samacharsecretary.com

महिलाओं के लिए खुशखबरी: हरियाणा सरकार 25 सितंबर से देगी 2100 रुपए

हिसार  हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कैबिनेट मिटिंग के बाद प्रेस कॉन्फेंस की। प्रेस कॉन्फेंस में सीएम सैनी ने बड़ी घोषणा की कि महिलाओं को लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ 25 सितंबर से मिलेगा। आज कैबिनेट मीटिंग में महिलाओं की सामाजिक सुरक्षा और सम्मान के लिए "लाडो लक्ष्मी योजना" को लागू करने का निर्णय लिया गया। इस योजना का शुभारम्भ पंडित दीन दयाल उपाध्याय जी की जयंती पर 25 सितंबर 2025 से होगा।  23 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाओं को मिलेगा इस योजना का लाभ  इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 2,100 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। 25 सितंबर 2025 को हरियाणा की 23 वर्ष आयु या उससे अधिक आयु की महिलाओं को इस योजना का लाभ मिलेगा। इसमें विवाहित और अविवाहित दोनों ही तरह की महिलाओं को लाभ मिलेगा। पहले चरण में उन परिवारों को शामिल किया गया है, जिनकी पारिवारिक वार्षिक आय 1 लाख रुपये से कम होगा। इस योजना में आने वाले समय में चरणबद्ध तरीके से अन्य आय समूह को भी शामिल किया जाएगा। योजना का लाभ लेने के लिए अविवाहित महिला या विवाहित महिला के पति का हरियाणा में पिछले 15 साल से मूल निवासी होने चाहिए।  परिवार में महिलाओं की संख्या पर कोई प्रतिबंध नहीं इस योजना के तहत एक परिवार में महिलाओं की संख्या पर कोई प्रतिबंध नहीं है। यदि एक परिवार में 3 महिलाएं हैं, तो उन तीनों महिलाओं को लाभ मिलेगा। सरकार द्वारा पहले से चलाई जा रही ऐसी 9 योजनाओं, जिनमें आवेदिका को पहले से ही अधिक राशि की पेंशन का लाभ मिल रहा है, उन्हें लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ नहीं मिलेगा। स्टेज 3 और 4 कैंसर पीड़ित मरीजों (महिलाओं), सूचीबद्ध 54 दुर्लभ बीमारियों, हीमोफिलिया, थैलेसिलमिया और सिकल सेल से पीड़ित मरीज़ों पहले से पेंशन मिल रही है। पहले चरण में लगभग 20 लाख महिलाओं को मिलेगा लाभ- सीएम सैनी इन महिलाओं को इस योजना का अतिरिक्त लाभ भी मिलेगा। जिस दिन कोई अविवाहित लाभार्थी 45 वर्ष की आयु पूरा करेगी उस दिन वे ऑटोमैटिक विधवा और निराश्रित महिला को वित्तीय सहायता योजना के लिए पात्र हो जाएंगी। जिस दिन लाभार्थी महिला 60 वर्ष की आयु की होगी, उस दिन वे ऑटोमैटिक वृद्धावस्था सम्मान भत्ता पेंशन योजना के लिए पात्र हो जाएगी। पहले चरण में इस योजना का लाभ लगभग 19-20 लाख महिलाओं को मिलेगा। आज की कैबिनेट के बाद आने वाले 6 या 7 दिनों में हम न केवल योजना की गजट नोटिफिकेशन कर देंगे, वरन एक ऐप भी लॉन्च करेंगे।  सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस योजना का लाभ पाने के लिए महिला या उसके पति का प्रदेश में कम से कम 15 साल निवास होना अनिवार्य है. प्रशासन का कहना है कि यह योजना महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और समाज में उनकी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने में मील का पत्थर साबित होगी. कैबिनेट मीटिंग के बाद रमुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने आज प्रेस वार्ता कर बताया कि विधानसभा सत्र खत्म होने के अगले ही दिन केवल एक एजेंडा के लिए