samacharsecretary.com

मंत्रालय की कैंटीन में बड़ा बदलाव तय, 26 साल बाद कर्मचारी संघ ने उठाई मांग

रायपुर. नवा रायपुर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) की कैंटीन व्यवस्था बदलने जा रही है. लंबे समय से कैंटीन संचालन इंडियन कॉफी हाउस (ICH) के माध्यम से बिना निविदा के किया जा रहा था. अब निविदा के जरिए एक एजेंसी का चयन कर कैंटीन संचालन की नई व्यवस्था लागू करने जा रही है, इस बीच मंत्रालयीन कर्मचारी संघ ने मुख्य सचिव को पत्र लिखकर महिला स्व-सहायता समूह के माध्यम से कैंटीन संचालित करने की मांग रखी है. मंत्रालय याने महानदी भवन में अब तक इंडियन कॉफी हाउस (ICH) के माध्यम से बिना निविदा के कैंटीन का संचालन किया जा रहा था. आईसीएच को कैंटीन संचालन के लिए राज्य शासन द्वारा लगभग 12 लाख रुपए प्रतिमाह की सब्सिडी प्रदान की जाती थी, वह भी बिक्री आय के अतिरिक्त. इसी कारण से कैंटीन में खाद्य पदार्थों की दरें बाजार दरों की तुलना में काफी कम बनी रहती थीं. कर्मचारी संघ ने चुनाव के दौरान इस व्यवस्था को समाप्त कर टेंडर आधारित, पारदर्शी प्रणाली लागू करने को चुनावी घोषणा पत्र में शामिल किया था. सामान्य प्रशासन विभाग इसी आधार पर खुली निविदा प्रक्रिया प्रारंभ की गई. प्रारंभिक चरणों में अपेक्षित प्रतिस्पर्धा नहीं मिली, परंतु प्रयासों के बाद अंततः एक एजेंसी का चयन कर नई व्यवस्था लागू की जा रही है. बताया जा रहा है कि कैंटीन पूर्णतः लागत-आधारित मॉडल पर संचालित होगी, जहां दरों का निर्धारण वास्तविक लागत के अनुरूप किया जाएगा. नई व्यवस्था में खाद्य पदार्थों के महंगे होने की आशंका जताते हुए मंत्रालयीन कर्मचारी संघ ने मुख्य सचिव को पत्र लिखकर सुझाव दिया है. जिसमें कैंटीन का संचालन निजी हाथों में सौंपने की बजाए महिला स्व-सहायता समूह को देने की मांग की है. इसके लिए प्रदेश के अन्य शासकीय कार्योलयों में महिला स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित किए जा रहे कैंटीन का हवाला देते हुए मंत्रालय कैंटीन की भी जिम्मेदारी महिला स्व-सहायता समूह को देने की मांग की है.

