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बिना अनुमति खड़ी हो रहीं इमारतें: अमृतसर में निगम की भूमिका पर उठे सवाल

अमृतसर. शहर के प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्र आईडीएच मार्केट में अवैध निर्माण का मामला सामने आने के बाद नगर निगम प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बस स्टैंड के साथ लगते इस मार्केट में दुकान नंबर 14-15 के ऊपर बिना नक्शा पास कराए लगातार निर्माण कार्य जारी है, लेकिन संबंधित विभाग कार्रवाई करने की बजाय चुप्पी साधे हुए हैं। जानकारी के अनुसार, नगर निगम द्वारा नीचे की दुकानें किराए पर दी गई हैं, जबकि इनके ऊपर अवैध रूप से दो से चार मंजिल तक निर्माण कर दिया गया है। हैरानी की बात यह है कि पिछले डेढ़ महीने से निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है, लेकिन निगम का एस्टेट और एमटीपी विभाग अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठा पाया। इस मामले को लेकर समाजसेवी जय गोपाल लाली ने बताया कि कार्रवाई का अधिकार होने के बावजूद एस्टेट और एमटीपी विभाग एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डाल रहे हैं, जिसके चलते अवैध निर्माण पर रोक नहीं लग पा रही। उन्होंने यह भी बताया कि इन दुकानों से जुड़े दस्तावेज वर्ष 2004 के हैं, जिनमें कई तकनीकी खामियां सामने आई हैं, जिससे पूरे मामले पर संदेह और गहरा गया है। स्थानीय व्यापारियों और आसपास के लोगों में इस मुद्दे को लेकर भारी रोष है। उनका कहना है कि यदि समय रहते इस अवैध निर्माण को नहीं रोका गया, तो भविष्य में यह किसी बड़े हादसे का कारण बन सकता है। मौके की स्थिति के अनुसार, ग्राउंड फ्लोर की दुकानों के बीच से ऊपर जाने के लिए सीढ़ियां बनाई गई हैं, जो ऊपरी मंजिल तक जाती हैं। ऊपर का निर्माण होटलनुमा ढंग से किया जा रहा है, जिससे कई तरह के सुरक्षा और वैधता संबंधी सवाल खड़े हो रहे हैं। गौरतलब है कि नगर निगम का एस्टेट विभाग रोजाना शहर में अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करता है, लेकिन इस मामले में विभाग की चुप्पी लोगों के गले नहीं उतर रही। वहीं, एमटीपी विभाग के अधिकारी नरेंद्र शर्मा से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने फोन उठाना जरूरी नहीं समझा। इस संबंध में नगर निगम कमिश्नर बिक्रमजीत सिंह शेरगिल ने कहा कि उनके पास अभी तक इस मामले को लेकर कोई औपचारिक शिकायत नहीं आई है, लेकिन वे इसकी जांच करवाएंगे। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और अवैध निर्माण को तुरंत रोका जाए।

भारत-पाक सीमा पर अलर्ट: घुसपैठ की कोशिश नाकाम, BSF ने मार गिराया पाक नागरिक

तरनतारन. भारत-पाक सीमा पर तैनात सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने एक बार फिर अपनी मुस्तैदी का परिचय देते हुए खेमकरण सेक्टर में घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया। देर रात भारतीय क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर जवानों ने तुरंत सतर्कता बढ़ाई और कार्रवाई करते हुए एक पाक घुसपैठिये को मार गिराया। जानकारी के अनुसार, खेमकरण सेक्टर में तैनात सीमा सुरक्षा बल की 148वीं बटालियन के जवान सीमा पर नियमित निगरानी कर रहे थे। इसी दौरान देर रात उन्हें भारतीय क्षेत्र में हलचल महसूस हुई। जवानों ने तुरंत स्थिति का आकलन करते हुए चौकसी बढ़ा दी। कुछ समय बाद उन्हें सीमा पार से एक व्यक्ति भारतीय क्षेत्र की ओर बढ़ता दिखाई दिया। जवानों की लौटने की चेतावनी को किया अनसुना  जवानों ने पहले उस व्यक्ति को रुकने और वापस लौटने की चेतावनी दी, लेकिन वह लगातार भारतीय सीमा की ओर बढ़ता रहा। चेतावनी को नजरअंदाज करते हुए उसकी गतिविधियां संदिग्ध बनी रहीं। इसके बाद जवानों ने मजबूर होकर उस पर गोली चलाई, जिसमें वह मौके पर ही ढेर हो गया।घटना के बाद जब जवानों ने मृतक की तलाशी ली तो उसके पास से पाकिस्तान की 300 रुपये की मुद्रा, एक सुई और धागे की रील बरामद हुई। हालांकि अभी तक उसकी पहचान नहीं हो सकी है। इस संबंध में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र लांबा ने बताया कि सब डिवीजन भिखीविंड के उप पुलिस अधीक्षक प्रीतिंदर सिंह मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पट्टी के सिविल अस्पताल भेज दिया गया है। शव को पहचान के लिए 72 घंटे तक शवगृह में रखा जाएगा। वहीं, सीमा सुरक्षा बल की ओर से इस घटना की जानकारी पाकिस्तान रेंजर्स को भी दे दी गई है। सुरक्षा एजेंसियां मामले की गंभीरता से जांच कर रही हैं और सीमा पर निगरानी और सख्त कर दी गई है।

