samacharsecretary.com

हेल्पलाइन 1912 बनी विद्युत उपभोक्ताओं का संबल, 2025-26 में 99% शिकायतों का हुआ निस्तारण

हेल्पलाइन 1912 बनी विद्युत उपभोक्ताओं का संबल, 2025-26 में करीब 99% शिकायतों का निस्तारण उपभोक्ताओं की शिकायतें समयबद्ध तरीके से निस्तारित करने के निर्देश लखनऊ  योगी सरकार उपभोक्ताओं की समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर लगातार सक्रिय है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन लिमिटेड प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों का समयबद्ध और संतोषजनक निस्तारण हर हाल में सुनिश्चित किया जाए। वहीं उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन (यूपीपीसीएल) हेल्पलाइन 1912 ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 98.88% शिकायतों का समाधान किया है। इसके साथ ही यूपीपीसीएल के अध्यक्ष डॉ. आशीष गोयल ने जिम्मेदार अधिकारियों को 1912 की निरंतर समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। समाधान होने तक बंद नहीं होगी कोई शिकायत दरअसल उपभोक्ताओं की समस्याओं के तुरंत निस्तारण के लिए उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन प्रबंधन लगातार संवेदनशील है। अपर मुख्य सचिव ऊर्जा एवं पावर कारपोरेशन अध्यक्ष डॉ. आशीष गोयल समीक्षा बैठक में इस बात पर जोर दिया कि 1912 की निरंतर समीक्षा हर अधिकारी अपने स्तर पर सुनिश्चित करें। उन्होंने निर्देश दिया कि उपभोक्ताओं की जो भी शिकायतें आ रहीं हैं, उनको समयबद्ध तरीके से निस्तारित किया जाए। साथ ही कॉल को तब तक समाप्त न माना जाए जब तक उपभोक्ता संतुष्ट न हो जाए।  समस्याओं के निस्तारण के लिए 1912 पर सूचना दें उपभोक्ता इसी तरह स्मार्ट मीटर के संदर्भ में 1912 पर विशेष व्यवस्था बनाई गई है। अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि प्रतिदिन वह मानीटिंग करें और स्मार्ट मीटर के संदर्भ में आने वाली शिकायतों का तत्काल निस्तारण करें। इस संबंध में डॉ. गोयल ने सख्त हिदायत देते हुए कहा कि इसमें किसी भी तरह की लापरवाही की शिकायत मिली तो सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही डॉ. गोयल ने उपभोक्ताओं से भी अपील की है कि अपनी समस्याओं के बारे में 1912 पर सूचना दें। उनकी समस्याओं का निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा। बिल रिवीजन की 8,68,690 शिकायतों का निस्तारण  हेल्पलाइन 1912 पर आने वाली शिकायतों पर नजर डाले तो 1 अप्रैल 2025 से 11 अप्रैल 2026 तक सभी डिस्कॉम में कुल 95,11,309 शिकायतें आई थी। जिसमें से 94,04,660 शिकायतों का निस्तारण कर दिया गया है। यह सभी शिकायतें डीवीवीएनएल, एमवीवीएनएल, पीयूवीवीएनएल, पीवीवीएनएल और केस्को डिस्कॉम में दर्ज की गई है। बिल रिवीजन को लेकर साल भर में कुल 8,87,131 शिकायतें आई, जिसमें से 8,68,690 शिकायतों का निस्तारण किया गया है। अलग-अलग श्रेणी की शिकायतों का तेजी से समाधान इसी तरह मीटर से जुड़ी शिकायत भी काफी संख्या में आई थी। आंकड़ों की नजर से देखे तो 13,80,039 शिकायतें आई थी, जिसमें से 13,52,360 शिकायतों का समाधान कर दिया गया है। स्मार्ट मीटर/प्री-पेड से जुड़ी कुल 2,32,424 शिकायतें दर्ज की गई थी, जिसमें से 2,28,943 शिकायतों का समाधान कर दिया गया है। इसमें मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (एमवीवीएनएल) में स्मार्ट मीटर से जुड़ी 59,488 शिकायतें आई थी। जिसमें से 58,954 शिकायतों का निस्तारण कर दिया गया है। जबकि दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (डीवीवीएनएल) डिस्कॉम में कुल 56,463 शिकायतें आई थी। जिसमें से 54,832 शिकायतों का निस्तारण कर दिया गया है। ट्रांसफार्मर, भुगतान और नए कनेक्शन से जुड़ी समस्याओं का शीघ्र समाधान वहीं डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफार्मर से जुड़ी कुल 3,00,718 शिकायतें दर्ज की गई थी। जिसमें से 3,00,492 शिकायतों का समाधान कर दिया गया है। ऐसे ही भुगतान से जुड़ी कुल 1,94,926 शिकायतें आईं थीं, जिसमें से 1,78,637 शिकायतों का समाधान करके बंद कर दिया गया है। नए कनेक्शन से जुड़ी कुल 52,029 शिकायतें आईं थीं। इसमें से 49,591 शिकायतों का निस्तारण कर दिया गया है। इसी तरह विद्युत आपूर्ति से जुड़ी 54,88,834 शिकायतें आईं थीं, जिसमें से 54,82,015 शिकायतों का समाधान कर लिया गया है।

