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निकाय चुनाव में BJP गठबंधन की बड़ी बढ़त, शिवसेना-NCP संग 200 से ज्यादा सीटों पर आगे

मुंबई महाराष्ट्र की 23 नगर परिषदों और नगर पंचायतों में अध्यक्ष और सदस्यों के पदों के साथ-साथ इन स्थानीय निकायों में रिक्त सदस्य के 143 पदों के लिए मतदान शनिवार को संपन्न हुआ। पहले चरण में 263 नगर परिषदों और नगर पंचायतों के लिए मतदान हुआ था। आज सभी 286 नगर परिषदों और नगर पंचायतों के लिए मतों की गिनती हो रही है। शुरुआती रुझानों में राज्य की सत्ता में काबिज महायुति गठबंधन को बढ़त दिख रही है। दोपहर 12:10 बजे के आंकड़े के मुताबिक, नगर परिषद में अकेली भाजपा 99 सीटों पर आगे चल रही है। इसके अलावा शिवसेना 42 और एनसीपी 31 सीटों पर बढ़त बनाए हुई है। वहीं, नगर पंचायत में भाजपा 25, शिवसेना 7 और एनसीपी 2 सीटों पर आगे चल रही है। सुबह 11:15 बजे तक के आंकड़े के मुताबिक, नगर परिषद की 246 सीटों में से भाजपा 86, शिवसेना 47 और अजीत पवार की एनसीपी 31 सीटों पर आगे चल रही है। वहीं, शिवसेना यूबीटी सिर्फ 8, एनसीपी (शरद पवार) 12 और कांग्रेस 27 पर बढ़त बनाए हुए। अन्य के खाते में 23 सीटें जाती दिख रही हैं। इसी तरह नगर पंचायत की 42 सीटें में से भाजपा 24, शिवसेना 6 औप एनसीपी 3 सीटें पर आगे चल रही है। शिवसेना (यूबीटी) एक, एनसीपी (एसपी) शून्य और कांग्रेस 4 पर बढ़त बनाए हुए हैं। अन्य के खाते में एक सीट जाती दिख रही है। नगर परिषद की बात करें तो शुरुआती रुझानों में 243 में से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) 84 सीटों पर आगे चल रही है। वहीं, एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना 41 पर बढ़त बनाए हुई हैं। महायुति में शामिल अजीत पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी को 29 सीटों पर बढ़त है। वहीं, विपक्षी महाविकास अघाड़ी (MVA) का प्रदर्शन निराशाजनक दिख रहा है। शिवसेना (यूबीटूी) 9, एनसीपी (शरद पवार) 12 और कांग्रेस 14 सीटों पर आगे चल रही है। महाराष्ट्र में 42 नगर पंचायत पर हुए चुनाव के लिए भी गिनती जारी है। इनमें से भी भाजपा गठबंधन का शानदार प्रदर्शन दिख रहा है। भाजपा 23, शिवसेना 5 और एनसीपी 3 सीटों पर आगे चल रही है। वहीं, शिवसेना (यूबीटी) 1 और कांग्रेस 4 सीटों पर बढ़त बनाए हुई है।

Weather Update: Western Disturbance के असर से 7 दिन तक शीतलहर, इन राज्यों में कंपकंपाती ठंड