मंत्रिमंडल की बैठक बुलाई गई. बैठक में महिलाओं की सामाजिक सुरक्षा और सम्मान को ध्यान में रखते हुए ‘दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना’ को मंजूरी दी गई. मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार गरीबों और जरूरतमंदों के हित में लगातार कल्याणकारी योजनाएँ चला रही है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने विकसित भारत के चार स्तंभों में महिलाओं की अहम भूमिका को रेखांकित किया है. केंद्र सरकार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए लगातार नई योजनाएँ लागू कर रही है और हरियाणा सरकार भी उसी दिशा में काम कर रही है. उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनावों के दौरान जारी संकल्प पत्र को उनकी सरकार गीता के समान मानती है और उसमें किए गए सभी वादों को पूरा करने के लिए लगातार कदम उठाए जा रहे हैं. 25 सितंबर 2025 से इस योजना का शुभारंभ मुख्यमंत्री सैनी ने बताया कि पंडित दीन दयाल उपाध्याय जी की जयंती पर, यानी 25 सितंबर 2025 से इस योजना का शुभारंभ होगा. योजना के तहत 23 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाओं को हर माह 2,100 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाएगी. इसमें विवाहित और अविवाहित दोनों प्रकार की महिलाएं शामिल होंगी.   योजना की प्रमुख विशेषताएँ:     पहले चरण में उन परिवारों को शामिल किया गया है, जिनकी वार्षिक आय 1 लाख रुपये तक है.     आने वाले समय में अन्य आय समूहों को भी चरणबद्ध तरीके से शामिल किया जाएगा.     लाभ लेने के लिए अविवाहित महिला का या विवाहित महिला के पति का हरियाणा में 15 साल का मूल निवासी होना जरूरी है.     एक परिवार में महिलाओं की संख्या पर कोई प्रतिबंध नहीं रहेगा. अगर एक परिवार में 3 महिलाएं हैं, तो तीनों को लाभ मिलेगा.     सरकार द्वारा पहले से चलाई जा रही 9 ऐसी योजनाओं में, जिनमें आवेदिका को अधिक पेंशन मिल रही है, उन्हें इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा.     कैंसर स्टेज-3 और 4 मरीजों, 54 दुर्लभ बीमारियों, हीमोफिलिया, थैलेसीमिया और सिकल सेल से पीड़ित महिलाओं को पहले से मिल रही पेंशन के अतिरिक्त इस योजना का भी लाभ मिलेगा.     45 वर्ष की आयु पूरी करने पर अविवाहित महिला ऑटोमैटिक विधवा/निराश्रित महिला पेंशन योजना की पात्र बन जाएगी.     60 वर्ष की आयु पूरी होने पर लाभार्थी महिला वृद्धावस्था पेंशन योजना की पात्र हो जाएगी. पहले चरण में 19-20 लाख महिलाओं को लाभ मुख्यमंत्री ने बताया कि पहले चरण में लगभग 19 से 20 लाख महिलाओं को इस योजना का लाभ मिलेगा. कैबिनेट की मंजूरी के बाद अगले 6-7 दिनों में इसका गजट नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा और एक मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया जाएगा. इस ऐप के जरिए पात्र महिलाएं घर बैठे आवेदन कर सकेंगी. सरकार सभी संभावित लाभार्थियों को एसएमएस भेजकर आवेदन करने के लिए प्रेरित करेगी. साथ ही पंचायतों और वार्डों में लाभार्थियों की सूची प्रकाशित की जाएगी और ग्राम सभाओं व वार्ड सभाओं को सूची पर आपत्ति दर्ज करने का अधिकार होगा. मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि यह योजना प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने … Read more

