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शूटिंग के दिग्गज आज दिखाएंगे कमाल, नेशनल ट्रायल्स दिल्ली में शुरू

नई दिल्ली भारतीय घरेलू शूटिंग सीजन सोमवार को शुरू होने जा रहा है। दिल्ली स्थित डॉ. करणी सिंह शूटिंग रेंज में 19 से 25 जनवरी तक नेशनल सिलेक्शन ट्रायल्स होंगे। इसमें देश के टॉप राइफल और पिस्टल शूटर शामिल होंगे। पुरुषों और महिलाओं के लिए खास 50 मीटर राइफल प्रोन इवेंट होंगे। पहले दिन दो टी1 प्रोन फाइनल होंगे। पुरुषों के 25 मीटर रैपिड-फायर पिस्टल टी1 क्वालिफिकेशन का पहला दिन होगा। पुरुषों के रैपिड-फायर पिस्टल इवेंट में सबसे कम प्रतिभागी हैं, जिसमें ओलंपियन और वर्ल्ड चैंपियनशिप सिल्वर मेडलिस्ट अनीश भानवाला सहित भारत के लगभग एक दर्जन टॉप प्रतियोगी शामिल हैं। डॉ. करणी सिंह शूटिंग रेंज में हिस्सा लेने वाले अन्य टॉप शूटरों में पुरुषों के 10 मीटर एयर पिस्टल में मौजूदा वर्ल्ड चैंपियन सम्राट राणा, डबल ओलंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट मनु भाकर और उनके साथी पेरिस ओलंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट स्वप्निल कुसाले और सरबजोत सिंह, जो पुरुषों के एयर पिस्टल प्रतियोगिता में भी हिस्सा ले रहे हैं, शामिल होंगे। पूर्व मिक्स्ड टीम वर्ल्ड चैंपियन और पिछले साल की व्यक्तिगत वर्ल्ड चैंपियनशिप ब्रॉन्ज मेडलिस्ट ईशा सिंह, मनु भाकर के साथ महिलाओं के दोनों पिस्टल इवेंट्स में हिस्सा लेंगी। इसके अलावा, 10 मीटर एयर राइफल के पूर्व वर्ल्ड चैंपियन रुद्रांक्ष बालासाहेब पाटिल पुरुषों के दोनों राइफल इवेंट्स में हिस्सा लेंगे। वर्ल्ड चैंपियनशिप मेडलिस्ट अंजुम मौदगिल, मेहुली घोष और अखिल श्योरान के अलावा, प्रतिभागी महिलाएं एयर राइफल और 3पी इवेंट्स में भी हिस्सा लेंगी। इसमें वर्ल्ड नंबर दो और वर्ल्ड कप फाइनल की विजेता सुरुचि फोगाट एयर पिस्टल इवेंट ट्रायल्स का मुख्य आकर्षण रहेंगी। नेशनल ट्रायल्स में ग्रुप A के नए खिलाड़ी शामिल होंगे जिन्होंने हाल ही में अच्छा प्रदर्शन किया है और एलीट लेवल पर पहुंचे हैं। पुरुषों के पिस्टल इवेंट में जोनाथन गेविन एंटनी, पुरुषों और महिलाओं के 3पी में क्रमशः एड्रियन कर्माकर और मोहित संधू और पुरुषों के रैपिड फायर पिस्टल में सूरज शर्मा जैसे प्रतियोगियों से अनुभवी सितारों को चुनौती देने की उम्मीद है। अनुभवी निशानेबाजों में, ओलंपियन और पूर्व एशियाई खेलों की चैंपियन रही सरनोबत महिलाओं के दोनों पिस्टल इवेंट्स में हिस्सा लेंगी। उनके साथ एशियाई खेलों में कांस्य पदक विजेता ओएनजीसी की श्वेता सिंह भी रहेंगी। इसके अलावा नौसेना के ओमकार सिंह और गुजरात की लज्जा गोस्वामी जैसे जाने-माने एथलीट भी होंगे, जो दो दशकों से भारत और जूनियर इंडिया टीमों का हिस्सा रहे हैं और इस खेल में प्रमुख बने हुए हैं। नए साल के पहले हफ्ते में 68वीं नेशनल शूटिंग चैंपियनशिप प्रतियोगिता खत्म होने के साथ ही टॉप निशानेबाज, खासकर वे जो स्कोर के मामले में नेशनल में जगह नहीं बना पाए, वे मजबूत वापसी करने की कोशिश करेंगे, क्योंकि इंटरनेशनल सीजन मार्च में खत्म होकर फिर अप्रैल में शुरू होगा और भारतीय टीम में जगह बनाने की होड़ तेज हो जाएगी। 2026 की पहली नेशनल टीम के लिए क्वालिफाई करने के लिए शुरुआती दो ट्रायल्स के स्कोर जरूरी हैं। टॉप निशानेबाज अपने कौशल का आकलन करने और सुधार के क्षेत्रों की पहचान करने के लिए शुरुआती प्रमुख इंटरनेशनल इवेंट्स में प्रतिस्पर्धा करना चाहेंगे। यह तैयारी साल के दूसरे व्यस्त हिस्से से पहले महत्वपूर्ण है, जिसमें एशियाई खेल और विश्व चैंपियनशिप शामिल हैं।

