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साई पल्लवी की बड़ी फिल्में बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचाने को तैयार, जानें रिलीज डेट

मुंबई साईं पल्लवी साउथ की शानदार एक्ट्रेस में से एक हैं. उनकी फैन फॉलोइंग भी जबरदस्त है. साईं उन अदाकाराओं में से एक हैं जो अपनी दमदार एक्टिंग की बदौलत दर्शकों के दिलों पर राज करती हैं. उन्होंने अपने अब तक के करियर में कई हिट फिल्में दी हैं. वहीं अब वे बॉलीवुड में भी रणबीर कपूर स्टारर फिल्म के साथ डेब्यू करने की तैयारी कर रही हैं. इन सबके बीच क्या आप जानते हैं साईं पल्लवी के अपकमिंग प्रोजेक्ट्स कौन से हैं? चलिए यहां हम आपको बताते हैं. साल 2026 -2027 में साई पल्लवी की आएंगीं ये फिल्म साल 2026 और 2027 में साई पल्लवी बॉक्स ऑफिस पर धूम मचाने की पूरी तैयारी कर रही हैं. दरअसल उनकी कई धमाकेदार फिल्में लाइन से रिलीज होने वाली हैं. इनमें से बॉलीवुड की दो पार्ट वाली माइथोलॉजिकल एपिक फिल्म रामायण से मेरे रहों तक शामिल हैं. इन फिल्मों से वे हिंदी सिनेमा में एंट्री करेंगी. उनकी अपकमिंग फिल्मों की लिस्ट ये है. रामायण: पार्ट 1 साई पल्लवी की मच अवेटेड फिल्मों में रणबीर कपूर स्टारर एक लार्ज स्केल माइथोलॉजिकल एपिक फिल्म रामायण पार्ट 1 है. ये फिल्म दिवाली 2026 को रिलीज होने वाली है. इस पौराणिक फिल्म में साई पल्लवी माता सीता के किरदार में नजर आएंगीं. फिलहाल ये फिल्म पोस्ट प्रोडक्शन में हैं.  रामायण: पार्ट 2 इसके बाद रामायण का पार्ट 2 दिवाली 2027 को रिलीज होगी. यह सीक्वल राम, सीता और रावण की गाथा को आगे बढ़ाएगा, जो भारतीय सिनेमा की सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में से एक है. अगर साई पल्लवी दोनों भागों में सीता की भूमिका निभाती हैं, तो वह यकीनन से अपनी जनरेशन की सबसे शानदार अभिनेत्रियों में शुमार हो जाएंगी. ये फिल्म नमित मल्होत्रा ​​द्वारा प्रोड्यूस दंगल के निर्देशक नितेश तिवारी द्वारा निर्देशित है. फिल्म की स्टार कास्ट में रणबीर कपूर और साई पल्लवी के अलावा यश, सनी देओल, रवि दुबे, लारा दत्ता, रकुल प्रीत सिंह सहित कई बड़े कलाकार शामिल हैं.  मेरे रहो साई पल्लवी आमिर खान के बेट जुनैद खान संग भी फिल्म मेरे रहो में नजर आएंगीं. ये एक हिंदी रोमांटिक कॉमेडी फिल्म है. इसे 2025 में रिलीज होना था लेकिन फिर इसे समर 2026 के लिए पोस्टपोन्ड कर दिया गया है. फिलहाल इसकी रिलीज होने की तारीख तय होनी बाकी है. सुनील पांडे द्वारा निर्देशित फिल्म 'मेरे रहो' जुनैद की सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली दूसरी फिल्म होगी. वहीं, साई पल्लवी इस रोमांटिक कॉमेडी फिल्म से बॉलीवुड में डेब्यू करने जा रही हैं। एम.एस. सुब्बुलक्ष्मी की बायोपिक गौतम तिन्ननुरी द्वारा निर्देशित ये एक बायोपिक फिल्म है. जिसमें साई आइकॉनिक सिंगर का किरदार निभाएंगी ये एक महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट होने की उम्मीद है. इसकी रिलीज डेट अनआउंस होना बाकी है. 