नई दिल्ली देश के विभिन्न हिस्सों में ठंड लगातार बढ़ती जा रही है। कुछ राज्यों में लोग अब सुबह और रात के समय ही ठंड का अनुभव कर रहे हैं, जबकि कुछ राज्यों में कड़ाके की सर्दी ने लोगों को कंपकंपी में डाल दिया है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले दिनों एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है, जिससे इस बार सर्दी अपने चरम पर पहुंच सकती है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले सात दिनों के लिए कई राज्यों में शीतलहर की चेतावनी जारी की है। उत्तर-पश्चिम भारत उत्तर-पश्चिमी राज्यों में ठंड की मार अगले हफ्ते और तेज होने वाली है। उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के कई जिलों में शीतलहर के कारण ठंड का प्रकोप रहेगा। इसके अलावा, सुबह के समय कई इलाकों में घना कोहरा रहने की संभावना है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी ठंड और बर्फबारी का अलर्ट जारी किया गया है। पूर्वी और मध्य भारत मध्य और पूर्वी राज्यों में भी अगले सात दिनों में ठंड बढ़ने वाली है। मध्य प्रदेश, बिहार, झारखंड, ओडिशा और छत्तीसगढ़ के कई जिलों में शीतलहर से ठिठुरन बढ़ेगी। मौसम विभाग ने इस क्षेत्र में लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी है। पश्चिमी भारत पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से महाराष्ट्र के मध्य जिलों में भी अगले सप्ताह शीतलहर के असर की संभावना है। इससे वहां के तापमान में गिरावट आएगी और ठंड बढ़ेगी। दक्षिण भारत दक्षिण भारत के कई हिस्सों में भी ठंड के बढ़ने का अनुमान है। कर्नाटक के दक्षिणी आंतरिक इलाकों और तेलंगाना के कई क्षेत्रों में शीतलहर के कारण लोगों को ठंड का अनुभव अधिक होगा। उत्तरी-पूर्वी भारत उत्तरी-पूर्वी राज्यों में सुबह के समय घना कोहरा और ठंड का प्रभाव देखा जाएगा। मेघालय, मणिपुर, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश, त्रिपुरा और नागालैंड में शीतलहर को लेकर चेतावनी जारी की गई है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले सात दिन कई राज्यों में सर्दी के चरम अनुभव के संकेत दे रहे हैं, इसलिए लोगों को गर्म कपड़े पहनने और स्वास्थ्य का ध्यान रखने की सलाह दी जाती है।  

डिजिटल सुविधा का विस्तार: भोपाल में ऑनलाइन मिलेगा मैरिज सर्टिफिकेट, नहीं लगाने होंगे ऑफिस के चक्कर

भोपाल राजधानीवासियों को अब मैरिज सर्टिफिकेट बनवाने के लिए निगम कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे न ही किसी दलाल को रिश्वत देकर सर्टिफिकेट बनवाने की जरूरत पड़ेगी। क्योंकि अब यह काम ऑनलाइन होगा। टीएल की बैठक के दौरान निगमायुक्त संस्कृति जैन ने नागरिक सेवाओं को सरल और पारदर्शी बनाने पर विशेष जोर दिया गया। शहर के नागरिक निगम की वेबसाइट पर आवश्यक दस्तावेज अपलोड कर मैरिज सर्टिफिकेट ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। वार्ड में पदस्थ निगम कर्मचारी अपलोड किए गए दस्तावेजों के आधार पर मौके पर पंचनामा तैयार करेंगे और दस्तावेजों का सत्यापन करेंगे। सत्यापन पूरा होने के बाद संबंधित व्यक्ति डिजिटल मैरिज सर्टिफिकेट ऑनलाइन डाउनलोड कर सकेंगे। निगम आयुक्त ने ऑनलाइन सर्टिफिकेट जारी करने की पूरी प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। चेतावनी: 50 दिन से ज्यादा कोई भी शिकायत लंबित न रहे बैठक के दौरान समय-सीमा की शिकायतों को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए निगमायुक्त अधिकारियों को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि 50 दिनों तक कोई भी शिकायत लंबित नहीं रहनी चाहिए। निर्धारित अवधि में शिकायतों का निराकरण कर उन्हें विलोपित कराया जाए, अन्यथा संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।    बड़े बकायादरों पर करें सख्ती राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए निगम आयुक्त ने संपत्तिकर और बकाया करों की प्रभावी वसूली के निर्देश दिए, विशेष रूप से बड़े बकायादारों से सख्ती से कर वसूली करने को कहा। साथ ही लीज रेंट की राशि भी अनिवार्य रूप से जमा कराने के निर्देश दिए गए।

