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साय बोले—बंगाल-असम में BJP की सरकार तय, PM मोदी के नेतृत्व पर जनता का बढ़ा विश्वास

रायपुर. प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने चार राज्य और एक केंद्रशासित प्रदेश के विधानसभा चुनाव परिणामों की पूर्व संध्या पर भारतीय जनता पार्टी की बड़ी जीत का भरोसा जताया है. मुख्यमंत्री साय ने विशेष रूप से असम और पश्चिम बंगाल में भाजपा की पूर्ण बहुमत वाली सरकार बनने का दावा किया है. मुख्यमंत्री ने कहा कि पार्टी सोमवार को आने वाले परिणाम को लेकर बेहद आशान्वित है. मुख्यमंत्री साय ने कहा, कल चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश के चुनाव के परिणाम आने हैं और हम लोग बहुत आशावान हैं. दो राज्यों- पश्चिम बंगाल और असम में निश्चित रूप से भारतीय जनता पार्टी की स्पष्ट बहुमत की सरकार बना रही है. अन्य राज्यों में भी एनडीए की मजबूत स्थिति की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री साय ने गठबंधन की सफलता का दावा कर कहा, उन्होंने स्वयं केरल का दौरा किया और वहां के अनुभवों को साझा करते हुए कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लोगों का विश्वास बढ़ा है, जिसका लाभ एनडीए को मिलेगा. मुख्यमंत्री साय ने उन सभी कार्यकर्ताओं का धन्यवाद किया जो छत्तीसगढ़ से दूसरे राज्यों में चुनाव प्रचार के लिए गए थे. पश्चिम बंगाल के चुनावी माहौल पर चर्चा करते हुए सीएम साय ने कहा, वहां की जनता वर्तमान ममता बनर्जी सरकार और टीएमसी के कामकाज से असंतुष्ट है. बंगाल में इस बार परिवर्तन की लहर चल रही है और जनता का जनसैलाब भाजपा के पक्ष में उमड़ रहा है.

सीएम ने ऋषि गालव विश्वविद्यालय का भूमिपूजन किया, 55 बीघा जमीन पर 110 करोड़ की परियोजना

ग्वालियर  मध्य प्रदेश के ग्वालियर में सोमवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़े पहले आवासीय ‘ऋषि गालव विश्वविद्यालय’ का भूमिपूजन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सहित अन्य अतिथियों की उपस्थिति में किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मां भारती के समक्ष दीप प्रज्वलन और मां सरस्वती की वंदना से हुई। 55 बीघा में बनेगा परिसर, 5000 छात्रों की क्षमता यह विश्वविद्यालय शिवपुरी लिंक रोड, शीतला माता मार्ग स्थित ग्राम बेला में बनाया जाएगा। लगभग 55 बीघा भूमि पर बनने वाले इस परिसर की अनुमानित लागत 110 करोड़ रुपये है। यहां करीब 5,000 छात्र-छात्राओं के अध्ययन की सुविधा होगी। निर्माण कार्य तीन वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य है। ‘मध्य भारत शिक्षा समिति’ करेगी संचालन करीब 85 वर्षों से सक्रिय मध्य भारत शिक्षा समिति विश्वविद्यालय का संचालन करेगी। लक्ष्य है कि गुरु पूर्णिमा (18 जुलाई 2027) से शैक्षणिक सत्र शुरू किया जाए। मंच पर प्रमुख अतिथि रहे मौजूद कार्यक्रम में आरएसएस के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य सुरेश सोनी, मध्यभारत प्रांत संघचालक अशोक पांडे, उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार, प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। नई शिक्षा नीति से जुड़े सपनों पर जोर उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि आजादी के बाद शिक्षा में भारतीय दर्शन को समाहित करने की अपेक्षा थी, जो अब नई शिक्षा नीति के माध्यम से साकार हो रही है। बनने वाले विश्वविद्यालय की विशेषताएं जाने     विश्वविद्यालय की लागत 110 करोड़, तीन साल में तैयार होगा, गुरु पूर्णिमा 18 जुलाई 2027 से सत्र शुरू करने का लक्ष्य तय है।     इसका संचालन मध्य भारत शिक्षा समिति करेगी। आरएसएस का पहला विश्वविद्यालय होगा। संघ से जुड़े शैक्षिक संस्थानों विद्या भारती स्कूल संचालित करती है।     ग्वालियर के बाद प्रदेश में किसी और शहर में आरएसएस विश्वविद्यालय का अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। संघ से जुड़े विद्या भारती की देशभर में पांच नई यूनिवर्सिटी बनाने की योजना विचाराधीन हैं।     चाणक्य यूनिवर्सिटी, बेंगलुरु कर्नाटक में पहले से खुल चुकी है। पहला बैच 200 छात्रों का शुरू हो चुका है। असम गुवाहाटी- एक और आरएसएस यूनिवर्सिटी पर काम चल रहा है। बाकी तीन यूनिवर्सिटी अभी जगह फाइनल नहीं हुई है। मुख्यमंत्री के साथ प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट, जयभान सिंह पवैया, संत कृपाल सिंह, पूर्व सांसद विवेक नारायण शेजवलकर, अनूप मिश्रा, सांसद भारत सिंह कुशवाह और भाजपा व आरएसएस के कई नेता व पदाधिकारी मौजूद हैं। मध्यभारत शिक्षा समिति द्वारा 55 बीघा भूमि पर करीब 110 करोड़ रुपए की लागत से विश्वविद्यालय का निर्माण कराया जा रहा है। राज्य स्तरीय दुग्ध उत्पादक एवं पशुपालक सम्मेलन मुख्यमंत्री इसके बाद दोपहर करीब 12.30 बजे मेला मैदान पहुंचकर राज्य स्तरीय दुग्ध उत्पादक एवं पशुपालक सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। वे वृंदावन ग्राम थीम पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन करेंगे और विभिन्न सरकारी योजनाओं के हितलाभ वितरित करेंगे। सम्मेलन में पशुपालन एवं डेयरी मंत्री लखन सिंह पटेल, प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट समेत अन्य जनप्रतिनिधि भी शामिल होंगे। आरोग्यधाम सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का करेंगे अवलोकन सम्मेलन के बाद मुख्यमंत्री शिवपुरी लिंक रोड स्थित एम्पायर रिसोर्ट में स्थानीय कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके पश्चात अपरान्ह करीब 3.40 बजे गोला का मंदिर क्षेत्र में निर्माणाधीन आरोग्यधाम सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का अवलोकन करेंगे। यहां से वे एयरपोर्ट पहुंचकर वायुमार्ग से भोपाल रवाना होंगे। मुख्यमंत्री का मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम       दोपहर 3 बजे शिवपुरी लिंक रोड स्थित एम्पायर रिसोर्ट में स्थानीय कार्यक्रम में भाग लेंगे।     अपरान्ह 3.40 बजे गोला का मंदिर क्षेत्र में निर्माणाधीन आरोग्यधाम सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का अवलोकन करेंगे।     शाम 4.15 बजे एयरपोर्ट पहुंचकर वायुमार्ग से भोपाल रवाना होंगे।     राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की 1938 में ग्वालियर में शुरू हुई थी पहली शाखा     राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के ग्वालियर में पहले प्रचारक नारायण राव तर्ते आये थे। उन्हीं के प्रयासों से अप्रैल 1938 में जीवाजीगंज स्थित पोतनीस की धर्मशाला में नियमित रूप से संघ शाखा प्रारंभ हुई थी। महानगर की पहली शाखा में जाने वाले प्रमुख स्वयंसेवक थे-माधवराव वाघ, श्रीकृष्ण कान्हेरे, माधव केलकर, श्रीधर गोपाल कुंटे, दत्तात्रय कल्याणकर, दिगम्बर सोहनी, नरहरि सोहनी, राव साहब पाटील, कृष्णराव भट्ट, सदाशिवराव भिड़े, श्रीरंग हरि गोखले, बापूनाना परांजपे।