निवेश के लिए खुले दरवाज़े: मुख्यमंत्री साय ने दक्षिण कोरियाई निवेशकों को किया आमंत्रित

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल में आयोजित छत्तीसगढ़ इन्वेस्टर कनेक्ट कार्यक्रम में कोरिया इंटरनेशनल ट्रेड एसोसिएशन और निवेशकों के समक्ष छत्तीसगढ़ में निवेश की संभावनाओं की विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ अपनी प्रो-एक्टिव एवं विकासोन्मुख औद्योगिक नीति 2024–30, प्रचुर प्राकृतिक संसाधनों और प्रशिक्षित जनशक्ति के बल पर वैश्विक निवेश और औद्योगिक सहयोग के लिए पूरी तरह तैयार है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कोरियाई ब्रांड हर भारतीय घर का हिस्सा हैं। एलजी, सैमसंग, हुंडई जैसी कंपनियां गांव-गांव तक पहुंच चुकी हैं। छत्तीसगढ़ में प्रचुर मात्रा में जल, ऊर्जा, लौह अयस्क व स्टील और बेहतरीन कनेक्टिविटी उपलब्ध है। ये संसाधन दक्षिण कोरियाई निवेशकों के लिए अवसरों के नए द्वार खोलते हैं। मुख्यमंत्री साय ने निवेशकों को आश्वस्त किया कि राज्य सरकार सिंगल-विंडो क्लीयरेंस, व्यवसाय सुगमता और उद्योग-अनुकूल नीतियों के माध्यम से प्रत्येक निवेशक को हर स्तर पर सहयोग प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ आज खनिज, ऊर्जा, इस्पात, खाद्य प्रसंस्करण, इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण और आईटी-स्टार्टअप्स जैसे क्षेत्रों में वैश्विक निवेश का स्वागत कर रहा है। मुख्यमंत्री साय ने यह भी रेखांकित किया कि छत्तीसगढ़ का विकास मॉडल केवल औद्योगिक प्रगति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह युवाओं को रोजगार, महिलाओं को स्वावलंबन और किसानों को उपज का बेहतर मूल्य दिलाने पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि औद्योगिक निवेश के साथ-साथ सामाजिक सशक्तिकरण भी हमारी प्राथमिकता है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने भारत के राजदूत अमित कुमार से भारतीय दूतावास, सियोल में मुलाक़ात कर छत्तीसगढ़ में निवेश संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हमने स्टील और खनिज से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स व फूड प्रोसेसिंग तक, मजबूत द्विपक्षीय आर्थिक साझेदारी की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया है। मुख्यमंत्री साय ने दक्षिण कोरिया और छत्तीसगढ़ के बीच सांस्कृतिक एवं कारोबारी रिश्तों को रेखांकित करते हुए कहा कि इन साझेदारियों से प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, अनुसंधान एवं नवाचार और उच्च मूल्य रोजगार के अवसर तेजी से बढ़ेंगे। उन्होंने कोरियाई निवेशकों से आग्रह किया कि वे छत्तीसगढ़ को अपने नए औद्योगिक निवेश स्थल के रूप में चुनें और साझा समृद्धि की इस यात्रा का हिस्सा बनें। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के साथ प्रदेश के उद्योग विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं निवेश संवर्धन एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

सिर्फ 30 दिन में हाई कोर्ट जज का तबादला, उठ रहे सवाल और चर्चाओं का दौर

नई दिल्ली सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने उच्च न्यायालयों के कई जजों के स्थानांतरण की सिफारिश की है। इस बीच सबसे ज्यादा चर्चा दिल्ली हाई कोर्ट के जस्टिस अरुण मोंगा की है। उन्हें राजस्थान हाई कोर्ट भेजा गया है, जहां से एक महीने पहले ही वह दिल्ली आए थे और 21 जुलाई को शपथ ली थी। ऐसे में इस बात को लेकर चर्चा है कि आखिर एक महीने के अंदर ही ऐसा क्या हो गया कि उच्च न्यायालय के जज को राजस्थान वापस भेज दिया गया। कुल 14 जजों का बुधवार को ट्रांसफर करने की सिफारिश कॉलेजियम की ओर से की गई। चीफ जस्टिस की अगुवाई वाली कॉलेजियम की मीटिंग 25 और 26 अगस्त को हुई थी। दिल्ली हाई कोर्ट के एक और जज टीवी गंजू का कर्नाटक हाई कोर्ट में हुआ है। इसके अलाला राजस्थान हाई कोर्ट से जस्टिस दिनेश मेहता और जस्टिस अवनीश झिंगन का ट्रांसफर भी दिल्ली उच्च न्यायालय हुआ है। केरल से जस्टिस चंद्रशेखरन सुधा को भेजा गया है। कॉलेजियम की सिफारिशों पर मुहर लगने के बाद दिल्ली उच्च न्यायालय में जजों की संख्या 45 हो जाएगी। इस उच्च न्यायालय में मंजूर जज के पदों की संख्या 60 है। आमतौर पर पूरा कोरम किसी भी उच्च न्यायालय में कम ही रहता है। खासतौर पर इलाहाबाद हाई कोर्ट में ऐसा मुश्किल होता है, जहां जज के पदों की मंजूर संख्या 160 है। फिलहाल यहां 84 जज ही हैं। बता दें कि जस्टिस अवनीश झिंगन का ट्रांसफर पहले पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट से गुजरात हुआ था। फिर वह राजस्थान लाए गए और अब दिल्ली की तैयारी है। बता दें कि जस्टिस अरुण मोंगा तो मूलत: पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के ही जज हैं। उन्हें राजस्थान भेजा गया था और फिर दिल्ली आए तो 21 जुलाई को शपथ ली थी। लेकिन अब एक महीने के अंतराल पर ही वापस राजस्थान हाई कोर्ट भेजने की तैयारी है। अरुण मोंगा ने वकालत की प्रैक्टिस 1991 में शुरू की थी। दिल्ली में करीब 20 साल तक वकालत करने के बाद 2018 में वह हाई कोर्ट के जज बने थे।  

