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जमशेदपुर: अस्पताल से चौंकाने वाली घटना, चौथी मंजिल से कूदकर मरीज ने दी जान

रांची जमशेदपुर स्थित एमजीएम अस्पताल में शुक्रवार तड़के एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां 25 वर्षीय मरीज अरशद आलम ने चौथी मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। तेज आवाज सुनाई दी तो हुई जानकारी मिली जानकारी के अनुसार, अरशद आलम को तीन दिन पहले अस्पताल के मेडिसिन विभाग में भर्ती कराया गया था। शुक्रवार सुबह वह अपनी मां से शौच जाने की बात कहकर वार्ड से बाहर निकला। कुछ ही देर बाद तेज आवाज सुनाई दी, जिसके बाद लोग मौके की ओर दौड़े। वहां युवक को खून से लथपथ हालत में पाया गया। जिसके बाद अस्पताल कर्मियों ने तुरंत उसे इमरजेंसी वार्ड में पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। नशे की लत से जूझ रहा था युवक प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, युवक नशे की लत और मानसिक तनाव से जूझ रहा था। घटना के बाद अस्पताल में भर्ती अन्य मरीजों और उनके परिजनों में डर का माहौल है। वहीं, मृतक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और उसकी मां गहरे सदमे में है। अस्पताल प्रशासन ने घटना की सूचना पुलिस को दे दी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और हर पहलू से घटना की जांच की जा रही है।  

कौन है ‘धुरंधर 2’ का रिजवान? हमज़ा का साया और आदित्य धर–रणवीर सिंह कनेक्शन

मुंबई 'धुरंधर' की रिलीज के बाद से ही 'धुरंधर 2' का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा था। दूसरे पार्ट के लिए यह क्रेज फिल्म की रिलीज के बाद और बढ़ गया। एक तरफ दर्शक हमजा अली मजारी के असली किरदार जसकीरत सिंह रंगी को देख चौंके, तो वहीं उजैर बलोच ने भी चौंका दिया। पर इन दो किरदारों के बीच एक और किरदार रहा, जिसकी खूब चर्चा हो रही है। यह किरदार है रिजवान का, जो 'धुरंधर' में अरशद पप्पू गैंग का हिस्सा था, और दूसरे पार्ट यानी 'धुरंधर: द रिवेंज' में हर कदम हमजा का हमसाया बन खड़ा नजर आया। 'धुरंधर' में रिजवान का था कम रोल, अब 'धुरंधर 2' में छाया 'धुरंधर 2' के टीजर में ही रिजवान की एक झलक ने सनसनी मचा दी थी। दरअसल, रिजवान भी हमज़ा और आलम (गौरव गेरा) की तरह अंडरकवर एजेंट है, पर ल्यारी में किसी को भी इसकी भनक नहीं है। एक खास मकसद के तहत रिजवान अरशद पप्पू के गैंग में शामिल होता है। लेकिन जब हमजा, रहमान डकैत को मारने के बाद अरशद पप्पू गैंग का भी सफाया कर देता है, तो रिजवान उसके साथ आ जाता है आखिर तक उसके साथ रहता है। जानते हैं कि यह किरदार किसने निभाया है? ये हैं एक्टर मुस्तफा अहमद। मुस्तफा अहमद बने 'रिजवान', रणवीर सिंह को कर चुके ट्रेन मालूम हो कि 'धुरंधर' में रिजवान का किरदार काफी कम समय के लिए दिखाया गया था, जबकि दूसरे पार्ट में वह काफी लंबे समय तक हैं, बल्कि आखिर तक हैं। रिजवान, हमजा यानी जसकीरत सिंह रंगी को ट्रेनिंग की शुरुआत के दिनों से जानता है। फिल्म में भी इसे दिखाया गया है। पर आपको जानकर हैरानी होगी कि रिजवान का किरदार निभाने वाले मुस्तफा अहमद का असल में 'धुरंधर' से पहले से ही रणवीर सिंह संग नाता है। वह पहले से ही उन्हें जानते हैं। कौन हैं मुस्तफा अहमद? विक्की कौशल, यामी गौतम को भी किया ट्रेन 'धुरंधर' और 'धुरंधर 2' में तो मुस्तफा अहमद एक एक्टर के रूप में नजर आए हैं, पर असल में वह एक जिम ट्रेनर हैं। वह बॉलीवुड में स्ट्रेंथ और कंडीशनिंग कोच के रूप में जाने जाते हैं। मुस्तफा अहमद ने कई बॉलीवुड एक्टर्स को ट्रेन किया है, जिनमें रणवीर सिंह का भी नाम शामिल है। उन्होंने रणवीर को 'पद्मावत' के लिए ट्रेन किया था। और तो और 'धुरंधर' के लिए भी मुस्तफा ने उन्हें ट्रेनिंग दी। इसी तरह विक्की कौशल को फिल्म 'सरदार ऊधम' और यामी गौतम को 'आर्टिकल 370' के लिए ट्रेन किया था। आदित्य धर के साथ तो मुस्तफा अहमद का बेहद पुराना कनेक्शन है। उन्होंने आदित्य धर के प्रोडक्शन हाउस की फिल्म 'धूम धाम' से एक्टिंग डेब्यू किया था। इसमें आदित्य की पत्नी और एक्ट्रेस यामी गौतम भी थीं। बाद में वह 'धुरंधर' और अब 'धुरंधर 2' में नजर आ रहे हैं। एक समय पर मुस्तफा अहमद, ऋतिक रोशन के पर्सनल ट्रेनर भी रहे, और उन्हें चोट से उबरने में मदद की थी।

