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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधायक व बांकुड़ा से भाजपा प्रत्याशी नीलाद्रि शेखर दाना के लिए किया रोड शो

बुलडोजर बाबा' को देख बोला बंगाल, देखो-देखो शेर आया   मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधायक व बांकुड़ा से भाजपा प्रत्याशी नीलाद्रि शेखर दाना के लिए किया रोड शो बंगाल ने सीएम योगी को सिर आंखों पर बिठाया तो उन्होंने भी हाथ जोड़कर किया अभिवादन  पूरे रोड-शो के दौरान सड़कों पर गूंजा- ‘एक ही नारा-एक ही नाम, जय श्रीराम-जय श्रीराम’  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शानदार रोड शो के लिए जताया बंगालवासियों का आभार बांकुड़ा  पश्चिम बंगाल की सड़कों पर शनिवार को 'बुलडोजर बाबा' का जबरदस्त क्रेज दिखा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपने बीच पाकर स्थानीय नागरिकों का जोश देखते ही बनता था। जनता ने उनका जोरदार स्वागत किया। सीएम योगी को देख गगनभेदी नारों के बीच बंगालवासी बोल उठे, ‘देखो-देखो, कौन आया, शेर आया-शेर आया। योगी जी सुस्वागतम!’ उत्तर प्रदेश के इस शेर को बंगाल के मतदाताओं ने भी विश्वास दिलाया कि 4 मई, 'दीदी' गई। सीएम योगी ने इस शानदार रोड शो के लिए स्थानीय लोगों के प्रति आभार जताया।  बंगाल की जनता के स्वागत से अभिभूत मुख्यमंत्री ने रोड शो में विधायक व बांकुड़ा विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी नीलाद्रि शेखर दाना के लिए जनसमर्थन मांगा तो ‘एक ही नारा-एक ही नाम, जय श्रीराम-जय श्रीराम, हर-हर महादेव’ की गूंज से गुंजायमान बांकुड़ा की सड़कों पर उतरे मतदाताओं ने उन्हें आश्वस्त किया कि विधानसभा क्षेत्र में कमल ही खिलेगा। पूरे रोड-शो के दौरान सड़कों पर ‘योगी-योगी’ की गूंज सुनाई देती रही।  जनसैलाब से आई 'मन की आवाज', 4 मई-'दीदी' गई  बंगाल की सड़कों पर स्थानीय नागरिकों ने शनिवार को 'बुलडोजर बाबा' का अभूतपूर्व स्वागत किया। भगवा रंग की पगड़ी पहने सीएम योगी की एक झलक पाने को सड़क के दोनों और जनसैलाब उमड़ पड़ा। उन्हें अपने बीच देखकर मतदाताओं के मनोभाव भी जुबां पर आ गए। जगह-जगह से गूंज सुनाई देने लगी- 4 मई, ‘दीदी’ गई। अंधकार छंटेगा-कमल खिलेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी हाथ हिलाकर, हाथ जोड़कर बंगालवासियों का ह्रदय से अभिवादन किया। छतों पर खड़ी महिलाओं-बच्चों ने हाथ जोड़कर प्रणाम किया सीएम योगी को देखने के लिए महिलाएं व बच्चे भी रोड के दोनों तरफ मकानों की छतों पर खड़े थे। जैसे ही सीएम का काफिला उनके सामने से गुजरता, तमाम महिलाएं व बच्चे हाथ जोड़कर 'बुलडोजर बाबा' को प्रणाम करते, सीएम ने भी हाथ हिलाकर सभी का अभिवादन किया। रास्ते व  छतों पर खड़े लोग अपने मोबाइल में सीएम योगी की फोटो भी लेते रहे। आमार सोनार बांग्ला, टीएमसी मुक्तो बांग्ला सीएम योगी ने रोड-शो के समापन पर मतदाताओं से संवाद किया और इतने भव्य स्वागत के लिए जनता का आभार भी जताया। उन्होंने कहा कि आमार सोनार बांग्ला,  अब टीएमसी मुक्तो बांग्ला (हमारा सोने जैसा बंगाल, अब टीएमसी मुक्त बंगाल)। समूचे बंगाल का उत्साह बता रहा है कि 4 मई को बंगाल में भाजपा का कमल खिलेगा। बंगाल भारत की कल्चरल कैपिटल के रूप में जानी जाती है, लेकिन कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस व कम्युनिस्टों ने इस पहचान को मिटाया है। मुख्यमंत्री ने भाजपा का अर्थ भी बताया, कहा-भाजपा मतलब सुरक्षा, नौजवान को रोजगार, किसान को उपज का अच्छा दाम, बहन-बेटी को सुरक्षा, विरासत का संरक्षण और विकास के लिए डबल इंजन की स्पीड।

