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सूर्यकुमार यादव ने अहमदाबाद में छात्रों से किया संवाद, फॉर्म सुधारने का जताया भरोसा

अहमदाबाद भारत के टी20I कप्तान सूर्यकुमार यादव ने एक बार फिर अपने लंबे समय से चले आ रहे खराब फॉर्म पर खुलकर बात की. इस बार उन्होंने यह बयान अहमदाबाद स्थित जीएलएस यूनिवर्सिटी में छात्रों के साथ बातचीत के दौरान दिया, जहां उनकी बेबाक टिप्पणियों ने काफी ध्यान खींचा. एक खिलाड़ी के करियर में उतार-चढ़ाव पर बोलते हुए सूर्यकुमार ने आत्ममंथन वाला रुख अपनाया. उनकी स्पीच का ये वीडियो काफी वायरल हो रहा है. सूर्यकुमार यादव ने कहा, 'एक खिलाड़ी हमेशा अच्छे दौर में नहीं रहता. मैं यह नहीं कह रहा कि हम बुरे दौर से गुजरते हैं. यह एक सीखने की प्रक्रिया है. हमेशा एक ऐसा चरण आता है जब आपको लगता है कि आप सीखने के दौर में हैं. मेरे लिए भी यह वही सीखने वाला दौर है. थोड़ा ऊपर-नीचे रहा है.' टीम के बाकी खिलाड़ियों को सराहा सूर्या ने कहा, 'मेरे साथ अन्य 14 खिलाड़ी इस समय मेरे लिए कवर कर रहे हैं. उन्हें पता है कि जिस दिन मैं फटूंगा, क्या होगा. मुझे यकीन है कि आप सभी को भी इसके बारे में पता है.' अपने प्रदर्शन को लेकर हो रही चर्चाओं के बावजूद भारतीय कप्तान ने कहा कि उनका मानसिक रवैया अब भी पूरी तरह सकारात्मक है. स्टूडेंट्स को दी ये टिप्स सूर्या ने कहा, 'सोचिए, अगर आपके एग्जाम में कम नंबर आ जाएं तो क्या आप स्कूल छोड़ देते हैं? नहीं, आप फिर से मेहनत करते हैं और अच्छे नंबर लाते हैं. मैं भी वही करने की कोशिश कर रहा हूं. मैं बेहतर प्रदर्शन के साथ वापसी करना चाहता हूं.' सूर्यकुमार की ये टिप्पणियां ऐसे समय में आई हैं जब टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनका संघर्ष साफ नजर आ रहा है. दाएं हाथ के इस बल्लेबाज का साल 2025 बेहद फीका रहा है. उन्होंने 19 पारियों में सिर्फ 218 रन बनाए, औसत 13.62 और स्ट्राइक रेट 123.16 रहा. एशिया कप में 47 रन उनका सर्वोच्च स्कोर रहा. दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू सीरीज में भी उन्हें संघर्ष करना पड़ा, जहां उन्होंने चार पारियों में सिर्फ 34 रन बनाए, हालांकि भारत ने वह सीरीज 3-1 से जीत ली. अगले महीने न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली पांच मैचों की टी20I सीरीज में सूर्यकुमार यादव के पास एक और मौका होगा, जहां वह अपने शब्दों को रन में बदलकर टीम प्रबंधन के भरोसे को सही साबित कर सकते हैं.