जहरीला पानी बना मौत का कारण: इंदौर में कई मौतें, सैकड़ों बीमार, ICU में 32 की हालत गंभीर

इंदौर लगातार 8 साल से देश के सबसे साफ शहर का तमगा लेकर इतराने वाला इंदौर इन 'जहरीले जल प्रलय' से जूझ रहा है। जिन भागीरथ को गंगा को पृथ्वी पर लाने का श्रेय दिया जाता है उनके नाम पर बसे इंदौर के एक इलाके में दूषित पानी की वजह से कई लोग दम तोड़ चुके हैं तो अब भी दर्जनों लोगों की जान खतरे में है। भारीरथपुरा के 500 से अधिक लोगों को अब भी उल्टी और दस्त की शिकायते हैं जिनमें से 200 अस्पताल में भर्ती हैं और 32 तो आईसीयू में जिंदगी के लिए मौत से जंग लड़ रहे हैं।   न्यूज एंजेंसी पीटीआई ने इंदौर के एक स्वास्थ्य अधिकारी के हवाले से बताया कि गुरुवार को भागीरथपुर के 1714 घरों में जाकर यहां रह रहे लोगों की जांच पड़ताल की गई। जिन 8571 लोगों की जांच की गई उनमें से 338 में उल्टी-दस्त की हल्के लक्षण मिले। इन लोगों को फिलहाल घर पर ही उपचार दिया जा रहा है और सभी पर नजर रखी जा रही है। अस्पतालों में 200 मरीज, 32 आईसीयू में हैं अधिकारी ने बताया कि पिछले 8 दिनों में जब से यहां डायरिया फैला है, 272 मरीजों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। इनमें से 71 स्वस्थ होकर बाहर आ चुके हैं। 200 मरीजों का अब भी अस्पतालों में इलाज चल रहा है। चिंताजनक बात यह है कि 32 मरीजों को अब भी इंटेंसिव केयर यूनिट्स (ICUs) में रखा गया है। इन मरीजों में कई की हालत नाजुक बताई जा रही है। दूषित पानी से कितने मरे, इस पर मंत्री को भी कंफ्यूजन! भागीरथपुर में दूषित पानी की वजह से कितने लोगों की मौत हुई है, इसको लेकर अभी अलग-अलग आंकड़े सामने आ रहे हैं। स्थानीय लोगों का दावा है कि 13 लोगों की मौत जहरीले पानी की वजह से हो चुकी है, वहीं प्रशासन चार मौतें की ही बात स्वीकार कर रहा है। इस बीच गुरुवार को जब मध्य प्रदेश के मंत्री और इंदौर से ही आने वाले वरिष्ठ भाजपा नेता कैलाश विजयवर्गीय से इसको लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि इसको लेकर अभी कंफ्यूजन है। हालांकि, उन्होंने प्रशासन के आंकड़ों को अंतिम ना मानते हुए कहा कि और जिन लोगों की मौत पानी की वजह से बताई जा रही है उनकी भी जांच कराई जाएगी।  

