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मैच के बाद सेल्फी मांगना पड़ा भारी, रोहित शर्मा का गुस्सा कैमरे में कैद

नई दिल्ली भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान रोहित शर्मा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वह एक फैन पर नाराज होते हुए नजर आ रहे हैं। वीडियो में रोहित उंगली दिखाकर फैन को डांटते दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, वीडियो की पूरी कहानी सामने आने के बाद कई लोग रोहित के व्यवहार को सही ठहरा रहे हैं। दरअसल, रोहित शर्मा हाल ही में जामनगर में अपनी बेटी सैमी का जन्मदिन मनाने के बाद परिवार के साथ मुंबई लौटे थे। कलीना एयरपोर्ट पर उनके पहुंचते ही फैंस की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और लोग उनके साथ सेल्फी लेने की कोशिश करने लगे। सेल्फी के चक्कर में बिगड़ा माहौल वायरल वीडियो उसी दौरान का बताया जा रहा है। एयरपोर्ट से बाहर निकलने के बाद रोहित शर्मा अपनी पत्नी और बेटी के साथ कार में बैठ गए। जब गाड़ी आगे बढ़ने लगी तो रोहित ने फैंस को देखकर कार का शीशा नीचे किया और उन्हें हाथ हिलाकर अलविदा कहा। इसी बीच दो बच्चे रोहित के पास पहुंचे और उनके साथ फोटो लेने लगे।   शुरुआत में सब कुछ सामान्य था, लेकिन स्थिति तब बिगड़ गई जब दोनों बच्चों ने रोहित शर्मा का हाथ पकड़ लिया और उसे खींचने लगे। इस हरकत से रोहित असहज हो गए। उन्होंने तुरंत अपना हाथ पीछे खींचा और कार का शीशा ऊपर करने लगे। इसी दौरान वह उंगली दिखाकर बच्चों को कुछ समझाते और डांटते हुए नजर आए। फैंस ने किया रोहित का समर्थन वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई, लेकिन बड़ी संख्या में फैंस रोहित शर्मा के समर्थन में सामने आए। लोगों का कहना है कि किसी भी खिलाड़ी या व्यक्ति की निजी सीमा होती है और इस तरह हाथ पकड़ना या खींचना गलत है। कई यूजर्स ने लिखा कि ऐसी स्थिति में कोई भी व्यक्ति नाराज हो सकता है। 11 जनवरी से न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज वर्कफ्रंट की बात करें तो रोहित शर्मा जल्द ही न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज के लिए टीम इंडिया से जुड़ेंगे। इस सीरीज में विराट कोहली भी खेलते नजर आएंगे। दोनों दिग्गज अब भारत के लिए केवल वनडे फॉर्मेट में ही खेलते हैं। फैंस में इस सीरीज को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। वडोदरा में होने वाले पहले वनडे मुकाबले की टिकटें ऑनलाइन बिक्री के कुछ ही मिनटों में बिक गईं, जो रोहित और विराट के जबरदस्त क्रेज को दर्शाता है।  

भारतीय महिला टीम की कप्तानी को लेकर चौंकाने वाला बयान, दिग्गज ऑलराउंडर ने बताया मंधाना का विकल्प