बांग्लादेश में हिंदू युवक दीपू की खौफनाक मौत, फैक्ट्री में साथी वर्कर बने दुश्मन

ढाका     बांग्लादेश में कट्टरपंथियों के मॉब लिंचिंग का शिकार हुए हिन्दू युवक दीपू चंद्र दास की पूरी कहानी मीडिया में आई है. बांग्लादेश के मेयमनसिंह जिले एसपी (इंडस्ट्रियल) मोहम्मद फरहाद हुसैन खान ने कहा है कि उन्हें घटना की जानकारी उनके एक एसआई ने रात आठ बजे को दी.  बांग्लादेश के अखबार द डेली स्टार ने अपनी एक रिपोर्ट में एसपी के हवाले से कहा है कि, "हम तुरंत उस जगह की ओर दौड़ पड़े, लेकिन बहुत देर हो चुकी थी. सड़क पर सैकड़ों लोग थे और इतनी बड़ी भीड़ में से उस जगह तक पहुंचना बहुत मुश्किल था. जब हम फैक्ट्री के गेट पर पहुंचे, तो हमने देखा कि एक गुस्साई भीड़ लाश को ढाका-मयमनसिंह हाईवे की ओर ले जा रही थी, जो लगभग दो किलोमीटर दूर था. करीब तीन घंटे तक 10 किलोमीटर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया, जिससे पुलिस और दूसरी एजेंसियों की आवाजाही में गंभीर रुकावट आई." एसपी फरहाद हुसैन खान ने कहा कि उनका दफ्तर घटना से 15 किलोमीटर दूर है जबकि भालुका पुलिस स्टेशन अपेक्षाकृत नजदीक है.  एसपी ने कहा कि अगर समय पर उन्हें कॉल किया जाता तो दीपू की जान बच सकती थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ.  एसपी फरहाद हुसैन खान ने बताया कि हालांकि पुलिस फैक्ट्री प्रबंधन से संपर्क स्थापित कर रही है, लेकिन फैक्ट्री के किसी पदाधिकारी ने उनसे संपर्क नहीं किया है.  फैक्ट्री प्रबंधन ने क्या कहा? द डेली स्टार से बात करते हुए पॉयनियर निटवेयर बांग्लादेश के सीनियर मैनेजर (प्रशासन) साकिब महमूद ने कहा कि लगभग पांच बजे शाम कुछ मजदूर फैक्ट्री में हंगामा करने लगे, ये लोग दीपू पर 'मजहबी भावना को ठेस पहुंचाने' का आरोप लगा रहे थे.  इसकी जानकारी मिलने पर फैक्ट्री के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रण में लेने की कोशिश करने लगे. तब यहां सैकड़ों लोग जमा हो चुके थे और प्रदर्शन कर रहे थे.  फैक्ट्री के सीनियर मैनेजर ने साफ कहा कि दीपू दास पर जो भी आरोप लगाया गया था उसे साबित करने के लिए कोई प्रूफ नहीं था. लेकिन वर्करों का हंगामा रुक नहीं रहा था.  फैक्ट्री के सीनियर मैनेजर आलमगीर हुसैन ने शाम 7.30 बजे के करीब दीपू से 'नकली इस्तीफा' भी दिलवा दिया ताकि लोग शांत हो जाएं, लेकिन फैक्ट्री के मजदूर शांत होने का नाम नहीं ले रहे थे. इस बीच दीपू चंद्र दास को फैक्ट्री के सिक्योरिटी रूम में रखा गया और रात 8 बजे पुलिस को सूचना दे दी गई.  जब फैक्ट्री मैनेजमेंट से पूछा गया कि उन्होंने पुलिस को सूचना देने में देरी क्यों कर दी तो फैक्ट्री के सीनियर मैनेजर ने कहा कि उन्होंने फैक्ट्री के अंदर ही अपने तरीकों से मामले को सुलझाने की पूरी कोशिश की.  तब तक फैक्ट्री में शिफ्ट चेंज का समय हो चुका था. दूसरी शिफ्ट के वर्कर भी वहां पहुंच चुके थे. साथ ही जब ये खबर बाहर फैली तो स्थानीय लोगों का भी वहां जमावड़ा हो गया था.   फैक्ट्री का दरवाजा तोड़ अंदर घुसी भीड़ सीनियर मैनेजर के अनुसार, "रात पौने नौ बजे, हंगामा कर रही भीड़ फैक्ट्री में घुस गई, भीड़ ने फैक्ट्री का दरवाजा तोड़ दिया और दीपू को सिक्योरिटी रूम से अपने कब्जे में ले लिया."   फैक्ट्री सूत्रों ने दावा किया कि हमलावर बाद में दीपू को फैक्ट्री से बाहर खींचकर ले गए, जिसके बाद स्थानीय लोग भी हमले में शामिल हो गए और उसे मौके पर ही मार डाला. इसके बाद उन्होंने उसकी लाश को आग लगा दी. मयमनसिंह में RAB-14 के कंपनी कमांडर मोहम्मद शम्सुज्जमां ने कल द डेली स्टार को बताया कि ऐसा कोई सबूत नहीं मिला जिससे पता चले कि मृतक ने फेसबुक पर कुछ ऐसा लिखा था जिससे महजबीी भावनाएं आहत हुई हों.  उन्होंने आगे कहा, "जब हालात खराब हो गए, तो फैक्ट्री को बचाने के लिए उसे जबरदस्ती फैक्ट्री से बाहर निकाल दिया गया." इस आरोप पर कि दीपू को फैक्ट्री की सुरक्षा के लिए लोगों के हवाले कर दिया गया था, सीनियर मैनेजर साकिब महमूद ने कहा कि वे ऐसा कभी नहीं कर सकते.  बता दें कि बांग्लादेश के मैमनसिंह जिले के भालुका उपजिला में 18 दिसंबर 2025 की रात को हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की उग्र भीड़ ने बेरहमी से हत्या कर दी. दीपू एक गारमेंट फैक्ट्री में मजदूर था और किराए के मकान में रहता था. भीड़ ने उस पर कुफ्र का आरोप लगाया था. हालांकि पुलिस ने इस आरोप को गलत करार दिया था. इसके बाद कट्टरपंथियों की भीड़ ने उसे पीट-पीटकर मार डाला, शव को पेड़ से लटकाया और आग लगा दी. अबतक 12 लोग गिरफ्तार  बांग्लादेश पुलिस ने दीपू चंद्र दास की हत्या के मामले में अबतक 12 लोगों को गिरफ्तार किया है. पीड़ित के भाई अपू चंद्र दास ने शुक्रवार को भालुका पुलिस स्टेशन में 140-150 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है. 