गयावासियों को मिली 724 योजनाओं की सौगात, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया लोकार्पण

गयाजी गया जिले में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्धि यात्रा के क्रम में यहां पहुंचे। मुख्यमंत्री के साथ मंच पर डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी, मंत्री विजय चौधरी और विधान सभा अध्यक्ष प्रेम कुमार भी मौजूद हैं। इस दौरान उन्होंने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में कुल 724 योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में कुल 724 योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इन योजनाओं में सड़क निर्माण, पेयजल आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाएं, शिक्षा, बिजली और ग्रामीण विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं शामिल हैं। मुख्यमंत्री के इस दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। कार्यक्रम स्थल से लेकर शहर के प्रमुख मार्गों तक सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी लगातार तैयारियों की निगरानी कर रहे हैं, ताकि कार्यक्रम में किसी तरह की बाधा न आए। खासतौर पर कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा के तीन-स्तरीय इंतजाम किए गए हैं और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। कई योजनाएं शुरू की जा रही हैं बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री जिन योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे, वह सीधे तौर पर आम जनता की जरूरतों से जुड़ी हैं। ग्रामीण इलाकों में सड़क और जल आपूर्ति की समस्याओं को दूर करने के लिए कई योजनाएं शुरू की जा रही हैं। इसके साथ ही स्वास्थ्य केंद्रों के उन्नयन और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए भी कई परियोजनाएं शामिल हैं। स्थानीय लोगों में इस कार्यक्रम को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है। लोगों का मानना है कि इन योजनाओं के लागू होने से जिले के विकास को नई गति मिलेगी और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार से जीवन स्तर में सुधार आने की उम्मीद है। अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी करेंगे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपने दौरे के दौरान अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी करेंगे। इस बैठक में वह विभिन्न योजनाओं की प्रगति का जायजा लेंगे और जरूरी दिशा-निर्देश देंगे। इसके अलावा, वे आम लोगों से संवाद कर उनकी समस्याएं भी सुन सकते हैं, जिससे प्रशासन को जमीनी हकीकत समझने में मदद मिलेगी। गौरतलब है कि ‘समृद्धि यात्रा’ का उद्देश्य राज्य के विभिन्न जिलों में विकास कार्यों को तेज करना और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना है। गया में इस यात्रा के तहत होने वाला यह कार्यक्रम इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। मुख्यमंत्री का यह दौरा गया जिले के लिए विकास के नए अध्याय की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि इन योजनाओं का क्रियान्वयन कितनी तेजी और प्रभावशीलता से होता है और इसका लाभ आम लोगों तक कितनी जल्दी पहुंचता है।

रेप में गिरफ्तार ज्योतिषाचार्य का था जबरदस्त रसूख, सीएम और महिला आयोग अध्यक्ष तक थे प्रभावित