Haryana Police Recruitment: PMT 20 अप्रैल से शुरू, एडमिट कार्ड 17 अप्रैल को डाउनलोड करें

चंडीगढ़. हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) ने 5500 कॉन्स्टेबल भर्ती के लिए फिजिकल मेजरमेंट टेस्ट (PMT) की घोषणा कर दी है। यह प्रक्रिया 20 अप्रैल से पंचकूला के ताऊ देवीलाल स्टेडियम में शुरू हो रही है। एडमिट कार्ड 17 अप्रैल को जारी किए जाएंगे। शुरुआत में, पहले हफ्ते तक हर रोज लगभग एक हजार कैंडिडेट्स को बुलाया जाएगा, और उसके बाद प्रतिदिन 3 हजार तक कैंडिडेट्स बुलाए जाएंगे। सुबह 6:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक का समय निर्धारित किया गया है। भर्ती प्रक्रिया के लिए कमीशन ने कंपनियों के साथ समझौता किया है। युवाओं की हाइट और चेस्ट मापने के लिए कमीशन ने जर्मनी से 25 मशीनें मंगवाई हैं। बताया जा रहा है कि मशीनों में सेंसर लगे हुए हैं। अगर किसी ने एड़ी उठाई, तो स्क्रीन पर जीरो आ जाएगा। ऐसे में कोई भी कैंडिडेट चालाकी नहीं कर पाएगा। इस भर्ती के लिए 2.70 लाख कैंडिडेट्स ने फॉर्म भरे हैं। रोडवेज बसें करेंगी पिक एंड ड्रॉप पंचकूला पहुंचने वाले कैंडिडेट्स के पिक एंड ड्रॉप सुविधा के लिए चंडीगढ़ व पंचकूला रोडवेज डिपो से 5-5 बसें मांगी गई हैं। जो जीरकपुर व पंचकूला-चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से स्टेडियम के बीच चलेंगी। वहीं प्रदेशभर के डिपो से भी इन दिनों चंडीगढ़ के लिए चलने वाली बसों को वाया पंचकूला करने का आग्रह किया गया है। स्टेडियम पर मैनेजमेंट के लिए पंचकूला डिपो से 4 इंस्पेक्टर/सब-इंस्पेक्टर तथा चंडीगढ़ डिपो से 2 इंस्पेक्टर/सब-इंस्पेक्टर की ड्यूटी लगाई जाएगी। खाना उलपब्ध करवाने की तैयारी पंचकूला के सेक्टर-3 स्थित ताऊ देवीलाल स्टेडियम में बॉस्केटबॉल और वॉलीबॉल हॉल के साथ-साथ लंबे टेस्ट शेड्यूल के लिए खेल विभाग से कोच भी मांगे गए हैं ताकि ड्यूटी दी जा सके। इसके अलावा, दूसरे विभागों से भी कोच मांगे गए हैं, जिनकी ड्यूटी टेस्ट प्रक्रिया के दौरान स्टेडियम में रहेगी।कमीशन की ओर से सामाजिक संस्थाओं से संपर्क किया जा रहा है, ताकि प्रदेशभर से आने वाले कैंडिडेट्स को स्टेडियम के बाहर ही खाना-नाश्ता उपलब्ध करवाया जा सके। हालांकि, अभी यह तय नहीं हुआ है कि युवाओं के लिए बाहर कितनी संस्थाएं कैंप लगाएंगी। फिजिकल मेजरमेंट टेस्ट की प्रक्रिया के दौरान कमीशन का एक सदस्य हर समय मौके पर मौजूद रहेगा। यदि किसी उम्मीदवार को कोई दिक्कत होती है या कोई समस्या बताई जाती है, तो उसका तुरंत समाधान करने का प्रयास किया जाएगा।