हरित ऊर्जा की पहल: पंजाब के इस जिले में छात्रों के घरों पर निःशुल्क सोलर सिस्टम

होशियारपुर  जिले के भविष्य को ऊर्जा, शिक्षा और आत्मनिर्भरता के मजबूत स्तंभों पर खड़ा करने की दिशा में जिला प्रशासन ने चढ़दा सूरज अभियान के तहत एक प्रेरक और दूरदर्शी पहल की है। इस अभियान के केंद्र में जहां 600 टॉपर विद्यार्थियों के घरों पर 1-1 किलोवाट का निःशुल्क रूफ टॉप सोलर सिस्टम है, वहीं इसके साथ-साथ विशेष बच्चों के लिए रोजगार और ग्रामीण महिलाओं के लिए आजीविका से जुड़े दो अन्य प्रोजैक्ट भी समाज को नई दिशा देने का कार्य कर रहे हैं। डी.सी. आशिका जैन की अध्यक्षता में जिले में कार्यरत विभिन्न एन.जी.ओज के साथ आयोजित बैठक में यह स्पष्ट संदेश दिया गया कि विकास तभी टिकाऊ होगा, जब प्रशासन और समाज मिलकर आगे बढ़ें। डी.सी. ने कहा कि यह पूरा अभियान जिला प्रशासन की ओर से रैडक्रास सोसायटी के सहयोग से संचालित किया जा रहा है, जिसमें एन.जी.ओज को परिवर्तन का सशक्त माध्यम माना गया है। डी.सी. आशिका जैन ने कहा कि चढ़दा सूरज अभियान की सबसे प्रभावशाली कड़ी “गो सोलर अभियान” है। उन्होंने घोषणा की कि सी.एस.आर. सहयोग से वर्ष 2024-25 के 10वीं कक्षा के 600 टॉपर विद्यार्थियों के घरों पर 1 किलोवाट तक का रूफ टॉप सोलर सिस्टम पूरी तरह निःशुल्क लगाया जाएगा। यह पहल न केवल मेधावी विद्यार्थियों के सम्मान का प्रतीक है, बल्कि उनके परिवारों के माध्यम से पूरे समाज को स्वच्छ और सस्ती सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रेरित करने का सशक्त संदेश भी देती है।   डी.सी. आशिका जैन ने एन.जी.ओज से अपील की कि वे इस योजना को जन-जन तक पहुंचाएं, ताकि लोग समझ सकें कि सोलर ऊर्जा बिजली बिल में राहत के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण का भी माध्यम है। इसी क्रम में यह भी घोषणा की गई कि जो एन.जी.ओ. 28 फरवरी 2026 तक 25 सोलर पैनल स्थापित करवाएगी, उसे जिला प्रशासन की ओर से 25 हजार रुपए का रिवार्ड दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि चढ़दा सूरज अभियान के अंतर्गत “विंग्ज प्रोजेक्ट” समाज के उस वर्ग के लिए आशा की किरण बनकर उभरा है, जिसे अक्सर मुख्यधारा से दूर समझा जाता है। इस परियोजना के तहत होशियारपुर में 7 स्थानों पर कैंटीन स्थापित कर 16 विशेष बच्चों को सम्मानजनक रोजगार उपलब्ध कराया गया है। डी.सी. आशिका जैन ने एन.जी.ओज से आग्रह किया कि वे आगे आकर ऐसे बच्चों की पहचान करें और विंग्ज प्रोजैक्ट के विस्तार में भागीदार बनें। उन्होंने एन.जी.ओ. को प्रोजैक्ट के अंतर्गत अपने स्तर पर कैंटीन खोलने के लिए भी प्रेरित किया औ कहा कि कि जिला प्रशासन और रैडक्रास की ओर से हर तरह का पूरा सहयोग दिया जाएगा, जबकि संचालन और प्रबंधन की जिम्मेदारी एन.जी.ओ. संभालेंगी। डी.सी. आशिका जैन ने कहा कि तीसरी महत्वपूर्ण पहल “सुई धागा” प्रोजैक्ट है, जिसका उद्देश्य ग्रामीण जरूरतमंद महिलाओं को कौशल विकास के माध्यम से स्थायी आजीविका देना है। इस प्रोजैक्ट के तहत गांवों, तहसीलों और ब्लॉकों में सिलाई केंद्र खोले जाएंगे। उन्होंने बताया कि मशीनरी और उपकरण रैडक्रास सोसायटी उपलब्ध कराएगी, जबकि संचालन मनरेगा फ्रेमवर्क के तहत किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एन.जी.ओज से अपेक्षा है कि वे उपयुक्त स्थानों और इच्छुक महिलाओं की पहचान कर सामुदायिक लामबंदी में सहयोग दें। डी.सी. आशिका जैन ने विश्वास जताया कि एन.जी.ओज की सक्रिय भागीदारी से चढ़दा सूरज अभियान सामाजिक सशक्तिकरण, स्वच्छ ऊर्जा और आत्मनिर्भरता का मजबूत मॉडल बनेगा, जिसकी गूंज आने वाले वर्षों तक जिले की प्रगति में सुनाई देगी। बैठक में अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (विकास) निकास कुमार, सहायक कमिश्नर ओएशी मंडल, सचिव जिला रैडक्रास सोसायटी मंगेश सूद व संयुक्त सचिव आदित्य राणा भी में मौजूद रहे।

