samacharsecretary.com

दिल दहला देने वाली घटना: पंजाब में महिला ने 3 बच्चों के साथ लगाई नहर में छलांग, खुद बच निकली

रूपनगर. मां की ममता की कहानियां अक्सर बच्चों की हिफाजत से जुड़ी होती हैं, लेकिन मोहाली की इस घटना ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। गांव मटौर में एक महिला ने सोमवार को अपने तीन बच्चों को धक्का देकर नहर में फेंक दिया। इसके बाद खुद भी आत्महत्या करने के लिए नहर में छलांग लगा दी। बाद में तैर कर खुद किनारे पर आ गई। घटना में दो बच्चों के शव मोरिंडा शहर के आगे भाखड़ा नहर से बरामद कर लिए गए हैं, जबकि तीसरे की तलाश जारी है। वहीं, नहर के पास से पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया है। वह डूबी नहीं और तैर कर किनारे पर आ गई थी। बताया जा रहा है कि महिला शकुंतला उर्फ सुमन मोहाली के मटौर की रहने वाली है। आत्महत्या करने के लिए भाखड़ा नहर के पास आई महिला सोमवार को वह आत्महत्या करने के लिए ही मोहाली से रोपड़ में भ्योरा हाईवे पुल के नीचे भाखड़ा नहर के पास आई थी। उसने यहां अपने तीनों बच्चों 10 वर्षीय तपश, सात वर्षीय तनवी और चार वर्षीय नितिन को नहर में फेंके दिया। मृतक बच्चों के दादा रामबाबू ने बहू शकुंतला पर गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि पिछले कुछ समय से उसका व्यवहार सामान्य नहीं था और वह कई बार बच्चों को नुकसान पहुंचाने जैसी बातें करती थी। स्वजन के मुताबिक, परिवार पहले से ही मुश्किल दौर से गुजर रहा था और घर में लगातार तनाव का माहौल बना रहता था। घर पर नहीं थे बहू और बच्चे उन्होंने कहा कि बहू के साथ काफी समय से झगड़े भी होते थे। पता नहीं था कि वह बच्चों को मार ही देगी। वहीं, उन्होंने पुलिस को बताया है कि जब वह शाम को काम से लौटे तो बहू और बच्चे घर पर नहीं थे। जब उन्हें खोजा गया तो उनका कुछ पता नहीं चला। इसके बाद पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस ने शकुंतला के मोबाइल की लोकेशन से उसका पता निकाला। उसकी लोकेशन रोपड़ में दिखी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और नहर के किनारे से ही शकुंतला को गिरफ्तार कर लिया। महिला ने तब सारी घटना के बारे बताया। वहीं डीएसपी सिटी-1 गुरचरण सिंह ने बताया कि घटना से जुड़े सभी तथ्यों की जांच की जा रही है। आरोपित महिला से पूछताछ जा रही है।

फिरौती-फायरिंग के आरोपी बिल्ला का बटाला में एनकाउंटर, पुलिस की गोली लगने से घायल

बटाला. बटाला शहर में पिछले कुछ समय से हुई विभिन्न फिरौती और फायरिंग की घटनाओं में वांछित पांचवें आरोपी मलकीत सिंह उर्फ बिल्ला चिज्जड़ (28), पुत्र वसन सिंह, निवासी काहनूवान रोड बतला, को पुलिस आरोपी को उसके द्वारा इस्तेमाल किए गए हथियार की बरामदगी के लिए अलीवाल क्षेत्र में नहर किनारे लेकर गई थी। बरामदगी के दौरान आरोपी ने मोके पर छुपा कर रखी पिस्टल से अचानक पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। उसे तुरंत इलाज के लिए बटाला के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मलकीत सिंह उर्फ बिल्ला चिज्जड़ बटाला और आसपास के इलाकों में हुई कई फिरौती और फायरिंग की वारदातों में वांछित था। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने फैशन लंदन गारमेंट्स, एक कार डीलर से संबंधित प्रतिष्ठान तथा राइफल रेस्टोरेंट सहित कई स्थानों पर फायरिंग कर दहशत का माहौल बनाया था। उस पर कथित रूप से फिरौती मांगने के भी आरोप हैं। पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे घटना की सूचना मिलते ही एसपी (पीबीआई) रमणिंदर सिंह, डीएसपी सिटी सुखइंदर सिंह, डीएसपी ललित कुमार, थाना सिविल लाइन के एसएचओ गुरमीत सिंह तथा थाना घनिए के बांगर के एसएचओ लखबीर सिंह सहित अन्य पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। फोरेंसिक टीम ने भी मौके से साक्ष्य एकत्र किए हैं तथा मामले की आगे की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, मलकीत सिंह उर्फ बिल्ला चिज्जड़ के खिलाफ पहले से भी 12 आपराधिक मामले दर्ज हैं। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक उसके खिलाफ करीब आठ आपराधिक केस दर्ज हैं, जिनमें फायरिंग, धमकी और अन्य गंभीर अपराध शामिल हैं। पुलिस उसके अन्य साथियों और आपराधिक नेटवर्क की भी जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और संगठित अपराध पर अंकुश लगाने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा। फिरौती और फायरिंग जैसी घटनाओं में शामिल किसी भी व्यक्ति को कानून से बचने नहीं दिया जाएगा। फिलहाल घायल आरोपी पुलिस निगरानी में उपचाराधीन है और उससे पूछताछ जारी है। मामले में आगे और तथ्य सामने आने पर पुलिस आवश्यक कानूनी कार्रवाई करेगी।