नासिक नासिक से रेप केस में गिरफ्तार ज्योतिषाचार्य अशोक खरात उर्फ कैप्टन खरात की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे उसके रसूख, पहुंच और प्रभाव की तस्वीरें भी साफ होती जा रही है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री रहे एकनाथ शिंदे ने भी उससे मुलाकात की थी और उसने उनका ‘हाथ’ देखकर भविष्यवाणी की थी.  इस मामले में सबसे ज्यादा चर्चा उस वीडियो को लेकर हो रही है, जिसमें महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर उनके पैर धोते हुए दिखाई दे रही हैं. खास बात यह है कि जिस व्यक्ति पर अब महिलाओं से जुड़े गंभीर आरोप हैं, उसी के साथ इस तरह की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद मामले को और संवेदनशील बना रही हैं।  नेताओं और प्रभावशाली लोगों से संपर्क अशोक खरात की पहचान सिर्फ एक ज्योतिषाचार्य तक सीमित नहीं थी. उसके पास राज्य के कई बड़े नेता, कारोबारी और प्रभावशाली लोग पहुंचते थे. कई लोग उसे अपना गाइड मानते थे और महत्वपूर्ण फैसलों से पहले सलाह लेने आते थे. यही वजह थी कि उसका नेटवर्क लगातार मजबूत होता गया और उसकी पहुंच बढ़ती चली गई. उस पर लगे रेप केस की जांच अब स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) कर रही है, जिसका नेतृत्व आईपीएस अधिकारी तेजस्विनी सातपुते कर रही हैं. उन्होंने आरोपी से करीब दो घंटे तक पूछताछ की है. हालांकि अभी तक आधिकारिक तौर पर ज्यादा जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन जांच एजेंसियां हर पहलू को खंगाल रही है।  शिरडी से जुड़ा नया मामला इस बीच शिरडी में एक और शिकायत सामने आई है, जिसने मामले को और गंभीर बना दिया है. एक महिला ने आरोप लगाया है कि उसे उसकी आपत्तिजनक तस्वीर भेजकर वायरल करने की धमकी दी गई और पैसे मांगे गए. इस मामले में खरात के ऑफिस से जुड़े कर्मचारी नीरज जाधव का नाम सामने आया है।  करोड़ों की संपत्ति पर भी सवाल जांच में सामने आया है कि अशोक खरात ने पिछले 15 सालों में करीब 200 करोड़ रुपये की संपत्ति बनाई है. पाथर्डी, सिन्नर, मिरगांव, ओझर और शिरडी जैसे इलाकों में उसकी जमीनें और प्रॉपर्टी हैं. परिवार के नाम पर भी करोड़ों की संपत्ति दर्ज है. खरात की नासिक के पाथर्डी गांव में 30 एकड़ जमीन के बारे में भी पुलिस को पता चला है, जिसकी अनुमानित कीमत 150 करोड़ से ज्यादा की है. इसके अलावा नासिक जिले के सिन्नर तालुका के कहंदलवाड़ी मिरगांव में 45 एकड़ जमीन, 30 करोड़ रुपये से ज्यादा मार्केट वैल्यू वाली परचेज़ डीड, नासिक शहर के पाथर्डी, गौलाने इलाके में पत्नी कल्पना, बेटी सृष्टि और तृप्तबाला के नाम पर अलग जमीनों के कागज मिले हैं. वहीं 10 करोड़ रुपये से ज्यादा की कीमत के  फार्महाउस की भी जांच की जा रही है. इस सब के अलावा कई अन्य इलाकों में भी कीमती जमीनों का पता चला है।  नासिक क्राइम ब्रांच की कार्रवाई में आरोपी के अलग-अलग ठिकानों पर तलाशी ली. खबर है कि पुलिस ने 58 वीडियो जब्त किए हैं. बताया जा रहा है कि ये वीडियो कुछ मशहूर महिलाओं और सेलिब्रिटी से जुड़े लोगों के हैं. पुलिस द्वारा ज़ब्त किए गए वीडियो की पूरी जांच चल रही है, और उम्मीद है कि इससे और भी चौंकाने वाली बातें सामने आ सकती हैं।  पहले भी उठते रहे विरोध अंधविश्वास के खिलाफ काम करने वाले संगठनों ने पहले भी अशोक खरात के खिलाफ विरोध जताया था. उनका कहना था कि वह लोगों की आस्था का गलत इस्तेमाल कर रहा है. लेकिन तब यह मामला ज्यादा आगे नहीं बढ़ पाया. अब गिरफ्तारी के बाद वही मुद्दे फिर से चर्चा में हैं।  इस पूरे मामले में सबसे महत्वपूर्ण पहलू महिलाओं की शिकायतें हैं. एक ओर दुष्कर्म का आरोप है, वहीं दूसरी ओर ब्लैकमेलिंग से जुड़े मामले सामने आ रहे हैं. इससे यह सवाल उठता है कि क्या प्रभाव और पहुंच के कारण पहले शिकायतें सामने नहीं आ पाईं। 