क्रिकेट का महामुकाबला! U19 एशिया कप 2025 फाइनल में भारत vs पाकिस्तान, कब और कहां होगा मैच

दुबई भारतीय अंडर-19 टीम रविवार को चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ अंडर-19 एशिया कप 2025 के फाइनल में उतरेगी। यह बहुप्रतीक्षित मुकाबला दुबई स्थित ICC अकादमी ग्राउंड, दुबई में खेला जाएगा। आयुष म्हात्रे की कप्तानी में भारत ने सेमीफाइनल में श्रीलंका को हराकर फाइनल में जगह बनाई, जबकि पाकिस्तान ने बांग्लादेश को मात देकर खिताबी मुकाबले में प्रवेश किया। सेमीफाइनल में भारत का शानदार प्रदर्शन भारत ने सेमीफाइनल में शानदार गेंदबाजी करते हुए श्रीलंका को सिर्फ 138 रन पर समेट दिया। बारिश के कारण यह मैच 20-20 ओवर का कर दिया गया था। लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत की शुरुआत लड़खड़ाई और आयुष म्हात्रे (7 रन) व वैभव सूर्यवंशी (6 गेंदों में 9 रन) जल्दी आउट हो गए। इसके बाद आरोन जॉर्ज और विहान मल्होत्रा ने पारी संभाली। दोनों के बीच तीसरे विकेट के लिए 114 रनों की नाबाद साझेदारी हुई। जॉर्ज 49 गेंदों में 58 रन और मल्होत्रा 45 गेंदों में 61 रन बनाकर नाबाद लौटे। पाकिस्तान का सेमीफाइनल सफर दूसरे सेमीफाइनल में पाकिस्तान ने बांग्लादेश को 121 रन पर ऑलआउट कर दिया और 16.3 ओवर में लक्ष्य हासिल कर लिया। गीले आउटफील्ड के कारण यह मैच 27 ओवर का कर दिया गया था। ग्रुप स्टेज में भारत का दबदबा ग्रुप चरण में भारत और पाकिस्तान की भिड़ंत में टीम इंडिया ने 90 रन से बड़ी जीत दर्ज की थी। उस मैच में भारत ने 240 रन बनाए थे, जिसमें आरोन जॉर्ज और कनिष्क चौहान ने अहम योगदान दिया। गेंदबाजी में कनिष्क चौहान और दीपेश देवेंद्रन ने तीन-तीन विकेट लेकर पाकिस्तान को 150 रन पर रोक दिया था। मैच से जुड़ी अहम जानकारी मैच: भारत U19 बनाम पाकिस्तान U19, फाइनल तारीख: 21 दिसंबर 2025 समय: सुबह 9:00 बजे (स्थानीय समय) / 10:30 बजे IST (भारतीय समय) स्थान: ICC अकादमी ग्राउंड, दुबई लाइव प्रसारण और स्ट्रीमिंग अंडर-19 एशिया कप फाइनल का सीधा प्रसारण सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क पर किया जाएगा। वहीं, SonyLIV ऐप पर मैच की लाइव स्ट्रीमिंग सुबह 10:30 बजे (IST) से उपलब्ध होगी। टीमें: भारत: आयुष म्हात्रे (कप्तान), वैभव सूर्यवंशी, आरोन जॉर्ज, विहान मल्होत्रा, वेदांत त्रिवेदी, अभिज्ञान कुंडू (विकेटकीपर), कनिष्क चौहान, हेनिल पटेल, खिलान पटेल, दीपेश देवेंद्रन, किशन कुमार सिंह, उधव मोहन, नमन पुष्पक, हरवंश पांगलिया, युवराज गोहिल। पाकिस्तान: समीर मिन्हास, हमजा जहूर (विकेटकीपर), उस्मान खान, अहमद हुसैन, फरहान यूसुफ (कप्तान), हुजैफा अहसन, दानियाल अली खान, मोहम्मद शायान, अब्दुल सुभान, मोहम्मद सैयाम, अली रजा, मोमिन कमर, अली हसन बलोच, निकाब शफीक, मोहम्मद हुजैफा।  

