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तेज बारिश से तबाही: छत्तीसगढ़ और केरल के कई इलाके जलमग्न

नई दिल्ली देश के कई हिस्सों में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है, लेकिन इसके साथ ही आम लोगों की परेशानियां भी बढ़ गई हैं। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर और केरल के मलप्पुरम जिले में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। जहां रायपुर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई है, वहीं मलप्पुरम में तेज हवाओं और बारिश के कारण कई पेड़ उखड़ गए हैं। इन दोनों जगहों पर प्रशासन अलर्ट पर है और राहत कार्यों में जुटा हुआ है। रायपुर में बीते 24 घंटों से हो रही भारी बारिश के चलते शहर के कई हिस्सों में पानी भर गया है। मुख्य सड़कों, कॉलोनियों और बाजारों में घुटनों तक पानी जमा हो गया है। इससे लोगों को घर से निकलना मुश्किल हो गया है। जलभराव के कारण ट्रैफिक व्यवस्था भी चरमरा गई है और कई जगहों पर जाम की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन ने जलनिकासी की व्यवस्था तेज कर दी है, लेकिन लगातार बारिश के कारण हालात सामान्य होने में समय लग सकता है। स्कूल-कॉलेजों की छुट्टी, लोगों से घरों में रहने की अपील रायपुर प्रशासन ने स्कूल और कॉलेजों को अस्थायी रूप से बंद रखने का निर्देश दिया है। लोगों से अपील की गई है कि वे बेवजह घर से बाहर न निकलें और सुरक्षित स्थानों पर ही रहें। नगर निगम के कर्मचारी जलभराव वाले इलाकों में पंप लगाकर पानी निकालने का काम कर रहे हैं। साथ ही कंट्रोल रूम को भी सक्रिय कर दिया गया है, जहां नागरिक अपनी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं। मलप्पुरम में तेज हवाओं से कई पेड़ उखड़े केरल के मलप्पुरम जिले में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चल रही हैं। इस कारण कई इलाकों में पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। गिरते पेड़ों से कई सड़कें जाम हो गई हैं और यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कुछ स्थानों पर बिजली के खंभे भी टूट गए, जिससे बिजली आपूर्ति ठप हो गई है। बारिश के कारण कई घरों में पानी घुस गया है, जिससे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी। बिजली और मोबाइल नेटवर्क पर असर मलप्पुरम के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है। लगातार बारिश और हवाओं के कारण मोबाइल नेटवर्क भी बाधित हुआ है, जिससे लोगों को आपस में संपर्क करने में मुश्किल हो रही है। बिजली विभाग की टीमें मौके पर पहुंचकर टूटे तार और पोल को दुरुस्त करने का काम कर रही हैं। स्थानीय प्रशासन ने राहत शिविरों की तैयारी शुरू कर दी है ताकि जरूरत पड़ने पर प्रभावित लोगों को वहां भेजा जा सके।  