भारत को मिला एलपीजी संकट से निपटने का तरीका, किस्मत ने पलभर में बदल दी तस्वीर

नई दिल्‍ली  अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध ने भारत ही नहीं, दुनिया के तमाम देशों को गैस के संकट में धकेल दिया है. लेकिन, किस्‍मत भारत पर मेहरबान हुई और अचानक ग्‍लोबल मार्केट में प्राकृतिक गैस की कीमतें नीचे आ गईं. इसका फायदा उठाते हुए भारत ने ग्‍लोबल स्‍पॉट मार्केट से गैस की खरीदारी तेज कर दी है. इससे पश्चिम एशिया संकट के बाद बढ़ी गैस आयात की दिक्‍कतों से निपटने में मदद मिलेगी।  गैस मार्केट से जुड़े ट्रेडर्स का कहना है कि देश की सरकारी कंपनियां भारत पेट्रोलियम कॉर्प, गेल इंडिया लिमिटेड और गुजरात स्‍टेट पेट्रोलियम कॉर्प ने अप्रैल से जून की डिलीवरी के लिए 16 डॉलर प्रति मिलियन ब्रिटिश थर्मल यूनिट यानी बीटीयू पर खरीदा है. ये सप्‍लाई 15 अप्रैल को बंद हुए ट्रेड में खरीदी गई है. ट्रेडर्स का कहना है कि यह एक बड़ा बदलाव है, क्‍योंकि इससे पहले कीमतें ज्‍यादा होने की वजह से भारतीय खरीदारों ने स्‍पॉट मार्केट से खरीदारी कम कर दी थी और कई ट्रेंडर रद्द कर दिए थे।  क्‍यों आई है ऐसी नौबत ईरान-अमेरिका युद्ध की वजह से होर्मुज जलडमरूमध्‍य लगभग बंद हो गया है और कतर में हमले से दुनिया का सबसे बड़ा एलएनजी प्‍लांट भी बंद हो गया. इस कारण भारत सहित दुनिया को सप्‍लाई होने वाले 20 फीसदी गैस के हिस्‍से पर दिक्‍कतें आ गईं. यही वजह रही कि भारत को भी पिछले साल की समान अवधि की तुलना में एलएनजी डिलीवरी करीब 14 फीसदी कम रही और सप्‍लाई के मुकाबले आयात का औसत गड़बड़ हो गया।  कीमत गिरी तो बढ़ गई खरीदारी भारत ने गैस खरीद ऐसे समय में बढ़ाई है, जब ग्‍लोबल स्‍पॉट मार्केट में प्राकृतिक गैस की कीमतें गिरकर एक महीने से भी ज्‍यादा के निचले स्‍तर पर चली गई हैं. युद्ध शुरू होने के बाद एक समय ऐसा भी आया था जब नेचुरल गैस के दाम ग्‍लोबल मार्केट में दोगुने से भी ज्‍यादा हो गए थे. तब इसकी कीमत 25 डॉलर प्रति बीटीयू के आसपास थी. यही वजह रही कि भारतीय खरीदारों ने अपने ट्रेडिंग बंद कर दी थी. अब कीमतें 50 फीसदी तक नीचे आ गई हैं, जिससे खरीदारी एक बार फिर बढ़ने लगी है।  गैस के लिए आयात पर निर्भर भारत सरकार ने कुछ साल पहले एक अभियान शुरू किया था कि देश को गैस आधारित अर्थव्‍यवस्‍था बनाना है, ताकि प्रदूषण पर लगाम कसी जा सके. फिलहाल अपनी जरूरत का करीब 60 फीसदी गैस चाहे वह प्राकृतिक गैस या हो फिर एलपीजी आज आयात करनी पड़ती है. साल 2024 में भारत का प्राकृतिक गैस का आयात करीब 35 हजार क्‍यूबिक मीटर के आसपास पहुंच गया था. पिछले साल का आंकड़ा तो और भी अधिक था, लेकिन इस साल की शुरुआत से ही ईरान संकट की वजह से आयात में कमी दिख रही है. भारत सबसे ज्‍यादा गैस का आयात कतर, यूएई और अमेरिका जेसे देशों से करता है। 