परीक्षा पर चर्चा 2026: टेंशन नहीं टैलेंट पर होगी बात, पीएम मोदी से संवाद का मौका; ऐसे करें रजिस्ट्रेशन

नई दिल्ली  PPC 2026: बोर्ड परीक्षा की तैयारी, तनाव और भविष्य की उलझनों को कम करने के लिए ‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ एक बार फिर युवाओं की उम्मीद बनकर उभरा है। इस बार आयोजन ने रजिस्ट्रेशन के सारे पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। करोड़ों छात्र, शिक्षक और अभिभावक पीएम मोदी के इस इवेंट से जुड़कर अपनी बात रखने को तैयार हैं। प्रधानमंत्री के लोकप्रिय संवाद कार्यक्रम परीक्षा पे चर्चा (PPC) 2026 के नौवें संस्करण में अब तक कुल 1,27,38,536 लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। इनमें 1,18,22,663 छात्र, 8,04,094 शिक्षक, और 1,11,779 अभिभावक शामिल हैं। PPC 2026: कौन कर सकता है रजिस्ट्रेशन? PPC 2026 में भाग लेने के लिए कक्षा 6 से 12 तक के छात्र, स्कूल शिक्षक, और अभिभावक पात्र हैं। इच्छुक प्रतिभागी 11 जनवरी 2026 तक आधिकारिक पोर्टल के जरिए रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। सभी रजिस्टर्ड प्रतिभागियों को Participation Certificate भी दिया जाएगा। छात्र दो तरीकों से PPC 2026 में हिस्सा ले सकते हैं। पहले स्वयं रजिस्ट्रेशन के जरिए। दूसरा टीचर लॉगिन के माध्यम से, जिसमें छात्र अपना नाम और मोबाइल नंबर दर्ज कर सकते हैं। इस व्यवस्था का मकसद ज्यादा से ज्यादा छात्रों को इस संवाद से जोड़ना है। PPC 2026: आपका सवाल बन सकता है चर्चा का हिस्सा PPC 2026 में सवाल पूछने का मौका भी बेहद खास है। सरकार MCQ आधारित प्रतियोगिता के जरिए प्रतिभागियों का चयन करेगी। यह प्रतियोगिता MyGov पोर्टल पर 11 जनवरी 2026 तक आयोजित की जा रही है। छात्र, शिक्षक और अभिभावक इसी मंच पर अपने सवाल भेज सकते हैं। चुने गए सवालों को सीधे परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में शामिल किया जाएगा। PPC 2026: जनवरी 2026 में होगा आयोजन प्रधानमंत्री का यह अनोखा इंटरएक्टिव कार्यक्रम जनवरी 2026 में आयोजित किया जाएगा। इसमें पीएम मोदी छात्रों से परीक्षा के तनाव, समय प्रबंधन, करियर और जीवन से जुड़े मुद्दों पर खुलकर बात करेंगे। PPC 2026: परीक्षा पे चर्चा के बारे में ‘परीक्षा पे चर्चा’ एक वार्षिक आयोजन है, जिसकी शुरुआत फरवरी 2018 में नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम से हुई थी। तब से लेकर अब तक यह कार्यक्रम छात्रों के लिए प्रेरणा, आत्मविश्वास और मानसिक मजबूती का बड़ा स्रोत बन चुका है।