नई दिल्ली भारत की ऐतिहासिक महिला विश्व कप 2025 जीत के बाद अब चर्चा का केंद्र टीम का भविष्य और नेतृत्व है। मौजूदा कप्तान हरमनप्रीत कौर 36 वर्ष की हो चुकी हैं और उनके शानदार करियर के अंतिम चरण में पहुंचने के साथ ही उत्तराधिकारी की खोज तेज हो गई है। जहां स्मृति मंधाना को लंबे समय से अगला कप्तान माना जा रहा था, वहीं दक्षिण अफ्रीका की दिग्गज ऑलराउंडर मैरिज़ेन कैप ने एक अलग नाम आगे बढ़ाकर बहस को नया मोड़ दे दिया है। उनका मानना है कि भारत को ऐसा लीडर चाहिए जो टीम को जोड़कर रख सके। हरमनप्रीत कौर के बाद कौन? लीडरशिप पर नई बहस विश्व कप जीत के बाद भारतीय महिला टीम स्थिरता और निरंतरता के दौर में है, लेकिन कप्तानी का सवाल अब टाला नहीं जा सकता। हरमनप्रीत ने कई सालों तक टीम का नेतृत्व किया है, पर उम्र और भविष्य की योजना को देखते हुए बीसीसीआई को दीर्घकालिक विकल्प की ज़रूरत है। ऐसे में लीडरशिप सिर्फ रणनीति तक सीमित नहीं, बल्कि खिलाड़ियों को साथ लेकर चलने की क्षमता भी अहम बन गई है। मैरिजेन कैप का चौंकाने वाला समर्थन 5 जनवरी 2026 को दिए एक इंटरव्यू में मैरिज़ेन कैप ने जेमिमा रोड्रिग्स को भारत की अगली कप्तान के रूप में देखने की इच्छा जताई। कैप के अनुसार, जेमिमा में वर्षों से लीडरशिप के गुण दिखाई देते रहे हैं। उन्होंने कहा कि कप्तानी केवल फील्ड सेटिंग और फैसलों तक सीमित नहीं होती, बल्कि टीम के भीतर विश्वास और एकता बनाना भी उतना ही जरूरी है—और जेमिमा इसमें स्वाभाविक रूप से आगे हैं। पर्सनैलिटी और परफॉर्मेंस का सही संतुलन कैप ने ज़ोर देकर कहा कि जेमिमा की सबसे बड़ी ताकत उनकी पर्सनैलिटी है। वह खिलाड़ियों को जोड़ती हैं, माहौल को सकारात्मक रखती हैं और हर खिलाड़ी की परवाह करती हैं। हाल ही में विश्व कप के सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ खेली गई उनकी नाबाद 127 रनों की पारी ने यह भी साबित किया कि वह बड़े मंच और दबाव को संभाल सकती हैं। 25 साल की उम्र में इस तरह की परिपक्वता उन्हें नेतृत्व के लिए तैयार बनाती है। WPL 2026: जेमिमा के लिए लीडरशिप की अग्निपरीक्षा जेमिमा रोड्रिग्स को WPL 2026 सीज़न के लिए दिल्ली कैपिटल्स की कप्तानी सौंपे जाने के साथ ही यह चर्चा और मजबूत हो गई है। वह अनुभवी मेग लैनिंग की जगह ले रही हैं, जो अब UP वॉरियर्ज का नेतृत्व करेंगी। इस बदलाव को भारतीय क्रिकेट में एक रणनीतिक प्रयोग के तौर पर देखा जा रहा है, जहां जेमिमा की कप्तानी को हाई-प्रेशर लीग में परखा जाएगा। दिल्ली कैपिटल्स और भविष्य की राह दिल्ली कैपिटल्स के को-ओनर पार्थ जिंदल ने जेमिमा पर पूरा भरोसा जताते हुए कहा कि टीम की पहली पिक से कप्तान बनने तक का उनका सफ़र प्रेरणादायक है। जब DC 10 जनवरी को मुंबई इंडियंस के खिलाफ अपना अभियान शुरू करेगी, तो सभी की निगाहें जेमिमा पर होंगी। अगर वह टीम को पहला WPL खिताब दिलाने में सफल रहती हैं, तो भारत की अगली महिला कप्तान के रूप में उनका दावा और भी मजबूत हो जाएगा।  

बर्फ के मैदान में बराबरी की रेस: अल्पाइन स्कीइंग में महिलाओं की बढ़ती ताकत

नई दिल्ली 'अल्पाइन स्कीइंग' विंटर ओलंपिक का एक मशहूर खेल है, जिसमें स्कीयर बर्फीले पहाड़ों पर ढलानों से तेज गति में फिसलते हुए नजर आता है। गति, संतुलन और तकनीक के इस खेल में डाउनहिल, स्लैलम, जाइंट स्लैलम और सुपर-जी जैसे इवेंट होते हैं। 'अल्पाइन' शब्द का अर्थ ऊंचे पहाड़ों से संबंधित या पर्वतीय क्षेत्रों से जुड़ा है। साल 1800 के आसपास फ्रांसीसी आल्प्स जैसे पहाड़ी क्षेत्रों में ढलानों पर लोग चढ़ते और उतरते थे। इसी रोमांच के चलते इस खेल का विकास हुआ। इसके बाद नॉर्वे की सेना ने ढलानों पर स्कीइंग को सैन्य कौशल के रूप में विकसित किया। यहीं से आधुनिक स्कीइंग की नींव पड़ी। 19वीं सदी के अंत में आल्प्स में स्कीइंग को एक रोमांचक गतिविधि के रूप में विकसित किया गया। 20वीं सदी की शुरुआत तक महिलाओं ने भी इसमें हिस्सा लेना शुरू कर दिया था। साल 1924 में स्विट्जरलैंड में पहली महिला अल्पाइन प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। 1936 गार्मिश-पार्टेनकिर्चन शीतकालीन ओलंपिक में अल्पाइन स्कीइंग को पहली बार कंबाइंड इवेंट के रूप में शामिल किया गया, जिसमें डाउनहिल और स्लैलम शामिल थे। इसमें पुरुषों के साथ महिलाओं ने भी हिस्सा लिया। 1952 हेलसिंकी ओलंपिक में जायंट स्लैलम और 1988 के कैलगरी ओलंपिक में सुपर-जी को शामिल किया गया। डाउनहिल को लंबे ट्रैक पर किया जाता है, जिसे पूरा करने में डेढ़ मिनट से ज्यादा समय लगता है। इस खेल को अल्पाइन स्कीइंग में सबसे तेज गति का इवेंट माना जाता है। सुपर जाइंट स्लैलम (सुपर-जी) इस खेल का दूसरा सबसे तेज इवेंट है, जिसकी शुरुआत साल 1982 में हुई थी। यह गेट्स की जोड़ी से बने ट्रैक पर होती है। स्कीयर अगर एक भी गेट मिस कर देता है, तो उसे अयोग्य घोषित किया जाता है। इस इवेंट में मोड़ डाउनहिल की तुलना में अधिक चौड़े होते हैं। डाउनहिल की तरह सुपर जी रेस भी एक ही राउंड में होती है। सबसे कम समय में रेस पूरी करने वाले स्कीयर को विजेता घोषित किया जाता है। स्पेशल स्लैलम सबसे छोटी रेस होती है, जिसमें 50-60 सेकेंड का समय लगता है। इसमें सबसे ज्यादा चौड़े मोड़ होते हैं। स्कीयर एक ढलान पर बने रास्ते से गेट्स के बीच होते हुए नीचे उतरता है। स्लैलम में स्कीयर को इन गेट्स को छूना पड़ता है, जिसके लिए वे खास सुरक्षा उपकरण पहनते हैं। इस इवेंट में एक ही ढलान पर दो अलग-अलग कोर्स पर दो रन होते हैं। दोनों रन के कुल समय को जोड़ा जाता है। सबसे कम समय में रेस पूरी करने वाला विजेता होता है। जाइंट स्लैलम इवेंट में मोड़ के बीच 20-30 मीटर की दूरी निर्धारित होती है, जिसे पूरा करने में आमतौर पर एक से डेढ़ मिनट लगते हैं। इसके मोड़ स्पेशल स्लैलम की तुलना में चौड़े होते हैं और रास्ता दिखाने के लिए गेट्स का इस्तेमाल किया जाता है। यह रेस भी दो रन में होती है। अल्पाइन कंबाइंड इवेंट में एक तेज रेस और एक टेक्निकल रेस होती है। दोनों रेस के समय को जोड़कर विजेता का फैसला किया जाता है। जेरेमी बुजाकोव्स्की 1964 और 1968 शीतकालीन ओलंपिक में अल्पाइन स्कीइंग में भाग लेने वाले पहले भारतीय थे। उनके बाद किशोर रहतना राय (1988), शैलजा कुमार (1988), हिमांशु ठाकुर (2014) और आरिफ खान (2022) ने भी विंटर ओलंपिक में इस खेल में देश का प्रतिनिधित्व किया। भले ही अब तक भारत इस खेल में ओलंपिक पदक हासिल नहीं कर सका है, लेकिन धैर्य, निवेश और तकनीकी तैयारी के साथ ओलंपिक पदक को 'संभव' बनाया जा सकता है।