हैदराबाद की सीएसके पर 10 रन से जीत, मलिंगा की घातक गेंदबाजी में 3 विकेट

 हैदराबाद सनराइजर्स हैदराबाद और चेन्नई सुपरकिंग्स के बीच शनिवार को आईपीएल 2026 का 27वां मुकाबला खेला गया. इस मैच में हैदराबाद ने 10 रनों से जीत हासिल की. ये मैच हैदराबाद के राजीव गांधी इंटरनेशनल स्टेडियम में हुआ. जहां टॉस जीतकर सीएसके ने पहले गेंदबाजी का फैसला लिया था. हैदराबाद ने अभिषेक और क्लासेन की फिफ्टी के दम पर सीएसके के सामने 195 रनों का लक्ष्य रखा था. इसके जवाब में उतरी सीएसके 20 ओवर में 8 विकेट खोकर 184 रन ही बना सकी।  ऐसे रही सीएसके की बैटिंग 195 रनों के जवाब में उतरी सीएसके की शुरुआत अच्छी नहीं रही. टीम के स्टार बल्लेबाज संजू सैमसन केवल 7 रन बनाकर आउट हो गए. इसके बाद गायकवाड़ एक बार फिर फ्लॉप रहे और केवल 19 रन बना सके. लेकिन आयुष ने 13 गेंद में 30 रन बनाए और मैथ्यू शॉर्ट ने भी अच्छी पारी खेली।  लेकिन डेवाल्ड ब्रेविस खाता खोलने में नाकाम रहे. सरफराज खान भी 25 रन बना सके. शिवम दुबे ने 16 गेंद में 21 रन बनाकर पारी को संभालने की कोशिश जरूर की. लेकिन सिराज ने उन्हें बोल्ड कर दिया. इसके बाद सीएसके की टीम 184 रन ही बना सकी।  ऐसे रही हैदराबाद की बल्लेबाजी पहले बल्लेबाजी के लिए उतरी हैदराबाद की शुरुआत बेहद शानदार रही. अभिषेक शर्मा ने 15 गेंद में तूफानी फिफ्टी जड़ी और 22 गेंद में 59 रन बनाए. वहीं, हेड ने 23 रन बनाए. लेकिन ईशान किशन गोल्डन डक का शिकार हुए. लेकिन इसके बाद हेनरिक क्लासेन ने 39 गेंद में 59 रन ठोक दिए. इसके दम पर हैदराबाद ने 20 ओवर में 9 विकेट खोकर 194 रन बनाए।  अभिषेक शर्मा ने बनाया रिकॉर्ड अभिषेक शर्मा ने एक बार फिर अपने विस्फोटक अंदाज़ से IPL 2026 में नया रिकॉर्ड बना दिया. हैदराबाद में सीएसके के खिलाफ मुकाबले में उन्होंने सिर्फ 15 गेंदों में अर्धशतक ठोक दिया. जो उनके IPL करियर का सबसे तेज़ पचासा है. यह पारी पूरी तरह आक्रामक थी. SRH के इस बाएं हाथ के ओपनर ने गेंदबाजों पर शुरू से ही दबाव बनाया और चौकों-छक्कों की बारिश कर दी. उन्होंने अपनी इस पारी में 6 चौके और 4 छक्के जड़े।  वैभव सूर्यवंशी के रिकॉर्ड की बराबरी इस मैच से पहले IPL 2026 में सबसे तेज़ अर्धशतक का रिकॉर्ड 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी के नाम था. उन्होंने दो बार 15 गेंदों में फिफ्टी बनाई थी. एक बार CSK और एक बार RCB के खिलाफ. अब अभिषेक शर्मा ने भी 15 गेंदों में अर्धशतक लगाकर इस रिकॉर्ड की बराबरी कर ली है. साथ ही, यह सनराइजर्स हैजराबाद के लिए IPL इतिहास का सबसे तेज़ अर्धशतक भी बन गया है।  SRH के लिए सबसे तेज़ अर्धशतक (गेंदों में) * 15 – अभिषेक शर्मा vs CSK, 2026 * 16 – अभिषेक शर्मा vs MI, 2024 * 16 – ट्रेविस vs DC, 2024 * 16 – ट्रेविस हेड vs LSG, 2024 तूफानी अंदाज़ में पारी अभिषेक ने अपनी पारी की शुरुआत डॉट बॉल से की, जो उनके स्टाइल के विपरीत था. लेकिन इसके बाद उन्होंने तेजी से लय पकड़ ली. Matthew Short की पहली ही गेंद पर छक्का जड़ते हुए उन्होंने इरादे साफ कर दिए।  इसके बाद उन्होंने लगातार बाउंड्री लगाते हुए 280 से ज्यादा स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की और देखते ही देखते 15 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर लिया।  पारी का अंत अभिषेक शर्मा 22 गेंदों में 59 रन बनाकर आउट हुए. उन्हें Jamie Overton ने आउट किया, जबकि विकेटकीपर Sanju Samson ने कैच लपका।  सीजन में मिला-जुला प्रदर्शन IPL 2026 में अभिषेक का प्रदर्शन अब तक उतार-चढ़ाव भरा रहा है-7, 48, 74, 0 और अब 59 रन. उनका यह फॉर्म ICC Men's T20 World Cup 2026 से ही जारी है, जहां उन्होंने लगातार तीन बार शून्य पर आउट होने के बाद फाइनल में न्यूज़ीलैंड के खिलाफ अर्धशतक लगाया था.  हार पर ऋतुराज गायकवाड़ का बड़ा बयान  मैच के बाद चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ ने साफ कहा कि यह लक्ष्य हर हाल में हासिल किया जा सकता था. उन्होंने कहा; 195 रन का टारगेट इस विकेट पर कभी भी चेज किया जा सकता था. पावरप्ले के बाद हमें लगा था कि SRH 220-230 तक जाएगा, लेकिन हमने उन्हें 30 रन कम पर रोक लिया, जो शानदार गेंदबाजी थी।  गायकवाड़ ने मैच का टर्निंग पॉइंट भी बताया. उन्होंने कहा- 10 ओवर के बाद हमें 10 ओवर में सिर्फ 80 रन चाहिए थे और 6 विकेट हाथ में थे. उस वक्त हमें सिर्फ पार्टनरशिप बनानी थी, लेकिन अगले दो ओवर में हमने सिर्फ 4 रन बनाए. वहीं से मैच पलट गया। 

शहीद परिवारों का सम्मान सर्वोपरि: रक्षा सेवा कल्याण विभाग के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश

चंडीगढ़ पंजाब के रक्षा सेवा कल्याण मंत्री मोहिंदर भगत ने पंजाब सचिवालय में विभाग के कामकाज का जायजा लेने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता की। इस अवसर पर विभाग के प्रमुख सचिव सुमेर सिंह गुर्जर और निदेशक भूपिंदर सिंह ढिल्लों विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य पूर्व सैनिकों, युद्ध विधवाओं और उनके आश्रितों के लिए चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं की वर्तमान स्थिति का विश्लेषण करना और प्रशासनिक बाधाओं को दूर करना था। मुआवजा वितरण और लंबित मामलों पर चर्चा अधिकारियों ने कैबिनेट मंत्री को सूचित किया कि पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों से संबंधित विभिन्न मामलों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। विभिन्न युद्धों के दौरान अपने प्राणों की आहुति देने वाले अधिकांश शहीदों के परिवारों को पंजाब सरकार द्वारा पहले ही आर्थिक मुआवजा दिया जा चुका है। बैठक के दौरान उन शेष मामलों पर भी विस्तार से चर्चा की गई जो अभी प्रक्रिया में हैं। मंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट किया कि फाइलों के निपटारे में होने वाली देरी को कम किया जाए ताकि लाभार्थियों को समय पर सहायता मिल सके। रिक्त पदों को भरने और बजट पर ध्यान विभाग की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए खाली पड़े पदों को भरने की प्रक्रिया को तेज करने का निर्णय लिया गया है। मंत्री ने कहा कि मानव संसाधन की कमी को दूर करना आवश्यक है ताकि सेवा वितरण सुचारू रूप से चलता रहे। इसके साथ ही, विभागीय बजट के सही उपयोग और नई परियोजनाओं के लिए धन के आवंटन पर भी मंथन किया गया। सरकार का लक्ष्य रक्षा सेवाओं से जुड़े बुनियादी ढांचे को मजबूत करना है ताकि सेवानिवृत्त सैनिकों को एक ही छत के नीचे सभी जरूरी सुविधाएं मिल सकें। शहीदों के प्रति सम्मान और सरकारी प्रतिबद्धता बैठक को संबोधित करते हुए मोहिंदर भगत ने कहा कि देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले वीर जवानों के प्रति पंजाब सरकार पूरी श्रद्धा और सम्मान रखती है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों से जुड़ी हर समस्या का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाना चाहिए। सरकार शहीदों के बलिदान को व्यर्थ नहीं जाने देगी और उनके आश्रितों की हर संभव सहायता के लिए निरंतर प्रयास जारी रखेगी। यह बैठक सैनिकों के कल्याण के प्रति सरकार की अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

बिहार विधानसभा में सम्राट चौधरी पेश करेंगे विश्वास मत, विशेष सत्र की तारीख का ऐलान

पटना  बिहार में नवनियुक्त मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में गठित एनडीए की नई सरकार के विश्वास मत पेश करने की तारीख आ गई है। बिहार विधानसभा के एक दिवसीय विशेष सत्र की तिथि का ऐलान हो गया है। विधानसभा सचिवालय ने शनिवार को इसकी अधिसूचना जारी कर दी। यह विशेष सत्र आगामी शुक्रवार, 24 अप्रैल को बुलाया गया है। मंत्रिमंडल विस्तार से पहले सीएम सम्राट चौधरी विधानसभा में अपनी सरकार का विश्वास मत पेश करेंगे। बिहार विधानसभा सचिवालय ने सभी सदस्यों को 24 अप्रैल सुबह 11 बजे सदन में उपस्थित होने के लिए अनुरोध किया है। विधानसभा के निदेशक राजीव कुमार ने शनिवार को इस संबंध में आह्वान पत्र जारी किया। यह विशेष सत्र एक दिन का ही रहेगा। एनडीए के पास सदन में भारी बहुमत है। ऐसे में सरकार के सामने बहुमत परीक्षण का कोई संकट नहीं आएगा। सम्राट चौधरी आसानी से सदन में अपना विश्वास मत पेश कर देंगे। नई सरकार के कैबिनेट विस्तार का इंतजार सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली एनडीए की नई सरकार के कैबिनेट का विस्तार अभी नहीं हुआ है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद 15 अप्रैल को नई सरकार का शपथ ग्रहण हुआ था। इसमें सम्राट चौधरी ने मुख्यमंत्री पद और जदयू के दो वरीय नेताओं विजय चौधरी एवं बिजेंद्र प्रसाद यादव ने डिप्टी सीएम पद की शपथ ली थी। माना जा रहा है कि सदन में विश्वास मत पेश करने के बाद ही सम्राट कैबिनेट का विस्तार किया जाएगा। मंत्रिमंडल विस्तार अगले महीने होने की संभावना है। बताया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल समेत पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव होने के बाद बिहार में नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण होगा। तब तक मुख्यमंत्री और दोनों डिप्टी सीएम मिलकर ही सरकार चलाएंगे। एनडीए के पास सदन में भारी बहुमत 243 सदस्यों वाली बिहार विधानसभा में सत्ताधारी गठबंधन के पास भारी बहुमत है। पिछले साल हुए बिहार विधानसभा चुनाव में भाजपा, जदयू समेत पांचों सहयोगी दलों ने मिलकर 202 सीटों पर जीत दर्ज की थी। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के राज्यसभा सांसद बनने के बाद उन्होंने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था। वह पटना की बांकीपुर सीट से विधायक थे, जो अभी खाली है। इस तरह, एनडीए के पास अभी विधानसभा में 201 विधायक हैं। इनमें भाजपा के 88, जदयू के 85, लोजपा (रामविलास) के 19, हम के 5 और रालोमो के 4 विधायक शामिल हैं। जबकि सरकार बनाने के लिए 122 विधायकों का समर्थन ही चाहिए होता है। वहीं, विपक्षी दलों के महागठबंधन के 35 विधायक ही हैं। पिछले महीने हुए राज्यसभा चुनाव में इनमें से कांग्रेस के 3 विधायकों ने वोटिंग से दूरी बनाई थी, जिसके बाद महागठबंधन में भी टूट की चर्चा होने लगी थी। क्या है विश्वास मत की प्रक्रिया संविधान के अनुच्छेद 163, 164 और 175 के तहत नई सरकार के गठन के बाद राज्यपाल बहुमत परीक्षण के लिए विधानसभा सत्र बुलाने का निर्देश देते हैं। नई सरकार को सदन में विश्वास मत के जरिए यह साबित करना होता है कि उसे विधानसभा के कुल सदस्य संख्या का बहुमत हासिल है। मुख्यमंत्री खुद सदन में विश्वास मत का प्रस्ताव पेश करते हैं। फिर इस पर सदन में चर्चा होती है। इसके बाद ध्वनि मत या वोटिंग से इस प्रस्ताव को पारित या खारिज करने का फैसला होता है।