किंग कोहली का नया रिकॉर्ड: 85वें शतक के साथ रिकी पोंटिंग को पछाड़ा

इंदौर इंदौर के होलकर स्टेडियम में विराट कोहली ने वनडे करियर का 54वां और इंटरनेशनल करियर का 85वां शतक जड़ दिया। इस शतक की बदौलत उन्होंने रिकी पोंटिंग का एक बड़ा रिकॉर्ड भी ध्वस्त कर दिया। वह न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए। कोहली ने 92 गेंदों में अपना शतक पूरा किया। इस दौरान उन्होंने अपनी पारी में 8 चौके और 2 छक्के लगाए। वीरेंद्र सहवाग और रिकी पोंटिंग ने न्यूजीलैंड के खिलाफ 6-6 शतक लगाए हैं। इंदौर में खेले गए तीसरे वनडे में कोहली तीसरे वनडे में कोहली ने शतक जड़ इन दोनों को पीछे छोड़ दिया। अब न्यूजीलैंड के खिलाफ विराट कोहली के वनडे में कुल 7 शतक हो गए हैं। इस लिस्ट में सचिन तेंदुलकर और सनथ जयसूर्या भी शामिल हैं, जिनके नाम 5-5 शतक दर्ज हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ सबसे ज्यादा वनडे शतक     7 – विराट कोहली (36 पारी)*     6 – रिकी पोंटिंग (50 पारी)     6 – वीरेंद्र सहवाग (23 पारी)     5 – सचिन तेंदुलकर (41 पारी)     5 – सनथ जयसूर्या (45 पारी)   शतकों की बात की जाए तो विराट कोहली वनडे क्रिकेट इतिहास में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज हैं। उन्होंने अब तक 54 शतक अपने नाम किए हैं। विराट कोहली ने टेस्ट क्रिकेट में 30 शतक लगाए हैं, जबकि टी20 फॉर्मेट में उनके नाम एक शतक दर्ज है। विराट कोहली अब तक वनडे क्रिकेट में 14,800 से ज्यादा रन बना चुके हैं। इस फॉर्मेट में उनका औसत लगभग 60 का है, जबकि स्ट्राइक रेट 94 के आसपास रहा है। कोहली वनडे क्रिकेट में 170 छक्के भी जड़ चुके हैं। साल 2008 में श्रीलंका के खिलाफ डेब्यू करने वाले विराट कोहली अब तक भारत के लिए 312 वनडे मैच खेल चुके हैं। इनमें से 300 पारियों में उन्होंने बल्लेबाजी की है और इस दौरान वह 48 बार नाबाद भी रहे हैं। विराट कोहली 18 बार वनडे क्रिकेट में शून्य पर आउट हो चुके हैं। उनके नाम वनडे क्रिकेट में 78 अर्धशतक भी दर्ज हैं। विराट कोहली का वनडे क्रिकेट में सर्वोच्च स्कोर 183 रन है, जो उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ बनाया था।