Punjab Weather: पठानकोट में 5 घंटे की बारिश से जलभराव, चंडीगढ़ भी भीगा; 2-3 दिन में मानसून की एंट्री

चंडीगढ़  पंजाब के पठानकोट, गुरदासपुर और मोहाली में बारिश हुई। इसके साथ ही चंडीगढ़ में बूंदाबांदी हुई। पठानकोट में बारिश के कारण स्कूल खुलने के पहले दिन ही कई बच्चे सुबह से नहीं पहुंच पाए। जबकि मोहाली और जांलधर में ठंडी हवांए चली।पठानकोट में करीब 5 घंटे हुए बारिश के बाद शहर में सड़कों पर करीब 3 से 4 फीट तक जगह-जगह पानी भर गया। इसक अलावा खड्डी नाला उफान पर आ गया, जिससे पानी पुल के ऊपर से जाने लगा। मौसम विभाग ने आकाशीय बिजली गिरने और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का पूरे पंजाब और चंडीगढ़ में यलो अलर्ट जारी किया है। 2-3 दिन में मानसून आने की संभावना है। चंडीगढ़ समेत ट्राइसिटी में 12 बजे तक बारिश का अलर्ट है। पठानकोट में 5 घंटे की मूसलाधार बारिश से थमा जनजीवन मानसून की पहली जोरदार दस्तक ने पठानकोट शहर को पूरी तरह से जलमग्न कर दिया है। आज तड़के सुबह 2 बजे से लेकर सुबह 7 बजे तक लगातार 5 घंटों तक हुई मूसलाधार बारिश ने नगर निगम के विकास के दावों की पोल खोल कर रख दी। हालात इस कदर बिगड़ चुके हैं कि शहर के बीचों-बीच से गुजरने वाला 'खड्डी नाला' उफान पर है। मनवाल, सिउंटी सहित जिले के 100 से अधिक गांवों को शहर से जोड़ने वाले रास्तों से गुजरते खड्डी नाला ने रास्ते बंद कर दिए। जिसके चलते लोग समय पर कामों पर नहीं पहुंच पाए। वहीं, शहर में पढ़ने वाले स्कूलों तक नहीं पहुंच पाए। शहर के गांधी चौक, अंदरूण बाजार में बरसात का पानी लोगों की दुकानों में घुसने से भारी नुक्सान हुआ है। लोगों ने बरसात से पहले शहर की निकासी के प्रबंध दरुस्त ना करने पर नगर निगम के खिलाफ नाराजगी जताई है। पहले ही दिन स्कूल बंद जैसे हालात गर्मियों की छुट्टियों के बाद आज स्कूल खुलने का पहला दिन था। बच्चे नए उत्साह के साथ स्कूलों के लिए तैयार हुए थे, लेकिन इस मूसलाधार बारिश ने उनके उत्साह पर पानी फेर दिया। सुबह के समय सड़कों पर 3 से 4 फीट तक पानी जमा होने के कारण अधिकांश स्कूली बसें अपने गंतव्य (स्कूलों और बच्चों के घरों) तक नहीं पहुंच पाईं। जलभराव के चलते शहर के लगभग सभी स्कूलों में बच्चों की हाजिरी नामात्र दर्ज की गई। कई अभिभावकों को जलभराव के कारण रास्ते से ही बच्चों को लेकर घर लौटना पड़ा। पॉश कॉलोनियों से लेकर मुख्य चौकों तक भारी जलभराव बारिश का सबसे भयानक रूप शहर की सड़कों और रिहायशी इलाकों में देखने को मिला। शहर के मुख्य मार्गों समेत कई प्रमुख कॉलोनियां पानी में डूब गईं। बाउलियां रोड और गांधी चौक: यहां सड़कों पर कई फीट पानी जमा होने से गाड़ियां आधी डूब गईं। वडैहरा मोहल्ला और टीचर कॉलोनी: इन क्षेत्रों में जल निकासी ठप होने से पानी गलियों को पार कर लोगों के घरों के कमरों तक पहुंच गया। पॉश एरिया प्रताप नगर: शहर के इस पॉश इलाके में भी प्रशासनिक नाकामी साफ दिखी, जहां सड़कों पर नाले का गंदा पानी तैरता नजर आया। वहीं औसत अधिकतम तापमान में 1.6 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। इसके बावजूद पंजाब का औसत तापमान अब भी सामान्य से 2.3 डिग्री सेल्सियस अधिक बना हुआ है। मंगलवार को फरीदकोट राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 43.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। 30 जून को हिमाचल तक पहुंचा मानसून: मौसम विभाग के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून ने 30 जून मध्य प्रदेश के कुछ और हिस्सों, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के शेष भागों, उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों, उत्तराखंड के अधिकांश क्षेत्रों तथा हिमाचल प्रदेश और लद्दाख के कुछ हिस्सों में आगे बढ़त दर्ज की है। 2-3 दिनों में पंजाब-चंडीगढ़ तक पहुंचेगा: अगले 2-3 दिनों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पूरे दमन एवं दीव, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, लद्दाख, जम्मू-कश्मीर तथा हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। 3 दिन भारी बारिश का अलर्ट: मौसम विभाग के मुताबिक पंजाब में 2 से 4 जुलाई तथा 6 जुलाई को कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। चंडीगढ़ में 2 से 6 जुलाई के दौरान कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है।

