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मैन्युफैक्चरिंग का नया केंद्र: इंदौर को ग्लोबल हब बनाने की तैयारी तेज

इंदौर होगा 'ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब', केंद्र सरकार ने योजना पर किया काम शुरू मैन्युफैक्चरिंग का नया केंद्र: इंदौर को ग्लोबल हब बनाने की तैयारी तेज इंदौर में उद्योग क्रांति: केंद्र सरकार का मेगा प्लान लागू होने लगा इंदौर  भारत सरकार ने देश के लॉजिस्टिक बुनियादी ढांचे को वैश्विक स्तर का बनाने के लिए अपने महत्वाकांक्षी 'स्माइल' प्रोग्राम (SMILE – Strengthening Multimodal and Integrated Logistic Ecosystem) की शुरुआत की है। इस कार्यक्रम के तहत पहले चरण में देश के 8 शहरों में इंटीग्रेटेड स्टेट और सिटी लॉजिस्टिक प्लान बनाए जाने हैं, जिसमें मध्यप्रदेश से इंदौर का चयन किया गया है। यह योजना एशियाई डेवलपमेंट बैंक (ADB) के साथ मिलकर पूरी की जाएगी। इसका मुख्य उद्देश्य भारत की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ाना, लॉजिस्टिक्स लागत में भारी कमी लाना और आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) को अधिक लचीला और मजबूत बनाना है। क्या है यह योजना और कैसे काम करेगी? इस इंटीग्रेटेड प्लान के तहत सबसे पहले इंदौर में मौजूदा लॉजिस्टिक संसाधनों की पहचान की जाएगी। इसके बाद, विशेषज्ञों द्वारा इन संसाधनों में मौजूद कमियों (Gaps) का विश्लेषण किया जाएगा और उन्हें दूर करने के लिए बेहतर सुविधाओं का खाका तैयार होगा। यह पहल राष्ट्रीय लॉजिस्टिक्स नीति (NLP) और पीएम गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान का समर्थन करती है, जिससे मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स और वेयरहाउसिंग के मानकीकरण को बढ़ावा मिलेगा। ट्रैफिक जाम और प्रदूषण से मिलेगी राहत इस योजना का एक बड़ा लाभ यह भी है कि यह सिर्फ माल परिवहन तक सीमित नहीं है। इसके तहत इंदौर के ट्रैफिक की समस्या का समाधान भी खोजा जाएगा। शहरों को किस तरह डी-कंजेस्ट (भीड़-भाड़ मुक्त) किया जा सकता है, इसे लेकर बेहतर दिशा-निर्देश मिलेंगे। साथ ही, इंदौर में प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) और अन्य स्वच्छ ईंधन विकल्पों को अपनाने पर भी जोर दिया जाएगा। पीथमपुर MMLP को मिलेगी दोगुनी ताकत इंदौर के पास पीथमपुर में पहले से ही मल्टी-मॉडल लॉजिस्टिक पार्क (MMLP) का प्रोजेक्ट चल रहा है। इसका उद्देश्य आसपास के उद्योगों के लिए एक केंद्रीय हब बनाना है, जहां से देश-विदेश में माल भेजना और मंगाना आसान हो।  सांसद ने कहा हर वर्ग को मिलेगा फायदा सांसद शंकर लालवानी ने इन दोनों प्रोजेक्ट्स पर कहा कि MMLP प्रोजेक्ट इंदौर क्षेत्र में लॉजिस्टिक सेक्टर को बड़ा बूस्ट देगा। वहीं, यह नया इंटीग्रेटेड लॉजिस्टिक प्लान MMLP से होने वाले फायदों को शहर के आम व्यापारियों और उद्योगपतियों तक सीधे पहुंचाने में मदद करेगा। इससे निवेश बढ़ेगा और रोजगार बढ़ेंगे, हर वर्ग को इससे फायदा मिलेगा।  देश के लिए 'मॉडल' बनेगा इंदौर इंदौर का यह प्लान देश के अन्य लैंड-लॉक्ड इलाकों (ऐसे क्षेत्र जहाँ न कोई समुद्र तट है और न ही कोई अंतरराष्ट्रीय सीमा) के लिए एक उदाहरण (Model) के रूप में काम करेगा। इस प्लान के लागू होने के बाद न सिर्फ शहरों में ट्रैफिक जैम कम होंगे, बल्कि माल परिवहन भी सुचारु रूप से हो सकेगा। योजना लागू होने पर ये होंगे मुख्य बदलाव: * सड़क, रेल, हवाई और जलमार्गों को एकीकृत कर मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स हब बनेंगे। * वेयरहाउसिंग सुविधाओं के मानक तय किए जाएंगे, जिससे सप्लाई चेन प्रभावी बनेगी। * निजी क्षेत्र की भागीदारी को बढ़ावा देकर नए लॉजिस्टिक्स पार्क में निवेश आकर्षित किया जाएगा। * इलेक्ट्रिक वाहनों और वैकल्पिक ईंधन से कार्बन उत्सर्जन कम किया जाएगा। * महिला उद्यमियों और श्रमिकों के लिए कौशल विकास और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। इंदौर को होने वाले प्रमुख फायदे: * लॉजिस्टिक्स प्रदर्शन सूचकांक (LPI) में सुधार से इंदौर वैश्विक स्तर पर अधिक प्रतिस्पर्धी बनेगा। * शहर में नए निजी निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। * आपूर्ति श्रृंखला में देरी कम होगी, जिससे निर्यातकों और निर्माताओं को सीधा लाभ मिलेगा। * इंदौर को 'ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब' के रूप में स्थापित करने में मदद मिलेगी। * लॉजिस्टिक्स और परिवहन क्षेत्रों में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) आकर्षित होगा।  