मोहन भागवत ने मणिपुर में जातीय संघर्ष पर कहा- समाधान में वक्त लगेगा, बीजेपी नेताओं से दूर रहने का दिया बयान

कोलकाता  राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि जातीय संघर्ष से जूझ रहे मणिपुर में लड़ने वाले पक्षों के बीच मतभेदों को सुलझाने में समय लगेगा. उन्होंने भरोसा जताया कि आखिरकार पूर्वोत्तर राज्य में शांति कायम होगी. हाल ही में मणिपुर के दौरे पर गए भागवत ने कहा कि उन्होंने राज्य के सभी आदिवासी और सामाजिक नेताओं के साथ-साथ युवा प्रतिनिधियों से भी बातचीत की है. उन्होंने कहा कि गड़बड़ी, खासकर कानून और व्यवस्था की समस्याएं, धीरे-धीरे कम हो रही हैं और लगभग एक साल में खत्म हो जाएंगी. उन्होंने कहा, 'लेकिन लोगों के मन को जोड़ना एक बड़ा काम है और इसमें समय लगेगा.' उन्होंने जोर देकर कहा कि इसका एकमात्र तरीका बातचीत करना और लड़ने वाले पक्षों को एक पेज पर लाना है. संघ की सौवीं सालगिरह मनाने के लिए यहां हुए एक कार्यक्रम में आरएसएस चीफ ने कहा, 'ऐसा किया जा सकता है, क्योंकि असल में जोश पहले से ही है.' उन्होंने कहा, 'हम अरुणाचल, मेघालय में ऐसा कर सकते हैं. हम नागालैंड और दूसरी जगहों पर भी ऐसा कर रहे हैं.' भागवत ने कहा कि मणिपुर में आरएसएस की करीब 100 शाखाएं हैं. उन्होंने कहा कि मणिपुर में आखिरकार शांति आएगी, लेकिन इसमें निश्चित रूप से समय लगेगा. लेक्चर और बातचीत कार्यक्रम में शामिल एक व्यक्ति ने पूछा कि संघ बीजेपी के टॉप लीडरशिप से दूरी क्यों बनाए हुए है तो आरएसएस चीफ ने कहा कि संघ ने हमेशा भगवा पार्टी से दूरी बनाए रखी है. उन्होंने कहा, 'हम सभी बीजेपी नेताओं से बहुत दूर रहते हैं.' साथ ही जल्दी से यह भी कहा, 'हम हमेशा नरेंद्र भाई (PM मोदी), अमित भाई (केंद्रीय गृह मंत्री शाह) के करीब रहे हैं. दोनों नेताओं को संघ के करीबी माने जाते हैं और पीएम मोदी पहले संगठन के प्रचारक थे. उन्होंने कहा कि आरएसएस और बीजेपी लीडरशिप के बीच रिश्तों के बारे में ऐसी बातों पर ध्यान नहीं देना चाहिए और कहा कि संघ किसी के साथ भी अपने रिश्ते नहीं छिपाता, चाहे वह कोई भी राजनीतिक संगठन हो.

जेपी नड्डा रायपुर पहुंचे, सीएम साय ने एयरपोर्ट पर किया स्वागत

रायपुर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा सोमवार को रायपुर पहुंचे। एयरपोर्ट पर सीएम विष्णुदेव साय ने उनका स्वागत किया। सीएम साय ने कहा कि, छत्तीसगढ़ सरकार के दो वर्ष पूरे हुए। जांजगीर में आज जनादेश परब का आयोजन है। विश्व की सबसे बड़े राजनीतिक पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा का आगमन हो रहा। उनका मार्गदर्शन, आशीर्वचन छत्तीसगढ़ की जनता को मिलेगा। जांजगीर चांपा जिले में जनादेश परब का आयोजन हो रहा है। इसमें BJP अध्यक्ष और स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा शामिल होंगे। जहां वे सीएम विष्णुदेव साय सरकार की उपलब्धियों को जनता के सामने रखेंगे। CM विष्णुदेव साय, दोनों डिप्टी CM, मंत्री ओपी चौधरी, श्यामबिहारी जायसवाल, टंकराम वर्मा, लखनलाल देवांगन, BJP की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सरोज पांडेय, लता उसेंडी मंच पर मौजूद होंगे। कलाकार देंगे अपनी प्रस्तुति जनादेश परब के अवसर पर जांजगीर के पुलिस लाईन में आयोजित की जा रही विशाल आमसभा को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जे. पी. नड्डा सम्बोधित करेंगे। इस अवसर पर कार्यक्रम के अध्यक्षता मुख्यमंत्री विष्णु देव साय करेंगे। इस मौके पर सुप्रसिद्ध लोक कलाकार एवं पद्मश्री अनुज शर्मा तथा अन्य कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी जाएगी।

बंधुआ मजदूर बनकर फंसे आदिवासी मजदूरों की वापसी, सिंधिया ने मदद के लिए किया धन्यवाद

