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भारतीय मिसाइलों से बचने के लिए ईरान बॉर्डर पर छिपे पाकिस्तानी युद्धपोत, ऑपरेशन सिंदूर का खुलासा

नई दिल्ली 6 और 7 मई की रात को भारतीय हमलों ने पाकिस्तान और पीओजेके में नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया. इसके बाद नई दिल्ली ने इस्लामाबाद के डीजीएमओ को सूचित किया कि उसका मिशन पूरा हो गया. हालांकि, पाकिस्तान के नेतृत्व ने कड़ी जवाबी कार्रवाई की बात कही. ओपन-सोर्स इंटेलिजेंस (OSINT) टीम द्वारा विश्लेषित कराची और ग्वादर बंदरगाहों की सैटेलाइट तस्वीरों से पता चलता है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान की नौसेना का रुख रक्षात्मक था. संघर्ष के चरम पर, पाक नौसेना (PN) के युद्धपोतों को कराची के नौसैनिक गोदाम से हटाकर व्यावसायिक टर्मिनलों पर लाया गया, जैसा कि सैटेलाइट तस्वीरों में दिखाई देता है. इस बीच, अन्य युद्धपोत ग्वादर के पश्चिमी बंदरगाह पर शरण लेते नजर आए, जो ईरान की सीमा से महज 100 किमी दूर है, बजाय इसके कि वे भारत की ओर पूर्व की ओर बढ़ें. 8 मई की कराची बंदरगाह की सैटेलाइट तस्वीर बताती है कि पाक नौसेना के युद्धपोत व्यावसायिक बंदरगाह और कंटेनर टर्मिनल पर खड़े थे. शीर्ष सैन्य विशेषज्ञों ने तनाव के दौरान पाकिस्तान नौसेना की तैयारियों पर सवाल उठाए हैं. सेवानिवृत्त वाइस एडमिरल एस.सी. सुरेश बंगारा, जो दक्षिणी नौसेना कमान के पूर्व कमांडर-इन-चीफ रहे और 1971 में कराची बंदरगाह पर हुए साहसिक हमले में शामिल थे. उन्होंने कहा किचूंकि हमारा आतंकी ढांचे पर 7 मई को हमला हुआ था और पाकिस्तान की तीनों सेनाओं को पूरी तरह सतर्क रहना चाहिए था, फिर भी उनके अग्रिम युद्धपोत बंदरगाह पर दिखना उनकी कम ऑपरेशनल तैयारियों को दर्शाता है.  उन्होंने आगे एक पैटर्न की ओर इशारा किया, जिसमें पाक नौसेना के जहाज व्यावसायिक टर्मिनलों पर खड़े होते हैं और ऑपरेशन के दौरान व्यावसायिक विमानों की आड़ लेते हैं. उन्हें व्यावसायिक बंदरगाह क्षेत्र में लाना मिसाइल हमलों से बचने की कोशिश है.  उन्होंने इंडिया टुडे से कहा कि उनके सैन्य विमानों को व्यावसायिक उड़ानों के पास उड़ाना उनके नागरिक संसाधनों को बलि चढ़ाने की प्रवृत्ति दिखाता है. पाकिस्तानी युद्धपोत ईरान सीमा के पास शरण लेते हैं ऑपरेशन सिंदूर से ठीक छह महीने पहले, पाकिस्तान की नौसेना ने दावा किया था कि उसने एक नया हथियार-'स्वदेशी रूप से विकसित' P282 शिप-लॉन्च बैलिस्टिक मिसाइल जोड़ लिया है. इसकी रेंज 350 किलोमीटर बताई गई थी. इसे 'उच्च सटीकता' वाले हमलों का वादा था. इस परीक्षण को एक सैन्य प्रचार वीडियो में दिखाया गया, जिसमें चीनी निर्मित जुल्फिकार-क्लास (F-22P) फ्रिगेट ने मिसाइल दागी थी. लेकिन जब मई 2025 में ऑपरेशन सिंदूर शुरू हुआ, तो स्थिति अलग दिखी. अंतरिक्ष कंपनी मैक्सर टेक्नोलॉजीज से मिली उच्च-रिज़ॉल्यूशन वाली व्यावसायिक तस्वीरों से पता चलता है कि इसके आधे जुल्फिकार-क्लास फ्रिगेट और अन्य युद्धपोत पश्चिम में ग्वादर में खड़े थे, जो ईरान की सीमा से महज 100 किलोमीटर दूर है. चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे का गहना कहे जाने वाले ग्वादर बंदरगाह को हाल ही में अस्थायी नौसैनिक