छत्तीसगढ़ बोर्ड रिजल्ट में बेटियों का जलवा, 10वीं-12वीं में पास प्रतिशत शानदार

रायपुर. छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल (CGBSE) ने वर्ष 2026 की 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम घोषित कर दिए हैं। दोनों कक्षाओं में पास प्रतिशत में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस वर्ष हाईस्कूल में 77.15% और हायर सेकेंडरी में 83.04% परीक्षार्थी सफल रहे। साथ ही दोनों ही परीक्षाओं में बालिकाओं का प्रदर्शन बालकों से बेहतर रहा है। हाईस्कूल सर्टिफिकेट मुख्य परीक्षा वर्ष 2026 में कुल 3,21,677 परीक्षार्थी पंजीकृत हुए। इनमें से 3,16,730 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए, जिनमें 1,40,402 बालक तथा 1,76,328 बालिकाएं शामिल थीं। इनमें से 3,14,953 परीक्षार्थियों के परिणाम घोषित किए गए, जिनमें 2,43,016 परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए। इस प्रकार कुल 77.15 प्रतिशत परीक्षार्थी सफल रहे। बालिकाओं का उत्तीर्ण प्रतिशत: 81.03% बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत: 72.27% श्रेणीवार परिणाम इस प्रकार है- प्रथम श्रेणी: 1,40,108 (44.48%) द्वितीय श्रेणी: 96,721 (30.71%) तृतीय श्रेणी: 6,187 (1.96%) एक या दो विषयों में 19,347 परीक्षार्थी अनुत्तीर्ण रहे। कुल 161 परीक्षार्थियों के परिणाम विभिन्न कारणों से रोके गए हैं, जिनमें 15 नकल प्रकरण और 143 जांच श्रेणी में शामिल हैं। वहीं 1,616 परीक्षार्थियों के आवेदन पात्रता के अभाव में निरस्त किए गए हैं। इसके अतिरिक्त 3 परीक्षार्थियों के परिणाम बाद में घोषित किए जाएंगे। पिछले वर्ष से सुधार हायर सेकेंडरी (12वीं) का परिणाम, 83.04% छात्र सफल हायर सेकेंडरी स्कूल सर्टिफिकेट मुख्य परीक्षा वर्ष 2026 में कुल 2,46,166 परीक्षार्थी पंजीकृत हुए। इनमें से 2,44,453 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए, जिनमें 1,02,259 बालक तथा 1,42,194 बालिकाएं शामिल थीं। इनमें से 2,43,898 परीक्षार्थियों के परिणाम घोषित किए गए, जिनमें 2,02,549 परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए। इस प्रकार कुल 83.04 प्रतिशत परीक्षार्थी सफल रहे। बालिकाओं का उत्तीर्ण प्रतिशत: 86.04% बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत: 78.86% श्रेणीवार परिणाम इस प्रकार है- प्रथम श्रेणी: 1,27,334 (52.2%) द्वितीय श्रेणी: 72,402 (29.68%) तृतीय श्रेणी: 2,806 (1.15%) पास श्रेणी: 7 परीक्षार्थी एक या दो विषयों में 23,866 परीक्षार्थी अनुत्तीर्ण रहे। कुल 63 परीक्षार्थियों के परिणाम विभिन्न कारणों से रोके गए हैं, जिनमें 5 नकल प्रकरण और 56 जांच श्रेणी में हैं। वहीं 492 परीक्षार्थियों के आवेदन पात्रता के अभाव में निरस्त किए गए हैं। इसके अतिरिक्त 2 परीक्षार्थियों के परिणाम बाद में घोषित किए जाएंगे। पिछले वर्ष से बेहतर प्रदर्शन वर्ष 2025 में पास प्रतिशत 81.87% था, जबकि इस वर्ष इसमें लगभग 1.17% की वृद्धि हुई है।

दूरस्थ बिनागुंडा गांव से मरीज को कठिन हालात में पहुंचाया गया अस्पताल

दूरस्थ बिनागुंडा गांव से मरीज को कठिन हालात में पहुंचाया गया अस्पताल पैदल और हाथों से उठाकर नेटवर्क क्षेत्र तक लाया गया, 108 एम्बुलेंस से पखांजूर, फिर जीएमसी कांकेर रेफर रायपुर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) कांकेर की रिपोर्ट के अनुसार, एक गंभीर रूप से बीमार मरीज को अत्यंत दुर्गम क्षेत्र बिनागुंडा से कठिन परिस्थितियों में निकालकर उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। बिनागुंडा गांव अत्यंत दूरस्थ क्षेत्र में स्थित है, जहां न तो सड़क संपर्क उपलब्ध है और न ही मोबाइल नेटवर्क की सुविधा। यह इलाका हाल ही में कैंप स्थापित होने के बाद पहुंच में आया है और कांकेर जिले की सीमा से लगा हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार, मरीज की तबीयत अचानक 22 अप्रैल 2026 को बिगड़ गई थी। प्रारंभ में परिजनों ने स्थानीय बैगा (पारंपरिक वैद्य) से उपचार कराया, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं होने पर मरीज को अस्पताल ले जाने का निर्णय लिया गया। गांव में सड़क और संचार सुविधा के अभाव के चलते परिजनों ने मरीज को पैदल और हाथों से उठाकर उस स्थान तक पहुंचाया, जहां मोबाइल नेटवर्क उपलब्ध था। वहां से 108 एम्बुलेंस सेवा को सूचना दी गई। इसके बाद मरीज को पहले नजदीकी कैंप तक लाया गया और फिर 108 एम्बुलेंस के माध्यम से पाखांजूर सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने मरीज की स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर जांच एवं इलाज के लिए शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय (GMC) कांकेर रेफर किया है। स्वास्थ्य विभाग तथा जिला प्रशासन ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ करने तथा विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश जारी किए हैं।