सीएम योगी ने खोला शिक्षा का नया अध्याय, बोले- अब यूपी में कानून का राज है

उन्नाव  उन्नाव जिले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के पहले सत्र का बटन दबाकर शुभारंभ किया। उन्होंने नाम लिए बिना सपा पर हमला बोलते हुए कहा कि आज से आठ साल पहले प्रदेश में अराजकता का माहौल रहता था। महिलाएं, व्यापारी कोई भी सुरक्षित नहीं था। इसके चलते प्रदेश में निवेश भी ठप हो गया था। इधर, भाजपा सरकार में पिछले आठ साल में 1.45 लाख करोड़ का निवेश आया है। इसमें 1.1 लाख करोड़ का निवेश धरातल पर उतर चुका है। उन्होंने चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के प्रशासन से अपील करते हुए कहा कि युवाओं को आधुनिकता और संस्कारयुक्त शिक्षा दें। देश का पहला AI-आधारित विश्वविद्यालय, सीएम योगी ने किया उद्घाटन उत्तर प्रदेश के उन्नाव में आज देश के पहले एआई-आधारित विश्वविद्यालय का उद्घाटन किया गया गया। लखनऊ-कानपुर राजमार्ग पर बना यह अत्याधुनिक विश्वविद्यालय प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा और उत्तर प्रदेश को राष्ट्रीय स्तर पर गौरव दिलाएगा। सीएम योगी ने आज इसका उद्घाटन किया।  यह परिसर न सिर्फ छात्रों को आधुनिक शिक्षा देगा, बल्कि उन्हें भविष्य की वैश्विक जरूरतों के लिए भी तैयार करेगा। आइए जानते हैं इस विश्वविद्यालय से जुड़ी कुछ खास बातें… एसआई की मदद से होगी पढ़ाई प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने बताया कि पिछले छह वर्षों में प्रदेश की सरकार ने उच्च शिक्षा और रोजगार उन्मुख पाठ्यक्रमों को बढ़ावा दिया है। चंडीगढ़ विश्वविद्यालय की स्थापना इसी दिशा में बढ़ाया गया एक कदम है।  टॉप-5 विश्वविद्यालयों की सूची में शामिल है चंडीगढ़ विश्वविद्यालय  उपाध्याय ने बताया कि चंडीगढ़ विश्वविद्यालय अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में भारत की शीर्ष पांच यूनिवर्सिटी में शामिल है। यहां पर सभी कोर्सेज एआई आधारित टेक्नोलॉजी की मदद से संचालित किए जाएंगे, जिससे छात्र भविष्य की वैश्विक आवश्यकताओं के अनुसार दक्ष बनेंगे। सस्ती और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा लक्ष्य योगी सरकार का मकसद है कि हर छात्र को आसान, सस्ती और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो सके। इसी क्रम में प्रदेश में कई सरकारी और निजि विश्वविद्यालयों की स्थापना भी की गई। इन सभी विश्वविद्यालयों को सरकार ने साफ निर्देश दिए हैं कि वे ऐसे कोर्स शुरू करें, जो रोजगार देने वाले हों और तकनीक पर आधारित हों। चंडीगढ़ विश्वविद्यालय में क्या खास होगा? चंडीगढ़ विश्वविद्यालय का परिसर अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस है। यहां पढ़ाई पूरी तरह से तकनीक पर आधारित होगी। छात्रों को वैश्विक स्तर का कौशल दिया जाएगा, जिसके लिए खास पाठ्यक्रम तैयार किए गए हैं। यह विश्वविद्यालय छात्रों को स्टार्टअप और इनोवेशन के लिए भी प्रेरित करेगा। इससे युवा नई ऊंचाइयों को छू सकेंगे।  

टाइम पर नहीं ट्रैक पर: गेवरारोड के यात्रियों की परेशानी बनी मेमू ट्रेन

कोरबा रायपुर-गेवरारोड मेमू लोकल शुरू हुए लगभग १० दिन बीत चुके हैं. लेकिन इस अवधि के भीतर एक दिन भी मेमू लोकल गेवरारोड रेलवे स्टेशन तक नहीं पहुंची है. यह एक्सप्रेस ट्रेनों की भी है. इसे लेकर यात्री परेशान हैं. रेलवे प्रबंधन ने 16 जुलाई से रायपुर गेवरारोड मेमू लोकल शुरू किया है. इससे कोयलांचल क्षेत्र के यात्रियों को राहत मिली है. लेकिन जब से गाड़ी शुरू हुई है, तब से एक भी दिन गाड़ी गेवरारोड रेलवे स्टेशन तक समय पर नहीं पहुंची है. इस गाड़ी का रायपुर रेलवे स्टेशन से छूटने का समय दोपहर लगभग 1.50 बजे है. गेवरारोड पहुंचने का तय समय रात 7.30 बजे है. शुक्रवार को मेमू लोकल लगभग 50 मिनट की विलंब से गेवरारोड रेलवे स्टेशन पहुंची. वहीं गुरुवार को लगभग दो घंटे से अधिक देरी से पहुंची थी. इस दौरान यात्रियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है. यात्री समय पर गंतव्य तक नहीं पहुंच रहे हैं. गाड़ी के विलंब से आने से कई बार यात्रियों को घर जाने के लिए ऑटो तक नहीं मिल पाती है. इससे बांकीमोंगरा, दीपका, हरदीबाजार सहित अन्य आसपास क्षेत्र के लोगों को आवाजाही में काफी असुविधा हो रही है. यही स्थिति लिंक एक्सप्रेस की भी है. शुक्रवार को लिंक एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय लगभग डेढ़ घंटे देरी से कोरबा रेलवे स्टेशन पहुंची. जबकि इसका कोरबा रेलवे स्टेशन पहुंचने का निर्धारित सुबह समय 11.15 बजे है. यात्री ट्रेनों के लेटलतिफी को लेकर यात्रियों में नाराजगी बढ़ रही है.