फॉरेक्स मार्केट में बढ़त: रुपया 6 पैसे उछला, ₹87.63 पर पहुंचा

मुंबई  अमेरिका के डबल टैरिफ अटैक का लगातार दूसरे दिन शेयर बाजार में असर देखने को मिला और गिरावट के साथ ओपनिंग करने के बाद गुरुवार को भी सेंसेक्स-निफ्टी रेड जोन में क्लोज हुए. अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 6 पैसे बढ़कर ₹87.63 पर बंद हुआ, बुधवार को भारत पर 50% टैरिफ लागू होने से पहले मंगलवार को बाजार में तगड़ी गिरावट आई थी, जो आज भी जारी रही और कारोबार के अंत में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स इंडेक्स 705 अंक टूटकर बंद हुआ, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी ने भी 211 अंक फिसलकर कारोबार क्लोज किया. इस दौरान आईटी और बैंकिंग स्टॉक्स में तेज गिरावट देखने को मिली.यहां बता दें कि बुधवार को गणेश चतुर्थी के अवसर पर शेयर बाजार में हॉलिडे घोषित था.  दिनभर गिरावट के साथ हुआ कारोबार बुधवार 27 अगस्त को जहां भारत पर ट्रंप का एक्स्ट्रा 25% टैरिफ लागू हुआ था, तो वहीं शेयर बाजार में गणेश चतुर्थी की छुट्टी थी, लेकिन गुरुवार को जब मार्केट ओपन हुआ तो टैरिफ अटैक का असर साफ देखने को मिला. बीएसई का सेंसेक्स 80,754 पर ओपन हुआ और फिर कुछ ही देर में इसमें गिरावट बढ़ती गई और ये 600 अंक से ज्यादा फिसल गया. लेकिन फिर अचानक से तेज रिकवरी भी नजर आने लगी और गिरावट 250 अंक के आसपास रह गई, लेकिन आखिरी कारोबारी घंटे में ये भी फिर बिखरने लगा और अंत में 705 अंक की गिरावट लेकर 80,080.57 पर क्लोज हुआ. इससे पिछले कारोबारी दिन मंगलवार को सेंसेक्स 849 अंक टूटकर बंद हुआ था. सेंसेक्स की तरह ही एनएसई निफ्टी का भी हाल रहा और ये भी लाल निशान पर क्लोज हुआ. 24,695.80 पर ओपनिंग करने के बाद इस इंडेक्स ने 211 अंक फिसलकर 24,500 पर क्लोजिंग की.मंगलवार को एनएसई का ये इंडेक्स फिसलकर 24,712 पर बंद हुआ था.  सबसे ज्यादा बिखरे ये शेयर  शेयर मार्केट में गुरुवार को आई इस गिरावट के बीच सबसे ज्यादा बिखरने वाले शेयरों की बात करें, तो लार्जकैप कैटेगरी में शामिल एचसीएल टेक (2.85%), इंफोसिस शेयर (1.95%), पावरग्रिड शेयर (1.93%), टीसीएस (1.89%) और एचडीएफसी बैंक का शेयर (1.55%) की गिरावट लेकर बंद हुआ.  मिडकैप में शामिल कंपनियों की बात करें, तो फर्स्टक्राई (5.21%), फोनिक्स लिमिडेट शेयर (3.53%), एसजेवीएन शेयर (3.12%) और भारती हेक्सा का शेयर (2.90%) फिसलकर क्लोज हुआ. स्मॉलकैप शेयरों में रैलीज शेयर (6.81%), कलामंदिर शेयर (6.30%), ओलेक्ट्रा शेयर (5.80%) फिसलकर बंद हुआ.  बाजार टूटा, लेकिन चढ़कर बंद हुए ये स्टॉक  बाजार में गिरावट के बावजूद जिन शेयरों ने बढ़त के साथ ग्रीन जोन में क्लोजिंग की, उनमें वीटीएल शेयर (12.96%), संगम इंडिया शेयर (7.39%), नाल्को शेयर (5%) की उछाल के साथ बंद हुआ, तो वहीं मिडकैप कैटेगरी में शामिल  ओलेक्ट्रा शेयर (5.80%) , तो कल्याण ज्वेलर्स का स्टॉक 2.36% चढ़कर बंद हुआ. एंड्योरेंस का शेयर 2.11 फीसदी की तेजी लेकर बंद हुआ. लार्जकैप में शामिल टाइटन, मारुति और रिलायंस का शेयर बढ़त के साथ बंद हुआ. 