शरण स्थल में बदल दिया गया. ऑपरेशन सिंदूर के दौरान, सैटेलाइट तस्वीरों से पता चलता है कि 10 मई तक इसके कंटेनर भंडारण क्षेत्र खाली थे, लेकिन डॉक पर सैन्य जहाजों की भीड़ थी. इसमें दो जुल्फिकार-क्लास फ्रिगेट, दो बड़े तुगरिल-क्लास फ्रिगेट, नौसेना का एकमात्र अमेरिकी निर्मित ओलिवर हेजर्ड पेरी-क्लास फ्रिगेट, और दो समुद्री गश्ती जहाज शामिल थे. सेवानिवृत्त वाइस एडमिरल बंगारा ने कहा, "ग्वादर, जहां व्यावसायिक गतिविधियां नहीं थीं, वहां अग्रिम पंक्ति के जहाजों को रखना गलत था, क्योंकि वे आसानी से नजर आते थे. ऐसा लगता है कि समुद्र में उनकी एकमात्र ताकत उनकी पनडुब्बियां थीं. भारत की ताकत और पाकिस्तान का दबाव इंटेल लैब के भू-खुफिया शोधकर्ता डेमियन साइमन ने बताया, "ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत का पहला स्वदेशी विमानवाहक पोत INS विक्रांत ने अपनी पहली जंगी तैनाती की, जिसकी अरब सागर में गति को पाक नौसेना ने उजागर किया. इससे नई दिल्ली के दबाव का अंदाजा हुआ. भारत के कराची पर संभावित हमले की तैयारी से पाकिस्तान ने अपनी नौसेना को तितर-बितर कर दिया और जहाजों को नागरिक डॉक पर ले गया.  कराची के व्यावसायिक टर्मिनलों पर युद्धपोत पूर्व में, कराची के नौसैनिक गोदाम असामान्य रूप से खाली थे, जबकि 8 मई की सैटेलाइट तस्वीरों में युद्धपोत व्यावसायिक कार्गो टर्मिनलों पर खड़े दिखे. बादलों से आंशिक रूप से ढके चित्रों में कम से कम चार पाकिस्तानी नौसेना (PN) जहाज व्यावसायिक बंदरगाहों और कंटेनर टर्मिनल के पास दिखाई दिए. इसमें PNS अलमगीर, एक बाबर-क्लास कोरवेट, और एक डेमन ऑफशोर पेट्रोल वेसल (OPV) शामिल थे, जो कार्गो जहाज के पास खड़े थे, जहां कंटेनर लोड-अनलोड हो रहे थे. एक और नौसेना फ्रिगेट कंटेनर टर्मिनल पर था, न कि नौसैनिक गोदाम पर. बंगारा ने कहा, "पाक नौसेना का सेना-प्रधान ढांचे में कोई खास रोल नहीं है. भारत ने संयुक्त ऑपरेशन की शानदार योजना बनाई और ऑपरेशन सिंदूर के सभी लक्ष्य हासिल किए. हमने साफ किया कि हम दंडात्मक जवाबी कार्रवाई के लिए तैयार हैं, जिससे बिना समुद्र से एक भी मिसाइल दागे ऑपरेशन खत्म हुआ. हमारे नौसेना का शक्तिशाली हमला उनके समुद्री संसाधनों को तबाह कर सकता था, जैसे 10 अगस्त को PAF के हवाई ठिकानों को नुकसान हुआ. संयुक्त ऑपरेशन युद्ध को लंबा खींचने के लिए गोला-बारूद बचाते हैं. याद रखें, ऑपरेशन सिंदूर सिर्फ रुका है. ग्वादर का नया इस्तेमाल साइमन ने ग्वादर के उपयोग में बदलाव पर ध्यान दिया. "यह दबाव उस समय आया जब पाकिस्तान की पनडुब्बी शाखा की कई नौकाएं मरम्मत के लिए बाहर थीं, जिससे समुद्री डर कम हो गया. इस बढ़ते दबाव में ग्वादर—एक लंबे समय से संघर्षशील व्यावसायिक बंदरगाह नौसैनिक पीछे हटने का आधार बना. इसके 600 मीटर के डॉक में युद्धपोत और ऑफशोर टैंकरों ने इस्लामाबाद को कराची से दूर मजबूत आधार दिया. भारत की तैयारियां भारतीय नौसेना ने पहले कहा था कि अगर जरूरत पड़ी तो कराची पर हमला करने को तैयार है. मई 2025 में संयुक्त मीडिया ब्रीफिंग में वाइस एडमिरल ए.एन. प्रमोद ने कहा था कि हमारी सेनाएं अरब सागर में मजबूत स्थिति में थीं और समुद्र व जमीन पर, कराची, पर अपने चुने समय पर हमला करने की पूरी तैयारी थी.