उस्मान हादी की हत्या में जमात-ए-इस्लामी का हाथ, साजिश ढाका ऑफिस में हुई तैयार

ढाका  बांग्लादेश की राजनीति को हिला देने वाली शरीफ उस्मान हादी की हत्या को लेकर बड़ा और चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है. सूत्रों के हवाले से पता चला है कि हादी की हत्या के पीछे जमात-ए-इस्लामी के एक गुट की भूमिका हो सकती है. सूत्रों का दावा है कि यह कोई बाहरी साजिश नहीं, बल्कि जमात के अंदर चल रही सत्ता और वर्चस्व की लड़ाई का नतीजा है. सूत्रों के मुताबिक, शरीफ उस्मान हादी का राजनीतिक कद लगातार बढ़ रहा था. खासकर युवा वोटरों और छात्रों के बीच उनकी लोकप्रियता जमात के लिए चिंता का कारण बन गई थी. आगामी 12 फरवरी को होने वाले चुनावों से पहले हादी एक बड़ा चुनावी फैक्टर बन चुके थे. उनका असर जमात की पारंपरिक राजनीति और नेतृत्व के लिए खतरे के रूप में देखा जाने लगा था. सूत्रों का दावा है कि हादी को खत्म करने की साजिश ढाका स्थित जमात कार्यालय में रची गई थी. संगठन के भीतर एक धड़ा हादी को पूरी तरह रास्ते से हटाना चाहता था. इसी दौरान कथित तौर पर हत्या की सुपारी को लेकर भी अंदरूनी मतभेद सामने आए. शुरुआती तौर पर एक करोड़ टका में हत्या कराने की बात हुई, लेकिन बाद में रकम को लेकर जमात के भीतर ही खींचतान शुरू हो गई. सूत्रों का कहना है कि एक गुट का मानना था कि इतनी बड़ी राजनीतिक बाधा को हटाने के लिए रकम कम है, जबकि दूसरे गुट ने खर्च कम रखने की बात कही. इसी टकराव के दौरान यह पूरा मामला जमात के भीतर से ही लीक हुआ. दावा यह भी किया जा रहा है कि शूटर को अलग से बड़ी रकम देने पर सहमति बनी थी. हादी की हत्या को भारत से जोड़ा गया इस पूरे घटनाक्रम का एक अहम पहलू यह भी है कि कुछ दिन पहले हादी की हत्या को भारत से जोड़ने की कोशिश की गई थी. यह कहा गया कि आरोपी भारत भाग गए हैं और मेघालय में छिपे हुए हैं. लेकिन बांग्लादेश, इस थ्योरी का कोई ठोस आधार नहीं दे सका. आरोपियों के दुबई भागने की कहानी गढ़ने की कोशिश हुई, लेकिन तब भी कोई ठोस प्रमाण नहीं दिया गया.  बताया था कि अगर आरोपी विदेश गए भी, तो उसमें यूनुस प्रशासन की मिलीभगत की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता.

तेल और गैस की खोज से बदलेगी पाकिस्तान की तक़दीर? पिछड़े क्षेत्र में बड़ी सफलता का दावा

इस्लामाबाद पाकिस्तान ने खैबर पख्तूनख्वा में कच्चा तेल और गैस खोज लेने का दावा किया है। पाकिस्तान के पीएम शहबाज शरीफ ने इसे लेकर देश को बधाई दी है और कहा कि इससे हमारा विदेशी मुद्रा भंडार मजबूत होगा और हमें आयात पर कम खर्च करना होगा। पाकिस्तानी एजेंसियों का दावा है कि उन्होंने खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के कोहट जिले के नश्पा ब्लॉक में तेल और गैस का भंडार खोज लिया है। यहां से प्रति दिन 4100 बैरल कच्चा तेल निकाला जा सकेगा। इसके अलावा 10.5 मिलियन क्यूबिक फीट गैस भी प्रति दिन निकाली जा सकेगी। पाक सरकार का कहना है कि यह सफलता उनके मुल्क के लिए काफी बड़ी है क्योंकि इससे आयात पर निर्भरता कम हो सकेगी।   पीएम शहबाज शरीफ ने पेट्रोलियम और गैस सेक्टर की एक उच्च स्तरीय मीटिंग में कहा कि स्थानीय स्तर पर इनकी खोज से हमें आयात कम करने में मदद मिलेगी। शहबाज शरीफ ने कहा कि इससे हमारा विदेशी मुद्रा भंडार मजबूत होगा और हमें तेल और गैस की खरीद पर खर्च कम करने में मदद मिलेगी। पाकिस्तान की ऑयल ऐंड गैस डिवेलपमेंट कंपनी लिमिटेड ने नश्पा ब्लॉक में गैस और तेल की खोज करने की बात कही है। कंपनी का कहना है कि पीएम शहबाज शरीफ ने हमें और अन्य एजेंसियों को इस खोज के लिए बधाई दी है। मीटिंग के दौरान कंपनी के अधिकारियों ने कहा कि इस साल ग्राहकों को पर्याप्त गैस मिली है। अब हमारा टारगेट है कि जून 2026 तक 3.5 लाख नए गैस कनेक्शन बांट दिए जाएं। पाकिस्तान इसे बड़ी सफलता के तौर पर देख रहा है। बता दें कि इससे पहले भी बलूचिस्तान में पाकिस्तान कई बार गैस और तेल के भंडार तलाशता रहा है। हालांकि खैबर पख्तूनख्वा से लेकर बलूचिस्तान तक के लोगों का इस बात को लेकर विरोध रहा है कि पाकिस्तान हमारे संसाधनों का तो इस्तेमाल करता है, लेकिन उससे मिलने वाली रकम को स्थानीय विकास पर खर्च नहीं किया जाता। प्राकृतिक भंडार के बाद भी क्यों इतने पिछड़े हैं बलूचिस्तान और खैबर खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान दोनों ही पंजाब के मुकाबले काफी पिछड़े हैं। यही कारण है कि इन राज्यों में पंजाबी विरोध प्रबल है। यहां के लोगों का कहना है कि सेना, सियासत और प्रशासन में पंजाबियों का ही प्रभुत्व है, जबकि उनके संसाधनों का इस्तेमाल किया जाता रहा है।  

