samacharsecretary.com

5 से 21 जून तक BJP का मेगा जनसंपर्क अभियान, प्रबुद्ध और व्यापारियों के सम्मेलन भी होंगे

भोपाल  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 26 मई को 12 साल पूरे होने जा रहे हैं। इस मौके पर मध्य प्रदेश भाजपा '12 साल विश्वास के, विकास के, जन कल्याण के' अभियान शुरू करने जा रही है। इस अभियान का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा विशेष जनसंपर्क होगा, जिसमें प्रत्येक जिले में समाज के कम से कम 500 प्रबुद्ध व्यक्तियों (ओपिनियन मेकर्स) से सीधा संपर्क साधा जाएगा। सांसद अपनी लोकसभा की हर विधानसभा में और विधायक अपने क्षेत्र के हर मंडल में एक-एक दिन का समय बिताएंगे। इस दौरान वे मोदी सरकार की उपलब्धियों का रिपोर्ट कार्ड जनता के बीच रखेंगे। पदाधिकारियों को भी करनी होगी मुलाकात विधायकों, सांसदों से लेकर राष्ट्रीय और प्रदेश पदाधिकारियों को भी ओपिनियन मेकर्स से मुलाकात करनी होगी। 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत प्रत्येक मंडल में सघन पौधरोपण किया जाएगा। स्कूलों, कॉलेजों और सामाजिक संगठनों को इस अभियान से जोड़ा जाएगा। सांसद और विधायक अपने क्षेत्रों में 'प्रगति पथ यात्रा' और 'विकसित भारत संकल्प सम्मेलन' के जरिए जनता से जुड़ेंगे। स्वच्छता अभियान चलाकर प्लास्टिक कचरे की सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर होगा समापन 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के साथ अभियान का समापन होगा। इस दौरान पार्टी द्वारा प्रत्येक मंडल में स्थानीय योग अभ्यास समूहों के सहयोग से योग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसमें आयुष मंत्रालय द्वारा निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन किया जाएगा। जहां संभव होगा, वहां 1 सप्ताह का योग प्रशिक्षण शिविर भी आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम का समन्वय नंदिता पाठक, राघवेंद्र शर्मा और मानसिंह यादव करेंगे। उपलब्धियों की प्रदर्शनी एवं सभागार बैठकें 15 जून से 18 जून के बीच प्रत्येक जिले में मोदी सरकार की उपलब्धियों पर आधारित 3 दिवसीय प्रदर्शनी लगाई जाएगी, जिसमें समाज के विभिन्न वर्गों की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी। इस दौरान ऑन-द-स्पॉट चित्रकला प्रतियोगिता, वॉक्स पॉप वीडियो रिकॉर्डिंग और लाभार्थियों के अनुभव साझा करने जैसे कार्यक्रम भी होंगे। साथ ही जिलों में प्रबुद्धजन और व्यापारी वर्ग की व्यापक उपस्थिति वाली सभागार बैठकें आयोजित की जाएंगी। प्राकृतिक खेती कार्यशालाएं 19 जून से 20 जून तक किसानों को जागरूक करने के लिए प्रत्येक जिले में दो स्थानों पर प्राकृतिक खेती कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। इन कार्यशालाओं में विशेषज्ञों और अनुभवी व्यक्तियों द्वारा प्रत्यक्ष प्रदर्शन और व्याख्यान दिए जाएंगे। इसकी जिम्मेदारी अर्चना सिंह और जयपाल सिंह चावड़ा की टोली को सौंपी गई है।

