samacharsecretary.com

पीएम मोदी बोले—बजट से मजबूत होगी स्किल और सस्टेनेबिलिटी, नागरिक ही देश की सबसे बड़ी पूंजी

नई दिल्ली पीएम मोदी ने रविवार को बजट पर कहा, 'देश में रिफॉर्म एक्सप्रेस चल पड़ी है। जो बदलाव किए गए हैं वो एक्सप्रेशन से भरे हुए भारत के साहसिक प्रतिभाशाली युवाओं को खुला आसमान देते हैं।' उन्होंने कहा कि बजट से रिफॉर्म्स को नई गति मिलेगी। ये स्किल, स्केल और सस्टेनेबिलिटी को मजबूत करने का प्रयास है। सबसे बड़ी पूंजी नागरिक, इसी में निवेश किया। पीएम ने कहा कि यह एक ऐसा यूनिक बजट है, जिसमें फिसकल डेफिसिट कम करने पर फोकस है। इसके साथ बजट में हाई कैपेक्स और हाई ग्रोथ का समन्वय है। यह देश की ग्लोबल भूमिका को नए सिरे सशक्त करता है।

पंजाब दौरे पर जा रहे PM मोदी

जालंधर. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज यानी एक फरवरी को बजट को पेश करवाने के बाद शाम को पंजाब दौरे पर जा रहे हैं। पीएम का यह दौरा गुरु रविदास की 649वीं जयंती के अवसर पर रविदसिया समाज के मुख्यालय जालंधर के बल्लां स्थित डेरा सचखंड में हो रहा है। विधानसभा चुनाव के लिए एक साल से भी कम समय बचा है। ऐसे में राज्य की जाति आधारित राजनीति में रविदासिया समाज की भूमिका को देखते हुए पीएम का इस समाज के मुख्यालय पर यह दौरा और भी ज्यादा खास हो गया है। पीएम मोदी के इस दौरे के पहले जालंधर को दहलाने की भी कोशिश की गई थी। यहां के स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। हालांकि बाद में वह सब फर्जी साबित हुए। पीएम का यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है, जब भाजपा और उसकी पूर्व क्षेत्रीय सहयोगी पार्टी राज्य में दलित समुदाय को साधने की कोशिश कर रही है। आखिर क्यों अहम है रविदासिया समाज? पंजाब में आने वाले समय में विधानसभा चुनाव होने हैं। भाजपा समेत तमाम पार्टियां दलित वोटर्स को लुभाने में लगी हुई है। ऐसे में दोआबा क्षेत्र, जहां पर लगभग 45 फीसदी दलित आबादी रहती है, जो कि पंजाब के औसत 32 फीसदी से कहीं ज्यादा है। इस क्षेत्र में राज्य की 23 विधानसभा सीटें आती हैं, जिसमें बल्लां स्थित डेरे की पकड़ इनमें से करीब 19 सीटों पर है। संसद में बजट पेश करवाने के बाद पंजाब के दौरे पर जा रहे पीएम का कार्यक्रम काफी व्यस्त रहने वाला है। जालंधर पहुंचने के पीएम मोदी यहां पर आदमपुर एयरपोर्ट का नया नामकरण करेंगे। यह एयरपोर्ट कल के बाद श्री गुरु रविदास जी एयरपोर्ट आदमपुर के नाम से जाना जाएगा। इस एयरपोर्ट का नाम बदलने की मांग काफी पहले से की जा रही थी। केंद्र की सत्ताधारी पार्टी भाजपा हर तरीके से इस समुदाय को खुश करने में लगी हुई है। हाल ही में 26 जनवरी को पद्म पुरस्कार विजेताओं में यहां के डेरा प्रमुख निरंजन दास का नाम भी शामिल था। दलित वोटरों पर भाजपा की नजर भाजपा शुरुआती दौर से ही पंजाब में शिरोमणि अकाली दल की जूनियर बनकर रही है। किसान आंदोलन के बाद राज्य में भाजपा की स्थिति में थोड़ी और गिरावट आई। इसके अलावा शिरोमणि अकाली दल भी साथ छोड़ गया। अब ऐसे में भाजपा का मुख्य फोकस राज्य के दलित वोटरों पर ही है और यही पार्टी के लिए राज्य में खड़े होने की कुंजी भी है। राज्य में पार्टी की इस योजना का असर होते हुए भी दिख रहा है। आंकड़ों की मानें तो 2022 विधानसभा चुनाव में भाजपा का वोट शेयर केवल 6.6 फीसदी था, जो कि लोकसभा चुनाव में बढ़कर 18.56 फीसदी हो गया। हालांकि, इसमें किसान आंदोलन के असर का कम होने जैसे फैक्टर भी शामिल हो सकते हैं। विश्लेषकों की मानें तो रविदासिया समुदाय को साधकर भाजपा यहां पर कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के पारंपरिक वोट बैंक में सेंध लगाना चाहती है। हालांकि पंजाब की राजनीति पर करीबी से नजर रखने वाले लोगों का मानना है कि पंजाब के दलित मतदाता एकजुट होकर वोट नहीं देते हैं। प्रिंट से बात करते हुए। चंडीगढ़ के डीएवी कॉलेज की डॉ. कंवलप्रीत कौर ने द प्रिंट से कहा, “रविदासिया और अन्य दलित समुदाय एकमुश्त किसी एक पार्टी को वोट नहीं देते। वे स्थानीय मुद्दों, उम्मीदवारों और गठबंधनों के आधार पर रुख बदलते हैं।” उनका कहना है कि समुदाय लंबे समय से अलग पहचान की मांग करता रहा है और बीजेपी इस पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता दिलाने की कोशिश कर रही है। भाजपा क्या बोली? राजनीति चाहें कुछ भी कहें लेकिन भाजपा नेतृत्व ने इस दौरे को राजनैतिक चश्मे से न देखने की अपील की है। केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा, “यह पंजाब के लिए गर्व का क्षण है। प्रधानमंत्री का रविदास जयंती समारोह में शामिल होना सभी समुदायों में एकता का संदेश देता है।” पंजाब बीजेपी अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने कहा कि बजट वाले दिन प्रधानमंत्री का यह दौरा “आस्था और सम्मान को दी जा रही प्राथमिकता” को दर्शाता है। जाखड़ ने यह भी दावा किया कि कांग्रेस ने लंबे समय तक इस समुदाय को नजरअंदाज किया।