नर्मदा घाटों का एकीकरण: MP सरकार का 300 करोड़ का महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट, बढ़ेगी पर्यटन और जल यात्रा

मध्यप्रदेश में 300 करोड़ के बड़े प्रोजेक्ट से जुड़ेगा नर्मदा के छह घाट, विकास को मिलेगा नई दिशा नर्मदा घाटों का एकीकरण: MP सरकार का 300 करोड़ का महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट, बढ़ेगी पर्यटन और जल यात्रा एमपी में नर्मदा के छह घाट होंगे आपस में जुड़े, सरकार ने किया 300 करोड़ का निवेश जबलपुर  मध्यप्रदेश में नर्मदा घाटों की कायापलट की बड़ी योजना तैयार की गई है। इसके अंतर्गत नर्मदा के आधा दर्जन घाट को आपस में जोड़ा जाएगा। राज्य के लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जबलपुर में नर्मदा के छह घाट संवारे जाएंगे। इन्हें अयोध्या में सरयू की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। राज्य सरकार ने जबलपुर के नर्मदा घाटों को संवारने के लिए बड़ा प्रोजेक्ट तैयार किया है। सीएम मोहन यादव इसका भूमिपूजन करेंगे। लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने रविवार को पत्रकार वार्ता बुलाई। यहां उन्होंने जबलपुर के आधा दर्जन नर्मदा घाटों को संवारने का अहम ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अभी नर्मदा के घाट अत्यधिक भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में हैं जिससे दिक्कत होती है। नर्मदा भक्तों की सुविधा के लिए 6 घाटों को आपस में जोड़ेंगे। जबलपुर में नर्मदा घाटों को अयोध्या की सरयू की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। प्रोजेक्ट के पहले चरण में जबलपुर के खारीघाट, दरोगा घाट, ग्वारीघाट, उमा घाट, सिद्धघाट और जिलहरी घाट को आपस में जोड़ा जाएगा। इन्हें अयोध्या के सरयू घाटों की तर्ज पर एक समान कर आकर्षक रूप दिया जाएगा। पीडब्लूडी मंत्री राकेश सिंह ने बताया कि खारीघाट पर खारी विसर्जन के लिए अलग से जलकुंड बनाया जाएगा। घाट पर उतरने के व्यवस्थित सीढ़ियां बनेंगी, नीचे चेंजिंग रूम बनाया जाएगा और पुरोहितों के बैठने की व्यवस्था के साथ ही विशेष मुंडन स्थल भी बनाया जाएगा। श्रद्धालुओं और नर्मदा भक्तों के लिए छोटा नाव घाट भी बनाया जाएगा। ग्वारीघाट का विशेष रूप से जिक्र किया मंत्री राकेश सिंह ने जबलपुर के ग्वारीघाट का विशेष रूप से जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मां नर्मदा की गोद में स्थित यह स्थान स्नान, पूजा और ध्यान की गहरी पवित्रता के लिए बेहद आदर्श जगह है। घाट पर मां नर्मदा की शांत लहरें श्रद्धालुओं को शांति और शक्ति दोनों प्रदान करती हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए इस विख्यात नर्मदा तट को सुंदर और सुसज्जित रूप दिया जाएगा। जबलपुर का नर्मदा घाट इलाका अत्यधिक भीड़भाड़ वाला क्षेत्र है। रास्ते की चौड़ाई बहुत कम होने के कारण श्रद्धालुओं को आने-जाने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। मंत्री राकेश सिंह ने बताया कि नए प्रोजेक्ट में ये परेशानियां समाप्त हो जाएंगी। प्रोजेक्ट का भूमिपूजन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे।  