गैस उपभोक्ताओं के लिए राहत, Bharat Gas ने फिर शुरू की खास सुविधा

नई दिल्ली  वैश्विक स्तर पर जारी उथल-पुथल के बीच भारत गैस ने अपने ग्राहकों को अच्छी खबर दी है। एक बार फिर से कई इलाकों में एलपीजी सिलेंडर की होम डिलीवरी शुरू हो गई है। भारत गैस ने युद्ध के शुरू होने के बाद गैस की किल्लत के बीच यह सुविधा कई स्थानों पर बंद कर दी थी। खासगावं ग्रामीण इलाकों में। बता दें, इससे पहले एचपी ने भी एलपीजी सिलेंडर की बंद पड़ी होम डिलीवरी की सुविधा को फिर से शुरू कर दिया था। क्यों बंद हो गई थी सुविधा? युद्ध शुरू होने के बाद एक समय पर अचानक गैस की डिमांड में इजाफा हो गया था। लोग पैनिक बुकिंग करने लगे थे। जिसके बाद डीलर्स ने होम डिलीवर की सुविधा को कई इलाकों में बंद कर दिया था। लेकिन अब नियमों में हुई सख्ती के बाद एक बार फिर से LPG सिलेंडर की उन इलाकों में होम डिलीवरी शुरू हो गई है। एलपीजी सिलेंडर बुकिंग नियम  सरकार ने कालाबाजारी को रोकने के लिए एलपीजी सिलेंडर बुकिंग के नियमों को काफी सख्त कर दिया है। अब बिना ओटीपी के एलपीजी सिलेंडर नहीं मिलेगा। नए नियमों के अनुसार आपको रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से पहले LPG सिलेंडर की बुकिंग करनी होगी। उसके बाद आपके मोबाइल नंबर ओटीपी आएगा। इसके बाद आप उस डीलर्स के पास जाकर या फिर सिलेंडर वाली गाड़ी को ओटीपी दिखाएंगे। वो ओटीपी को वेरीफाई करेगा। उसके बाद ही नया LPG सिलेंडर मिल पाएगा। ध्यान रहे कि आपका गैस पासबुक आपके पास होना चाहिए। नियमों के अनुसार कोई भी व्यक्ति जो गांव में रहता है वो 45 दिनों के बाद ही नए सिलेंडर की बुकिंग कर पाएंगे। वहीं, शहरों में रहने वाले लोगों के लिए सरकार ने 25 दिन का कैप लगाया है। LPG सिलेंडर के दाम स्थिर पिछले कुछ हफ्तों से गैस सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। आखिरी बार घरेलू गैस सिलेंडर का दाम 60 रुपये बढ़ाया गया था। वहीं, कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में 900 से अधिक की बढ़ोतरी हुई थी। जिसके बाद दाम 3000 रुपये के पार पहुंच गया है। गैस की समस्या विकट?  भारत जो अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा एलपीजी विदेशों से आयात करता था उसके लिए मौजूदा परिस्थितियां काफी कठिन है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के लगभग बंद होने की वजह से एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति प्रभावित हुई है। देश के सामने एलपीजी संकट खड़ा हो गया है। बता दें, भारत सरकार ने एलपीजी उत्पादन को घरेलू स्तर पर बढ़ाने का निर्देश दिया है।