साई ने 26 खेलों में 323 सहायक कोच पद के लिए मांगे आवेदन

नई दिल्ली स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (साई) ने कोचिंग और एथलीट सपोर्ट में भारत के मानव संसाधन को मजबूत करने के लिए कई खेलों में नियमित तौर पर सहायक कोच की सीधी भर्ती प्रक्रिया की शुरुआत की है। इसके तहत साई ने शुक्रवार को 26 खेलों में 323 सहायक कोच के पदों को भरने के लिए योग्य भारतीय नागरिकों से आवेदन मांगे। युवा मामले और खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म लिंक्डइन पर लिखा, "कोई भी कोच जो सबसे ऊंचे लेवल पर आगे बढ़ना, योगदान देना और बेहतरीन प्रदर्शन करना चाहता है, उसके लिए साई से बेहतर कोई संस्थान नहीं है।" उन्होंने लिखा, "यह एक बेमिसाल इकोसिस्टम देता है जहां कोचिंग को स्पोर्ट्स साइंस, हाई-परफॉर्मेंस इंफ्रास्ट्रक्चर, लगातार कैपेसिटी बिल्डिंग, और राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शीर्ष एथलीटों के संपर्क से सपोर्ट मिलता है।" असिस्टेंट कोच का पद कोच कैडर के ग्रुप 'बी' में एंट्री-लेवल का रोल है। सहायक कोच को अलग-अलग क्षेत्रीय केंद्रों, नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, या पूरे भारत में प्रशिक्षण केंद्रों पर नियुक्त किया जाएगा। उन्हें लेवल 6 के अनुसार सैलरी और भत्ते मिलेंगे। साई ने जिन कैटेगरी में सहायक कोच पद के लिए आवेदन मांगे हैं, वे एथलेटिक्स (28), आर्चरी (12), बैडमिंटन (16), बास्केटबॉल (12), मुक्केबाजी (19), कैनोइंग (7), साइकिलिंग (12), फेंसिंग (11), फील्ड हॉकी (13), फुटबॉल (12), जिम्नास्टिक (12), हैंडबॉल (6), जूडो (6), कबड्डी (6), खो-खो (2), रोइंग (11), सेपक टकराव (3), निशानेबाजी (28), तैराकी (26), टेबल टेनिस (14), ताइक्वांडो (11), टेनिस (8), वॉलीबॉल (10), वेटलिफ्टिंग (10), रेसलिंग (22), और वुशु (6) हैं। पदों की नियुक्ति में भारत सरकार की आरक्षण नीति लागू होगी। हर कैटेगरी में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण शामिल है। जरूरी योग्यता या तो साई एनएसएनआईएस, पटियाला, या किसी दूसरी मान्यता प्राप्त भारतीय या विदेशी यूनिवर्सिटी से डिप्लोमा या उसके बराबर का कोचिंग सर्टिफिकेट है। इसके अलावा, जिन कैंडिडेट ने ओलंपिक, पैरालिंपिक, एशियन गेम्स, या वर्ल्ड चैंपियनशिप में हिस्सा लिया है, और जिनके पास संबंधित कोचिंग सर्टिफिकेट है, वे भी सक्षम हैं। कोच की चयन प्रक्रिया दो आधार पर होगी। पहली ऑनलाइन कंप्यूटर-आधारित लिखित परीक्षा होगी और इसके बाद एक कोचिंग दक्षता टेस्ट होगा। साई भर्ती नियमों के अनुसार, कैंडिडेट ग्रुप ए में अगले ग्रेड में प्रमोशन के लिए योग्य हैं। इसमें कोच, सीनियर कोच, मुख्य कोच और बाद में हाई-परफॉर्मेंस कोच शामिल हैं। चुने गए कैंडिडेट को पूरे भारत में कहीं भी नियुक्त किया जा सकता है। उनके अनुभव को पूरे भारत में मान्यता दी जाएगी।

आज से अगले 5 महीने तक रोहित और कोहली नहीं खेलेंगे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट, वजह खुली

नई दिल्ली इंदौर में आज यानी रविवार 18 जनवरी को जब भारतीय टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ 3 मैचों की वनडे इंटरनेशनल सीरीज का आखिरी मुकाबला खेलने उतरेगी तो सभी की निगाहें एक बार फिर से रोहित शर्मा और विराट कोहली पर टिकी होंगी। ऐसा इसलिए है, क्योंकि अगले 5 महीने तक रो-को यानी रोहित और कोहली एक साथ एक टीम के लिए क्रिकेट खेलते हुए आपको मैदान पर नजर नहीं आएंगे। अगर आप भी इन दो महान खिलाड़ियों के फैन हैं तो इसके पीछे की वजह भी जान लीजिए कि आखिर क्यों दोनों 5 महीने तक इंटरनेशनल क्रिकेट से दूर रहने वाले हैं। दरअसल, रोहित शर्मा और विराट कोहली इस समय सिर्फ वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में एक्टिव हैं। टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट वे जून 2024 में टी20 वर्ल्ड कप फाइनल जीतने के बाद अलविदा कह चुके हैं, जबकि टेस्ट क्रिकेट को उन्होंने आईपीएल 2025 के दौरान अलविदा कह दिया था। ऐसे में सिर्फ एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट ही विराट कोहली और रोहित शर्मा साथ में खेल रहे हैं। चूंकि, आज यानी 18 जनवरी को न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाला मैच भारतीय क्रिकेट टीम का वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में जून के मध्य तक आखिरी वनडे इंटरनेशनल मैच है तो विराट और रोहित का भी ये अगले 5 महीने के लिए आखिरी इंटरनेशनल मैच होगा। टीम इंडिया इसके बाद टी20 सीरीज खेलेगी और फिर टी20 वर्ल्ड कप खेलेगी, जहां दोनों खेल नहीं सकते हैं। वहीं, इसके बाद टीम इंडिया के सभी खिलाड़ी आईपीएल 2026 में व्यस्त हो जाएंगे, जो मई के आखिर तक चलेगा। आईपीएल में विराट कोहली और रोहित शर्मा खेलेंगे, लेकिन दोनों अलग-अलग टीमों का हिस्सा हैं तो साथ में एक टीम में नजर नहीं आएंगे। हालांकि, जब मुंबई इंडियंस वर्सेस रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु मैच होगा तो साथ में एक ही मैदान पर आपको जरूर मिल सकते हैं। टीम इंडिया की अगली वनडे सीरीज अब जून के तीसरे सप्ताह में शुरू होगी, जो अफगानिस्तान के खिलाफ 3 मैचों की वनडे सीरीज है। उस सीरीज में फिर से इन दोनों दिग्गजों को हम साथ में देखेंगे। इसके बाद फिर वनडे विश्व कप 2027 तक ये दोनों खिलाड़ी करीब दो दर्जन इंटरनेशनल मैच खेल सकते हैं।  