AUS के लिए चमके टिम डेविड, 37 बॉल में जड़ा शतक, गेंदबाज़ों की उड़ी धज्जियां

नई दिल्ली  ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज टिम डेविड ने अपनी टीम के लिए इतिहास रच दिया है। टिम डेविड ने शुक्रवार की रात वेस्टइंडीज के खिलाफ खेले गए टी20 इंटरनेशनल मैच में करिश्माई शतक जड़ा। इसी के साथ ऑस्ट्रेलिया के लिए टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे तेज सेंचुरी जड़ने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। उन्होंने महज 37 गेंदों में वेस्टइंडीज के खिलाफ शतक जड़कर सभी को हैरान कर दिया। इंटरनेशनल क्रिकेट में टिम डेविड का ये पहला शतक है, जो इतनी कम गेंदों में आया। इसी के साथ टी20 सीरीज ऑस्ट्रेलिया ने अपने नाम कर ली। टिम डेविड ने 37 गेंदों में 6 चौके और 11 छक्कों की मदद से अपना शतक पूरा किया। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 275.68 का था। टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में इससे पहले ऑस्ट्रेलिया के लिए जोश इंग्लिस ने 43 गेंदों में शतक जड़ा था, लेकिन टिम डेविड ने उनसे भी 6 गेंद कम खेलते हुए सेंचुरी पूरी। इतना ही नहीं, किसी भी टेस्ट प्लेइंग नेशन्स के खिलाफ किसी भी बल्लेबाज का ये तीसरा सबसे तेज शतक है। डेविड मिलर और रोहित शर्मा ने 35-35 गेंदों में और अभिषेक शर्मा ने 37 गेंदों में शतक जड़ा है। मैच की बात करें तो ऑस्ट्रेलियाई टीम के कप्तान मिचेल मार्श ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी थी। वेस्टइंडीज की टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 4 विकेट खोकर 214 बनाए थे, जिसमें कप्तान शाई होप का शतक शामिल था। ब्रैंडन किंग ने 62 रनों की पारी खेली। पहला विकेट 125 रनों पर गिरा था। इसे देखते हुए कहा जा सकता था कि कप्तान मिचेल मार्श का पहले गेंदबाजी करने का फैसला सही नहीं था, लेकिन ऑस्ट्रेलिया ने 215 रनों के लक्ष्य को 17वें ओवर की पहली गेंद पर ही 6 विकेट शेष रहते हासिल कर लिया। इस तरह ऑस्ट्रेलिया ने मुकाबला जीतने के साथ-साथ पांच मैचों की टी20 सीरीज पर भी कब्जा कर लिया, क्योंकि तीन मैच लगातार इस सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने जीत लिए हैं। दो मैच अभी बाकी हैं।

PDA समाज को अखिलेश यादव की बधाई, कहा – संविधान ही हमारा सुरक्षा कवच

लखनऊ सपा प्रमुख अखिलेश यादव पीडीए की राजनीति पर फोकस है. ऐसे में वे पीडीए की हक की लड़ाई लड़ने की बात कहते हैं. यही वजह है कि संविधान दिवस पर उन्होंने एक्स पर पीडीए समाज को बधाई दी है. साथ ही संविधान और आरक्षण को लेकर खास मैसेज भी दिया है. समस्त पीडीए समाज को ‘आरक्षण दिवस’ एवं ‘संविधान-मानस्तंभ स्थापना दिवस’ के साथ ही, अयोध्या में आयोजित प्रथम ‘पीडीए महासम्मेलन’ की अपार सफलता के लिए हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई! भारत के संविधान की प्रति के सानिध्य में ‘संविधान-मानस्तंभ स्थापना दिवस’ आयोजित करके हम ‘सामाजिक न्याय’ व ‘समता-समानता’ और ‘आरक्षण’ को बचाए-बनाए रखने का अपना संकल्प दोहरा रहे हैं. आगे अखिलेश यादव ने कहा, इसके पीछे यही मूल भावना है कि ‘संविधान-मानस्तंभ’ वस्तुतः ‘पीडीए-प्रकाशस्तंभ’ के रूप में हमारे ‘सामाजिक न्याय के राज’ की स्थापना के संकल्प का मार्ग सदैव प्रकाशित और प्रशस्त करता रहे. जब संविधान बचेगा तभी आरक्षण बचेगा. संविधान ही ढाल है, संविधान ही कवच है.