पेटेंट हटने के बाद ₹16,000 की दवा का दाम ₹1,500 होगा, साबित होगा गेम चेंजर

नई दिल्‍ली  डेनमार्क की दिग्गज दवा कंपनी नोवो नॉर्डिस्क (Novo Nordisk) के साल्ट ‘सेमाग्लूटाइड’ (Semaglutide) पर पेटेंट इसी सप्‍ताह समाप्‍त हो जाएगा. कंपनी द्वारा इसी सॉल्‍ट का इस्‍तेमाल कर वजन घटाने के लिए ‘ओजेम्पिक’ और डायबिटीज नियंत्रण के लिए ‘वेगोवी’ नामक दवा बनाई जाती हैं. पेटेंट की वजह से ये दोनों ही दवाएं काफी महंगी है. लेकिन, पेटेंट समाप्ति के बाद अन्‍य कंपनियां भी सेमाग्‍लूटाइड का इस्‍तेमाल कर वजन घटाने और डायबिटीज की जेनेरिक दवाएं बना सकेंगी. इससे आम आदमी को सस्‍ती दवाएं मिलने लगेंगी।  वर्तमान में नोवो नॉर्डिस्क की वजन घटाने वाली दवा ओजेम्पिक की मासिक खुराक की कीमत करीब 8000 से 11,000 रुपये तक पड़ती है. डायबिटीज दवा वेगावी का महीने का खर्च 16400 रुपये तक होता है. कीमत ज्‍यादा होने की वजह से यह आम आदमी की पहुंच से बाहर है. दवा बाजार जानकारों का कहना है कि जेनेरिक दवा इससे करीब 60 फीसदी तक सस्‍ती होगी. शुरुआती दौर में जेनेरिक दवाओं की मासिक कीमत 3,000 से 5,000 रुपये के बीच रह सकती है, लेकिन जैसे-जैसे प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी यह और गिरकर 1,500 से 2,500 रुपये तक आ सकती है।  मोटापे और डायबिटीज के करोड़ों मरीज चीन के बाद डायबिटीज मरीजों की दूसरी सबसे बड़ी संख्या भारत में ही है. वहीं, लैंसेट की रिपोर्ट के मुताबिक, 2050 तक भारत में 44 करोड़ से अधिक लोग मोटापे का शिकार हो सकते हैं. फार्मारैक के अनुमान के मुताबिक, भारत का मोटापा-रोधी दवा बाजार 2030 तक 80 अरब रुपये तक पहुंच सकता है, जो वर्तमान में करीब 15 अरब रुपये है. सस्ती दवाओं की उपलब्धता से निम्न और मध्यम आय वर्ग के मरीज भी अब वैज्ञानिक तरीके से वजन घटाने का उपचार ले सकेंगे. यह कदम भारत के सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए एक गेम-चेंजर साबित होगा।  50 से ज्यादा ब्रांड्स दवा बनाने को तैयार नोवो नॉर्डिस्क का पेटेंट खत्‍म होने का असर है कि सन फार्मा (Sun Pharma), मैनकाइंड फार्मा (Mankind Pharma), डॉ. रेड्डीज (Dr. Reddy’s), जायडस (Zydus), ल्यूपिन (Lupin) और अल्केम (Alkem) जैसी 40 से अधिक कंपनियां अगले कुछ हफ्तों में सेमाग्लूटाइड के 50 से ज्यादा जेनेरिक संस्करण लॉन्च करने वाली हैं. कुछ कंपनियां तो इतनी तैयार हैं कि पेटेंट खत्म होने के अगले ही दिन अपने उत्पाद बाजार में उतार देंगी. इससे न केवल प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, बल्कि मरीजों के पास चयन के लिए कई विश्वसनीय विकल्प भी मौजूद होंगे। 

IPL के घायल प्लेयर्स से पाकिस्तान सुपर लीग को हुआ खतरा, PCB की बेचैनी बढ़ी; जानें पूरा मामला