चेकिंग के दौरान बड़ा खुलासा: 50 लाख नकद जब्त, पुलिस कर रही जांच

दीनानगर. बटाला पुलिस ने बटाला के अलग-अलग इलाकों में नाकाबंदी की, जिसे बटाला पुलिस SP हेडक्वार्टर खुशबीर कौर लीड कर रही थीं। चेकिंग के दौरान बटाला पुलिस ने करीब 50 लाख रुपये कैश पकड़ा और यह कैश अब पास की पुलिस चौकी में भेज दिया गया है। यह किसका है, यह करीब 50 लाख का कैश कहां से आया और कौन ले जा रहा था और किसे देना था? कहा जा रहा है कि इसकी जांच चल रही है। एस.पी. हेडक्वार्टर कुशवीर कौर ने कहा कि वह अपने रूटीन के तहत रोजाना चेकिंग ऑपरेशन करते हैं। इस चेकिंग ऑपरेशन से उन्हें कई बड़ी सफलताएं मिली हैं, जिनमें से एक यह है कि आज करीब 50 लाख कैश मिला। अब वह जांच करेंगे कि यह कैश कहां से आ रहा था, कौन ले जा रहा था और कहां ले जाया जा रहा था। गाड़ी की चेकिंग के दौरान कई बार उन्हें गैर-कानूनी हथियार और ड्रग्स भी मिले हैं। इससे असामाजिक तत्वों में पुलिस का डर है और आम लोगों का पुलिस पर भरोसा है। 

सड़क हादसे में मानवता की मिसाल: मंत्री अरोड़ा ने घायलों की मदद कर अस्पताल पहुंचाया

लुधियाना. पंजाब के लुधियाना शहर में शनिवार तड़के हुए एक सड़क हादसे में पंजाब के उद्योग मंत्री संजीव अरोड़ा ने मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए घायलों की जान बचाने में अहम भूमिका निभाई। मंत्री और उनके सुरक्षा कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर घायल लोगों को गाड़ियों से बाहर निकाला और उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की। जानकारी के अनुसार, उद्योग मंत्री संजीव अरोड़ा सुबह करीब 5 बजकर 15 मिनट पर अपने निवास से दिल्ली के लिए रवाना हुए थे। जब उनका काफिला फिरोजपुर रोड पर मलहार कट के पास पहुंचा, तो वहां दो गाड़ियों की आमने-सामने की जोरदार टक्कर हो चुकी थी। हादसे के बाद दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए थे और उनमें सवार लोग अंदर फंसे हुए थे। मंत्री अरोड़ा के आदेश पर सुरक्षाकर्मी राहत कार्य में जुटे स्थिति को गंभीर देखते हुए मंत्री अरोड़ा तुरंत अपनी गाड़ी से नीचे उतरे। उनके साथ मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने भी राहत कार्य शुरू कर दिया। उन्होंने मिलकर घायलों को सावधानीपूर्वक गाड़ियों से बाहर निकाला। इस दौरान मंत्री अरोड़ा ने तुरंत लुधियाना के प्रमुख अस्पताल में संपर्क कर एंबुलेंस भेजने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने पुलिस अधिकारियों को भी फोन कर घटना की सूचना दी, ताकि समय पर राहत और बचाव कार्य हो सके। कुछ ही देर में पुलिस टीम और एंबुलेंस मौके पर पहुंच गई। सभी घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया गया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। घायलों को अस्पताल पहुंचाने के बाद दिल्ली रवाना हुए मंत्री घटना के दौरान मंत्री संजीव अरोड़ा लगभग 30 मिनट तक मौके पर मौजूद रहे। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि सभी घायलों को सुरक्षित तरीके से अस्पताल पहुंचा दिया जाए। जब एंबुलेंस घायलों को लेकर रवाना हो गई, तब वह वहां से दिल्ली के लिए आगे बढ़े। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने मंत्री अरोड़ा की तत्परता और संवेदनशीलता की सराहना की है। संकट की घड़ी में उनकी सक्रिय भूमिका ने घायलों को समय पर उपचार दिलाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