लगभग 10 हजार पशुपालकों, दुग्ध उत्पादकों और निवेशकों ने लिया महोत्सव में भाग

विभाग में अतुलनीय योगदान देने वाले सेवारत एवं सेवानिवृत्त अधिकारियों व कर्मचारियों को किया गया सम्मानित लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। उत्तर प्रदेश दुग्धशाला विकास विभाग ने अपने स्थापना के 50 वर्ष पूरे होने पर 'दुग्ध स्वर्ण महोत्सव 2026' के रूप में धूमधाम से मनाया। लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित दो-दिवसीय 'दुग्ध स्वर्ण महोत्सव' के दूसरे दिन समापन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत में विभाग के 50 वर्ष पूर्ण होने पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा विभाग के नाम भेजे गए शुभकामना सन्देश को पढ़कर सुनाया गया। जिसमें उन्होंने दुग्ध विकास को ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताया। महोत्सव में प्रदेश के लगभग 10 हजार पशुपालकों, दुग्ध उत्पादकों और निवेशकों ने भाग लिया, जबकि लाखों अन्य लोग वेबकास्टिंग के माध्यम से इस कार्यक्रम से जुड़े। महोत्सव के समापन अवसर पर विशेषज्ञों द्वारा 'स्वदेशी नस्ल के गौ-पालन' और 'नवीनतम डेयरी टेक्नोलॉजी' पर विस्तृत चर्चा की गई, ताकि उत्तर प्रदेश को दुग्ध उत्पादन में देश का अग्रणी राज्य बनाए रखा जा सके। कार्यक्रम के दौरान अपर प्रमुख सचिव मुकेश कुमार मेश्राम  ने वर्तमान परिदृश्य में स्वदेशी नस्ल के गोपालन से ग्रामीण अर्थव्यवस्था के विकास के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी साझा की। साथ ही दुग्ध आयुक्त धनलक्ष्मी के. द्वारा प्रदेश को दुग्ध उत्पादन में देश का अग्रणी राज्य बनाये रखने के संकल्प और प्रदेश सरकार के प्रयासों से दुग्ध उत्पादकों को अवगत कराया। प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में डेयरी क्षेत्र का महत्वपूर्ण स्थान है, जो राज्य के सकल मूल्यवर्धन में ₹1.72 लाख करोड़ का योगदान दे रहा है। तो वहीं नन्द बाबा दुग्ध मिशन के तहत अब तक 10 हजार से अधिक लाभार्थियों को ₹84 करोड़ की धनराशि सीधे डीबीटी के माध्यम से भेजी गई है। विभाग द्वारा अब तक ₹25 हजार करोड़ से अधिक के 796 एमओयू निष्पादित किए गए, जिनसे लगभग 60 हजार रोजगार सृजित होंगे। इसके अलावा ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 5.0 के तहत ₹2 हजार करोड़ की 72 परियोजनाएं शुरू हो चुकी हैं। कार्यक्रम के दौरान ₹3 हजार करोड़ से अधिक के 59 नए एमओयू साइन किए गए, जिनमें आनन्दा डेयरी, ज्ञान और परम डेयरी जैसी प्रमुख कंपनियां शामिल हैं, जिससे 13 हजार नए रोजगार पैदा होंगे। प्रदेश में 4 हजार से अधिक नई प्रारंभिक दुग्ध सहकारी समितियां गठित की गई हैं, जिससे लगभग 1.50 लाख दुग्ध उत्पादक प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से लाभान्वित हो रहे हैं। विभाग में अतुलनीय योगदान देने वाले सेवारत एवं सेवानिवृत्त अधिकारियों व कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। साथ ही, सफल दुग्ध उत्पादकों ने अपनी सफलता की गाथा भी साझा की।