रसोई बजट होगा हल्का: गैस सिलेंडर पर ₹300 की सब्सिडी, जानिए कौन उठा सकेगा फायदा

नई दिल्ली  केंद्र सरकार की कई योजनाएं हैं जिससे एक बड़ा वर्ग लाभान्वित हो रहा है। ऐसी ही एक योजना- प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) है। इस योजना के तहत लाभार्थियों को सामान्य ग्राहक के मुकाबले 300 रुपये कम कीमत पर भरे हुए एलपीजी सिलेंडर मिलते हैं। उदाहरण के लिए देश की राजधानी दिल्ली में घरेलू सिलेंडर की कीमत सामान्य ग्राहकों के लिए 853 रुपये है तो लाभार्थियों के लिए 553 रुपये है। कहने का मतलब है कि ग्राहकों को 300 रुपये सस्ती कीमत पर सिलेंडर मिल जाएगा। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने मई 2016 में इस योजना की शुरुआत की थी, जिसका उद्देश्य ग्रामीण और पिछड़े इलाकों में रहने वाले उन परिवारों को एलपीजी कनेक्शन देना था,। योजना के तहत मार्च 2020 तक 8 करोड़ एलपीजी कनेक्शन जारी करने का लक्ष्य रखा गया था, जिसे सितंबर 2019 में पूरा कर लिया गया। इसके बाद सरकार ने उज्ज्वला 2.0 की शुरुआत की, जिसके तहत विशेष रूप से प्रवासी परिवारों को ध्यान में रखते हुए 1.6 करोड़ अतिरिक्त एलपीजी कनेक्शन देने का प्रावधान किया गया। यह लक्ष्य दिसंबर 2022 में पूरा हुआ, जिससे योजना के तहत कुल कनेक्शनों की संख्या बढ़कर 9.6 करोड़ हो गई। आगे चलकर उज्ज्वला 2.0 के तहत वित्त वर्ष 2023-24 से 2025-26 के बीच 75 लाख और कनेक्शन देने का निर्णय लिया गया, जिसे जुलाई 2024 में ही पूरा कर लिया गया। इसके साथ ही कुल एलपीजी कनेक्शन की संख्या 10.35 करोड़ तक पहुंच गई। अब सरकार ने उज्ज्वला योजना के तहत 25 लाख अतिरिक्त एलपीजी कनेक्शन जारी करने की मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही योजना का कुल लक्ष्य बढ़कर 10.6 करोड़ कनेक्शन हो गया है। फिलहाल इन नए कनेक्शनों को जारी करने की प्रक्रिया जारी है। 3.13 करोड़ टन हो गई एलपीजी खपत क्रिसिल इंटेलिजेंस की एक रिपोर्ट के मुताबिक वित्त वर्ष 2024-25 में एलपीजी खपत बढ़कर लगभग 3.13 करोड़ टन हो गई, जो वित्त वर्ष 2016-17 के 2.16 करोड़ टन से अधिक है। वित्त वर्ष 2025-26 में इसके 3.3 से 3.4 करोड़ टन तक पहुंचने का अनुमान है। रिपोर्ट में कहा गया कि घरेलू खपत में भी लगातार वृद्धि हो रही है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के उपभोक्ताओं का औसत वार्षिक रिफिल 2016-17 के 3.9 सिलेंडर से बढ़कर वित्त वर्ष 2024-25 में लगभग 4.5 सिलेंडर हो गया है। गैर-उज्ज्वला योजना परिवारों ने पिछले पांच वर्षों में प्रति वर्ष 6-7 सिलेंडर के स्थिर रीफिल स्तर को बनाए रखा है।  

रेलवे का तोहफा: 8 राज्यों के लिए 2 सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेनें शुरू, जानें रूट, स्टॉपेज और टाइमिंग