Punjab में तनाव: गुरुद्वारा साहिब में किसान नेता रोके गए, पुलिस ने किया घेराव

मोगा/चंडीगढ़. पंजाब के मोगा जिले के कस्बा धर्मकोट में शनिवार को प्रस्तावित रैली से पहले उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब किसान मजदूर मोर्चा के नेताओं को गुरुद्वारा साहिब में घेर लिया गया। यह कार्रवाई उस समय हुई जब किसान नेता मुख्यमंत्री से सीधे सवाल करने के लिए दाना मंडी धर्मकोट की ओर जाने की तैयारी में थे। जानकारी के अनुसार, किसान मजदूर मोर्चा से जुड़े नेता गांव लोहगढ़ के एक गुरुद्वारा साहिब में एकत्रित हुए थे और वहां से रैली स्थल की ओर कूच करने वाले थे। इसी दौरान पुलिस प्रशासन ने उनकी आगे बढ़ने की कोशिश को रोकते हुए उन्हें वहीं घेर लिया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद मौके पर तनाव का माहौल बन गया और स्थिति को संभालने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया। कार्रवाई का जताया कड़ा विरोध किसान नेताओं ने इस कार्रवाई का कड़ा विरोध किया है। उनका कहना है कि सरकार उनके साथ किए गए वादों को पूरा नहीं कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें बैठकों के लिए समय दिया जाता है, लेकिन बाद में टालमटोल कर दी जाती है, जिससे किसानों के साथ धोखा हो रहा है। नेताओं ने कहा कि उन्हें रास्ते में रोकना और गुरुद्वारा साहिब में घेरना लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है। किसान संगठनों ने पुलिस प्रशासन के रवैये पर गहरा रोष जताया। उनका कहना है कि सरकार बार-बार उनकी मांगों को नजरअंदाज कर रही है और आवाज उठाने पर दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द समाधान नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया कदम दूसरी ओर पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह कदम केवल कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया है। अधिकारियों के अनुसार, रैली के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या टकराव से बचने के लिए एहतियात के तौर पर यह कार्रवाई की गई। घटना के बाद इलाके में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इस घटनाक्रम को लेकर विभिन्न पक्षों की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं और आने वाले समय में इस मुद्दे पर और टकराव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

महंगी गैस का असर: स्कूलों में LPG की जगह चूल्हों पर पक रहा Mid Day Meal

अमृतसर. मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव का असर अब पंजाब के सरकारी स्कूलों तक पहुंच गया है। LPG गैस की कमी के चलते राज्य के कई स्कूलों में मिड-डे मील अब पारंपरिक चूल्हों पर तैयार किया जा रहा है। हालांकि, सरकार ने साफ निर्देश दिए हैं कि किसी भी हाल में बच्चों के भोजन में बाधा नहीं आनी चाहिए। अमृतसर के सरकारी हाई स्कूल इब्बण कलां में पिछले चार दिनों से गैस की बजाय लकड़ी के चूल्हों पर खाना बनाया जा रहा है। स्कूल की प्रिंसिपल सिम्मी बेरी के अनुसार, रोजाना करीब 10 से 15 किलो लकड़ी का इस्तेमाल किया जा रहा है, लेकिन इसके बावजूद बच्चों को समय पर मिड-डे मील दिया जा रहा है। दरअसल, मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण LPG गैस की सप्लाई चेन प्रभावित हुई है, जिसका असर भारत के कई हिस्सों के साथ-साथ पंजाब में भी देखने को मिल रहा है। स्थिति को भांपते हुए शिक्षा विभाग ने पहले ही स्कूलों को वैकल्पिक इंतजाम करने के निर्देश जारी कर दिए थे। नए निर्देशों के अनुसार, यदि किसी स्कूल में गैस उपलब्ध नहीं है तो लकड़ी, इलेक्ट्रिक या अन्य माध्यमों से मिड-डे मील तैयार किया जाए। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि बच्चों के भोजन के साथ किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। मिड-डे मील वर्कर हरजिंदर कौर ने बताया कि वे पूरी जिम्मेदारी के साथ काम कर रहे हैं और यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि बच्चों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। सरकार और प्रशासन की ओर से किए जा रहे ये प्रयास दिखाते हैं कि संकट के समय में भी बच्चों की भलाई को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।

