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उत्तर प्रदेश में फिर करवट लेगा मानसून, 26 तारीख को बारिश का यलो अलर्ट

कानपुर/ मेरठ बंगाल की खाड़ी में बन रहे कम दबाव के क्षेत्र और परिसंचरण से बारिश होगी। इसके लिए इंतजार करना होगा। फिलहाल उत्तर प्रदेश में 25 जुलाई तक बारिश की संभावना नहीं है। शनिवार से मानसून फिर सक्रिय हो जाएगा। कानपुर समेत ज्यादातर प्रदेश के ज्यादातर जिलों में बारिश होगी। 26 जुलाई के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। शनिवार के बाद से अब तक शहरी क्षेत्र में बारिश नहीं हुई है। तेज धूप और नमी के कारण उमस बढ़ गई है। शहर में अधिकतम तापमान 35.4 और न्यूनतम 26 डिग्री रहा। नमी का प्रतिशत कम होने लगा है। मौसम विभाग का कहना है कि बंगाल की खाड़ी में एक निम्न दबाव का क्षेत्र 24 जुलाई तक बन जाएगा। 25 जुलाई तक अपवाद छोड़ किसी भी जनपद में बारिश की संभावना नहीं है। इस बीच उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है। उत्तर प्रदेश के दोनों संभागों में कहीं-कहीं मेघगर्जन और भारी बारिश भी दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने 23 जुलाई को पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई है। 23 जुलाई के लिए दोनों संभागों में कोई चेतावनी नहीं दी गई है। मेरठ में 56 फीसदी पर अटका जुलाई में बारिश का ग्राफ एक हफ्ते से उमस और गर्मी से बेहाल मेरठ में जुलाई महीने में बारिश का ग्राफ 56 फीसदी पर ठिठक गया है। जुलाई बीतने में मात्र नौ दिन बाकी हैं और अगले दो-तीन दिन अच्छी बारिश की उम्मीद बेहद कम हैं। मौसम विभाग की अच्छी बारिश की भविष्यवाणी के बावजूद मेरठ सहित वेस्ट यूपी के अधिकांश हिस्से गर्मी से जूझ रहे हैं। मौसम विभाग ने अब 25 जुलाई के बाद अच्छी बारिश का अनुमान लगाया है। मौसम विभाग के अनुसार मेरठ में जुलाई महीने में औसत बारिश 226.4 मिमी है और 22 जुलाई तक 128.1 मिमी बारिश हो चुकी है। औसत बारिश के सापेक्ष यह आंकड़ा 56.6 फीसदी है जो बीते एक हफ्ते से इसी स्तर पर बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार 24 जुलाई तक वेस्ट यूपी के अधिकांश हिस्सों में छुटपुट बौछारों को छोड़कर अच्छी बारिश के आसार नहीं हैं। बारिश में कमी से किसानों की चिंता भी बढ़ने लगी है। वहीं, मंगलवार दिन-रात का तापमान क्रमश: 34.5 एवं 26.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ जो सामान्य से 1.2 डिग्री सेल्सियस अधिक है। सोमवार के सापेक्ष दिन में 2.9 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई जबकि रात में एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट। मेरठ का एक्यूआई 59 दर्ज हुआ जो संतोषजनक श्रेणी में है।

पूजा की अनोखी खोज से दुनिया में बजा भारत का डंका, किसानों को मिलेगा धूल से राहत

बाराबंकी उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के छोटे से गांव डलइपुरवा, अगेहरा की 17 वर्षीय पूजा पाल ने अपनी प्रतिभा और जज्बे से न केवल अपने गांव, बल्कि पूरे देश का नाम रोशन किया है। आर्थिक तंगी और सीमित संसाधनों के बीच, पूजा ने एक ऐसा धूल रहित थ्रेशर मॉडल बनाया, जो किसानों को धूल, बीमारी और परेशानी से बचाने का वादा करता है। इस नवाचार ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान दिलाया और जापान में भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका प्रदान किया। उनकी कहानी प्रेरणा का प्रतीक है, जो यह साबित करती है कि सपने और मेहनत के सामने संसाधनों की कमी कोई मायने नहीं रखती। पूजा पाल का जन्म बाराबंकी के सिरौलीगौसपुर ब्लॉक के अगेहरा गांव में हुआ। उनके पिता पुत्तीलाल दिहाड़ी मजदूर हैं, और मां सुनीला देवी एक सरकारी स्कूल में रसोइया का काम करती हैं। पांच भाई-बहनों के साथ एक छप्परनुमा घर में रहने वाली पूजा की जिंदगी चुनौतियों से भरी रही। घर में बिजली और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाएं तक नहीं थीं, और पढ़ाई के लिए उन्हें दीये की रोशनी का सहारा लेना पड़ता था। फिर भी, पूजा ने कभी अपने सपनों को सीमाओं में नहीं बांधा। वह न केवल एक मेधावी छात्रा हैं, बल्कि घरेलू कामों में भी परिवार का सहारा बनी। पूजा की प्रतिभा तब सामने आई, जब वह कक्षा 8 में पढ़ रही थीं। उनके स्कूल, पूर्व माध्यमिक विद्यालय अगेहरा के पास खेतों में थ्रेशर मशीन से गेहूं की मड़ाई के दौरान उड़ने वाली धूल बच्चों और आसपास के लोगों के लिए परेशानी का कारण बनती थी। धूल से होने वाली सांस की तकलीफ और पर्यावरण प्रदूषण को देखकर पूजा के मन में एक विचार आया—क्यों न ऐसा थ्रेशर बनाया जाए, जो धूल न फैलाए? अपने विज्ञान शिक्षक राजीव श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में, पूजा ने सिर्फ 3,000 रुपये की लागत से टिन, पंखे, लकड़ी और पानी के टैंक का उपयोग कर एक धूल रहित थ्रेशर का मॉडल तैयार किया। इस मॉडल में एक पंखा और जाली के साथ पानी का टैंक लगाया गया, जो धूल को थैले या टैंक में इकट्ठा कर लेता है, जिससे वातावरण स्वच्छ रहता है और किसानों को स्वास्थ्य समस्याओं से राहत मिलती है। पूजा के इस नवाचार को सबसे पहले 2020 में जिला स्तर पर मान्यता मिली। इसके बाद, यह मॉडल मंडल, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनियों में सराहा गया। दिसंबर 2020 में लखनऊ की राज्यस्तरीय प्रदर्शनी और दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय विज्ञान मेले में इस मॉडल को खूब प्रशंसा मिली। 2023 में, पूजा का मॉडल भारत सरकार की इंस्पायर अवार्ड MANAK योजना के तहत राष्ट्रीय स्तर पर चुना गया, जिसमें पूरे भारत से केवल 60 प्रतिभागियों को विजेता घोषित किया गया था। पूजा उत्तर प्रदेश से एकमात्र विजेता थीं। इस उपलब्धि ने उन्हें भारत सरकार के साकुरा हाई स्कूल प्रोग्राम के तहत जापान यात्रा का मौका दिलाया, जहां उन्होंने टोक्यो के विश्वविद्यालयों और विज्ञान प्रयोगशालाओं का दौरा किया। उनके मॉडल को अब भारत सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा पेटेंट कराया जा रहा है, जो उनके आविष्कार की उपयोगिता और मौलिकता को रेखांकित करता है। पूजा अपनी सफलता का श्रेय अपने शिक्षक राजीव श्रीवास्तव और माता-पिता को देती हैं। राजीव श्रीवास्तव ने न केवल पूजा के विचार को प्रोत्साहित किया, बल्कि उनके मॉडल को इंस्पायर अवार्ड के लिए नामांकित भी किया। पूजा के माता-पिता, जो स्वयं आर्थिक तंगी से जूझ रहे थे, ने अपनी बेटी की पढ़ाई और सपनों को हमेशा प्राथमिकता दी। पूजा ने बताया, “मेरे माता-पिता ने मजदूरी करके भी मुझे पढ़ने के लिए प्रेरित किया। मेरे शिक्षक राजीव सर ने मुझे हर कदम पर मार्गदर्शन दिया। पूजा की कहानी केवल एक आविष्कार की कहानी नहीं है, बल्कि यह एक ऐसी बेटी की कहानी है, जिसने विपरीत परिस्थितियों में भी हार नहीं मानी। उनके घर में आज भी बिजली और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं नहीं हैं, लेकिन जिला प्रशासन ने अब इन सुविधाओं को उपलब्ध कराने का वादा किया है। पूजा का सपना है कि वह अपने गांव के गरीब बच्चों को पढ़ाए और उन्हें आगे बढ़ने का रास्ता दिखाए। उनकी उपलब्धियां न केवल बाराबंकी, बल्कि पूरे भारत के लिए गर्व का विषय हैं।

गोरखपुर के मानसरोवर मंदिर में CM योगी ने सावन शिवरात्रि पर किया रुद्राभिषेक

गोरखपुर  पावन सावन माह की कृष्ण पक्ष चतुर्दशी तिथि, सावन शिवरात्रि (बुधवार) को गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अंधियारी बाग स्थित प्राचीन मानसरोवर मंदिर में रुद्राभिषेक कर भगवान भोलेनाथ से प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की प्रार्थना की।  प्राचीन मानसरोवर मंदिर में सीएम योगी ने देवाधिदेव महादेव को विल्व पत्र, कमल पुष्प, दुर्वा, अनेकानेक पूजन सामग्री अर्पित करने कर बाद जल, गोदुग्ध और गन्ने के रस से रुद्राभिषेक किया। गोरखनाथ मंदिर के विद्वत पुरोहितगण ने शुक्ल यजुर्वेद संहिता के रुद्राष्टाध्यायी के महामंत्रों द्वारा रुद्राभिषेक कराया।  रुद्राभिषेक के बाद मुख्यमंत्री वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन व आरती कर अनुष्ठान को पूर्ण किया। उन्होंने देवाधिदेव महादेव से प्रदेशवासियों के आरोग्यमय, सुखमय, समृद्धमय व शांतिमय जीवन की मंगलकामना की। इस अवसर पर गोरखनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ, सांसद रविकिशन शुक्ल, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, विधायक विपिन सिंह, एमएलसी डॉ. धर्मेंद्र सिंह आदि भी उपस्थित रहे।    

CM दो दिनों में गोरखपुर को देंगे 252 करोड़ रुपये की सौगात, सफाई मित्रों और पार्षदों को सम्मानित करेंगे

सीएम आज गोरखपुर को 252 करोड़ रुपए के विकास परियोजनाओं की सौगात देंगे गोरखपुर को आज 252 करोड़ की सौगात देंगे CM योगी, सफाई मित्रों-पार्षदों का करेंगे सम्मान CM दो दिनों में गोरखपुर को देंगे 252 करोड़ रुपये की सौगात, सफाई मित्रों और पार्षदों को सम्मानित करेंगे पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने आज बाबा आनंदेश्वर मंदिर में विधिवत पूजा कर दर्शन किए पूर्व राष्ट्रपति कोविंद ने कानपुर में किए बाबा के दर्शन, CM ने गोरखपुर में किया रुद्राभिषेक   गोरखपुर  स्वच्छ सर्वेक्षण में देश में पूरे प्रदेश का मान बढ़ाने वाले गोरखपुर नगर निगम के सफाई मित्रों और पार्षदों का सम्मान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथों होगा। सम्मान का यह समारोह बुधवार (23 जुलाई) को नगर निगम परिसर में प्रस्तावित है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री गोरखपुर नगर निगम के अर्बन फ्लड मैनेजमेंट के तहत अर्बन फ्लड अर्ली मॉनिटरिंग सिस्टम के लोकार्पण सहित ढाई सौ करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास भी करेंगे। पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बुधवार को बाबा आनंदेश्वर मंदिर में विधिवत पूजा कर दर्शन किए। उनके साथ महापौर प्रमिला पांडे, विधायक सुरेंद्र मैथानी और क्षेत्रीय पार्षद नितिन बाजपेई शामिल थे। करीब साढ़े नौ बजे पूर्व राष्ट्रपति बाबा आनंदेश्वर पहुंचे। जलाभिषेक, दुग्धाभिषेक, श्रृंगार और आरती कर बाबा से आशीर्वाद लिया। महंत अरुण भारती महाराज और सहयोगी पुजारियों ने पूजा कराई। उन्होंने पुजारियों को दक्षिणा दी। पूर्व राष्ट्रपति ने मंदिर परिसर और मंदिर की भव्यता पर खुशी जताई। इस दौरान मंदिर और आसपास सुरक्षा की व्यापक व्यवस्था की गई थी। इस दौरान सुरक्षा कारणों से आम श्रद्धालुओं को प्रवेश से कुछ समय के लिए रोक दिया गया था। पूर्व राष्ट्रपति करीब आधा घंटा मंदिर में रहे। स्वच्छता में उत्कृष्ट प्रदर्शन को लेकर गोरखपुर नगर निगम ने ऊंची छलांग लगाई है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 में सफाई मित्र सुरक्षित शहर श्रेणी में देशभर में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। इसके साथ ही गोरखपुर को 3 से 10 लाख की आबादी की श्रेणी में चौथी नेशनल रैंक मिली है। इस श्रेणी में प्रदेश स्तर पर गोरखपुर पहले स्थान पर है। यह उपलब्धि इसलिए भी सराहनीय है कि गत वर्ष के सर्वेक्षण में गोरखपुर की रैंकिंग राष्ट्र स्तर पर 24वीं और राज्य में सातवीं थी। गत वर्ष गोरखपुर को गार्बेज फ्री सिटी के थ्री स्टार कटेगरी में रखा गया था जबकि इस बार यह शहर गार्बेज फ्री सिटी की फाइव स्टार सर्टिफिकेशन में आ गया है। गोरखपुर की इस उपलब्धि की मुख्यमंत्री पहले भी सराहना कर चुके हैं। अब वह एक समारोह में स्वच्छता की उत्कृष्टता में योगदान देने वाले सफाई मित्रों और पार्षदों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन करेंगे। गोरखपुर के महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव का कहना है कि स्वच्छ सर्वेक्षण में गोरखपुर को हासिल बड़ी उपलब्धि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रेरक मार्गदर्शन में सफाई मित्रों, पार्षदों, कर्मचारियों, अधिकारियों के साथ ही नागरिकों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। सबसे अहम बात है कि सीएम योगी हर सार्वजनिक कार्यक्रम में जनता को स्वच्छता के प्रति जागरूक करते हैं। अर्बन फ्लड अर्ली वार्निंग सिस्टम का होगा उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी गोरखपुर नगर निगम द्वारा