सभी आरोपियों को शहर के अलग अलग थानों में गिरफ्तार करवाया गया. स्कूल और कॉलोनियों में चलाया जागरूकता अभियान केवल कार्रवाई ही नहीं बल्कि कालिका टीम ने शहर के स्कूल कॉलेज और कॉलोनियों में जाकर जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए. इस दौरान छात्राओं और महिलाओं को उनके अधिकारों और सुरक्षा कानूनों के बारे में विस्तार से बताया गया. हजारों महिलाओं को किया जागरूक टीम ने सार्वजनिक परिवहन जैसे लो फ्लोर बस सिटी बस मिनी बस और अन्य वाहनों में यात्रा कर रही 4,118 महिलाओं को सुरक्षा के प्रति जागरूक किया. साथ ही उन्हें बताया गया कि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत पुलिस से कैसे संपर्क करें. गर्ल्स स्कूल और कॉलेज में 1,185 छात्र छात्राओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया गया. इससे छात्राएं खुद को सुरक्षित रखने के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार हो सकेंगी. राजकॉप ऐप से भी मिलेगी मदद लगभग 989 महिलाओं और बालिकाओं को राजकॉप सिटीजन ऐप के Need Help फीचर के बारे में जानकारी दी गई और मौके पर ही डाउनलोड भी करवाया गया. इससे महिलाएं जरूरत पड़ने पर तुरंत पुलिस सहायता ले सकेंगी. ये 5 नंबर जरूर सेव करें अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त रानू शर्मा ने बताया कि महिलाएं अपने मोबाइल में निर्भया हेल्पलाइन के पांच नंबर जरूर सेव करें: 8764866090 8764866091 8764866092 8764866093 8764866094 इन नंबरों पर किसी भी परेशानी में कॉल या मैसेज के साथ ऑडियो वीडियो और रिकॉर्डिंग भेजकर तुरंत मदद ली जा सकती है. यह सेवा 24 घंटे सक्रिय रहती है.