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फाइनल से पहले भोपाल में सुरक्षा कड़ी, 1500 जवान तैनात – हर गली पर रखी जा रही नजर

 भोपाल  भोपाल में भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले एशिया कप फाइनल को लेकर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है. यह हाई वोल्टेज क्रिकेट मैच रविवार, 28 सितंबर 2025 को खेला जाएगा. 41 साल बाद पहली बार एशिया कप के फाइनल में भारत और पाकिस्तान की टीमें आमने-सामने होंगी. इस बड़े मुकाबले के दौरान फेस्टिव सीजन होने के कारण भोपाल पुलिस कोई जोखिम नहीं लेना चाहती. शहर में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए पुलिस ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं. 41 साल बाद पहली बारभारत और पाकिस्तान पुलिस कमिश्नर हरिनारायणचारी मिश्र ने बताया कि भोपाल में करीब 1500 से ज्यादा पुलिस जवान तैनात किए जाएंगे, जिनमें 500 अतिरिक्त जवान शामिल होंगे. सभी डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (डीसीपी) को संवेदनशील इलाकों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं. इन इलाकों में विशेष निगरानी रखी जाएगी. मोबाइल टीमें लगातार गश्त करेंगी और शहर के महत्वपूर्ण स्थानों पर पुलिस बल तैनात रहेगा. इसके अलावा, पुलिस कंट्रोल रूम में बैठा स्टाफ सीसीटीवी कैमरों के जरिए हर गतिविधि पर नजर रखेगा. मैच के दौरान किसी भी तरह की अशांति से बचने के लिए पुलिस ने सख्त कदम उठाए हैं. पुलिस कमिश्नर ने कहा कि किसी भी जगह पर भीड़ को इकट्ठा होने नहीं दिया जाएगा. जहां-जहां बड़ी स्क्रीन पर मैच दिखाने की व्यवस्था होगी, वहां अतिरिक्त पुलिस जवान तैनात किए जाएंगे. यह सुनिश्चित किया जाएगा कि लोग सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से मैच का आनंद ले सकें. पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी तरह की गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाएगी. यह मैच न केवल खेल का एक बड़ा आयोजन है, बल्कि भारत और पाकिस्तान के बीच होने के कारण यह भावनात्मक रूप से भी महत्वपूर्ण है. भोपाल में लोग इस मैच को लेकर उत्साहित हैं, लेकिन पुलिस किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पूरी तरह तैयार है. शहर के सभी थानों को अलर्ट पर रखा गया है और संवेदनशील इलाकों में विशेष निगरानी की जा रही है. पुलिस की इस सतर्कता से यह उम्मीद है कि भोपाल में लोग शांतिपूर्ण ढंग से इस ऐतिहासिक मैच का आनंद ले सकेंगे.

पैकेट में कम निकला नमकीन, उपभोक्ता फोरम ने हल्दीराम को 1 लाख रुपये का जुर्माना ठोका