चंडीगढ़ में बम की धमकी से हड़कंप, 7 स्कूलों में चला सर्च ऑपरेशन, मौके पर पहुंची डॉग स्क्वायड

चंडीगढ़. चंडीगढ़ में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया जब शहर के सात प्रमुख स्कूलों को ई-मेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली। धमकी मिलने के बाद चंडीगढ़ पुलिस, बम निरोधक दस्ता, डॉग स्क्वायड और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने सभी स्कूलों में सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया। एहतियात के तौर पर स्कूल परिसरों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस कंट्रोल रूम के अनुसार सबसे पहले सेक्टर-31 स्थित एयर फोर्स स्कूल को धमकी भरा ई-मेल मिला। इसके बाद कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल सेक्टर-37बी, गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल सेक्टर-37डी, विवेक हाई स्कूल सेक्टर-38, सेक्रेड हार्ट स्कूल सेक्टर-26, स्ट्रॉबेरी फील्ड्स हाई स्कूल सेक्टर-26, डीपीएस सेक्टर-40 और कार्मेल कॉन्वेंट स्कूल सेक्टर-9 को भी इसी तरह की धमकी मिली है। धमकी मिलते ही सभी स्कूलों में पुलिस टीमें पहुंच गईं और पूरे परिसर की गहन जांच शुरू कर दी गई। बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड प्रत्येक स्कूल के भवन, कक्षाओं, पार्किंग और अन्य संवेदनशील स्थानों की तलाशी ले रहे हैं। प्रारंभिक जांच में मामला ई-मेल के जरिए भेजी गई धमकी का प्रतीत हो रहा है। साइबर सेल ई-मेल के स्रोत, आईपी एड्रेस और भेजने वाले की पहचान करने में जुट गई है। फिलहाल किसी भी स्कूल से कोई संदिग्ध वस्तु मिलने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। चंडीगढ़ पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को देने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा के मद्देनजर सभी आवश्यक कदम उठाए गए हैं और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।

रिश्वत मामले में सुंदर शाम अरोड़ा को राहत नहीं, हाई कोर्ट ने ट्रायल रोकने से किया इनकार