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा — सरकार को मदरसों के शिक्षकों की पूरी जानकारी लेनी चाहिए

इंदौर  मध्य प्रदेश के नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने मदरसों को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मदरसों से जुड़े केंद्रों में अवैध गतिविधियां सामने आ रही है। वे खंडवा जिले के मदरसे में 20 लाख रुपये के नकली नोट बरामद किए जाने के सवाल का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि अब बाहर के लोग आकर मदरसा में काम करने लगे है। उनकी गतिविधियां कई बार संदिग्ध रहती है। वे अवैध गतिविधियां भी कर रहे हैं। मदरसा में जो लोग पढ़ाते है। उन सब की जानकारी सरकार को हासिल करना चाहिए। सरकार को मदरसों की गतिविधियों पर भी ध्यान देना चाहिए। मैं मुख्यमंत्री से आग्रह करुंगा, ताकि प्रदेश के अन्य हिस्सों में मदरसे चल रहे है। उसे लेकर एक नीति बनना चाहिए। विजयवर्गीय ने अन्य सवालों के जवाब भी दिए।   विजयवर्गीय सोमवार को सिटी बस कार्यालय में शहरी विकास से जुड़ी बैठक में शमिल होने गए थे। वहां पर उन्होंने इस मुद्दे पर चर्चा की। आपको बता दें कि खंडवा के जुबेर उसके एक साथी को मालेगांव पुलिस ने नकली नोटों के साथ गिरफ्तार किया है। दोनों के पास दस लाख रुपये के नकली नोट मिले। पुलिस को पता चला कि जुबेर खंडवा के पैठियां गांव के मदरसे में रहता है। बाद में खंडवा पुलिस ने मदरसे पर छापा मारा तो वहां पर भी एक बैग में नकली नोट बरामद हुए। बैग में पांच-पांच सौ के नकली नोट बरामद हुए थे। मदरसे से बीस लाख के नकली नोट मिले।  

नहीं रहे राधारमण सक्सेना

भोपाल राधारमण ग्रुप आफ इंस्टीट्यूट्स के संस्थापक एवं चेयरमेन राधारमण सक्सेना का सोमवार को निधन हो गया। वे रायसेन जिले से जिला आबकारी अधिकारी के रूप में सेवानिवृत्त हुए थे। भदभदा विश्रामघाट पर उन्हे परिजनों और प्रशंसकों ने अंतिम विदाई दी। वे अपने पीछे पुत्र मप्र कांग्रेस कमेटी के महासचिव इंजीनियर संजीव सक्सेना और भोपाल शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रवीण सक्सेना सहित भरापूरा परिवार और आत्मीयजन छोड़ गए हैं। उनके निधन पर सभी वर्गों के लोगों ने अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की है।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव से उत्तरप्रदेश सरकार के मंत्री श्री गुप्ता ने की सौजन्य भेंट