शिवपुरी   कोलारस के आदिवासी परिवारों के 80 से ज्यादा मजदूरों को महाराष्ट्र में कुछ लोगों ने बंधुआ बना लिया था. इन आदिवासियों को कुछ दलाल महाराष्ट्र ले गए और लगातार उनके साथ अमानवीय व्यवहार कर रहे थे, जिसके बाद किसी तरह से आदिवसी मजदूरों ने अपनी बात केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया तक पहुंचाई थी. आखिरकार दलालों के चंगुल से निकलने के बाद सभी मजदूर वापस कोलारस के ग्राम पंचायत विजयपुरा पहुंचे और अपनी रिहाई के लिए केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के प्रति आभार प्रकट किया. काम के बहाने बनाया बंधुआ मजदूर रामजी लाल आदिवासी ने कहा, '' हम लगभग 80 मजदूरों को पूरे परिवार के साथ ग्राम बछुरिया निवासी बंटी गुर्जरऔर कल्लू गुर्जर 1 दिसम्बर को इंदौर ले गया था. इसके बाद मजदूरी करवाने के बहाने सभी को महाराष्ट्र ले जाया गया. महाराष्ट्र में कुछ स्थानीय लोगों से मिलवाया गया और सोलापुर में एक गन्ने के खेत पर मजदूरी के लिए लगा दिया गया. वहां बंधुआ मजदूर बनाकर सुबह 6 बजे से रात 8 बजे तक जमकर मजदूरी करवाई जाती थी. इसके बाद लाठियों से मारा पीटा जाता था और पानी पीने या आराम करने पर लातें मारी जाती थीं, जिसके बाद हम लोगों ने वीडियो बनाकर कोलारस में विजयपुरा सरपंच को भेजे.'' सरपंच को मिला वीडियो, फिर सिंधिया तक पहुंची बात आदिवासी मजदूरों द्वारा वीडियो मिलते ही विजयपुरा के सरपंच ने रन्नौद थाना प्रभारी अरविंद दांगी को मामले की शिकायत की. वहीं दूसरी ओर विधायक महेंद्र सिंह यादव के माध्यम से सूचना केंद्रीय मंत्री व सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया तक भेजी गई. इस पर केंद्रीय मंत्री द्वारा तुरंत एक्शन लिया गया और 20 दिसम्बर को सभी बंधुआ मजदूर लौटकर वापस गांव आ गए. आदिवासी मजदूरों ने इसके बाद वीडियो बनाकर केंद्रीय मंत्री सहित सभी सहयोगियों का आभार व्यक्त किया. इसके साथ ही मजदूरों ने केंद्रीय मंत्री सिंधिया को विजयपुरा आने का निमंत्रण भी दिया है. इस मामले को लेकर रन्नौद थाना प्रभारी अरविंद सिंह चौहान ने बताया, '' मुझे एक शिकायत विजयपुरा के मजदूरों को महाराष्ट्र में बंधुआ बनाए जाने के संबंध में मिली थी. उक्त शिकायत के बाद मैंने संंबंधित थाने पर संपर्क किया था. इसके अलावा ग्रामीण सांसद महोदय से भी मिले थे. उन्होंने प्रयास किए, जिसके बाद सभी मजदूर लौट कर वापस आ गए हैं. बताया गया कि आदिवासियों को बंधुआ मजदूर बनाकर उनसे मारपीट की जा रही थी और उन्हें पैसे भी नहीं दिए जा रहे थे.

नगर निकाय चुनावों में महायुति का दबदबा, MNS का खाता नहीं खुला—देखें बड़े गेनर और लूजर

मुंबई  महाराष्ट्र के नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों के नतीजों ने राज ठाकरे की महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के लिए चिंता बढ़ा दी है. राज्य की 288 नगर परिषदों और नगर पंचायतों में हुए चुनावों में MNS एक भी नगराध्यक्ष पद जीतने में असफल रही. यह परिणाम पार्टी के लिए बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा 21 दिसंबर को जारी नतीजों के मुताबिक, BJP-नेतृत्व वाले महायुति गठबंधन ने कुल 207 नगराध्यक्ष पदों पर जीत दर्ज की. इसमें BJP को 117, एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना को 53 और अजित पवार गुट की NCP को 37 पद मिले. वहीं, विपक्षी महा विकास अघाड़ी (MVA) को कुल 44 नगराध्यक्ष पदों पर जीत मिली. कांग्रेस ने 28, उद्धव ठाकरे गुट की शिवसेना ने 9 और शरद पवार गुट की NCP ने 7 पद जीते. इन सबके बीच MNS का खाता तक न खुलना पार्टी की जमीनी स्थिति पर सवाल खड़े करता है. MNS को लगातार करना पड़ रहा हार का सामना यह पहली बार नहीं है जब MNS को इस तरह की हार झेलनी पड़ी हो. अगस्त 2025 में हुए मुंबई BEST कर्मचारी को-ऑपरेटिव क्रेडिट सोसायटी चुनाव में भी MNS और शिवसेना (UBT) की संयुक्त पैनल को एक भी सीट नहीं मिली थी. उस चुनाव में BJP-समर्थित पैनल ने सभी 21 सीटों पर कब्जा जमाया था. इससे पहले नवंबर 2024 के महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में भी MNS का प्रदर्शन बेहद खराब रहा था. पार्टी ने 135 सीटों पर चुनाव लड़ा, लेकिन एक भी सीट जीतने में नाकाम रही थी. लगातार मिल रही इन हार से पार्टी की राजनीतिक रणनीति और भविष्य को लेकर सवाल उठने लगे हैं. 15 जनवरी को होना है बीएमसी चुनाव हालांकि, आगे की राजनीति को लेकर MNS की तरफ से कुछ प्रतिक्रिया नहीं आई है. राज्य निर्वाचन आयोग ने 15 दिसंबर को इसका ऐलान किया था कि महाराष्ट्र में 29 नगर निगमों के चुनाव एक ही चरण में 15 जनवरी 2026 को ही कराए जाएंगे. इसमें बृहन्मुंबई महानगरपालिका यानी बीएमसी भी शामिल है. आयोग के अनुसार इन चुनावों के नतीजे 16 जनवरी 2026 को घोषित किए जाएंगे. इसमें राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे की पार्टियां गठबंधन में होंगी या नहीं यह निकाय चुनाव के नतीजे के बाद फिलहाल स्पष्ट नहीं है.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोडिन कफ सिरप मामले में रखा सरकार का पक्ष, बोले-मामले में कोई भी अपराधी बच नहीं पाएगा