कुरान जलाने वाले ट्रंप उम्मीदवार का विवादित बयान, इस्लाम के खत्म न होने पर हिंसा की धमकी

टेक्सास अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी की एक उम्मीदवार ने इस्लामोफोबिया में आकर कुछ ऐसी हरकतें की हैं और ऐसे बयान दिए हैं कि अब उनकी चहुंओर निंदा हो रही है। दरअसल, टेक्सास में 2026 में होने वाले चुनावों में रिपब्लिकन उम्मीदवार वैलेंटिना गोमेज़ ने कहा है कि अगर इस्लाम खत्म नहीं हुआ तो बेटियों से बलात्कार होता रहेगा और बेटों का सिर कलम होता रहेगा। गोमेज ने इस बारे में एक वीडियो बयान जारी किया है। हालांकि, चहुंओर आलोचना झेलने के बाद गोमेज़ ने वह वीडियो डिलीट कर दिया है। मीडिया के अनुसार, गोमेज ने कथित तौर पर पवित्र कुरान की एक प्रति में आग लगाते हुए "इस्लाम को खत्म करने" की कसम खाते हुए एक चुनावी वीडियो सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट किया था। 2026 में टेक्सास के 31वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट सीट के लिए चुनाव लड़ रही वैलेंटिना गोमेज़ ने अब वह वीडियो हटा दिया है लेकिन उनके द्वारा साझा की गई वीडियो क्लिप की व्यापक निंदा हो रही है। अमेरिका समेत अन्य देशों में भी रिपबल्किन उम्मीदवार के प्रति आक्रोश पैदा हो गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि टेक्सास की आबादी में मुसलमानों की हिस्सेदारी सिर्फ एक फीसदी है। बावजूद इसके गोमेज़ ने अपने चुनाव अभियान को बार-बार इस्लामोफोबिक बयानबाजी के इर्द-गिर्द केंद्रित रखा है। रिपोर्ट के मुताबिक, वीडियो में, गोमेज़ एक विवादास्पद संदेश देते हुए कहती हैं, "अगर हम इस्लाम को हमेशा के लिए खत्म नहीं करेंगे तो आपकी बेटियों का बलात्कार होता रहेगा और आपके बेटों का सिर कलम कर दिया जाएगा।" इसके बाद वह कैमरे के सामने कुरान जलाती हैं। 7 अक्टूबर के हमास के हमले का भी जिक्र गोमेज़ ने आगे कहा, "अमेरिका एक ईसाई राष्ट्र है, इसलिए ये आतंकवादी मुसलमान 57 मुस्लिम देशों में से किसी में भी जा सकते हैं।" वीडियो के अंत में गोमेज़ कहती हैं कि वह "ईसा मसीह द्वारा संचालित" हैं, जिससे इसमें कोई संदेह नहीं रह जाता कि धर्म उनके चुनावी संदेश के मूल में है। आलोचनाओं के बावजूद, गोमेज़ ने अपने अभियान को और भी ज़ोरदार बना दिया है। उन्होंने एक्स पर लिखा, “मैं अपने कार्यों पर कायम हूं और मैं उस पुस्तक के सामने कभी घुटने नहीं टेकूंगी जो 7 अक्टूबर के नरसंहार के लिए जिम्मेदार है, जिसने एबी गेट पर 13 अमेरिकी सैन्यकर्मियों की जान ले ली और हमारी हत्या का आह्वान किया।” पहले भी विवादों में रहीं गोमेज़ ऐसा पहली बार नहीं हआ है, जब गोमेज़ भड़काऊ कार्रवाइयों के लिए सुर्खियों में आई हैं। मई 2025 में, उन्होंने टेक्सास स्टेट कैपिटल में एक मुस्लिम नागरिक सहभागिता कार्यक्रम में धावा बोल दिया था और इस्लाम विरोधी भाषण देने से पहले माइक्रोफ़ोन छीन लिया था। उस कार्यक्रम के वीडियो फुटेज में उन्हें यह कहते हुए दिखाया गया था, "टेक्सास में इस्लाम के लिए कोई जगह नहीं है। कांग्रेस में मेरी मदद करें ताकि हम अमेरिका के इस्लामीकरण को रोक सकें। मैं सिर्फ़ ईश्वर से डरती हूँ।"  