पाकिस्तान के खिलाड़ियों और अधिकारियों के भारत वीजा मामले में नई जानकारी, टी20 वर्ल्ड कप में होगी भागीदारी तय?

नई दिल्ली अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने भारत में होने वाले T20 वर्ल्ड कप में भाग लेने वाले पाकिस्तान मूल के सभी 42 खिलाड़ियों और अधिकारियों के लिए वीजा संबंधी औपचारिकताओं को सुविधाजनक बनाने के लिए कदम उठाया है। इंग्लैंड की टीम में पाकिस्तानी मूल के क्रिकेटरों में स्पिनर आदिल राशिद, रेहान अहमद और तेज गेंदबाज साकिब महमूद शामिल हैं। अमेरिका की टीम में अली खान और शायन जहांगीर तथा नीदरलैंड की टीम में जुल्फिकार साकिब जैसे पाकिस्तानी मूल के कुछ खिलाड़ी शामिल हैं।   पीटीआई को पता चला है कि इंग्लैंड के खिलाड़ियों राशिद, रेहान और साकिब के वीजा आवेदन पहले ही मंजूर किए जा चुके हैं। नीदरलैंड की टीम के सदस्यों और कनाडा के सहयोगी स्टाफ के सदस्य शाह सलीम जफर को भी वीजा मिल चुका है। संयुक्त अरब अमीरात, अमेरिका, इटली, बांग्लादेश और कनाडा की टीम में शामिल पाकिस्तानी राष्ट्रीयता या पाकिस्तानी मूल के खिलाड़ियों और अधिकारियों के लिए वीजा उपलब्ध कराने की प्रक्रिया चल रही है। इन टीमों के लिए वीजा उपलब्ध कराने के लिए जरूरी कार्यवाही के लिए अगले सप्ताह की तिथि नियत कर दी गई है जिससे संकेत मिलता है कि प्रक्रिया अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। प्रतिभागियों के लिए वीजा जारी करने की अंतिम तिथि 31 जनवरी है। सहयोगी और पूर्ण सदस्य देशों में पाकिस्तानी मूल के खिलाड़ियों के प्रतिनिधित्व को देखते हुए इस प्रक्रिया में तेजी को एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है। आईसीसी की इस प्रक्रिया में कई टीमों के क्रिकेटर, अधिकारी और स्टैंडबाय खिलाड़ी शामिल हैं, जिससे पता चलता है कि वर्ल्ड क्रिकेट की सर्वोच्च संस्था अंतिम समय में होने वाली किसी तरह की जटिलता से बचना चाहती है। आईसीसी इसके लिए विभिन्न देशों के कई शहरों में स्थित भारतीय उच्चायोगों के साथ लगातार संपर्क में है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सभी खिलाड़ियों और अधिकारियों के वीजा आवेदनों को बिना किसी अड़चन के निपटाया जाए। आईसीसी को आश्वासन मिला है कि लंबित मामलों को निर्धारित समय सीमा के भीतर सुचारू रूप से निपटाया जाएगा। टी20 विश्व कप सात फरवरी से शुरू होगा और आईसीसी को विश्वास है कि तब तक सभी तरह की प्रक्रियाएं पूरी कर ली जाएंगी। पाकिस्तान मूल के भारतीय वीजा आवेदकों की गहन जांच की जा रही है और इसलिए प्रक्रिया में सामान्य से अधिक समय लग रहा है।  

सीरीज का तीसरा मैच: इंदौर वनडे में अर्शदीप के बाद हर्षित का कहर, न्यूजीलैंड के दोनों ओपनर ढेर

