samacharsecretary.com

एमएसएमई की स्टार्टअप आइडिया टू स्केल थीम पर आधारित झांकी बनी आकर्षण का केंद्र

भोपाल गणतंत्र दिवस पर राज्य स्तरीय समारोह में लाल परेड मैदान पर के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग द्वारा “Startup – Idea to Scale” थीम पर आधारित झांकी का प्रदर्शन किया गया। झांकी दर्शकों के बीच आकर्षण का केंद्र रही। झांकी के प्रथम दृश्य में यूनिकॉर्न (Unicorn) को प्रदर्शित किया गया, जो राज्य में स्टार्टअप्स की वैश्विक सफलता, नवाचार आधारित उद्यमिता एवं सतत (Sustainable) विकास का प्रतीक है। यह दृश्य मध्यप्रदेश में विकसित हो रहे सशक्त स्टार्टअप इकोसिस्टम को दर्शाता है। झांकी में आगे आधुनिक इलेक्ट्रिक परिवहन, रोबोटिक्स एवं ऑटोमेशन, मेगा इनक्यूबेशन/इनोवेशन सेंटर, हेल्थ-टेक, शिक्षा एवं कौशल विकास में एआर/वीआर तकनीक तथा स्टार्टअप्स की विकास यात्रा को IDEA → PROTOTYPE → GTM (Go-To-Market) → SCALE चरणों के माध्यम से प्रभावी रूप से प्रदर्शित किया गया। अंतिम दृश्य में आधुनिक बुलेट ट्रेन के माध्यम से तेज, सतत एवं भविष्य उन्मुख औद्योगिक विकास का प्रतीकात्मक चित्रण किया गया। यह सम्पूर्ण झांकी आयुक्त उद्योग श्री दिलीप कुमार के नेतृत्व में विभाग के अधिकारियों/कर्मचारियों द्वारा तैयार एवं प्रस्तुत की गई, जिसके माध्यम से एमएसएमई एवं स्टार्टअप्स की भूमिका को रेखांकित करते हुए वर्ष 2047 तक आत्मनिर्भर एवं विकसित मध्यप्रदेश के लक्ष्य का सशक्त संदेश दिया गया।  

मध्य प्रदेश में ओलावृष्टि का असर, 28 जिलों में भारी बारिश-आंधी की चेतावनी

भोपाल मध्यप्रदेश में ठंड के बीच बारिश और ओलावृष्टि का दौर शुरु हो गया है। मंगलवार को शाजापुर, आगर-मालवा और गुना में ओले गिरे। वहीं, करीब 18 जिलों में तेज आंधी के साथ बारिश देखने को मिली। मौसम विभाग ने 28 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। यहां-यहां ओले-बारिश का असर आगर-मालवा, शाजापुर और गुना में ओले गिरे हैं। वहीं, गुना, शाजापुर, बड़वानी, छतरपुर, मंदसौर, रतलाम, राजगढ़, शिवपुरी, ग्वालियर, टीकमगढ़, अशोकनगर, भिंड, मुरैना, आगर-मालवा और शाजापुर में बारिश भी हुई। साथ ही रतलाम, शाजापुर और आगर जिलों में तेज आंधी भी चली। जिससे किसानों की फसलों बुरी तरह नुकसान पहुंचा है।   इन 28 जिलों में बारिश का अलर्ट मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि भोपाल, विदिशा, रायसेन, सिहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, देवास, शाजापुर, आगर, मंदसौर, नीमच, दतिया, रीवा, सतना, नरसिंहपुर, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर जिलों बारिश हो सकती है।   मौसम विभाग के द्वारा जारी बुलेटिन अनुसार, ग्वालियर, भिंड, मुरैना और श्योपुर जिलों में घने कोहरे और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। कैसा रहेगा मौसम वर्तमान में पश्चिमी विक्षोभ उत्तर पाकिस्तान एवं निकटवर्ती क्षेत्रों पर चक्रवातीय परिसंचरण के रूप में माध्य समुद्र तल से 3.1 से 4.5 किमी की ऊँचाई पर अवस्थित है। एक ट्रफ मध्य एवं ऊपरी क्षोभमंडल की पछुआ पवनों में माध्य समुद्र तल से 5.8 किमी की ऊँचाई पर लगभग देशांतर 65° पू. से अक्षांश 22° उ. के उत्तर की ओर विस्तृत है। इसके अलावा एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन दक्षिण-पश्चिम राजस्थान एवं निकटवर्ती क्षेत्रों पर माध्य समुद्र तल से 1.5 किमी की ऊंचाई पर सक्रिय है। ट्रफ लाइन वर्तमान में पूर्वोत्तर अरब सागर से उत्तर पंजाब तक, सौराष्ट्र, कच्छ तथा पश्चिम राजस्थान से होकर माध्य समुद्र तल से 1.5 किमी की ऊँचाई तक विस्तृत है। वहीं, 30 जनवरी की रात से उत्तर-पश्चिम भारत पर एक नया पश्चिमी विक्षोभ एक्टिव होगा।