 नई दिल्ली IPL (इंड‍ियन प्रीम‍ियर लीग ) 2026 शुरू होने से पहले ही खिलाड़ियों की चोटों ने फ्रेंचाइजियों की रणनीति हिला दी है. तेज गेंदबाजों की कमी को पूरा करने के लिए अब टीमों की नजर पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) में खेल रहे खिलाड़ियों पर है।  हाल ही में जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज ब्लेस‍िंग मुजाबानी ने इस्लामाबाद यूनाइटेड का साथ छोड़कर कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) जॉइन की, जिसने पूरे मामले को और गर्म कर दिया है।  इससे पहले भी ऐसा हो चुका है. पिछले सीजन में साउथ अफ्रीका के ऑलराउंडर कॉर्ब‍िन बॉश ने पेशावर जाल्मी को छोड़कर मुंबई इंडियंस का दामन थामा था. ऐसे में यह ट्रेंड अब बढ़ता नजर आ रहा है।  अब सोशल मीडिया पर चर्चा है कि ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज स्पेंसर जॉनसन और साउथ अफ्रीका के  ओटनील बार्टमैन भी IPL टीमों के रडार पर हैं. इसकी बड़ी वजह IPL में तेज गेंदबाजों की चोटें हैं।  यानी साफ है कि IPL के इंजर्ड प्लेयर्स की चोटें पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) 2026 के लिए टेंशन बढ़ गई है, ऐसे में वो अपने लिए अपने लिए ख‍िलाड़ी कहां से लाएगा।  चेन्नई सुपर किंग्स के नाथन एल‍िस, राजस्थान रॉयल्स के सैम करन और कोलकाता के हर्षित राणा जैसे खिलाड़ी पहले ही टूर्नामेंट से बाहर हो चुके हैं. वहीं ऑस्ट्रेल‍ियाई पेस बैटरी जोश हेजलवुड , पैट कम‍िंस, म‍िचेल स्टार्क के खेलने पर रहस्य बना हुआ है. मिचेल स्टार्क, पैट कमिंस और जोश हेजलवुड में से कोई भी अपनी फ्रेंचाइजी के लिए उपलब्ध नहीं होगा।  श्रीलंका के नुवान थुसारा के खेलने पर सस्पेंस है, वहीं मथीशा पथ‍िराना के कोलकाता के लिए खेलने को लेकर हरी झंडी मिल चुकी है।  PSL के कौन से गेंदबाज IPL में आएंगे?  ऐसे में IPL टीमों के पास PSL में मौजूद खिलाड़ियों को विकल्प के तौर पर देखने के अलावा ज्यादा रास्ते नहीं हैं. इस्लामाबाद यूनाइटेड के पास र‍िचर्ड ग्लीसन और शमार जोसेफ जैसे ऑप्शन हैं. शमार जोसेफ पिछले सीजन में लखनऊ सुपर जायंट्स का हिस्सा रह चुके हैं।  क्वेटा ग्लैडिएटर्स के पास अल्जारी जोसेफ हैं, जो IPL में अच्छा अनुभव रखते हैं. वहीं अन्य टीमों में र‍िले मेरड‍िथ और 41 साल के अनुभवी पीडर स‍िडल शाम‍िल हैं, जो अब भी 140 किमी/घंटा की रफ्तार से गेंदबाजी कर सकते हैं।  IPL में चोटिल खिलाड़ियों की लिस्ट लगातार बढ़ती जा रही है. मुंबई इंडियंस के अथर्व अंकोलेकर और चेन्नई के नाथन एलिस पहले ही बाहर हो चुके हैं, जबकि राजस्थान के सैम करन भी टूर्नामेंट से बाहर हैं. बाकी कई खिलाड़ी अन‍िश्च‍ित स्थ‍ित‍ि में है।  ऐसे हालात में यह लगभग तय माना जा रहा है कि IPL फ्रेंचाइजियां PSL में खेल रहे खिलाड़ियों को ऑफर दे सकती हैं. हालांकि, अगर ऐसा होता है तो पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के लिए यह एक और बड़ा झटका साबित होगा।  IPL की शुरुआत 28 मार्च से हो रही है, वहीं पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) 2026 (11वां सीजन) का आयोजन 26 मार्च से 3 मई 2026 के बीच होना है. इस सीजन में दो नई टीमों के शामिल होने से टीमों की संख्या 6 से बढ़कर 8 हो गई है, और कुल 44 मैच खेले होंगे।   