इंदौर भारत और न्यूजीलैंड के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का तीसरा और निर्णायक मुकाबला इंदौर को होलकर स्टेडियम में खेला जा रहा है। भारतीय टीम के कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर गेंदबाजी करने का फैसला किया। भारत की शुरुआत अच्छी रही है। टीम में एक बदलाव भी देखने को मिला है। प्रसिद्ध कृष्णा की जगह अर्शदीप सिंह को चुना गया है। न्यूजीलैंड की टीम में कोई बदलाव नहीं हुआ है। भारतीय टीम ने वडोदरा में सीरीज का पहला मैच जीता था, लेकिन राजकोट में दूसरे मुकाबले में न्यूजीलैंड की टीम ने दमदार वापसी करते हुए सीरीज बराबर की। भारतीय टीम मार्च 2019 के बाद अपने घरेलू मैदान पर कोई द्विपक्षीय वनडे सीरीज नहीं हारी है। ऑस्ट्रेलिया ने उस समय 0-2 से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए भारत को 3-2 से हराया था। ऐसे में इस रिकॉर्ड को बरकरार रखने के लिए शुभमन गिल के नेतृत्व वाली टीम को मैच में तीनों विभाग में अच्छा प्रदर्शन करना होगा। कॉनवे बने हर्षित का शिकार डेवन कॉनवे को हर्षित राणा ने पवेलियन भेज दिया। हर्षित राणा ने रोहित शर्मा के हाथों डेवन कॉनवे को आउट किया। इस तरह दोनों ओपनर 7 गेंदों के भीतर पवेलियन लौट गए। हेनरी निकोलस को अर्शदीप ने बोल्ड किया हेनरी निकोलस को पहले ही ओवर में अर्शदीप सिंह ने क्लीन बोल्ड कर दिया। वे पहली गेंद का सामना कर रहे थे और पवेलियन लौट गए। भारत का खाता पहले ही ओवर में खुल गया।

इंदौर में टीम इंडिया ने जीता टॉस, कीवी टीम के सामने लिया अहम निर्णय

इंदौर भारत और न्यूजीलैंड के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का तीसरा और निर्णायक मुकाबला इंदौर को होलकर स्टेडियम में खेला जा रहा है। भारतीय टीम के कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर गेंदबाजी करने का फैसला किया है। टीम में एक बदलाव भी देखने को मिला है। प्रसिद्ध कृष्णा की जगह अर्शदीप सिंह को चुना गया है। न्यूजीलैंड की टीम में कोई बदलाव नहीं हुआ है। भारतीय टीम ने वडोदरा में सीरीज का पहला मैच जीता था, लेकिन राजकोट में दूसरे मुकाबले में न्यूजीलैंड की टीम ने दमदार वापसी करते हुए सीरीज बराबर की। भारतीय टीम मार्च 2019 के बाद अपने घरेलू मैदान पर कोई द्विपक्षीय वनडे सीरीज नहीं हारी है। ऑस्ट्रेलिया ने उस समय 0-2 से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए भारत को 3-2 से हराया था। ऐसे में इस रिकॉर्ड को बरकरार रखने के लिए शुभमन गिल के नेतृत्व वाली टीम को मैच में तीनों विभाग में अच्छा प्रदर्शन करना होगा। भारतीय टीम के लिए चुनौती न्यूजीलैंड, स्पिनरों के खिलाफ मिडिल ओवर (11-40) फेज में फुल-मेंबर टीमों में सबसे अच्छी बैटिंग साइड रही है, जिसमें उन्होंने सबसे कम विकेट गंवाए, उनका बैटिंग एवरेज सबसे अच्छा है, उनका रन रेट (इंग्लैंड के बाद) दूसरा सबसे अच्छा है, और इस वर्ल्ड कप साइकिल में उन्होंने सबसे कम डॉट परसेंटेज खेला है।

इंदौर का होलकर स्टेडियम: 20 साल में 7 मैचों में 7 जीत, न्यूजीलैंड के खिलाफ टीम इंडिया की अपराजेय फॉर्म