विकास, विश्वास और दूरदर्शिता के साथ आगे बढ़ रहा है मध्यप्रदेश : उप मुख्यमंत्री देवड़ा

भोपाल उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा ने कहा है कि शासन का मूल उद्देश्य जनता की सेवा है। सत्ता में रहकर यदि जनता के कार्य न किए जाएँ, तो सत्ता का कोई औचित्य नहीं रह जाता। यही भावना वर्तमान राज्य सरकार के प्रत्येक निर्णय की आधारशिला है। उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने मंगलवार को एक निजी चैनल को दिये साक्षात्कार में मध्यप्रदेश की आर्थिक प्रगति, राज्य सरकार के 2 वर्षों की उपलब्धियों, आगामी बजट दृष्टि, स्वास्थ्य, शिक्षा, सिंचाई, सड़क कनेक्टिविटी तथा जनकल्याणकारी योजनाओं पर विस्तार से अपने विचार रखे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व की सराहना करते हुए उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने कहा कि बीते 2 वर्षों में प्रदेश ने विकास का नया अध्याय लिखा है। इस अवधि में रोजगार सृजन, ग्रामीण एवं शहरी कनेक्टिविटी, शिक्षा ढांचे के विस्तार, सिंचाई सुविधाओं के व्यापक विकास तथा बुनियादी अधोसंरचना में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। उन्होंने कहा कि यह विकास यात्रा जनता के विश्वास की शक्ति से आगे बढ़ रही है। आगामी बजट, जनभागीदारी और दूरदर्शिता पर आधारित उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने बताया कि राज्य सरकार आगामी वित्तीय वर्ष के लिए अधिक परिणाम वाले बजट ढांचे की दिशा में कार्य कर रही है। यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं होगा, बल्कि जनता की मूलभूत आवश्यकताओं पर आधारित विकास का रोडमैप बनेगा। उन्होंने कहा कि सरकार भविष्य में रोलिंग बजट प्रणाली लागू करने की दिशा में भी कार्य कर रही है, जिससे योजनाओं को लचीला और परिणाम-केंद्रित बनाया जा सके। साथ ही, जनता से सुझाव लेकर उन्हें बजट प्रक्रिया का हिस्सा बनाया जा रहा है। केंद्र के साथ प्रभावी समन्वय उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने जानकारी दी कि वे हाल ही में दिल्ली में केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण के साथ प्री-बजट बैठक में सम्मिलित हुए, जहाँ उन्होंने मध्यप्रदेश की विकास आवश्यकताओं को मजबूती से रखा। विशेष रूप से आगामी सिंहस्थ/कुंभ आयोजन से जुड़े पूंजीगत विकास कार्यों के लिए लगभग 2000 करोड़ रुपये के प्रावधान का विषय प्रमुखता से उठाया गया। विकसित भारत@2047 में मध्यप्रदेश की अग्रणी भूमिका उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का “विकसित भारत@2047” का संकल्प देश के भविष्य की दिशा तय करने वाला है। मध्यप्रदेश इस राष्ट्रीय लक्ष्य की प्राप्ति में अग्रणी भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। स्वास्थ्य, सिंचाई और कनेक्टिविटी में ऐतिहासिक बदलाव उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में प्रदेश की तस्वीर तेजी से बदली है। प्रत्येक जिले में स्वास्थ्य ढांचा मजबूत किया जा रहा है और चिकित्सा शिक्षा का विस्तार हो रहा है। आयुष्मान भारत योजना गरीबों के लिए वरदान सिद्ध हुई है, जिससे लाखों परिवारों को मुफ्त इलाज का लाभ मिल रहा है। सिंचाई के क्षेत्र में योजनाबद्ध विस्तार से खेतों तक पानी पहुँचा है, कृषि उत्पादन बढ़ा है और किसानों की आय में सुधार हुआ है। वहीं सड़क और कनेक्टिविटी विकास की वास्तविक तस्वीर प्रस्तुत कर रही है। शिक्षा और बच्चों से संवाद सरकार की प्राथमिकतता। उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने कहा कि बच्चों से संवाद कर उनकी आवश्यकताओं को समझना सरकार की प्राथमिकता है। विद्यार्थियों को बेहतर वातावरण, संसाधन और अवसर उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। कर व्यवस्था पर स्पष्ट संदेश उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा ने स्पष्ट किया कि जनता से लिया गया कर जनता की सुविधाओं और विकास कार्यों पर ही खर्च किया जाता है। सरकार का हर निर्णय जनहित केंद्रित है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश विकास, सुशासन और पारदर्शिता के साथ निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है।  