पंजाब में आंधी-ओलावृष्टि का खतरा, तापमान सामान्य से 3.4 डिग्री कम, हीटवेव से राहत

लुधियाना  पंजाब में बदलते मौसम ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है। हाल ही में हुई बारिश के कारण प्रदेश के तापमान में करीब 3.4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई है, जो सामान्य से लगभग 4.7 डिग्री कम है। मौसम विज्ञान केंद्र, चंडीगढ़ के अनुसार आज (4 मई) राज्य में तेज आंधी, गरज-चमक और ओलावृष्टि की संभावना बनी हुई है। इसी को देखते हुए विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार कई इलाकों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। वहीं कुछ स्थानों पर एक सेंटीमीटर से अधिक वर्षा दर्ज की गई है। राज्य के 22 जिलों में आंधी-तूफान और बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है, जबकि 13 जिलों में ओले गिरने की संभावना जताई गई है। इन जिलों में पठानकोट, गुरदासपुर, होशियारपुर, नवांशहर, बठिंडा, लुधियाना, बरनाला, मानसा, संगरूर, फतेहगढ़ साहिब, रूपनगर, पटियाला और मोहाली शामिल हैं। इसके अलावा अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर, फिरोजपुर, फाजिल्का, फरीदकोट, मुक्तसर और मोगा में भी 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।  मंडियों में रखा गेहूं भीगा  पंजाब में आंधी से कई जिलों में बिजली के खंभे, होर्डिंग व पेड़ टूटकर गिर गए। वर्षा से तापमान में भी गिरावट आई और कई जिलों में अधिकतम तापमान 31 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। लोगों को गर्मी से राहत मिली। पिछले दिनों कई जिलों में तापमान 40 डिग्री से ऊपर चला गया था। मौसम विभाग ने सोमवार-मंगलवार को भी प्रदेश में आंधी चलने और अधिकांश जिलों में सामान्य से मध्यम वर्षा का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। कुछ जगह ओलावृष्टि की संभावना है। हिमाचल में कई घरों की छतें उड़ गईं। आंधी व ओलावृष्टि से बागवानी को भी नुकसान पहुंचा। कई जगह पेड़ गिरने से सड़कें अवरुद्ध रहीं। शिमला के बैनमोर वार्ड में बिजली गिरने से एक पेड़ दोफाड़ हो गया। दो जिलों का तापमान 35 डिग्री से अधिक राज्य में केवल 2 जिले 35 से 40 डिग्री के बीच रहे, जिनमें बठिंडा (37.5 डिग्री) और फाजिल्का (35.4 डिग्री) शामिल हैं, जबकि कोई भी जिला 40 डिग्री से ऊपर नहीं पहुंचा। बाकी जिलों में तापमान 28.5 से 34.6 डिग्री के बीच रहा। चंडीगढ़ में 33.2 डिग्री (3.0 डिग्री कमी), अमृतसर में 32.8 डिग्री (4.3 डिग्री कमी), लुधियाना में 33.4 डिग्री (4.6 डिग्री कमी), पटियाला में 34.6 डिग्री (2.9 डिग्री कमी), फिरोजपुर में 34.6 डिग्री (3.3 डिग्री कमी), होशियारपुर में 31.5 डिग्री (3.8 डिग्री कमी), मोहाली में 32.4 डिग्री (2.9 डिग्री कमी), पठानकोट में 33.8 डिग्री (1.1 डिग्री कमी), रूपनगर (भाखड़ा डैम) में 30.7 डिग्री (5.2 डिग्री कमी) और आनंदपुर साहिब में 32.8 डिग्री (2.8 डिग्री कमी दर्ज हुई। कुल मिलाकर राज्य में तापमान में 1 से 5 डिग्री तक गिरावट देखने को मिली, जिससे गर्मी में हल्की राहत महसूस हुई। इस तरह का मौसम बना हुआ है मौसम विभाग के मुताबिक इस समय एक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर पाकिस्तान की तरफ सक्रिय है, जो हवा में करीब 3 किमी ऊंचाई पर घूम रहा है और ऊपर की