भारत में कदम रखने जा रही चीन की इलेक्ट्रिक कार कंपनी, पेश करेगी Chery QQ3 SUV, डिजाइन पेटेंट किया

मुंबई  चीनी कार निर्माता कंपनी Chery भारतीय बाजार में एंट्री करने वाली है. इसके लिए कंपनी ने अपनी नई Chery QQ3 SUV के डिजाइन को भारत में पेटेंट कराया है. कार निर्माता Chery, JSW के साथ मिलकर, इस साल के आखिर में Jetour T2 SUV लॉन्च करने वाली है. इसके बाद Jaecoo J5, iCar V23, Tiggo 7L और Lepas L6 जैसी अन्य गाड़ियां भी लॉन्च होने की उम्मीद है।  Chery QQ3 का आकार Chery QQ3 के चीन-स्पेसिफिक मॉडल की बात करें तो इसकी लंबाई 4,195 मिमी, चौड़ाई 1,811 मिमी और ऊंचाई 1,569 मिमी है, जबकि इसका व्हीलबेस 2,700 मिमी है. Chery QQ3 में 375 लीटर का बूट स्पेस मिलता है, जिसे बढ़ाकर 1,450 लीटर तक किया जा सकता है. इसके अलावा, इसमें 70 लीटर का स्मार्ट फ्रंक भी मिलता है, जिससे इस कॉम्पैक्ट SUV की कुल स्टोरेज क्षमता बढ़ जाती है।  Chery QQ3 का एक्सटीरियर कार के एक्सटीरियर की बात करें तो Chery QQ3 के सामने वाले बम्पर के निचले हिस्से पर एक छोटी, गोल-आयताकार ग्रिल लगाई गई है, जो इस इलेक्ट्रिक SUV को एक 'स्माइली फेस' देता है. इसके अलावा, Chery QQ3 में एक फ्रंट व्यू कैमरा और फ्रंट पार्किंग सेंसर भी मिलते हैं, और साथ ही Q-आकार की LED हेडलाइट्स लगाई गई हैं, जो इस कार को एक खुशनुमा और आकर्षक डिज़ाइन प्रदान करती हैं।  कार के साइड प्रोफ़ाइल की बात करें तो इसमें 17-इंच के टू-टोन स्टार शील्ड व्हील्स, व्हील आर्च पर ब्लैक क्लैडिंग, सेमी-फ़्लश दरवाज़े के हैंडल और बॉडी के कलर वाले एक्सटीरियर रियर-व्यू मिरर (ORVMs) जैसे कई फीचर्स दिए गए हैं. इसके पिछले हिस्से में Q-आकार की LED टेललाइट्स और एक स्पॉइलर लगा है।  Chery QQ3 का इंटीरियर चीन-स्पेसिफिक QQ3 के इंटीरियर को देखें तो इस कार में 15.6-इंच का डिजिटल टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम, AI असिस्टेंट, Qualcomm Snapdragon 8155 कॉकपिट चिप, ड्राइवर फटीग वॉर्निंग, USB चार्जिंग पोर्ट और रिमोट व्हीकल कंट्रोल जैसे फीचर्स मिलते हैं।  इसके अलावा, इस कार के अन्य फीचर्स की बात करें तो इसमें मल्टी-कलर एम्बिएंट लाइटिंग, वायरलेस स्मार्टफोन चार्जर, पीछे के AC वेंट्स, ब्लूटूथ-की, की-लेस एंट्री, पेट मोड, 10-स्पीकर ऑडियो सेटअप, 540-डिग्री पैनोरमिक कैमरा, क्रूज़ कंट्रोल, पार्क असिस्ट और Level-2 ADAS फीचर्स मिलते हैं।  Chery QQ3 का बैटरी पैक और पावर चीन-स्पेसिफिक Chery QQ3 एसयूवी में दो अलग-अलग बैटरी पैक मिलता है, जिनमें पहला 29.48-kWh का बैटरी पैक और दूसरा 41.28-kWh का बैटरी पैक है. ये बैटरी पैक कार के पिछले एक्सल पर लगे एक इलेक्ट्रिक मोटर को पावर देती है।  यह कार पिछले व्हील्स पर मिलता है. पावर आउटपुट की बात करें तो इसमें पहला बैटरी पैक 77.77 bhp की पावर और 90 Nm का टॉर्क देता है, जबकि दूसरा बैटरी पैक 128.69 bhp की पावर और 115 Nm का टॉर्क देता है। 

क्यूबा में अमेरिकी ड्रोन की गतिविधि: 6 घंटे तक समुद्री तट पर चक्कर लगाता रहा सबसे महंगा ड्रोन, क्या होगा ‘ऑपरेशन मादुरो’?