मप्र में औद्योगिक विकास से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों पर हुई चर्चा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से सोमवार को समत्व भवन (मुख्यमंत्री निवास) में उत्तरप्रदेश सरकार में औद्योगिक विकास, निर्यात संवर्धन, एनआरआई और निवेश प्रोत्साहन मंत्री श्री नंद गोपाल गुप्ता ने सौजन्य भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्री (उ.प्र.) गुप्ता सहित मध्यप्रदेश के औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में मध्यप्रदेश में औद्योगिक विकास से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों के संबंध में विस्तृत चर्चा की गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उद्योग विभाग के अधिकारियों को उत्तरप्रदेश सरकार की औद्योगिक विकास से जुड़े कार्यों के लिए भूमि अधिग्रहण नीति का अध्ययन करने और मध्यप्रदेश में भी उसका अनुपालन करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उत्तरप्रदेश के उद्योग मंत्री गुप्ता को मध्यप्रदेश सरकार द्वारा तैयार की गई 18 प्रकार की नई औद्योगिक नीतियों की प्रतियां भी भेंट की। बैठक में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्री  चेतन्य कुमार काश्यप, कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार)  दिलीप जायसवाल, मुख्यमंत्री कार्यालय में अपर मुख्य सचिव  नीरज मंडलोई, प्रमुख सचिव, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन राघवेन्द्र कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ऊर्जा विभाग की “समाधान योजना” का किया शुभारंभ