चंडीगढ़  पंजाब की पूर्व कांग्रेस सरकार में उद्योग मंत्री रहे सुंदर शाम अरोड़ा को पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। हाई कोर्ट ने रिश्वत मामले में दर्ज एफआईआर और ट्रायल कोर्ट की कार्यवाही को रद्द करने की मांग वाली उनकी याचिका को सिरे से खारिज कर दिया। अदालत ने कहा कि याचिका आधारहीन है और इसमें कोई मेरिट नहीं है। गौरतलब है कि सुंदर शाम अरोड़ा को वर्ष 2022 में पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने अपने सहायक महानिरीक्षक (एआईजी) को 50 लाख रुपये की रिश्वत देने के आरोप में गिरफ्तार किया था। आरोप था कि आय से अधिक संपत्ति के मामले से अपना नाम निकलवाने के लिए उन्होंने एआईजी को एक करोड़ रुपये की रिश्वत की पेशकश की थी। विजिलेंस के अनुसार, अरोड़ा पहली किस्त के तौर पर 50 लाख रुपये लेकर पहुंचे थे, तभी उन्हें रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया था। इसी मामले में दर्ज एफआईआर और उसके आधार पर चल रही ट्रायल कोर्ट की कार्यवाही को रद्द करने के लिए उन्होंने हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था, लेकिन अदालत ने उनकी दलीलों को स्वीकार नहीं किया। हालांकि, इस मामले में सुंदर शाम अरोड़ा को पहले ही पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट से नियमित जमानत मिल चुकी है।

CM मान आज महिलाओं के खातों में भेजेंगे सहायता राशि, ‘मावां-धीयां सत्कार योजना’ का होगा शुभारंभ

बरनाला. पंजाब विधानसभा चुनाव 2019 के समय आम आदमी पार्टी ने पांच गारंटियों को एलान किया था। इसी क्रम मे आज मुख्यमंत्री भगवंत मान सिंह मान धुरी में 'मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना' की शुरुआत करेंगे। इसके तहत आज से पंजाब की महिलाओं के खातों में एक हजार से 1500 रुपये ट्रांसफर होंगे।  मुख्यमंत्री वेब लिंक लॉन्च कर योजना का औपचारिक शुभारंभ करेंगे। अब तक योजना के तहत करीब 50 लाख महिलाओं का पंजीकरण हो चुका है। जनरल वर्ग की महिलाओं को एक हजार रुपये और अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1500 रुपये की सम्मान राशि दी जाएगी। बाद में रजिस्ट्रेशन कराने वाली महिलाओं को भी इस स्कीम का पूरा लाभ मिलेगा। सीएम मान आज तीन महीने की सम्मान राशि सीधे महिलाओं के बैंक खातों में ट्रांसफर करेंगे। यह राशि 3500 से लेकर 4000 रुपये के बीच होगी। क्या है मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना? मुख्यमंत्री मावां-धियां सत्कार योजना पंजाब सरकार द्वारा शुरू की गई एक महत्वपूर्ण महिला कल्याण स्कीम है। सीएम मान ने इस योजना का एलान पंजाब बजट 2026–27 के दौरान किया था। योजना का उद्देश्य राज्य की महिलाओं को आर्थिक सहायता देकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इस योजना के अंतर्गत पंजाब की सामान्य वर्ग की महिलाओं को हर महीने एक हजार रुपये और अनुसूचित जाति वर्ग की महिलाओं को 1500 रुपये सम्मान राशि दी जाएगी। योजना की शुरुआत आज से होगी। कैसे मिलेंगे रुपये? योजना के अंतर्गत राशि महिलाओं के बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से भेजी जाएगी। पंजाब राज्य की 18 वर्ष या अधिक आयु की महिलाएं इस योजना का लाभ ले सकती हैं। क्या है पात्रता? योजना का लाभ लेने के लिए महिला का पंजाब का निवासी होना आवश्यक है। महिला की उम्र 18 साल से अधिक होनी चाहिए। महिला का आधार कार्ड बैंक अकाउंट से लिंक होना चाहिए। जरूरी दस्तावेज महिला का आधार कार्ड। महिला की बैंक पासबुक की फोटोकॉपी। पंजाब का राशन कार्ड या वोटर आईडी कार्ड। मोबाइल नंबर- आधार कार्ड और बैंक पासबुक से लिंक होना चाहिए। आज 97 फीसदी महिलाओं को मिलेगा लाभ मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मंगलवार को घोषणा की बुधवार को दोपहर 12 बजे के बाद राज्य की महिलाओं के मोबाइल फोन पर खास संदेश आएगा। संदेश में लिखा होगा कि आपके खाते में 4,500 या 3,000 रुपये जमा हो गए हैं। यह राशि पंजाब सरकार की ओर से राज्य की महिलाओं के लिए शुरू की जा रही मांवां धीयां सत्कार योजना के तहत डाली जाएगी।