800 रुपये में मिलेगा भारत-न्यूजीलैंड मैच का टिकट, बुकिंग 18 जनवरी से शुरू होगी

इंदौर  अगर आप मैच देखने के शौकीन है तो ये खबर आपके काम की है। क्रिकेट प्रेमियों को जानकारी के लिए बता दें कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच इंदौर में होने वाले आगामी वनडे मैच के लिए मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (एमपीसीए) ने टिकट बिक्री की तारीख और टिकटों के कीमत की घोषणा कर दी है। मैच का आनंद लेने वालों को इस बार ज्यादा कीमत चुकानी होगी। बता दें कि न्यूजीलैंड और भारत के बीच इंदौर में सीरीज का तीसरा और अंतिम वनडे मैच 18 जनवरी को खेला जाएगा। एकदिवसीय मैच के लिए टिकटों की बिक्री 3 जनवरी सुबह पांच बजे से शुरू होगी। ऐसी रहेगी टिकट दर साउथ पैवेलियन (लोअर)- 5,500 रुपए साउथ पैवेलियन (फर्स्ट फ्लोर)- 7000 रुपए साउथ पैवेलियन (सेकंड फ्लोर)- 6500 रुपए साउथ पैवेलियन (थर्ड फ्लोर)- 5000 रुपए ईस्ट स्टैंड (लोअर चेयर)- 800 रुपए ईस्ट स्टैंड फर्स्ट फ्लोर प्रीमियम- 1250 रुपए ईस्ट स्टैंड फर्स्ट फ्लोर रेग्लुयलर- 1100 रुपए ईस्टस्टैंड सेकंड फ्लोर- 1000 रुपए वेस्ट स्टैंड लोअर चेयर- 900 रुपए वेस्ट स्टैंड फर्स्ट फ्लोर प्रीमियर- 1500 कैसे बुक होंगे टिकट बता दें कि सभी टिकट ऑनलाइन बुक होंगे, जो दर्शकों को ऑनलाइन टिकट एजेंसी द्वारा कूरियर के माध्यम से घर तक डिलीवर होंगे। इस मैच में सबसे सस्ता टिकट 800 रुपए व सबसे महंगा टिकट 7 हजार रुपए का होगा। यह 8वां वनडे मुकाबला होगा, जो होलकर स्टेडियम में खेला जाएगा। यह टिकट डब्ल्यूडब्ल्यू. डिस्ट्रिक. इन साइट पर उपलब्ध होंगे। तीन वर्ष से अधिक आयु के बच्चे को टिकट के माध्यम से प्रवेश दिया जाएगा। सीरीज के पहले दो मैच 11 जनवरी को बड़ौदा में और 14 जनवरी को राजकोट में खेले जाने हैं। बच्चों का लगेगा टिकट वनडे मुकाबले को देखने के लिए एक बार में एक व्यक्ति अधिकतम चार टिकट ही खरीद सकेगा। ऑनलाइन टिकट बुकिंग करने के बाद कूरियर के द्वारा प्रशंसक तक टिकट पहुंचाया जाएगा। तीन वर्ष से अधिक उम्र के बच्चों के लिए भी टिकट लगेगा और उन्हें स्टेडियम में अलग सीट उपलब्ध कराई जाएगी।

उमा भारती ने इंदौर में पानी से मौतों पर कहा, “2 लाख नहीं, माफी मांगनी होगी”