भारत में विभाजन की स्थिति पर रीवा सांसद का विवादित बयान, बहस गरमाई

रीवा  कांग्रेस पर वोट चोरी का आरोप लगाने के बाद रीवा के भाजपा सांसद एक बार फिर सुर्खियों में हैं। उनका एक और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस बार भारत-पाकिस्तान विभाजन की बात करते-करते उनकी जुबान फिसल गई। सांसद ने धर्म विशेष के लोगों को लेकर एक विवादित बयान दिया है। रीवा के सांसद ने कहा कि वो लोग भारत छोड़कर नहीं गए और अब यहां छाती में बैठकर मूंग दलने का काम कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जहां हिंदु बहुसंख्यक था वहां अल्पसंख्यक हो गया। सांसद जनार्दन मिश्रा ने वायरल वीडियो में कहा कि सबसे ज्यादा मुस्लिम उत्तरप्रदेश और बिहार में थे, वो यहीं रह गए और अब यहां रहकर छाती में मेक ठोक रहे हैं(छाती पर बैठकर मूंग दलने वाली कहावत), यह स्थिति रह गई है भारत में विभाजन की। सांसद ने मऊगंज जिले में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि विभाजन के समय पाकिस्तान की मांग करने वालो के साथ जा रहे कुछ लोगों को कांग्रेस ने अपने फायदे के लिए रोक लिया था। देश के लगभग 150 जिले है जहां हिन्दू बहुसंख्यक थे, लेकिन अब अल्पसंख्यक हो गए हैं। मुस्लिमों की आबादी बढ़ गई है, ये भारत में रहकर छाती में मेक ठोंक रहे हैं। गौरतलब है कि सांसद जनार्दन मिश्र अक्सर अपने बड़बोले बयानों को लेकर सुर्खियों में रहते है। उनका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए दिया बयान हो या फिर IPS और IAS अफसरों के लिए मंच पर धमकी। जनार्दन का वायरल होना तय होता है। सोमवार को ही उनका एक और बयान सोशल मीडिया में वायरल हुआ था जिसमें वो वोट चोरी का उदाहरण देते हुए पूर्व विधानसभा अध्यक्ष स्वर्गीय श्रीनिवास तिवारी पर निशाना साधा था। अब सोमवार को ही उनका एक और विवादित बयान सामने आया है जो मुस्लिम समाज को लेकर है।

नई Skoda Kylaq की बड़ी कामयाबी, बिक्री में सबको पछाड़ ₹8.25 लाख से शुरू कीमत

नई दिल्ली भारतीय ग्राहकों के बीच स्कोडा की कारों को खूब पसंद किया जाता है। अगर बीते महीने यानी जुलाई, 2025 में हुई मॉडल वाइज बिक्री की बात करें तो स्कोडा काइलाक (Skoda Kylaq) ने इसमें टॉप पोजीशन हासिल कर लिया। स्कोडा काइलाक को बीते महीने कुल 3,377 नए ग्राहक मिले। बता दें कि भारतीय मार्केट में स्कोडा काइलाक की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 8.25 लाख से लेकर टॉप मॉडल में 13.99 लख रुपये तक जाती है। कंपनी ने स्कोडा काइलाक को साल 2024 के अंत में लॉन्च किया था। आइए जानते हैं बीते महीने कंपनी के दूसरे मॉडलों की बिक्री के बारे में विस्तार से। सिर्फ 2 यूनिट बिकी स्कोडा सुपर्ब बिक्री की इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर स्कोडा स्लाविया रही। स्कोडा स्लाविया ने इस दौरान 47 पर्सेंट की सालाना बढ़ोतरी के साथ कुल 1,168 यूनिट कार की बिक्री की। जबकि तीसरे नंबर पर बिक्री की इस लिस्ट में स्कोडा कुशाक रही। स्कोडा कुशाक ने इस दौरान 16 पर्सेंट की सालाना गिरावट के साथ कुल 901 यूनिट कार की बिक्री की। इसके अलावा, चौथे नंबर पर बिक्री की इस लिस्ट में स्कोडा कोडियाक रही। स्कोडा कोडियाक ने इस दौरान 56 पर्सेंट की सालाना गिरावट के साथ सिर्फ 106 यूनिट कार की बिक्री की। जबकि 2 यूनिट बेचकर स्कोडा सुपर्ब लास्ट पोजीशन पर रही। कुछ ऐसी है डिजाइन अगर डिजाइन की बात करें तो स्कोडा कायलाक क्लासिक बेस वेरिएंट में बॉडी कलर्ड ORVMs, डोर हैंडल, ORVM पर LED टर्न इंडिकेटर्स, LED हेडलाइट्स, LED DRLs, 16-इंच स्टील व्हील्स के लिए व्हील कवर, ब्लैक-आउट B पिलर और बहुत कुछ मिलता है। धांसू हैं कार के फीचर्स कार के केबिन में हाइट एडजस्टेबल ड्राइवर सीट, टिल्ट और टेलिस्कोपिक स्टीयरिंग व्हील एडजस्ट के साथ एडजस्टेबल फ्रंट एंड रियर हेडरेस्ट जैसे फीचर्स मौजूद हैं। इसके अलावा, एसयूवी में इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर और मैनुअल एसी भी दिया गया है। बता दें कि सेफ्टी के लिए एसयूवी को 5-स्टार रेटिंग मिली हुई है। कुछ ऐसा है पावरट्रेन दूसरी ओर एसयूवी के ​​पावरट्रेन में 1.0L 3-सिलेंडर टर्बो पेट्रोल इंजन दिया गया है जो 114 bhp की पीक पावर और 178Nm का पीक टॉर्क जनरेट करने में सक्षम है। कार के इंजन जो 6-स्पीड MT या AT गियरबॉक्स से जोड़ा गया है।

दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचना हुआ आसान: सोनीपत से 45 मिनट का सफर, यूईआर-2 बनेगा गेमचेंजर

 गुरुग्राम   अब सोनीपत से 45 मिनट और बहादुरगढ़ से करीब 20 मिनट में दिल्ली एयरपोर्ट पहुंच सकेंगे। पहले शहरवासियों को एयरपोर्ट पहुंचने के लिए कई बार महिपालपुर और सिरहौल बॉर्डर पर जाम के चलते एक-एक घंटे तक का समय लग जाता था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने  दिल्ली के रोहिणी से लगभग 11 हजार करोड़ रुपये की लागत की 6 सड़क परियोजनाओं का उद्घाटन व लोकार्पण किया। इनमें हरियाणा के लिए दिल्ली खंड के द्वारका एक्सप्रेसवे और अर्बन एक्सटेंशन रोड-2 (यूईआर-2) का उद्घाटन भी शामिल है। इस मौके पर केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सहित अन्य नेता मौजूद थे। अर्बन एक्सटेंशन रोड-2 (यूईआर-2) से 75.71 किलोमीटर लंबा हाईवे शुरू होने से हरियाणा से पश्चिमी-दक्षिणी दिल्ली और इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक का सफर आसान होने के साथ दिल्ली-जयपुर एक्सप्रेसवे पर चलने वाले वाहन चालकों को जाम से राहत मिलेगी। सबसे ज्यादा फायदा न्यू गुरुग्राम के लोगों को होगा। इस मार्ग के खुलने से रोजाना करीब 50 हजार वाहन चालकों का सफर सुहाना होगा। यह हाईवे दिल्ली-चंडीगढ़ राजमार्ग से होते हुए दिल्ली के अलीपुर, रोहिणी, मुंडका, बक्करवाला, नजफगढ़, द्वारका से होते हुए महिपालपुर के पास दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे पर खत्म होगा। तीन प्रमुख राजमार्गों से जुड़ाव यूईआर-2 से फरीदाबाद से सिंघु बॉर्डर जाना भी आसान हो जाएगा। यह हाईवे एनएच-344पी, एनएच-344एम और एनएच-344एन जैसे तीन प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्गों से भी जुड़ेगा। साथ ही हाईवे से बहादुरगढ़ ही नहीं प्रदेश के अन्य जिलों सिरसा, हिसार, भिवानी, रोहतक के अलावा चंडीगढ़, पंजाब और जम्मू-कश्मीर से लोगों को दिल्ली आने-जाने में सहूलियत होगी। दिल्ली के अन्य क्षेत्रों से जुड़ाव होगा आसान यूईआर-2 सिर्फ गुरुग्राम के वाहन चालकों को जाम से राहत नहीं दिलाएगा। यह दिल्ली में ही अन्य क्षेत्रों में जाने के लिए काम आएगा। द्वारका से रोहिणी, मुंडका व अन्य क्षेत्रों तक जल्द पहुंच सकेंगे। गुरुग्राम से सोनीपत, पानीपत, करनाल व अन्य स्थानों पर जाने वाले वाहन चालकों को एक और विकल्प मिल गया है। इस मार्ग से भारी वाहनों को भी फायदा होगा। दिल्ली एयरपोर्ट तक सीधी कनेक्टिविटी  इस मौके पर अपने संबोधन में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा उत्तर भारत का औद्योगिक और कृषि केंद्र है। इस परियोजनाओं का प्रदेश को सीधा लाभ मिलेगा। कुंडली, सोनीपत, बहादुरगढ़, गुरुग्राम और मानेसर की दिल्ली एयरपोर्ट तक सीधी कनेक्टिविटी से निर्यात, आयात और निवेश को भी नई गति मिलेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रदेश को कई महत्वाकांक्षी और दूरगामी परियोजनाओं से समृद्ध किया है। इनमें वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, रेल कोच रिपेयर फैक्टरी, कुण्डली-मानेसर-पलवल व कुण्डली-गाजियाबाद-पलवल एक्सप्रेसवे, गुरुग्राम-सिकंदरपुर और फरीदाबाद-बल्लभगढ़ मेट्रो लिंक, रोहतक में देश का पहला एलिवेटेड रेलवे ट्रैक, रोहतक-महम-हांसी रेलवे लाइन, एम्स झज्जर में राष्ट्रीय कैंसर संस्थान और रेवाड़ी में एम्स जैसी परियोजनाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि हाल ही में रिठाला से कुंडली तक मेट्रो कॉरिडोर की सौगात भी प्रदेश को मिली है। 