पंजाब में कल एक और एयरपोर्ट की PM मोदी देंगे सौगात

जालंधर. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एक फरवरी को श्री गुरु रविदास जी के प्रकाशोत्सव पर जालंधर स्थित डेरा सचखंड बल्लां पहुंच रहे हैं। प्रधानमंत्री करीब 40 मिनट तक डेरे में रुकेंगे। इस दौरान वह संत निरंजन दास जी से आध्यात्मिक चर्चा करेंगे और डेरे की संगत को भी संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री के दौरे के मद्देनजर अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट-कम-अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (ज) अमनिंदर कौर ने 30 जनवरी से एक फरवरी तक जिला जालंधर को ‘नो फ्लाइंग जोन’ घोषित किया है। प्रधानमंत्री इस दौरान डेरा सचखंड बल्लां की ओर से किए जा रहे जनहित कार्यों की भी जानकारी लेंगे। डेरा चिकित्सा, शिक्षा और गुरु रविदास महाराज की बाणी के प्रचार प्रसार के लिए काम कर रहा है। डेरे के गद्दीनशीन संत निरंजन दास जी फिलहाल संगत के साथ श्री गुरु रविदास जी की जन्मस्थली वाराणसी गए हैं। वे रविवार को प्रधानमंत्री के आगमन से पहले वहां से लौट आएंगे। प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप (एसपीजी) ने डेरा सचखंड बल्लां में सुरक्षा व्यवस्था संभाल ली है। एसपीजी की टीम डेरा और आसपास के इलाके को अपने सुरक्षा घेरे में ले चुकी है। डेरा सचखंड बल्लां में हेलीपैड बनाया गया है। प्रधानमंत्री आदमपुर एयरपोर्ट से डेरा बल्लां तक हेलिकॉप्टर से आएंगे। इमरजेंसी के लिए डीएवी यूनिवर्सिटी में भी एक हेलीपैड बनाया है। आदमपुर एयरपोर्ट का नाम अब गुरु रविदास महाराज सिविल एयरपोर्ट होगा। केंद्र सरकार ने घोषणा पहले ही कर दी थी। प्रधानमंत्री के आने के बाद इसकी औपचारिक शुरुआत हो जाएगी। एयरपोर्ट पर गुरु रविदास महाराज सिविल एयरपोर्ट नाम का बोर्ड लगाने की तैयारी चल रही है। प्रधानमंत्री पंजाब और जालंधर के लिए बड़ी घोषणाएं कर सकते हैं। प्रधानमंत्री जालंधर से ही लुधियाना के हलवारा एयरपोर्ट का वर्चुअल उद्घाटन भी कर सकते हैं।