वैष्णो देवी त्रासदी में यूपी के 11 भक्तों की जान गई, बारिश बनी तबाही की वजह

लखनऊ  जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में बीते मंगलवार को एक बड़ा हादसा हुआ, जिसने पूरे देश को हिला कर रख दिया। माता वैष्णो देवी मंदिर के रास्ते पर भूस्खलन की चपेट में आकर 34 लोगों की जान चली गई, जिनमें उत्तर प्रदेश के 11 श्रद्धालु भी शामिल हैं। इस दुखद घटना के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शोक जताते हुए मृतकों के परिवारों को 4-4 लाख रुपए की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया है और अधिकारियों को निर्देश दिया है कि शवों को जल्द से जल्द और सम्मानपूर्वक उनके घर पहुंचाया जाए। कैसे हुआ हादसा? मिली जानकारी के मुताबिक, बीते मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे तेज बारिश के कारण माता वैष्णो देवी मंदिर जाने वाले रास्ते पर अर्धकुंवारी के पास भयानक भूस्खलन हुआ। पहाड़ी से बड़े-बड़े पत्थर और मलबा श्रद्धालुओं पर गिर गया। इस हादसे में 34 लोगों की मौत हो गई और 20 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। घायलों का इलाज जम्मू के अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है। उत्तर प्रदेश के श्रद्धालुओं की पहचान प्रशासन की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक आगरा से 3 लोग, मुजफ्फरनगर से 3 लोग, बरेली से 1 और अन्य जिलों से 4 लोग इस हादसे में मारे गए हैं। बागपत की रहने वाली चांदनी (23) और उनकी बड़ी बहन नीरा (36) भी इस हादसे में मारी गईं। चांदनी की शादी इसी साल अप्रैल में खेकड़ा निवासी मयंक गोयल से हुई थी। नीरा की शादी मेरठ के अमित जौहरी से हुई थी। मयंक, अमित और उनकी 10 साल की बेटी विधि हादसे में बुरी तरह घायल हुए हैं और अस्पताल में इलाज चल रहा है। परिवार वालों को हादसे की खबर एक अस्पताल कर्मचारी के फोन से मिली। फिर वे तुरंत जम्मू के लिए रवाना हुए। योगी सरकार की मदद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतकों के परिवारों को 4 लाख रुपए की मदद देने का ऐलान किया। अधिकारियों को शवों को सम्मानपूर्वक घर भेजने और घायलों को बेहतर इलाज देने के निर्देश दिए। फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि उत्तर प्रदेश के कितने लोग इस हादसे से प्रभावित हुए हैं, लेकिन 11 मृतकों की पहचान हो चुकी है।   तेज बारिश और राहत-बचाव कार्य जम्मू में पिछले 4 दिनों से लगातार भारी बारिश हो रही है। पिछले 24 घंटों में 380 मिमी बारिश हुई, जो कि इतिहास में सबसे ज्यादा है। इस बारिश के कारण भूस्खलन, बाढ़ और ट्रैफिक जाम जैसी दिक्कतें खड़ी हो गई हैं। राहत कार्य में जुटे दल: – NDRF (राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल) – भारतीय सेना – स्थानीय प्रशासन – भारतीय वायुसेना ने C-130 विमान से राहत सामग्री भेजी है। – Mi-17 V5 और चिनूक हेलीकॉप्टर भी तैयार रखे गए हैं। श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने यात्रियों के लिए नई एडवाइजरी जारी कर दी है और यात्रा को अनिश्चितकाल के लिए रोक दिया गया है।  