स्वास्थ्य, शिक्षा और अधोसंरचना में ऐतिहासिक प्रगति की ओर मध्यप्रदेश : उप मुख्यमंत्री शुक्ल

बिल्डिंग न्यू इंडिया (एमपी चैप्टर) कार्यक्रम में हुए शामिल भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश सरकार स्वास्थ्य, शिक्षा और अधोसंरचना को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए योजनाबद्ध एवं तेज़ गति से आगे बढ़ रही है। प्रदेश में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सिविल अस्पतालों, जिला अस्पतालों सहित ग्रामीण शहरी हर स्तर के स्वास्थ्य संस्थानों तक व्यापक उन्नयन कार्य निरंतर जारी है, जिससे आम नागरिकों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल भोपाल में निजी इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के "बिल्डिंग न्यू इंडिया (एमपी चैप्टर)" कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने स्वास्थ्य अधोसंरचना विकास, स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण सहित विभिन्न समसामयिक विषयों में अपने विचार साझा किए। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि आईपीएचएस मानकों के अनुरूप लगभग 30 हजार मानव संसाधनों की स्वीकृति दी गई है, जिनकी भर्ती प्रक्रिया प्रगति पर है। इसके माध्यम से कम्युनिटी हेल्थ सेंटरों को फर्स्ट रेफरल यूनिट के रूप में सशक्त किया जा रहा है, जिससे जिला अस्पतालों पर दबाव कम होगा और ग्रामीण क्षेत्रों में ही गुणवत्तापूर्ण उपचार सुनिश्चित किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि निरोगी काया अभियान के अंतर्गत अब तक 1.5 करोड़ से अधिक नागरिकों की निःशुल्क स्वास्थ्य स्क्रीनिंग की जा चुकी है, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। प्रदेश में मातृ मृत्यु दर एवं शिशु मृत्यु दर में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है तथा राष्ट्रीय औसत के स्तर तक पहुंचने की दिशा में राज्य तेजी से अग्रसर है। स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से प्रदेश में मेडिकल कॉलेजों की संख्या में वृद्धि की जा रही है। साथ ही ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में विशेषज्ञ सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए टेलीमेडिसिन व्यवस्था को प्रभावी रूप से लागू किया गया है, जिससे ग्रामीण स्तर पर ही विशेषज्ञ चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध हो रहा है। विंध्य क्षेत्र के विकास पर प्रकाश डालते हुए उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि जो क्षेत्र कभी पिछड़ेपन का प्रतीक माना जाता था, आज वह सिंचाई, सड़क, रेल, एयर कनेक्टिविटी, पर्यटन एवं औद्योगिक विकास के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है। रीवा एयरपोर्ट, फोरलेन सड़कों का विस्तार तथा नई रेल परियोजनाएं विंध्य क्षेत्र की प्रगति का प्रतीक बन चुकी हैं। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विजन के अनुरूप योग, प्राणायाम, प्राकृतिक खेती एवं गौ संरक्षण को बढ़ावा देना समाज के समग्र स्वास्थ्य के लिए अत्यंत आवश्यक है। प्राकृतिक खेती से न केवल भूमि की उर्वरता बनी रहती है, बल्कि मानव स्वास्थ्य भी सुरक्षित होता है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने स्पष्ट किया कि सरकार का लक्ष्य स्वस्थ नागरिक, सशक्त प्रदेश और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश है, और इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए ठोस रोडमैप के साथ निरंतर कार्य किया जा रहा है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले संस्थानों एवं उनके प्रतिनिधियों को सम्मानित भी किया गया।  