उमरिया जागो ग्राहक जागो नारा आपने कई बार सुना होगा, आज हम आपको एक ऐसी खबर बताने जा रहे हैं जो जागरूकता और आपके जेब की सेहत से जुड़ी है, मध्य प्रदेश के उमरिया जिले में उपभोक्ता न्यायालय ने देश की नामचीन पैकेजिंग फूड कंपनी हल्दीराम के ऊपर एक लाख की क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया है। दरअसल पूरा मामला नगर के एक उपभोक्ता कैंप निवासी राकेश दर्दवंशी से जुड़ा है जिसने उमरिया के एक दुकानदार से हल्दीराम नमकीन की 400 ग्राम का पैकेट खरीदा जिसमे मात्रा में कमी का अंदेशा हुआ और उसने उसका वजन कराया तो पैकेट में दर्ज 400 ग्राम की अपेक्षा नमकीन की मात्रा महज 333 ग्राम मिली। नमकीन कम निकलने पर ग्राहक ने दुकानदार, हल्दीराम कंपनी के डीलर और कंपनी को मेल कर जानकारी दी और कार्यवाही की मांग की लेकिन सबने चुप्पी साध ली,लेकिन ग्राहक ने हार नहीं मानी और खरीदी के बिल सहित शिकायतों के सभी दस्तावेज लेकर अपने अधिवक्ता के माध्यम से उपभोक्ता कोर्ट पहुंच गया। उपभोक्ता फोरम में महीनों सुनवाई के बाद न्यायालय ने कंपनी के ऊपर जो फैसला दिया वह हर नजीर बन गया है और हर ग्राहक को जागरूक करने वाला है, उपभोक्ता न्यायालय के अध्यक्ष ने फैसले में हल्दीराम कंपनी नागपुर को अनुचित व्यापार प्रथा का दोषी माना और पैकेट में दर्ज बैच नंबर के आधार पर देश भर के 24230 उपभोक्ताओं के साथ धोखाधड़ी का करना माना,और एक लाख रुपए की क्षतिपूर्ति देने का फैसला दिया है। शिकायतकर्ता ने पूरी राशि को कर दिया दान  इस पूरे मामले में सबसे दिलचस्प पहलू यह है कि ग्राहक ने क्षतिपूर्ति की रकम जो उसे हासिल होनी थी उसे लेने से इनकार करते हुए किसी सामाजिक संस्था को दान देने का लिखित आवेदन किया जिसके बाद न्यायालय ने अपने आदेश में क्षतिपूर्ति की राशि वृद्धाश्रम को को दान करने का आदेश पारित किया गया। फैसला आम नागरिक के लिए एक संदेश उमरिया में उपभोक्ता की जागरूकता ने एक बड़ी कंपनी की चोरी को पकड़ा और उसे उचित सजा दिलवाने तक लड़ाई लड़ी इस देश के हरेक आम नागरिक के लिए एक संदेश है कि कंपनियों द्वारा बाजार में बेचे जाने जाने वाले किसी भी उत्पाद की गुणवत्ता को जांच परख कर ले ताकि किसी प्रकार की चोरी का शिकार होने से बचे रहें।

लाड़ली बहनों के लिए खुशखबरी! अक्टूबर से मिलेगी ज्यादा राशि, सीएम मोहन यादव का ऐलान

भोपाल  मध्य प्रदेश सरकार की लाड़ली बहना योजना की 29वीं किस्त अक्टूबर में जारी की जाएगी। इस बार लाभार्थियों को ₹1,250 के बजाय ₹1,500 रुपये मिलेंगे। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने हाल ही में घोषणा की थी कि दिवाली के अगले दिन यानी भाई दूज से योजना की राशि बढ़ाई जाएगी। राशि में बढ़ोतरी लाड़ली बहना योजना के तहत अब लाभार्थियों को प्रति माह ₹1,500 मिलेंगे। अगस्त में भी कुछ लाड़ली बहनों के खाते में ₹1,500 आए थे, जिसमें ₹1,250 की मूल राशि और ₹250 अतिरिक्त राखी के शगुन के रूप में शामिल थे। भविष्य में और बढ़ोतरी सरकार ने यह भी कहा है कि 2028 तक राशि बढ़ाकर ₹3,000 प्रति माह कर दी जाएगी। योजना की शुरुआत ₹1,000 मासिक भुगतान के साथ हुई थी, जिसे बाद में ₹1,250 किया गया था। यह योजना राज्य की बेटियों को आर्थिक रूप से सशक्त और संबल प्रदान करने के लिए बनाई गई है। इसके माध्यम से 12.7 मिलियन से अधिक महिलाओं के खातों में सीधे वित्तीय सहायता दी जा रही है।  भाईदूज से लाड़ली बहनों को 1500 रुपए का एलान  मुख्यमंत्री डाॅ मोहन यादव ने कहा कि "लाड़ली बहनों हाथ खड़े करो, जिन जिनको पैसे मिल रहा है. आप बताओ बहन को भी मिल रहा है और भाई को भी मिल रहा है. हमारे पास कोई पैसे की कमी नहीं है, किसानों की जिंदगी जितनी बेहतर कर सकते हैं, हम लगातार उस दिशा में आगे बढ़ रहे हैं और बहनों चिंता मत करो. ये कांग्रेसी कुछ भी कहें, लेकिन इसी दिवाली के बाद भाईदूज से आपको भी 1500 रुपए महीने मिलना चालू हो जाएगा. मोहन यादव बोले- हमारे पास पैसे की कमी नहीं हम अपने किसान भाईयों और लाड़ली बहनों को किसी तरह की कमी नहीं आने देंगे. किसान भाईयों को केंद्र और राज्य सरकार की किसान सम्मान निधि मिलेगी, तो लाड़ली बहनों के लिए दीपावली के बाद भाईदूज को 1500 रुपए मिलेंगे.