Helmet Rule Confusion: कार ड्राइवर का कटा चालान, XUV700 केस ने उठाए सवाल

डोंगरगढ़. ट्रैफिक नियमों के पालन के लिए लागू किया गया ई-चालान सिस्टम अब खुद अपनी विश्वसनीयता खोता नजर आ रहा है. ताजा मामला उस गंभीर तकनीकी खामी को उजागर करता है. एक ही रजिस्ट्रेशन नंबर CG 04 QM 9295 दो अलग-अलग वाहन, जिनमें एक टू-व्हीलर और एक SUV कार पर दर्ज पाया गया. इस गड़बड़ी का खामियाजा भुगतना पड़ा राजनांदगांव निवासी पीड़ित अमित गौतम को, जिनकी कार पर बिना हेलमेट के वाहन चलाने का चालान जारी कर दिया गया. अमित गौतम के पास XUV 700 कार है, लेकिन उनके मोबाइल पर जो ई-चालान पहुंचा, वह एक ऐसे उल्लंघन का था जो केवल दोपहिया वाहन से संबंधित होता है. पहले तो वे इस नोटिस को देखकर हैरान रह गए, लेकिन जब उन्होंने मामले की गहराई से जांच की, तब पूरा खेल सामने आया. पता चला कि इसी नंबर से एक बाइक भी सड़कों पर चल रही है, जो नियमों की अनदेखी कर रही है, जबकि चालान SUV मालिक के नाम पर फट रहा है. यह घटना RTO के डेटा मैनेजमेंट सिस्टम में गंभीर लापरवाही की ओर इशारा करती है. वाहन पंजीयन जैसे संवेदनशील रिकॉर्ड में एक ही नंबर का दो बार दर्ज होना न सिर्फ तकनीकी चूक है, बल्कि यह सिस्टम की निगरानी और सत्यापन प्रक्रिया पर भी बड़ा सवाल खड़ा करता है. इसके साथ ही नंबर प्लेट पहचान (ANPR) तकनीक और ई-चालान जनरेशन प्रक्रिया की सटीकता भी संदेह के घेरे में आ गई है. पीड़ित अमित गौतम ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि बिना किसी गलती के उन्हें मानसिक तनाव का सामना करना पड़ा. उनका कहना है कि यदि वे समय रहते सच्चाई तक नहीं पहुंचते, तो उन्हें बेवजह जुर्माना भरना पड़ता. उन्होंने तीखे शब्दों में कहा कि “सिस्टम सुधारने की बजाय अगर ऐसे ही फर्जी चालान भेजे जाएंगे, तो आम आदमी आखिर जाए तो जाए कहां?” अमित गौतम अब इस मामले की शिकायत RTO के वरिष्ठ अधिकारियों से करने जा रहे हैं. उन्होंने स्पष्ट कर दिया है कि यदि विभाग इस गलती को स्वीकार कर सुधार और माफी नहीं देता, तो वे न्यायालय का दरवाजा खटखटाने से भी पीछे नहीं हटेंगे. यह पूरा मामला एक बड़े खतरे की ओर इशारा करता है, तकनीक पर आंख बंद कर भरोसा करना. जब सिस्टम में ही खामियां हों और उनकी समय पर जांच न हो, तो उसका सीधा असर आम नागरिक पर पड़ता है. जरूरत इस बात की है कि RTO अपने डेटा सिस्टम की व्यापक जांच करे, दोहराव और त्रुटियों को तुरंत दुरुस्त करे, और ई-चालान जैसी व्यवस्थाओं को पारदर्शी व भरोसेमंद बनाए, ताकि ‘स्मार्ट सिस्टम’ वाकई स्मार्ट साबित हो, न कि आम लोगों के लिए मुसीबत.