Heatwave से परेशान लोगों के लिए खुशखबरी, इस दिन से मौसम देगा राहत; IMD का अपडेट

 लखनऊ यूपी इस वक्त आग उगलती गर्मी की चपेट में है. सुबह होते ही सूरज ऐसा तप रहा है मानो आसमान से अंगारे बरस रहे हों. दोपहर की सड़कें सुनसान पड़ने लगी हैं, बाजारों में भीड़ कम हो गई है और लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हैं. नौतपा की शुरुआत के साथ ही प्रदेश में गर्मी ने अपने सबसे खतरनाक तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं. लेकिन इसी तपिश के बीच अब लोगों के लिए राहत की खबर भी सामने आई है. मौसम विभाग ने आखिर वह तारीख बता दी है, जब इस भीषण गर्मी से लोगों को कुछ राहत मिल सकती है।  मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक फिलहाल अगले तीन दिनों तक गर्मी से राहत मिलने के आसार बेहद कम हैं. हालांकि 29 मई के बाद मौसम करवट ले सकता है और तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है. यही वजह है कि भीषण गर्मी से परेशान लोग अब 29 मई का इंतजार करने लगे हैं।  इस सोमवार से नौतपा की शुरुआत हुई है. भारतीय परंपरा में नौतपा को साल का सबसे गर्म दौर माना जाता है. मान्यता है कि जब सूर्य रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करता है, तभी नौ दिनों तक चलने वाला यह दौर शुरू होता है. इस बार नौतपा ने शुरुआत से ही अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है. प्रदेश के कई जिलों में तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच चुका है. बांदा पूरे प्रदेश ही नहीं बल्कि देश के सबसे गर्म इलाकों में शामिल रहा. यहां तापमान 47.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. सड़कें दोपहर में तवे की तरह तपती दिखाई दीं. इसके अलावा झांसी में 46 डिग्री, उरई में 45.8 डिग्री, आगरा में 45.5 डिग्री, प्रयागराज में 45.4 डिग्री और हमीरपुर में 45.2 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया. राजधानी लखनऊ भी गर्मी से बेहाल नजर आया. यहां अधिकतम तापमान 42.3 डिग्री तक पहुंच गया।  दोपहर की सड़कें हुईं सुनसान भीषण गर्मी का असर अब आम जिंदगी पर साफ दिखने लगा है. दोपहर 12 बजे के बाद शहरों की सड़कें खाली नजर आने लगी हैं. लोग जरूरी काम न होने पर घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं. सबसे ज्यादा परेशानी दिहाड़ी मजदूरों, रिक्शा चालकों और सड़क किनारे काम करने वाले लोगों को हो रही है. गर्म हवाओं के थपेड़े लोगों को झुलसा रहे हैं. डॉक्टरों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी के चलते डिहाइड्रेशन, चक्कर आने और हीट स्ट्रोक के मरीजों की संख्या बढ़ रही है।  अस्पताल हाई अलर्ट पर गर्मी के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए राज्यभर के अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को हाई अलर्ट पर रखा गया है. सरकार की तरफ से एडवाइजरी जारी की गई है कि लोग दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक बिना जरूरी काम के बाहर न निकलें. हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें और ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं. मौसमी फल, नींबू पानी, छाछ और ओआरएस लेने की सलाह भी दी गई है।  लखनऊ में सिग्नल पर लगाई गई हरी शेड राजधानी लखनऊ में गर्मी से राहत देने के लिए प्रशासन ने अलग-अलग प्रयोग शुरू कर दिए हैं. हजरतगंज इलाके में ट्रैफिक सिग्नलों के ऊपर हरे रंग की शेड लगाई गई है ताकि धूप में खड़े लोगों को कुछ राहत मिल सके. वहीं लखनऊ के ही 1090 चौराहे पर दिनभर पानी का छिड़काव कराया जा रहा है. कई जगह फॉगिंग जैसी व्यवस्था भी की गई है ताकि सड़कों का तापमान कम किया जा सके. गोंडा में बिजली विभाग के कर्मचारी ट्रांसफार्मरों को बचाने के लिए लगातार मशक्कत कर रहे हैं. एक ट्रांसफार्मर के पास बड़ा पंखा लगाया गया है और पाइप के जरिए लगातार पानी डाला जा रहा है ताकि वह ओवरहीट होकर खराब न हो जाए. बिजली विभाग के कर्मचारियों का कहना है कि हर आधे घंटे में कूलिंग करनी पड़ रही है. लगातार बढ़ती बिजली खपत ने मशीनों की परीक्षा भी बढ़ा दी है।  पूर्वी यूपी में सबसे ज्यादा खतरा मौसम विभाग ने पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों के लिए गंभीर हीटवेव की चेतावनी जारी की है. दिन के समय लू चलने और रात में भी गर्म हवाएं परेशान करने की संभावना जताई गई है. विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार कई दिनों तक रात में तापमान ऊंचा रहने से शरीर को रिकवरी का समय नहीं मिल पाता, जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. अयोध्या में नौतपा का धार्मिक असर भी दिखाई दे रहा है. मंदिरों में भगवान को गर्मी से राहत देने के लिए विशेष पूजा और शीतल भोग लगाए जा रहे हैं. अयोध्या संत समिति के महामंत्री पवन दास शास्त्री ने बताया कि सनातन परंपरा में नौतपा का विशेष महत्व माना जाता है. उन्होंने कहा कि इस दौरान दान-पुण्य और पूजा-पाठ को विशेष फलदायी माना जाता है. वाराणसी में गर्मी से राहत पाने के लिए बच्चे गंगा नदी में तैराकी सीख रहे हैं. दरभंगा घाट पर आयोजित स्विमिंग कैंप में बड़ी संख्या में बच्चे पहुंच रहे हैं. अभिभावकों का कहना है कि इससे बच्चों को गर्मी से राहत भी मिल रही है और वे जरूरी लाइफ स्किल भी सीख रहे हैं। 

जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए नहीं लगाने होंगे चक्कर, यूपी सरकार ने शुरू की नई व्यवस्था

 लखनऊ उत्तर प्रदेश में जन्म और मृत्यु प्रमाणपत्र बनवाने या घर-जमीन का दाखिल खारिज कराने के लिए भाग-दौड़ नहीं करना होगा। योगी आदित्यनाथ सरकार ने सर्टिफिकेट बनवाने में संकट खत्म करने के लिए प्रदेश के सभी नगर निगम में वन डे गवर्नेंस सेंटर चालू करने का फैसला किया है। प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने मंगलवार को इस पहल का ऐलान किया। सरकार इन वन डे गवर्नेंस सेंटर पर आम लोगों के कई जरूरी काम एक ही दिन में निबटाने की योजना बना रही है, जिसमें प्रमाण पत्र जैसी सेवाओं को रखा जाएगा। कैबिनेट मंत्री एके शर्मा ने लखनऊ में एक कार्यक्रम में कहा कि सरकार नगर निकायों की सेवाओं को तेज, पारदर्शी और नागरिकों के अनुकूल बनाने पर काम कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रयागराज, वाराणसी और गोरखपुर में भी इस व्यवस्था को शुरू करने की तैयारी की जा रही है। लखनऊ में सेंटर बन गया है। यह कार्यक्रम लखनऊ महापौर के तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा होने के अवसर पर आयोजित किया गया था। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सीएम योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में नगर विकास से जुड़ी विभिन्न परियोजनाओं, जन सुविधाओं और शहरी विकास योजनाओं पर चर्चा की गई। यूपी में लागू होगा गुजरात मॉडल एके शर्मा ने कहा कि सरकार का उद्देश्य लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर से राहत देना है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद नगर निगमों में नागरिक सेवाओं का निस्तारण पहले से अधिक तेजी से हो सकेगा। मंत्री ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने गुजरात में वन डे गर्वनेंस सिस्टम शुरू किया था। हम लोगों ने उस पर काम किया था। वही मॉडल यहां लाना चाहते हैं। अभी लखनऊ के साथ प्रयागराज, वाराणसी में इस पर काम हो रहा है। हम चाहते हैं कि वही मॉडल पूरे यूपी में लागू हो जाए। किसी भी नागरिक को दो दिन, चार दिन, एक हफ्ते या महीने तक दौड़ना न पड़े। कोई आएगा तो उसे बैठाएंगे और आधे घंटे में प्रमाण पत्र दे देंगे। किसी का मामला बहुत पेचीदा होगा तो उसको कह देंगे कि वह लंच करके दो घंटे बाद आए। उसके आने पर हम उसी दिन उसका प्रमाण पत्र दे देंगे। सीनियर सिटीजन के लिए खास सुविधा शर्मा ने कहा कि जो लोग ऑनलाइन सेवा का इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं, उन्हें इससे काफी सुविधा हो जाएगी। यह व्यवस्था लखनऊ नगर निगम ने खड़ी की है। आधुनिक सोच के साथ व्यवस्था शुरू हुई है। लखनऊ के सेंटर में सीनियर सिटिजन के बैठने की शानदार व्यवस्था है। चाय समेत हर तरह की सुविधा उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि आज स्मार्ट सिटी बना रहे हैं तो वन डे गवर्ननेंस सिस्टम भी जरूरी है। मंत्री ने कहा कि सरकार की मंशा स्मार्ट सिटी के साथ ही वैश्विक सिटी बनाना है।