वॉरियर्स ने बनाया अपना नया कप्तान यूपी वॉरियर्स ने WPL 2026 के लिए पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान मेग लैनिंग को कप्तान बनाया, जीत की नई उम्मीद

लखनऊ  वीमेंस प्रीमियर लीग (WPL 2026) का चौथा सीजन 9 जनवरी से शुरू होने वाला है. उससे पहले यूपी वॉरियर्स (UP-W) ने पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान मेग लैनिंग को अपना नया कप्तान बना दिया है. फ्रेंचाइजी ने रविवार को अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स पर इसकी जानकारी दी. इससे पहले भारतीय महिला टीम के दिग्गज ऑफ-स्पिन बॉलिंग ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा यूपी वॉरियर्स की कप्तान थीं. दीप्ति शर्मा ने WPL के पिछले सीजन 2025 में नियमित कप्तान और मेग की पूर्व ऑस्ट्रेलियाई टीम-मेट, विकेटकीपर-बल्लेबाज एलिसा हीली की गैरमौजूदगी में फ्रेंचाइजी का नेतृत्व किया था. मेग WPL के तीनों सीजन दिल्ली कैपिटल्स की कप्तान रहीं और तीनों बार उन्होंने अपनी टीम को फाइनल में भी पहुंचाया, लेकिन कभी वो खिताब नहीं जीत सकीं. क्रिकेट फैंस को हैरानी तब हुई तब WPL के चौथा सीजन से पहले दिल्ली ने अपनी कप्तान को ही रिलीज कर दिया जिसके बाद यूपी ने उनको मेगा ऑक्शन 1.9 करोड़ रुपये में साइन कर लिया. यूपी वॉरियर्स के हेड कोच ने क्या कहा? यूपी वॉरियर्स के हेड कोच अभिषेक नायर ने कहा, 'हमें पूरा भरोसा है कि वह (मेग लैनिंग) इस सीजन में टीम की रणनीति बनाने में अहम भूमिका निभाएंगी. मेग अपने साथ अनुभव, स्पष्टता और शांति का एक दुर्लभ संयोजन लाती हैं जो उन्हें एक लीडर के तौर पर अलग बनाता है. खेल की उनकी समझ, दबाव वाले मैच को संभालने की क्षमता और खिलाड़ियों के साथ जुड़ने की क्षमता उन्हें इस समूह के लिए आदर्श कप्तान बनाती है.' कप्तानी मिलने के बाद मेग लैनिंग ने क्या कहा? कप्तानी की जिम्मेदारी मिलने के बाद मेग लैनिंग ने कहा, 'यूपी वॉरियर्स का कप्तान बनना मेरे लिए बहुत सम्मान की बात है. जैसे-जैसे WPL अपने चौथे सीजन में प्रवेश कर रहा है, यह देखना अविश्वसनीय है कि लीग कैसे विकसित हुई है, क्रिकेट की गुणवत्ता, प्रतिस्पर्धा और रोमांचक नई प्रतिभाओं का उभरना हर साल स्तर को बढ़ाता जा रहा है. यह अंतरराष्ट्रीय अनुभव और भारतीय खिलाड़ियों के मजबूत मिश्रण वाला एक प्रतिभाशाली समूह है, और मैं आने वाली चुनौती के लिए बहुत उत्साहित हूं. हम सब मिलकर कड़ी मेहनत करेंगे और खुद को ट्रॉफी उठाने का हर मौका देंगे.' सबसे सफल कप्तानों में से एक 33 वर्षीय मेग को महिला क्रिकेट इतिहास में सबसे सफल कप्तानों में से एक माना जाता है. उन्होंने अपनी कप्तानी के कार्यकाल में ऑस्ट्रेलिया को दोनों व्हाइट-बॉल फॉर्मेट में कुल पांच वर्ल्ड कप खिताब और राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक दिला चुकी हैं. मेग लैनिंग का WPL करियर WPL में, मेग ने अपनी पिछली टीम दिल्ली कैपिटल्स (DC) को तीनों सीजन में फाइनल तक पहुंचाया, लेकिन 2023, 2024 और 2025 में वह रनर-अप रहीं. हालांकि, मेग ने 2023 WPL में ऑरेंज कैप जीती थी, जब उन्होंने टॉप पर भारतीय ओपनर शैफाली वर्मा के साथ एक जबरदस्त पार्टनरशिप की थी. अब तक के अपने WPL करियर में, उन्होंने 27 मैच खेले हैं और 127.10 के स्ट्राइक रेट से 952 रन बनाए हैं, जिसमें 9 हाफ-सेंचुरी शामिल हैं. UPW, जिसने अभी तक WPL नहीं जीता है, 10 जनवरी को नवी मुंबई के डीवाई पाटिल स्टेडियम में गुजरात जायंट्स के खिलाफ अपने 2026 अभियान की शुरुआत करेगी.