पंजाब में CM मान ने मंत्री लालजीत सिंह को कैबिनेट से हटाया

चंडीगढ़ पंजाब के कैबिनेट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने शनिवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान के निर्देश पर अपना इस्तीफा दे दिया. तरन तारन के पट्टी से विधायक भुल्लर को अमृतसर में वेयरहाउस कॉर्पोरेशन के एक ज़िला प्रबंधक की कथित आत्महत्या के मामले में इस्तीफा देने को कहा गया था. फिलहाल उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया गया है।  भुल्लर के इस्तीफे पर CMO का भी बयान आया है. पंजाब CMO का कहना है कि एक विवादित वीडियो के सामने आने के बाद पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर का इस्तीफा स्वीकार कर लिया है. मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव को इस मामले की निष्पक्ष जांच करने के निर्देश दिए हैं. इस मामले में मुख्यमंत्री ने कहा है कि किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।  सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था वीडियो हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया था. जिसमें प्रबंधक गगनदीप सिंह रंधावा को यह कहते हुए सुना गया कि उन्होंने कोई ज़हरीला पदार्थ खा लिया है. साथ ही रंधावा ने परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर का भी नाम लिया था. इससे पहले शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने आरोप लगाया था कि रंधावा ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली।  मजीठिया ने यह भी आरोप लगाया कि रंधावा ने अपनी मौत से पहले भुल्लर का नाम लिया था. ऐसे में पूरे मामले की जांच होनी चाहिए और जो भी तथ्य हैं, वो सामने आने चाहिए. इस वीडियो के सामने आने बाद से ही पंजाब में मान सरकार की किरकिरी हो रही थी. साथ ही राज्य की विपक्षी पार्टियों ने सरकार को घेरना भी शुरू कर दिया था। 

Asia Cup Hockey 2026: अक्टूबर में होगा बड़ा मुकाबला, जालंधर और मोहाली तैयार

चंडीगढ़. पंजाब एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय खेल मानचित्र पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने की तैयारी में है। राज्य में एशिया कप हॉकी टूर्नामेंट के आयोजन को लेकर तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। सरकार के अनुसार जालंधर और मोहाली के खेल मैदानों का निरीक्षण पूरा कर लिया गया है और अब केवल औपचारिक घोषणा शेष है। जानकारी के मुताबिक यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट अक्टूबर माह में आयोजित किया जा सकता है। संभावना है कि राज्य में चलने वाले “खेड़ां” खेल महोत्सव के समापन के बाद 20 से 25 अक्टूबर के बीच प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। इस अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में जापान, कोरिया, चीन, सिंगापुर, मलेशिया और पाकिस्तान जैसी मजबूत टीमें हिस्सा लेंगी, जिससे प्रदेश में उच्च स्तर की हॉकी का रोमांच देखने को मिलेगा। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह आयोजन केवल खेल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इससे पंजाब की वैश्विक छवि को भी मजबूती मिलेगी। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ समय में राज्य ने कई बड़े राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम सफलतापूर्वक आयोजित किए हैं, जिससे प्रशासनिक क्षमता और सुरक्षा व्यवस्था पर विश्वास और मजबूत हुआ है। पर्यटन और निवेश के अवसर भी बढ़ेंगे सरकार खेल गतिविधियों को लगातार बढ़ावा देने पर जोर दे रही है। इसी क्रम में मार्च के अंत से बड़े स्तर पर प्रतियोगिताओं का दौर शुरू होने जा रहा है, जिससे खेलों का माहौल और सक्रिय होगा। इससे युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने के बेहतर अवसर मिलेंगे और राज्य के खेल ढांचे को नई दिशा मिलेगी। सरकार का मानना है कि बेहतर कानून व्यवस्था के चलते ही पंजाब अब बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों की मेजबानी के लिए तैयार हुआ है। एशिया कप हॉकी का सफल आयोजन राज्य को खेल के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने के साथ-साथ पर्यटन और निवेश के अवसर भी बढ़ा सकता है।

नागरिकों को राहत: छुट्टी के दिन भी खुले रहेंगे निगम कार्यालय, टैक्स वसूली जारी

लुधियाना. नगर निगम लुधियाना ने शहरवासियों की सुविधा और सरकारी खजाने को भरने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। पंजाब सरकार की ओर से साल 2025-26 का प्रॉपर्टी टैक्स 31 मार्च 2026 से पहले जमा करवाने पर ब्याज में दी जा रही छूट का लाभ आम जनता तक पहुंचाने के लिए निगम ने छुट्टियों के दौरान भी दफ्तर खुले रखने का हुक्म जारी किया है। कमिश्नर नगर निगम की ओर से जारी आदेशों के मुताबिक, अब आने वाली सरकारी छुट्टियों और रविवार को भी निगम के सभी जोनल दफ्तर, पानी, सीवरेज, डिस्पोजल स्टाफ और सुविधा सेंटर आम दिनों की तरह ही काम करेंगे। निगम प्रशासन ने साफ कर दिया है कि 31 मार्च की डेडलाइन नजदीक होने के कारण लोगों को टैक्स जमा करवाने में कोई दिक्कत न आए, इसलिए स्टाफ को मुस्तैद रहने को कहा गया है। आदेशों के अनुसार, मार्च महीने की बड़ी छुट्टियों जैसे ईदुल-फितर, शहीद-ए-आजम भगत सिंह जी का शहीदी दिवस, रामनवमी और महावीर जयंती जैसे दिनों में भी दफ्तर पूरी तरह वर्किंग मोड में रहेंगे। हालांकि, इन छुट्टियों के दौरान काम करने वाले कर्मचारियों को अगले दिनों में छुट्टी एडजस्ट करने की अनुमति दी गई है। इन तारीखों पर भी खुला रहेगा नगर निगम निगम की ओर से जारी लिस्ट के मुताबिक 21 मार्च (ईदुल-फितर), 22 मार्च (रविवार), 23 मार्च (शहीदी दिवस), 26 मार्च (रामनवमी), 28 मार्च (शनिवार), 29 मार्च (रविवार) और 31 मार्च (महावीर जयंती) को भी कर्मचारी अपनी ड्यूटी पर तैनात रहेंगे। निगम अधिकारियों का कहना है कि लोग इस मौके का फायदा उठाएं और जुर्माने से बचने के लिए समय रहते अपना प्रॉपर्टी टैक्स जमा करवाएं।

एयरपोर्ट पर अब मिलेगा लाइब्रेरी का मजा, यात्रियों को मुफ्त किताबें ले जाने की सुविधा

जालंधर. आदमपुर के श्री गुरु रविदास महाराज एयरपोर्ट पर यात्रियों के लिए लाइब्रेरी शुरू होने जा रही है। इस लाइब्रेरी से यात्रियों को मुफ्त किताबें मिलेंगी। यात्री इन किताबों को वहां पढ़ने के अलावा साथ ले जा सकेंगे। सामाजिक संगठनों के सहयोग से लाइब्रेरी के लिए किताबें जुटाई जा रही हैं। करीब पांच हजार किताबें इस लाइब्रेरी में रखने का लक्ष्य है। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने संस्थाओं को लाइब्रेरी के लिए किताबें देने को कहा है। रेडक्रॉस सोसायटी के सचिव सुरजीत लाल की ओर से एयरपोर्ट अथॉरिटी को 200 किताबें दी गईं। एयरपोर्ट का नाम बदलने के बाद यहां पर यात्रियों के लिए सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। आदमपुर एयरपोर्ट से इंडिगो एयरलाइंस और स्टार लाइन की दो फ्लाइट अप और डाउन के लिए है, जिसमें रोजाना करीबन साढ़े पांच सौ यात्री यहां से मुंबई और हिंडन के लिए आते और जाते हैं। एयरपोर्ट पर हाल ही में अधिक यात्रियों के बैठने की व्यवस्था की गई है। पहले यहां करीब 100 यात्रियों के बैठने की व्यवस्था थी। अब करीब 150 लोगों के बैठने की व्यवस्था कर दी गई है। फ्लाइट्स का इंतजार करते हुए यात्री किताबें पढ़ कर समय व्यतीत करें, इसके लिए लाइब्रेरी शुरू की जा रही है। आदमपुर की फ्लाइट्स फिलहाल समय पर चल रही हैं, लेकिन ठंड के मौसम में धुंध पड़ने पर जब यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ता है, उस समय लाइब्रेरी समय व्यतीत करने का अच्छा माध्यम बनेगी। श्री गुरु रविदास महाराज एयरपोर्ट के निदेशक पुष्पिंदर निराला ने कहा कि लाइब्रेरी के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी भी अपनी ओर से किताबें देगी। 24 मार्च से लाइब्रेरी शुरू हो जाएगी। अब लाइब्रेरी बनकर तैयार है। उन्होंने कहा कि जिनकी दिलचस्पी होगी, वो लाइब्रेरी से किताबें साथ लेकर भी जा सकते हैं, जिसका कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। निराला ने सामाजिक संस्थाओं से किताबें देने की अपील की।