विधानसभा में कोडिन पर सीएम योगी का जवाब कोडिन से यूपी में एक भी मौत नहीं हुईः मुख्यमंत्री  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोडिन कफ सिरप मामले में रखा सरकार का पक्ष, बोले-मामले में कोई भी अपराधी बच नहीं पाएगा मुख्यमंत्री ने सदन में समाजवादियों को दिखाया आईना  बोले- यूपी के जो सबसे बड़े होलसेलर हैं, उन्हें 2016 में समाजवादी पार्टी ने जारी किया था लाइसेंस  देश में दो नमूने हैं, जब कोई चर्चा होती है तो वह देश छोड़कर भाग जाते हैः मुख्यमंत्री  मुख्यमंत्री ने सपाइयों से कहा- आप चिल्लाते रहेंगे और ‘बबुआ’ सैरसपाटे के लिए इंग्लैंड चले जाएंगे  अवैध लेन-देन भी लोहिया वाहिनी के एक पदाधिकारी के खाते के माध्यम से हुआः सीएम योगी  सीएम ने सपाइयों से कहाः समय आने पर होगी बुलडोजर कार्रवाई, तब चिल्लाइएगा नहीं  लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को सदन में कोडिन कफ सिरप मामले में सरकार का पक्ष रखा और समाजवादी पार्टी के नेताओं को खूब धोया। बोले कि प्रश्न क्या है और मुद्दे क्या उठाए जा रहे हैं। माननीय सदस्यों को अध्ययन करके आना चाहिए और सदन की गरिमा का ध्यान रखना चाहिए। नेता विरोधी दल ने सदन की कार्रवाई होते ही इस मुद्दे को उठाया, इसलिए मुझे खड़ा होना पड़ा। सीएम ने कहावत ‘चोर की दाढ़ी में तिनका’ का जिक्र कर समाजवादी पार्टी को आईना दिखाया। सीएम ने सदन में साफ किया कि कोडिन कफ सिरप से यूपी में एक भी मौत नहीं हुई है। इस मामले में एनडीपीएस के अंतर्गत कार्रवाई होगी, उत्तर प्रदेश सरकार ने इस मामले को कोर्ट में लड़ा और जीता है।  नेता प्रतिपक्ष से झूठ बोलवा देते हैं समाजवादी   सीएम ने नेता प्रतिपक्ष की चुटकी ली। बोले कि इस उम्र में व्यक्ति सच बोलने का आदी होता है, लेकिन समाजवादी इस उम्र में भी उनसे झूठ बोलवा देते हैं। समाजवादियों को ऐसा नहीं करना चाहिए और उन्हें भी सच बोलने का आदी होना चाहिए। उन्होंने लंबे समय तक स्पीकर के रूप में सदन को आगे बढ़ाया है।  2016 में समाजवादी पार्टी ने यूपी के सबसे बड़े होलसेलर को जारी किया था लाइसेंस  सीएम योगी ने सदन में कहा कि उत्तर प्रदेश में यूपी के सबसे बड़े होलसेलर को एसटीएफ ने पकड़ा था। 2016 में समाजवादी पार्टी ने उसे लाइसेंस जारी किया था। सीएम ने कहा कि देश में दो नमूने हैं। एक दिल्ली व दूसरा लखनऊ में बैठता है। जब देश में कोई चर्चा होती है तो वह देश छोड़कर भाग जाते हैं। यही आपके बबुआ के साथ भी हो रहा है। आप चिल्लाते रहेंगे और बबुआ सैरसपाटे के लिए इंग्लैंड चले जाएंगे।  यूपी में नहीं होता कोडिन कफ सिरप का प्रोडक्शन  सीएम ने फिर स्पष्ट किया कि कोडिन कफ सिरप (नकली दवा) के कारण मौत की कोई भी बात शासन के संज्ञान में नहीं आयी है। समय-समय पर एफएसडीए विभाग लगातार छापेमारी व कार्रवाई करती है। कंपनियों में भी इस प्रकार की कार्रवाई होती है। यूपी में कोडिन कफ सिरप के केवल स्टाकिस्ट व होलसेलर हैं। इसका यहां प्रोडक्शन नहीं होता। इसका प्रोडक्शन मध्य प्रदेश, हिमाचल व अन्य राज्यों में होता है। मौत के जो प्रकरण आए हैं, वह भी अन्य राज्यों के हैं। ऐसे प्रकरण तमिलनाडु में बने सिरप के कारण आए हैं। यह पूरा प्रकरण इललीगल डायवर्जन का है। इसके माध्यम से होलसेलर (सहारनपुर, गाजियाबाद, लखनऊ, कानपुर, वाराणसी) ने इसे उन देशों व राज्यों में पहुंचाया है, जहां मद्य निषेध है। वहां नशे के आदी लोगों को इसे लेने की आदत है। वहां इसका दुरुपयोग किया गया है।  समाजवादी पार्टी के लोगों का पढ़ाई-लिखाई से कोई वास्ता नहीं  मुख्यमंत्री ने सीएम ने कहा कि बच्चे हों या एडल्ट, बिना चिकित्सीय परामर्श के कोई भी इसका सेवन नहीं कर सकता। खांसी होने पर हर कोई कफ सिरप लेता है, लेकिन चिकित्सीय परामर्श से। उस पर यह अंकित भी होता है, लेकिन समाजवादी पार्टी के लोगों का पढ़ाई-लिखाई से कोई वास्ता है नहीं, इसलिए आप लोग ऐसी बाते करते हैं।  समय आने पर होगी बुलडोजर कार्रवाई, तब चिल्लाइएगा नहीं  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकार की कार्रवाई की जानकारी भी सदन में रखी। मुख्यमंत्री ने कहा अब तक 79 अभियोग दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें 225 अभियुक्त नामज़द हैं। 78 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है और 134 फर्मों पर छापेमारी की कार्रवाई हुई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि मामले की गहराई में जाएंगे तो बार-बार यही तथ्य सामने आता है कि कहीं न कहीं समाजवादी पार्टी से जुड़ा कोई नेता या व्यक्ति इसमें संलिप्त पाया जाता है। अवैध लेन-देन भी लोहिया वाहिनी के एक पदाधिकारी के खाते के माध्यम से हुआ है। एसटीएफ पूरे प्रकरण की जांच कर रही है। उन्होंने बताया कि कोर्ट ने इस मामले में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मुकदमा चलाने के निर्देश दिए हैं। सरकार ने इस लड़ाई को पूरी मजबूती से लड़ा है और इसमें सफलता भी प्राप्त की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मामले में कोई भी अपराधी बच नहीं पाएगा। सीएम ने बुलडोजर एक्शन को लेकर समाजवादी पार्टी पर तंज कसा। कहा कि चिंता मत कीजिए, समय आने पर बुलडोजर एक्शन की पूरी तैयारी रहेगी, उस समय चिल्लाइएगा नहीं।