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि समाधान योजना से प्रदेश के 90 लाख से अधिक नागरिकों को लाभ होगा। यह योजना उन उपभोक्ताओं के लिए राहत का द्वार खोल रही है, जो किसी कारणवश समय पर अपने बिजली बिल नहीं भर पाए। इस योजना में तीन माह या उससे अधिक समय से बिल बकाया रखने वाले घरेलू, गैर घरेलू ,कृषि तथा औद्योगिक उपभोक्ताओं को 100 प्रतिशत तक सरचार्ज में छूट प्रदान की जाएगी। योजना से बिजली उपभोक्ताओं को राहत मिलने के साथ ही राज्य की बिजली व्यवस्था भी सुदृढ़ होगी। इस कदम से जनता का भरोसा और शासन की पारदर्शिता एक साथ बढ़ेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रिमोट का बटन दबाकर समाधान योजना की शुरूआत की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पॉवर मैनेजमेंट कंपनी का नया भवन, कंपनियों के प्रबंधन और कार्य क्षमता में वृद्धि में सहायक होगा। नए भवन से ऊर्जा प्रबंधन और जन सामान्य से बेहतर समन्वय में मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव समाधान योजना के शुभारंभ और एमपी पॉवर मैनेजमेंट कंपनी के भवन के लोकार्पण समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश की ऑल राउंडर महिला क्रिकेट खिलाड़ी क्रांति गौड़ को एक करोड़ रुपए प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोमवार को एमपी पॉवर मैनेजमेंट कम्पनी क्षेत्रीय कार्यालय में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। आमजन की समस्याओं का त्वरित निराकरण कर दें संवेदनशीलता का परिचय मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि "समाधान योजना' 2025-26" से प्रदेश के 90 लाख उपभोक्ताओं का 3 हजार करोड़ रुपये से अधिक बिजली बिल सरचार्ज माफ किया जा रहा है। समाधान योजना में 3 माह तक का सरचार्ज रखने वाले उपभोक्ताओं को 100 प्रतिशत सरचार्ज छूट का लाभ मिलेगा। ऊर्जा विभाग के सोमवार को लोकार्पित भव्य भवन से विभाग में कार्यरत तीनों कंपनियों के संचालन के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। यह नया भवन ऊर्जा प्रबंधन, तकनीकी नवाचार और जनसेवा का केन्द्र बनेगा। किसानों को सिंचाई के लिए निर्बाध 10 घंटे बिजली उपलब्ध कराने के लिए सरकार संकल्पित है। आशा है विभागीय अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधियों से सतत् संवाद और आमजन की समस्याओं के त्वरित निराकरण से अपनी संवेदनशीलता का परिचय देंगे। वर्ष 2030 तक 50 प्रतिशत ऊर्जा खपत नवकरणीय स्त्रोतों से पूर्ण करने का है हमारा लक्ष्य मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार "सबके लिए रोशनी-सबके लिए प्रगति'' का ध्येय लेकर प्रदेश में गतिविधियां संचालित कर रही है। खेत हो या कारखाने, शहर हो या गांव हर घर में रोशनी इसका प्रमाण है। ऊर्जा विभाग से वर्ष 2024-25 में लगभग 35 लाख से अधिक किसानों को 18 हजार करोड़ रूपए से अधिक की बिजली सब्सिडी दी गई। राज्य सरकार ने विभिन्न नीतिगत निर्णयों के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ ऊर्जा और सतत् विकास को प्राथमिकता दी। इंडस्ट्रियल प्रमोशन पॉलिसी, रिन्यूबल एनर्जी पॉलिसी 2025 और पंप हाइड्रो पॉलिसी-2025 के अंतर्गत औद्योगिक निवेश के लिए कई आकर्षक प्रोत्साहन दिए गए हैं। राज्य में 62 गीगावाट सौर, 11 गीगावाट पवन, 4 गीगावाट बॉयोमास और 820 मेगावाट लघु जल विद्युत की क्षमता है। हमारा लक्ष्य 2030 तक 50 प्रतिशत ऊर्जा खपत नवकरणीय स्त्रोतों से पूर्ण करने का है। मुरैना में विकसित हो रही प्रदेश की पहली सोलर प्लस स्टोरेज परियोजना में 2.70 रूपये प्रति यूनिट बिजली अब तक की सबसे कम टैरिफ दर पर प्राप्त हुई है। यह अपने-आप में रिकार्ड है। शुभ है स्थापना दिवस उत्सव के दौरान समाधान योजना का आरंभ होना मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में तीन दिवसीय स्थापना दिवस महोत्सव मनाया जा रहा है। इस दौरान समाधान योजना का शुभारंभ और नए भवन का लोकार्पण शुभ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सम्राट विक्रमादित्य केन्द्रित महानाट्य प्रदेश के गौरवशाली अतीत की झलक प्रस्तुत करता है। उन्होंने भोपाल के लाल परेड ग्राउंड पर प्रदेश के इतिहास, संस्कृति और प्रगति पर केन्द्रित प्रदर्शनियों और आयोजनों में सहभागी होने का उपस्थित जनसमुदाय से आह्वान किया। समाज के अंतिम पंक्ति के अंतिम व्यक्ति तक बिजली पहुंचाना है हमारा लक्ष्य : ऊर्जा मंत्री श्री तोमर ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में प्रदेश में सभी स्तर पर ऊर्जा उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। हम अंतिम पंक्ति के अंतिम व्यक्ति की सुविधा को देखते हुए कार्य कर रहे हैं। आज आरंभ हुई समाधान योजना सुशासन और संवेदनशीलता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि ऊर्जा विभाग से संबंधित प्रस्तावों को डॉ. यादव ने सहजता से स्वीकार किया। मंत्री श्री तोमर ने कहा कि अंतिम पंक्ति के अंतिम व्यक्ति तक योजना का लाभ दिलाना सुनिश्चित किया जायेगा। कार्यक्रम में समाधान योजना पर लघु फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया। समाधान योजना 2025-26 : एक नजर में समाधान योजना 2025-26 का उद्देश्य 3 माह से अधिक अवधि के उपभोक्ताओं को बकाया विलंबित भुगतान के सरचार्ज पर छूट प्रदान करना है। यह योजना "जल्दी आएं, एकमुश्‍त भुगतान कर ज्यादा लाभ पाएं'' के सिद्धांत पर आधारित है। इस योजना में उपभोक्ता को प्रथम चरण में एकमुश्‍त भुगतान करने पर सबसे अधिक लाभ होगा जबकि द्वितीय चरण के दौरान छूट का प्रतिशत क्रमशः कम होता जाएगा। समाधान योजना दो चरणों में चलेगी। प्रथम चरण 3 नवंबर से 31 दिसंबर 2025 तक होगा, जिसमें 60 से लेकर 100 प्रतिशत तक सरचार्ज माफ किया जाएगा। इसी तरह द्वितीय और अंतिम चरण में यह योजना एक जनवरी से 28 फरवरी 2026 तक लागू रहेगी। इसमें 50 से 90 फ़ीसदी तक सरचार्ज माफ किया जाएगा। प्रथम चरण में एकमुश्‍त राशि जमा कराने पर अधिकतम लाभ होगा। समाधान योजना 2025-26 का लाभ उठाने के लिए उपभोक्ताओं को विद्युत वितरण कंपनियों यथा म.प्र. मध्‍य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी भोपाल हेतु portal.mpcz.in, म.प्र.पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी जबलपुर हेतु www.mpez.co.in एवं म.प्र.पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी इंदौर हेतु www.mpwz.co.in पर पंजीयन कराना होगा। पंजीयन के दौरान अलग-अलग उपभोक्ता श्रेणी के लिए पंजीयन राशि निर्धारित की गई है। घरेलू एवं कृषि उपभोक्ता कुल बकाया राशि का 10 प्रतिशत तथा गैर घरेलू और औद्योगिक उपभोक्ता कुल बकाया राशि का 25 प्रतिशत भुगतान कर पंजीयन कराकर योजना में शामिल होकर लाभ उठा सकते हैं। विस्तृत विवरण तीनों कंपनियों की वेबसाइटों पर भी देखा जा सकता है। साथ ही विद्युत वितरण … Read more