तरफ एक लहर (ट्रफ) भी बनी हुई है। इसके साथ ही हरियाणा और आसपास के इलाकों में भी हवा का एक सिस्टम बना हुआ है, जो करीब डेढ़ किमी तक फैला हुआ है। इसी वजह से मौसम बदल रहा है, जिससे बादल, तेज हवा, गरज-चमक और बारिश होने के आसार बढ़ गए हैं। भूस्खलन से उड़ी-बारामुला मार्ग बंद कश्मीर के उड़ी में रविवार को वर्षा के कारण भूस्खलन होने से उड़ी-बारामुला राजमार्ग बंद कर दिया गया है। सड़क पर भारी मलबा और कीचड़ जमा हो गया है, जिसे हटाने का काम जारी है। शहर     वर्षा (मिमी में) पालमपुर     38.0 लुधियाना     25.6 चंडीगढ़     23.7 मोहाली     20.9 अमृतसर     2.2 फिरोजपुर     2.5 नवांशहर     2.1 रूपनगर     1.5 हिमाचल के रोहतांग, बारालाचा और शिंकुला में हुआ हिमपात हिमाचल के रोहतांग, बारालाचा और शिंकुला में हिमपात और धर्मशाला में ओलावृष्टि हुई। मौसम सुहाना होने से पर्यटक भी बढ़े हैं। मनाली के होटलों में 75 प्रतिशत आक्यूपेंसी पहुंच चुकी है। शिमला, मनाली, कसौली, मैक्लोडगंज व डलहौजी में भी पर्यटक पहुंचने लगे हैं। लाहुल स्पीति के कोकसर में बर्फ देखने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी है। सिरसा और भिवानी में गिरे ओले, तेज आंधी के साथ वर्षा हरियाणा, एनसीआर और दिल्ली में इन दिनों मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। हरियाणा के दक्षिणी हिस्सों में तेज गति की हवाओं आंधी अंधड़ के साथ वर्षा हुई। सिरसा-भिवानी में ओले गिरने के बाद रविवार देर रात को हिसार और महेंद्रगढ़ के सतनाली में तेज आंधी के बाद वर्षा हुई। रविवार रात को सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, हांसी, भिवानी, चरखी दादरी और महेंद्रगढ़ सहित आसपास के क्षेत्रों में वर्षा हुई। इसके अलावा झज्जर, रोहतक, गुरुग्राम, नूंह मेवात, पलवल और फरीदाबाद जिलों में आंधी अंधड़ व गरज चमक के साथ छिटपुट ओलावृष्टि की संभावना देर रात तक बनी हुई थी। मौसम विशेषज्ञ डा. चंद्रमोहन ने बताया कि इस मौसम प्रणाली के प्रभाव से पूरे क्षेत्र में मौसम परिवर्तनशील बना रहेगा। इस दौरान बादलों की आवाजाही, तेज हवाएं, आंधी-अंधड़ और हल्की वर्षा की संभावना बनी रहेगी, लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।   तापमान में आई गिरावट राज्य के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। बठिंडा में अधिकतम तापमान 37.5 डिग्री और फाजिल्का में 35.4 डिग्री सेल्सियस रहा। अन्य जिलों में तापमान 28.5 से 34.6 डिग्री के बीच दर्ज किया गया। चंडीगढ़, अमृतसर, लुधियाना, पटियाला, फिरोजपुर, होशियारपुर और मोहाली समेत कई शहरों में 1 से 5 डिग्री तक तापमान में कमी आई है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली है। अगले 7 दिनों तक मौसम रहेगा बदला-बदला मौसम विभाग के निदेशक सुरेंद्र पाल के अनुसार, आने वाले दिनों में मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिलेगा। 5 मई को कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है, जबकि 6 से 8 मई के बीच अलग-अलग इलाकों में बारिश की संभावना बनी रहेगी। अगले 24 घंटों में तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद 3 से 4 डिग्री तक और गिरावट आ सकती है।

इंटरनेशनल फायर फाइटर डे पर जबलपुर के फाइटर का संदेश: हम हर वक्त तैयार रहते हैं, चाहे जान को खतरा हो