Daily Horoscope 27 May: नौकरी, कारोबार और प्रेम जीवन में कैसा रहेगा आज का दिन? जानें राशिफल

मेष 27 मई को उन सभी चीजों से बचें, जो आपकी लव लाइफ को खराब कर सकती हैं। प्रोफेशनल चुनौतियों को कॉन्फिडेंस के साथ संभालें। आज आपको अपने काम को लेकर सावधान रहना चाहिए। आर्थिक रूप से आप ठीक हैं, लेकिन आज सेहत में कुछ दिक्कतें हो सकती हैं। वृषभ 27 मई को प्यार और नौकरी दोनों मामलों में ईमानदार रहें। आर्थिक समृद्धि आपको समझदारी से पैसे खर्च करने की इजाजत देती है। आज अपनी सेहत पर नजर रखें। आज दोपहर में पार्टनर को गिफ्ट्स से सरप्राइज देने के बारे में सोचें। मिथुन 27 मई को कुछ नई जिम्मेदारियां आएंगी। नौकरी में ईमानदार रहना बहुत जरूरी है। जो लोग सिंगल हैं, वे अपने एक्स-लवर के साथ असहमति सुलझने के बाद पुराने लव अफेयर में वापस जा सकते हैं। आज समृद्धि का आगमन होगा। कर्क 27 मई के दिन रिश्ते में चल रही उथल-पुथल को सुलझाएं और एक साथ ज्यादा से ज्यादा समय बिताएं। आप ऑफिस में अच्छा प्रदर्शन करेंगे। आज स्वास्थ्य और धन दोनों ही पॉजिटिव रहेंगे। मैरिड महिलाओं को बातचीत पर अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है। सिंह 27 मई को आपको प्रोडक्टिविटी से संबंधित परेशानी होगी। आज एक खुशहाल रोमांटिक जीवन की उम्मीद करें। ऑफिस में तनावपूर्ण स्थिति में भी शांत रहें। फाइनेंस और स्वास्थ्य दोनों अच्छे रहेंगे। आज जोखिम भरे निवेश से बचें। कन्या 27 मई को शाम के समय गाड़ी चलाते समय सावधान रहना चाहिए। बिजनेसमैन को व्यापार बढ़ाने के मौके मिल सकते हैं। आपको और आपके लवर दोनों को रिश्ते को बेहतर बनाने के लिए बराबर मेहनत करनी चाहिए। धन का मामला पॉजिटिव रहेगा। तुला 27 मई को अपनी लव लाइफ से परेशानियां दूर रखें और अपने पार्टनर के साथ एक्स्ट्रा समय बिताएं। आज के दिन एक पेशेवर रूप से खास मौका आपका इंतजार कर रहा है। दोपहर तक धन के मामले में भी सब अच्छा रहेगा। वृश्चिक 27 मई को अपने प्रेम संबंध को मजबूत बनाने के लिए खुलकर अपनी राय जाहिर करें। पैसों के मामले में स्मार्ट प्लान से आर्थिक तनाव को दूर करें। प्रोफेशनल चुनौतियों को कॉन्फिडेंस के साथ संभालें। कोई बड़ी मेडिकल समस्या सामने नहीं आएगी। धनु 27 मई को प्यार के रिश्ते में विवादों को सुलझाने की कोशिश करें और परिवार के लिए समय निकालें। सुरक्षित वित्तीय निवेश करने पर विचार करें। आज के दिन स्वास्थ्य भी आपका अच्छा रहेगा। अपनी लव लाइफ को अगले लेवल पर ले जाने पर विचार करें। मकर 27 मई को एक मजबूत लव बॉन्ड बनाने की उम्मीद करें और वर्कप्लेस पर नई जिम्मेदारियां लें, जो आपकी प्रोफेशनल काबिलियत को साबित करेंगी। आपकी सेहत भी अच्छी रहेगी। छोटी-मोटी पैसों की दिक्कतों के बावजूद, रोजमर्रा की जिंदगी पर कोई असर नहीं पड़ेगा। कुंभ 27 मई को अपनी लव लाइफ को मजबूत बनाए रखें। वर्कप्लेस पर विवादों से बचें। छोटी-मोटी पैसों की दिक्कतें आ सकती हैं। आपकी सेहत अच्छी रहेगी। आप अनुशासन की मदद से प्रॉब्लम से उबर सकते हैं। आप ऑफिस और पर्सनल लाइफ में संतुलन बनाए रखें। मीन 27 मई के दिन प्यार से जुड़ी समस्याओं को सुलझाएं। आपको अपनी मेहनत साबित करने के कई प्रोफेशनल मौके भी मिलेंगे। सेहत भी नॉर्मल रहेगी। घर और ऑफिस में तनाव से बचें। योग और ध्यान आपको अपनी भावनाओं को कंट्रोल करने में मदद करेंगे।