पंजाब में महिलाओं को बड़ी सौगात! ‘मावां-धीयां सत्कार योजना’ लॉन्च, 40 लाख महिलाओं को एक साथ 3 महीने की राशि

 बरनाला  पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने महलकलां में कहा कि राज्य महिलाओं के लिए एक ऐतिहासिक दिन लिखने को तैयार है, क्योंकि आम आदमी पार्टी सरकार ‘मावां-धीयां सत्कार योजना’ शुरू करके एक और बड़ी गारंटी पूरी कर रही है। उन्होंने कहा कि दोपहर 12 बजे के बाद पूरे पंजाब में मोबाइल फोन बजने लगेंगे, क्योंकि हर महिला के बैंक खाते में तीन हजार और अनुसूचित जाति (एससी) की महिलाओं के खाते में चार हजार रुपये की तीन महीने की ‘सत्कार राशि’ एक ही किश्त में जमा की जाएगी। उन्होंने कहा कि पंजाब के तेज़ी से हो रहे विकास से घबराए विरोधी राज्य की प्रगति में बाधा डालने की साजिश कर रहे हैं। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, "एक जुलाई से महिलाओं को सीधे उनके बैंक खातों में पैसे मिलने लगेंगे। 'मावां-धीयां सत्कार योजना' के तहत, हर महिला को हर महीने एक हजार मिलेंगे, जबकि अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति माह मिलेंगे। यह रकम सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जाएगी और जो महिलाएं पहले से ही सामाजिक सुरक्षा पेंशन पा रही हैं, वे भी इसके लिए पात्र होंगी। उम्मीद है कि पंजाब की लगभग 97% महिलाओं को इस योजना का लाभ मिलेगा, जिसके लिए राज्य सरकार ने बजट में कुल 9,300 करोड़ का प्रावधान किया है।" मान ने कहा, "हमारी सरकार लोगों की भलाई के लिए लगातार काम कर रही है। हमने घरों को मुफ़्त बिजली दी है, बिना किसी भ्रष्टाचार के 68,000 से ज़्यादा युवाओं को सरकारी नौकरियां दी हैं, सड़कों को बेहतर बनाया है, टोल प्लाज़ा बंद करके रोज़ाना लगभग 70 लाख की बचत की है, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मज़बूत किया है, बुनियादी ढांचा तैयार किया है और कई अन्य अहम पहल की हैं। जब हमारी सरकार सत्ता में आई थी, तब सिंचाई के लिए नहर के पानी का सिर्फ़ 22% ही इस्तेमाल हो रहा था। आज यह आंकड़ा बढ़कर 80% से ज़्यादा हो गया है। हम राज्य भर में गांवों के विकास के लिए अनुदान भी दे रहे हैं।" राज्य में हेल्थकेयर में किए गए सुधारों के बारे में बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, "मुख्यमंत्री सेहत योजना देश की अपनी तरह की पहली योजना है जो पंजाब के हर परिवार को 10 लाख तक का कैशलेस इलाज देती है। इसका मकसद राज्य के हर परिवार को यूनिवर्सल हेल्थकेयर देना है, और लोग इस योजना के तहत 650 करोड़ से ज़्यादा का मुफ़्त इलाज करवा चुके हैं।" AAP ने पूरी की आखिरी गारंटी  मुख्यमंत्री वेब लिंक लॉन्च कर योजना का औपचारिक शुभारंभ करेंगे। अब तक योजना के तहत करीब 50 लाख महिलाओं का पंजीकरण हो चुका है। जनरल वर्ग की महिलाओं को एक हजार रुपये और अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1500 रुपये की सम्मान राशि दी जाएगी। बाद में रजिस्ट्रेशन कराने वाली महिलाओं को भी इस स्कीम का पूरा लाभ मिलेगा। सीएम मान आज तीन महीने की सम्मान राशि सीधे महिलाओं के बैंक खातों में ट्रांसफर करेंगे। यह राशि 3500 रुपये से लेकर 4000 रुपये के बीच होगी। क्या है मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना? मुख्यमंत्री मावां-धियां सत्कार योजना पंजाब सरकार द्वारा शुरू की गई एक महत्वपूर्ण महिला कल्याण स्कीम है। सीएम मान ने इस योजना का एलान पंजाब बजट 2026–27 के दौरान किया था। योजना का उद्देश्य राज्य की महिलाओं को आर्थिक सहायता देकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इस योजना के अंतर्गत पंजाब की सामान्य वर्ग की महिलाओं को हर महीने एक हजार रुपये और अनुसूचित जाति वर्ग की महिलाओं को 1500 रुपये सम्मान राशि दी जाएगी। योजना की शुरुआत आज से होगी। कैसे मिलेंगे रुपये? योजना के अंतर्गत राशि महिलाओं के बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से भेजी जाएगी। पंजाब राज्य की 18 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाएं इस योजना का लाभ ले सकती हैं। क्या है पात्रता?     योजना का लाभ लेने के लिए महिला का पंजाब का निवासी होना आवश्यक है।     महिला की उम्र 18 साल से अधिक होनी चाहिए।     महिला का आधार कार्ड बैंक अकाउंट से लिंक होना चाहिए। जरूरी दस्तावेज     महिला का आधार कार्ड।     महिला की बैंक पासबुक की फोटोकॉपी।     पंजाब का राशन कार्ड या वोटर आईडी कार्ड।     मोबाइल नंबर- आधार कार्ड और बैंक पासबुक से लिंक होना चाहिए। आज 97 फीसदी महिलाओं को मिलेगा लाभ मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मंगलवार को घोषणा की बुधवार को दोपहर 12 बजे के बाद राज्य की महिलाओं के मोबाइल फोन पर खास संदेश आएगा। संदेश में लिखा होगा कि आपके खाते में 4,500 या 3,000 रुपये जमा हो गए हैं। यह राशि पंजाब सरकार की ओर से राज्य की महिलाओं के लिए शुरू की जा रही मांवां धीयां सत्कार योजना के तहत डाली जाएगी।  