 जबलपुर   विपरीत परिस्थितियों में भी राह निकालना फायर फाइटर्स की पहचान है। अपनी जान की परवाह किए बिना वे दूसरों की जिंदगी बचाने के लिए हर समय तैयार रहते हैं।आग पर काबू पाना हो, रेस्क्यू आपरेशन चलाना हो या किसी भी प्रकार की आपदा से निपटना, फायर फाइटर्स हर चुनौती का डटकर सामना करते हैं। 60 से अधिक चालक विभाग में कार्यरत विभाग में 60 से अधिक चालक कार्यरत हैं, जो फायर ब्रिगेड वाहनों को तेजी और सुरक्षित तरीके से घटनास्थल तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इन चालकों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे वे संकरे रास्तों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी बिना समय गंवाए वाहन चला सकें। चालक समय के पाबंद हैं निरीक्षण में यह भी सामने आया कि चालक समय के पाबंद हैं, और काल मिलते ही तुरंत अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए तैयार रहते हैं। साथ ही 150 आउटसोर्स कर्मचारी निगम के हैं। हाईटेक ‘टर्न टेबल लेडर (टीटीएल)’ भी कर्मचारी सब स्टेशन आईएसबीटी, रांझी व हाईकोर्ट के पास तैनाम रहते है। विभाग के पास 11 फायर वाहन, नौ शव वाहन व 4 आवारा पशुओं को पकड़ने के लिए वाहन है। साथ ही हाईटेक ‘टर्न टेबल लेडर (टीटीएल)’ भी शामिल है। 17–18 मंजिल तक पहुंचने में सक्षम यह विशेष वाहन 17–18 मंजिल तक पहुंचने में सक्षम है और ऊंची इमारतों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने में मदद करता है। यह 360 डिग्री पर काम करता है और जटिल रेस्क्यू ऑपरेशन को आसान बनाता है। कभी-कभी आ जाती है समस्या फायर फाइटर्स का कहना है कि सबसे बड़ी समस्या ट्रैफिक और दुर्घटना स्थल पर जुटने वाली भीड़ है। अक्सर लोग फायर ब्रिगेड के सायरन को नजरअंदाज कर देते हैं, जिससे समय पर पहुंचना मुश्किल हो जाता है। भीड़ के कारण स्थिति और गंभीर हो जाती है भीड़ के कारण काम में बाधा आती है और स्थिति और गंभीर हो सकती है। दूसरों की जान बचाने के साथ अपनी सुरक्षा का ध्यान रखना भी बेहद जरूरी है।

जनगणना फार्म में ओबीसी कॉलम नहीं, पिछड़ा वर्ग ने उठाई जाति आधारित गणना की आवाज

फिरोजपुर  फिरोजपुर में जनगणना 2027 के तहत शुरू की गई स्वैच्छिक ऑनलाइन जानकारी भरने की प्रक्रिया को लेकर नया विवाद सामने आया है। इस प्रक्रिया में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए अलग कॉलम शामिल न किए जाने पर पिछड़े वर्गों में रोष बढ़ गया है। इस मुद्दे पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गई हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुरभेज सिंह टिब्बी ने इसे गंभीर मामला बताते हुए कहा कि यह पिछड़े वर्गों के साथ बड़ा अन्याय है। उन्होंने कहा कि जब सरकार सामाजिक न्याय और समानता की बात करती है, तो जनगणना जैसे महत्वपूर्ण कार्य में ओबीसी वर्ग की अनदेखी समझ से परे है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जाति आधारित जनगणना समय की मांग है और इससे ही समाज के सभी वर्गों की वास्तविक स्थिति का सही आकलन हो सकेगा। कॉलम न होना चिंता का विषय टिब्बी ने बताया कि जनगणना 2027 के तहत नागरिकों को सुविधा देने के लिए स्वयं जानकारी भरने की व्यवस्था शुरू की गई है, जो 14 मई 2026 तक उपलब्ध रहेगी। इस प्रक्रिया के माध्यम से लोग घर बैठे अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं, लेकिन इसमें ओबीसी वर्ग के लिए अलग कॉलम न होना चिंता का विषय है। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि तुरंत इस त्रुटि को सुधारते हुए ऑनलाइन फार्म में ओबीसी के लिए अलग कॉलम जोड़ा जाए, ताकि पिछड़े वर्गों की सही गणना सुनिश्चित हो सके। उनका कहना है कि बिना सटीक आंकड़ों के नीतियां बनाना संभव नहीं है और इससे सामाजिक संतुलन भी प्रभावित हो सकता है। तत्काल ध्यान देने की जरूरत इसके साथ ही उन्होंने पंजाब सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग द्वारा कई बार निर्देश दिए जाने के बावजूद राज्य में पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण से जुड़े प्रावधान सही तरीके से लागू नहीं हो रहे हैं। यह स्थिति भी चिंता का विषय है और इस पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है। टिब्बी ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं लिया, तो ओबीसी समुदाय को मजबूर होकर आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि यह केवल एक वर्ग का नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय से जुड़ा बड़ा मुद्दा है, जिस पर संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ निर्णय लिया जाना चाहिए।  

लो विजिबिलिटी के कारण अंतरराष्ट्रीय और घरेलू उड़ानों का लखनऊ में इमरजेंसी लैंडिंग