छत्तीसगढ़ बोर्ड रिजल्ट आउट, टॉपर लिस्ट जारी—जिज्ञासु वर्मा और संध्या नायक ने मारी बाजी

रायपुर. छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल ने 10वीं और 12वीं बोर्ड के परिणाम घोषित कर दिए हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव की मौजूदगी में रिजल्ट जारी किया। इस दौरान टॉपर्स की लिस्ट भी जारी की गई है। 10वीं की परीक्षा में टॉप 3 में महासमुंद जिले की 2 लड़कियों ने 594 नंबर के साथ बाजी मारी है। इनमें एकलव्य इंग्लिश स्कूल अर्जुंदा की संध्या नायक और एकलव्य स्कूल बलोदा की परीरानी प्रधान शामिल हैं। वहीं तीसरे स्थान पर मुंगेली के अंशुल शर्मा रहे। इन तीनों ने ही 99.00% अंक प्राप्त किए हैं। 42 स्टूडेंट्स ने टॉप-10 में जगह बनाई है। बता दें कि बोर्ड परीक्षाएं 20 और 21 फरवरी से शुरू हुई थीं, जो 18 मार्च तक चलीं। पहले बोर्ड ने 15 अप्रैल तक परिणाम जारी करने की योजना बनाई थी, लेकिन 12वीं हिंदी का पेपर लीक होने का मामला सामने आने के बाद 10 अप्रैल को दोबारा परीक्षा आयोजित करनी पड़ी थी, जिसके कारण रिजल्ट में देरी हुई। लाखों छात्रों को था रिजल्ट का इंतजार गौरतलब है कि हाई स्कूल परीक्षा की मुख्य परीक्षा 21 फरवरी 2026 से 13 मार्च 2026 तक आयोजित की गई थी, जिसमें कुल 3,20,535 छात्र शामिल हुए। इनमें 1,42,881 बालक और 1,77,654 बालिकाएं शामिल हैं। प्रदेशभर में 2,510 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। वहीं हायर सेकेंडरी परीक्षा की मुख्य परीक्षा 20 फरवरी 2026 से 18 मार्च 2026 तक आयोजित हुई, जिसमें कुल 2,45,785 छात्र शामिल हुए। इनमें 1,02,975 बालक और 1,42,810 बालिकाएं शामिल हैं। इस परीक्षा के लिए 2,395 परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए थे। रिजल्ट देखने के लिए इन स्टेप्स को करें फॉलो स्टूडेंट्स इन आसान स्टेप्स को फॉलो करके अपना रिजल्ट चेक और डाउनलोड कर सकते हैं— ऑफिशियल वेबसाइट cgbse.nic.in या results.cg.nic.in पर जाएं। होमपेज पर जाकर CGBSE Class 10 Result 2026 या CGBSE Class 12 Result 2026 के लिंक पर क्लिक करें। यहां अपना रोल नंबर, डेट ऑफ बर्थ और कैप्चा कोड एंटर करें। आपकी मार्कशीट कंप्यूटर स्क्रीन पर दिखाई देगी। इसे चेक करें और भविष्य में इस्तेमाल के लिए इसका प्रिंटआउट लेना न भूलें। ऑफिशियल वेबसाइट के अलावा स्टूडेंट्स SMS के जरिए भी अपना रिजल्ट चेक कर सकते हैं। 10वीं का रिजल्ट देखने के लिए CG10 के साथ अपना रोल नंबर टाइप करें और 56263 पर भेज दें। 12वीं कक्षा के टॉपर रैंक     नाम     प्रतिशत     प्राप्तांक 1     जिज्ञासु वर्मा     98.60%     493 2     ओमनी     98.20%     491 3     कृष महंत     97.80%     489 4     रिया साहू     97.60%     488 4     शहनाज परवीन     97.60%     488 4     ताहिर खान     97.60%     488 5     कुसुमलता बिप्रे     97.40%     487 5     हेमलता साहू     97.40%     487 5     ओमकार कैव्रत     97.40%     487 5     आशा यादव     97.40%     487 ये हैं 10वीं के टॉपर्स के नाम  स्थान     विद्यार्थी का नाम     अंक     प्रतिशत 1st     संध्या नायक     594     99.00% 1st     परी रानी प्रधान     594     99.00% 1st     अंशुल शर्मा     594     99.00% 2nd     रिया केशवानी     593     98.83% 2nd     रानु सिद्धमयी साहू     593     98.83% 2nd     रेणुका प्रधान     593     98.83% 2nd     दीपांशी बौद्ध     593     98.83% 2nd     नंदिता देवगन     593     98.83%