बघेल सेक्स सीडी केस: दोबारा ट्रायल के आदेश को हाईकोर्ट में दी जाएगी चुनौती

रायपुर,  छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित सेक्स सीडी मामले में रायपुर सेशन कोर्ट द्वारा दोबारा ट्रायल शुरू करने के आदेश के खिलाफ पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल उच्च न्यायालय में चुनौती देने की तैयारी में हैं। गौरतलब है कि मार्च 2025 में सीबीआई की विशेष अदालत ने श्री बघेल को इस प्रकरण में सभी आरोपों से बरी कर दिया था। इसके बाद सीबीआई ने उक्त फैसले को चुनौती देते हुए सेशन कोर्ट में पुनरीक्षण याचिका दाखिल की थी जिस पर सुनवाई के बाद सेशन कोर्ट ने ट्रायल दोबारा शुरू करने का आदेश दिया। सेशन कोर्ट के निर्णय के बाद मीडिया से बातचीत में श्री बघेल ने कहा कि पूरा मामला न्यायिक प्रक्रिया के दायरे में है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे पहले ही इस प्रकरण में बरी हो चुके हैं लेकिन अब अदालत के ताजा आदेश के खिलाफ कानूनी विकल्प अपनाते हुए उच्च न्यायालय जाएंगे। इस मामले में श्री बघेल के अलावा कारोबारी कैलाश मुरारका, पूर्व मुख्यमंत्री के सलाहकार विनोद वर्मा, विजय भाटिया और विजय पांडेय को आरोपी बनाया गया है। कारोबारी कैलाश मुरारका और विनोद वर्मा की ओर से आरोपमुक्त किए जाने को लेकर आवेदन प्रस्तुत किया गया था, जिसे सेशन कोर्ट ने यह कहते हुए खारिज कर दिया कि उनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध हैं और उन्हें ट्रायल का सामना करना होगा। सेक्स सीडी प्रकरण छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक अहम मोड़ माना जाता है। विधानसभा चुनाव से ठीक पहले सितंबर 2018 में तत्कालीन कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष बघेल और विनोद वर्मा की गिरफ्तारी ने राज्य की राजनीति में भारी हलचल मचा दी थी। यह विवाद अक्टूबर 2017 में शुरू हुआ था जब कथित सेक्स सीडी सार्वजनिक होने के बाद भारतीय जनता पार्टी नेता प्रकाश बजाज ने पंडरी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। एफआईआर में अश्लील वीडियो के जरिए ब्लैकमेलिंग और पैसे की मांग करने के आरोप लगाए गए थे। जांच के दौरान पुलिस और बाद में सीबीआई ने दिल्ली की एक दुकान तक सुराग जोड़े, जिसके आधार पर आरोपियों की पहचान हुई। इस केस के एक अन्य आरोपी रिंकू खनूजा ने प्रकरण सामने आने के बाद आत्महत्या कर ली थी।  

स्पेस टेक नीति लागू करने में हम देश में सबसे अव्वल : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मुख्यमंत्री को मंत्रीगण ने दी सफल दावोस यात्रा की बधाई मंत्रिपरिषद् की बैठक से पहले मंत्रीगण को किया संबोधित उपलब्धियों की दी जानकारी भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि 15 जनवरी को मध्यप्रदेश में हुई एआई कॉन्फ्रेंस ने सफलता के नए आयाम स्थापित किए। इस कॉन्फ्रेंस के जरिए बड़े-बड़े नामी संस्थान हमसे जुड़े हैं। हमारी सरकार एआई को नए विजन के साथ लागू करेगी। इससे प्रदेश में प्रशासनिक क्षमता बढ़ेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसी कॉन्फ्रेंस के दौरान ही मध्यप्रदेश स्पेस टेक नीति-2026 लागू की गई। स्पेस टेक नीति लागू करने के मामले में मध्यप्रदेश पूरे देश में अव्वल स्थान पर है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार को मंत्रि-परिषद् की बैठक से पहले मंत्रीगण को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रीगण को सरकार को मिली उपलब्धियों की जानकारी दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की सफल दावोस यात्रा के लिए मंत्रीगण ने पुष्प-गुच्छ देकर आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव हाल ही में वर्ल्ड इकोनामिक फोरम – 2026 में शामिल होने दावोस गए थे। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री श्री गडकरी ने मध्यप्रदेश को दी कई राष्ट्रीय राजमार्गों की सौगात मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रीगण को बताया कि बीता सप्ताह मध्यप्रदेश में अनेकानेक गतिविधियों से परिपूर्ण रहा। गत 17 जनवरी को केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री श्री नितिन गडकरी ने विदिशा में आयोजित कार्यक्रम में मध्यप्रदेश को 4400 करोड़ रुपए की लागत से 181 किमी लंबे राष्ट्रीय राजमार्गों की 4 परियोजनाओं सहित प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर 50 सड़कों के निर्माण के लिए 4500 करोड़ रुपए देने की घोषणा की। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री ने सीआरएफ योजना के अंतर्गत मध्यप्रदेश को सड़क विकास कार्यों के लिए अतिरिक्त रूप से 1600 करोड़ रुपए देने की घोषणा भी की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश के लिए घोषित सभी सड़क परियोजनाओं के पूरा होने पर मध्यप्रदेश राष्ट्रीय राजमार्गों के घनत्व के मामले में देश में अग्रणी भूमिका में होगा। सफल रही दावोस यात्रा, भारत का था सबसे बड़ा दल मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रीगण को बताया कि वर्ल्ड इकानामिक फ़ोरम के लिए की गई दावोस यात्रा का मध्यप्रदेश को बड़ा लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि दावोस में सबसे बड़ा दल भारत का ही था। वहां दुबई के बड़े पदाधिकारियों सहित मैनचेस्टर यूनाइटेड फुटबॉल क्लब के एक्जीक्यूटिव्स से भी मुलाकात हुई। उन्होंने मध्यप्रदेश को लेकर बेहद पाज़ीटिव रेस्पांस दिया है। प्रारंभ हुआ महाकाल महोत्सव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मकर संक्राति के दिन 14 जनवरी 2026 से उज्जैन में महाकाल महोत्सव प्रारंभ किया गया है। यह एक बड़ा कदम है, जो महाकाल की धरती पर आने वाले सभी श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का विषय होगा। भोपाल में प्रारंभ हुए वृद्धजनों की सेवा के दो प्रकल्प – एक निशुल्क, दूसरा सशुल्क मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भोपाल शहर में एक सामाजिक संगठन द्वारा वृद्धजन के लिए बड़ी पहल की गई है। राज्य सरकार के आर्थिक सहयोग से संगठन द्वारा भोपाल में दो नए प्रकल्प शुरू किए गए हैं। इसमें एक नि:शुल्क श्रेणी का है और दूसरा पेड सर्विस (सशुल्क) है। उन्होंने कहा कि इस वृद्धजन निवास स्थान 'संध्या छाया' में कोई भी जरूरतमंद वृद्ध निशुल्क लाभ ले सकता है। यहां जरूरत के अनुसार पेड सर्विस भी पूरी सेवा भावना के साथ उपलब्ध कराई जा रही है। धार में शांतिपूर्वक संपन्न हुई बसंत पंचमी, पूजा भी कराई गई, नमाज भी अता कराई गई मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रीगण से कहा कि शासन-प्रशासन, जनप्रतिनिधि और स्थानीय जनता के परस्पर सहयोग और सामंजस्य से धार में बड़े सौहार्दपूर्ण वातावरण में बसन्त पंचमी मनाई गई। माननीय उच्चतम न्यायालय की गाइडलाइन के अनुसार धार में बसन्त पंचमी के दिन न केवल माता वाग्देवी की पूजा अर्चना, हवन-पूजन कराईं गई, बल्कि पूरे रस्मों-रिवाज़ से शुक्रवार की नमाज भी अता कराई गई। सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारे की नई मिसाल कायम करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने धार जिले की जनता, सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों और व्यवस्था बहाली में अहम् योगदान देने वाले प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों सहित प्रदेश की जनता को बधाई और साधुवाद दिया।  