’राज्यपाल डेका ने की पीएम जनमन योजना की समीक्षा’

रायपुर ’राज्यपाल  डेका ने की पीएम जनमन योजना की समीक्षा’ राज्यपाल  रमेन डेका ने आज लोक भवन में प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान (पीएम जनमन योजना) की समीक्षा बैठक ली। बैठक में राज्य शासन के विभिन्न विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव और सचिव स्तर के अधिकारी उपस्थित रहे। राज्यपाल ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के जीवन स्तर मे सुधार लाने योजनाओं का लाभ उन तक प्राथमिकता से पहुंचाना सुनिश्चित करें।                बैठक में पीएम जनमन योजना के तहत 11 महत्वपूर्ण बिंदुओं की समीक्षा की गई। राज्यपाल ने विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए स्वीकृत प्रधानमंत्री आवास योजना के कार्यों की प्रगति पर असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में प्राथमिकता तय कर तेजी से कार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के जीवन स्तर, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं को सर्वाेच्च प्राथमिकता मिलनी चाहिए।  ’राज्यपाल  डेका ने की पीएम जनमन योजना की समीक्षा’           राज्यपाल ने जनजातीय क्षेत्रों की सड़कों की खराब स्थिति पर भी नाराजगी जताई और अधिकारियों को गुणवत्ता के साथ सड़क निर्माण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकारी नियमित रूप से क्षेत्र का भ्रमण करें और यह जानें कि पीएम जनमन योजना के तहत उनके विभाग अंतर्गत सबसे बेहतर कार्य कहां हो रहे हैं।                   बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए राज्यपाल ने मोबाइल मेडिकल यूनिट के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजाति क्षेत्रों में टीबी उन्मूलन अभियान चलाने तथा लोगों को स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विभिन्न संस्थाओं के सहयोग से जनजातीय समुदायों की जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव लाकर उनके स्वास्थ्य में सुधार किया जा सकता है।                  राज्यपाल ने बताया कि जनजातीय बच्चों के नेत्र परीक्षण और मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए एम्स के साथ एमओयू किया गया है। उन्होंने कहा कि इसकी जानकारी दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचाई जानी चाहिए। उन्होंने जनजातीय क्षेत्रों में शौचालय निर्माण के लिए राइस मिल एसोसिएशन, जनप्रतिनिधियों का सहयोग लेने और डीएमएफ निधि के उपयोग का सुझाव दिया। साथ ही बच्चों को स्कूल आने के लिए प्रोत्साहित करने और पेयजल समस्या के समाधान हेतु नवाचार अपनाने के निर्देश दिए।                राज्यपाल ने बड़े किसानों के खेतों में डबरी निर्माण, फिश फार्मिंग और प्रधानमंत्री आवासों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शामिल करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इससे जल संरक्षण और वाटर रिचार्ज को बढ़ावा मिलेगा। बैठक में वन क्षेत्रों के स्थानीय उत्पादों की मार्केटिंग को सहकारिता के माध्यम से करने, आंगनबाड़ी भवन निर्माण में तेजी लाने तथा मोबाइल टावर स्थापित कर इंटरनेट सुविधा बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। राज्यपाल ने निजी कंपनियों के सहयोग से दूरस्थ क्षेत्रों में इंटरनेट सुविधा विस्तार के निर्देश दिए। उन्होंने क्रेडा द्वारा सौर ऊर्जा के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजातीय बाहुल्य गांवों को रोशन करने क लिए किए गए कार्याे की सराहना की।              राज्यपाल ने विशेष पिछड़ी जनजातियों क्षेत्रों के उन बच्चों का भी सर्वे कराने के निर्देश दिए जो स्कूल और विशेष रूप से उच्च शिक्षा संस्थानों में अध्ययनरत हैं। उन्होंने कहा कि इन विद्यार्थियों की वास्तविक स्थिति, आवश्यकताओं और सुविधाओं का आकलन कर उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जाए।           राज्यपाल ने कहा कि विशेष पिछड़ी जनजाति क्षेत्रों में उन कौशलों का प्रशिक्षण दिया जाए जिनकी वर्तमान समय में अधिक मांग है। उन्होंने इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कौशल विकास प्रशिक्षण पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को पीएम जनमन योजना के तहत प्राथमिकता सूची तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सबसे पहली प्राथमिकता होनी चाहिए तथा विशेष पिछड़ी जनजातियों की जीवनशैली और आवश्यकताओं को समझने के लिए तीन माह के भीतर विस्तृत सर्वे कराया जाए। उन्होंने कहा कि पीएम जनमन योजना के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए सभी विभागों और संबंधित संस्थाओं का सामूहिक योगदान आवश्यक है। जहां भी कमियां हैं, उन्हें तत्काल दूर किया जाए। राज्यपाल ने बैठक में की गई चर्चा पर कार्रवाई की रिपोर्ट अगली समीक्षा बैठक में प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए।         बैठक के दौरान राज्यपाल को छत्तीसगढ़ के अनुसूचित क्षेत्रों के प्रशासन पर आधारित वर्ष 2024-25 का प्रतिवेदन सौंपा गया। बैठक में अपर मुख्य सचिव वन एवं जलवायु परिवर्तन  मनोज कुमार पिंगुआ, राज्यपाल के सचिव डॉ. सी.आर प्रसन्ना, प्रमुख सचिव आदिम जाति विकास  सोनमणि बोरा, सहित अन्य विभागों के सचिव उपस्थित थे।