इंदौर  साल 2006 से लेकर 2023 के बीच इंदौर के होलकर स्टेड‍ियम में कुल 7 वनडे मुकाबले हुए हैं. अब एक और मुकाबला होना है, जो रव‍िवार (18 जनवरी 2026) को है. भारत और न्यूजीलैंड के बीच यह मुकाबला 'ड‍िसाइडर वनडे' है. क्योंकि जो भी टीम जीती वो सीरीज अपने नाम करेगी. लेकिन इंदौर का यह मैदान भारतीय टीम के ल‍िए 20 सालों के दरम्यान सुपरलकी रहा है. वजह यह है कि भारतीय टीम कभी भी यहां कोई वनडे मुकाबला नहीं हारी है. यानी यहां टीम इंड‍िया का क‍िला अभेद्य है. कुल मिलाकर यहां हमारी टीम का राज चलता है. 3 वनडे मैचों की सीरीज में वडोदरा में भारतीय टीम 4 विकेट से जीती, इसके बाद राजकोट में न्यूजीलैंड की टीम ने 7 विकेट से जीत दर्ज की. अब सीरीज 1-1 से बराबर है. यानी अब अब सब कुछ रव‍िवार को तय हो जाएगा.  इत‍िहास के पन्ने खंगाले जाएं तो इंदौर का होलकर क्रिकेट स्टेडियम भारतीय क्रिकेट टीम के लिए हमेशा से लकी वेन्यू साबित हुआ है. यहां खेले गए वनडे मुकाबलों में भारत ने अब तक एक भी मैच नहीं हारा है. साल 2006 से लेकर 2023 तक यहां कुल 7 वनडे मैच खेले गए, और सभी में टीम इंडिया को जीत मिली. इस शानदार सिलसिले की शुरुआत 15 अप्रैल 2006 को इंग्लैंड के खिलाफ हुई, जब भारत ने 7 विकेट से मुकाबला अपने नाम किया. इसके बाद 2008 में इंग्लैंड को ही 54 रन से हराया गया. साल 2011 में वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत ने 153 रन की बड़ी जीत दर्ज की, जो इस मैदान पर अब तक की सबसे बड़ी जीतों (रनों के ल‍िहाज) से एक है. 2015 में साउथ अफ्रीका जैसी मजबूत टीम को भी भारत ने 22 रन से शिकस्त दी. 2017 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 5 विकेट से जीत दर्ज की गई, जबकि 2023 में न्यूजीलैंड को 90 रन से हराकर भारतीय टीम ने अपनी दबदबा कायम रखा. इस मैदान पर सबसे हालिया मुकाबला भारतीय टीम ने 24 सितंबर 2023 को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला था, जिसमें भारत ने 99 रन से शानदार जीत हासिल की. इस मैच में भारतीय बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों ने दमदार प्रदर्शन किया. भारत ने यहां 5 मुकाबले पहले बल्लेबाजी करते हुए तो 2 मुकाबले रनचेज करते हुए जीते हैं. यही वजह है कि इंदौर का यह मैदान टीम इंडिया के लिए एक “अटूट क‍िला” बन चुका है. इंदौर में हुए वनडे मुकाबलों में भारतीय टीम कप प्रदर्शन      24 सितंबर 2023 : भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 99 रन से हराया (ODI -4654)     24 जनवरी 2023 : भारत ने न्यूज़ीलैंड को 90 रन से हराया (ODI -4511)     24 सितंबर 2017 : भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेट से रौंदा (ODI -3914)     14 अक्टूबर 2015 : भारत ने साउथ अफ्रीका को 22 रन से हराया (ODI -3692)     8 दिसंबर 2011 : भारत ने वेस्टइंडीज को 153 रन से रौंदा (ODI -3223)     17 नवंबर 2008 : भारत ने इंग्लैंड को 54 रन से दी श‍िकस्त (ODI -2777)     15 अप्रैल 2006 : भारत ने इंग्लैंड को 7 विकेट से हराया (ODI -2362) इंदौर में वनडे में सबसे ज्यादा रन किसने बनाए?  इंदौर के होलकर स्टेड‍ियम में वनडे में सबसे ज्यादा रन वीरेंद्र सहवाग के नाम है. उन्होंने 2 मैचों में 220 रन बनाए हैं, इसमें उनका रिकॉर्ड 219 रन वाला दोहरा शतक भी शामिल हैं. मौजूदा वनडे कप्तान शुभमन गिल का बल्ला भी यहां गरजा है और उन्होंने 2 मैचों में 216 रन बनाए हैं, दोनों ही बार उनका शतक आया है. रोहित शर्मा ने यहां 5 मैचों की 5 पार‍ियों में 205 रन बनाए हैं, इसमें उनका एक शतक शामिल है. वहीं न्यूजीलैंड के डेवॉन कॉन्वे ने यहां एक मुकाबला खेला है, जिसमें उन्होंने 138 रन बनाए हैं.  श्रेयस अय्यर ने भी यहां एक मैच खेला है और शतक जड़ते हुए 105 रन बनाए हैं. विराट कोहली के आंकड़ें यहां चिंताजनक हैं, उन्होंने यहां 4 मुकाबलों में महज 99 रन बनाए हैं, ऐसे में वो इस रिकॉर्ड को सही करना चाहेंगे.  इंदौर के होलकर स्टेड‍ियम से जुड़े द‍िलचस्प आंकड़े  -एस श्रीसंत का सर्वश्रेष्ठ वनडे गेंदबाजी प्रदर्शन 6/55 यहीं आया था.  -इस मैदान पर एक पारी में सबसे बड़ा स्कोर 418/5 है. जो साल 2011 में भारत ने वेस्टइंडीज के ख‍िलाफ बनाया. यही भारत का वनडे में सर्वश्रेष्ठ टीम स्कोर है.  – इस मैदान पर किसी टीम का सबसे कम स्कोर 217 है, जो ऑस्ट्रेल‍िया ने साल 2023 में बनाया था.  भारत vs न्यूजीलैंड H2H कुल ODI मैच: 122      भारत ने जीते: 63     न्यूजीलैंड ने जीते: 51  बेनतीजा: 7 टाई: 1 भारत vs न्यूजीलैंड H2H (भारत में)  कुल ODI मैच: 42 भारत ने जीते: 32     न्यूजीलैंड ने जीते: 9     बेनतीजा: 1 भारत vs न्यूजीलैंड ODI सीरीज का शेड्यूल  11 जनवरी: पहला वनडे, वडोदरा (भारत 4 विकेट से जीता)  14 जनवरी: दूसरा वनडे, राजकोट (न्यूजीलैंड 7 विकेट से जीता) 18 जनवरी: तीसरा वनडे, इंदौर 