169 करोड़ के घपले में CBI की बड़ी कार्रवाई, रिटायरमेंट के दिन ही गिरफ्तार हुए IAS प्रदीप कुमार

चंडीगढ़ सरकारी नौकरी में रिटायरमेंट का दिन आमतौर पर विदाई, सम्मान और नई शुरुआत का प्रतीक माना जाता है. लेकिन हरियाणा के एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी के लिए यही दिन कानूनी कार्रवाई का दिन बन गया. हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (HSPCB) के तत्कालीन सदस्य सचिव और आईएएस अधिकारी प्रदीप कुमार को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने उनके अंतिम कार्य दिवस पर गिरफ्तार कर लिया. आरोप है कि उनके कार्यकाल के दौरान सरकारी धन के 169 करोड़ रुपये के कथित गबन और फर्जी निवेश से जुड़े मामले में उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।  यह गिरफ्तारी इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि यह उस बहुचर्चित बैंकिंग घोटाले की कड़ी है, जिसमें हरियाणा सरकार के कई विभागों के करोड़ों रुपये कथित तौर पर फर्जी फिक्स्ड डिपॉजिट और संदिग्ध बैंक खातों के जरिए इधर-उधर किए गए. सीबीआई का दावा है कि अकेले HSPCB को 169 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ, जिसे एजेंसी हरियाणा सरकार के किसी विभाग को हुआ अब तक का सबसे बड़ा वित्तीय नुकसान बता रही है।  जानिए, क्या है पूरा मामला सीबीआई के अनुसार, प्रदीप कुमार मूल रूप से 2011 बैच के हरियाणा सिविल सेवा (HCS) अधिकारी थे, जिन्हें बाद में भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में पदोन्नत किया गया. सदस्य सचिव के तौर पर कार्यरत रहते हुए उन्होंने बोर्ड की निवेश संबंधी प्रक्रिया में सीधे तौर पर भूमिका निभाई. जांच एजेंसी का आरोप है कि उन्होंने निर्धारित वित्तीय सीमा से कहीं अधिक राशि को चंडीगढ़ के सेक्टर-32 स्थित IDFC First Bank शाखा में फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) बनाने के नाम पर ट्रांसफर करने की मंजूरी दी. यहीं से पूरे मामले ने नया मोड़ लिया।  फिक्स्ड डिपॉजिट कभी बना ही नहीं सीबीआई की जांच में सामने आया कि जिस रकम को एफडी के लिए भेजा गया था, वह पहले HSPCB के नाम से कथित तौर पर खोले गए एक बैंक खाते में ट्रांसफर की गई. जांच एजेंसी का कहना है कि इस खाते को खोलने के लिए न तो विभागीय स्वीकृति ली गई थी और न ही इसका कोई अधिकृत रिकॉर्ड मौजूद था. सबसे गंभीर आरोप यह है कि उस खाते में कभी कोई फिक्स्ड डिपॉजिट बनाया ही नहीं गया. इसके बजाय खाते से कथित तौर पर फर्जी डेबिट ट्रांजैक्शन किए गए और 169 करोड़ रुपये की रकम निकाल ली गई. सीबीआई का कहना है कि यह पूरा लेनदेन सुनियोजित वित्तीय अनियमितता का हिस्सा प्रतीत होता है, जिसकी जांच अभी जारी है।  नोटिस के बाद भी नहीं हुए पेश जांच एजेंसी के मुताबिक, प्रदीप कुमार को कई बार जांच में शामिल होने के लिए नोटिस भेजे गए थे, लेकिन वह पूछताछ से बचते रहे. इसी बीच उन्होंने पंचकूला की अदालत में अग्रिम जमानत याचिका भी दायर कर दी थी, जिस पर 2 जुलाई को सुनवाई प्रस्तावित थी. सीबीआई ने बताया कि उनकी लोकेशन ट्रेस करने के बाद मंगलवार को उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया. संयोग यह रहा कि उसी दिन उनका सरकारी सेवा का अंतिम कार्य दिवस भी था।  