अगर भारत नहीं आना तो… बांग्लादेश विवाद पर हरभजन सिंह का दो टूक जवाब

नई दिल्ली भारत और बांग्लादेश के बीच बढ़ते तनाव के चलते देशभर में मुस्तफिजुर को आईपीएल 2026 से बहार करने की मांग उठ रही थी। कोलकाता नाइट राइडर्स ने इस बांग्लादेशी गेंदबाज को 9.2 करोड़ रुपए में खरीदा था। इस मुद्द की गंभीरता को समझते हुए बीसीसीआई ने केकेआर को मुस्तफिजुर रहमान को रिलीज करने को कहा। बीसीसीआई का यह फैसला बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड को पसंद नहीं आया। उन्होंने बीसीसीआई के इस फैसले पर रिएक्ट करते हुए भारत में अगले महीने होने वाले अपने टी20 मैच को बाहर शिफ्ट करने के लिए आईसीसी से मांग कर डाली। बीसीबी ने आईसीसी को खिलाड़ियों की सुरक्षा का हवाला दिया।   इन सभी घटनाओं पर अब टीम इंडिया के पूर्व वर्ल्ड कप विनिंग स्पिनर हरभजन सिंह ने बयान दिया है। भज्जी का कहना है कि बांग्लादेश में जो कुछ हुआ वह गलत है। हम भारत में सबका स्वागत करते हैं, लेकिन अगर बांग्लादेश भारत नहीं आना चाहता तो यह उनकी मर्जी है। मीडिया से बात करते हुए हरभजन सिंह ने कहा, "पिछले कुछ दिनों में हुई अलग-अलग घटनाओं की वजह से बांग्लादेश भारत नहीं आना चाहता। बांग्लादेश में जो कुछ हुआ वह गलत है। ICC को उनकी रिक्वेस्ट पर फैसला लेना चाहिए। हम भारत में सबका स्वागत करते हैं, लेकिन वे (बांग्लादेश) यहां आना चाहते हैं या नहीं, यह उनकी मर्जी है।" बता दें, टी20 वर्ल्ड कप 2026 का आगाज 7 फरवरी से होने जा रही है। बांग्लादेश ने इस टूर्नामेंट के लिए स्क्वॉड का भी ऐलान कर दिया है। तय कार्यक्रम के अनुसार उनके तीन मैच कोलकाता में तो एक मुकाबला मुंबई में आयोजित है। हालांकि रिपोर्ट्स है कि बीसीसीआई बीसीबी की रिक्वेस्ट के बाद नए शेड्यूल पर काम कर रहा है।  

जो रूट का टेस्ट क्रिकेट में 41वां शतक, सिडनी में किया रिकी पोंटिंग का रिकॉर्ड तोड़ने का दावा