श्रेयस अय्यर का टी20 टीम में अचानक चयन, जानिए इसके पीछे के 3 कारण

नई दिल्ली भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई ने शुक्रवार, 16 जनवरी को इंडिया वर्सेस न्यूजीलैंड टी20 सीरीज के स्क्वॉड में कुछ बदलाव की घोषणा की। वॉशिंगटन सुंदर चोट के चलते पूरी सीरीज से बाहर हो गए हैं, जिसकी वजह से रवि बिश्नोई को चुना गया है। वहीं तिलक वर्मा सर्जरी के चलते 5 मैच की इस सीरीज के पहले तीन मैचों में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। उनकी जगह न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के पहले तीन मुकाबलों के लिए श्रेयस अय्यर को चुना गया है। श्रेयस अय्यर का नाम थोड़ा हैरान कर देने वाला है क्योंकि उन्होंने भारत के लिए आखिरी टी20 मैच 2023 में खेला था। ऐसे में अचानक उनकी टीम इंडिया में एंट्री कैसे हुई। पहला कारण– चयनकर्ता और टीम मैनेजमेंट ने श्रेयस अय्यर को एक लीडर के रूप में देखना शुरू कर दिया है। उन्हें वनडे टीम का उप-कप्तान बनाया गया है। अय्यर का आईपीएल और डोमेस्टिक क्रिकेट में बतौर कप्तान रिकॉर्ड काफी शानदार रहा है। ऐसे में अगर अय्यर टी20 सेटअप में भी अपनी जगह बना लेते हैं तो टीम को इससे फायदा मिलेगा। फिलहाल टी20 टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव और उप-कप्तान अक्षर पटेल हैं। सूर्या 35 साल के हैं और इस टी20 वर्ल्ड कप के बाद भारत नए लीडर की तरफ अपने कदम बढ़ा सकता है। ऐसे में अय्यर एक बेहतरीन विकल्प हैं। दूसरा कारण– तिलक वर्मा की गैरमौजूदगी का असर भारत के मिडिल ऑर्डर पर पड़ता। ऐसे में श्रेयस अय्यर उनके लाइक टू लाइक रिप्लेसमेंट साबित हो सकते हैं। अय्यर मिडिल ऑर्डर में ही बल्लेबाजी करते हैं, उन्हें नंबर-3 और 4 पर बैटिंग करने का अच्छा खासा अनुभव है। तिलक वर्मा के बैकअप के रूप में भी भारत श्रेयस अय्यर को तैयार कर सकता है। अगर किसी कारण की वजह से तिलक वर्मा टी20 वर्ल्ड कप तक पूरी तरह फिट नहीं हो पाते तो बीसीसीआई श्रेयस अय्यर को उनकी जगह स्क्वॉड में चुन सकता है। तीसरा कारण– श्रेयस अय्यर इस समय गजब की फॉर्म में हैं, चाहे फॉर्मेट वनडे का हो या टी20 का। डोमेस्टिक से लेकर नेशनल लेवल तक वह लगातार रन बना रहे हैं। आईपीएल 2025 में भी उनकी फॉर्म गजब की रही थी। उनकी अगुवाई में पंजाब किंग्स फाइनल तक पहुंचा था। श्रेयस अय्यर ने पिछले आईपीएल सीजन में 50 से अधिक की औसत से 604 रन बनाए थे। न्यूजीलैंड के खिलाफ भारतीय टी20 टीम- सूर्यकुमार यादव (C), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (WK), हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, अक्षर पटेल (VC), रिंकू सिंह, जसप्रीत बुमराह, हर्षित राणा, अर्शदीप सिंह, कुलदीप यादव, वरुण चक्रवर्ती, इशान किशन (WK), रवि बिश्नोई, श्रेयस अय्यर (पहले तीन T20I)।

वैभव सूर्यवंशी ने यूथ ODI में किया रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन, कोहली को पीछे छोड़ा