वन विभाग में तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने आईटी ट्रेनिंग हॉल का लोकार्पण

भोपाल  प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख  शुभरंजन सेन ने भोपाल स्थित वन भवन में अत्याधुनिक आईटी ट्रेनिंग हॉल का लोकार्पण किया। यह पहल वन विभाग में नवाचार और आधुनिक तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।  सेन ने कहा कि बदलते समय के साथ शासन-प्रशासन में तकनीक आधारित कार्यप्रणाली को अपनाना अत्यंत आवश्यक है। आईटी ट्रेनिंग हॉल के माध्यम से विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों को डिजिटल तकनीकों, ई-गवर्नेंस प्रणाली और आधुनिक सॉफ्टवेयर आधारित कार्यप्रणालियों का प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इससे विभागीय कार्यों में दक्षता, पारदर्शिता और त्वरित निर्णय प्रक्रिया को मजबूती मिलेगी।  सेन ने कहा कि वन विभाग द्वारा तकनीक आधारित नवाचारों को लगातार प्रोत्साहित किया जा रहा है। डिजिटल कार्य संस्कृति को सशक्त बनाने के साथ अधिकारियों और कर्मचारियों की तकनीकी दक्षता बढ़ाने के उद्देश्य से यह प्रशिक्षण हॉल तैयार किया गया है। इससे विभागीय कार्यों के बेहतर प्रबंधन, डेटा विश्लेषण तथा सूचना आदान-प्रदान में सुविधा होगी। इस अवसर पर विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।