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर को संबोधित

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को ईंटखेड़ी में आयोजित नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर को संबोधित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा ही हमारा संकल्प है, जनता की सुविधा बढ़ाने में हम कोई कमी नहीं रहने देंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बीते दो वर्षों में स्वास्थ्य सेवाओं में अभूतपूर्व सुधार हुआ है और सरकार का लक्ष्य है कि हर नागरिक को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं सुलभ कराई जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में आज मध्य प्रदेश का चहुमुखी विकास हो रहा है। राज्य में लगातार आर्थिक गतिविधियां जारी हैं, नए-नए उद्योग और विकास की संभावनाओं पर बल दिया जा रहा है। साथ ही किसानों हितैषी नीतियों के अंतगर्त किसान सम्मान निधि, सांदीपनि विद्यालयों के माध्यम से बच्चों को बेहतर शिक्षा और लाड़ली बहनों को हर माह 1500 रुपए राशि पहुंचा जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अगर बहनें रेडीमेड गारमेंट जैसे रोजगार परक उद्योगों में कार्य करेंगी तो उन्हें सरकार की ओर से प्रतिमाह वेतन के साथ 5000 रुपए की अतिरिक्त सहायता प्रदान की जाएगी। राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ गरीब, अन्नदाता, युवा और नारी कल्याण के लिए संकल्पित है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने बैरसिया विधायक श्री विष्णु खत्री को जन्मदिन की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। विधायक श्री खत्री की मांग पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ईंटखेड़ी में एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) स्थापित करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि चाहे कितना भी बड़ा रोग हो या कोई जटिल ऑपरेशन, हमारी सरकार हर ज़रूरतमंद को उपचार के लिए हरसंभव सहायता उपलब्ध कराएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनसेवा हमारा मूल लक्ष्य है, और हम इसी दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा निरंतर प्रयासों से स्वास्थ्य विभाग में निरंतर नई भर्ती की जा रही है और अस्पतालों की सुविधाओं का भी लगातार विस्तार किया जा रहा है। इस अवसर पर सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम तथा भोपाल के प्रभारी मंत्री श्री चेतन कश्यप, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रामकुंवर नौरंगसिंह गुर्जर, उपाध्यक्ष श्री मोहन जाट, श्री तीरथ सिंह मीणा, श्री गोपाल सिंह मीणा, श्री पर्वत सिंह पटेल, सहित अनेक स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीणजन उपस्थित थे। बताया गया कि इस नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर में दोपहर तक 1500 से अधिक लोगों ने अपनी जांच और इलाज कराया। शिविर से लाभ पाकर क्षेत्र के लोगों ने भारी उत्साह और प्रसन्नता व्यक्त की।