राजधानी में डेंगू का प्रकोप तेज, एनएमसीएच में बढ़ाई गई चिकित्सा सुविधाएं

पटना  राजधानी पटना में डेंगू का प्रकोप लगातार बढ़ रहा है। अब तक लगभग पिछले एक सप्ताह में लगभग 72 डेंगू से पीड़ित हो चुके हैं और विगत 24 घंटे में 10 नए मामले सामने आए मिले हैं। अगस्त में 158 मरीज मिले हैं।  24 घंटे में जो 10 मरीज मिले हैं. उनमें तीन मुसल्लहपुर, दो-दो छज्जूबाज और बाजार समिति, एक-एक बाइपास, संदलपुर और गुलजारबाग का बताया जा रहा है। डेंगू के हॉट स्पॉट में कंकड़बाग का पोस्टल पार्क और योगीपुर, पटना सिटी, बोरिंग कैनाल रोड, जक्कनपुर, कॉलोनी, दीघा, गोला रोड, जगनपुरा, पाटलिपुत्र, फुलवारीशरीफ और दानापुर इलाके है। इस संबंध में एनएमसीएच के उपाधीक्षक डॉ. राजीव रंजन सिन्हा ने बताया कि मेडिसिन विभाग में डेंगू दो मरीज भर्ती हैं। इसको लेकर 40 बेड रिजर्व रखे गए हैं। मरीजों की संख्या बढ़ने के पर बेड़ों की संख्या बढ़ाई जाएगी। मेडिकेटेड मच्छरदानी भी उपलब्ध कराई गई है। ओपीडी में इलाज कराने आने वाले मरीजों में लक्षण मिलने पर जांच कराई जा रही है। उन्होंने इसे रोकने के लिए घर और आसपास पानी जमा नहीं होने देने की सलाह दी है। इसके साथ ही कूलर, गमलों, बाल्टी, पुराने टायरों और अन्य बर्तनों का पानी खाली करने की सलाह दी है। दिन में भी सोते समय मछरदानी का उपयोग करने की सलाह दी।

डॉलर पर असर? बाबा रामदेव ने ट्रंप के टैरिफ बम पर साझा किया समाधान

 नई दिल्ली  अमेरिका द्वारा भारतीय आयात पर 50% टैरिफ लगाए जाने के फैसले को लेकर भारत में राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर कड़ा विरोध सामने आ रहा है। योग गुरु बाबा रामदेव ने अमेरिका द्वारा भारतीय आयात पर टैरिफ लगाए जाने के विरोध में देशवासियों से अमेरिकी कंपनियों और ब्रांड्स के बहिष्कार की अपील की है। बाबा रामदेव ने ट्रंप के इस कदम को राजनीतिक दबंगई, गुंडागर्दी और तानाशाही करार दिया। कहा कि भारतवासियों की प्रतिभा का अमेरिका को अंदाजा नहीं है। इस तरह के संकट ही नए अवसर पैदा करते हैं। अगर भारत , रूस, चीन और कुछ देश मिलकर आ जाएं तो डॉलर आधी कीमत का रह जाएगा। बाबा रामदेव ने कहा, “भारतीय नागरिकों को अमेरिका द्वारा लगाए गए 50% टैरिफ का कड़ा विरोध करना चाहिए। अमेरिकी कंपनियों और ब्रांड्स का पूरी तरह से बहिष्कार होना चाहिए। कोई भी भारतीय पेप्सी, कोका-कोला, सबवे, KFC या मैकडॉनल्ड्स के काउंटर पर नजर नहीं आना चाहिए। इतना बड़ा बहिष्कार होना चाहिए कि अमेरिका में हड़कंप मच जाए, वहां महंगाई इतनी बढ़े कि ट्रंप को खुद अपने फैसले वापस लेने पड़ें। ट्रंप ने भारत के खिलाफ जाकर बड़ी गलती की है।” भारत और चीन मिल जाएं तो डॉलर आधा बाबा रामदेव ने आगे कहा कि चुनौतियां तो नए अवसर देती है। यहां अगर किसी की नौकरी जाने की संभावना बनती है तो नए रोजगार के अवसर पैदा करने चाहिए। भारत के उद्यमियों को टैक्स, जीएसटी और तमाम तरह के रियायतें देकर मजबूती देनी चाहिए। मुझे उम्मीद है कि देश इस चुनौती से निसंदेह निपटेगा और सशक्त बनकर उभरेगा। अगर भारत, रूस, चीन और कुछ देश मिल जाएं तो डॉलर आधी कीमत का रह जाएगा। अमेरिका में ही घिरे ट्रंप गौरतलब है कि अमेरिका ने अगस्त की शुरुआत में भारत पर 25% टैरिफ लगाया था। इसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 27 अगस्त से लागू होने वाले अतिरिक्त 25% टैरिफ की घोषणा की। यह कदम भारत द्वारा रूस से तेल खरीद जारी रखने के कारण उठाया गया। इधर, अमेरिकी कांग्रेस की हाउस फॉरेन अफेयर्स कमेटी के डेमोक्रेट्स ने भी राष्ट्रपति ट्रंप के इस फैसले की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि भारत पर टैरिफ लगाने से अमेरिकी नागरिकों को नुकसान हो रहा है और अमेरिका-भारत संबंधों पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। कमेटी ने सवाल उठाया कि “यदि ट्रंप प्रशासन ने किसी भी देश पर रूस से तेल खरीदने को लेकर सेकेंडरी सैंक्शन्स का फैसला किया होता तो बात अलग थी, लेकिन केवल भारत को ही निशाना बनाना सबसे उलझन भरा कदम है। चीन, जो रूस से सबसे ज्यादा तेल खरीद रहा है, वह अब भी रियायती कीमतों पर तेल ले रहा है और उस पर किसी तरह की सजा नहीं दी गई।”  