भारत के विकास में योगदान के लिए पीएम मोदी ने HD देवगौड़ा की तारीफ की

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा से मुलाकात की। इस मुलाकात की जानकारी पीएम मोदी ने खुद दी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा से मुलाकात की तस्वीरें साझा कीं। सोशल मीडिया पर शेयर की गई दो तस्वीरों में से एक में पीएम मोदी देवगौड़ा को पुष्पगुच्छ देते हुए नजर आ रहे हैं, जबकि दूसरी तस्वीर में देवगौड़ा के हाथों को पकड़कर महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करते नजर आ रहे हैं। पीएम मोदी ने एचडी देवगौड़ा के साथ हुई वार्ता की जानकारी देते हुए कहा, "एचडी देवेगौड़ा के साथ बातचीत हुई। अहम मुद्दों पर उनके सार्थक विचार काफी ध्यान देने लायक हैं। भारत के विकास के लिए उनका उत्साह भी उतना ही सराहनीय है।" एचडी देवेगौड़ा 1996-1997 तक भारत के प्रधानमंत्री थे और वर्तमान में वे जनता दल (सेक्युलर) के प्रमुख हैं। उनकी पार्टी एनडीए गठबंधन का हिस्सा है और कर्नाटक में भाजपा के साथ मिलकर काम करती है। देवेगौड़ा लंबे समय से कृषि, ग्रामीण विकास और जल संसाधनों जैसे मुद्दों पर अपनी राय रखते आए हैं। वे कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री भी रह चुके हैं और अभी राज्यसभा सदस्य हैं। उनकी उम्र और राजनीतिक अनुभव के कारण उनकी सलाह राजनीतिक हलकों में काफी महत्वपूर्ण मानी जाती है। हाल के वर्षों में दोनों नेताओं के बीच कई बार मुलाकातें और बातचीत हुई हैं, जो एनडीए के सहयोगी दलों के बीच समन्वय को मजबूत करने का संकेत देती हैं। पूर्व प्रधानमंत्री देवेगौड़ा ने अतीत में भी प्रधानमंत्री मोदी की कई योजनाओं की सराहना की। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मुलाकात सिर्फ सौजन्य नहीं, बल्कि रणनीतिक महत्व भी है। खासकर कर्नाटक जैसे महत्वपूर्ण राज्य में जहां जद(एस) का प्रभाव अभी भी बना हुआ है, और आगामी विधानसभा या अन्य चुनावों को देखते हुए गठबंधन की मजबूती जरूरी है।

शताब्दी समारोह में पीएम मोदी का संदेश: आर्य वैद्यशाला ने आयुर्वेद को दिया नया जीवन