खजुराहो में अगले दशक में विकसित होंगी विश्वस्तरीय सुविधाएं, 2000 करोड़ होंगे खर्च

खजुराहो  भारत सरकार अब यूनेस्को की मान्यता प्राप्त खजुराहो को अगले दस सालों में विश्वस्तरीय सुविधाएं विकसित करने की योजना तैयार कर रही है। केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन विभाग ने दो माह पहले ही इसका खाका तैयार कर लिया है। मप्र पर्यटन बोर्ड की अपर प्रबंध संचालक बिदिशा मुखर्जी के अनुसार, सरकार चुनिंदा पर्यटन केंद्रों को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस करने की तैयारी में है। इसके लिए केवल खजुराहो में अगले 10 वर्षों में 2000 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इस राशि से वहां रोड़ कनेक्टिविटी, पर्यटक गाइडिंग, सिटी ऐप व 'वन टूरिज्म कार्ड' जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। खजुराहो को क्यों चुना खजुराहो पहले से ही दुनियाभर में अपने मंदिरों की विशिष्ट वास्तुकला और मूर्तिकला के लिए प्रसिद्ध है, जो यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल हैं। केंद्र सरकार की योजना यूनेस्को की सूची में शामिल चुनिंदा स्थलों को विश्वस्तरीय बेंचमार्क पर विकसित करने की है. जिसके लिए खजुराहो का चयन किया गया है। खजुराहो हवाई अड्डे श्रेष्ठ एयरपोर्ट में भी शामिल है। टिकाऊ विकास पर होगा फोकस     प्रोत्साहन लैंड, व अनुदानः सब्सिडी, राज्यग ग्रांट और इंसेंटिव्स उपलब्ध कराएगी, ताकि निजी निवेश आकर्षित हो सके।     स्वच्छता और पर्यावरणः सफाई और सफाई सेवाओं पर 2 सफाई विशेष जोर, पर्यावरणीय दृष्टिकोण से हरित मानकों का पालन होगा। ये होगा खास     आधुनिक सुविधाएं: सड़क मार्ग, रेल-हवाई संपर्क बेहतर होगा. पाथवेज, एकोमोडेशन, पर्यटक सुविधा केंद्र, सिविक एमेनिटीज आदि पिक सीजन को ध्यान में रखते हुए बनेंगे।     सांस्कृतिक और कलात्मक केंद्रः मध्य प्रदेश और भारत की विविधता को प्रदर्शित करने के लिए एक ऐतिहासिक, पुरातात्विक और भव्य कला केंद्र बनाया जाएगा।     वन टूरिज्म कार्डः सभी प्रकार की बुकिंग के लिए एक वन टूरिज्म कार्ड बनेगा, जिससे बुकिंग आसान होगी। इसी कार्ड से होटल, म्यूजियम, मंदिर, बस, ट्रेन, एयरपोर्ट आदि पर भी पेमेंट कर सकेंगे।     आधुनिक होटलः दुनिया के 20 से अधिक चर्चित होटलों को बनाया जाएगा, जिसका पूरा इंफास्ट्रक्चर आधुनिक, कला और तकनीक से परिपूर्ण होगा। यह हमारे लिए ऐतिहासिक अवसर है कि खजुराहो को न सिर्फ भारत में बल्कि पूरी दुनिया में एक उत्कृष्ट पर्यटन गंतव्य के रूप में स्थापित किया जाए। इस निवेश योजना से न केवल ठोस बुनियादी ढांचे को मजबूत करेंगे, बल्कि स्थानीय संस्कृति और कलाओं को अंतरराष्ट्रीय मंच पर लाएंगे। – शिव शेखर शुक्ला, एसीएस, पर्यटन विभाग

भाजपा ने बढ़ाया दबाव, हितानंद शर्मा बिहार में सक्रिय, मोहन यादव की सरकार पर परिवारवाद का आरोप