  नई दिल्ली अमेरिकी नौसेना का एक एडवांस्ड सर्विलांस ड्रोन MQ-4C ट्राइटन छह घंटे तक क्यूबा के पूरे दक्षिणी तट पर चक्कर लगाता रहा. यह ड्रोन जैक्सनविले से उड़ा था. इसने क्यूबा के दक्षिणी तट की पूरी लंबाई को स्कैन किया, सैंटियागो डी क्यूबा के पास 2 घंटे तक घूमता रहा. फिर हवाना के आसपास 2 घंटे चक्कर लगाने के बाद वापस लौट गया।  फ्लाइट ट्रैकर्स का कहना है कि उन्होंने पहले कभी इस ड्रोन को क्यूबा के इतने करीब नहीं देखा था. आमतौर पर यह ड्रोन युद्ध वाले इलाकों जैसे ब्लैक सी, पर्सियन गल्फ और भूमध्य सागर में दिखता है. इस उड़ान का समय और रूट दोनों ही बहुत अहम हैं।  MQ-4C ट्राइटन अमेरिकी नौसेना का सबसे एडवांस्ड अनमैन्ड एरियल व्हीकल (UAV) है. एक ड्रोन की कीमत करीब 2000 करोड़ रुपये है. यह बहुत ऊंचाई पर उड़ सकता है. लंबे समय तक हवा में रह सकता है. बड़े क्षेत्र की निगरानी कर सकता है. यह ड्रोन रडार, कैमरा और इलेक्ट्रॉनिक सेंसर्स से लैस है जो जमीन और समुद्र पर हर गतिविधि को ट्रैक कर सकता है. इस बार यह ड्रोन क्यूबा के पूरे दक्षिणी तट को करीब से स्कैन करते हुए हवाना तक पहुंचा. इतनी करीबी निगरानी पहले कभी नहीं देखी गई।  ट्रंप का बयान और पेंटागन की तैयारियां इस ड्रोन के उड़ान का समय बहुत संदिग्ध है. हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि उन्हें क्यूबा को किसी न किसी रूप में लेने का सम्मान मिलेगा. पेंटागन चुपचाप क्यूबा में संभावित ऑपरेशन की प्लानिंग तेज कर रहा है. इसी बीच अमेरिका ने क्यूबा की तेल आपूर्ति को भी रोक दिया है, जिससे क्यूबा की अर्थव्यवस्था पर दबाव बढ़ गया है. दस साल बाद पहली बार एक अमेरिकी डेलिगेशन हवाना पहुंचा है. ये सब घटनाएं एक साथ हो रही हैं, जिससे क्यूबा में चिंता बढ़ गई है।  सबसे दिलचस्प बात यह है कि यह वही MQ-4C ट्राइटन ड्रोन है जो पिछले बार जैक्सनविले से उड़ान भरकर वेनेजुएला के पास 10 घंटे की रेकी मिशन पर गया था. उस उड़ान के ठीक तीन महीने बाद अमेरिका ने काराकास पर छापा मारा और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़ लिया।  अब ठीक उसी तरह का ड्रोन क्यूबा के आसपास 6 घंटे तक निगरानी कर रहा है. कई विशेषज्ञ इसे वेनेजुएला पैटर्न कह रहे हैं. क्यूबा को इस बात पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।  क्यूबा पर अमेरिका क्यों नजर गड़ा रहा है? क्यूबा लंबे समय से अमेरिका के लिए एक पुराना मुद्दा रहा है. ट्रंप प्रशासन क्यूबा की कम्युनिस्ट सरकार को कमजोर करना चाहता है. तेल आपूर्ति रोकना, ड्रोन से निगरानी बढ़ाना और डेलिगेशन भेजना – ये सभी कदम क्यूबा पर दबाव बनाने के लिए लग रहे हैं।  अमेरिका क्यूबा को लोकतंत्र की ओर लाना चाहता है, लेकिन क्यूबा इसे अपना आंतरिक मामला मानता है. अगर अमेरिका कोई सैन्य कार्रवाई करता है तो यह पूरे लैटिन अमेरिका में बड़ा तनाव पैदा कर सकता है. फिलहाल स्थिति बहुत संवेदनशील है. अमेरिकी ड्रोन की उड़ान साफ संकेत दे रही है कि पेंटागन क्यूबा पर नजर रखे हुए है।  ट्रंप का बयान और वेनेजुएला वाली पुरानी घटना को देखते हुए क्यूबा सरकार को सतर्क रहना होगा. क्यूबा के नेता अभी चुप हैं, लेकिन अंदरूनी स्तर पर तैयारी जरूर चल रही होगी. दुनिया इस बात पर नजर रखे हुए है कि क्या ट्रंप प्रशासन क्यूबा के खिलाफ कोई बड़ा कदम उठाता है या फिर बातचीत के जरिए मामला सुलझता है.