इंदौर इंदौर में दूषित पानी से कई लोगों की मौत के बाद मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता अपनी ही सरकार पर बरस पड़ी हैं। उमा भारती ने इस घटना को अपनी सरकार के लिए शर्मिंदगी बताते हुए कहा कि माफी मांगनी पड़ेगी। उन्होंने सरकार की ओर से किए गए मुआवजे के ऐलान को लेकर कहा कि जिंदगी की कीमत 2 लाख रुपये नहीं होती है। अगला लोकसभा चुनाव लड़ने की इच्छा जाहिर कर चुकीं पूर्व केंद्रीय मंत्री उमा भारती मध्य प्रदेश में अपनी सरकार से भी सवाल पूछने या नसीहत देने का कोई मौका नहीं चूकतीं। इंदौर में दूषित पानी से कई मौतों को उन्होंने सरकार और प्रदेश के लिए शर्म और कलंक करार दिया। उन्होंने शुक्रवार को एक्स पर कहा, ‘साल 2025 के अंत में इंदौर में गंदे पानी पीने से हुई मौतें हमारा प्रदेश, हमारी सरकार और हमारी पूरी व्यवस्था को शर्मिंदा और कलंकित कर गईं।’ मौत का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है: उमा भारती पूर्व सीएम ने आगे कहा कि प्रदेश के सबसे स्वच्छ शहर का अवार्ड प्राप्त करने वाले नगर में इतनी बदसूरती, गंदगी, जहर मिला पानी जो कितनी जिंदगियों को निगल गया और निगलता जा रहा है, मौत का आंकड़ा बढ़ रहा है। उमा भारती ने राज्य सरकार की ओर से घोषित 2 लाख रुपये के मुआवजे को नाकाफी बताते हुए पीड़ितों से माफी की मांग की और इसे मुख्यमंत्री मोहन यादव के लिए परीक्षा की घड़ी भी बताया। उमा भारती की मांग- माफी और अधिकतम दंड चार बिंदु पर लिखे अपने संदेश के अंत में उमा भारती ने कहा,'जिंदगी की कीमत दो लाख रुपए नहीं होती क्योंकि उनके परिजन जीवन भर दुःख में डूबे रहते हैं। इस पाप का घोर प्रायश्चित करना होगा, पीड़ितजनों से माफी मांगनी होगी और नीचे से लेकर ऊपर तक जो भी अपराधी हैं उन्हें अधिकतम दंड देना होगा। यह मोहन यादव जी की परीक्षा की घड़ी है।' उन्होंने इस ट्वीट के साथ भाजपा के आधिकारिक हैंडल और सीएम मोहन यादव को भी टैग किया है।

अफ्रीकी देशों ने डोनाल्ड ट्रंप को दिया करारा जवाब, अमेरिकी नागरिकों की एंट्री पर प्रतिबंध

न्यूयॉर्क अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप की सरकार आने के बाद इमिग्रेशन को लेकर काफी सख्ती बरती जा रही है। कथित तौर पर अवैध रूप से अमेरिका में रहने वाले लोगों को डिपोर्ट किया जा रहा है तो वहीं कई देशों के नागरिकों की एंट्री तक पर बैन लगा दिया गया है। हालांकि इस मामले में अमेरिका ही आगे नहीं हैं बल्कि अफ्रीका का कई देश हैं जिन्होंने अमेरिका नागरिकों के इमिग्रेशन को बैन कर दिया है। माली और बुर्किना फासो ने अमेरिकी नागरिकों के लिए पूरी तरह से वीजा बैन लगा दिया है। डोनाल्ड ट्रंप ने पहले इन देशों पर वीजा बैन लगाया था। अमेरिका पर वीजा बैन लागने वाले इन दोनों ही देशों में सैन्य शासन है। पश्चिम अफ्रीका के इन दोनों देशों ने हाल ही में अमेरिका पर वीजा बैन लगाया है। इससे पहले अमेरिका ने कम से कम 39 देशों पर वीजा बैन लगाया था। इसमें अफ्रीका, एशिया, मध्य एशिया और लैटिन अमेरिका के देश शामिल थे। अमेरिका का कहना है कि राष्ट्रीय सुरक्षा को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। माली के विदेश मंत्रालय ने कहा, अमेरिका पर जवाबी कदम उठाते हुए विदेश मंत्रालय ने तत्काल प्रभाव से अमेरिका के नागरिकों की एंट्री पर बैन लगा दी है। अमेरिका ने जिस तरह का कदम उठाया है ठीक वैसा ही कदम हमारी सरकार भी उठा रही है। बुर्किना फासो के विदेश णंत्री कारामोको जीन मारी ट्राओरे ने भी इसी तरह का बयान जारी कर अमेरिका पर वीजा बैन का ऐलान किया है। अब तक किन देशों ने अमेरिका पर लगाया है वीजा बैन 16 दिसंबर को अमेरिका ने माली, बुर्कीना फासो, लाओस, नाइजर, सिएरा लियोन, दक्षिण सूडान और सीरिया पर पूरी तरह से वीजा बैन लगा दिया था। इसके अलावा फिलिस्तीनी प्रशासन द्वारा जारी कागजात के साथ अमेरिका में प्रवेश पर रोक लगा दी गई थी। अमेरिका का कहना है कि इन देशों के नागरिकों की वजह से देश की सुरक्षा को खतरा पैदा हो रहा है। वहीं ये देश अपने नागरिकों को वापस लेने को भी तैयार नहीं हो रहे हैं। ऐसे में इनपर कड़े प्रतिबंध लगाना आवश्यक है। बता दें की माली, बुर्किना फासो और नाइजर में अल कायदा और आईएसआईएस का आतंक जारी है। ऐसे में इन देशों में हिंसा चरम पर है। ऐसे में बहुत सारे नागरिक देश से भागने की फिराक में रहते हैं। शुक्रवार को नाइजर ने अमेरिका नागरिकों के प्रवेश पर रोक लगा दी थी। इसके अलावा चाड ने भी चाड ने 6 जून से ही अमेरिकी नागरिकों को वीजा जारी करना बंद कर दिया था।