Silver Price Today: चांदी थमने का नाम नहीं ले रही, एक झटके में ₹6000 महंगी—जानें नए गोल्ड रेट्स

इंदौर  सोना-चांदी की कीमतें (Gold-Silver Rates) साल 2025 के आखिरी महीने में धमाल मचा रही हैं. हर रोज ये दोनों कीमती धातुओं नए शिखर पर पहुंचते हुए पुराने सारे रिकॉर्ड ध्वस्त कर रही हैं. सप्ताह के पहले कारोबारी दिन सोमवार को तो Silver Price एमसीएक्स पर खुलने के साथ ही 6000 रुपये से ज्यादा चढ़ गया और चांदी 2,14,471 रुपये के नए हाई पर जा पहुंची. सोना भी कुछ कम नजर नहीं आया और चांदी के कदम से कदम मिलाकर चलता दिखा. MCX Gold Rate देखें, तो खुलने के साथ ही ये 1384 रुपये की उछाल के साथ 1,35,580 रुपये के नए लाइफ टाइम हाई लेवल पर जा पहुंचा. ऐसे में रिच डैड पुअर डैड (Rich Dad Poor Dad) के लेखक रॉबर्ट कियोसाकी की भविष्यवाणी सच होते नजर आ रही है. वे अक्सर अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में चांदी को अमीर बनने का जरिया बताते हैं.  रुकने का नाम नहीं ले रही चांदी इस साल हालांकि, Gold-Silver दोनों धातुओं ने धमाल मचाया है, लेकिन चांदी की रफ्तार ने चौंकाने का काम किया है और साल के खत्म होते-होते इसकी कीमतों में तेजी बढ़ती जा रही है. सोमवार को एमसीएक्स पर चांदी खुलने के साथ ही 6032 रुपये प्रति किलो चढ़ गई और 2.14 लाख रुपये के पार निकल गई. बीते सप्ताह ही इसने इतिहास में पहली बार 2 लाख रुपये का आंकड़ा पार किया था और तमाम उतार-चढ़ाव के बावजूद इस स्तर पर टिकी हुई है.  Gold Rate में तेज उछाल  न सिर्फ चांदी की कीमत में सप्ताह के पहले दिन तेजी आई है, सोना भी छलांग लगा रहा है. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर 5 फरवरी की एक्सपायरी वाला सोना, अपने पिछले बंद की तुलना में 1000 रुपये प्रति 10 ग्राम से ज्यादा की बढ़त लेकर खुला. इसके कुछ ही मिनटों में Gold Price 1384 रुपये या 1.03% की उछाल के साथ 1,35,580 रुपये प्रति 10 ग्राम पर जा पहुंचा, जो इसका अब तक का सबसे हाई लेवल है.  रॉबर्ट कियोसाकी की भविष्यवाणी हो रही सच Silver Rate में लगातार आ रहे उछाल को देखते हुए मशहूर किताब 'Rich Dad Poor Dad' के लेखक रॉबर्ट कियोसाकी (Robert Kiyosaki) की भविष्यवाणी सच होती नजर आ रही है, जिसमें वो कहते नजर आते हैं कि चांदी अमीर बना सकती है. हाल ही उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्विटर (अब X) पर एक पोस्ट के जरिए चांदी में निवेश की सलाह दी थी और 2026 के लिए इसे नया टारगेट (Silver Target) दिया था. गौरतलब है कि कियोसाकी अक्सर सोना-चांदी में निवेश की सलाह देते नजर आते हैं.  'चांद पर पहुंचती जा रही है चांदी…' अपनी नई पोस्ट में रिच डैड पुअर डैड के लेखक ने चांदी की बढ़ती कीमतों की ओर फोकस करते हुए लिखा कि चांदी चांद पर जा रही है, शायद 2026 में इसका भाव 200 डॉलर प्रति औंस (Silver Price) पर पहुंच जाएगा. बीते साल 2024 में ये सिर्फ 20 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रही थी. उन्होंने बताया कि जैसे ही पिछले हफ्ते US FED एक और रेट कट का ऐलान किया था, मैंने और असली चांदी खरीद ली.

सर्दी का कहर: कश्मीर-बर्फ, कानपुर-स्कूल टाइमिंग बदली, दिल्ली में स्मॉग के बीच एयरपोर्ट पर चेतावनी