नई दिल्ली नई दिल्ली में रविवार-सोमवार की रात को खराब मौसम और लो विजिबिलिटी के कारण हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। इस आपात स्थिति के चलते दिल्ली जाने वाले कुल 15 विमानों को अचानक लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर डाइवर्ट किया गया। वहीं, सुबह लखनऊ का मौसम खराब होने से दिल्ली चंडीगढ़ समेत तीन स्थानों से आ रही फ्लाइटें लैंड नहीं कर पाईं। डाइवर्ट होकर लखनऊ पहुंचने वाले विमानों में अंतरराष्ट्रीय और घरेलू दोनों उड़ानें शामिल थीं। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में काठमांडू, मस्कट और फुकेट से आने वाले विमान प्रमुख रहे। वहीं घरेलू स्तर पर जयपुर से सर्वाधिक 4 उड़ानें लखनऊ भेजी गईं। इनके अलावा हैदराबाद (2 उड़ानें), मुंबई, गुवाहाटी, कोयंबटूर, औरंगाबाद और बेंगलुरु की उड़ानों को भी सुरक्षित रूप से उतारा गया। दिल्ली में मौसम में सुधार की सूचना मिलने के बाद, लखनऊ में सुरक्षित रूप से उतारे गए सभी विमानों को रवाना कर दिया गया। वहीं, इस पूरे घटनाक्रम से यात्रियों को भारी असुविधा और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा। कई उड़ानें घंटों की देरी से चल रही जा थीं। एयरलाइन कंपनियां और एयरपोर्ट प्राधिकरण स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए थे और यात्रियों को समय-समय पर अपडेट दिया जा रहा था। लखनऊ में भी मौसम खराब लखनऊ में भी सोमवार सुबह मौसम खराब हो गया। जिससे यहां भी उड़ानों का संचालन प्रभावित हुआ। खराब विजिबिलिटी के कारण दिल्ली और चंडीगढ़ समेत तीन शहरों से आने वाली फ्लाइटें लैंड नहीं कर सकीं और कुछ देर तक हवा में चक्कर लगाती रहीं। पायलटों को मौसम साफ होने का इंतजार करना पड़ा जिससे उड़ानों में देरी हुई। 29 अप्रैल को भी डायवर्ट हुईं थी फ्लाइटें इससे पहले भी मौसम खराब होने से 29 अप्रैल को फ्लाइटों को डायवर्ट किया गया था। मध्य से लेकर पूर्वी यूपी के कई जिलों में बुधवार को तेज आंधी और बारिश का असर फ्लाइटों के संचालन पर पड़ा। वाराणसी की दो और पटना की एक उड़ान को चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर डाइवर्ट किया गया। कई फ्लाइटें तय समय से लेट रहीं। स्पाइस जेट की पुणे से वाराणसी जा रही फ्लाइट एसजी 186 को दिन के 3:55 बजे और अकासा एयर की मुंबई से वाराणसी जा रही उड़ान क्यूपी 1428 शाम 5: 38 लखनऊ पहुंची थी। कोलकाता से पटना जा रही इंडिगो की फ्लाइट 6ई- 895 शाम 7:56 बजे लखनऊ भेजी गई। लखनऊ में यात्री विमान में बैठे रहे, क्योंकि क्रू का फ्लाइट टाइम पूरा हो चुका था। रात 10 बजे दूसरे क्रू की व्यवस्था कर विमान को पटना रवाना किया गया था। एयर इंडिया की लखनऊ से दिल्ली जाने वाली फ्लाइट आइएक्स 1618 शाम 7:35 बजे उड़ान नहीं भर सकी थी।

MP में IAS एकेडमी की मालिक का अपहरण, फिरौती के लिए 1.89 करोड़ और ‘सुंदरकांड’ का पाठ

भोपाल  मध्य प्रदेश के भोपाल में दिल्ली के आईएएस कोचिंग एकेडमी के डायरेक्टर को किडनैप करने का मामला सामने आया है। यहां आरोपियों ने ना सिर्फ रंजन आईएएस एकेडमी की डायरेक्टर शुभ्रा रंजन को को चार घंटो तक बंधक बनाकर रखा बल्कि कनपटी पर पिस्तौल रखकर 1.89 करोड़ रुपए ट्रांसफर करवाए गए। पुलिस ने इस वारदात को अंजाम देने वाले मास्टरमाइंड का पता भी लगा लिया है। आरोपी कोई अजनबी नहीं था। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि डायरेक्टर के प्रोफेशनल सर्कल के सदस्य प्रियांक शर्मा ने ही इस किडनैपिंग की साजिश रची थी। वह भोपाल में उसी एकेडमी की फ्रेंचाइजी चला रहा था और संस्थान से जुड़ा पूर्व छात्र था। पुलिस के मुताबिक प्रियांक शर्मा ने शुभा रंजन को बहाने से भोपाल बुलाया। प्रियांक की बातों पर विश्वास कर और इसे एक बिजनेस ट्रिप समझकर वह चली भी गईं। लेकिन वहां जाकर वह प्रियांक की साजिश शिकार हो गईं। एनडीटीवी की रिपोर्ट के मुताबिक शुरुआत में वह भोपाल में एक फाइव स्टार होटल में ठहरी। इसके बाद बुधवार को दोपहर करीब 2 से 3 बजे के बीच, प्रियांक ने उन्हें होटल से उठाया और बागसेवानिया इलाके में एक किराए के फ्लैट में ले गया। जांचे के मुताबिक वहां हथियारबंद लोग पहले से ही उनका इंतजार कर रहे थे। बताया जा रहा है कि यहां पीड़िता और उसके साथियों को बंधक बनाया गया, जान से मारने की धमकी दी गई और 1.89 करोड़ रुपए ट्रांसफर कराए गए। चीख पुकार दबाने के लिए सुंदरकांड का पाठ रिपोर्ट के मुताबिक जिस फ्लैट में डायरेक्टर को बंधक बनाकर रखा गया, उसे एक दिन पहले ही किराए पर रखा गया था। अपराधियों को रीवा, दतिया समेत अन्य स्थानों से बुलाया गया था। इतना ही पीड़िता की चीख पुकार और मदद की आवाज को दबाने के लिए सुंदरकांड पाठ का आयोजन भी किया गया था। मामले की शिकायत निलेंदू ठाकुर के बेटे संतोश कुमार ने दी। वह दिल्ली ते हरदेव नगर में रहते हैं। उन्होंने बताया कि शुभ्रा रंजन और उनके एसोसिएटेस् को प्रियांक शर्मा ने भोपाल बुलाया था और फिर उन्हें बंधक बना लिया गया। पैसा ट्रांसफर होने के बाद पीड़ित को बुधवार रात छोड़ दिया दया। लेकिन तब तक भोपाल क्राइम ब्रांच ने तेजी से कार्रवाई शुरू कर दी थी। प्रियांक वारदात को अंजाम देने के बाद विदेश भागने की तैयारी में था। बाद में गिरफ्तारी के डर से वह बीमारी का बहाना बनाते हुए आईसीयू में भर्ती हो गया। पुलिस सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची और डॉक्टरों ने जब उसकी हालत स्थिर बताई तो उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने इस मामले में 6 लोगों को गिरफ्तार किया है।