भोपाल कुछ दिनों बाद होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव में मैदानी तैयारी को अंतिम रूप देने में सहयोग के लिए मध्य प्रदेश भाजपा के प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा सहित कई अन्य नेता बिहार पहुंच गए हैं। इन्हें अलग-अलग अंचलों में संगठन के कामकाज की जिम्मेदारी मिली है। हितानंद के अलावा कैबिनेट मंत्री विश्वास सारंग, प्रहलाद सिंह पटेल, पूर्व मंत्री अरविंद भदौरिया, सांसद अनिल फिरोजिया, विष्णु दत्त शर्मा, गजेंद्र पटेल और पूर्व सांसद केपी यादव को बिहार चुनाव में अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। बिहार नहीं पहुंचे हैं प्रहलाद पटेल ये सभी नेता बिहार में संगठनात्मक मोर्चों पर तैनात रहेंगे। माता जी के स्वास्थ्य कारणों से प्रहलाद पटेल बिहार नहीं पहुंचे हैं लेकिन बाकी नेताओं ने वहां मोर्चा संभाल लिया है। आरएसएस के वरिष्ठ प्रचारक रहे हितानंद को इससे पहले भी महाराष्ट्र, गुजरात सहित कई राज्यों में चुनाव के दौरान भाजपा ने अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी थीं। उधर, ओबीसी वर्ग से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान जैसे नेताओं का कार्यक्रम भी संगठन जल्द तैयार कर रहा है। बिहार में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ हाल ही में हुई प्रदेश पदाधिकारियों की बैठक में मध्य प्रदेश के नेता भी शामिल हुए थे। मध्य प्रदेश के नेताओं में से विशेष रूप से ओबीसी, एससी-एसटी वर्ग के नेताओं पर ज्यादा फोकस किया जा रहा है। परिवारवाद का जवाब डॉ. मोहन यादव के चेहरे से देगी भाजपा भाजपा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को महाराष्ट्र, हरियाणा, झारखंड और दिल्ली के विधानसभा चुनावों के बाद बिहार विधानसभा चुनाव में यादव चेहरे के रूप में प्रस्तुत करेगी। आरजेडी के लालू यादव के परिवारवाद के विरुद्ध भाजपा डॉ. मोहन यादव को एक सामान्य कार्यकर्ता के रूप में प्रस्तुत करेगी। डॉ. मोहन यादव की अलग शैली उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव के लिए चुनौती बनी तो अब बिहार में लालू यादव के परिवार की राह मुश्किल कर सकती है। ओबीसी वर्ग को साधने की चुनौती संभालेंगे शिवराज केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान इन दिनों बिहार में अच्छी पहचान बना रहे हैं। मखाने की खेती को प्राथमिकता देते हुए इसके किसानों के लिए बेहतरीन प्रयास कर उन्होंने अपनी अच्छी छवि बना ली है। शिवराज सिंह चौहान की किसान और गरीबों के लिए संवेदनशील छवि का लाभ बिहार में भाजपा उठा सकती है। ओबीसी वर्ग में वोटों को ध्रुवीकरण न हो, इसकी जिम्मेदारी शिवराज सिंह संभालेंगे।