गोंडा-अयोध्या यात्रा होगी सरल: 114 पीपों से बना ढेमवाघाट पुल तैयार

 गोंडा चार साल से गोंडा व अयोध्या के बीच मुसीबत बने ढेमवाघाट पर पीपा पुल बनकर तैयार हो गया है। नदी के बीच में 114 पीपों से दो पुल बनाए गए हैं, जिनमें एक पुल से यात्री गोंडा से अयोध्या जा सकेेंगे जबकि, दूसरे पुल यात्री अयोध्या से गोंडा जिले में प्रवेश कर सकेंगे। इससे गोंडा व अयोध्या जिले की माझा क्षेत्र की करीब 50 हजार आबादी को आवागमन में सहूलियत मिलेगी। तरबगंज की लाइफाइलन कहे जाने वाले ढेमवाघाट पुल का निर्माण वर्ष 2016 में हुआ था। 120 करोड़ की लागत से सरयू नदी पर बना 1132 मीटर लंबा पुल अयोध्या के सोहावल स्थित लखनऊ हाईवे से नवाबगंज को जोड़ रहा था, जो 2022 में सरयू नदी में उफान से कटान की चपेट में आ गया। पहले पुल को जोड़ रही डेढ़ किलोमीटर लंबी सड़क (एप्रोच मार्ग) कटी,जिसके बाद पुल पर आवागमन बंद हो गया। वर्ष 2024 में नदी फिर तेवर में आई तो ढेमवाघाट को जोड़ने वाली अन्य प्रमुख सड़कें भी कट गईं। 2023 में इसके पुनर्निर्माण के लिए पीडब्ल्यूडी ने 42 करोड़ रुपये मांगा, जो शासन में स्वीकृत नहीं हुआ। यही नहीं, बचा 150 मीटर हिस्सा भी बह गया। चार वर्षों से क्षतिग्रस्त सड़क के पुनर्निर्माण में नदी का रुख अड़ंगा बना है। बनने पर भी यह कैसे सुरक्षित रहेगा। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) रुड़की इस समस्या का उत्तर खोज रही है, लेकिन वह निष्कर्ष पर नहीं पहुंच पाई है। एप्रोच मार्ग कट जाने से गोंडा के नवाबगंज अन्य क्षेत्रों के चार पहिया वाहनों को अयोध्या होते हुए फैजाबाद जाना पड़ता था जबकि अयोध्या के सोहावल समेत अन्य लोगों को नवाबगंज व अयोध्या होते हुए आना जाना पड़ता है। कैसरगंज सांसद करन भूषण सिंह ने मुख्यमंत्री से पीपा पुल निर्माण की मांग की थी। इसके बाद दो करोड़ 16 लाख रुपये से 400 मीटर लंबे पुल बनाने की स्वीकृति शासन ने दी थी, जो अब बन गया है। लोक निर्माण खंड द्वितीय के प्रभारी अधिशासी अभियंता पीके त्रिपाठी ने बताया कि ढेमवाघाट पर पुल निर्माण पूरा हो गया है,जो गोंडा के साथ अयोध्या के लोगों के आवागमन को आसान बनाएगा।

पंजाब शिक्षक पात्रता परीक्षा के लिए शेड्यूल जारी: शिक्षा विभाग ने दी 26 अप्रैल की हरी झंडी

चंडीगढ़. पंजाब राज्य के सरकारी स्कूलों में शिक्षक बनने का सपना देख रहे उम्मीदवारों के लिए महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। शिक्षा विभाग ने पंजाब शिक्षक पात्रता परीक्षा (P-TET) के आयोजन के लिए 26 अप्रैल की तारीख तय की है। लंबे समय से इस परीक्षा का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों के लिए अब अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देने का समय आ गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा का आयोजन राज्य भर के विभिन्न केंद्रों पर पूरी पारदर्शिता के साथ किया जाएगा। प्रवेश पत्र और परीक्षा केंद्र का विवरण परीक्षा के सफल संचालन के लिए विभाग द्वारा सभी जरूरी प्रबंध पूरे कर लिए गए हैं। उम्मीदवार आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से अपने रोल नंबर और परीक्षा केंद्र की स्थिति देख सकते हैं। विभाग ने निर्देश दिए हैं कि अभ्यर्थी परीक्षा शुरू होने से कम से कम एक घंटा पहले निर्धारित केंद्र पर पहुँचें। प्रवेश पत्र के बिना किसी भी स्थिति में परीक्षा हॉल में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। साथ ही, पहचान पत्र के रूप में आधार कार्ड या अन्य वैध दस्तावेज ले जाना अनिवार्य है। परीक्षा के दौरान सुरक्षा और पारदर्शिता शिक्षा विभाग ने नकल रहित परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं। सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों की निगरानी रहेगी और जैमर की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। परीक्षा केंद्रों के आसपास धारा 144 लागू करने और बाहरी हस्तक्षेप को रोकने के लिए पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि में संलिप्त पाए जाने वाले उम्मीदवारों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की चेतावनी भी दी गई है। भविष्य के शिक्षकों के लिए बड़ी उम्मीद P-TET परीक्षा पंजाब की शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्ता सुधार की दिशा में एक अहम कदम है। इस परीक्षा को पास करने वाले अभ्यर्थी राज्य के विभिन्न सरकारी प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया के लिए पात्र हो जाएंगे। पिछले कुछ समय से रुकी हुई भर्ती प्रक्रियाओं के बाद, इस परीक्षा के आयोजन से युवाओं में रोजगार की नई उम्मीद जगी है। शिक्षा विशेषज्ञों ने उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वे अंतिम समय में पुनरावृत्ति पर ध्यान दें और परीक्षा के दौरान समय प्रबंधन का विशेष ख्याल रखें।