 सिडनी इंग्लैंड के पूर्व कप्तान जो रूट ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एशेज सीरीज 2025-26 के पांचवें एवं आखिरी मुकाबले में जबरदस्त प्रदर्शन किया है. सिडनी क्रिकेट ग्राउंड पर खेले जा रहे इस टेस्ट मैच दूसरे दिन (5 जनवरी) रूट ने शतकीय पारी खेली. रूट ने इंग्लैंड की पहली पारी में 15 चौकों की मदद से 242 गेंदों पर 160 रन बनाए. रूट ने इस दौरान 146 गेंदों पर शतक पूरा किया. रूट के टेस्ट करियर का ये 41वां शतक रहा. जो रूट अब टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक बनाने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में संयुक्त रूप से तीसरे स्थान पर पहुंच गए हैं. रूट ने ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग की बराबरी कर ली. पोंटिंग ने भी टेस्ट क्रिकेट में 41 शतक जड़े थे. जैक्स कैलिस और मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर ही इन दोनों से ज्यादा टेस्ट लगा पाए थे. इस फॉर्मेट में कैलिस ने 45 और सचिन ने 51 शतक लगाए. रूट ने बता दिया है कि मौजूदा दौर के वो बेस्ट टेस्ट बल्लेबाज हैं. एक्टिव बल्लेबाजों में स्टीव स्मिथ (36) और केन विलियमसन (33) तो रूट से काफी पीछे हैं. पहले दिन का खेल जल्दी समाप्त होने के बाद जो रूट 72 रन बनाकर नाबाद लौटे थे. दूसरे दिन उन्होंने बेहतर गेंदबाजी और असमान उछाल वाली पिच के बावजूद बिना किसी परेशानी के अपनी पारी को आगे बढ़ाया. दूसरे छोर पर हैरी ब्रूक (84), बेन स्टोक्स (0) और जेमी स्मिथ (46) के विकेट गिरे, लेकिन रूट ने संयम बनाए रखा और यादगार पारी खेलने में कामयाब रहे. टेस्ट क्रिकेट में सर्वाधिक शतक 51- सचिन तेंदुलकर (भारत) 45- जैक्स कैलिस (साउथ अफ्रीका) 41- रिकी पोंटिंग (ऑस्ट्रेलिया) 41- जो रूट (इंग्लैंड) 38- कुमार संगकारा (श्रीलंका) यह ऑस्ट्रेलियाई धरती पर जो रूट का दूसरा टेस्ट शतक रहा. ये दोनों शतक उन्होंने मौजूदा सीरीज में बनाए हैं. हैरानी की बात यह है कि इससे पहले तक ऑस्ट्रेलिया में खेले गए 14 टेस्ट मैचों में वह एक भी शतक नहीं लगा पाए थे.  2021 से लेकर अब तक रूट टेस्ट क्रिकेट में 24 शतक जड़ चुके हैं. पांच मैचों की एशेज सीरीज में इंग्लैंड फिलहाल 3-1 से पीछे है, लेकिन सिडनी टेस्ट में जीत से टीम को वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप 2025-27 में 12 अहम अंक मिल सकते हैं. इंग्लैंड इस समय नौ टीमों की तालिका में सातवें स्थान पर है. 2021 के बाद से टेस्ट क्रिकेट में सबसे अधिक शतक 24- जो रूट (इंग्लैंड) 10- स्टीव स्मिथ (ऑस्ट्रेलिया) 10- केन विलियमसन (न्यूजीलैंड) 10- हैरी ब्रूक (इंग्लैंड) 10- शुभमन गिल (भारत) इंग्लैंड के लिए विदेशी एशेज सीरीज में सर्वाधिक शतक (1994-95 से) 3- माइकल वॉन (2002/03) 3- एलिस्टेयर कुक (2010/11) 2- जोनाथन ट्रॉट (2010/11) 2- जो रूट (2025/26)  