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को केरल स्थित आर्य वैद्यशाला चैरिटेबल अस्पताल के शताब्दी समारोह में हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि आयुर्वेद को सहेजने, संरक्षित करने और आगे बढ़ाने में आर्य वैद्यशाला का महत्वपूर्ण योगदान है। आर्य वैद्यशाला के संस्थापक वैद्यरत्नम पी एस वरियर को याद करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आयुर्वेद के प्रति उनका दृष्टिकोण और लोक कल्याण के लिए उनका समर्पण आज भी हमें प्रेरित करता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "केरला की आर्य वैद्यशाला, भारत की उस उपचार परंपरा का जीवंत प्रतीक है, जिसने सदियों से मानवता की सेवा की है। भारत में आयुर्वेद किसी एक काल या एक क्षेत्र में सीमित नहीं रहा। हर दौर में इस प्राचीन चिकित्सा पद्धति ने जीवन को समझने, संतुलन बनाने और प्रकृति के साथ तालमेल बिठाने का रास्ता दिखाया है। आज आर्य वैद्यशाला 600 से अधिक आयुर्वेदिक औषधियों का निर्माण करती है, देश के अलग-अलग क्षेत्रों में संस्था के अस्पताल आयुर्वेदिक तरीके से मरीजों का इलाज कर रहे हैं, जिनमें दुनिया के 60 से अधिक देशों के मरीज शामिल होते हैं।" उन्होंने कहा कि आर्य वैद्यशाला ने ये भरोसा अपने काम से बनाया है। जब लोग कष्ट में होते हैं, तो आप सभी उनके लिए बहुत बड़ी उम्मीद बनते हैं। पीएम मोदी ने कहा, "आर्य वैद्यशाला के लिए सेवा सिर्फ एक विचार नहीं है। ये भावना उनके कार्य, दृष्टिकोण और संस्था में भी दिखाई देती है। संस्था का चैरिटेबल हॉस्पिटल पिछले 100 वर्षों से निरंतर लोगों की सेवा में जुटा है। इसमें अस्पताल से जुड़े सभी लोगों का योगदान है।" इस कार्य के लिए पीएम मोदी ने अस्पताल के वैद्य, डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ और अन्य सभी लोगों का अभिनंदन किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने सरकार की पहलों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि देश में लंबे समय तक प्राचीन चिकित्सा पद्धतियों को साइलो में देखा जाता रहा। पिछले 10-11 सालों में इस अप्रोच में बड़ा बदलाव हुआ है। अब स्वास्थ्य सेवाओं को होलिस्टिक नजरिए से देखा जा रहा है। आयुर्वेद, यूनानी, होम्योपैथिक, सिद्ध और योग, इन सबको हम एक छाता के नीचे लाए हैं, और इसके लिए विशेष तौर पर आयुष मंत्रालय बनाया गया है। नेशनल आयुष मिशन के तहत 12 हजार से अधिक आयुष वेलनेस सेंटर्स खोले गए। पीएम मोदी ने कहा कि सरकार की नीतियों का स्पष्ट प्रभाव आयुष सेक्टर पर दिखाई दिया है। आयुष विनिर्माण क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ा है और इसका विस्तार हुआ है। भारतीय पारंपरिक वेलनेस को दुनिया तक पहुंचाने के लिए सरकार ने आयुष निर्यात संवर्धन परिषद की स्थापना की है। उन्होंने कहा कि हमारी कोशिश है कि आयुष प्रोडक्ट और सेना को वैश्विक बाजारों में बढ़ावा मिल सके। साल 2014 में भारत से लगभग 3 हजार करोड़ रुपए के आयुष और हर्बल प्रॉडक्ट्स एक्सपोर्ट होते थे। वहीं अब भारत से 6500 करोड़ रुपए के आयुष और हर्बल प्रॉडक्ट्स एक्सपोर्ट होने लगे हैं। इसका बहुत बड़ा फायदा देश के किसानों को भी हो रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आयुर्वेद के माध्यम से भारत में सदियों से इलाज का काम होता रहा है, लेकिन ये भी दुर्भाग्य रहा है कि हमें देश में और ज्यादातर विदेशों में लोगों को आयुर्वेद का महत्व समझाना पड़ता है। इसकी एक बड़ी वजह एविडेंस बेस्ड रिसर्च और रिसर्च पेपरों की कमी है। जब साइंस के सिद्धांतों पर आयुर्वेदिक पद्धति को परखा जाता है, तो लोगों का भरोसा और मजबूत होता है। उन्होंने आह्वान किया कि हमें बदलते समय के अनुसार, आयुर्वेद में आधुनिक टेक्नॉलजी और एआई का उपयोग भी बढ़ाना चाहिए। बीमारी की संभावनाओं का पता लगाने और अलग-अलग पद्धितियों से इलाज के लिए काफी कुछ इनोवेटिव किया जा सकता है।