भ्रष्टाचार पर सख्ती: CSEB दफ्तर में ACB की कार्रवाई, जेई, एई और ऑपरेटर गिरफ्तार

जांजगीर-चांपा छत्तीसगढ़ के जांजगीर चांपा जिले से भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है। यहां एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने CSEB (छत्तीसगढ़ स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड) के ग्रामीण कार्यालय में छापा मारकर तीन कर्मचारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। जानकारी के अनुसार, जेई राजेंद्र शुक्ला, एई विजय नोरगे और एक कंप्यूटर ऑपरेटर को 35 हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा गया। यह रिश्वत एचटी लाइन विस्तार (HT Line Expansion) के लिए एक उपभोक्ता से मांगी गई थी पर उपभोक्ता रिश्वत देना नहीं चाहते थे। बिना रिश्वत के काम नहीं करने पर परेशान होकर उन्होंने एंटी करप्शन ब्यूरो कार्यालय बिलासपुर में मामले की शिकायत की थी। ACB को शिकायत मिली थी कि संबंधित अधिकारी काम के एवज में पैसे की मांग कर रहे हैं। शिकायत की पुष्टि के बाद टीम ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप कार्रवाई की। केमिकल युक्त नोटों के साथ प्रार्थी को रिश्वत देने बिजली ऑफिस में भेजा। जैसे ही सीएसईबी ग्रामीण कार्यालय में रिश्वत ली गई वैसे ही एंटी करप्शन ब्यूरो की कार्यालय के बाहर तैनात टीम ने कार्यालय में छापा मारा। छापेमारी में जेई राजेंद्र शुक्ला, एई विजय नोरगे और कंप्यूटर ऑपरेटर को 35 हजार रुपए रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया। एसीबी तीनों से कार्यालय में पूछताछ कर रही है।

लखनऊ सुपर जायंट्स की मजबूती पर बोले ऋषभ पंत, कोच भरत अरुण को दिया श्रेय

नई दिल्ली आईपीएल के पिछले सत्र में गेंदबाजी लखनऊ सुपर किंग्स की कमजोर कड़ी थी लेकिन कप्तान ऋषभ पंत का कहना है कि सहयोगी स्टाफ में भरत अरूण के आने से इस विभाग में टीम को मजबूत करने में काफी मदद मिल रही है। पंत ने जियोस्टार से बातचीत में लखनऊ टीम के चेन्नई में लगाये गए शिविर और भारत के पूर्व गेंदबाजी कोच अरूण के जुड़ने से टीम के युवा तेज गेंदबाजों को मिल रही मदद के बारे में बताया। ऋषभ पंत ने कहा ,'' तेज गेंदबाजों के साथ शिविर बेहतरीन रहा । भरत अरूण सर के आने से काफी मदद मिल रही है । हमने इस पर काफी बात की है कि मैं गेंदबाजों से क्या चाहता हूं और वह इसमें क्या मदद कर सकते हैं ।'' उन्होंने कहा ,''वह सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी कोचों में से एक हैं और उनके साथ काम करने के अनुभव के कारण मुझे पूरा भरोसा है । वह अपने साथ अपार अनुभव लाये हैं । गेंदबाजों को उन पर भरोसा है और वे उनसे बात करते हैं । आपको एक गेंदबाजी कोच से यही चाहिये होता है ।'' पंत ने कहा ,'' पिछले सत्र का प्रदर्शन देखें तो हमें गेंदबाजी में सुधार की जरूरत थी । इसमें अरूण सर हमारी मदद कर सकते हैं और मुझे खुशी है कि वह टीम के साथ हैं ।'' ड्रेसिंग रूम में सबसे मजाकिया इंसान पंत ने कहा कि इससे तनाव के पलों में माहौल हल्का करने में मदद मिलती है। उन्होंने कहा ,'' मुझे लगता है कि हंसी मजाक सबको पसंद है क्योंकि माहौल वैसे ही इतना तनावपूर्ण है । हर कोई एक दूसरे के साथ का आनंद लेना चाहता है। बहुत सारा तनाव लेकर मजा नहीं आता और आप अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन नहीं कर पाते।'' टीम प्रबंधन के मुताबिक लखनऊ सुपर जायंट्स के सभी भारतीय खिलाड़ी पहले ही टीम से जुड़ चुके हैं, शुक्रवार से ओवरसीज खिलाड़ियों का आना भी शुरू हो जाएगा। इसके बाद अभ्यास में और तेजी आएगी।  

क्या थलपति विजय चुनाव के बाद तृषा कृष्णन से करेंगे शादी?