मध्यप्रदेश में कुपोषण को लेकर हाईकोर्ट सख्त, कलेक्टरों से मांगा जिलावार विवरण

जबलपुर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य में कुपोषण से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर 54 जिलों के कलेक्टरों को नोटिस जारी किया है। मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा और न्यायमूर्ति विनय सराफ की खंडपीठ ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए चार सप्ताह में जवाब मांगा है। यह याचिका अधिवक्ता दीपांकर सिंह द्वारा दायर की गई, जिसमें कहा गया है कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, मिड डे मील, आंगनवाड़ी और मातृत्व लाभ जैसी योजनाएं कागजी साबित हो रही हैं। याचिका में दावा किया गया है कि आंगनवाड़ी केंद्रों में पंजीकृत बच्चों की संख्या और वास्तविक उपस्थिति में भारी अंतर है। याचिकाकर्ता ने संविधान के अनुच्छेद 21, 39, 45 और 47 का हवाला देते हुए इन योजनाओं को संवैधानिक जिम्मेदारी से जोड़ा है। याचिका में नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्ट का उल्लेख करते हुए फर्जी पंजीकरण, कम उपस्थिति और आपूर्ति में अनियमितताओं की ओर भी ध्यान आकर्षित किया गया है। कोर्ट ने राज्य सरकार से चार सप्ताह में विस्तृत जवाब प्रस्तुत करने को कहा है।

कांवड़ यात्रा के अंतिम पड़ाव पर विधायक बोहरा, डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने जताई सराहना

कवर्धा पंडरिया विधायक भावना बोहरा की 7 दिवसीय कांवड़ पदयात्रा अपने अंतिम चरण में है. इस दौरान प्रदेश के उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने अचानक डोंगरिया पहुँचकर उन्हें श्रीफल और शॉल भेंटकर कठिन यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं. पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने 21 जुलाई को मध्यप्रदेश के पवित्र नर्मदा उद्गम स्थल अमरकंटक से अपनी यात्रा की शुरुआत की थी. 300 से अधिक बम श्रद्धालु के साथ कठिन और टेढ़े-मेढ़े रास्तों से यह पदयात्रा रविवार को भोरमदेव बाबा के दरबार में जलाभिषेक के साथ पूर्ण होगी. भावना बोहरा यात्रा के बीच डोंगरिया पहुँची, जहां रात्रि विश्राम की सुबह सुबह प्राचीन जालेश्वर महादेव मंदिर में जल अर्पण कर भोरमेदव मंदिर के लिए प्रस्थान किया यहां का धार्मिक माहौल शिवभक्तों से सराबोर रहा. इस दौरान उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने अचानक डोंगरिया पहुँचकर विधायक भावना बोहरा से भेंट की. उपमुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर श्रद्धालुओं में उत्साह का माहौल देखने लायक था. “हर हर नर्मदे” और “बोल बम” के जयघोषों से पूरा डोंगरिया क्षेत्र गूंज उठा.

हाई कोर्ट ने CPM को लताड़ा: ‘देशभक्त बनो, गाजा के हिमायती नहीं’