किसान कल्याण वर्ष में हर खेत तक सिंचाई के लिए पानी पहुंचाने का है संकल्प : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

बाबई-मोहासा औद्योगिक क्षेत्र के विकास से स्थानीय युवाओं को मिलेगा रोजगार प्रधानमंत्री श्री मोदी के कार्यकाल में देश के साथ बदल रहा मध्यप्रदेश भी दो सिंचाई परियोजनाएं मंजूर होने पर सोहागपुर वासियों ने किया मुख्यमंत्री का आत्मीय अभिनंदन भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश को हर क्षेत्र में लगातार बड़ी सौगातें मिल रही हैं। पिछले 11 वर्षों के कालखंड में संपूर्ण देश के साथ हमारा प्रदेश भी बदल रहा है। राज्य सरकार ने वर्ष-2026 को किसान कल्याण वर्ष घोषित किया है। पूरे साल में अनेक किसान हितैषी निर्णय लिए जाएंगे। प्रदेश सरकार ने हर खेत तक सिंचाई के लिए पानी पहुंचाने का बीड़ा उठाया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बुंदेलखंड से केन-बेतवा नदी जोड़ो अभियान की शुरुआत की है। इस परियोजना के पूर्ण होने पर क्षेत्र के कई जिलों के किसानों के खेतों में फसलें लहलहाएंगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश की प्रगति में कोई कसर नहीं छोड़ रही है। मंगलवार को हुई मंत्रि-परिषद् की बैठक में नर्मदापुरम जिले में 2 सिंचाई परियोजनाओं के लिए 215 करोड़ 47 लाख रूपये की स्वीकृति दी गई है। इससे सोहागपुर और पिपरिया क्षेत्र के किसानों एवं स्थानीय जनजातीय भाई-बहनों को अनुपम सौगात मिली है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार की शाम मुख्यमंत्री निवास में आयोजित अभिनंदन समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर सोहागपुर विधायक श्री विजयपाल सिंह ने क्षेत्रवासियों को मिली सौगातों के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आभार माना। सोहागपुर से आए पार्टी पदाधिकारी, स्थानीयजन एवं विस्थापित जनजातीय परिवारों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आत्मीय अभिनंदन किया। विरासत भी और विकास भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश का वार्षिक बजट अब 4 लाख 21 हजार करोड़ रुपए हो चुका है। प्रदेश में औद्योगिक विकास को गति प्रदान करने के लिए हमारी सरकार संकल्पित है और इसके सुखद परिणाम अब जमीन पर नजर आने लगे हैं। नर्मदापुरम जिले में बाबई-मोहासा औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जा रहा है। इससे निकट भविष्य में सोहागपुर-पिपरिया और आसपास के क्षेत्र के युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित होंगे। राज्य सरकार विरासत के संरक्षण के साथ विकास के पथ पर अग्रसर है। प्रदेश के गरीब, किसान, युवा और नारी कल्याण के लिए जनहितैषी निर्णय लिए गए हैं। प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पचमढ़ी में कैबिनेट बैठक आयोजित कर हमने क्षेत्र के गौरव राजा भभूत सिंह का स्मरण किया। इसी प्रकार इंदौर, खजुराहो, ग्वालियर जैसे स्थानों पर भी कैबिनेट बैठकों में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। सोहागपुर विधानसभा के 63 गांवों को मिलेगा पर्याप्त जल विधायक श्री विजयपाल सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश का कोना-कोना सिंचाई सुविधा से लैस हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोहागपुर विधानसभा क्षेत्र की जनता से किया अपना वादा निभाया और आज कैबिनेट ने क्षेत्रवासियों के कल्याण के लिए लगभग 226 करोड़ रुपए लागत की दो महत्वपूर्ण सिंचाई परियोजनाएं स्वीकृत की हैं। उन्होंने कहा कि तवा परियोजना (दायीं तट नहर) की बागरा शाखा नहर होज सिंचाई परियोजना से बाबई एवं सोहागपुर तहसील के 33 गांवों की 4200 हेक्टेयर कृषि भूमि सिंचित होगी। वहीं, तवा परियोजना की दांयी तट नहर से पिपरिया ब्रांच केनाल होज सिंचाई परियोजना से 6000 हैक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध होगा। परियोजना से सोहागपुर तहसील के 30 ग्राम लाभान्वित होंगे। दोनों परियोजनाओं से सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के आसपास रहने वाला जनजातीय समुदाय सर्वाधिक लाभान्वित होगा और उन्हें स्वच्छ पेयजल के साथ सिंचाई की सुविधा भी मिलेगी। अभिनंदन समारोह में नर्मदापुरम के लोकसभा सांसद श्री दर्शन सिंह चौधरी, राज्यसभा सदस्य श्रीमती माया नारोलिया, श्री राजेंद्र सिंह, श्री महेश उपाध्याय सहित जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीयजन उपस्थित थे।  

इलाज से लौटे सपने, स्वास्थ्य विभाग की सार्थक पहल ने बदली कई ज़िंदगियां

भोपाल. स्वास्थ्य विभाग की सार्थक पहल से कोई फिर चला सकेगा गाड़ी, तो कोई फिर पकड़ सकेगा कलम दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, मध्यप्रदेश एवं इनाली फाउंडेशन के संयुक्त सहयोग से एक सराहनीय और मानवीय पहल निरंतर संचालित की जा रही है। इस पहल के अंतर्गत राज्य के विभिन्न जिलों में निःशुल्क इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम अंग प्रदान कर दिव्यांगजनों के जीवन में नई आशा और आत्मविश्वास का संचार किया जा रहा है। अब तक बैतूल, रीवा एवं सागर जिलों में क्रमशः 123, 110 एवं 95 दिव्यांग हितग्राहियों को निःशुल्क इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ प्रदान किए जा चुके हैं। इसी क्रम में भोपाल जिले में 26 एवं 27 जनवरी को सिविल अस्पताल हथईखेड़ा, भोपाल में दो दिवसीय निःशुल्क इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ वितरण शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर के दौरान कुल 123 दिव्यांग हितग्राहियों को निःशुल्क इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ लगाए गए। यह शिविर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) के तहत आयोजित किया गया, जो विभाग की एक प्रभावी एवं सफल पहल के रूप में सामने आया है। कृत्रिम हाथ प्राप्त करने के पश्चात अब ये सभी हितग्राही सामान्य व्यक्तियों की भांति अपने दैनिक कार्यों के साथ-साथ आजीविका से जुड़ी गतिविधियाँ भी सहजता से कर सकेंगे। ये इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ 1 से 7 किलोग्राम तक वजन उठाने में सक्षम हैं, जिससे लाभार्थियों की कार्यक्षमता और आत्मनिर्भरता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। शिविर में लाभान्वित हितग्राही कृत्रिम हाथ प्राप्त कर अत्यंत प्रसन्न एवं भावुक नजर आए। उनके चेहरों पर लौटी मुस्कान इस पहल की सफलता को स्वयं बयां कर रही थी। इस प्रयास से उनके जीवन में पुनः आशा, आत्मविश्वास और सम्मानजनक जीवन जीने की भावना सशक्त हुई है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा आगामी दिनों में इंदौर जिले में भी इसी प्रकार के निःशुल्क इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ वितरण शिविर आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक पात्र दिव्यांगजनों को इस योजना का लाभ प्रदान किया जा सके।  