मुंबई  साउथ स्टार थलपति विजय फिल्मों के बाद तमिल राजनीति में कदम रख चुके हैं. इन दिनों हर ओर से उनका नाम सुर्खियों में है. बात चाहें फिल्म या राजनीति की हो, या फिर उनकी निजी जिंदगी की. तमिलनाडु चुनाव से ठीक पहले उनकी पत्नी संगीता ने तलाक की अर्जी दी है. तलाक की खबरों के बीच उनका नाम एक्ट्रेस तृषा कृष्णन संग जोड़ा जा रहा है. खबरें हैं कि इलेक्शन के बाद दोनों शादी कर सकते हैं।  क्यों हुई शादी की चर्चा? शादीशुदा थलपति विजय और तृषा  के रोमांस की चर्चा उनकी फिल्म 'लियो' के बाद शुरू हुई थी. फिल्म के बाद वो सोशल मीडिया, पब्लिक इवेंट और सेलिब्रिटी शादियों में साथ दिखाई देने लगे थे. इससे उनके डेटिंग की अफवाहें शुरू हुईं. विजय की तरह तृषा को भी राजनीति में गहरी रूची है, इससे दोनों की बॉन्डिंग स्ट्रॉन्ग होती गई।  थलपति विजय की पत्नी संगीता ने तलाक की अर्जी देते हुए एक्टर पर एक्स्ट्रा मैरिटल का आरोप लगाया हुआ है. ये भी कहा जा रहा है कि तलाक में विजय पत्नी को 200 करोड़ की एलिमिनी देंगे. सोशल मीडिया पर एक्टर की दूसरी शादी बज शुरू हो गया है. एक वायरल रील में दावा किया गया कि तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के बाद दोनों रिश्ता ऑफिशियल करेंगे. बात तब और गरमाई जब तृषा की मां उमा कृष्णन ने उस रील को लाइक कर दिया है।  एक ओर थलपति विजय का घर टूटने के कगार पर है. दूसरी ओर तृषा कृष्णन 11 साल पहले अपनी सगाई तोड़ चुकी हैं. 2015 में तृषा ने चेन्नई के बिजनेसमैन वरुण मनियन से सगाई की थी. जल्द ही दोनों शादी करने वाले थे. लेकिन पांच महीने बाद उन्होंने सगाई तोड़ दी. एक इंटरव्यू में एक्ट्रेस ने बताया था कि उन्हें शादी में विश्वास है, लेकिन वो किसी दबाव में आकर ये फैसला नहीं लेना चाहती. ये भी कहा गया कि उनके पार्टनर ने उन्हें अभिनय छोड़ने के लिए कहा था. इसलिए उन्होंने सगाई तोड़ दी।  अब विजय और तृषा अपना रिश्ता कब ऑफिशियल करते हैं. इसका इंतजार हर किसी को है. फिलहाल दोनों में से किसी ने इस पर कुछ. नहीं कहा है। 