भारत में T20 विश्व कप खेलने से बांग्लादेश का इनकार, ICC से बदला वेन्यू चाहा

ढाका बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) ने फैसला किया है कि वह टी20 विश्व कप के लिए अपनी टीम भारत नहीं भेजेगा। भारत और बांग्लादेश के बीच विवाद उस वक्त से गरमा गया है जब भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने आईपीएल फ्रेंचाइजी कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) से बांग्लादेश के तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को टीम से बाहर करने कहा था। अब बांग्लादेश के एक समाचार वेबसाइट द डेली स्टार के अनुसार, बीसीबी ने टी20 विश्व कप के लिए भारत की यात्रा करने से इनकार कर दिया है। खेल मंत्रालय ने बीसीबी को दिए थे निर्देश इससे पहले, बांग्लादेश के अंतरिम सरकार के खेल मंत्री ने बीसीबी को निर्देश दिया था कि वह आईसीसी से बांग्लादेश के मुकाबले श्रीलंका में आयोजित करने की मांग उठाने कहा था। बांग्लादेश के खेल मंत्रालय का मानना है कि मुस्तफिजुर को बाहर करने के बाद खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। बीसीबी के अध्यक्ष और बांग्लादेश के पूर्व कप्तान अमीनुल इस्लाम बुलबुल ने मुस्तफिजुर को आईपीएल से बाहर करने के बाद बोर्ड की आपातकालीन बैठक बुलाई थी। चार लीग मैच बांग्लादेश को भारत में खेलने हैं बांग्लादेश को अपने चार लीग मैच में से तीन कोलकाता और एक मुंबई में खेलना है। बांग्लादेश के लीग मैच वेस्टइंडीज (सात फरवरी), इटली (नौ फरवरी) और इंग्लैंड (14 फरवरी) के खिलाफ कोलकाता में और नेपाल (17 फरवरी) के खिलाफ मुंबई में है। बांग्लादेश को ग्रुप सी में इटली, नेपाल, इंग्लैंड और वेस्टइंडीज के साथ रखा गया है। आईपीएल का विवाद आईसीसी तक पहुंचा दरअसल, पूरे विवाद की शुरुआत मुस्तफिजुर को आईपीएल से बाहर करने से शुरू हुई।  केकेआर ने पिछले महीने मिनी नीलामी में मुस्तफिजुर को 9.20 करोड़ रुपये में खरीदा था। लेकिन बीसीसीआई के निर्देश पर केकेआर ने इस बांग्लादेशी गेंदबाज को टीम से बाहर कर दिया। मुस्तफिजुर को लेने पर भारत में विरोध हो रहा था और कई राजनेताओं तथा कथावाचक ने इसे लेकर केकेआर के मालिका शाहरुख खान को घेरा था। मुस्तफिजुर को बाहर करने के बाद बीसीबी बौखला गया है और यही कारण है कि उसने भारत में अपनी टीम भेजने से इनकार कर दिया है। हालांकि, इस पर आखिरी फैसला क्रिकेट की वैश्विक संस्था आईसीसी को लेना है जिसके अध्यक्ष जय शाह हैं। बीसीसीआई की भी आई थी प्रतिक्रिया बांग्लादेश के खेल मंत्रालय ने जब बीसीबी को टी20 विश्व कप मैच भारत के बजाए श्रीलंका में कराने की बात कही थी तो इस पर बीसीसीआई की भी प्रतिक्रिया आई थी। बीसीसीआई सूत्र ने कहा था कि सूत्र ने कहा था, आप किसी की मनमर्जी पर खेल का प्रारूप नहीं बदल सकते। यह एक बहुत बड़ी समस्या है। विपक्षी टीमों के बारे में सोचिए। उनके हवाई टिकट, होटल सब बुक होते हैं। साथ ही हर दिन तीन-तीन मैच होने हैं, यानी एक मैच श्रीलंका में होना है। प्रसारण दल भी मौजूद है। इसलिए यह कहना आसान है, करना मुश्किल। कार्यक्रम में अब बदलाव असंभव है क्योंकि टूर्नामेंट शुरू होने में एक महीने का समय बचा है।

ये टीमें अभी तक T20 World Cup स्क्वॉड का ऐलान नहीं कर पाईं, पाकिस्तान सहित तारीख़ की जानकारी