09 चोरी की वारदातों का खुलासा

भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेशभर में संपत्ति संबंधी अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने, अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा आमजन में सुरक्षा एवं विश्वास की भावना मजबूत करने हेतु लगातार प्रभावी कार्रवाइयां की जा रही हैं। प्रदेश में सक्रिय अपराधियों की निगरानी, रात्रि गश्त, संदिग्ध व्यक्तियों एवं वाहनों की सघन चेकिंग के साथ-साथ चोरी की घटनाओं के त्वरित खुलासे हेतु विशेष पुलिस टीमें गठित की जा रही हैं। इसी क्रम में  नरसिंहपुर जिले के थाना गाडरवारा एवं थाना सुआतला पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से कुल 09 चोरी की घटनाओं का सफल खुलासा करते हुए लगभग 28 लाख रुपये से अधिक की चोरी गई संपत्ति एवं वाहन जब्त कर तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। थाना गाडरवारा क्षेत्रांतर्गत 05 मई को आनंद विहार कॉलोनी स्थित एक सूने मकान से सोने के जेवर चोरी होने की रिपोर्ट पर अपराध पंजीबद्ध कर विशेष टीम गठित की गई। पुलिस टीम द्वारा तकनीकी एवं भौतिक साक्ष्यों का संकलन कर रेलवे स्टेशन गाडरवारा के पास से एक संदेही को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपी द्वारा आनंद विहार कॉलोनी स्थित सूने मकान में चोरी करना स्वीकार किया गया।  साथ ही करेली, सिहोरा एवं गाडरवारा क्षेत्र में अन्य चोरी की वारदातें  एवं दो मोटरसाइकिल चोरी की घटनाएं करना भी स्वीकार किया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से सोने के 04 कंगन, 01 हार, 03 मंगलसूत्र, 02 जोड़ी झुमकी, 01 जोड़ी टॉप्स, 01 चेन, 01 मांग टीका, 02 अंगूठी, 01 पांचाली, चांदी की 01 जोड़ी पायल एवं 200 चांदी की अंगूठियां सहित लगभग 17 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की है।  आरोपी के विरुद्ध थाना महाराजपुर, थाना केसली जिला सागर, थाना गाडरवारा, थाना सुआतला एवं थाना करेली जिला नरसिंहपुर में गृहभेदन, मोटरसाइकिल चोरी, मारपीट, आर्म्स एक्ट एवं आबकारी एक्ट के तहत विभिन्न अपराध पंजीबद्ध पाए गए हैं। इसी प्रकार थाना सुआतला क्षेत्र में  06 मार्च को बरमान कला स्थित हनुमान मंदिर एवं दिनांक 17 अप्रैल को ग्राम लोलरी स्थित सूने मकान में चोरी की घटनाएं हुई थीं, जिनमें अज्ञात चोरों द्वारा ताला तोड़कर सोने-चांदी के जेवरात एवं नगदी चोरी की गई थी। विवेचना के दौरान तकनीकी साक्ष्यों एवं मुखबिर सूचना के आधार पर दो आरोपियों की पहचान की गई। आरोपियों को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ करने पर उनके द्वारा मंदिर एवं सूने मकान में चोरी करना स्वीकार किया गया। आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने  चांदी का छत्र एवं मुकुट, सोने-चांदी के जेवरात तथा घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल सहित लगभग 11 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति जब्त की है।  मध्यप्रदेश पुलिस प्रदेशभर में अपराध नियंत्रण, संपत्ति संबंधी अपराधों की रोकथाम एवं आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु प्रतिबद्ध होकर कार्य कर रही है। यह कार्यवाही न केवल अपराधियों के विरुद्ध सख्त संदेश है, बल्कि यह आमजन में सुरक्षा एवं विश्वास की भावना को भी और अधिक सुदृढ़ करती है।

गरिमामय रहा शिप्रा तीर्थ परिक्रमा का समापन समारोह

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि सिंहस्थ : 2028 में 30 किलोमीटर से अधिक लंबाई में निर्मित शिप्रा के घाट श्रद्धालुओं को पुण्य स्नान का लाभ देंगे। मां शिप्रा के स्वच्छ जल की उपलब्धता आयोजन को पावन बनाएगी। लगभग छह दशक बाद यह संभव होगा जब श्रद्धालु सिर्फ माँ शिप्रा के प्रवाहमान जल से सिंहस्थ के लिए पहुंचकर स्नान कर सकेंगे। गत सिंहस्थ : 2016 में माँ नर्मदा के जल से स्नान की सुविधा प्राप्त होने के बावजूद श्रद्धालुओं ने कामना की थी कि मां शिप्रा का जल पूरी तरह से प्रवाहित हो और स्नान लाभ ले सकें। श्रद्धालुओं की आकांक्षा को पूर्ण करने के लिए राज्य सरकार ने आवश्यक व्यवस्थाएं की हैं। बाबा महाकाल और संतों के आशीर्वाद से श्रेष्ठ प्रबंध कर हम सिंहस्थ: 2028 को यादगार बनाएंगे। सिंहस्थ के आयोजन से नए कीर्तिमान बनेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शिप्रा तीर्थ परिक्रमा के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मां शिप्रा के आशीर्वाद से समारोह में अद्भुत दृश्य देखने को मिल रहे हैं। दीपामलिकाएं देखकर लगता है जैसे दीप पर्व आ गया हो। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कामना की कि सभी को यश प्राप्त हो। त्रिवेणी से सिद्धनाथ तक शिप्रा जी के घाट पवित्र माने जाते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सिंहस्थ की दृष्टि से अनेक कार्य संचालित हैं, जो सिंहस्थ के आयोजन को श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक बनाने का कार्य करेंगे। भारत की मेलजोल की उत्कृष्ट परम्परा मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में विकास के साथ विरासत का संरक्षण भी हो रहा है। हाल ही में हुए न्यायालय के निर्णय भी परिपालन की दृष्टि से स्वर्णकाल का आभास करवाते हैं। देश के नागरिक सभी निर्णयों पर भरोसा करते हुए परस्पर सहयोग और समरसता का परिचय दे रहे हैं। अयोध्या में भगवान राम के मंदिर के भूमि-पूजन और लोकार्पण में ऐसे सभी लोग उपस्थित हुए जिन्होंने मंदिर के संबंध में वर्षों तक न्यायालय में मुकदमा लड़ा। हमारे देश में मेलजोल की उत्कृष्ट परम्परा है। राजभोज का उज्जैन से लेकर भोपाल तक संबंध मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राजाभोज का उज्जैन से लेकर भोपाल तक संबंध है। धार में भोजशाला में मां वागदेवी की प्रतिमा स्थापित होगी। न्यायालय के निर्णय के बाद यह मार्ग प्रशस्त हुआ है। प्रधानमंत्री  मोदी का शासन काल सम्राट विक्रमादित्य के शासन काल की याद दिलवाता है, जिसमें प्रत्येक नागरिक का हित सर्वोपरि रहा। जल गंगा संवर्धन अभियान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार ने तीन माह से अधिक अवधि के जल गंगा संवर्धन अभियान में कुओं- तालाबों, नदियों, पोखर, जलाशय और अन्य जल संरचनाओं के संरक्षण संवर्धन के कार्यों का संचालन किया है। इसमें जनता की भागीदारी भी हो रही है। मध्यप्रदेश नदी जोड़ो अभियान के क्रियान्वयन में अग्रणी बना है। समारोह में दरभंगा से कार्यक्रम प्रस्तुति के लिए आई गायिका और बिहार विधानसभा की सदस्य सु मैथिली ठाकुर ने भजन प्रस्तुत किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सांस्कृतिक कार्यक्रम से पूर्व सु ठाकुर का मध्यप्रदेश आगमन पर स्वागत किया।  