वडोदरा रेल यात्रियों के लिए गुड न्यूज है। रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए दो जोड़ी सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला किया है। इन ट्रेनों से एक दो नहीं बल्कि गुजरात, मध्य प्रदेश और राजस्थान समेत कई राज्यों के यात्रियों का सफर और आसान हो जाएगा। इनके लिए आज से बुकिंग भी शुरू हो गई है।   पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) विनीत अभिषेक ने बताया कि यात्रियों की सुविधा तथा उनकी बढ़ती यात्रा मांग को पूरा करने के उद्देश्य से मुंबई सेंट्रल – नई दिल्ली और बांद्रा टर्मिनस – अमृतसर स्टेशनों के बीच विशेष किराये पर दो सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी। सीपीआरओ द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार, ट्रेन संख्या 04001/04002 मुंबई सेंट्रल – नई दिल्ली सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन 8 फेरे लगाएगी। ट्रेन संख्या 04001 मुंबई सेंट्रल – नई दिल्ली सुपरफास्ट विशेष मुंबई सेंट्रल से रात में 11.30 बजे प्रस्थान करेगी तथा अगले दिन रात 08.50 बजे नई दिल्ली पहुंचेगी। यह ट्रेन 21, 24, 27 और 30 दिसंबर को चलेगी। इसी प्रकार, ट्रेन संख्या 04002 नई दिल्ली – मुंबई सेंट्रल सुपरफास्ट स्पेशल नई दिल्ली से रात 10.40 बजे प्रस्थान करेगी तथा अगले दिन रात 09.00 बजे मुंबई सेंट्रल पहुंचेगी। यह ट्रेन 20, 23, 26 और 29 दिसंबर को चलेगी। ट्रेन इन स्टेशनों पर रुकेगी यह ट्रेन दोनों दिशाओं में बोरीवली, सूरत, वडोदरा, रतलाम, कोटा, सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी एवं मथुरा स्टेशनों पर ठहरेगी। इस ट्रेन में फर्स्ट एसी, एसी-2 टियर, एसी-3 टियर, एसी-3 टियर (इकोनॉमी), स्लीपर क्लास एवं जनरल सेकेंड क्लास कोच होंगे। ट्रेन संख्या 04695/04696 बांद्रा टर्मिनस – अमृतसर सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन 4 फेरे लगाएगी। ट्रेन संख्या 04695 बांद्रा टर्मिनस – अमृतसर सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन बांद्रा टर्मिनस से दोपहर 02.00 बजे चलेगी तथा अगले दिन रात 08.30 बजे अमृतसर पहुंचेगी। यह ट्रेन 24 और 28 दिसंबर को चलेगी। इसी प्रकार ट्रेन संख्या 04696 अमृतसर – बांद्रा टर्मिनस सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन अमृतसर से सुबह 04.20 बजे चलेगी तथा अगले दिन सुबह 11.00 बजे बांद्रा टर्मिनस पहुंचेगी। यह ट्रेन 23 और 27 दिसंबर 2025 को चलेगी। इन स्टेशनों पर होंगे स्टॉप यह ट्रेन दोनों दिशाओं में बोरीवली, वापी, वलसाड, सूरत, भरूच, वडोदरा, गोधरा, दाहोद, रतलाम, कोटा, सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी, मथुरा, दिल्ली सफदरजंग, पानीपत, अंबाला कैंट, लुधियाना, जालंधर सिटी एवं ब्यास स्टेशनों पर ठहरेगी। इस ट्रेन में फर्स्ट एसी, एसी-2 टियर, एसी-3 टियर, स्लीपर क्लास एवं जनरल सेकेंड क्लास कोच होंगे। ट्रेन संख्या 04001और 04695 की बुकिंग 20 दिसंबर से सभी पीआरएस काउंटरों एवं आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर शुरू हो गई है।  

केन्द्रीय गृह मंत्री का सेमरिया क्षेत्र में आगमन हमारे लिए गौरव का क्षण है: उप मुख्यमंत्री

भोपाल उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने बसामन मामा गौअभ्यरण्य में 25 दिसंबर को आयोजित होने वाले प्राकृतिक खेती माडल के लोकार्पण तथा किसान एवं सहकारिता सम्मेलन की तैयारियों का जायजा लिया। उप मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल, पार्किंग स्थल, नवनिर्मित भोजन शाला, गौशाला, मंदिर तथा प्राकृतिक खेती के लिए बनाये गये विभिन्न प्रकल्पों का निरीक्षण किया। उप मुख्यमंत्री ने गौअभ्यारण्य के प्रशासनिक भवन परिसर में आयोजित बैठक में सम्मेलन की तैयारियों की समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह 25 दिसंबर को बसामन मामा गौअभ्यारण्य का दौरा करेंगे। केन्द्रीय गृह मंत्री किसान एवं सहकारिता सम्मेलन में निर्माण कार्यों का लोकार्पण तथा भूमिपूजन करने के साथ विशाल जनसभा को सम्बोधित करेंगे। केन्द्रीय गृह मंत्री बसामन मामा गौअभ्यारण्य का भ्रमण कर गौवंश की सेवा के लिए किये जा रहे प्रयासों की जानकारी लेंगे। साथ ही उद्यानिकी तथा खेती के लिए गौअभ्यारण्य में विकसित किये जा रहे प्राकृतिक एवं जैविक खेती के लिए माडल का लोकार्पण करेंगे। इस माडल में जैविक विधि से उगाये गये पौधे, जैवविविधता से जुड़े 60 तरह के बीज तथा 12 तरह के जैविक खाद कीटनाशकों का प्रदर्शन किया जायेगा। केन्द्रीय गृह मंत्री का सेमरिया क्षेत्र में आगमन हमारे लिए गौरव का क्षण है। उप मुख्यमंत्री ने सम्मेलन की मंच व्यवस्था, सुरक्षा व्यवस्था, वाहन की पार्किंग, साफ-सफाई तथा पेयजल व्यवस्था तथा बिजली की आपूर्ति के संबंध में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिये। बैठक में उपस्थित अपर कलेक्टर श्रीमती सपना त्रिपाठी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मेहताब सिंह गुर्जर तथा एसडीएम सिरमौर दृष्टि जायसवाल ने सम्मेलन के लिए की जा रही तैयारियों की जानकारी दी। गौ-अभ्यारण्य प्रबंधन समिति के सचिव सेवानिवृत्त उप संचालक पशुपालन डॉ. राजेश मिश्रा ने गौअभ्यारण्य में किये जा रहे कार्यों का विवरण दिया। बैठक में जिला पंचायत श्रीमती नीता कोल, पूर्व विधायक श्री के.पी. त्रिपाठी,  श्री राजेश पाण्डेय अन्य जनप्रतिनिधिगण संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। उप मुख्यमंत्री ने बसामन मामा तीर्थ जाकर दर्शन तथा पूजा अर्चना की। 