डीजीपी ने भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों को प्रदान की नई रैंक

डीजीपी ने भारतीय पुलिस सेवा के पदोन्नत अधिकारियों को लगाई रैंक कहा, आपका कार्य व्यवहार बनेगा अन्य अधिकारियों के लिए प्रेरणास्रोत भोपाल  मध्यप्रदेश शासन गृह विभाग द्वारा भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों को पदोन्नत किया गया है। इसी अनुक्रम में गुरूवार को पुलिस मुख्यालय, भोपाल में डीजीपी श्री कैलाश मकवाणा ने पदोन्नत अधिकारियों को रैंक लगाई। इस दौरान डीजीपी श्री मकवाणा ने सभी पदोन्नत अधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पदोन्नति आपकी समर्पित और निष्ठापूर्ण सेवा का प्रतिफल है। प्रदेश में कानून एवं शांति व्यवस्था बरकरार रखने में आपने उत्कृष्ट कार्य किया है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि भविष्य में भी आप प्रदेश की प्रगति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने में अपनी नेतृत्व क्षमता का परिचय देंगे। आप अपनी कार्यप्रणाली को ऐसा रखें कि वह अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए भी प्रेरणास्रोत बने। उन्होंने कहा कि समय पर पदोन्नति प्रदान की जाना सदैव सरकार की प्राथमिकता रही है, इसका परिपालन करते हुए मध्यप्रदेश पुलिस के अधिकारियों को पदोन्नत किया गया है।   डीजीपी ने पुलिस मुख्यालय में इन्हें लगाई रैंक :- डीजीपी श्री कैलाश मकवाणा ने पुलिस मुख्यालय में आईजी श्री निरंजन बी. वायंगणकर, श्री शियास ए., श्री ललित शाक्‍यवार, डीआईजी श्री राघवेन्‍द्र सिंह बेलवंशी, श्रीमती किरणलताकेरकटृाश्री रियाज इकबाल, श्री राहुल कुमार लोढा, श्री विवेक सिंहतथा वरिष्‍ठ पुलिस अधीक्षक श्री हितेष चौधरी को रैंक लगाई।  इन अधिकारियों को किया गया पदोन्नत  :- उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश शासन गृह विभाग द्वारा 31दिसंबर 2025को जारी आदेशानुसार 1 जनवरी 2026से भारतीय पुलिस सेवा (मध्यप्रदेश कैडर) के 18अधिकारियों को पदोन्नत किया गया है। इनमें श्री आशुतोष रॉय को एडीजीसे स्‍पेशलडीजी पद पर पदोन्नत किया गया है। श्री प्रमोद वर्मा को आईजी से एडीजी पद पर पदोन्‍नत किया गया है। श्री निरंजन बी. वायंगणकर, श्री शियास ए. तथा श्री ललित शाक्‍यवारको डीआईजी से आईजी के पद पर पदोन्नत किया गया है। इसी प्रकार श्री राकेश सगर, श्री राघवेन्‍द्र सिंह बेलवंशी, श्रीमती किरणलताकेरकटृा, श्री मनोज कुमार राय, श्री रियाज इकबाल, श्री राहुल कुमार लोढा, सुश्री सिमाला प्रसाद, श्री असित यादव, श्री मयंक अवस्‍थी, श्री विवेक सिंह, श्री कुमार प्रतीक, श्री शिवदयाल, श्री शैलेन्‍द्र सिंह चौहान डीआईजी के पद पर पदोन्नत किए गए हैं।  