 नई दिल्ली उत्तर भारत के कई हिस्सों में घने कोहरे और ठंडी हवाओं ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है. दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में कोहरे की मोटी चादर ने विजिबिलिटी कम कर दी है, जिससे हवाई, सड़क और रेल यातायात प्रभावित हुआ है. कानपुर में शीतलहर के कारण स्कूलों की टाइमिंग बदली गई है. कश्मीर घाटी में पहली बर्फबारी के बाद गुलमर्ग जाने वाले वाहनों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की गई है. हिमाचल प्रदेश के शिमला, मनाली, कुफरी और नारकंडा में ठंड बढ़ी है और येलो अलर्ट जारी किया गया है. इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट (दिल्ली) ने सुबह 8 बजे यात्री सलाह (पैसेंजर एडवाइजरी) जारी की है. एयरपोर्ट प्रबंधन ने बताया कि रनवे पर घने जहरीले स्मॉग की मोटी परत छाई हुई है, जिससे विजिबिलिटी लो हो गई है. हालांकि, सभी फ्लाइट ऑपरेशंस सामान्य रूप से चल रहे हैं. साथ ही लो विजिबिलिटी की ध्यान में रखते हुए दिल्ली एयरपोर्ट ने एडवाइजरी जारी कर यात्रियों को सलाह दी है कि वे अपनी संबंधित एयरलाइंस से नए फ्लाइट अपडेट की जानकारी देख लें, क्योंकि कोहरे के कारण कई उड़ानों में देरी की आशंका बनी हुई है. कानपुर में बदली स्कूलों की टाइमिंग वहीं, यूपी के कानपुर में कोहरे का स्तर एक बार फिर बढ़ गया है. शीतलहर के बीच विजिबिलिटी 50 मीटर से भी कम हो गई है. जीटी रोड पर वाहन ब्लिंकर जलाकर धीमी गति से चल रहे हैं. आज तक और इंडिया टुडे की टीम ने ग्राउंड रिपोर्ट में दिखाया कि कोहरा इतना घना है कि सामने कुछ दिखाई नहीं दे रहा. शहर का AQI स्तर 400 तक पहुंच गया है जो स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा है. कोहरे और ठंड को देखते हुए स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है- अब स्कूल सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेंगे. गुलमर्ग जाने वाले वाहनों के लिए एडवाइजरी कश्मीर में कल हुई बर्फबारी के बाद मौसम और विजिबिलिटी में सुधार हुआ है. द्रास, सोनमर्ग, गुलमर्ग, पहलगाम और गुरेज में अच्छी बर्फबारी हुई है. लेकिन उम्मीद के मुताबिक बर्फबारी नहीं हुई है. मौसम की पहली भारी बर्फबारी देखने के लिए लोग गुलमर्ग की ओर उमड़ पड़े, जिससे फिसलन भरी सड़कों के कारण दर्जनों वाहन फंस गए. इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने बचाव कार्य के लिए सख्त निर्देश दिए हैं. अधिकारियों ने कहा कि गुलमर्ग की और केवल 4×4 वाहन और चेन लगे टायर वाले वाहनों को ही जाने की  अनुमति दी जाएगी. शिमला-मनाली में छाए बादल उधर, हिमाचल प्रदेश में दिसंबर के तीसरे हफ्ते में मौसम ने करवट बदली है. शिमला, मनाली, कुफरी और नारकंडा जैसे हिल स्टेशनों में बादल छाए रहने से ठंड का प्रकोप बढ़ गया है. शिमला में अधिकतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 5 डिग्री अधिक है. मनाली में 6.7, कुफरी में 8.6 और कल्पा में 3.4 डिग्री तापमान रहा. जनजातीय इलाकों में न्यूनतम तापमान माइनस तक पहुंच गया है. राज्य की ऊंची चोटियों पर हल्की बर्फबारी हुई, लेकिन पर्यटन स्थलों तक बर्फ नहीं पहुंची. निचले जिलों जैसे बिलासपुर, ऊना और मंडी में घने कोहरे ने सड़क यातायात को प्रभावित किया. येलो अलर्ट जारी मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है और अगले कुछ दिनों तक सुबह-शाम घना कोहरा रहने की चेतावनी दी है. आज कुछ हिस्सों में बारिश या बर्फबारी हो सकती है, लेकिन 22 से 27 दिसंबर तक मौसम शुष्क रहेगा. सबसे बड़ी खबर ये है कि 25 दिसंबर को क्रिसमस के दिन शिमला, मनाली और कुफरी में 'व्हाइट क्रिसमस' नहीं होगा- सीजन की पहली बर्फबारी का इंतजार अभी बना हुआ है.