06 घंटे में नाबालिग आदिवासी बालिका के अपहरण का खुलासा कर बालिका को सकुशल दस्तोयाब किया

भोपाल  अशोकनगर पुलिस ने तत्परता, संवेदनशीलता एवं पेशेवर दक्षता का परिचय देते हुए मात्र 06 घंटे के भीतर नाबालिग आदिवासी बालिका के अपहरण का सफलतापूर्वक पर्दाफाश कर बालिका को सकुशल दस्तयाब किया। साथ ही घटना में प्रयुक्त वाहन, एक महिला आरोपी सहित चार आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया है। उल्लेखनीय है कि 23 मई को प्रातः लगभग 05:00 बजे 17 वर्षीय नाबालिग बालिका घर से बाहर शौच हेतु निकली थी, तभी पूर्व से घात लगाए बैठे आरोपियों द्वारा उसे जबरन वाहन में बैठाकर अपहरण कर लिया गया। सूचना प्राप्त होते ही पुलिस अधीक्षक अशोकनगर राजीव कुमार मिश्रा के निर्देशन में तीन विशेष संयुक्त टीमों का गठन कर तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन प्रारंभ किया गया। एक टीम द्वारा तकनीकी संसाधनों के माध्यम से लगातार विश्लेषण किया गया, जबकि अन्य टीमों द्वारा स्थानीय मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर क्षेत्र के विभिन्न मार्गों, होटल, ढाबों, बस स्टैंड एवं रेलवे स्टेशन आदि पर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। तकनीकी एवं मैदानी इनपुट के आधार पर आरोपियों के राजगढ़ जिले की ओर जाने की जानकारी प्राप्त होने पर पुलिस की संयुक्त टीमें तत्काल रवाना हुईं। पुलिस टीम द्वारा ब्यावरा के समीप घटना में प्रयुक्त वाहन सहित महिला आरोपी गुड्डी बाई गुर्जर, नीरज जोगी एवं प्रेम गुर्जर को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के दौरान आरोपियों द्वारा नाबालिग बालिका एवं एक अन्य आरोपी को नजीराबाद क्षेत्र में छोड़ने की जानकारी दी गई। इसके बाद पुलिस की संयुक्त टीमों द्वारा नजीराबाद क्षेत्र में घेराबंदी कर आरोपी लखन गुर्जर को गिरफ्तार करते हुए नाबालिग बालिका को सकुशल मुक्त कराया गया। प्रकरण में जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि पीड़िता की सगी बुआ द्वारा ही 1 लाख रुपये में बालिका का सौदा आरोपी गुड्डी बाई गुर्जर से किया गया था। उक्त सौदे के तहत आरोपी गुड्डी बाई गुर्जर ने अपने भाई लखन गुर्जर, प्रेम सिंह गुर्जर एवं नीरज जोगी के साथ मिलकर पूरी वारदात की साजिश रचकर घटना को अंजाम दिया। पुलिस द्वारा पीड़िता की सगी बुआ को भी प्रकरण में आरोपी बनाया गया है। ईसागढ़ पुलिस द्वारा अपहृत नाबालिग आदिवासी बालिका को सकुशल मुक्त कराकर वन स्टॉप सेंटर में सुरक्षित रखवाया गया है।