UGC के नए नियम और राजनीति का खेल: कांग्रेस नेता शंका में, BJP को फायदा दोगुना

नई दिल्ली यूजीसी रूल्स 2026 को लेकर मचे घमासान के बीच कांग्रेस के वरिष्ठ नेता उदित राज को आशंका है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को इससे डबल फायदा हो सकता है। उदित राज ने सवर्णों की ओर से किए जा रहे विरोध के पीछे साजिश का दावा करते हुए कहा कि अधिकतर भाजपा और आरएसएस के समर्थक ही ऐसा कर रहे हैं। उत्तर पश्चिम दिल्ली के पूर्व सांसद उदित राज ने कहा है कि विरोध के बावजूद सवर्ण भाजपा को ही वोट देंगे और दूसरी तरफ दलित-ओबीसी और आदिवासी भी खुश हो जाएंगे। उन्होंने भाजपा का डबल फायदा और इसके पीछे कथित साजिश का जिक्र करते हुए कहा, 'यूजीसी के नए नियम के पीछे कुछ बड़ी राजनीतिक साजिश लगती है। जनरल कैटेगरी के स्टूडेंट्स और सवर्ण जाति के लोगों द्वारा इसका विरोध किया जा रहा है और ये अधिकतर बीजेपी और आरएसएस के समर्थक हैं। विरोध के बावजूद ये वोट बीजेपी को ही देंगे। दूसरे तरफ दलित, ओबीसी और आदिवासी बीजेपी से खुश हो जाएंगे। मतलब है 'चित भी इनका पट भी इनका।' उदित राज ने यूजीसी रूल्स के खिलाफ उठ रहीं आवाजों को भी भाजपा की ही चाल बताया। उन्होंने वाराणसी में मंदिर तोड़े जाने पर विरोध नहीं होने का जिक्र करते हुआ कहा, 'लगता है बीजेपी ही अंदर से विरोध करा रही वरना वाराणसी में कितने मंदिर तोड़ें, क्या उसका बड़े पैमाने पर विरोध किया! गैर बीजेपी सरकार होती तो शायद ऐसा विरोध होता। क्या अब दलित, ओबीसी और आदिवासी हिंदू न रहे।?'  

PM मोदी 1 फरवरी को पंजाब के डेरा सचखंड बल्लां दरबार में आएंगे

जालंधर. गुरु रविदास महाराज जी की 649वीं जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 1 फरवरी को पंजाब दौरे पर आएंगे। इस दौरान प्रधानमंत्री जालंधर स्थित डेरा सचखंड बल्लां में नतमस्तक होंगे। बताया जा रहा है कि शाम 4 बजे यहां पहुंचेंगे। प्रधानमंत्री का यह दौरा गुरु रविदास महाराज जी की जयंती के पावन अवसर को समर्पित रहेगा। कार्यक्रम को लेकर प्रशासन और डेरा प्रबंधन की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। पीएम मोदी के दौरे को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है।

अमृत भारत एक्सप्रेस का विस्तार: पीएम मोदी ने शुरू कीं 3 नई ट्रेनें, किन शहरों को मिलेगा फायदा? पूरी डिटेल

तिरुवनंतपुरम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम से 4 नई ट्रेन सेवाओं को हरी झंडी दिखाई, जिसमें 3 अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें और एक पैसेंजर ट्रेन शामिल हैं। इनमें नागरकोइल-मंगलुरु अमृत भारत एक्सप्रेस, तिरुवनंतपुरम-तांबरम अमृत भारत एक्सप्रेस, तिरुवनंतपुरम-चारलपल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस और त्रिशूर-गुरुवायुर पैसेंजर ट्रेन शामिल हैं। यह कार्यक्रम पुथरिकंदम मैदान में आयोजित हुआ, जहां पीएम मोदी ने इन ट्रेनों को वर्चुअल या सीधे फ्लैग ऑफ किया। अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें किफायती किराए पर बेहतर सुविधाएं, सुरक्षा और आराम प्रदान करती हैं, जो सामान्य मेल/एक्सप्रेस और प्रीमियम ट्रेनों के बीच की खाई को भरती हैं। नई ट्रेन सुविधाओं से दक्षिण भारत में रेल कनेक्टिविटी मजबूत होगी, खासकर केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के बीच यात्रा आसान बनेगी। इन नई ट्रेनों से पर्यटन, व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा। तिरुवनंतपुरम-तांबरम अमृत भारत एक्सप्रेस तमिलनाडु और केरल के बीच तेज और सुविधाजनक सफर सुनिश्चित करेगी। नागरकोइल-मंगलुरु ट्रेन कर्नाटक तक कनेक्शन बढ़ाएगी। तिरुवनंतपुरम-चारलपल्ली ट्रेन तेलंगाना से केरल को जोड़ेगी। त्रिशूर-गुरुवायुर पैसेंजर ट्रेन भक्तों और यात्रियों के लिए विशेष रूप से उपयोगी होगी, क्योंकि गुरुवायुर मंदिर एक प्रमुख तीर्थस्थल है। पर्यटन क्षेत्र को होगा फायदा, बोले पीएम मोदी पीएम मोदी ने कहा कि ये पहल केरल के समग्र विकास को गति देंगी और पर्यटन क्षेत्र को फायदा पहुंचाएंगी। उन्होंने कहा, 'आज देश के दूसरे हिस्सों से केरल की रेल कनेक्टिविटी और सशक्त हुई है। थोड़ी देर पहले जिन अमृत भारत एक्सप्रेस रेल को हरी झंडी दिखाई गई है इससे केरल में ईज ऑफ ट्रेवल को बल मिलेगा। इस टूरिज्म सेक्टर को बहुत फायदा होगा।' यह कदम भारतीय रेलवे की अमृत भारत योजना का हिस्सा है, जो आधुनिक सुविधाओं वाली किफायती ट्रेनें शुरू कर यात्रियों को बेहतर अनुभव दे रही है। इससे लाखों यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा सस्ती और आरामदायक मिलेगी। यह दक्षिण भारत में रेल नेटवर्क को मजबूत बनाने की दिशा में अहम प्रयास है।  