सड़क का सच सामने आया: मंत्री प्रतिमा बागरी ने नई सड़क की क्वालिटी पर जताई नाराजगी

 सतना  मोहन सरकार में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री प्रतिमा बागरी एक बार फिर चर्चा में हैं. अपने विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर निकली महिला मंत्री एक सड़क के घटिया निर्माण कार्य पर आगबबूला हो गईं. उन्होंने कार से उतरकर नई सड़क को पैर से कुरेदा तो डामर और गिट्टी अलग हो गई. इसके बाद मंत्री ने मौके पर ही ठेकेदार का अनुबंध रद्द करने सहित निर्माण एजेंसी पर एक्शन के निर्देश दिए. लोक निर्माण विभाग (PWD) ने हाल ही में सतना जिले की  कोठी तहसील में पौड़ी से मनकहरी के बीच करीब 3 किमी लंबी सड़क का सुधार कार्य किया था. लेकिन सड़क पर बिछाई गई डामर की परत न तो तय मोटाई की थी और न ही क्वालिटी सही थी. इसी बीच, रविवार को क्षेत्रीय विधायक और राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी का एक कार्यक्रम के सिलसिले में उसी सड़क से निकलना हुआ, यहां उन्होंने कार से उतरकर सड़क की क्वालिटी देखी और एक पैसे से दबाव डाला तो एक हिस्सा अलग हो गया. पैरे से कुरेदते हुए तंज कसते हुए वह बोलीं- ''ये रोड बनी है, ये रोड बनी है… पूरी रोड निकाल दो इस तरह से… धक्का मारने पर पूरी रोड निकाल दो…''  इस दौरान मंत्री प्रतिमा बागरी ने PWD के कार्यपालन यंत्री बीआर सिंह से जवाब मांगा, तो उन्होंने मामले को हल्के फुल्के अंदाज में टालने की कोशिश की. इई ने कहा, ''कुछ हिस्सों को अस्वीकृत किया गया है…'' हालांकि, देखने में पूरी सड़क ही मानकों के विपरीत लग रही थी. महिला मंत्री ने मौके पर ही इसे गंभीर लापरवाही बताया और कार्यपालन यंत्री को कड़ी फटकार लगाई. उन्होंने साफ कर दिया कि सरकारी निर्माण कार्यों में क्वालिटी से कोई समझौता नहीं किया जाएगा. उन्होंने पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई के संकेत दिए हैं. MP कांग्रेस प्रवक्ता अभिनव बारोलिया ने इस मामले में बीजेपी सरकार को घेरा है. उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि ''मध्यप्रदेश की मंत्री अपनी ही भाजपा सरकार पर खराब सड़क पर सवाल खड़े करती हुईं.