स्व-सहायता समूह के माध्यम से बढ़ी आय, ग्रामीण महिलाओं को मिला सशक्तिकरण और सम्मान

बिहान योजना से बदली सिवनी की रूखमणी पाण्डेय की जिंदगी, बनीं ‘लखपति दीदी’ और महिला आत्मनिर्भरता की प्रेरक मिसाल स्व-सहायता समूह के माध्यम से बढ़ी आय, ग्रामीण महिलाओं को मिला सशक्तिकरण और सम्मान रायपुर छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ अंतर्गत लखपति दीदी पहल ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में उल्लेखनीय परिणाम दे रही है। इसी क्रम में जांजगीर-चांपा जिले के विकासखंड बलौदा अंतर्गत ग्राम सिवनी निवासी श्रीमती रूखमणी पाण्डेय ने आत्मनिर्भरता की एक प्रेरक मिसाल प्रस्तुत की है। कभी पूर्णतः घरेलू जिम्मेदारियों तक सीमित रहने वाली रूखमणी पाण्डेय आज प्रतिमाह 15 से 20 हजार रुपये की नियमित आय अर्जित कर ‘लखपति दीदी’ के रूप में पहचान बना चुकी हैं। कोरोना काल एवं लॉकडाउन के दौरान पशुपालन व्यवसाय में हुए आर्थिक नुकसान के बाद परिवार की आय का प्रमुख स्रोत प्रभावित हुआ, जिससे आर्थिक चुनौतियां बढ़ीं। इस कठिन समय में श्रीमती रूखमणी पाण्डेय ने छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ से जुड़कर परिवार की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करने का संकल्प लिया। आरबीके दीदी के सहयोग से ग्राम सिवनी में महिलाओं को संगठित कर उन्होंने ‘जय अम्बे महिला स्व सहायता समूह’ का गठन किया। 25 फरवरी 2020 को गठित यह समूह उन्नति महिला ग्राम संगठन सिवनी तथा बिहान महिला क्लस्टर संगठन कुरदा से संबद्ध है। समूह के माध्यम से बैंक लिंकेज के तहत एक लाख रुपये का ऋण तथा अतिरिक्त समूह ऋण प्राप्त कर उन्होंने पारंपरिक पशुपालन व्यवसाय को पुनः प्रारंभ किया। इसके साथ ही आचार, पापड़, मसाला एवं अगरबत्ती निर्माण जैसी विविध आजीविका गतिविधियों को अपनाया, जिससे उनकी आय में सतत वृद्धि हुई। आज श्रीमती रूखमणी पाण्डेय न केवल अपनी पारिवारिक आवश्यकताओं को स्वयं पूरा कर रही हैं, बल्कि स्व सहायता समूह की अन्य महिलाओं को भी स्वरोजगार एवं आजीविका गतिविधियों से जोड़ने के लिए निरंतर प्रेरित कर रही हैं। उनके प्रयासों से गांव की अनेक महिलाएं आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर हो रही हैं। श्रीमती रूखमणी पाण्डेय ने कहा कि ‘लखपति दीदी पहल’ ने उन्हें आत्मविश्वास, पहचान और सम्मान प्रदान किया है। उन्होंने इसके लिए केंद्र एवं राज्य सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया। उनकी सफलता यह प्रमाणित करती है कि प्रभावी मार्गदर्शन, समूह की सामूहिक शक्ति और सरकारी योजनाओं के सहयोग से ग्रामीण महिलाएं आर्थिक आत्मनिर्भरता हासिल कर समाज में सशक्त भूमिका निभा सकती हैं।