बहनों के लिए धन की कमी नहीं, जल्द ही देंगे 1500 रुपए प्रतिमाह

धीरे-धीरे राशि बढ़ाकर 3 हजार रुपए प्रतिमाह कर देंगे 185 करोड़ रुपए से अधिक के 65 विकास कार्यों का हुआ लोकार्पण एवं भूमिपूजन   भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि हमारी भारतीय संस्कृति का वैशिष्ट्य ही हमारी पहचान है। हम मातृ सत्तात्मक समाज व्यवस्था के संवाहक हैं। यह सिर्फ भारत देश ही है, जहां बच्चा-बच्चा देश को माता के रूप में पूजकर 'भारत माता की जय' कहता है। यह नारियों के प्रति हमारी आस्था, हमारे सम्मान का प्रतीक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश की लाड़ली बहनों के लिए हमारे खजाने में धन की कोई कमी नहीं है। दीपावली की भाईदूज से लाड़ली बहनों को 1500 रुपए प्रतिमाह देंगे और हमारा संकल्प है कि धीरे-धीरे यह राशि बढ़ाकर 3 हजार रुपए प्रतिमाह कर देंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि शिवपुरी जिले में किसानों को बाढ़ आपदा की राहत राशि के रूप में 10 करोड़ रुपए बांटे गए हैं। प्रदेश के हर अंचल में तेजी से विकास कार्य हो रहे हैं। विकास की बात पर हमारी सरकार हर कदम पर नागरिकों के साथ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को शिवपुरी जिले के नरवर में सेवा पखवाड़ा अंतर्गत आयोजित महिला सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 185 करोड़ रुपए से अधिक लागत वाले 65 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। इनमें 48.90 करोड़ लागत के निर्माण कार्यों का लोकार्पण और 136.67 करोड़ लागत के 52 से अधिक विकास कार्यों का भूमिपूजन शामिल है। राजा नल-दमयंती की प्रतिमा का अनावरण मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नरवर में राजा नल-दमयंती की प्रतिमा का अनावरण भी किया। स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मांग पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नरवर के पुराने किले में रोप-वे निर्माण करने एवं नरवर में नया आईटीआई खोलने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने नरवर के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का उन्नयन करने, नगर परिषद नरवर में गौशाला निर्माण एवं पुलिस चौकी बनाने और आवागमन की बेहतरी के लिए सिंध नदी पर एक नया सेतु बनाने की भी घोषणा भी की। भावांतर योजना का लाभ लें किसान  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारी सरकार प्रदेश के किसानों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। प्रदेश के किसानों को सोयाबीन उपार्जन के लिए शुक्रवार को ही भावांतर योजना की सौगात दी गई है। किसान भाई 10 से 25 अक्टूबर के बीच इस योजना में सोयाबीन बेचने के लिए अपना पंजीयन कराएं। किसानों को सोयाबीन का 5328 रुपए प्रति क्विंटल मूल्य दिलाएंगे। हमारी सरकार अपने सभी वादों और संकल्पों को पूरा करते हुए विकास के रास्ते पर तेजी से आगे बढ़ रही है। ग्वालियर सांसद श्री भारत सिंह कुशवाहा ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नरवर आकर शिवपुरी जिले को अनेकों सौगात दी है। करेरा विधायक श्री रमेश खटीक ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव का राजा नल की नगरी नरवर में आत्मीय स्वागत है। कार्यक्रम में विधायक श्री महेंद्र सिंह यादव, विधायक श्री प्रीतम लोधी, विधायक श्री भवानी सिंह राठौरजनप्रतिनिधि सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित थीं। 

विवादों में फंसे मंत्री! कांग्रेस ने विजयवर्गीय को लेकर खड़ी की नई रणनीति

भोपाल नगरीय विकास और आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा पर दिए बयान के बाद कांग्रेस ने तय किया है कि अब प्रदेश के ऐसे मंत्रियों की घेराबंदी की जाएगी, जो विवादित बयान देते रहे हैं। आदिम जाति कल्याण मंत्री विजय शाह जैसे मंत्रियों को जगह-जगह काले झंडे दिखाकर राजधानी से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में विरोध किया जाएगा। साथ ही भाजपा सरकार की घेराबंदी के लिए कांग्रेस नर्सिंग फर्जीवाड़ा, बीएड और डीएड कॉलेजों में फर्जीवाड़ा, संकल्प पत्र के अधूरे वादों को भी मुद्दा बनाने जा रही है।   विजयवर्गीय के बयान पर कांग्रेस भड़की हुई है और जगह-जगह प्रदर्शन कर रही है। प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता शैलेंद्र पटेल ने शुक्रवार को बताया कि शनिवार और रविवार को महिला मोर्चा प्रदेश भर में विरोध प्रदर्शन करेगा। कैसे-कैसे बिगड़े बोल     कैलाश विजयवर्गीय ने राहुल-प्रियंका के संदर्भ में पहले कहा कि आज के नेता प्रतिपक्ष अपनी जवान बहन का चौराहे पर चुंबन कर लेते हैं।     अगले दिन बोले कि मैं भाई-बहन के रिश्ते की पवित्रता पर प्रश्न नहीं उठा रहा।     प्रदेश के आदिम जाति कल्याण मंत्री विजय शाह ने 11 मई 2025 को महू में सार्वजनिक मंच पर कर्नल सोफिया कुरैशी पर आपत्तिजनक टिप्पणी की, जिसकी देशभर में आलोचना हुई थी।