साय कैबिनेट ने शहरी गैस नीति 2026 समेत कई अहम फैसलों को दी मंजूरी

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बुधवार को  मंत्रिपरिषद ने  ‘छत्तीसगढ़ शहरी गैस वितरण नीति, 2026‘‘ को मंजूरी प्रदान की है। इस नीति के माध्यम से प्रदेश में स्वच्छ एवं सस्ती प्राकृतिक गैस की उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी और आम उपभोक्ताओं को एलपीजी की तुलना में किफायती विकल्प मिलेगा। साथ ही इस नीति से पाइपलाइन के माध्यम से गैस की त्वरित और सुगम आपूर्ति का विस्तार होगा, जिससे शहरी क्षेत्रों में सुविधाजनक ईंधन व्यवस्था विकसित होगी। इस पहल से स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा, ईंधन उपयोग में विविधता आएगी और राज्य में पाइपलाइन अधोसंरचना के विकास के साथ बड़े पैमाने पर निवेश एवं रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। राज्य सरकार का यह निर्णय पर्यावरण संरक्षण और जनसुविधा, दोनों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मंत्रिपरिषद द्वारा आधुनिक खेल मैदान और क्रिकेट अकादमी के निर्माण हेतु जिला क्रिकेट एसोसिएशन, राजनांदगांव को सूर्यमुखी देवी राजगामी संपदा के नाम पर दर्ज भूमि में से 5 एकड़ भूमि को रियायती दर पर आबंटित करने का निर्णय लिया गया। मंत्रिपरिषद ने मुख्यमंत्री जी के स्वेच्छानुदान मद से 6 हजार 809 व्यक्ति एवं संस्थाओं को लगभग 11 करोड़ 98 लाख 84 हजार रुपये की जारी आर्थिक सहायता राशि की स्वीकृति प्रदान की है। यह सहायता राशि जरूरतमंदों को त्वरित राहत उपलब्ध कराने, सामाजिक सहयोग को मजबूत करने तथा विभिन्न आवश्यक परिस्थितियों में संबल प्रदान करने के उद्देश्य से दी गई है। मंत्रिपरिषद ने वर्ष 1988 बैच के तीन भारतीय पुलिस सेवा अधिकारियों श्री संजय पिल्ले, श्री आर.के. विज एवं श्री मुकेश गुप्ता के संबंध में पूर्व में जारी पदावनति आदेश दिनांक 26 सितंबर 2019 का पुनर्विलोकन करते हुए उसे निरस्त करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही, मंत्रिपरिषद ने दिनांक 24 सितंबर 2019 को लिए गए संबंधित निर्णय को अपास्त करते हुए, उस निर्णय के पालन में जारी समस्त आदेशों को बैठक से पूर्व की स्थिति में पुनर्जीवित मान्य किया है। यह निर्णय प्रशासनिक तथ्यों एवं परिस्थितियों के समग्र परीक्षण के उपरांत लिया गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए – 1. मंत्रिपरिषद ने आज ‘‘छत्तीसगढ़ शहरी गैस वितरण नीति, 2026‘‘ को मंजूरी प्रदान की है। इस नीति के माध्यम से प्रदेश में स्वच्छ एवं सस्ती प्राकृतिक गैस की उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी और आम उपभोक्ताओं को एलपीजी की तुलना में किफायती विकल्प मिलेगा। साथ ही इस नीति से पाइपलाइन के माध्यम से गैस की त्वरित और सुगम आपूर्ति का विस्तार होगा, जिससे शहरी क्षेत्रों में सुविधाजनक ईंधन व्यवस्था विकसित होगी। इस पहल से स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा, ईंधन उपयोग में विविधता आएगी और राज्य में पाइपलाइन अधोसंरचना के विकास के साथ बड़े पैमाने पर निवेश एवं रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। राज्य सरकार का यह निर्णय पर्यावरण संरक्षण और जनसुविधा, दोनों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। 2. मंत्रिपरिषद द्वारा आधुनिक खेल मैदान और क्रिकेट अकादमी के निर्माण हेतु जिला क्रिकेट एसोसिएशन, राजनांदगांव को सूर्यमुखी देवी राजगामी संपदा के नाम पर दर्ज भूमि में से 5 एकड़ भूमि को रियायती दर पर आबंटित करने का निर्णय लिया गया। 3. मंत्रिपरिषद ने मुख्यमंत्री जी के स्वेच्छानुदान मद से 6 हजार 809 व्यक्ति एवं संस्थाओं को लगभग 11 करोड़ 98 लाख 84 हजार रुपये की जारी आर्थिक सहायता राशि की स्वीकृति प्रदान की है। यह सहायता राशि जरूरतमंदों को त्वरित राहत उपलब्ध कराने, सामाजिक सहयोग को मजबूत करने तथा विभिन्न आवश्यक परिस्थितियों में संबल प्रदान करने के उद्देश्य से दी गई है। 4. मंत्रिपरिषद ने वर्ष 1988 बैच के तीन भारतीय पुलिस सेवा अधिकारियों श्री संजय पिल्ले, श्री आर.के. विज एवं श्री मुकेश गुप्ता के संबंध में पूर्व में जारी पदावनति आदेश दिनांक 26 सितंबर 2019 का पुनर्विलोकन करते हुए उसे निरस्त करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही, मंत्रिपरिषद ने दिनांक 24 सितंबर 2019 को लिए गए संबंधित निर्णय को अपास्त करते हुए, उस निर्णय के पालन में जारी समस्त आदेशों को बैठक से पूर्व की स्थिति में पुनर्जीवित मान्य किया है। यह निर्णय प्रशासनिक तथ्यों एवं परिस्थितियों के समग्र परीक्षण के उपरांत लिया गया है।  