जानिए किस मामले में ओपी राजभर ने किया कोर्ट में सरेंडर

लखनऊ  योगी सरकार में मंत्री ओम प्रकाश राजभर एक बार फिर चर्चा में आ गए है। उन्होंने आज मऊ के एमपी एमएलए कोर्ट में सरेंडर कर दिया है। कोर्ट ने उनके खिलाफ वारंट जारी किया था। राजभर ने कहा कि वो इसीलिए यहां पर पेश होने के लिए पहुंटे है।  इस मामले में हुआ केस दर्ज  बता दें कि ओपी राजभर पर आचार संहिता उल्लंघन के मामले में हलधरपुर थाने में उनपर मुकदमा दर्ज हुआ था। जिसके बाद कोर्ट ने वारंट जारी किया था। आज राजभर कोर्ट में सरेंडर किया है। इस दौरान उन्होंने कहा, कोर्ट से वारंट आया, जिसके बाद हम उनके समक्ष पेश होने पहुंचे। कैबिनेट मंत्री के कोर्ट में सरेंडर होने के दौरान सुभासपा के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। कोर्ट ने दी जमानत ओमप्रकाश राजभर के खिलाफ वर्ष 2019 में लोकसभा चुनाव के दौरान बिगड़े बोल पर मुकदमा दर्ज हुआ था। ये मुकदमा हलधरपुर थाने में दर्ज हुआ था। राजभर कोर्ट में पेश नहीं हो रहे थे, लेकिन आज कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट में हाजिर हुए। कोर्ट ने राजभर को इस मामले में जमानत भी दे दी है। 

Google Pixel 10 सीरीज का बड़ा खुलासा! लॉन्च से पहले जानें फीचर्स और खासियतें

नई दिल्ली अगले 2 दिनों मे गूगल अपना Made by Google इवेंट करने जा रहा है। इसमें गूगल अपनी नई पिक्सल 10 सीरीज लॉन्च करेगा। लॉन्च से पहले गूगल लगातार अपने छोटे-छोटे टीजर जारी कर रहा है। इन टीचर्स में गूगल ने संकेत दिए हैं कि पिक्सल 10 में और भी ज्यादा पर्सनल AI फीचर्स मिलने वाले हैं। दरअसल गूगल स्मार्टफोन में AI फीचर्स को तेज़ी से आगे बढ़ा रहा है। ऐसे में अगर आप AI पावर्ड फोन का मज़ा लेना चाहते हैं, तो पिक्सल 10 आपके लिए खास हो सकता है। चलिए लॉन्च से दो दिन पहले एक बार उन तमाम चीजों को दोहरा लें, जो अभी तक पिक्सल 10 सीरीज के बारे में हमें पता है। Google Pixel 10 में मिलेंगे नए AI फीचर्स दो दिन बाद लॉन्च होने वाली पिक्सल 10 सीरीज में नए और जबरदस्त AI फीचर्स देखने को मिलेंगे। इसे लेकर गूगल ने एक टीजर में कहै है कि “क्या होगा अगर कैमरा बहुत-बहुत दूर से भी बहुत-बहुत पास दिखा सके?” इससे साफ है कि Pixel 10 में AI और computational photography की मदद से जबरदस्त ज़ूम क्वालिटी मिलेगी। इसके अलावा गूगल ने अपने टीजर में यह भी कहा है कि “क्या होगा अगर आप ग्रुप फोटो में खुद भी दिखें, भले ही आपने फोटो खींची हो?” इसका मतलब है Pixel 10 में ऐसा AI फीचर भी होगा जो फोटोग्राफर को भी स्मार्ट तरीके से ग्रुप फोटो में जोड़ देगा। अपने वीडियो टीजर के आखिर में गूगल यह भी कहता है कि “जहां पहले आप कैमरे के दूसरी तरफ थे, अब कैमरा आपकी तरफ है।” इससे साफ है कि पिक्सल 10 सीरीज में AI की मदद से कई नई और अनोखी स्मार्ट कैमरा ट्रिक्स देखने को मिलेंगी। कुल मिलाकर इसमें बेहतर फोटो, ज्यादा पर्सनलाइजेशन और दमदार AI एक्सपीरियंस पर फोकस रहेगा। कैसे देखेंगे लाइव इवेंट अगर आप गूगल का इवेंट लाइव देखना चाहते हैं, तो इसे आप गूगल के ऑफीशियल यूट्यूब चैनल पर भारतीय समय के अनुसार रात 10:30 बजे से देख पाएंगे। इस इवेंट को जल्द गूगल अपने यूट्यूब चैनल पर शेड्यूल भी कर देगा। ऐसे में आप चाहें, तो इस इवेंट का नोटिफिकेशन भी अपने लिए सेट कर सकते हैं। ऐसा करने पर इवेंट शुरू होते ही आपको इसका नोटिफिकेशन मिल जाएगा। Google Pixel 10 के संभावित स्पेसिफिकेशंस फिलहाल लीक्स से Google Pixel 10 के संभावित स्पेसिफिकेशंस की कुछ जानकारी सामने आ चुकी है। रिपोर्ट्स के अनुसार Google इस बार Pixel 10 सीरीज में बड़े बदलाव करने जा रहा है। इस सीरीज के सभी मॉडल्स में Google Tensor G5 प्रोसेसर मिलेगा, जो 3nm टेक्नोलॉजी पर बना होगा। यह फोन आउट ऑफ दे बॉक्स एंड्रॉयड 16 के साथ आ सकता है। Google Pixel 10 में पहली बार ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप दिया जा सकता है, जिसमें पेरिस्कोप टेलीफोटो लेंस भी शामिल होगा। बता दें कि यह पिछले मॉडल में नहीं था। इसमें प्राइमरी कैमरा 50MP का, अल्ट्रा-वाइड सेंसर 48MP का और अल्ट्रा-वाइड सेंसर 12MP का रहने की संभावना है। इसके अलावा कुछ जानकारी Pixel Fold Variant की भी निकल कर आई है कि इसमें 48MP का प्राइमरी कैमरा, 10.8MP का टेलीफोटो लेंस और 10.5MP का अल्ट्रा-वाइड लेंस दिया जा सकता है। इन सभी फोन में FHD+ डिस्प्ले और 120Hz रिफ्रेश रेट मिलने की पूरी संभावना है। इससे स्क्रॉलिंग और गेमिंग और भी स्मूद हो सकती है।