नई दिल्ली टी20 वर्ल्ड कप 2026 का आगाज 7 फरवरी से होने जा रहा है। भारत और श्रीलंका की मेजबानी में होने वाले इस टूर्नामेंट में इस बार कुल 20 टीमें हिस्सा ले रही है। डिफेंडिंग चैंपियन टीम इंडिया समेत इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी तगड़ी टीमों ने तो अपने-अपने स्क्वॉड का ऐलान कर दिया है, मगर 11 टीमें ऐसी है जिन्होंने अभी तक स्क्वॉड का ऐलान नहीं किया है। इसमें पाकिस्तान और न्यूजीलैंड जैसे देश भी शामिल है। आईसीसी के नियमों के अनुसार सभी टीमों को एक महीने पहले तक अपने-अपने 15 खिलाड़ियों के स्क्वॉड का ऐलान करना होता है, इस बार आखिरी तारीख 8 जनवरी है। हालांकि सभी टीमों के पास 31 जनवरी तक स्क्वॉड में बदलाव करने की आजादी होगी। ग्रुप-ए भारत: सूर्यकुमार यादव (कप्तान), अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा, संजू सैमसन, शिवम दुबे, ईशान किशन, हार्दिक पांड्या, अर्शदीप सिंह, जसप्रीत बुमराह, हर्षित राणा, वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव, अक्षर पटेल, वाशिंगटन सुंदर, रिंकू सिंह। USA: घोषित किया जाना है नामीबिया: गेरहार्ड इरास्मस (कप्तान), ज़ेन ग्रीन, बर्नार्ड स्कोल्ट्ज़, रूबेन ट्रम्पेलमैन, जेजे स्मिट, जान फ्रायलिंक, लॉरेन स्टीनकम्प, मालन क्रूगर, निकोल लॉफ्टी-ईटन, जैक ब्रासेल, बेन शिकोंगो, जेसी बाल्ट, डायलन लीचर, डब्ल्यूपी माईबर्ग, मैक्स हिंगो। TR: अलेक्जेंडर वोल्शेंक। नीदरलैंड्स: घोषित किया जाना है पाकिस्तान: घोषित किया जाना है ग्रुप-बी ऑस्ट्रेलिया [अनंतिम टीम]: मिशेल मार्श (कप्तान), जेवियर बार्टलेट, कूपर कोनोली, पैट कमिंस, टिम डेविड, कैमरून ग्रीन, नाथन एलिस, जोश हेज़लवुड, ट्रैविस हेड, जोश इंगलिस, मैथ्यू कुह्नमैन, ग्लेन मैक्सवेल, मैथ्यू शॉर्ट, मार्कस स्टोइनिस, एडम ज़म्पा श्रीलंका [प्रारंभिक टीम]: दासुन शनाका (कप्तान), पथुम निसांका, कुसल मेंडिस, कामिल मिशारा, कुसल परेरा, धनंजय डी सिल्वा, निरोशन डिकवेला, जेनिथ लियानाज, चैरिथ असलांका, कामिंडु मेंडिस, पवन रथनायके, सहान अराचिगे, वानिंदु हसरंगा, डुनिथ वेललागे, मिलन रथनायके, नुवान तुषारा, ईशान मलिंगा, दुष्मंथा चमीरा, प्रमोद मदुशन, मथीशा पथिराना, दिलशान मदुशंका, महेश थीक्षाना, दुशान हेमंथा, विजयकांत व्यासकांत, ट्रैवीन मैथ्यू जिम्बाब्वे: सिकंदर रजा (कप्तान), ब्रायन बेनेट, रयान बर्ल, ग्रीम क्रेमर, ब्रैडली इवांस, क्लाइव मदांडे, टिनोटेंडा मापोसा, तदिवानाशे मारुमनी, वेलिंगटन मसाकाद्जा, टोनी मुनयोंगा, ताशिंगा मुसेकिवा, ब्लेसिंग मुजाराबानी, डायोन मायर्स, रिचर्ड नगारवा, ब्रेंडन टेलर आयरलैंड: घोषित किया जाना है ओमान: जतिंदर सिंह (कप्तान), विनायक शुक्ला, मोहम्मद नदीम, शकील अहमद, हम्माद मिर्जा, वसीम अली, करण सोनावले, शाह फैसल, नदीम खान, सुफयान महमूद, जय ओडेदरा, शफीक जान, आशीष ओडेदरा, जितेन रामानंदी, हसनैन अली शाह। ग्रुप-सी इंग्लैंड [अस्थायी टीम]: हैरी ब्रूक (कप्तान), रेहान अहमद, जोफ्रा आर्चर, टॉम बैंटन, जैकब बेथेल, जोस बटलर, सैम करन, लियाम डॉसन, बेन डकेट, विल जैक्स, जेमी ओवरटन, आदिल राशिद, फिल साल्ट, जोश टंग, ल्यूक वुड वेस्ट इंडीज: घोषित किया जाना है बांग्लादेश: लिटन दास (कप्तान), तंजीद हसन, मोहम्मद परवेज हुसैन इमोन, मोहम्मद सैफ हसन, तौहीद ह्रदय, शमीम हुसैन, काजी नूरुल हसन, महेदी हसन, रिशाद हुसैन, नसुम अहमद, मुस्तफ़िज़ुर रहमान, तंज़ीम हसन साकिब, तस्कीन अहमद, शैफुद्दीन और शोरीफुल इस्लाम इटली: घोषित किया जाना है नेपाल: घोषित किया जाना है ग्रुप-डी साउथ अफ्रीका: एडेन मार्कराम (कप्तान), क्विंटन डी कॉक, टोनी डी ज़ोर्ज़ी, डेवाल्ड ब्रेविस, डेविड मिलर, डोनोवन फरेरा, मार्को जानसन, केशव महाराज, कैगिसो रबाडा, क्वेना मफाका, लुंगी एनगिडी, जेसन स्मिथ, जॉर्ज लिंडे, कॉर्बिन बॉश, एनरिक नॉर्टजे न्यूजीलैंड: घोषित किया जाना है अफगानिस्तान: राशिद खान (कप्तान), नूर अहमद, अब्दुल्ला अहमदजई, सेदिकुल्लाह अटल, फजलहक फारूकी, रहमानुल्लाह गुरबाज, नवीन उल हक, मोहम्मद इशाक, शाहिदुल्लाह कमाल, मोहम्मद नबी, गुलबदीन नैब, अजमतुल्लाह उमरजई, मुजीब उर रहमान, दरविश रसूली, इब्राहिम जादरान। रिजर्व: एएम ग़ज़नफ़र, इजाज अहमदजई और जिया उर रहमान शरीफी। कनाडा: घोषित किया जाना है संयुक्त अरब अमीरात: घोषित किया जाना है  