जम्मू-कश्मीर हादसे पर प्रधानमंत्री मोदी का शोक संदेश

नई दिल्ली जम्मू-कश्मीर के डोडा में गुरुवार को एक सड़क हादसे में सेना के 10 जवान शहीद हो गए। इस हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया समेत कई दिग्गज नेताओं ने दुख जताया है। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि डोडा में हुई दुर्घटना से हम अत्यंत दुखी हैं, जिसमें हमने अपने बहादुर सैनिकों को खो दिया। राष्ट्र के प्रति उनकी सेवा को हम सदा याद रखेंगे। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं। प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है। वहीं, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने एक्स पर लिखा कि जम्मू-कश्मीर के डोडा में हुई दुखद घटना से मैं अत्यंत व्यथित हूं, जिसमें हमारे वीर सैनिकों ने अपने प्राणों की आहुति दी। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में हुए सड़क हादसे में हमारे कई वीर जवानों के दिवंगत होने का समाचार अत्यंत दुःखद है। पूरा देश इस दुःख की घड़ी में अपने वीर सपूतों के परिवारों के साथ खड़ा है। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें तथा शोकाकुल परिजनों को इस अपार दुःख को सहन करने की शक्ति दें। घायल जवानों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने एक्स पर लिखा कि डोडा में हुए दुखद सड़क हादसे में भारतीय सेना के हमारे बहादुर जवानों की जान जाने से मैं बेहद दुखी हूं। देश उनकी निस्वार्थ सेवा को सदा याद रखेगा। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं। वहीं, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी घटना को लेकर दुख प्रकट किया है। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर के डोडा में हुए सड़क हादसे में हमारे कई बहादुर जवानों की असामयिक मृत्यु का समाचार अत्यंत हृदयविदारक और असहनीय पीड़ा देने वाला है। राष्ट्र उनकी कर्तव्यनिष्ठा का सदैव ऋणी रहेगा। उन्होंने कहा कि इस दुःखद घड़ी में मैं शोकाकुल परिवारों के प्रति अपनी गहन संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्राप्त हो। ॐ शांति। केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के डोडा में हुई हृदयविदारक सड़क दुर्घटना में भारतीय सेना के 10 वीर जवानों के देहावसान से मन अत्यंत व्यथित और स्तब्ध है। शोकाकुल परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। दुर्घटना में घायल जवानों का उपचार जारी है, ईश्वर से प्रार्थना है कि वे शीघ्र स्वस्थ हों। उन्होंने कहा कि जो वीर जवान इस दुर्घटना में शहीद हुए हैं, भगवान उनकी पुण्य आत्माओं को शांति प्रदान करें। इस कठिन घड़ी में पूरा देश अपने सशस्त्र बलों और उनके परिवारों के साथ मजबूती से खड़ा है।

भाजपा की पहचान पर जोर, काजीरंगा परियोजना में विकास और संरक्षण का संदेश

कालियाबोर (असम) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के काजीरंगा क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-715 के कालियाबोर–नुमालीगढ़ सेक्शन की 4-लेनिंग परियोजना, काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर प्रोजेक्ट का शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने काजीरंगा से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हुए असम की सांस्कृतिक विरासत, विकास कार्यों और भाजपा सरकार की नीतियों पर विस्तार से बात की। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दो वर्ष पहले काजीरंगा में बिताए गए पल उनके जीवन के सबसे खास अनुभवों में शामिल हैं। उन्होंने बताया कि काजीरंगा नेशनल पार्क में रात्रि विश्राम और अगली सुबह एलिफेंट सफारी के दौरान उन्होंने इस क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता को बेहद करीब से महसूस किया। उन्होंने कहा कि असम आकर उन्हें हमेशा एक अलग तरह की खुशी मिलती है। यह धरती वीरों की धरती है और हर क्षेत्र में प्रतिभा दिखाने वाले बेटे-बेटियों की भूमि है। प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले वर्ष वे झुमोइर महोत्सव में शामिल हुए थे और इस बार माघ बिहू के अवसर पर असम आने का सौभाग्य मिला। उन्होंने कहा कि विकास परियोजनाओं के लिए लगातार यहां आने से भाजपा सरकार के ‘विकास भी, विरासत भी’ मंत्र को और मजबूती मिली है। राजनीतिक संदर्भ में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आज भाजपा पूरे देश में लोगों की पहली पसंद बन चुकी है। बीते एक-डेढ़ वर्षों में पार्टी पर देश का भरोसा लगातार बढ़ा है। उन्होंने बिहार चुनावों का उल्लेख करते हुए कहा कि 20 वर्षों बाद भी वहां जनता ने भाजपा को रिकॉर्ड वोट और सीटें दी हैं। इसके साथ ही महाराष्ट्र के नगर निकाय चुनावों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि मुंबई जैसे देश के सबसे बड़े नगर निगम में पहली बार भाजपा को रिकॉर्ड जनादेश मिला है। उन्होंने कहा, “जीत मुंबई में हो रही है और जश्न काजीरंगा में मनाया जा रहा है।” प्रधानमंत्री ने कहा कि हाल के सभी चुनाव परिणामों का संदेश साफ है—देश का मतदाता आज गुड गवर्नेंस और विकास चाहता है। वह विकास के साथ-साथ विरासत पर भी फोकस करता है, इसलिए भाजपा को चुनता है। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि देश कांग्रेस की नकारात्मक राजनीति को लगातार नकार रहा है। जिस मुंबई शहर में कांग्रेस का जन्म हुआ, वहां आज वह चौथे या पांचवें नंबर की पार्टी बनकर रह गई है। पर्यावरण संरक्षण पर बात करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जब प्रकृति सुरक्षित होती है, तो उसके साथ अवसर भी पैदा होते हैं। काजीरंगा में पर्यटकों की संख्या लगातार बढ़ी है, जिससे होम स्टे, गाइड सेवाओं, परिवहन, हस्तशिल्प और छोटे व्यवसायों के माध्यम से स्थानीय युवाओं को नए रोजगार के अवसर मिले हैं। उन्होंने असम सरकार की प्रशंसा करते हुए कहा कि एक समय काजीरंगा में राइनो के शिकार की घटनाएं बड़ी चिंता थीं। 2013-14 में दर्जनों एक सींग वाले राइनो मारे गए थे, लेकिन भाजपा सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया, वन विभाग को आधुनिक संसाधन दिए और महिलाओं की भागीदारी बढ़ाई। इसका परिणाम यह रहा कि 2025 में राइनो के शिकार की एक भी घटना सामने नहीं आई। नॉर्थ ईस्ट के विकास पर प्रधानमंत्री ने कहा कि इस क्षेत्र की सबसे बड़ी पीड़ा दूरी की रही है—दिलों की दूरी और स्थानों की दूरी। दशकों तक यहां के लोगों को लगता रहा कि देश का विकास कहीं और हो रहा है। भाजपा की डबल इंजन सरकार ने इस भावना को बदला और नॉर्थ ईस्ट के विकास को प्राथमिकता दी। रोडवेज, रेलवे, एयरवेज और वाटरवेज के जरिए असम को देश से जोड़ने का काम तेज़ी से किया गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासन में असम को जहां लगभग 2000 करोड़ रुपये का रेल बजट मिलता था, वहीं भाजपा सरकार ने इसे बढ़ाकर लगभग 10,000 करोड़ रुपये सालाना कर दिया है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर जैसी परियोजनाएं न केवल यातायात को सुगम बनाएंगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और क्षेत्रीय विकास को भी नई दिशा देंगी।