विधानसभा चुनाव 2027: जीत सुनिश्चित करने बीजेपी के पुराने विधायकों के टिकट होंगे जोखिम में

लखनऊ  उत्तर प्रदेश में बीजेपी इस बार जिताऊ और लोकप्रिय चेहरों पर दांव लगा सकती है। साथ ही उन सभी मौजूदा विधायकों के टिकट खतरे में है, जो पिछले चुनाव में बीजेपी के दम पर अपनी सीट निकलने में कामयाब हुए थे और इस बार भी इसी फिराक में बैठे हैं। सूत्रों की माने तो बीजेपी इस बार बड़ी संख्या में यानी 100 से 115 के बीच विधायकों का टिकट काट सकती है। इस तरह बीजेपी के मौजूदा विधायकों में से आधे विधायकों के टिकट पर तलवार लटक सकती है। इनकी जगह पर इस बार नए चेहरों के साथ ही विपक्षी दलों से आये मौजूदा विधायकों को बीजेपी अपने सिंबल पर चुनाव लड़ाने का दांव खेल सकती है। हालांकि इस सर्वे से बीजेपी के साथ ही समाजवादी पार्टी के बागी विधायकों की भी मुश्किलें बढ़ गई है। सपा का PDA बीजेपी की हैट्रिक में बन रहा रोड़ा राजनीतिक जानकारों की माने तो सपा से आने वाले विधायक ये न सोचे कि बीजेपी में उनका टिकट पक्का है। उनका कहना है कि बीजेपी विधायकों के साथ ही सपा के बागी विधायकों को भी इंटरनल सर्वे के इम्तिहान में पास होना पड़ेगा। दरअसल बीते लोकसभा चुनाव के आए नतीजो ने 2027 विधानसभा चुनाव में बीजेपी की राह मुश्किल कर दी है। बीजेपी इस बार जहां जीत की हैट्रिक लगाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। वहीं समाजवादी पार्टी के पीडीए ने बीजेपी की हालत पतली कर दी है। सपा मुखिया अखिलेश यादव लगातार जनता से जुड़े मुद्दे उठाते हुए पीडीए का नारा दे रहे हैं। साथ इस बार बीजेपी को सत्ता से उखाड़ फेंकने की बात भी पूरे दमखम के साथ कह रहे हैं। इन्ही सब चीजों को देखते हुए बीजेपी अभी से अंदर ही अंदर बिना किसी को भनक लगे अपनी तैयारियों में जुट गई है। सर्वे और BJP विधायकों की कीकत सूत्रों की माने तो बीजेपी इस बार टिकटों से पहले हर विधानसभा सीट पर इंटरनल सर्वे करा सकती है। इससे जिन सीटों पर बीजेपी के विधायक है उनकी असलियत का पता लग जाएगा। साथ ही जो सीट सपा समेत अन्य दलों के खाते में हैं वहां के किये क्या रणनीति तैयार करनी है उसका खाका भी तैयार हो जाएगा। इस तरह बीजेपी एक तीर से कई निशाने साध सकती है। उधर इंटरनल सर्वे की बात सुनकर विधायकों में हड़कंप मच गया है। क्योंकि सूत्रों की माने तो कई ऐसे मौजूदा विधायक है, जिनके टिकट पर तलवार लटकी है। कहा ये भी जा रहा है कि इस बार के टिकट वितरण में पैरवी और परिवारवाद की झलक नहीं दिखाई देगी। पूजा पाल को भी टिकट मिलने की संभावना समाजवादी पार्टी से निष्कासित होने के बाद से चायल सीट से विधायक पूजा पाल चर्चाओ में आ गई हैं। उन्होंने जन्माष्टमी के दिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भी मुलाकात की है। इस मुलाकात को लेकर कई तरह की चर्चाएं चलने लगी है। हालांकि पूजा पाल अभी बीजेपी में शामिल नहीं हुई है, लेकिन आने वाले समय में ऐसा देखने को मिल सकता है। साथ ही बीजेपी अगर पूजा पाल को टिकट दे देती है तो ये कोई आश्चर्यजनक बात नहीं होनी चाहिए। इसके साथ ही सपा के बागी अभय सिंह, मनोज पांडेय, राकेश प्रताप सिंह समेत अन्य बागियों को भी बीजेपी मौका देकर समाजवादी पार्टी की मुसीबतें खड़ी कर सकती है। 