मुंबई  CPI(M) की याचिका को बॉम्बे हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया है। मामला गाजा में हुई मौतों के विरोध में सभा करने की अनुमति न देने का था। बॉम्बे हाई कोर्ट ने सीपीआईएम को जमकर फटकार लगाई। बेंच ने कहा कि देश में इतनी सारी समस्याएं हैं, उनसे आप प्रभावित नहीं हो रहे हैं और हजारों मील दूर गाजा में क्या हो रहा है, वह आपको परेशान कर रहा है? जस्टिस ने याचिका क्या थी याचिका पुलिस, प्रशासन और महाराष्ट्र सरकार के खिलाफ सीपीआईएम ने याचिका की थी। सीपीआईएम के वकील मिहिर देसाई ने कोर्ट में कहा कि वह सिर्फ आज़ाद मैदान में मीटिंग करना चाहते थे। वे विरोध मार्च नहीं निकालना चाहते थे। उन्होंने कहा कि आजाद मैदान विरोध- प्रदर्शन करने के लिए निर्धारित किया गया है।जस्टिस आरवी घुगे और जस्टिस गौतम अंखाड की बेंच ने कहा कि पार्टी के पास याचिका दायर करने का कोई अधिकार नहीं है। बॉम्बे हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि ऐसा इसलिए है क्योंकि पार्टी ने खुद अनुमति नहीं मांगी थी। बॉम्बे हाई कोर्ट ने क्या कहा हाई कोर्ट ने कहा कि अनुमति ऑल इंडिया पीस एंड सॉलिडेरिटी फाउंडेशन (AIPSF) ने मांगी थी और उसे ही याचिका का अधिकार है। पिछले महीने सीपीआईएम गाजा मुद्दे पर आज़ाद मैदान में विरोध प्रदर्शन करना चाहता था। इसके लिए AIPSF ने मुंबई पुलिस को अर्जी देकर प्रदर्शन की अनुमति मांगी थी। इसे मुंबई पुलिस ने नामंजूर कर दिया था। हाई कोर्ट ने किए सवाल पर सवाल हाई कोर्ट ने याचिका पर नाराजगी जताई। जस्टिस ने वकील मिहिर देसाई से पूछा कि याचिकाकर्ता भारत में कचरा, अवैध पार्किंग, बाढ़ और जल निकासी जैसी समस्याओं पर ध्यान क्यों नहीं देते? कोर्ट ने हैरानी जताई कि इन मुद्दों पर याचिका नहीं होती। जस्टिस ने वकील से पूछा कि उनके क्लाइंट्स हजारों मील दूर हो रही घटनाओं से कैसे प्रभावित हैं? जस्टिस बोले-देशभक्त बनो बॉम्बे हाई कोर्ट ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा, 'देशभक्त बनो… अपने देश के मुद्दों पर बोलो।' वकील मिहिर देसाई ने बेंच से पूछा कि क्या इसका मतलब यह है कि बोलने और व्यक्त करने की आजादी सिर्फ भारत में हो रही चीजों के बारे में है? उन्होंने दुनिया भर के लोकतंत्रों में इस मुद्दे पर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन होने की बात सहकर बेंच ने सवाल किए। हाई कोर्ट ने जताई हैरानी हाई कोर्ट ने कहा, 'हमारे देश में पहले से ही बहुत सारी समस्याएं हैं। हमें उनपर ध्यान देना चाहिए। हमें ऐसा कुछ नहीं चाहिए कि वे समस्याएं हल हों। मुझे यह कहते हुए दुख हो रहा है कि आप सब लोग दूर की नहीं सोच रहे हैं… आप गाजा के मामले को देख रहे हैं। अपने देश को देखो।'  