अधिमान्य पत्रकार नेतृत्व समिति की अहम बैठक 31 अगस्त को छतरपुर में

छतरपुर  अधिमान्य पत्रकार नेतृत्व समिति के प्रदेश महासचिव दीपू सोनी ने प्रेस नोट जारी कर बताया कि अधिमान्य पत्रकार नेतृत्व समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष डल्लू कुमार सोनी की मुख्य उपस्थिति में यह बैठक आयोजित होगी !जिसमें राष्ट्रीय महासचिव रोहित यादव,राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रमेश तिवारी एवं ए के स्वर्णकार प्रदेश सदस्यता प्रभारी,य छत्तीसगढ़ प्रदेश सदस्यता प्रभारी धर्मेंद्र वस्त्रकार, एवं प्रदेश अध्यक्ष सुनील कुमार राय के मुख्य उपस्थिति में सदस्यता अभियान के साथ-साथ बैठक आयोजित होगी यह बैठक समिति को विस्तार एवं समिति में नए पदाधिकारी का चयन के साथ-साथ  सम्मान समारोह कार्यक्रम आयोजित किया गया है

सीतामढ़ी में विपक्ष की ताकत का प्रदर्शन, यात्रा से बढ़ी NDA की मुश्किलें

सीतामढ़ी बिहार में जारी इंडिया गठबंधन की 'वोट अधिकार यात्रा' सीतामढ़ी पहुंच चुकी है। यहां आज राहुल गांधी माता जानकी का आशीर्वाद लेकर अपनी यात्रा को आगे बढ़ाएंगे। राहुल के साथ उनके गठबंधन के कई दिग्गज नेता मौजूद हैं। कार्यकर्ताओं में एक अलग जोश देखने को मिल रहा है। 'गरीब व वंचित परिवारों का वोट चोरी हो रहा' बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर दलों में सियासी घमासान मचा हुआ है। वहीं, प्रदेश में 'वोट अधिकार यात्रा' अपने पड़ाव पर आगे बढ़ रही है। यात्रा के 12वें दिन लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का कारवां सीतामढ़ी पहुंच चुका है। इससे पहले उन्होंने रुन्नी सैदपुर में आयोजित सभा को संबोधित किया। केंद्र की मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार को मतदाता सूची का गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर जमकर घेरा है। आरोप लगाया कि इसके जरिए माध्यम से गरीब व वंचित परिवारों का वोट चोरी हो रहा है। सुरक्षा के कड़े इंतजाम गौरतलब है कि वाहनों के लंबे काफिले के बीच सीतामढ़ी में राहुल गांधी ने प्रवेश किया। इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। जगह-जगह पुलिस के जवानों को तैनात किया गया था। राहुल गांधी की यात्रा जब शहर में प्रवेश की तो ट्रैफिक व्यवस्था को पूरी तरीके से डायवर्ट कर दिया गया था। 28 अगस्त को राहुल गांधी सीतामढ़ी के रीगा से निशाना साधेंगे। उससे पहले माता जानकी के मंदिर में पूजा अर्चना करेंगे। रीगा से बैरगनिया तक वोटर अधिकार यात्रा के तहत रैली करेंगे। राहुल गांधी के साथ तेजस्वी यादव ,मुकेश सहनी और दीपांकर भट्टाचार्य मौजूद है।