PAI 2.0 रिपोर्ट: रोहतास की तेलकप पंचायत ने राष्ट्रीय स्तर पर बनाई खास पहचान

 पटना पंचायती राज मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए पंचायत उन्नति सूचकांक (PAI) 2.0 रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट में देश के 33 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की कुल 2,59,867 ग्राम पंचायतों ने भाग लिया। रिपोर्ट के अनुसार, देशभर की 3,635 ग्राम पंचायतें ‘फ्रंट रनर’ (ग्रेड-ए) श्रेणी में शामिल हुई हैं, जबकि 1,18,824 पंचायतों ने ‘उत्कृष्ट’ (ग्रेड-बी) श्रेणी में स्थान प्राप्त किया है। पंचायतों ने खासतौर पर ‘गरीबी मुक्त एवं उन्नत आजीविका’ और ‘स्वस्थ पंचायत’ थीम्स में बेहतर प्रदर्शन किया है। बिहार का प्रदर्शन बिहार के लिए यह रिपोर्ट मिश्रित लेकिन महत्वपूर्ण रही है। राज्य की दो ग्राम पंचायतों ने ग्रेड-ए (फ्रंट रनर) श्रेणी में जगह बनाई है, जबकि 771 पंचायतें ग्रेड-बी में शामिल हुई हैं। शेष पंचायतें ग्रेड-सी और ग्रेड-डी श्रेणी में रही हैं। रोहतास जिले की तेलकप ग्राम पंचायत का प्रदर्शन सबसे उल्लेखनीय रहा है। इस पंचायत ने स्थानीयकृत सतत विकास लक्ष्यों (LSDGs) से जुड़े सभी नौ थीम्स में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। राष्ट्रीय स्तर पर द्वितीय स्थान हासिल करने पर तेलकप पंचायत का चयन ‘नानाजी देशमुख सर्वोत्तम पंचायत सतत विकास पुरस्कार’ (राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार) के लिए किया गया है। पीएआई 2.0 क्या है? पंचायत उन्नति सूचकांक (PAI) 2.0 पंचायतों के समग्र प्रदर्शन का एक विस्तृत ‘रिपोर्ट कार्ड’ है। इसे सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) के स्थानीय संस्करण (LSDGs) के आधार पर तैयार किया जाता है। इस सूचकांक के माध्यम से पंचायतों के विकास, आधारभूत संरचना, सुशासन, सामाजिक सुरक्षा, महिला सशक्तिकरण, स्वच्छता, स्वास्थ्य और आजीविका जैसे प्रमुख क्षेत्रों में प्रदर्शन का मूल्यांकन किया जाता है। राज्य स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने वाली पंचायतें (थीमवार)     थीम 1 (गरीबी मुक्त एवं उन्नत आजीविका): अम्बा उतर, प्रखंड पिपराही, जिला शिवहर     थीम 2 (स्वस्थ पंचायत): कहलावा, प्रखंड नौतन, जिला सिवान     थीम 3 (बाल अनुकूल पंचायत): डुमरी भागरावा, प्रखंड पिपरासी, जिला पश्चिम चंपारण     थीम 4 (पर्याप्त जल युक्त पंचायत): पिपरासी, प्रखंड पिपरासी, जिला पश्चिम चंपारण     थीम 5 (स्वच्छ एवं हरित पंचायत): दुल्लाहपुर, प्रखंड सिमरी, जिला बक्सर     थीम 6 (आत्मनिर्भर आधारभूत संरचना): जजुआर मध्य, प्रखंड कटरा, जिला मुजफ्फरपुर     थीम 7 (सामाजिक रूप से न्यायसंगत एवं सुरक्षित): बहेरा, प्रखंड बांका, जिला बांका     थीम 8 (सुशासन युक्त पंचायत): समोहता, प्रखंड रोहतास, जिला रोहतास     थीम 9 (महिला अनुकूल पंचायत): गौरा-1, प्रखंड तेघरा, जिला बेगूसराय  