देश, प्रदेश सबके साथ और प्रयास से होगा टी.बी. मुक्त : राज्यपाल पटेल

टी.बी. उन्मूलन में हर व्यक्ति की हो सहभागिता : राज्यपाल  पटेल देश, प्रदेश सबके साथ और प्रयास से होगा टी.बी. मुक्त : राज्यपाल  पटेल राज्यपाल ने किया 76वें टी.बी. सील अभियान का शुभारंभ भोपाल राज्यपाल  मंगुभाई पटेल ने कहा कि टी.बी. उन्मूलन के लिए सबसे कारगर उपाय जागरूकता है। हर व्यक्ति की जिम्मेदारी है कि टी.बी. जागरूकता कार्यक्रमों का हिस्सा बनें और टी.बी. उन्मूलन में सक्रिय सहभागिता करें। प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के मूल मंत्र सबका साथ-सबका विकास-सबका विश्वास और सबके प्रयास से टी.बी. मुक्त भारत अभियान सफल होगा। देश और प्रदेश टी.बी. मुक्त बनेगा। राज्यपाल  पटेल सोमवार को मध्यप्रदेश टी.बी. एसोसिएशन के 76वें टी.बी. सील अभियान के शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने टी.बी. मरीजों को पौष्टिक आहार का वितरण किया। साथ ही नि:क्षय मित्रों, चिकित्सकों, दानदाताओं और समाज सेवी संस्थाओं का सम्मान किया। राज्यपाल  पटेल ने नागरिकों से कहा है कि अपनी योग्यता और क्षमता से टी.बी. रोगियों की मदद करें। मानवता की सेवा में ही जीवन की सार्थकता है। पीड़ित और जरूरतमंद की मदद पुण्य का महान कार्य है। इससे ईश्वर का आशीर्वाद प्राप्त होता है। उन्होंने टी.बी. उन्मूलन के एकजुट और एकमत विश्वास को व्यक्त करने आयोजन की थीम “हाँ, हम टी.बी. को समाप्त कर सकते हैं” की सराहना की। टी.बी. रोग उन्मूलन के सतत प्रयासों के लिए टी.बी. एसोसिएशन से संबद्ध समर्पित पदाधिकारियों, संबंधित विभागों और समाज सेवी संस्थाओं को बधाई दी। प्रधानमंत्री  मोदी के टी.बी. मुक्त भारत अभियान के संकल्प को मध्यप्रदेश में जन आंदोलन बनाने के लिए साधुवाद दिया। समय पर दवाई लें, पौष्टिक आहार और नियमित व्यायाम करें राज्यपाल  पटेल ने कहा कि टी.बी. संक्रामक रोग है। इस रोग को समझना जरूरी है। सही समय पर सही और नियमित उपचार से रोग को खत्म किया जा सकता है। टी.बी. मरीज समय पर दवाई लें। दवाई का कोर्स पूरा भी करें। खान-पान का विशेष ध्यान रखें। भोजन में मोटे अनाज आदि पौष्टिक आहार को शामिल करें। भरपूर पानी पीयें नींद लें और नियमित व्यायाम करें। उन्होंने कहा कि रोगी अपने स्वास्थ्य के प्रति सचेत और संयमित रहें। अनुशासित जीवन शैली को अपनाएं। राज्यपाल  पटेल का टी.बी. एसोसिएशन के अध्यक्ष  जयपाल सचदेव ने पुष्पगुच्छ एवं शॉल भेंट कर स्वागत किया और बैज लगाकर अभिनंदन किया गया। अध्यक्ष  सचदेव ने स्वागत उद्बोधन दिया। विधायक  भगवानदास सबनानी ने टी.बी. रोग के इलाज, पौष्टिक आहार वितरण और रोग उन्मूलन के मानवीय प्रयासों के लिए टी.बी. एसोसिएशन, चिकित्सकों, दानदाताओं और समाजसेवियों की सराहना की। भोपाल नगर निगम अध्यक्ष  किशन सूर्यवंशी ने कहा कि टी.बी. रोग को समुचित इलाज और जागरूकता से हराया जा सकता है। वार्षिक प्रतिवेदन एसोसिएशन के सचिव डॉ. मनोज वर्मा ने प्रस्तुत किया। आभार कोषाध्यक्ष अभिजीत देशमुख ने व्यक्त किया। कार्यक्रम में सी.एम.एच.ओ. डॉ. मनीष शर्मा, टी.बी. एसोसिएशन के पदाधिकारी, चिकित्सक, नि:क्षय मित्र और समाज सेवी उपस्थित थे।  