मध्य प्रदेश में 2026 में होगा पावर स्ट्रक्चर में बदलाव, 32 आईएएस-आईपीएस अधिकारियों की सेवानिवृत्ति

भोपाल   नया साल 2026 मध्य प्रदेश की नौकरशाही और पुलिस महकमे के लिए बड़े बदलाव लेकर आने वाला है। मध्य प्रदेश कैडर के 16 आईपीएस और 16 आईएएस अधिकारी अगले वर्ष अपनी सेवाएं पूरी कर सेवानिवृत्त हो जाएंगे। इनमें पुलिस महानिदेशक से लेकर मुख्य सचिव, एडीजी, आईजी, कलेक्टर और संभागायुक्त स्तर तक के अधिकारी शामिल हैं। इतनी बड़ी संख्या में वरिष्ठ अधिकारियों के बाहर जाने से शासन और पुलिस व्यवस्था में व्यापक फेरबदल तय माना जा रहा है। गृह विभाग की ओर से जारी सूची के अनुसार प्रदेश के मौजूदा डीजीपी कैलाश मकवाणा भी 2026 में रिटायरमेंट की सूची में शामिल हैं। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के तहत डीजीपी का न्यूनतम कार्यकाल दो साल होना जरूरी है, इसी कारण उनकी रिटायरमेंट तिथि बढ़ाई गई है।  डीजी से लेकर एसपी तक खाली होंगे पद वर्तमान सूची के मुताबिक 2026 में पुलिस विभाग से डीजी रैंक के 4 अधिकारी, एडीजी के 2, आईजी के 5, डीआईजी के 3 और एसपी रैंक के 2 अधिकारी सेवानिवृत्त होंगे। इससे पुलिस मुख्यालय से लेकर रेंज और जिला स्तर तक कई महत्वपूर्ण पद रिक्त हो जाएंगे। इसमें डीजीपी कैलाश मकवाना, अजय कुमार शर्मा, आलोक रंजन, सोनाली मिश्रा, संजीव समी, आशुतोष राय, ए साई मनोजर, संजय तिवारी, अंशुमान सिंह, अरविंद सक्सेना, हिमानी खन्ना, मिथिलेस शुक्ला, शशिकांत शुक्ला, महेश चंद्र जैन, सविता सोहाने और जगदीश डावर शामिल हैं।    आईएएस कैडर में भी बड़ा बदलाव सिर्फ पुलिस ही नहीं, बल्कि प्रशासनिक सेवा में भी 2026 अहम रहने वाला है। 16 आईएएस अधिकारी अगले साल रिटायर होंगे। इनमें सबसे बड़ा नाम मुख्य सचिव अनुराग जैन का है, जिनका कार्यकाल 30 सितंबर 2026 को पूरा होगा। यदि केंद्र सरकार उन्हें दोबारा सेवा विस्तार नहीं देती है, तो राज्य को नया मुख्य सचिव चुनना पड़ेगा।  मुख्य सचिव के अलावा एसीएस स्तर की अलका उपाध्याय और आशीष श्रीवास्तव, चंबल संभाग के कमिश्नर सुरेश कुमार, शिवपुरी कलेक्टर रविंद्र चौधरी और शहडोल कलेक्टर केदार सिंह भी 2026 में रिटायरमेंट की सूची में हैं। इसके साथ ही शिक्षा, खनिज, राजस्व, आयुष और लोकायुक्त जैसे विभागों से जुड़े वरिष्ठ आईएएस अधिकारी भी सेवा से बाहर होंगे। यह आईएएस होंगे रिटार्यड  सितंबर में- मुख्य सचिव अनुराग जैन, अलका उपाध्याय, आशीष श्रीवास्तव, स्मिता भारद्वाज, उमाकांत उमराव, अरुणा गुप्ता, माल सिंह भयडिया, उर्मिला शुक्ला, ललित दाहिमा, सुरेश कुमार, चंद्रशेखर वालिम्बे, रविंद्र कुमार चौधरी, संजय कुमार, संजय कुमार मिश्रा, केदार सिंह और जीएस धुर्वे शामिल हैं।