हाईटेक टाउनशिप में गड़बड़ी पर कार्रवाई तय, सुविधाओं की होगी सख्त जांच

लखनऊ  यूपी की योगी सरकार हाईटेक टाउनशिप योजनाओं में सुविधाओं के नाम पर खानापूर्ति करने वाले बिल्डरों के खिलाफ शिकंजा कसने जा रही है। टाउनशिप में सुविधाओं की जांच कराई जाएगी और देखा जाएगा कि आवंटियों को वादे के मुताबिक चीजें मिली हैं या नहीं। इसके साथ ही यह भी देखा जाएगा कि विस्तार या क्षेत्रफल कम करने वाले बिल्डरों ने अब तक कितना काम कराया है। संशोधित डीपीआर देने की क्या स्थिति है। इसमें खामियां मिलने पर सख्त कार्रवाई की तैयारी है। हाईटेक टाउनशिप योजना में विकास प्राधिकरणों द्वारा 13 बिल्डरों को निजी क्षेत्र में टाउनशिप विकसित करने का लाइसेंस दिया गया था। इनमें से सात परियोजनाएं ही शुरू हुईं और शेष शुरू नहीं हो पाईं। आवास विभाग रुकी हुई परियोजनाओं को शुरू करने के लिए हाईटेक टाउनशिप नीति में संशोधन किया और बिल्डरों को एक बार फिर से काम करने का मौका दिया। टाउनशिप में 1500 एकड़ तक क्षेत्रफल करने की सुविधा बिल्डरों को दी गई। परियोजना अवधि में समय विस्तार शुल्क देकर संशोधित डीपीआर स्वीकृत कराने और पांच साल तक काम करने का मौका दिया गया। बिल्डरों को रुकी हुई टाउनशिप पूरी करने का पूरा मौका दिया गया। शासन को इसके बाद भी जानकारी मिल रही है कि कुछ बिल्डर इसमें रुचि नहीं ले रहे हैं और रुकी हुई योजनाओं को पूरा करने व डीपीआर देने में हीला हवाली कर रहे हैं। पिछले दिनों बुलंदशहर-खुर्जा विकास प्राधिकरण द्वारा नोएडा में टाउनशिप लाने के लिए उत्तम स्टील्स एंड एसोसिट का लाइसेंस निरस्त किया गया है। लाइसेंस निरस्त करने का कारण बताया गया कि कंपनी ने परियोजना की स्वीकृति के लगभग 17 वर्ष बाद टाउनशिप स्थल पर केवल 10 प्रतिशत ही विकास कार्य कराया। इसीलिए उच्च स्तर पर प्रदेश के सभी विकास प्राधिकरणों से रिपोर्ट मांगी गई है। उनसे पूछा गया है कि उनके द्वारा हाईटेक टाउनशिप लाइसेंस लेकर कितने बिल्डरों ने काम कराया है। विस्तार करने या फिर संशोधित डीपीआर देने की क्या स्थिति है। इसके आधार पर गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी है। बताया जाता है कि हाईटेक टाउनशिप नीति के तहत निजी बिल्डरों को बड़े भूखंडों पर अत्याधुनिक सुविधाएं देने के लिए लाइसेंस दिए गए थे, लेकिन जमीनी हकीकत इसके उलट नजर आ रही है। शासन के संज्ञान में आया है कि कई बिल्डरों ने टाउनशिप के क्षेत्रफल को 1500 एकड़ तक बढ़ाने की सुविधा तो ली, लेकिन इसके लिए आवश्यक संशोधित विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) अब तक जमा नहीं की है। बुलंदशहर में उत्तम स्टील्स एंड एसोसिएट्स का लाइसेंस रद्द होना एक बड़ी चेतावनी है, क्योंकि इस कंपनी ने 17 साल में केवल 10 प्रतिशत काम किया था।

लुधियाना में गैंगस्टर डोनी बल का हमला, AAP MLA ग्यासपुरा को मारने की दी धमकी, DGP को शिकायत

लुधियाना लुधियाना के पायल विधानसभा क्षेत्र से आम आदमी पार्टी के MLA मनविंदर सिंह ग्यासपुरा को गैंगस्टर डोनी बल ने विदेशी नंबर से कॉल कर जान से मारने की धमकी दी। उसके बाद पायल में विधायक के नजदीकी की दुकान पर फायरिंग की। डोनी बाल के गुर्गों ने अब दो तीन दिन पहले MLA ग्यासपुरा की मीडिया टीम के सदस्य को राणो पुल पर घेरा और उसे जान से मारने की धमकी दी। डोली बल के गुर्गों ने उसे कहा कि तुम विधायक से जड़े हो अपना हिसाब चुकता कर लो। लगातार मिल रही धमकियों के बाद MLA ग्यासपुरा ने अब पंजाब के डीजीपी गौरव यादव को इस संबंध में पत्र लिखा है और कुछ मांगें की हैं। जिसमें खुद की और अपने सहयोगियों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है। विधायक ने डीजीपी को लिखे पत्र में लिखी ये अहम बातें…     आढ़ती नोना को डोनी बल ने दी धमकी: मनविंदर सिंह ग्यासपुरा ने डीजीपी को लिखे पत्र में कहा है कि पायल हलके की समस्या के प्रति आपका ध्यान आकर्षित करना चाहता हूं। उन्होंने लिखा है कि पायल विधानसभा क्षेत्र के आढ़ती नोना को 10 अप्रैल 2026 के आसपास विदेश से "डोनी बाल" नामक व्यक्ति का धमकी भरा फोन आया था। इसके बाद पुलिस ने उनकी सुरक्षा बढ़ा दी थी।     आढ़ती नोना की दुकान पर फायरिंग: एमएलए ने पत्र में लिखा कि 10 अप्रैल को धमकी आई और 15 अप्रैल को उसकी दुकान पर फायरिंग हो गई। गनीमत रही कि फायरिंग से जान-माल का नुकसान नहीं हुआ। अगले दिन आढ़ती एसोसिएशन के अध्यक्ष अविनाशप्रीत सिंह जल्ला ने गैंगस्टरों के खिलाफ प्रेस कॉन्फ्रेंस की।     एसोसिएशन प्रधान को आ गई धमकी: दिन में आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान अविनशप्रीत सिंह जल्ला ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की और शाम को उन्हें विदेशी नंबर से धमकी आ गई। जब उसे धमकी भरा फोन आया तो वो उस समय धमकी भरा फोन आया। फोन एमएलए ने खुद उठाया। एमएलए ने लेटर में लिखा कि अंतरराष्ट्रीय नंबर (+447438166364) से धमकी भरा फोन आया। मैंने खुद फोन उठाया और फोन करने वाले से करीब 15 मिनट बात की और उसे पंजाब की शांति भंग न करने का आग्रह किया। मामले की सूचना तुरंत एसएसपी खन्ना और डीआईजी लुधियाना रेंज को दी गई।     MLA ग्यासपुरा को मार दिया जाएगा: एमएलए ने कहा कि उसके बाद से डोनी बल लगातार कॉल और मैसेज के जरिए अविनाशप्रीत सिंह जल्ला को धमका रहा है और कह रहा है कि "विधायक ग्यासपुरा को मार दिया जाएगा और तुम्हें भी नहीं बख्शा जाएगा।" उन्होंने लिखा कि पुलिस उन्हें ऐसे फोन न उठाने की सलाह दी है।     पुलिस ने फायरिंग के आरोपियों को पकड़ा: एमएलए ने लेटर में लिखा कि पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए 25 अप्रैल तक फायरिंग की घटना में शामिल व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया, जिससे कुछ राहत मिली। हालांकि, अभी भी डोनी बाल और शगुनप्रीत के नाम पर नियमित रूप से धमकियां मिल रही हैं।     30 अप्रैल को मेरे साथी को घेरा: ग्यसापुरा ने डीजीपी को लिखे लेटर में लिखा है कि 30 अप्रैल को मेरी मीडिया टीम के एक सदस्य दिलशाद को शाम के समय राणो पुल के पास एक बिना नंबर वाली मोटरसाइकिल पर सवार तीन अज्ञात युवकों ने रोका। उन्होंने उसे यह कहते हुए धमकाया, "तुम विधायक से जुड़े हो; अपना हिसाब चुकता कर लो।" वह सुरक्षित भागने में सफल रहा। इस घटना की शिकायत पायल थाने में दर्ज कराई गई है। गैंगस्टर MLA को बोला-तेरा दूसरा नंबर पहला जल्ले का गैंगस्टर ने जब अविनाशप्रीत जल्ला को फोन किया उस समय वो एमएलए मनविंदर सिंह ग्यासपुरा के दफ्तर में था। गैंगस्टर ने अपना नाम नोनी बल बताया और जल्ला को कहा कि तेरे घर जो बड़े से बड़ा नुकसान होगा वो मैंने करना ही करना है। मैंने नहीं देखना कि क्या हो गया? उसके बाद जल्ला ने पूछा कि उसकी गलती क्या है उस पर गैंगस्टर ने कहा कि वो ग्यासपुरा के साथ खड़ा है। उसके बाद एमएलए ग्यासपुरा ने बात करनी शुरू की।  एमएल ने पूछा कि तू कौन बाले रहा है जिस पर उसने अपना नाम नोनी बल बताया। उसने एमएलए को भी कहा कि तू अपना बचाव कर। जिस पर एमएलए ने कहा कि तेरे जैसे मैंने कई देखे हैं। तुम अपने नंबर से फोन नहीं कर सकते और विदेशों में जाकर छिपे हो और यहां नौजवानों के हाथों में हथियार पकड़ा रहे हो। तू मेरे बारे में पता कर ले और गलत फहमी में मत रहना। जिस पर गैंगस्टर ने कहा कि तेरे को सरेआम मारके वीडियो डालूंगा तब देखना। तुझे मेरे भाई जरूर मिलेंगे तेरे से वादा रहा। तेरा नुकसान नहीं किया तो देखना। तुझे मारेंगे और पता भी नहीं चलेगा। पहले तेरे बंदे जल्ला को मारेंगे और दो नंबर तेरा है। जिस पर विधायक ने कहा कि पहले मुझे मार फिर जल्ले को मारना। उसके बाद एमएलए ने उसे कहा कि तुम बाहर से नौजवानों के हाथों में हथियार पकड़ाकर पंजाब का माहौल खराब करना चाहते हैं। तुम खुद आ जाओ तब पतला लेगेगा कि तुम हो क्या। DGP से एमएलए ने की ये मांग एमएलए ग्यासपुरा ने डीजीपी गौरव यादव को लिखे पत्र में चार प्रमुख डिमांड रखी हैं। उन्होंने लिखा है कि मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।मेरी और मेरे सहयोगियों की सुरक्षा और मजबूत की जाए और इन अंतरराष्ट्रीय धमकियों के स्रोतों की गहन जांच की जाए और आरोपियों को पकड़ा जाए।