अग्निवीरों को मिलेगा पुलिस सेवा में मौका, यूपी सरकार ने दी 20% आरक्षण की मंजूरी

लखनऊ  उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज एक बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि उनकी सरकार ने अग्निवीरों (Agniveer) को यूपी पुलिस बल (UP Police Force) में 20 प्रतिशत आरक्षण (Reservation) देने का फैसला किया है. उन्होंने कहा कि जो सैनिक देश की सेना में अग्निवीर के रूप में योगदान देंगे, उनके रिटायर होने पर उत्तर प्रदेश पुलिस बल में ऐसे सैनिकों के लिए आरक्षण की व्यवस्था की जा रही है. सीएम योगी ने इस मौके पर भारतीय सेना के शौर्य और पराक्रम का भी बखान किया. उन्होंने 'ऑपरेशन सिंदूर' (Operation Sindoor) का जिक्र करते हुए कहा, "आपने 'ऑपरेशन सिंदूर' के माध्यम से भारत की वीरता भी देखी होगी."  राज्य स्तर पर भी रोजगार में प्राथमिकता मुख्यमंत्री योगी ने कहा, “जो सैनिक देश की सेना में अग्निवीर के रूप में योगदान देंगे, उनके रिटायर होने पर यूपी पुलिस बल में ऐसे सैनिकों के लिए आरक्षण की व्यवस्था की जा रही है।” इस फैसले से यह स्पष्ट होता है कि केंद्र सरकार की अग्निपथ योजना के तहत सेना में चार साल तक सेवा देने वाले अग्निवीरों को अब राज्य स्तर पर भी रोजगार में प्राथमिकता मिलने लगी है।   'ऑपरेशन सिंदूर' का किया जिक्र सीएम योगी ने इस मौके पर भारतीय सेना के शौर्य और पराक्रम का भी बखान किया। उन्होंने 'ऑपरेशन सिंदूर' का जिक्र करते हुए कहा, “भारत के वीर जवानों और भारतीय सेना को पाकिस्तान को सबक सिखाने और आतंकवादी शिविरों को नष्ट करने में 22 मिनट भी नहीं लगे।” योगी ने यह भी कहा कि उस समय भारत अकेला नहीं था, बल्कि पाकिस्तान को तुर्की, चीन और कई अन्य देशों से समर्थन मिल रहा था। लेकिन भारतीय सेना की वीरता और तेज कार्रवाई के चलते पाकिस्तान को आत्मसमर्पण करना पड़ा।  CM योगी ने कहा, "भारत के वीर जवानों और भारतीय सेना को पाकिस्तान को सबक सिखाने और पाकिस्तान के सभी आतंकवादी शिविरों को नष्ट करने में 22 मिनट भी नहीं लगे." उन्होंने आगे कहा कि उस दौरान भारत कई देशों से मुकाबला कर रहा था. एक तरफ पाकिस्तान को तुर्की, चीन और दुनिया के अन्य देशों से मदद मिल रही थी. लेकिन इन सबके बावजूद, पाकिस्तान भारत की बहादुर सेना के सामने कुछ नहीं कर सका और आखिरकार उसे आत्मसमर्पण करने के लिए मजबूर होना पड़ा. यूपी सीएम ने किया भारतीय सेना का बखान इतना ही नहीं यूपी सीएम ने इस मौके पर भारतीय सेना के शौर्य और पराक्रम का बखान करते हुए ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र किया और कहा कि आपने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए भारत की वीरता भी देखी होगी. भारतीय वीरों ने सिर्फ 22 मिनट में पाकिस्तान के छक्के छुड़ा दिए और सभी आतंकी शिविरों को नष्ट कर दिया. पाकिस्तान ने टेके घुटने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए यूपी सीएम ने कहा कि उस दौरान भारत कई देशों से मुकाबला कर रहा था. पाकिस्तान को तुर्की, चीन जैसे कई देशों को सपोर्ट था, लेकिन इन सबके बावजूद पाकिस्तान, भारतीय सेना के आगे कुछ नहीं कर सका. अग्निवीर को कितनी सैलरी मिलती है? अग्निवीर की नौकरी 4 सालों की होती है. इसमें हर साल की मासिक सैलरी अलग है. अग्निवीर सैलरी स्ट्रक्चर नीचे समझ सकते हैं- अग्निवीर को पहले साल में मासिक सैलरी 30,000 रुपये मिलेगी. इसमें से उम्मीदवार को इनहैंड 21,000 रुपये मिलेंगे. बाकी के 9,000 रुपये अग्निवीर कॉर्प्स फंड में जमा किए जाएंगे. भारत सरकार इस फंड में अतिरिक्त 9,000 रुपये का योगदान करेगी. नौकरी छोड़ने के बाद यह पूरी राशि उम्मीदवार को एकमुश्त दी जाएगी. इसके बाद दूसरे साल में अग्निवीर की सैलरी 33,000 रुपये मासिक होगी. इसमें से इनहैंड 23,100 रुपये मिलेंगे. फिर तीसरे साल में 36,500 रुपये सैलरी मिलेगी. इसमें से अग्निवीर को इनहैंड 25,550 रुपये दिए जाएंगे. आखिरी यानी चौथे साल में मासिक सैलरी 40,000 रुपये निर्धारित है. लेकिन उसमें से भी इनहैंड 28,000 रुपये ही मिलेंगे.

शौर्य दिवस पर सीएम योगी का नमन, बोले- शहीदों के बलिदान से बना गौरवमयी इतिहास

लखनऊ  कारगिल विजय दिवस 2025 के अवसर पर लखनऊ की कारगिल शहीद स्मृति वाटिका में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहीद जवानों को पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके परिजनों को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज का दिन भारत के महान वीर सपूतों को याद करने का दिन है। इस दिन भारत ने ऑपरेशन विजय को पूर्ण करते हुए पाकिस्तान को धूल चटाकर दुनिया को हैरान कर दिया था। हम भारत के उन वीर सपूतों को नमन करते हैं। ये दिन भारत की सेना के शौर्य का भी प्रतीक है। उन्होंने कहा कि कारगिल युद्ध पाकिस्तान ने भारत पर थोपा था जिसका मुंहतोड़ जवाब हमारे वीर जवानों ने दिया। कारगिल एक चुनौतीपूर्ण जगह थी जहां का तापमान माइनस 50 डिग्री होता है। इस बेहद चुनौतीपूर्ण हालात में भी हमारे जवानों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए पाकिस्तान के कायरों को धूल चटा दी। उस समय पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ अमेरिका गए और भारत पर दबाव डालने की कोशिश पर तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने कहा कि अमेरिका हो या दुनिया की कोई भी ताकत भारत किसी के सामने नहीं झुकेगा और अंत में पाकिस्तान को आत्मसमर्पण करना पड़ा और घुसपैठियों को भागना पड़ा। इस अवसर पर स्कूली छात्राओं ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।