Water Management Initiative: 46 गांवों में ग्रे-वॉटर प्लांट से दूर होगी पानी की किल्लत

बिलासपुर. स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) में बिलासपुर जिले की ग्राम पंचायतों में तरल अपशिष्ट (लिक्विड वेस्ट) के वैज्ञानिक प्रबंधन के लिए विकेन्द्रित अपशिष्ट जल शोधन प्रणाली (DEWATS) को प्राथमिकता दी जा रही है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में निकलने वाले गंदे पानी को सीधे नालियों, नदियों एवं तालाबों में जाने से रोका जाएगा तथा उसे उपचारित कर पुनः उपयोग के लायक बनाया जाएगा। यह प्रणाली जल स्रोतों (नदियों व तालाबों) को प्रदूषणमुक्त रखने के साथ-साथ ग्रामीण आबादी को स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराएगी। इस प्रणाली से अपशिष्ट जल के उचित उपचार के साथ ही पर्यावरण व जल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। विकेन्द्रित अपशिष्ट जल शोधन प्रणाली पारंपरिक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) की तुलना में किफायती एवं प्रकृति-आधारित तकनीक पर आधारित है। इसमें रासायनिक प्रक्रिया के बजाय सूक्ष्म जीवों एवं पौधों की सहायता से जल का शोधन किया जाता है। इस तकनीक की विशेषता यह है कि अपशिष्ट जल का उपचार उसी स्थान (ऑन-साइट ट्रीटमेंट) पर किया जाता है, जहां वह उत्पन्न होता है। इस उपचारित जल का उपयोग बागवानी, कृषि कार्य एवं शौचालय फ्लशिंग जैसे कार्यों में किया जा सकता है। इससे भूजल स्तर में सुधार के साथ जल संसाधनों का संरक्षण भी होगा। बिलासपुर जिले में अभी विकेन्द्रित अपशिष्ट जल शोधन प्रणाली की 46 परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं, जिनमें से 25 के कार्य पूर्ण हो चुके हैं। शेष 21 कार्य प्रगति पर हैं। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री संदीप अग्रवाल ने बताया कि इस तकनीक के माध्यम से न केवल जल की बर्बादी को रोका जा रहा है, बल्कि ओडीएफ प्लस (ODF Plus) लक्ष्य की प्राप्ति की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम उठाया जा रहा है। यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों के लिए टिकाऊ एवं पर्यावरण-अनुकूल समाधान साबित होगी।