यूपी के बाद अब राजस्थान में ड्रम से मिली लाश, हत्या के बाद पत्नी प्रेमी संग हुई गायब

जयपुर  राजस्थान के खैरथल-तिजारा जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक व्यक्ति की लाश घर की छत पर रखे प्लास्टिक ड्रम  में बरामद हुई। शव पर धारदार हथियार से हमला किए जाने के निशान मिले हैं। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मृतक की पत्नी और तीनों बच्चे वारदात के बाद से लापता हैं। इसके साथ ही जिस मकान में मृतक किराए से रह रहा था, उस मकान मालिक का बेटा भी गायब है। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गले पर धारदार हथियार से वार डीएसपी राजेंद्र सिंह निर्वाण के अनुसार, मृतक की पहचान हंसराम उर्फ सूरज (निवासी शाहजहांपुर, उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है। वह पिछले डेढ़ महीने से किशनगढ़बास के आदर्श कॉलोनी में पत्नी और तीन बच्चों के साथ किराए पर रह रहा था। पास ही की एक ईंट-भट्टी पर मजदूरी कर अपना गुजारा करता था। रविवार को मोहल्ले में दुर्गंध फैलने के बाद जब पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी तो छत पर रखे ड्रम की तलाशी ली गई। उसमें हंसराम का शव बरामद हुआ। पुलिस जांच में पाया गया कि शव पर नमक डाला गया था, ताकि तेजी से सड़न हो और बदबू कम हो। मृतक के गले पर धारदार हथियार से वार के गहरे निशान मिले। पत्नी, बच्चे लापता पुलिस जांच में सामने आया कि हत्या के बाद से हंसराम की पत्नी सुनीता और उनके तीनों बच्चे लापता हैं। इतना ही नहीं, मकान मालिक का बेटा जितेंद्र भी शनिवार शाम से गायब है। स्थानीय लोगों ने बताया कि हंसराम शराब का आदी था और अक्सर जितेंद्र के साथ बैठकर शराब पीता था। डीएसपी ने मीडिया से बातचीत में बताया कि जिस घर में हंसराम किराए पर रह रहा था, वह मकान प्रॉपर्टी कारोबारी राजेश शर्मा का है। घटना के वक्त घर में केवल राजेश की पत्नी मिथिलेश और 14 वर्षीय पोता मौजूद थे। मिथिलेश ने पूछताछ में बताया कि जितेंद्र की पत्नी की 12 साल पहले मौत हो चुकी है और वह लंबे समय से यहीं रह रहा था। उन्होंने बताया कि जन्माष्टमी के दिन जब वह बाजार गई थीं, तब तक सुनीता और उसके बच्चे घर पर थे। लेकिन शाम को लौटने के बाद वे नजर नहीं आए। उसी दिन से जितेंद्र भी घर नहीं लौटा। अगली सुबह जब घर में बदबू आने लगी तो उन्होंने तुरंत पुलिस को फोन किया। हत्या की वजह पर कई शक फिलहाल हत्या की असल वजह साफ नहीं हो पाई है। पुलिस का कहना है कि यह मामला शराब पीने के दौरान हुए विवाद, पारिवारिक कलह या किसी गहरी साजिश से जुड़ा हो सकता है। सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है और लापता परिवार की तलाश जारी है। पहले भी मिले हैं ड्रम से शव गौरतलब है कि यह पहला मामला नहीं है जब शव को ड्रम में छिपाया गया हो। इसी साल मार्च में उत्तर प्रदेश के मेरठ में एक महिला ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या की थी। आरोप है कि दोनों ने शव के टुकड़े कर उसे ड्रम में भरकर छिपा दिया था। मामला तब उजागर हुआ जब बेटी बार-बार पड़ोसियों से कहती रही – "पापा ड्रम में हैं।" इसके अलावा जून में पंजाब के लुधियाना के शेरपुर क्षेत्र में भी ड्रम से एक अज्ञात व्यक्ति का शव बरामद हुआ था। राजस्थान पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है। मृतक के परिजनों को सूचित किया गया है और लापता पत्नी-बच्चों व मकान मालिक के बेटे की तलाश के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। पुलिस का कहना है कि जल्द ही इस रहस्यमयी हत्या की गुत्थी सुलझा ली जाएगी।