504 करोड़ रुपये के बड़े घोटाले से जुड़ा है मामला HSPCB का यह मामला अकेला नहीं है. जांच एजेंसी के अनुसार, यह 504 करोड़ रुपये के उस बड़े बैंकिंग घोटाले का हिस्सा है जिसमें हरियाणा सरकार के आठ विभागों के सार्वजनिक धन के कथित दुरुपयोग की जांच चल रही है. सीबीआई का आरोप है कि सरकारी रकम को फर्जी या अस्तित्वहीन फिक्स्ड डिपॉजिट के नाम पर बैंक खातों में भेजा गया. बाद में कथित तौर पर फर्जी डेबिट ट्रांजैक्शन के जरिए रकम निकालकर विभिन्न शेल कंपनियों तक पहुंचाई गई. इसी नेटवर्क की पूरी वित्तीय श्रृंखला की जांच अब सीबीआई कर रही है।  राज्य सरकार के अनुरोध पर CBI ने संभाली जांच शुरुआत में इस पूरे मामले की जांच हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो कर रहा था. बाद में मामले की गंभीरता को देखते हुए हरियाणा सरकार ने जांच सीबीआई को सौंपने की सिफारिश की. सीबीआई ने जांच अपने हाथ में लेने के बाद बैंकिंग रिकॉर्ड, वित्तीय लेनदेन, विभागीय फाइलों और संबंधित अधिकारियों की भूमिका की विस्तृत जांच शुरू की. बताया जा रहा  है कि सीबीआई के अनुसार, अब तक इस मामले में 17 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया जा चुका है. इनमें IDFC First Bank और AU Small Finance Bank के छह अधिकारी,  हरियाणा सरकार के तीन अधिकारी, दो प्राइवेट कंपनियां और उसमें काम करने वाल छह कर्मचारी शामिल हैं.  प्रदीप कुमार की गिरफ्तारी से पहले भी दो सीनियर सरकारी अधिकारियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। 

पंजाब में बढ़ा बिजली बिल? विभाग ने जारी की अहम जानकारी, जानें क्या करें

चंडीगढ़. पंजाब में बिजली उपभोक्ताओं के लिए अहम खबर सामने आई है। मीटर रीडरों की हड़ताल के चलते पी.एस.पी.सी.एल. ने बड़ा फैसला लिया है। अब राज्य भर में बिजली के बिल स्पीड पोस्ट के जरिए भेजे जाएंगे। इस फैसले से 10.5 लाख से अधिक खपतकार सीधे तौर पर प्रभावित होंगे। बिजली विभाग ने साफ किया है कि यदि किसी उपभोक्ता का बिजली बिल सामान्य से ज्यादा आया है, बिल पर ‘एन कोड’ लिखा हुआ है या कई महीनों का इकट्ठा बिल मिला है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। एन कोड का मतलब है कि मीटर की वास्तविक रीडिंग नहीं ली जा सकी और पिछली खपत के आधार पर अंदाजन (अनुमानित) बिल जारी किया गया है। यह फाइनल बिल नहीं माना जाएगा। पी.एस.पी.सी.एल. के अनुसार, जैसे ही मीटर की असली रीडिंग ली जाएगी, उसी के अनुसार पूरा हिसाब किया जाएगा। अगर किसी उपभोक्ता ने अधिक राशि जमा करवा दी है तो वह रकम अगले बिल में एडजस्ट कर दी जाएगी, वहीं कम भुगतान की स्थिति में बाकी राशि बाद में जोड़ी जाएगी। दरअसल, पंजाब में आउटसोर्स मीटर रीडर अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं, जिस कारण कई इलाकों में मीटर रीडिंग नहीं हो सकी। इसी वजह से विभाग को मजबूरी में अनुमानित बिल जारी करने पड़े। फिलहाल मीटर रीडरों की हड़ताल खत्म होने को लेकर कोई आधिकारिक ऐलान नहीं हुआ है और बातचीत जारी है।