तामिया की घाटियों में दौड़े 9 राज्यों और 20 जिलों के धावक

विश्व पर्यटन दिवस पर छिंदवाड़ा के तामिया में हुई मैराथन भोपाल विश्व पर्यटन दिवस 27 सितंबर के उपलक्ष्य में “सेवा पखवाड़ा अभियान” अंतर्गत छिंदवाड़ा जिले के तामिया में पहली बार “तामिया मैराथन” का भव्य शुभारंभ हुआ। मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड एवं जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित इस मैराथन में 746 प्रतिभागियों ने ऑनलाइन पंजीयन कराया था, जिनमें से 623 प्रतिभागियों ने सहभागिता कर आयोजन की तामिया में सफल शुरुआत की। इनमें मध्यप्रदेश सहित 9 राज्यों और 20 जिलों के प्रतिभागी शामिल हुए। कम समय में आयोजित हुए इस कार्यक्रम में अन्य राज्यों के धावकों और बड़ी संख्या में प्रदेश के धावकों की सहभागिता ने तामिया मैराथन को ऐतिहासिक शुरुआत दी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप जिला प्रशासन और मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड द्वारा जिले में पर्यटन को बढ़ावा देने किए जा रहे प्रयासों की श्रृंखला में मैराथन खास भूमिका निभाएगी। रिमझिम फुहारों के बीच हरी झंडी दिखाते ही दौड़े धावक – कार्यक्रम में सबसे पहले 21 कि.मी. की मैराथन की शुरुआत पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस से की गई। इसके थोड़े अंतराल के बाद 11 और 05 किमी की दौड़ शुरू हुई। नगर निगम छिंदवाड़ा के महापौर श्री विक्रम अहके, कलेक्टर श्री शीलेंद्र सिंह, पुलिस अधीक्षक श्री अजय पाण्डेय ने हरी झंडी दिखाकर मैराथन की शुरुआत की। मैराथन पी.डब्ल्यू.डी. रेस्ट हाउस से प्रारंभ होकर टोल प्लाजा, कुआं बादला मार्ग से होकर पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस पर समाप्त हुई। विजेताओं को पुरस्कार तामिया मैराथन में तीन कैटेगरी 21, 11 और 05 किमी के लिए महिला एवं पुरुष दोनों वर्गों के लिए अलग-अलग प्रथम, द्वितीय, तृतीय विजेता घोषित किए गए। 21 कि.मी. मैराथन में उम्मीद से कहीं अधिक 350 धावकों ने भाग लिया, जिनमें 40 महिला धावक भी शामिल थीं। पुरुष वर्ग में उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के सतीश वर्मा ने और महिला वर्ग में उत्तर प्रदेश के कानपुर की याशी सचान ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके लिए दोनों धावकों को 31-31 हजार रुपए की पुरस्कार राशि के चेक प्रदाय किए गए। उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर के धीरज यादव और भोपाल की प्राची वडियार ने द्वितीय स्थान प्राप्त कर 21-21 हजार रुपए की राशि प्राप्त की। सतना के अभिषेक सोनी और तामिया की माधुरी नर्रे ने तृतीय स्थान हासिल कर 11-11 हजार रुपए की पुरस्कार राशि प्राप्त की। गगन साहू और गीता भारती ने 11 कि.मी. मैराथन में प्रथम स्थान, देवकीनन्दन ने द्वितीय एवं मनोज ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। 05 किमी मैराथन में अरुण धुर्वे और बिंदिया परतेती ने प्रथम, अजेश और अंकिता ने द्वितीय एवं हिमांशु और गिरिजा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। सरप्राइज गिफ्ट भी दिए गए तामिया मैराथन में कुछ सरप्राइस गिफ्ट भी रखे गए। 5 किमी दौड़ को पूरा करने वाले सबसे कम उम्र 8 वर्ष के प्रतिभागी प्रयान उट्टी और सबसे अधिक उम्र के पुरुष प्रतिभागी 72 वर्षीय श्री एस.बी. सोनटके एवं महिला प्रतिभागी 65 वर्षीय विशाखा सोनटके को सरप्राइस गिफ्ट प्रदान किए गए। इसी तरह 21 किमी मैराथन में सबसे कम उम्र 16 वर्षीय धावक गीतेश इड़पाची को सरप्राइस गिफ्ट दिया गया। महापौर श्री विक्रम अहके ने कहा ऐतिहासिक आगाज हुआ है। तामिया की घाटियों में होने वाली संभवतः यह प्रदेश की पहली मैराथन होगी। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि अद्भुत नैसर्गिक सुंदरता के साथ ही छिंदवाड़ा जिले और विशेषकर तामिया क्षेत्र में पर्याप्त संसाधन उपलब्ध हैं। इस तरह के आयोजन पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ ही जिले को दूर-दूर तक नई पहचान दिलाएंगे। उन्होंने तामिया मैराथन के इस पहले आयोजन को सफल बनाने के लिए सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। 