 बुलावायो वैभव सूर्यवंशी क्रिकेट के मैदान पर लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं. 14 साल के वैभव फिलहाल आईसीसी पुरुष अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं. वैभव ने 17 जनवरी (शनिवार) को बुलावायो में बांग्लादेश के खिलाफ मुकाबले में जबरदस्त बैटिंग करते हुए 72 रन बनाए. वैभव ने 67 गेंदों की पारी में 6 चौके और तीन छक्के लगाए. वैभव को तेज गेंदबाज इकबाल हुसैन इमोन ने आउट किया. इस इनिग्स के दौरान वैभव सूर्यवंशी ने एक खास कीर्तिमान रचा. वैभव ने यूथ ओडीआई में ना सिर्फ 1000 हजार रन पूरे किए, बल्कि यूथ ओडीआई में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाजों की सूची में अब सातवें नंबर पर आ गए हैं. सूर्यवंशी ने विराट कोहली को भी पछाड़ दिया, जिन्होंने 978 रन बनाए थे. वैभव सूर्यवंशी ने अब तक भारत के लिए यूथ ओडीआई में कुल 20 मैच खेलकर 52.35 की औसत से 1047 रन बनाए हैं, जिसमें 3 शतक और पांच अर्धशतक शामिल रहे. संयुक्त राज्य अमेरिका (USA) के खिलाफ सिर्फ 2 रन पर आउट होने के बाद वैभव ने दमदार वापसी की और बांग्लादेशी टीम के खिलाफ बेहद संयम के साथ तेज अर्धशतक बना सभी को प्रभावित किया. यूथ ओडीआई में भारत के लिए सबसे ज्यादा रन विजय जोल ने बनाए. यशस्वी जायसवाल, तन्मय श्रीवास्तव, उनमुक्त चंद, शुभमन गिल और सरफराज खान ने भी यूथ ओडीआई में भारत के लिए हजार प्लस रन बनाए थे. यूथ ओडीआई में सबसे ज्यादा रन बनाने का विश्व रिकॉर्ड फिलहाल बांग्लादेश के नजमुल हुसैन शांतो (1820 रन) के नाम है. आयुष म्हात्रे ने विपक्षी कप्तान से नहीं मिलाया हाथ आईसीसी पुरुष अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में भारत और बांग्लादेश के बीच शनिवार (17 जनवरी) को खेला गया मुकाबला काफी सुर्खियों में रहा है. बुलावायो के क्वींस स्पोर्ट्स क्लब में हुए इस मैच में टॉस के दौरान भारतीय कप्तान आयुष म्हात्रे ने बांग्लादेश के स्टैंड-इन कप्तान जवाद अबरार से हाथ मिलाने से परहेज किया. बांग्लादेश के नियमित कप्तान मोहम्मद अजीजुल हकीम तमीम अस्वस्थ होने के कारण टॉस के लिए उपस्थित नहीं थे और उनकी जगह जवाद अबरार आए. हालांकि कैमरों ने साफ दिखाया कि टॉस के बाद दोनों कप्तान एक-दूसरे के बहुत पास से गुजरे, लेकिन ना हाथ मिलाया और ना ही कोई बातचीत की. इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 में धमाकेदार प्रदर्शन के बाद वैभव सूर्यवंशी सुर्खियों में आए थे. वैभव आईपीएल इतिहास के सबसे युवा सेंचुरियन बने, जिसने पूरे क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया. इसके बाद उनका करियर लगातार ऊंचाइयों पर चढ़ता गया. इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया की उछाल भरी पिचों पर वैभव ने शतक जड़े. वहीं इंडिया-ए के लिए कतर में राइजिंग स्टार्स एशिया कप में डेब्यू पर वैभव ने शतक लगाया. कुछ दिनों बाद दुबई में U19 एशिया कप में भी वैभव ने शतकीय पारी खेलकर सुर्खियां बटोरीं. फिर अंडर-19 विश्व कप से पहले साउथ अफ्रीका में उन्होंने शानदार सेंचुरी लगाई. यूथ ओडीआई में भारत के लिए सर्वाधिक रन 1404- विजय जोल         1386- यशस्वी जायसवाल     1316- तन्मय श्रीवास्तव 1149- उन्मुक्त चंद 1149- शुभमन गिल 1080- सरफराज खान 1047- वैभव सूर्यवंशी बिहार के समस्तीपुर में जन्मे वैभव सूर्यवंशी का क्रिकेट सफर बेहद प्रेरणादायक रहा है. जहां भी खेले, उन्होंने रन बरसाए हैं और अपने खेल से हर देश में अपनी पहचान बनाई. उनकी प्रतिभा, तकनीक और मानसिक मजबूती की वजह से वह भारत के सबसे चर्चित युवा प्रतिभाओं में शामिल हो गए हैं.