कोर्ट सख्त: नियम तोड़ने वाले राजस्थान के 10 डेंटल कॉलेजों को ₹10-10 करोड़ भरने का आदेश

नई दिल्ली सुप्रीम कोर्ट ने बीडीएस (बैचलर ऑफ डेंटल सर्जरी) में दाखिले के नियमों का उल्लंघन करने पर राजस्थान के 10 निजी डेंटल कॉलेजों पर कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने इन सभी कॉलेजों पर 10-10 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है। कोर्ट ने कहा कि इन कॉलेजों ने जानबूझकर नियमों की अनदेखी की, जिससे मेडिकल शिक्षा के मानकों को नुकसान पहुंचा। न्यायमूर्ति विजय बिश्नोई और न्यायमूर्ति जेके महेश्वरी की पीठ ने कॉलेजों के साथ-साथ राज्य सरकार की भूमिका पर भी नाराजगी जताई। अदालत ने बीडीएस दाखिले (शैक्षणिक सत्र 2016-17) में कानूनी प्रक्रिया का पालन न करने पर राजस्थान सरकार को 10 लाख रुपये राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (आरएसएलएसए) में जमा करने का आदेश दिया। क्या था मामला? बीडीएस में दाखिले के लिए एनईईटी परीक्षा में न्यूनतम प्रतिशत तय है। राजस्थान सरकार ने बिना अधिकार के इस न्यूनतम प्रतिशत में पहले 10 प्रतिशत और फिर पांच प्रतिशत की अतिरिक्त छूट दे दी। इस छूट के कारण कई ऐसे छात्रों को दाखिला मिल गया, जो तय पात्रता पूरी नहीं करते थे। इतना ही नहीं, कुछ कॉलेजों ने इस 10+5 प्रतिशत की छूट से भी आगे जाकर छात्रों को दाखिला दे दिया, जो पूरी तरह नियमों के खिलाफ था। छात्रों को राहत, कॉलेजों पर सख्ती सुप्रीम कोर्ट ने मानवीय आधार पर 2016-17 में दाखिला पाए छात्रों को राहत दी। अदालत ने अपने विशेष अधिकार का इस्तेमाल करते हुए उनकी बीडीएस डिग्री को वैध (रेग्युलराइज) कर दिया। हालांकि, जिन छात्रों को राहत मिली है, उन्हें निर्देश दिया गया है कि वे राजस्थान हाईकोर्ट में हलफनामा दाखिल करेंऔर राज्य में आपदा, महामारी या किसी आपात स्थिति में निःशुल्क सेवा देने के लिए तैयार रहें। जुर्माने की रकम कहां जाएगी? सभी कॉलेजों को जुर्माने की राशि आठ सप्ताह के भीतर आरएसएलएसए में जमा करनी होगी। यह पैसा वन स्टॉप सेंटर, नारी निकेतन, वृद्धाश्रम और बाल देखभाल संस्थानों जैसे सामाजिक कल्याण के कार्यों में इस्तेमाल किया जाएगा।