अंग्रेजी शराब ठेकेदार की मनमानी एमआरपी से ज्यादा वसूली करने का आरोप

राजेंद्र ग्राम /छबिलाल  जिले के पुष्पराजगढ़ में अधिकृत अंग्रेजी शराब ठेकेदार पर मनमानी तरीके से शराब बेचने के गंभीर आरोप लगाया जा रहा हैं की अंग्रेजी शराब ठेकेदार के द्वारा बोतल में लिखी एमआरपी से अधिक दाम वसूले जा रहे हैं और लाइसेंस दुकान की बजाय पुष्पराजगढ़ के कई गांव में अंग्रेजी शराब दुकान का संचालन कराकर शराब की बिक्री की जा रही है ग्रामीणों ने बताया कि बोतल पर छपी कीमत से ज्यादा 50 रूपए से 100 रूपए तक अधिक लिए जा रहे हैं विरोध करने पर ठेकेदार के कर्मचारी अभद्रता व्यवहार करते हैं एवं गांव – गांव में शराब पहुंचा कर बिक्री की जाती है जैसे करपा, सरई, लीला टोला, बेनिवारी,व तीर्थ नगरी अमरकंटक जैसे स्थान में शराब पहुंचा कर विक्रय की जाती है।और समय की अवहेलना भी करते हुए रात 10:00 के बाद भी बिक्री जारी रहती है जबकि नियमानुसार 10:00 बजे दुकान बंद हो जानी चाहिए शराब ठेकेदार के लोग शाम होते ही गांव में घुस जाते हैं युवा नशे की लत में पड़े रहते हैं। ग्रामीणों का कहना है की एमआरपी रेट में ही शराब बिक्री किया जाए नहीं तो शराब दुकान ही बंद किया जाए इस तरीके का आरोप लगाते हुए शासन से उचित निष्पक्ष जांच करते हुए अंग्रेजी शराब संचालन करने की मांग की गई है।

सरपंच और सचिव कर रहे अपने मन की राज ग्रामीणों ने लगाया आरोप

राजेंद्रग्राम/छबिलाल  जनपद पंचायत पुष्पराजगढ़ अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत परसेल कला के वार्ड क्रमांक 6 में इन दिनों काफी अत्याचार करने का आरोप सामने आ रहा है जहां सीसी रोड का काम चल रहा है जहां गुणवत्ता विहीन बताया जा रहा है एवं मजदूरों से काम को ना करा कर मशीन का उपयोग किया जा रहा है जिसमें गरीब मजदूरों को होने वाले नुकसान का भरपाई कौन करेगा सरकार का कहना है की मजदूर मजदूरी करने बाहर न जाकर अपने गांव में खुले कामों में काम कर के जीवन यापन करने का आश्वासन दिया जा रहा है जहां सरपंच और सचिव की मनमानी के कारण मजदूरों को काम से वंचित किया जा रहा है। जहां सरपंच धर्मी भाई मरावी के द्वारा मजदूरों को मजदूरी करने विदेशों में जाने के लिए मजबूर किया जाता है । ग्रामीणों का कहना है की सरपंच धर्मी बाई  मरावी व सचिव नेम कुमार सोनवानी के द्वारा किसी भी काम को पूरा नहीं किया जाता है अगर सीसी रोड बनाया जा रहा है तो आधा अधूरा छोड़ दिया जा रहा है उसे पूरा नहीं किया जाता है ऐसे कई मामले जहां इन दिनो ग्राम पंचायत परसेल कला मे बताया जा रहा है ग्रामीणों का यह भी आरोप है की सीसी रोड में जहां उच्च क्वालिटी की सीमेंट लगानी चाहिए वहां हल्की से हल्की सीमेंट से सीसी सड़क का निर्माण कराया जा रहा है।उस सीमेंट नाम खजुराहो बताया जा रहा है जहां उच्च क्वालिटी का सीमेंट से सीसी रोड बनाना था वहां तो खजुराहो जैसे सीमेंट का इस्तेमाल किया जा रहा है जिससे गरीब से गरीब भी इस सीमेंट का इस्तेमाल काम करते हैं। ऐसे में क्या सीसी सड़क अपनी उम्र तक टिक पाएगी ग्रामीणों का कहना है की सरकार को पैसा का दुरुपयोग ना किया जाए उपयोग में लाया जाए और अधूरी कामों को पूरी किया जाए। और ग्रामीणों के द्वारा यह भी बताया गया की ग्राम सभा अध्यक्ष अनूप सिंह मरावी को गाली गलौज कर सरपंच धर्मी बाई के द्वारा अभद्रता व्यवहार किया गया है। रोजगार सहायक सचिव करते हैं ठेकेदारी सरकारी मटेरियल को लगाते हैं अपने निजी कार्य में।   रोजगार सहायक सचिव संतोष सिंह कुशराम के द्वारा ग्राम पंचायत पर सेल कला में स्वयं की ठेकेदारी चलाते हुए कार्यो को किया जा रहा है जहां पंचायत के पैसों से मटेरियल मंगाया तो जाता है लेकिन उसे अपने निजी घर में गिरवा कर अपने स्वयं के कार्य में भी लगाया जाता है लेकिन इनको देखने वाले कोई अधिकारी कर्मचारी नहीं है बल्कि ग्रामीण अगर बोलते हैं तो उनको अनदेखा करते हुए अपना काम निकाल लेते हैं इस तरह का आरोप लगाया जा रहा है। रोजगार सहायक सचिव संतोष सिंह कुशराम के ऊपर लगाया जा रहा है जहां ग्रामीणों ने सरकार के पैसों का उचित कार्य में लगाने की मांग करते हुए निष्पक्ष जांच करने की मांग की गई है।