नगरीय विकास एवं आवास विभाग की प्रदर्शनी बनी आकर्षण का केंद्र

भोपाल विज्ञान भारती के तत्वावधान में भोपाल स्थित बरकतुल्लाह विश्वविद्यालय में एक भव्य विज्ञान मेला का आयोजन किया गया है। इस मेले में नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा एक विशेष प्रदर्शनी लगाई गई है, जो विद्यार्थियों, नागरिकों और विज्ञान प्रेमियों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी है। प्रदर्शनी में अमृत योजना, स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी), स्मार्ट सिटी परियोजना, भोपाल एवं इंदौर की मेट्रो रेल परियोजना तथा मध्यप्रदेश अर्बन डेवलपमेंट कंपनी, मध्यप्रदेश हाउसिंग बोर्ड से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्रस्तुत की गई। प्रदर्शनी का उद्देश्य इन योजनाओं की जानकारी को जनसामान्य तक पहुँचाना और शहरी विकास के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। प्रदर्शनी में विशेष आकर्षण का विषय अमृत मिशन एवं ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान रहा जिसके अंतर्गत आगंतुकों को पर्यावरण संरक्षण के महत्व और पौधारोपण के लिए प्रेरित किया गया। प्रदर्शनी का उद्देश्य शहरी योजनाओं को सरल भाषा में आम नागरिकों तक पहुँचाना, विद्यार्थियों को वैज्ञानिक एवं तकनीकी नवाचारों से जोड़ना तथा जनभागीदारी को प्रोत्साहित करना है।  

कमला नेहरू सांदीपनि विद्यालय में लोकतांत्रिक प्रक्रिया से हुए छात्र परिषद के चुनाव

भोपाल  कमला नेहरू सांदीपनि विद्यालय भोपाल में छात्र परिषद का निर्वाचन लोकतांत्रिक प्रक्रिया से शनिवार को संपन्न हुए। इस अवसर पर विद्यालय प्रांगण में देश की चुनाव प्रक्रिया के वास्तविक स्वरूप के साथ संपूर्ण चुनाव प्रक्रिया, भारतीय निर्वाचन प्रणाली के अनुरूप संपादित की गई। मतदान के लिये विद्यालय में सुसज्जित मतदान केंद्र बनाए गए।जहाँ श्रेणीवार पीठासीन अधिकारी, P1,P2,P3, पहचानकर्ता, ईवीएम मशीन एवं तर्जनी अंगुली पर अमिट स्याही का निशान एवं पंक्तिबद्ध मतदाता—सभी व्यवस्थाएँ बिल्कुल आम चुनाव की तरह रहीं। मतदाता छात्राओं ने सेल्फी बूथ में फ़ोटो भी खिंचवाए। चुनाव प्रक्रिया के अंतर्गत अधिसूचना जारी होना, प्रत्याशी नामांकन, प्रचार-प्रसार, मतदान एवं परिणाम की घोषणा तक की सभी प्रशिक्षण विद्यार्थियों को कराए गएं। इसके लिये निर्वाचन अधिकारी, सेक्टर मजिस्ट्रेट, सुरक्षा अधिकारी तथा अन्य आवश्यक पदाधिकारियों की नियुक्ति भी की गई थी। मतदान प्रातः 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक संपन्न हुआ। विद्यालय की प्राचार्या श्रीमती संगीता सक्सेना ने बताया कि इस पूरी प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को लोकतांत्रिक चुनाव की विधि से परिचित कराना तथा मतदान के महत्व को समझाना था। मतदान प्रक्रिया में लगभग 600 विद्यार्थियो ने मतदान किया। जब ईवीएम से मतगणना प्रारंभ हुई तो सर्वाधिक मतों के साथ हेड गर्ल शाला नायक पद पर कुमारी स्नेहा नन्दमेहर कक्षा 12वीं, डिप्टी हेड गर्ल के लिए कु. सालेहा खान कक्षा 11वीं, सचिव पद के लिए रूपिका परते कक्षा 10वीं , उप सचिव पद के लिए भावना पथे कक्षा 9 वीं चुनी गई। इस अभिनव प्रयोग ने विद्यालय के सभी विद्यार्थियों में लोकतंत्र के प्रति जागरूकता और सहभागिता की भावना को और सशक्त बनाया।