छत्तीसगढ़ में 6 दिवसीय फेम ट्रिप संपन्न, रायपुर में पर्यटन को नई दिशा मिली

रायपुर छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल एवं राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से राज्य के पर्यटन स्थलों के व्यापक प्रचार-प्रसार तथा प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक धरोहर को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने के उद्देश्य से 13 से 18 मार्च तक आयोजित 6 दिवसीय विशेष फेम (FAM) ट्रिप सफलतापूर्वक संपन्न हो गई। यह आयोजन राज्य सरकार की दूरदर्शी सोच और पर्यटन को आर्थिक विकास के प्रमुख साधन के रूप में विकसित करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इस ट्रिप में देश के विभिन्न राज्यों—दिल्ली, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, कर्नाटक, ओडिशा, चेन्नई, बेंगलुरु एवं अंडमान-निकोबार से आए लगभग 30 टूर ऑपरेटर एवं ट्रैवल एजेंट्स ने भाग लिया। इन प्रतिभागियों को दो समूहों में विभाजित कर उत्तर एवं दक्षिण छत्तीसगढ़ के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण कराया गया, जिससे उन्हें राज्य की विविध पर्यटन संभावनाओं का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हुआ। उत्तर छत्तीसगढ़ में अंबिकापुर, मैनपाट, रामगढ़ और जशपुर जैसे स्थलों की प्राकृतिक सुंदरता एवं इको-टूरिज्म संभावनाओं से प्रतिभागियों को अवगत कराया गया। वहीं दक्षिण छत्तीसगढ़ में कांगेर घाटी, कोंडागांव, जगदलपुर, चित्रकोट, दंतेवाड़ा, बारसूर एवं धुडमारास जैसे स्थलों के माध्यम से बस्तर की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, ऐतिहासिक धरोहर और प्राकृतिक वैभव का अनुभव कराया गया। फेम ट्रिप के दौरान बस्तर स्थित विश्व प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात ने प्रतिभागियों को विशेष रूप से आकर्षित किया, जहां उन्होंने बोटिंग के साथ प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लिया। चित्रकोट के प्राचीन शिव मंदिर में दर्शन कर उन्होंने आध्यात्मिक अनुभव भी प्राप्त किया। इसके अलावा स्थानीय हाट-बाजारों का भ्रमण कर प्रतिभागियों ने जनजातीय जीवनशैली, पारंपरिक आयोजनों और सांस्कृतिक विविधता को करीब से समझा, जो छत्तीसगढ़ की विशिष्ट पहचान है। ऐतिहासिक नगरी बारसूर के बत्तीसा मंदिर एवं प्राचीन गणेश प्रतिमाओं का अवलोकन कर राज्य की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली। साथ ही प्रतिनिधिमंडल ने बस्तर संभाग के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाकात कर पर्यटन विकास, सुरक्षा व्यवस्था एवं बुनियादी सुविधाओं की जानकारी प्राप्त की, जिससे राज्य में पर्यटन के लिए सुरक्षित और अनुकूल वातावरण का विश्वास मजबूत हुआ। मैनपाट एवं जशपुर क्षेत्र में इको-टूरिज्म, ग्रामीण पर्यटन और होमस्टे मॉडल की संभावनाओं को प्रस्तुत करते हुए राज्य सरकार की योजनाओं और पहल की सराहना की गई। कुनकुरी का गिरजाघर, राजपुरी जलप्रपात तथा केरे विलेज के महुआ होमस्टे जैसे स्थलों ने यह सिद्ध किया कि छत्तीसगढ़ में पर्यटन के विविध आयाम विकसित किए जा सकते हैं। फेम ट्रिप का सबसे बड़ा सकारात्मक प्रभाव यह है कि इसमें शामिल टूर ऑपरेटर एवं ट्रैवल एजेंट्स अपने-अपने राज्यों में छत्तीसगढ़ को एक उभरते हुए और आकर्षक पर्यटन गंतव्य के रूप में प्रचारित करेंगे। इससे राज्य में पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होने की प्रबल संभावना है। पर्यटकों की बढ़ती आवाजाही से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, खासकर होटल, ट्रांसपोर्ट, गाइड सेवा, हस्तशिल्प एवं स्थानीय बाजारों को सीधा लाभ मिलेगा। जनजातीय क्षेत्रों में पर्यटन के बढ़ने से स्थानीय संस्कृति को संरक्षण एवं पहचान मिलेगी, साथ ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इसके अतिरिक्त, इस प्रकार के आयोजनों से राज्य की सकारात्मक छवि राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत होती है, जिससे निजी निवेश को भी प्रोत्साहन मिलता है और पर्यटन अधोसंरचना के विकास को गति मिलती है। समापन समारोह में पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा ने ट्रैवल पार्टनर्स से छत्तीसगढ़ को देशभर में बढ़ावा देने का आह्वान करते हुए राज्य सरकार द्वारा प्रदान की जा रही बेहतर सुविधाओं, सुरक्षित वातावरण और आतिथ्य की परंपरा पर विश्वास जताया। प्रबंध संचालक विवेक आचार्य ने भी प्रतिभागियों से अपने अनुभवों को व्यापक स्तर पर साझा करने और अधिक पर्यटकों को छत्तीसगढ़ लाने में सहयोग करने की अपील की। प्रतिभागियों ने छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक विविधता और आत्मीय आतिथ्य की सराहना करते हुए इसे “हिडन जेम” बताया और भविष्य में यहां अधिक पर्यटकों को लाने का भरोसा जताया। यह 6 दिवसीय फेम ट्रिप छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड एवं राज्य सरकार की प्रभावी रणनीति का प्रमाण है, जो राज्य को देश के प्रमुख पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगी।