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सुनहरा मौका! मध्य प्रदेश में मिलेगी मात्र 1 रुपए/㎡ जमीन, सरकार ने दी 2100 करोड़ प्रोजेक्ट को हरी झंडी

धार  मध्य प्रदेश के धार जिले में बन रहे पीएम मित्रा (मेगा इंटीग्रेटेड टेक्सटाइल रीजन एंड अपैरल) पार्क में बड़े निवेशकों को आकर्षित करने की प्रक्रिया तेज हो गई है। इसके लिए एमपीआइडीसी ने निवेशकों से 11 सितंबर तक प्लॉट लेने के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं।   दिल्ली में होगा निवेशकों के साथ इंटरैक्टिव सेशन सरकार ने 3 सितंबर को दिल्ली में निवेशकों के साथ इंटरैक्टिव सेशन आयोजित करने का निर्णय लिया है। इसमें उद्योग विभाग के अधिकारी निवेशकों को पार्क में निवेश की संभावनाओं, उद्योग नीति, इंसेंटिव और राज्य सरकार की ओर से दी जाने वाली सुविधाओं की जानकारी देंगे। संभावना है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी इस बैठक में निवेशकों से चर्चा करें। भूमि आवंटन की नई पॉलिसी पार्क के लिए अलग से भूमि आवंटन पॉलिसी जारी की गई है। इसके तहत 1 रुपए प्रति वर्ग मीटर के प्रीमियम पर प्लॉट का आवंटन किया जाएगा और 120 रुपए प्रति वर्ग फीट विकास शुल्क तय किया गया है। निवेश प्रस्ताव और आवेदन प्रक्रिया एमपीआइडीसी ने निवेश के लिए ऑनलाइन एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट की प्रक्रिया 11 सितंबर तक खोली है। इससे पहले करीब 35 निवेशकों ने ऑफलाइन 20 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव दिए थे। अब उन्हें भी पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन देने के लिए कहा गया है। आवेदन आने के बाद जमीन आवंटन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। 2100 करोड़ के डेवलपमेंट प्लान को मंजूरी धार जिले के भैंसोला गांव में 2158 एकड़ में बन रहे इस पार्क के लिए केंद्र सरकार ने 2100 करोड़ रुपये के डेवलपमेंट प्लान को मंजूरी दी है। पार्क में 60 मीटर चौड़ी 6 लेन एप्रोच रोड, 220 किलोवाट लाइन, 20 एमएलडी वाटर सप्लाई, 60 और 45 मीटर चौड़ी आंतरिक सड़कें, अंडरग्राउंड केबल नेटवर्क, पार्किंग और लॉजिस्टिक बे विकसित किए जा रहे हैं। प्लग एंड प्ले यूनिट्स और आवास की सुविधा पार्क में प्लग एंड प्ले यूनिट्स का विकास किया जा रहा है ताकि कंपनियां तुरंत काम शुरू कर सकें। साथ ही यहां काम करने वाले लोगों के लिए पार्क के भीतर ही आवास की व्यवस्था की जाएगी, जिसमें विशेष रूप से महिलाओं के लिए सुविधाएं होंगी।

भोपाल : होम्योपैथी कॉलेज में शुरू हुई थायराइड व मोटापा विशेषज्ञ इकाई, मरीजों को मिलेगा लाभ

भोपाल  भोपाल स्थित शासकीय होम्योपैथिक चिकित्सा महाविद्यालय चिकित्सालय परिसर में आयुष मंत्रालय भारत सरकार के संयुक्त तत्वावधान में हाइपोथायरायडिज्म एवं ओबेसिटी के लिए विशेषज्ञ इकाई की स्थापना की गई है। इस इकाई की स्थापना का उद्देश्य, थायराइड ग्रंथि की अनियमितताएं और उससे होने वाले मोटापे में होम्योपैथी की कारगर दवाओं के माध्यम से अनुसंधान एवं उपचार किया जाना है। इस इकाई के लिए भारत सरकार के केंद्रीय होम्योपैथी अनुसंधान परिषद द्वारा विशेषज्ञ चिकित्सकों के अतिरिक्त सहायक चिकित्सकों एवं लैब विशेषज्ञों की एक टीम, स्थानीय होम्योपैथिक चिकित्सालय में उक्त कार्यों के लिए उपलब्ध है। यह इकाई थायराइड ग्रंथि की अनियमिताओं से उत्पन्न होने वाले रोगों के त्वरित उपचार एवं इन रोगों के कारण आने वाले दीर्घकालिक प्रभाव पर केंद्रित कार्य करेगी। यह इकाई प्रतिदिन प्रातः 10 से दोपहर एक बजे तक उक्त रोगियों के पंजीयन एवं उपचार की सेवाएं प्रदान करेगी। इसके लिए दूरभाष क्रमांक 0755 299 2972 पर समस्त जानकारी प्रतिदिन प्रातः 10 बजे से शाम 4 बजे तक उपलब्ध रहेगी। इच्छुक लाभार्थियों द्वारा अपना दूरभाष दिए जाने पर विशेषज्ञों द्वारा संपर्क किया जाएगा। समस्त उपचार शासकीय स्तर पर किया जाएगा। उपचार में होम्योपैथिक दवाओं के अतिरिक्त व्यायाम एवं आहार विशेषज्ञों द्वारा भी संपूर्ण स्वास्थ्य के लक्ष्य के साथ कार्य किया जाएगा। प्रधानाचार्य डॉ. एस.के. मिश्रा ने बताया कि प्रदेश में इस प्रकार की हाइपोथायरायडिज्म से जनित मोटापे की यह प्रथम विशेषज्ञ इकाई है, जो भारत सरकार के आयुष मंत्रालय के माध्यम से स्थापित मापदंडों पर कार्य करेगी। होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति प्रकृति के सिद्धांतों के अनुरूप शरीर की रोग प्रतिकारक क्षमताओं को विकसित करके मनुष्य को दीर्घकालीन स्वास्थ्य एवं उच्च गुणवत्ता का जीवन प्रदान करती है। प्रायः रासायनिक दवाओं के उपयोग के पश्चात भी हाइपोथायरायडिज्म के मरीजों का वजन बढ़ता चला जाता है, जो भविष्य में हड्डियों एवं जोड़ों की गंभीर समस्याओं को जन्म देता है। होम्योपैथी चिकित्सा के माध्यम से हाइपोथाइरॉएडिज्म के मरीजों को उपचारित करके, इस प्रकार की जटिलताओं से बचाया जा सकता है और उनके भविष्य को सुरक्षित किया जा सकता है। नोडल अधिकारी डॉ. जूही गुप्ता ने बताया कि यह समस्या विशेषकर महिलाओं में अधिक देखने को मिलती है और समय रहते उपचार प्राप्त न करने के कारण 50 वर्ष के उपरांत महिलाएं हड्डियों और जोड़ों की समस्याओं से बहुत बड़ी संख्या में प्रभावित होती हैं। यदि समय रहते प्राकृतिक एवं होम्योपैथी उपचारों से इसका नियंत्रण किया जाए तो व्यक्ति दीर्घायु होने के साथ-साथ रासायनिक पदार्थ से दूर रहकर भी स्वस्थ रह सकता है। वास्तविकता यह है कि वर्तमान परिवेश में जीवन के सामान्य परिवर्तन जैसे गर्भावस्था में होने वाले सूक्ष्म हार्मोनल परिवर्तन को भी रोग मानकर उनके लिए रासायनिक उपचार प्रदान किए जाते हैं, जिसके कारण वह महिला पूरे जीवन रसायनों पर आश्रित हो जाती है और एक कुचक्र में फंस जाती है जिससे निकलना असंभव हो जाता है। इस कार्य का उद्देश्य है कि जिन लोगों में सामान्य परिवर्तन एवं होम्योपैथी दवा के साथ उपचार किया जा सकता है, उनके लिए एक विशेषज्ञ इकाई के माध्यम से, उन्हें जीवन यापन के लिए संपूर्ण ज्ञान प्रदान किया जाए। शासकीय होम्योपैथी चिकित्सालय के अतिरिक्त आयुष मंत्रालय भारत सरकार की संस्था द्वारा देश के पांच अन्य शहरों में इस प्रकार की विशेषज्ञ इकाई की स्थापना की गई है और इन संयुक्त प्रयासों से हाइपोथायरायडिज्म एवं उससे संबंधित मोटापे का कारगर उपाय एवं उपचार प्रदान करने की अद्वितीय पहल की गई है।  

छह साल बाद बदल रही MPCA की कार्यकारिणी, अध्यक्ष पद पर महाआर्यमन की ताजपोशी तय

इंदौर  मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन की नई कार्यकारिणी छह साल बाद बदलने जा रही है। इस बार सभी नए चेहर अलग-अगल पद संभालेंगे। पहली बार एमपीसीए अध्यक्ष पद पर सबसे कम उम्र के महाआर्यमन सिंधिया पद संभालेंगे। उनकी उम्र 29 साल है। उन्होंने अध्यक्ष पद के लिए नामांकन फार्म दाखिल किया। उन्हे इस पद पर अन्य किसी सदस्य ने चुनौती नहीं दी। वे सिंधिया परिवार की तीसरी पीढ़ी के रुप में इस पद की कमान संभालेंगे। वे वर्ष 2022 से ग्वालियर संभागीय क्रिकेट एसोसिएशन के उपाध्यक्ष भी है। 2 सितंबर को एसोसिएशन की वार्षिक साधारण सभा में कार्यकारिणी के नामों की घोषणा हो जाएगी। महाआर्यमन के अलावा कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष पद पर विनीत सेठिया,सचिव सुधीर असनानी, कोषाध्यक्ष संजय दुआ भी लगभग तय है। कार्यकारिणी सदस्य में राजीव रिसोडकर, प्रसुन कनमड़ीकरण, विजेस राणा व संध्या अग्रवाल के नाम भी तय हैं। कोषाध्यक्ष बनने वाले संजय दुआ के पिता नरेंद्र दुआ और भाई एमपीसीए के सदस्य हैं। उपाध्यक्ष के पद पर काबिज होने वाले विनित सेठिया के पिता महेंद्र सेठिया भी एमपीसीए के सदस्य रहे हैं। नई कार्याकारिणी के बाद स्टेडियम में होंगे महिला वर्ल्ड कप मैच एमपीसीए की नई कार्यकारिणी घोषित होने के बाद इंदौर के होलकर स्टेडियम में महिला वर्ल्ड कप के छह से ज्यादा मैच होंगे। पिछली कार्यकारिणी के दौरान भी इंदौर स्टेडियम को आईपीएल मैच मिले, लेकिन टिकट और प्राॅपर्टी टैक्स को लेकर एसोसिएशन के नगर निगम अफसरों से विवाद भी हुए। अब कार्यकारिणी के सामने भी अंतरर्राष्ट्रीय स्तर के मैच कराना चुनौती भरा होगा।  

मध्य प्रदेश की दीर्घकालिक विकास रणनीति के लिए रोलिंग बजट पर काम

 भोपाल  मध्य प्रदेश सरकार पहली बार तीन साल का रोलिंग बजट तैयार करेगी। प्रदेश की दीर्घकालिक विकास रणनीति- विकसित मध्य प्रदेश 2047 पर केंद्रित वर्ष 2026-27, वर्ष 2027-28 एवं वर्ष 2028-29 के लिए त्रिवर्षीय रोलिंग बजट तैयार किया जाएगा। इसके लिए 15 सितंबर से 30 सितंबर तक विभागवार बैठकें होंगी। 31 अक्टूबर को नई योजनाओं के प्रस्ताव प्रस्तुत किए जाएंगे और एक अक्टूबर से 15 नवंबर तक द्वितीय चरण की चर्चा की जाएगी। बता दें कि इससे पहले बजट निर्माण में 28 से 31 जुलाई तक विभागीय प्रशिक्षण और प्रारंभिक चर्चा की जा चुकी है। इसके अलावा इस बार भी राज्य सरकार द्वारा शून्य आधार बजटिंग की प्रक्रिया को जारी रखते हुए वित्तीय अनुशासन और परिणाम आधारित बजट निर्माण को प्राथमिकता दी जा रही है। शून्य आधार बजटिंग प्रणाली से यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि हर योजना के पीछे ठोस उद्देश्य हो, उसका समाज पर प्रभाव दिखे और प्रत्येक व्यय राज्य की विकास प्राथमिकताओं से मेल खाता हो। बजट स्वीकृति के पहले हर योजना का होगा मूल्यांकन प्रत्येक योजना के लिए यह स्पष्ट करना आवश्यक होगा कि उस पर खर्च क्यों किया जा रहा है, उसका लाभ किसे होगा और उसका सामाजिक व आर्थिक असर क्या होगा। इस प्रक्रिया में गैर-प्रभावी योजनाओं को समाप्त करने और समान प्रकृति की योजनाओं को एकीकृत करने पर भी विचार किया जाएगा। दिसंबर और जनवरी में मंत्री स्तरीय बैठकें होंगी आयोजित बजट निर्माण के लिए दिसंबर और जनवरी में मंत्री स्तरीय बैठकें आयोजित की जाएंगी। 31 मार्च 2026 को समायोजन प्रस्तावों की अंतिम तिथि रखी गई है। वेतन, भत्ते और स्थायी व्यय की भी गणना अलग होगी। विभागों को अपने स्थायी खर्चों जैसे वेतन, पेंशन, भत्तों की गणना करते समय विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। प्रत्येक वित्तीय वर्ष के वेतन में तीन प्रतिशत वार्षिक वृद्धि जोड़ी जाएगी। महंगाई भत्ते की गणना क्रमश: 74 प्रतिशत, 84 प्रतिशत और 94 प्रतिशत के हिसाब से होगी। संविदा कर्मचारियों के वेतन में चार प्रतिशत वार्षिक वृद्धि का भी प्रविधान रहेगा। अजा-अजजा उपयोजना के लिए न्यूनतम बजट सुनिश्चित करना अनिवार्य होगा। वित्त विभाग ने स्पष्ट किया है कि अनुसूचित जाति उपयोजना के लिए न्यूनतम 16 प्रतिशत और अनुसूचित जनजाति उपयोजना के लिए न्यूनतम 23 प्रतिशत बजट सुनिश्चित करना अनिवार्य रहेगा। इसके लिए सेगमेंट कोडिंग व्यवस्था लागू की जाएगी, जिससे योजनाओं में पारदर्शिता आएगी। आफ-बजट व्यय और केंद्रीय योजनाओं पर भी रहेगी निगरानी जिन विभागों को भारत सरकार से सीधे फंड प्राप्त होता है, उन्हें वह राशि भी बजट प्रस्ताव में दर्शानी होगी। इसके अलावा, आफ-बजट ऋण, प्रोत्साहन योजनाओं का वित्तीय असर, और नवीन योजनाओं की स्वीकृति की प्रक्रिया को भी स्पष्ट किया गया है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि बजट की तैयारी के लिए जो आइएफएमआइएस प्रणाली अपनाई गई है, उसमें तय समय के बाद प्रविष्टि की अनुमति नहीं दी जाएगी। विभागों को निर्देशित किया गया है कि वे सभी प्रस्ताव निर्धारित समय-सीमा में दर्ज करें और विभागीय बैठक के पूर्व पूरी जानकारी तैयार रखें।

मोहन सरकार की सौगात: खुद का स्टार्टअप शुरू करने वालों को 10 लाख रुपए की सहायता

भोपाल   अगर आप मध्यप्रदेश में रहते है और खुद का बिजनेस शुरु करना चाहते हैं तो ये खबर आपके काम की है। बिजनेस या खुद का काम शुरु करने में परेशानी आ रही है तो आपको बता दें कि आप मध्य प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही खास योजना से मदद ले सकते हैं। जी हां… मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत मध्य प्रदेश सरकार राज्य के युवाओं को अपना काम शुरू करने के लिए आर्थिक मदद उपलब्ध करा रही है। इस योजना के तहत आप 10 लाख रुपये तक का लोन लेकर एक सफल बिजनेसमैन बन सकते हैं। क्या है मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना एमपी में रोजगार के अवसर बढ़ाने के उद्देश्य और युवाओं को खुद का बिजनेस शुरू करने को प्रोत्साहित करने के लिए मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना की शुरुआत 1 अगस्त, 2014 को की गई थी। हालांकि 2017 में इसमें संशोधन भी किए गए। ये एक सरकारी योजना है, जो 50,000 से 10,00,000 तक का ऋण प्रदान करती है। योजना के तहत लाभार्थियों को धन मार्जिन, ब्याज अनुदान और प्रशिक्षण का लाभ मिलता है, और उन्हें बैंक द्वारा दिए गए ऋण को चुकाने के लिए थोड़े समय की अवधि प्रदान की जाती है। इस योजना का उद्देश्य राज्य के बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के लिए प्रेरित करना है। साथ ही प्रदेश में लघु, मध्यम और सूक्ष्म उद्योगों को बढ़ावा देकर युवाओं को आत्मनिर्भर व रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराना है। इस योजना के जरिए उद्योग, कृषि, सेवा क्षेत्र और अन्य व्यवसायों को प्रोत्साहित करना है। होनी चाहिए ये पात्रता -इस योजना का लाई लेने के लिए व्यक्ति को मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना चाहिए। -उम्र 18 साल से 45 साल के बीच होनी चाहिए। -किसी भी अन्य सरकारी स्वरोजगार योजना का लाभ न लिया गया हो। -आवेदक के पास अपना एक बिजनेस प्लान होना चाहिए। -आवेदक कम से कम 5वीं कक्षा पास हो। मिलेंगे ये लाभ -योजना के तहत 50 हजार से 10 लाख रुपये तक का कर्ज उपलब्ध कराया जाता है। -सामान्य वर्ग के आवेदकों को परियोजना लागत का 15% तक (अधिकतम 1 लाख रुपये) दिए जाते हैं। -भोपाल गैस पीड़ितों को अतिरिक्त 20 फीसदी या अधिकतम 1 लाख की मदद। -5% तक ब्याज दर में सब्सिडी, महिलाओं को 7% तक ब्याज में सब्सिडी मिलती है।

ट्रंप को आई अक्ल? PM मोदी के कदम और US एंबेसी की पोस्ट ने बढ़ाई हलचल

नई दिल्ली चीन में SCO शिखर सम्मेलन के बैनर तले जब दुनिया की तीन महाशक्तियां मिल रही हैं तो इसका प्रभाव अमेरिका तक देखने को मिल रहा है. भारत, चीन और रूस के राष्ट्राध्यक्षों पीएम मोदी, राष्ट्रपति जिनपिंग और राष्ट्रपति पुतिन की मुलाकात के बीच भारत में अमेरिकी दूतावास की ओर से एक बेहद अहम पोस्ट किया गया है. इस ट्वीट की टाइमिंग और इसका कंटेट भारत-अमेरिका संबंधों के लिए निर्णायक है.  भारत में अमेरिकी दूतावास की ओर से किए गए इस पोस्ट में कहा गया है कि संयुक्त राज्य अमेरिका और भारत के बीच साझेदारी लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है, जो 21वीं सदी का एक निर्णायक रिश्ता है. अमेरिकी दूतावास ने कहा है कि यह हमारे दोनों देशों के लोगों के बीच की स्थायी मित्रता ही है जो इस यात्रा को ऊर्जा प्रदान करती है.  इस पोस्ट में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो का एक बयान भी है. इसमें उन्होंने कहा है कि भारत और अमेरिका के लोगों के बीच गहरी दोस्ती हमारे संबंधों का आधार है.  भारत में अमेरिकी दूतावास का ये ट्वीट तब आया है जब सोमवार सुबह ही चीन में पीएम मोदी, राष्ट्रपति जिनपिंग और राष्ट्रपति पुतिन की गर्मजोशी भरी मुलाकात हुई है. ये मुलाकात तब हो रही है जब ट्रंप ने भारत पर 50 फीसदी का हैवी टैरिफ लगाया है और ट्रंप के सलाहकार और रणनीतिकार भारत के खिलाफ सख्त बयान दे रहे हैं.  चीन के तियानजिन में पीएम मोदी, राष्ट्रपति पुतिन और राष्ट्रपति जिनपिंग की मुलाकात की चर्चा दुनिया की राजनीति और कूटनीति को प्रभावित करने वाले हर देश की राजधानियों में हो रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार (1 सितंबर 2025) सुबह को SCO के संबोधन में कहा कि ग्लोबल साउथ की आकांक्षाओं को आउटडेटेड फ्रेमवर्क्स में कैद रखना भावी पीढ़ियों के प्रति घोर अन्याय है. उन्हें दुनिया को बदलाव को स्वीकार करने का संदेश देते हुए कहा कि नई पीढ़ी के बहुरंगी सपनों को हम पुराने जमाने की ब्लैक-एंड व्हाइट स्क्रीन पर नहीं दिखा सकते. इसके लिए स्क्रीन बदलनी होगी.  प्रधानमंत्री मोदी ने संयुक्त राष्ट्र में रिफॉर्म्स का आह्वान करते हुए कहा कि इसकी 80वीं वर्षगांठ पर हम इसकी शुरुआत कर सकते हैं.  SCO में प्रधानमंत्री मोदी ने रूस के राष्ट्रपति पुतिन से भी गर्मजोशी भरी मुलाकात की. पीएम मोदी और राष्ट्रपति पुतिन एक ही कार में बैठकर मीटिंग वैन्यू तक पहुंचे. इसके बाद अमेरिकी दूतावास से ये ट्ववीट आया है. अमेरिकी दूतावास ने इस ट्वीट में भारत के साथ व्यापारिक साझीदारी की दुहाई दी है. इस पोस्ट में भारत में अमेरिकी दूतावास ने लिखा है, "संयुक्त राज्य अमेरिका और भारत के बीच साझेदारी लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है — जो 21वीं सदी का एक निर्णायक रिश्ता है. इस महीने हम उन लोगों, प्रगति और संभावनाओं पर प्रकाश डाल रहे हैं जो हमें आगे बढ़ा रहे हैं. नवाचार और उद्यमिता से लेकर रक्षा और द्विपक्षीय संबंधों तक, यह हमारे दोनों देशों के लोगों के बीच की स्थायी मित्रता ही है जो इस यात्रा को ऊर्जा प्रदान करती है." आगे इस पोस्ट में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का बयान है. इस बयान में रुबियो ने कहा है कि, 'दोनों देशों के लोगों के बीच स्थायी मैत्री हमारे सहयोग का आधार है और यह हमें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती है, क्योंकि हम अपने आर्थिक संबंधों की अपार संभावनाओं को साकार करते हैं.' चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने SCO के संबोधन में अमेरिका का नाम लिए बिना 'चौधराहट''शीत युद्ध मानसिकता' और 'धमकाने वाली प्रथाओं' का विरोध करने का संदेश दिया. उन्होंने कहा, "हमें विश्व के एक समान और व्यवस्थित बहुध्रुवीय स्वरूप, तथा सभी के लिए लाभकारी और समावेशी आर्थिक वैश्वीकरण की वकालत करनी चाहिए और वैश्विक शासन प्रणाली को अधिक न्यायसंगत और समतापूर्ण बनाना चाहिए." शी जिनपिंग की भावनाओं से सहमति जताते हुए रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने SCO से यूरोप और एशिया में सुरक्षा की एक "नई प्रणाली" बनाने का आह्वान किया. उन्होंने इसे पश्चिमी नेतृत्व वाले गठबंधनों के विकल्प के रूप में प्रस्तुत किया, जिसका वे लंबे समय से विरोध करते रहे हैं. 

मौसम विभाग का अलर्ट: सितंबर में भारी बारिश, इन फसलों पर पड़ेगा असर

नई दिल्ली अगस्त का पूरा महीना देश के विभिन्न राज्यों के लिए मॉनसूनी बारिश से भीगा रहा तो वहीं कई राज्यों में बाढ़ के प्रकोप ने रिकॉर्ड तोड़े हैं. अब सितंबर में भारत के किस क्षेत्र में कैसा मौसम रहेगा? देश में बारिश की क्या  स्थिति होगी? इसके लिए भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अनुमान जारी किए हैं.  सितंबर में कैसा रहेगा मौसम? IMD का कहना है कि देश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से अधिक बारिश होने की उम्मीद है. लेकिन, पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों समेत दक्षिण भारत के कुछ दूरदराज के इलाकों में बारिश सामान्य से कम रह सकती है. भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, सितंबर 2025 में पूरे देश में मासिक औसत वर्षा दीर्घावधि औसत 109% (सामान्य से अधिक) रहने की संभावना है. साल 1971 से 2020 के बीच भारत में सितंबर महीने में बारिश का औसत आंकड़ा 167.9 मिमी रहा है. इन फसलों के लिए किसानों को रहना होगा सतर्क सामान्य से अधिक बारिश कुछ फसलों के लिए नुकसानदायक हो सकती है. ऐसे में किसानों को सतर्क रहने की जरूरत है. भारत में ग्रीष्मकालीन फसलों जैसे चावल, कपास, सोयाबीन, मक्का और दालों को नुकसान हो सकता है. दरअसल, इन फसलों की कटाई आमतौर पर मध्य सितंबर से की जाती है. कितना रहेगा तापमान? तापमान के मामले में, सितंबर के दौरान पश्चिम-मध्य, उत्तर-पश्चिम और दक्षिण भारत के कई इलाकों में औसत अधिकतम तापमान सामान्य से कम या सामान्य के आसपास रहने की संभावना है. जबकि पूर्व-मध्य, पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों, उत्तर-पश्चिम भारत के कुछ क्षेत्रों और पश्चिमी तटीय इलाकों में औसत अधिकतम तापमान सामान्य से अधिक रहने का अनुमान है. औसत न्यूनतम तापमान की बात करें तो देश के अधिकांश हिस्सों में यह सामान्य से अधिक या सामान्य के करीब रहने की संभावना है. हालांकि, उत्तर-पश्चिम भारत और दक्षिणी प्रायद्वीपीय भारत के कुछ क्षेत्रों में रात का तापमान सामान्य से कम रह सकता है. किसानों के लिए राहत की खबर सामान्य से अधिक बारिश खरीफ की फसलों के लिए अच्छी है और इससे बंपर पैदावार की उम्मीद बढ़ सकती है.सितंबर का यह मौसम पूर्वानुमान किसानों और कृषि क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह खरीफ फसलों के सीजन का चरम समय है. सामान्य से अधिक बारिश उन फसलों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है जिन्हें अधिक पानी की जरूरत होती है. हालांकि, कुछ इलाकों में बाढ़ जैसी स्थितियों का जोखिम भी बना रह सकता है. वहीं, पूर्वोत्तर, पूर्वी और दक्षिणी भारत में कम बारिश का खेती पर असर भी पड़ सकता है.  

MP में नक्शा बदल सकता है: रीवा और मैहर जिले में सीमाओं का होगा संशोधन

भोपाल  मध्यप्रदेश में प्रशासनिक इकाइयों के पुनर्गठन की कवायद जारी है। राज्य सरकार ने इसके लिए परिसीमन आयोग का गठन किया है, जो नए जिले और तहसील बनाने के साथ ही गांवों और कस्बों को इधर-उधर जोड़ने पर काम कर रहा है। इसी क्रम में अब रीवा और नवगठित मैहर जिले के बीच सीमांकन बदलने की तैयारी हो रही है। मुकुंदपुर सहित छह गांव रीवा में शामिल करने का प्रस्ताव मैहर के छह गांव—आनंदगढ़, आमिन, धोबहट, मुकुंदपुर, परसिया और पपरा—को रीवा जिले में मिलाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। यह प्रस्ताव मुख्य रूप से मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी को ध्यान में रखकर बनाया गया है, क्योंकि यह क्षेत्र रीवा से अधिक नजदीक है। मैहर जिला प्रशासन ने इस संबंध में अमरपाटन के राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे हितधारकों की राय लेकर रिपोर्ट तैयार करें। मैहर के अपर कलेक्टर शैलेन्द्र सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय के विशेष कर्त्तव्यस्थ अधिकारी ने इस प्रस्ताव पर पंचायतों के सरपंचों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की राय मांगी है। नेताओं ने जताया विरोध हालांकि इस प्रस्ताव का विरोध भी शुरू हो गया है। सतना सांसद गणेश सिंह ने इन गांवों को रीवा में शामिल करने का विरोध जताया है। मैहर विधायक ने भी इस फैसले पर आपत्ति दर्ज की है। कांग्रेस विधायक राजेंद्र सिंह ने इसके खिलाफ जेल भरो आंदोलन चलाने और 1000 सत्याग्रहियों के साथ जेल जाने का ऐलान किया है। ग्रामीणों की राय बंटी गांवों के ग्रामीण भी इस प्रस्ताव को लेकर दो हिस्सों में बंटे हुए हैं। मुकुंदपुर और आसपास के कुछ गांवों के लोग बिजली, स्वास्थ्य और रीवा की नजदीकी का हवाला देकर रीवा में शामिल होने के पक्ष में हैं। वहीं, धोबहट और अन्य गांवों के कुछ लोग इस बदलाव का विरोध कर रहे हैं। आयोग ने मांगी विस्तृत रिपोर्ट परिसीमन आयोग ने इस पूरे मामले पर मैहर जिला प्रशासन से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। इसमें गांवों की भौगोलिक, सामाजिक, प्रशासनिक और आर्थिक परिस्थितियों का ब्योरा शामिल किया जाएगा। इसी रिपोर्ट के आधार पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा कि ये छह गांव रीवा जिले में जोड़े जाएंगे या नहीं।

कब है वामन जयंती? जानें पूजा का समय और विधि

वामन जयंती का पर्व भगवान विष्णु के पांचवें स्वरूप के लिए मनाया जाता है. हर साल भाद्रपद मास की शुक्ल पक्ष की द्वादशी को वामन द्वादशी या वामन जयंती के रूप में मनाया जाता है. कहा जाता है कि इस दिन भगवान विष्णु के वामन रूप के अवतार का जन्म हुआ था और यह शुभ दिन श्रवण नक्षत्र और अभिजीत मुहूर्त में मनाया जाता है. इस बार वामन जयंती 4 सितंबर को मनाई जाएगी.  वामन जयंती 2025 शुभ मुहूर्त  वामन जयंती की द्वादशी तिथि 4 सितंबर को सुबह 4 बजकर 21 मिनट पर शुरू होगी और तिथि का समापन 5 सितंबर को सुबह 4 बजकर 8 मिनट पर होगा. क्योंकि यह त्योहार श्रवण नक्षत्र में तो इस दिन यह नक्षत्र 4 सितंबर, रात 11 बजकर 44 मिनट से लेकर 5 सितंबर रात 11 बजकर 38 मिनट पर समापन होगा.  वामन जयंती 2025 पूजन विधि  इस दिन सुबह जल्दी उठकर भगवान वामन की पूजा-आराधना करना शुभ माना जाता है. पूजा के बाद चावल, दही जैसे फल और वस्तुओं का दान करना भी बहुत लाभकारी होता है. शाम को व्रती लोग भगवान की पूजा करते हैं, व्रत कथा सुनते हैं और पूरे परिवार में प्रसाद बांटते हैं. इससे भगवान प्रसन्न होते हैं और भक्तों की मुरादें पूरी होती हैं. जो लोग व्रत रखते हैं उन्हें वामन भगवान की स्वर्ण प्रतिमा बनवाकर पंचोपचार पूजा करनी चाहिए. पूजा की शुरुआत पूर्व दिशा की ओर हरे कपड़े पर वामन देव की मूर्ति या तस्वीर लगाकर की जाती है. वामन जयंती 2025 राशिनुसार करें ये उपाय  मेष– मेष राशि के लोग इस दिन 'तप रूपाय विद्महे..' मंत्र का जाप करें. वृषभ- वृष राशि के लोग मिश्री का भोग लगाएं.  मिथुन– मिथुन राशि के लिए घी का दीप जलाएं. कर्क– कर्क राशि वाले चावल-दही और चांदी का दान करें.  सिंह- सिंह राशि वाले चंदन से पूजा करें.  कन्या– कन्या राशि के लिए तुलसी पत्र और रक्त चंदन जरूरी है.  तुला- तुला राशि के लोग खीर चढ़ाएं.  वृश्चिक– वृश्चिक राशि वाले  'तप रूपाय विद्महे..' मंत्र का जाप करें.  धनु– धनु राशि वाले फलाहार खाएं. मकर– मकर राशि वालों को कांसे के दीपक से पूजा करनी चाहिए.  कुंभ– कुंभ राशि वालों को भी घी का दीपक जलाना उचित है. मीन- मीन राशि वाले दान-धर्म का कार्य करें.

2 सितम्बर 2025 का राशिफल: बदल जाएगी इन राशियों की तकदीर, मिलेगा शुभ समाचार

मेष राशि- मेष राशि वालों के लिए दिन सामान्य रहेगा। आत्मविश्वास में कमी रहेगी। मन परेशान हो सकता है। आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं रहेगी। इस समय धन का खर्च सोच-समझकर ही करें। व्यापार में किसी पर भी आंख मूंदकर विश्वास न करें। लवर के साथ समय व्यतीत करेंगे। वृषभ राशि- वृषभ राशि वालों के लिए आज का दिन अच्छा कहा जा सकता है।वैवाहिक जीवन सुखमय रहेगा। धार्मिक कार्यों में मन लगेगा। स्वास्थ्य में सुधार होगा। पिता का साथ मिलेगा। परिवार के साथ यात्रा पर जा सकते हैं। आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी। विभिन्न स्तोत्रों से धन लाभ होगा। मिथुन राशि- मिथुन राशि वालों का दिन सामान्य रहेगा। मानसिक तनाव हो सकता है। कार्यक्षेत्र में काम की अधिकता रहेगी। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। परिवार का साथ मिलेगा। कारोबार की स्थिति में सुधार होगा। आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा। निवेश करने से पहले किसी मित्र या सलाहकार से सलाह अवश्य लें। कर्क राशि- कर्क राशि वालों के लिए आज का दिन शुभ नहीं कहा जा सकता है। मानसिक स्थिति ठीक नहीं कही जा सकती है। जीवन में भागदौड़ अधिक रहेगी। वाद-विवाद से दूर रहें। नौकरी में किसी दूसरे स्थान पर जाना पड़ सकता है। प्रेमी के साथ भी मनमुटाव संभव है। आर्थिक स्थिति ठीक रहेगी, लेकिन धन खर्च सोच-समझकर ही करें। सिंह राशि– सिंह राशि वालों के जीवन में आज बड़े बदलाव हो सकते हैं। नौकरी और व्यापार में लाभ होगा। परिवार के साथ घूमने का प्लान बना सकते हैं। आज के दिन खर्चे भी बढ़ेंगे लेकिन विभिन्न स्तोत्रों से धन का आगमन हो जाएगा। लव लाइफ अच्छी रहेगी। करियर में तरक्की के अवसर मिलेंगे। कन्या राशि- कन्या राशि वाले आज अपने मन को शांत रखें। धैर्यशीलता बनाए रखने का प्रयास करें। जल्दबाजी में कोई भी काम न करें। वाहन धीरे चलाएं। अति उत्साही होने से बचें। नौकरी और व्यापार में समझदारी से काम लें। आर्थिक पक्ष आज ठीक रहेगा। प्रेम जीवन भी में सुख का अनुभव करेंगे। तुला राशि- तुला राशि वालों के लिए आज का दिन अच्छा रहेगा। मानसिक तनाव दूर होगा। धैर्य से काम करेंगे। नौकरी और व्यापार में लाभ होगा। तरक्की के अवसर मिल सकते हैं। आत्मविश्वास भरपूर रहेगा। परिवार का साथ मिलेगा। विदेश यात्रा के योग भी बन रहे हैं। वृश्चिक राशि- वृश्चिक राशि वालों के लिए अच्छा दिन। नौकरी और व्यापार में लाभ होगा। किसी मित्र के सहयोग से आय के स्तोत्रों में भी वृद्धि होगी। परिवार के सहयोग से रुके हुए कार्य भी चल पड़ेंगे। मान-सम्मान की में वृद्धि होगी। प्रेमी का भरपूर साथ मिलेगा। धनु राशि- धनु राशि वालों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आएंगे। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। मन शांत रहेगा। जीवनसाथी के साथ समय व्यतीत करेंगे। नौकरी और व्यापार में भी बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं। निवेश करने के लिए आज का दिन शुभ रहेगा। मकर राशि- आज का दिन मकर राशि वालों के लिए अच्छा रहने वाला है। नौकरी, व्यापार, प्रेम सबकुथ बढ़िया रहेगा। आप आज जो भी कार्य करेंगे उसमें आपको सफलता मिलेगी। परिवार के साथ समय व्यतीत करेंगे। शादी की बात भी आज पक्की हो सकती है। धर्म-कर्म में भी रुचि बढ़ेगी। कुंभ राशि- कुंभ राशि वालों को आज मिलेजुले फल मिलेंगे। आत्मविश्वास काफी रहेगा। नौकरी और व्यापार में कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। आय में वृद्धि हो सकती है। आज क्रोध से बचें। वाद-विवाद की स्थिति से बिल्कुल दूर रहें। मानसिक तनाव संभव है। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। मीन राशि- मीन राशि वाले आज थोड़ा सावधान रहें। धन खर्च सोच-समझकर ही करें नहीं तो कर्ज की स्थिति आ सकती है।नौकरी और व्यापार में अतिरिक्त जिम्मेदारी मिल सकती है। स्वास्थ्य का ध्यान रखें और प्रेमी के साथ अधिक समय व्यतीत करें।