अर्बन फ्लड मैनेजमेंट के तहत अर्बन फ्लड अर्ली वार्निंग सिस्टम का औपचारिक उद्घाटन करेंगे। इस परियोजना की लागत 28 करोड़ 92 लाख रुपये है। इसके तहत शहर के सभी पम्पिंग स्टेशनों के पूर्ण ऑटोमेशन किया गया है। प्राइमरी और सेकेंडरी नालों पर कुल 110 ऑटोमेटिक वाटर लेवल रिकॉर्डर लगाए गए हैं। जब नालों का जल स्तर 80 प्रतिशत से अधिक हो जाता है तो संबंधित अधिकारियों को ऑटोमेटेड अलर्ट भेजी जाती है। ईंधन की कमी और पम्प रख रखाव चेतावनियां भी अधिकारियों को समय रहते भेजी जाती है। उधर, सीएम योगी आज गोरखपुर दौरे पर है। उन्होंने मानसरोवर मंदिर में रुद्राभिषेक भी किया। इस बीच भक्तों पर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा होती भी नजर आई। सीएम योगी आज गोरखपुर को 252 करोड़ रुपए के विकास के कामों की सौगात देंगे। स्वच्छता सर्वेक्षण-2024 में 3 से 10 लाख की आबादी वाले शहरों की कैटेगरी में देश में चौथा और प्रदेश में पहला स्थान हासिल करने वाली गोरक्षनगरी (गोरखपुर) को इस उपलब्धि के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बधाई देंगे। समारोह में सीएम योगी 252.50 करोड़ रुपये की 174 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और तीन योजनाओं का लोकार्पण भी करेंगे। नगर निगम मंगलवार को मुख्यमंत्री के कार्यक्रम की तैयारियों में जुटा रहा। नगर निगम की दीवारों को रंग-रोगन किया गया। अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेल के कार्यालय का सौंदर्यीकरण देर रात तक चलता रहा। महापौर डॉ.मंगलेश श्रीवास्तव ने नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल के साथ तैयारियों का जायजा लिया। मुख्यमंत्री पैडलेगंज से सफाई वाहनों को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना कर सकते हैं। नगर निगम ने स्वच्छता सर्वेक्षण-2024 में सफाई मित्र सुरक्षित शहर श्रेणी में देश में तीसरा स्थान, 3 लाख से 10 लाख आबादी वाले शहरों की श्रेणी में देश में चौथा और 01 लाख से 10 लाख की श्रेणी में सूबे में पहला स्थान, वॉटर प्लस और गारबेज फ्री सिटी में 5-स्टार रेटिंग हासिल की है। इन उपलब्धियों के लिए नगर निगम के पार्षदों, कर्मचारियों और सफाई मित्रों का हौसला बढ़ाने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को नगर निगम में जनसभा को संबोधित करेंगे। इस कार्यक्रम सीएम योगी सफाई-मित्रों का सम्मान करने के साथ महानगरवासियों को 252.50 करोड़ रुपये की 177 परियोजनाओं की सौगात भी देंगे। 200 जवानों की क्षमता वाले बैरक का करेंगे लोकार्पण 26वीं वाहिनी पीएसी परिसर में पीएसी जवानों के लिए 200 की क्षमता की अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त बहुमंजिला बैरक बनकर तैयार हो गई है। 24 जुलाई को इसका लोकार्पण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथों होने की उम्मीद है। कानून व्यवस्था मजबूत बनाए रखने में पीएसी (प्रोविंशियल आर्म्ड कांस्टेबुलरी) के योगदान से सभी वाकिफ हैं। खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पीएसी के जवानों की लॉ एंड ऑर्डर में महत्वपूर्ण भूमिका की कई मंचों से सराहना कर चुके हैं। पीएसी के जवानों को अत्याधुनिक सुविधा देने के लिए योगी सरकार इंफ्रास्ट्रक्चर पर खासा जोर दे रही है। इसी सिलसिले में 26वीं वाहिनी पीएसी में 11 मंजिला बैरक टॉवर बनाया गया है। इसे बनाने के लिए 11 करोड़ 67 लाख रुपये की लागत स्वीकृत की गई थी। अब यह टॉवर बनकर तैयार है। इन परियोजनाओं का करेंगे लोकार्पण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सीएण्डडीएस यूनिट 42 राज्य … Read more

धर्मांतरण की साजिश का खुलासा! हरियाणा की लड़की का शाहीन बाग में ब्रेनवॉश, दिल्ली से रेस्क्यू

आगरा यूपी के आगरा में बड़े धर्मांतरण रैकेट का पर्दाफाश हुआ है. हर दिन इस गैंग के बारे में नए-नए खुलासे हो रहे हैं. अबतक गैंग के दर्जन भर लोग पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं. मास्टरमाइंड अब्दुल रहमान कुरैशी उर्फ महेंद्र पाल जादौन भी गिरफ्तार हो चुका है. जांच में पता चला है कि धर्मांतरण गैंग ने दिल्ली से रेस्क्यू की गई हरियाणा की एक लड़की का शाहीन बाग में ब्रेन वॉश किया था. इसके बाद उसका धर्म परिवर्तित कराया.  दरअसल, बीते दिनों आगरा की दो बहनों के अवैध धर्मांतरण के मामले में पुलिस ने दिल्ली से गैंग के सरगना अब्दुल रहमान कुरैशी को गिरफ्तार किया है. वहां से हरियाणा के रोहतक की एक दलित लड़की को भी रेस्क्यू किया. इस लड़की ने पूछताछ में कई राज खोले हैं. उसने बताया कि दिल्ली के शाहीन बाग इलाके में उसका ब्रेन वॉश किया गया और फिर धर्म बदलवाकर उसका निकाह करा दिया गया.  पीड़ित लड़की ने बताया कि निकाह के लिए राजस्थान से काजी बुलाया गया था, जिसकी जानकारी के लिए पुलिस की एक टीम राजस्थान रवाना की गई है. फिलहाल, पीड़िता का मेडिकल और पुलिस व कोर्ट में बयान दर्ज कराए गए हैं.  मालूम हो कि आगरा की दो सगी बहनों को कोलकाता से बरामद किया गया, जिनका भी धर्मांतरण कर निकाह कराए जाने की तैयारी थी. इसपर गोवा की एसबी कृष्णा उर्फ आयशा ने बताया कि दिल्ली के मुस्तफाबाद का अब्दुल रहमान धर्मांतरण के लिए फंडिंग करता है. मूल रूप से रहमान यूपी के फिरोजाबाद का निवासी है.  अब्दुल रहमान उर्फ महेंद्र पाल पहले हिंदू था. 1990 में पहले वो ईसाई धर्म में कन्वर्ट हुआ और फिर इस्लाम अपना लिया. उसके बाद उसने अपना नाम अब्दुल रहमान कुरैशी रख लिया. इस बदलाव के बाद वह धर्मांतरण रैकेट का हिस्सा बन गया. फिलहाल, उसके खातों, कॉल डिटेल और विदेश कनेक्शन की जांच हो रही है.  अब्दुल रहमान के पास से कई धर्म परिवर्तन से जुड़ी किताबें बरामद हुईं, जिनसे उसका कनेक्शन कलीम सिद्दीकी जैसे जेल में बंद साजिशकर्ताओं से जुड़ता है. जांच-पड़ताल के क्रम में एनआईए की टीम सोमवार रात आगरा पहुंची और कई घंटों तक पूछताछ की. गैंग के विदेशी फंडिंग और संभावित आतंकी कनेक्शन की जांच भी जारी है. 

30 जिलों में भारी बारिश की दस्तक! 24 जुलाई से वज्रपात का भी बढ़ेगा खतरा

लखनऊ उत्तर प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता दिख रहा है। मौसम विभाग ने सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बागपत, मुरादाबाद, बिजनौर, रामपुर, बरेली समेत 30 से अधिक जिलों में भारी बारिश और वज्रपात की चेतावनी जारी की है। इन जिलों में अगले कुछ दिनों तक मौसम बिगड़ सकता है। बंगाल की खाड़ी में एक निम्न दबाव का क्षेत्र सक्रिय हो चुका है, जो धीरे-धीरे उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ रहा है। पश्चिमी यूपी में अच्छी बारिश की संभावना मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार यह सिस्टम 24 जुलाई तक आगरा पहुंच सकता है, जिससे पश्चिमी यूपी में अच्छी बारिश की संभावना है। ताजनगरी आगरा में सोमवार को बादलों की आवाजाही तो रही, लेकिन उमस ने लोगों को बेहाल किया। तापमान की बात करें तो सोमवार को अधिकतम तापमान 32.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 27.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से थोड़ा भिन्न रहा।   किन जिलों में बारिश का अलर्ट है? सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बागपत, गाजियाबाद, नोएडा, हापुड़, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, हाथरस, कासगंज, एटा, आगरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, औरैया, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल, बदायूं, जालौन, हमीरपुर, महोबा, झांसी, ललितपुर।