न्यूजीलैंड की बढ़ी मुश्किलें, सीनियर पेसर की इंजरी से टी20 वर्ल्ड कप पर संकट

नई दिल्ली न्यूजीलैंड के अनुभवी तेज गेंदबाज लॉकी फर्ग्यूसन की आगामी ICC पुरुष T20 वर्ल्ड कप 2026 (भारत और श्रीलंका) में भागीदारी पर सवाल खड़े हो गए हैं। ICC के अनुसार, 34 वर्षीय फर्ग्यूसन को पिंडली (काफ) में चोट लगी है, जिसके चलते उनका टूर्नामेंट खेलना संदिग्ध माना जा रहा है। ILT20 के दौरान लगी चोट, टूर्नामेंट से बाहर फर्ग्यूसन को 21 दिसंबर को दुबई में ILT20 लीग के एक मुकाबले में डेजर्ट वाइपर्स की ओर से गेंदबाजी करते समय चोट लगी थी। यह मैच MI एमिरेट्स के खिलाफ खेला गया था। चोट के बाद उन्हें ILT20 के शेष मुकाबलों से बाहर कर दिया गया, जिसके चलते टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी इंग्लैंड के सैम करन को सौंपी गई। BBL 2025-26 से भी हुए बाहर दाएं हाथ के इस तेज गेंदबाज को अब जारी बिग बैश लीग (BBL) 2025-26 से भी बाहर कर दिया गया है। लगातार टूर्नामेंटों से बाहर रहने के कारण T20 वर्ल्ड कप 2026 में उनकी उपलब्धता को लेकर चिंताएं और बढ़ गई हैं। भारत के खिलाफ T20I सीरीज पर भी संशय T20 वर्ल्ड कप से पहले फर्ग्यूसन के भारत के खिलाफ होने वाली पांच मैचों की T20I सीरीज में खेलने की उम्मीद थी। हालांकि, वह अभी रिकवरी प्रक्रिया में हैं। वहीं, न्यूजीलैंड पहले ही पीठ की चोट के कारण विल ओ’रूर्क की सेवाएं खो चुका है, जिससे टीम के तेज गेंदबाजी आक्रमण पर दबाव और बढ़ गया है। भारत-न्यूजीलैंड ODI सीरीज के लिए भारतीय टीम घोषित इस बीच, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने शनिवार को न्यूजीलैंड के खिलाफ 11 जनवरी से शुरू होने वाली तीन मैचों की वनडे सीरीज के लिए 15 सदस्यीय टीम का ऐलान किया। शुभमन गिल को टीम की कमान सौंपी गई है। स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या को टीम में शामिल नहीं किया गया है, क्योंकि BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस ने उन्हें एक मैच में 10 ओवर गेंदबाजी की अनुमति नहीं दी है। T20 वर्ल्ड कप को ध्यान में रखते हुए उनके कार्यभार को मैनेज किया जा रहा है। भारत की वनडे टीम: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, केएल राहुल (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (उपकप्तान)*, वॉशिंगटन सुंदर, रवींद्र जडेजा, मोहम्मद सिराज, हर्षित राणा, प्रसिद्ध कृष्णा, कुलदीप यादव, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), नितीश कुमार रेड्डी, अर्शदीप सिंह, यशस्वी जायसवाल।  

रणथंभौर सफारी के दौरान साइना नेहवाल से हुआ बाघ का आमना-सामना, वीडियो वायरल

सवाई माधोपुर भारतीय बैडमिंटन की स्टार खिलाड़ी साइना नेहवाल हाल ही में अपने परिवार के साथ राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले के निजी दौरे पर रहीं। इस दौरान उन्होंने रणथंभौर रोड स्थित होटल ताज में ठहरकर रणथंभौर नेशनल पार्क का भ्रमण किया और टाइगर सफारी का रोमांचक अनुभव लिया। सफारी के दौरान उनके साथ ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसने वहां मौजूद सभी लोगों को हैरान कर दिया। टाइगर सफारी के दौरान रणथंभौर के जोन नंबर-3 में साइना नेहवाल को प्रसिद्ध बाघिन रिद्धि (टी-124) और उसके शावकों के दीदार हुए। इसी दौरान एक बाघ उनकी सफारी गाड़ी के बिल्कुल पास आ गया। आमतौर पर इस तरह की स्थिति में लोग घबरा जाते हैं, लेकिन साइना नेहवाल ने बेहद साहस और संयम का परिचय दिया। उन्होंने बिना डरे उस पल को अपने मोबाइल कैमरे में कैद किया और इस यादगार क्षण को संजो लिया।   बाघिन और उसके शावकों की अठखेलियां देखकर साइना नेहवाल काफी रोमांचित नजर आईं। उन्होंने न सिर्फ सफारी के दौरान बाघों की गतिविधियों को रिकॉर्ड किया, बल्कि होटल ताज में परिवार के साथ बिताए गए खास पलों को भी कैमरे में कैद किया। बाद में इन सभी तस्वीरों और वीडियो को उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा किया, जो देखते ही देखते वायरल हो गए। उनके प्रशंसकों ने इन पोस्ट्स पर जमकर प्रतिक्रियाएं दीं और उनके साहस की तारीफ की। यह पहली बार नहीं है जब साइना नेहवाल रणथंभौर पहुंची हों। इससे पहले भी वह वर्ष 2023 में रणथंभौर का दौरा कर चुकी हैं। साइना नेहवाल का रणथंभौर से खास लगाव माना जाता है। यहां की प्राकृतिक सुंदरता, खुले जंगल, बाघ-बाघिन और उनके शावकों की स्वछंद अठखेलियां उन्हें बेहद पसंद हैं। यही कारण है कि वह बार-बार यहां आकर प्रकृति और वन्यजीवों के बीच समय बिताना पसंद करती हैं। रणथंभौर टाइगर रिजर्व देश और दुनिया में बाघों की स्वच्छंद गतिविधियों के लिए खास पहचान रखता है। यहां हर साल देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। इसके अलावा फिल्मी जगत, राजनीति और खेल जगत से जुड़ी कई नामी हस्तियां भी यहां भ्रमण के लिए आती रहती हैं। प्रियंका गांधी, राहुल गांधी परिवार सहित रणथंभौर आ चुके हैं, वहीं क्रिकेटर शिखर धवन और अभिनेता वरुण धवन जैसे कई बड़े नाम भी यहां की खूबसूरती का लुत्फ उठा चुके हैं। रणथंभौर में वीआईपी और वीवीआईपी पर्यटकों की आवाजाही हमेशा बनी रहती है।