जिला परिषद चुनाव परिणामों पर विवाद, मुक्तसर में धांधली के आरोप; हाईकोर्ट जाने की तैयारी

श्री मुक्तसर साहिब. मुक्तसर में मंगलवार को जिला परिषद के चेयरमैन और वाइस चेयरपर्सन का चुनाव कर लिया है। वोटिंग के बाद आम आदमी पार्टी की गुरविंदर कौर मलोट को चेयरपर्सन चुना गया। वहीं वाइस चेयरपर्सन शिरोमणि अकाली दल की कुलविंदर कौर जस्सिआना सर्वसम्मति से चुन ली गईं, क्योंकि आप के पास वाइस चेयरमैन का कोई उम्मीदवार नहीं था। यह प्रक्रिया रेड क्रास भवन में की गई। शिअद ने चुनाव प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं। पूर्व विधायक और जिला प्रधान कंवरजीत सिंह रोजी बरकंदी ने कहा कि प्रशासन ने सत्ता पक्ष के इशारे पर धक्केशाही की। उनका आरोप है कि जिले की 13 सीटों में से सात शिअद के पास थीं, जबकि आप के पास सिर्फ पांच और कांग्रेस के पास एक सदस्य था। शिअद नेता ने क्या दावा किया? ऐसे में चेयरमैन शिअद का बनना चाहिए था। शिअद नेता मनजिंदर सिंह बिट्टू ने दावा किया कि ब्लाक समिति के दो चेयरमैनों सहित उनके पास नौ वोटें थीं। उन्होंने कहा कि एक वोट रद कर दी गई और एक सदस्य की वोट को धक्के से आप में शामिल करके हमें 8-7 के फर्क से हराया गया। एसडीएम ने मंत्री और विधायक के दबाव में आकर मनमानी की। शिअद ने साफ कर दिया है कि वह इस पूरे मामले को हाईकोर्ट में चुनौती देंगे। प्रशासन के अनुसार 17 सदस्यों का कोरम था। इसमें चेयरमैन चुनाव के लिए आप को आठ वोट मिले, शिअद को सात वोट मिले और एक वोट रद हो गया। कांग्रेस से संबंधित एक जिला परिषद सदस्य गैरहाजिर रहा। आप ने मनाया जश्न आप ने चेयरपर्सन बनने पर जश्न मनाया। इस मौके पर कैबिनेट मंत्री डा. बलजीत कौर, विधायक जगदीप सिंह काका बराड़ और गिद्दड़बाहा से विधायक हरदीप सिंह डिंपी ढिल्लों के भाई सनी ढिल्लों मौजूद रहे। नवनियुक्त चेयरपर्सन गुरविंदर कौर मलोट ने कहा कि वह विकास कार्यों को प्राथमिकता देंगी और लोगों की समस्याएं हल करने के लिए तत्पर रहेंगी। वाइस चेयरपर्सन कुलविंदर कौर जस्सिआना ने कहा कि वह चेयरमैन के बराबर कुर्सी पर बैठकर लोगों का काम करेंगी। धक्केशाही करने वाले अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा शिअद के पूर्व विधायक कंवरजीत सिंह रोजी बरकंदी ने कहा कि इससे हफ्ता पहले भी जब चेयरमैन का चुनाव होना था तो सत्ता पक्ष ने बायकाट कर दिया था। अब मंगलवार को दूसरी बार चुनाव हुआ था अधिकारियों ने सरेआम सत्ता पक्ष के कहने पर धक्केशाही की है।‌ऐसा करने वाले अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा। आप के पास चार महीने चेयरमैनशिप रहेगी और उसके बाद विधानसभा चुनाव में लोग इनको धक्केशाही का जवाब देंगे। उन्होंने कहा कि सोमवार को चुनाव से एक दिन पहले उनका ब्लाक समिति का चेयरमैन पुलिस ने बिना वजह उठा लिया था। जिसे हमने देर शाम को रिहा करवाया। यह सरकार की बौखलाहट है।