खरीफ फसल बीमा का अलर्ट: 31 जुलाई के बाद पछताने से अच्छा है अभी करा लें बीमा

संभल जनपद के किसानों के लिए खरीफ 2025-26 के अंतर्गत प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ लेने का अवसर 31 जुलाई, 2025 तक उपलब्ध है। उप कृषि निदेशक ने बताया कि इस योजना के तहत जनपद में धान, मक्का, बाजरा और उर्द फसलों को अधिसूचित किया गया है। मौसम में हो रहे लगातार बदलाव और आपदाओं को देखते हुए किसानों के लिए फसल बीमा आवश्यक है, जिससे प्राकृतिक आपदा की स्थिति में आय की सुरक्षा हो सके। ऋणी और गैर ऋणी दोनों तरह के किसान इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। 'फसल बीमा कराओ-सुरक्षा कवच पाओ' के संदेश के साथ कृषि विभाग अधिक से अधिक किसानों को योजना से जोड़ने का प्रयास कर रहा है। उप कृषि निदेशक अरुण कुमार त्रिपाठी ने बताया कि वर्तमान में इफको टोकियो जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड इस योजना की कार्यान्वयन एजेंसी है। फसल खराब होने या अन्य आपदा की स्थिति में किसान टोल फ्री नंबर 14447 पर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे अंतिम तिथि से पहले बीमा करा लें ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में राहत मिल सके।

नए प्रदेश अध्यक्ष की तलाश शुरू? योगी और शीर्ष नेताओं की बैठक में हुई अहम चर्चा

लखनऊ उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के नए प्रदेश अध्यक्ष को लेकर संगठन के भीतर बैठकों का दौर लगातार जारी है। इसी कड़ी में पार्टी की एक अहम बैठक मुख्यमंत्री आवास पर हुई जिसमें भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी और संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह मौजूद थे। भाजपा के सूत्रों की माने तो मुख्यमंत्री आवास पर यह बैठक सोमवार दोपहर में हुई, जिसमें ये दोनों वरिष्ठ नेता मौजूद थे। तीनों अहम व्यक्तियों की यह मुलाक़ात कई मायनों में अहम मानी जा रही है।   नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति की अटकलें तेज उत्तर प्रदेश में नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति की अटकलें लगातार तेज हो गई हैं। बीजेपी के सूत्र बता रहे हैं कि इस बैठक में नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति और उसके बाद होने वाले संभावित मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री आवास पर यह बैठक करीब आधे घंटे तक चली और फिर धरमपाल सिंह और बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष वापस पार्टी कार्यालय आ गए। सूत्रों के मुताबिक़, इस अहम बैठक के बाद मंगलवार को प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी दिल्ली जाएंगे। माना जा रहा है कि उनके साथ संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह भी दिल्ली जा सकते हैं। बताया जा रहा है कि उत्तर प्रदेश की राजनीति के लिहाज से ये सप्ताह काफ़ी अहम होने वाला है। पीएम मोदी और अमित शाह से भी मिले योगी  गौरतलब है कि एक दिन पहले ही मुख्यमंत्री योगी ने दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे पी नड्डा से मुलाकात की थी। इसके बाद वह लखनऊ लौट आए थे। उनके दौरे के बाद अब मुख्यमंत्री आवास पर हुई बैठक और उसके बाद प्रदेश अध्यक्ष का दिल्ली दौरा काफ़ी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उत्तर प्रदेश में नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति की कवायद चल रही है। इसी कड़ी में कई बड़े नाम शामिल हैं लेकिन इस दौड़ में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य की दावेदारी सबसे ज़्यादा तगड़ी मानी जा रही है।       