धनबाद को मिली हाईटेक पुलिस कंट्रोल रूम की सौगात

धनबाद. 77वें रिपब्लिक डे के मौके पर झारखंड की कोयलानगरी धनबाद में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया. कोर्ट मोड़ स्थित हाईटेक पुलिस कंट्रोल रूम सह डिस्ट्रिक्ट कंट्रोल रूम का उद्घाटन डिप्टी कमिशनर आदित्य रंजन और सीनियर सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस (एसएसपी) प्रभात कुमार ने संयुक्त रूप से किया. इस अवसर पर डिस्ट्रिक्ट एडमिनिस्ट्रेशन और पुलिस डिपार्टमेंट के कई सीनियर अफसर मौजूद रहे. रिनोवेशन के बाद हाईटेक रूप में तैयार हुई बिल्डिंग उद्घाटन के बाद एसएसपी प्रभात कुमार ने बताया कि पुलिस कंट्रोल रूम भवन का पूरी तरह रिनोवेशन किया गया है और इसे आधुनिक तकनीकी सुविधाओं से लैस किया जा रहा है. यह कंट्रोल रूम अब जिले की सुरक्षा व्यवस्था का मुख्य कमांड सेंटर बनेगा, जहां से सभी महत्वपूर्ण पुलिस गतिविधियों की मॉनिटरिंग की जाएगी. 24×7 मॉनिटरिंग और त्वरित पुलिस रिस्पॉन्स सिस्टम एसएसपी ने कहा कि यह कंट्रोल रूम चौबीसों घंटे एक्टिव रहेगा. यहीं से जिले की विधि-व्यवस्था, सिटी हॉक्स बाइक पेट्रोलिंग, पीसीआर पेट्रोलिंग और डायल 112 इमरजेंसी सर्विस का संचालन किया जाएगा. कंट्रोल रूम में डीएसपी लेवल के अफसर की तैनाती की गई है, जिनकी निगरानी में सभी गतिविधियां संचालित होंगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति में पुलिस तुरंत मौके पर पहुंच सके. 350 सेंसेटिव जगहों पर लगेंगे ऑडियो युक्त सीसीटीवी एसएसपी प्रभात कुमार ने जानकारी दी कि जिले के लगभग 350 प्रमुख और संवेदनशील स्थानों पर ऑडियो युक्त सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे. इसकी प्रक्रिया जल्द शुरू होगी. इन कैमरों से अपराध नियंत्रण के साथ-साथ भीड़ प्रबंधन और ट्रैफिक मॉनिटरिंग में पुलिस को बड़ी मदद मिलेगी. एएनपीआर कैमरों से गाड़ियों की होगी पहचान इसके साथ ही कई मुख्य सड़कों और चौक-चौराहों पर एएनपीआर (ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन) कैमरे भी लगाए जाएंगे. इससे संदिग्ध वाहनों की पहचान, ट्रैकिंग और अपराध में इस्तेमाल किए गए वाहनों को पकड़ने में पुलिस को तकनीकी बढ़त मिलेगी. मॉनिटरिंग हॉल में लगेगी बड़ी एलसीडी स्क्रीन पुलिस कंट्रोल रूम परिसर में एक विशेष मॉनिटरिंग हॉल का निर्माण कराया गया है. यहां बड़ी एलसीडी स्क्रीन लगाई जाएंगी, जिन पर जिले के अलग-अलग इलाकों में लगे कैमरों की लाइव फीड देखी जाएगी. इससे पूरे जिले की गतिविधियों पर एक ही जगह से नजर रखी जा सकेगी. आम लोगों को सुरक्षा का भरोसा देना हमारा उद्देश्य: एसएसपी एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि इस हाईटेक कंट्रोल रूम का मुख्य उद्देश्य यह है कि जिले में कहीं भी कोई घटना होने पर पुलिस तुरंत रिस्पॉन्स करे और आम लोगों को सुरक्षा व सहायता का भरोसा मिल सके. तकनीक के बेहतर इस्तेमाल से अपराध पर नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा. सीनियर अफसरों की मौजूदगी में हुआ इनोग्रेशन उद्घाटन समारोह में उपायुक्त आदित्य रंजन और एसएसपी प्रभात कुमार के अलावा जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग के कई वरीय पदाधिकारी मौजूद रहे. सभी अधिकारियों ने कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया और यहां की व्यवस्थाओं की जानकारी ली.