Weather Update: बंगाल की खाड़ी की नमी से बदलेगा मौसम, बादल गरजने और बूंदाबांदी की संभावना

रायपुर. छत्तीसगढ़ के कुछ डिग्री तापमान गिरने के बावजूद लोग गर्मी से परेशान हैं. बंगाल की खाड़ी से निम्न स्तर पर नमी आ रही है. इसके प्रभाव से कुछ स्थानों में हल्की बारिश हुई. अब चिपचिपी गर्मी लोगों को परेशान कर रही है. नमी के कारण फिलहाल गरज-चमक के साथ छींटे पड़ने का सिलसिला जारी रहने की संभावना है. अंधड़ और संभावना भी मौसम विभाग ने जताई है. मंगलवार को प्रदेश में एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा हुई. सर्वाधिक अधिकतम तापमान 43.5 डिग्री सेल्सियस दुर्ग और  सबसे कम न्यूनतम तापमान  अंबिकापुर में 23.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. इस दौरान अधिकतम तापमान में 2 डिग्री की गिरावट हुई है. संभावना जताई गई है कि आने वाले तीन दिनों में 2 से 3 डिग्री की गिरावट होगी. मौसम विज्ञानी एचपी चंद्रा के मुताबिक, पश्चिमी विक्षोभ द्रोणिका के रूप में उत्तर में स्थित है. एक ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण पूर्वी उत्तर प्रदेश और उसके आसपास बना हुआ है. एक पूर्व पश्चिम द्रोणिका हरियाणा से मणिपुर तक फैला है. दूसरा द्रोणिका उत्तर तेलंगाना से कोमोरिन क्षेत्र तक मौजूद है. वहीं एक प्रति चक्रवात अंदरूनी महाराष्ट्र और उससे लगे कर्नाटक के ऊपर विस्तारित है. उन्होंने बताया कि प्रदेश के दक्षिणी भाग में बंगाल की खाड़ी से, वातावरण के निम्न स्तर पर नमी आ रही है, जिसके कारण प्रदेश के एक दो स्थानों पर हल्की वर्षा या गरज चमक के साथ छींटे पड़ने की संभावना है. एक-दो स्थानों पर गरज चमक के साथ अंधड़ और वज्रपात के आसार हैं. अधिकतम तापमान में गिरावट का दौर प्रारंभ होने की संभावना है. रायपुर में आज कैसा रहेगा मौसम ? मौसम विभाग ने रायपुर में आज सुबह मौसम साफ रहने की संभावना जताई है, जिसके बाद दोपहर के बाद बादल छाए रह सकते हैं. वहीं अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहने की आशंका है.