शिवराज सिंह चौहान, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने महिला क्रिकेट टीम को विश्व कप जीत पर दी बधाई

भोपाल, केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने रविवार को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ विश्व कप फाइनल में ऐतिहासिक जीत पर भारतीय महिला क्रिकेट टीम को बधाई दी। हरमनप्रीत कौर की अगुवाई वाली भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने इतिहास रचते हुए रविवार को एकदिवसीय विश्व कप फाइनल में दक्षिण अफ्रीका को 52 रन से हराकर अपनी पहली आईसीसी ट्रॉफी जीती। चौहान ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “हमारी बेटियां चैंपियन हैं, बेटियों ने दिल भी जीता है और दुनिया भी। यह जीत इस बात की गवाह है कि भारत की बेटियों की उड़ान आसमान से भी ऊंची है।” उन्होंने कहा, “दक्षिण अफ्रीका को हराकर भारत अब महिला क्रिकेट में भी विश्व विजेता बन गया है! देशवासियों को और हमारी बेटियों को हार्दिक बधाई।” यादव ने ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘बेटियों ने लहराया भारत का परचम। आईसीसी महिला विश्वकप 2025 भारत के नाम कर मां भारती को गौरवान्वित करने वाली महिला खिलाड़ियों को बधाई और हार्दिक अभिनंदन।’’ उन्होंने कहा कि ‘‘यह विजय नए भारत की नारी शक्ति की नई उड़ान है।’’  

महिला शक्ति को सलाम: CM मोहन यादव ने ‘क्रांति’ सहित महिला क्रिकेट टीम को दी बड़ी सौगात

   भोपाल मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने बड़ी घोषणा की हैं। छतरपुर की रहने वाली भारतीय महिला क्रिकेटर क्रांति गौड़ को एक करोड़ रुपये प्रोत्साहन राशि देने का ऐलान किया है। वहीं सीएम ने वर्ल्ड कप जीतने पर महिला क्रिकेटरों की जमकर तारीफ भी की हैं। सीएम डॉ मोहन यादव सोमवार को एमपी पावर मैनेजमेंट कंपनी के कार्यालय के नए भवन का लोकार्पण करने पहुंचे थे। जहां उन्होंने बड़ा ऐलान किया हैं। मुख्यमंत्री ने महिला विश्व कप की सदस्य क्रांति गौड़ को एक करोड़ रुपये प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की हैं। इसके साथ ही पूरी टीम की जमकर तारीफ की और सभी को बधाई दी हैं। इससे पहले उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट कर लिखा- बेटियों ने लहराया भारत का परचम…आईसीसी महिला विश्व कप-2025 भारत के नाम कर मां भारती को गौरवान्वित करने वाली BCCIWomen की खिलाड़ियों को बधाई एवं हार्दिक अभिनंदन। यह विजय ‘नए भारत’ की नारी शक्ति की नई उड़ान है। जय हो। आपको बता दें कि क्रांति गौड़ का जन्म छतरपुर जिले के छोटे कस्बे घुवारा में हुआ। उनके पिता एक रिटायर्ड पुलिस कांस्टेबल है। क्रांति के छह-भाई बहन है। महिला क्रिकेट वर्ल्ड कप में भारतीय टीम की तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने 8 मैचों में 9 विकेट हासिल किये और अपनी टीम को इस मुकाम तक पहुंचाया।