पंचमढ़ी नगर के नजूल क्षेत्र को पंचमढ़ी अभयारण्य क्षेत्र से बाहर कर राजस्व नजूल घोषित करने की स्वीकृति

नर्मदापुरम जिले की 2 सिंचाई परियोजनाओं के लिए 215 करोड़ 47 लाख रूपये की स्वीकृति “अन्य पिछड़ा वर्ग के युवाओं के लिए विदेश में रोजगार नियोजन योजना 2025” की स्वीकृति जनजातीय कार्य, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति और राजस्व विभाग की योजनाओं के लिए 17,864 करोड़ 26 लाख रूपये की स्वीकृति टाइगर रिज़र्व के अंतर्गत बफर क्षेत्रों के विकास लिए 390 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक में लिए गए निर्णय भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई। मंत्रि-परिषद द्वारा पंचमढ़ी नगर के साडा के नियंत्रण वाली नजूल क्षेत्र रकबा 395.931 हैक्टेयर भूमि को संशोधित कर रकबा 395.939 हैक्टेयर भूमि को पचमढ़ी अभयारण्य क्षेत्र से बाहर कर राजस्व नजूल घोषित करने की स्वीकृति दी गयी है। मंत्रि-परिषद द्वारा प्रदेश के 9 टाइगर रिज़र्व के अंतर्गत बफर क्षेत्रों का विकास करने के लिए आगामी 5 वर्षों, वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक के लिए कुल 390 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई। इस नवीन योजना अंतर्गत बफर क्षेत्रों के विकास के तहत संवेदनशील क्षेत्रों में चेनलिंक फेसिंग, वन्यप्राणी सुरक्षा, चारागाह विकास, जल स्त्रोतों का विकास, अग्नि सुरक्षा, वन्य प्राणी उपचार एवं स्वास्थ्य परीक्षण और कौशल उन्नयन जैसे कार्य किये जायेंगे। मंत्रि-परिषद द्वारा नर्मदापुरम में 2 सिंचाई परियोजनाओं के लिए 215 करोड़ 47 लाख रूपये की स्वीकृति प्रदान की गयी है। स्वीकृति अनुसार तवा परियोजना (दायीं तट नहर) की बागरा शाखा नहर होज सिंचाई परियोजना की लागत 86 करोड़ 76 लाख रूपये, प्रस्तावित सिंचाई क्षेत्र 4200 हैक्टेयर की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गयी। परियोजना से नर्मदापुरम जिले की बाबई एवं सोहागपुर तहसील के 33 ग्रामों को सिंचाई सुविधा का लाभ होगा। नर्मदापुरम जिले की तवा परियोजना की दांयी तट नहर से पिपरिया ब्रांच केनाल होज सिंचाई परियोजना की लागत 128 करोड़ 71 लाख रूपये, प्रस्तावित सिंचाई क्षेत्र 6000 हैक्टेयर की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गयी है। परियोजना से नर्मदापुरम जिले की सोहागपुर तहसील के 30 ग्राम लाभान्वित होंगे। मंत्रि-परिषद द्वारा जनजातीय कार्य विभाग, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग और राजस्व विभाग की वर्ष 2026-27 से वर्ष 2030-31 की अवधि के लिए 17 योजनाओं की निरंतरता के लिए 17,864 करोड़ 26 लाख रूपये की स्वीकृति प्रदान की गई। स्वीकृति अुनसार जनजातीय कार्य विभाग की शुल्क की प्रतिपूर्ति, परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण, स्काउट गाइड, परिवहन, स्वास्थ्य, विभिन्न पुरस्कार आदि 15 योजनाओं के लिए 377 करोड़ 26 लाख रूपये की स्वीकृति दी गई। इसी तरह खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की मुख्यमंत्री कृषक फसल उपार्जन सहायता के लिए 15 हजार करोड़ रूपये और राजस्व विभाग की तहसील, जिला संभाग के कार्यालय एवं आवासीय भवन का निर्माण योजनाओं के लिए 2,487 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है। मंत्रि-परिषद द्वारा पिछड़े वर्ग के “बेरोजगार युवक-युवतियों को विदेश में रोजगार उपलब्ध कराने की योजना 2022” के स्थान पर संशोधित योजना “अन्य पिछड़ा वर्ग के युवाओं के लिए विदेश में रोजगार नियोजन योजना 2025” की स्वीकृति प्रदान की गई। स्वीकृति अनुसार आगामी 3 वर्ष में 45 करोड़ रुपये व्यय किया जाकर प्रतिवर्ष पिछड़े वर्ग के 600 युवाओं को रोजगार के लिए विदेश भेजा जाएगा।