दुकानों पर लगाएं QR कोड, कांवड़ मार्ग पर योगी -धामी सरकार का आदेश SC ने माना सही

लखनऊ / देहरादून  कांवड़ यात्रा को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत का कहना है कि कांवड़ यात्रा मार्ग पर स्थित दुकानों में क्यूआर कोड लगाने के फैसले के सही करार दिया है। योगी आदित्यनाथ सरकार की तरफ से यह आदेश दिया गया था, जिसे प्रोफेसर अपूर्वानंद समेत कई लोगों ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। इसी पर अदालत का कहना है कि दुकानदारों को क्यूआर कोड और अपना लाइसेंस लगाना चाहिए। इसमें कुछ भी गलत नहीं है। इस तरह यूपी सरकार की ओर से जारी आदेश जारी रहेगा। हालांकि इस फैसले का अब कोई खास असर नहीं होगा। इसकी वजह यह है कि बुधवार को कांवड़ यात्रा का महाशिवरात्रि के साथ समापन होना है। फिर भी अदालत का यह फैसला आने वाले सालों के लिए लागू हो सकता है। योगी सरकार ने बीते साल भी एक आदेश जारी किया था, जिसमें कहा गया था कि दुकानदारों को अपना नाम बोर्ड पर लिखना होगा। इसे लेकर भी अदालत का रुख किया गया था और तब सुप्रीम कोर्ट ने उस फैसले को गलत करार दिया था। हालांकि तब भी फैसला आते-आते कांवड़ यात्रा का समापन हो गया था। फिर भी अदालत का आदेश ऐसे मामलों में भविष्य के लिए एक नजीर होता है। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश में कहा, ‘हमें बताया गया है कि आज यात्रा का अंतिम दिन है. बहरहाल, निकट भविष्य में इसके समाप्त होने की संभावना है. इसलिए इस समय हम केवल यह आदेश पारित करेंगे कि सभी संबंधित होटल मालिक वैधानिक आवश्यकताओं के अनुसार लाइसेंस और पंजीकरण प्रमाणपत्र प्रदर्शित करने के आदेश का पालन करें. हम स्पष्ट करते हैं कि हम अन्य विवादित मुद्दों पर विचार नहीं कर रहे हैं. आवेदन समाप्त किया जाता है. पिछली सुनवाई में उत्तर प्रदेश प्रशासन द्वारा 25 जून को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति का हवाला देते हुए झा ने कहा था, ‘नए उपायों में कांवड़ मार्ग पर स्थित सभी भोजनालयों पर क्यूआर कोड प्रदर्शित करना अनिवार्य है जिससे मालिकों के नाम और पहचान का पता चलता हो। इस तरह उसी भेदभावपूर्ण तरीके से पहचान की बात हो रही है जिस पर पहले इस अदालत ने रोक लगा दी थी.’ याचिका में कहा गया था कि राज्य सरकार का निर्देश, जिसमें दुकान मालिकों को ‘‘कानूनी लाइसेंस आवश्यकताओं’’ के तहत धार्मिक और जातिगत पहचान बताने के लिए कहा गया है, दुकान, ढाबा और रेस्टोरेंट मालिकों की निजता के अधिकार का उल्लंघन है. हिंदू कैलेंडर के अनुसार श्रावण महीने में शिवलिंगों का जलाभिषेक करने के लिए बड़ी संख्या में कांवड़िए गंगा और अन्य नदियों से जल लेकर आते हैं. कई श्रद्धालु इस महीने में मांसाहार से परहेज करते हैं. कई लोग तो प्याज और लहसुन युक्त भोजन भी नहीं खाते.

यमुनानगर में सड़क हादसा, पिकअप ने बाइक को मारी टक्कर, 2 कांवड़ियों की मौत

यमुनानगर  यमुनानगर के गांव गुमथला में करंट लगने से दो कांवड़ियों की मौत का मामला अभी ठंडा भी नहीं हुआ था कि अब गांव खंडवा के पास एक सड़क हादसे में दो और कांवड़ियों की मौत हो गई। जानकारी के अनुसार, अजय और उसका साथी देवेंद्र बाइक पर सवार होकर कैथल से हरिद्वार गंगाजल लेने के लिए निकले थे। जब वे यमुनानगर के गांव खंडवा के पास पहुंचे, तभी सामने से आ रही एक पिकअप ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसा इतना जबरदस्त था कि अजय की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि देवेंद्र ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पिकअप को कब्जे में ले लिया है। दोनों कांवड़ियों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल यमुनानगर की मोर्चरी में रखा गया है। परिजनों के आने के बाद शवों का पोस्टमार्टम कराया गया और उन्हें परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने बताया कि इस मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।