बाढ़ से प्रभावित पंजाब, अधिकारियों को दिए गए कड़े आदेश

जालंधर  पिछले कई दिनों से पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में हो रही लगातार बारिश के कारण पंजाब के डैमों में पानी का स्तर बढ़ने के मद्देनजर पंजाब के जल स्रोत मंत्री बरिन्दर कुमार गोयल ने प्रभावित जिलों में स्थिति का विस्तृत जायजा लेने के लिए सम्बन्धित डिप्टी कमिश्नरों के साथ टैलीफोन पर बातचीत की। कैबिनेट मंत्री ने डिप्टी कमिश्नरों को जान-माल की सुरक्षा यकीनी बनाने के लिए तुरंत राहत प्रबंध करने के सख्त आदेश दिए। पंजाब भवन में प्रैस कांफ्रैंस के दौरान उन्होंने बताया कि कपूरथला, होशियारपुर, गुरदासपुर, फाजिल्का और फिरोजपुर आदि जिलों में से गुजरते दरियाओं के बांधों के अंदरूनी तरफ वाले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं क्योंकि दरियाओं में पानी का स्तर बढ़ रहा है और बाढ़ वाले क्षेत्रों में किसानों द्वारा बनाए गए अस्थाई बांधों में दरारें आ गई हैं। उन्होंने बताया कि कपूरथला, फिरोजपुर और फाजिल्का जिलों का करीब 14,200 एकड़ क्षेत्र बाढ़ के पानी से प्रभावित हुआ है। इसमें से जिला कपूरथला के क्षेत्र में जनसंख्या प्रभावित हुई है जबकि फाजिल्का और फिरोजपुर का प्रभावित क्षेत्र कृषि अधीन है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार और जिला प्रशासन लोगों की हरसंभव सहायता के लिए मौजूद है।   उन्होंने बताया कि फील्ड में 4 सुप्रीटेंडिंग इंजीनियर (एस.इज), 10 एक्सियन, 20 एस.डी.ओ. और 200 फील्ड स्टाफ (समेत जे.ई.) निरंतर 24 घंटे निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि संवेदनशील क्षेत्र को सैक्टरों में बांटा गया है ताकि तुरंत कार्रवाई अमल में लाई जा सके। उन्होंने डिप्टी कमिश्नरों को प्रभावित क्षेत्रों में तुरंत राहत कैम्प स्थापित करने के निर्देश दिए जिससे बेघर हुए लोगों को आश्रय, भोजन और डाक्टरी सहूलतें दी जा सकें। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा बनाएं बांध सुरक्षित हैं और इन बांधों से पानी का कोई ओवरफ्लो नहीं हुआ है। इन बांधों पर रोस्टर-आधारित मजबूत टीमों द्वारा 24 घंटे सख्त निगरानी की जा रही है। उन्होंने डिप्टी कमिश्नरों को पशुओं की सुरक्षा और तंदुरुस्ती के लिए विशेष इंतजाम करने के निर्देश दिए, जिसमें अलग शैल्टर बनाना, चारा और पीने वाले पानी की सप्लाई को यकीनी बनाना और प्रभावित क्षेत्रों में वैटरनरी टीमों की तैनाती करना शामिल है। 

पिछड़ा वर्ग छात्रावासों का होगा आधुनिकीकरण, आधुनिक सुविधाओं से होंगे सुसज्जित – राज्यमंत्री श्रीमती गौर

आधुनिक सुविधाओं के साथ पिछड़ा वर्ग छात्रावासों का हो रहा उन्नयन : राज्यमंत्री श्रीमती गौर पिछड़ा वर्ग छात्रावासों का होगा आधुनिकीकरण, आधुनिक सुविधाओं से होंगे सुसज्जित – राज्यमंत्री श्रीमती गौर राज्यमंत्री श्रीमती गौर का ऐलान: पिछड़ा वर्ग छात्रावासों का उन्नयन, छात्रों को नई सुविधाएं मिलेगी भोपाल पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर ने भोपाल के भदभदा रोड स्थित पिछड़ा वर्ग पोस्ट मैट्रिक कन्या छात्रावास का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि आगामी तीन वर्षों में प्रदेश के समस्त विभागीय छात्रावासों का आदर्श छात्रावास के रूप में उन्नयन किया जाएगा। आदर्श छात्रावास में गुणवत्तापूर्ण भोजन, निवास की आदर्श परिस्थितियों एवं वातावरण उपलब्ध होने के साथ आवश्यक भौतिक संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने कहा कि प्रदेश में पिछड़ा वर्ग के 108 छात्रावास संचालित हैं। प्रथम चरण में 30 कन्या छात्रावासों का चयन किया गया है, जिनका उन्नयन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 50 सीटर इन छात्रावासों में आदर्श किचन आधुनिक मैस, रूफटॉप सोलर संयंत्र, ई-लाइब्रेरी, वाय-फाय, मनोरंजन कक्ष आदि की व्यवस्था सीएसआर मॉडल के माध्यम से की जा रही है। भोपाल के भदभदा स्थित पिछड़ा वर्ग पोस्ट मैट्रिक छात्रावास में भवन का उन्नयन कार्य, टॉयलेट ब्लॉक, किचन, मैस, डायनिंग हॉल, वॉश एरिया एवं छात्र-छात्राओं के कक्षाओं की आंतरिक साज-सजा का उन्नयन हो चुका है। राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने कहा कि प्रदेश में डॉ. मोहन यादव की सरकार विद्यार्थियों को हर सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। जल्द ही सभी छात्रावासों में जिम और लाइब्रेरी की सुविधा भी शुरू की जाएगी। निरीक्षण के दौरान पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण आयुक्त श्री सौरभ सुमन भी उपस्थित थे।