UPSC की मंजूरी के बाद DPC बैठक जल्द, HPS अफसरों को मिलेगा IPS काडर

 पंचकूला  हरियाणा पुलिस सेवा (एचपीएस) के 22 अधिकारी जल्द ही भारतीय पुलिस सेवा (आइपीएस) में शामिल होंगे। एचपीएस अधिकारियों को आइपीएस बनाने के लिए प्रक्रिया शुरू हो गई है। अगले सप्ताह विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की बैठक होगी। संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) ने मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी के अनुरोध पर यह बैठक चंडीगढ़ में किए जाने स्वीकृति दे दी है। प्रदेश में लंबे समय से एचपीएस अफसरों को आइपीएस काडर में पदोन्नति की प्रक्रिया लंबित चल रही है। करीब दो महीने पहले मुख्य सचिव ने 22 एचपीएस अफसरों को इंटेग्रिटी सर्टिफिकेट जारी किया था। हालांकि, मुख्य सचिव रस्तोगी का स्वास्थ्य खराब होने से डीपीसी की बैठक नहीं हो पाई। अब खुद मुख्य सचिव ने यूपीएससी से जल्द बैठक का आग्रह किया है। हालांकि उन्होंने बैठक दिल्ली के बजाए चंडीगढ़ में करने का अनुरोध किया है। सचिव सहित कुछ नामित व्यक्ति चुने जाते हैं मुख्य सचिव की ओर से कहा गया है कि अभी वह स्वास्थ्य कारणों से यात्रा करने में सक्षम नहीं है ऐसे में यदि डीपीसी चंडीगढ़ में हो तो बेहतर रहेगा। इस पर यूपीएससी ने अपनी सहमति जता दी है। बैठक में आयोग की ओर से सचिव सहित कुछ नामित सदस्य आते हैं, जिसमें मुख्य सचिव और गृह सचिव सुधीर राजपाल मौजूद रहेंगे। दो साल पहले पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के कार्यकाल में 13 एचपीएस के प्रमोशन की फाइल की मंजूरी मिली थी। तब गृह विभाग की ओर से तैयार की गई फाइल को तत्कालीन मुख्य सचिव संजीव कौशल ने आपत्ति जताते हुए वापस भेज दिया था। उस समय कई एचपीएस अफसरों की वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट ही पूरी नहीं थी। इस कारण उनके इंटेग्रिटी सर्टिफिकेट जारी नहीं हो सके। अब यह प्रक्रिया दोबारा शुरू होने जा रही है।

28199 किसानों से 12 लाख 52 हजार 470 क्विंटल गेहूँ की खरीदी : खाद्य मंत्री राजपूत

भोपाल. खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया है कि न्यूनतम समर्थन मूल्य पर अभी तक 28 हज़ार 199 किसानों से 12 लाख 52 हजार 470 क्विंटल गेहूँ की खरीदी की जा चुकी है। किसानों को 10 करोड़ 23 लाख रुपए का भुगतान उनके बैंक खाते में किया जा चुका है। गेहूँ का उपार्जन इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभाग में 9 अप्रैल से शुरू हो चुका है। उन्होंने बताया कि शेष संभागों में 15 अप्रैल से गेहूँ का उपार्जन शुरू किया जायेगा। अभी तक 2 लाख 35 हजार 177 किसानों द्वारा 1 करोड़ 3 लाख 90 हजार 280 क्विंटल गेहूँ के विक्रय के लिये स्लॉट बुक किये जा चुके हैं। गेहूँ खरीदी के लिये 3171 उपार्जन केन्द्र बनाये गये हैं। गेहूँ की खरीदी कार्यालयीन दिवसों में होती है। उपार्जन केंद्र में किसानों के लिये गेहूँ बिक्री की सभी सुविधाएं मंत्री राजपूत ने बताया है कि जिन जिलों में गेहूँ उपार्जन की प्रक्रिया शुरू हो गई है, वहाँ गेहूँ विक्रय की सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उपार्जन केन्द्रों में छायादार स्थान में बैठने और पेय जल की समुचित सुविधा उपलब्ध कराई गई है। केंद्र में बारदाने, तौल कांटे सिलाई मशीन, कंप्यूटर, इंटरनेट, गुणवत्ता परीक्षण उपकरण और उपज की साफ सफाई के लिए पंखा, छनना आदि की व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गई हैं। मंत्री राजपूत ने बताया है कि रबी विपणन वर्ष 2026-27 में किसानों से 2585 रूपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य एवं राज्य सरकार द्वारा घोषित 40 रूपये प्रति क्विंटल बोनस राशि सहित 2625 रूपये प्रति क्विंटल की दर से गेहूँ का उपार्जन किया जा रहा है। गेहूँ के उपार्जन के लिये आवश्यक बारदानों की व्यवस्था की जा चुकी है। उपार्जित गेहूँ को रखने के लिये जूट बारदानों के साथ ही पीपी/एचडीपी बैग एवं जूट के भर्ती बारदाने का उपयोग किया जा रहा है। समर्थन मूल्य पर उपार्जित गेहूँ के सुरक्षित भंडारण की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। उपार्जित गेहूं में से 7 लाख 69 हजार 720 क्विंटल गेहूं का परिवहन किया जा चुका है। प्रदेश में गेहूँ उपार्जन के लिये इस वर्ष रिकार्ड 19 लाख 4 हजार किसानों ने पंजीयन कराया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 3 लाख 60 हजार अधिक है। विगत वर्ष समर्थन मूल्य पर लगभग 77 लाख मीट्रिक टन गेहूँ का उपार्जन किया गया था। इस वर्ष युद्ध की विपरीत परिस्थितियों के बावजूद किसानों के हित में सरकार द्वारा 78 लाख मीट्रिक टन गेहूँ के उपार्जन का लक्ष्य रखा गया है, जो कि पिछले वर्ष से एक लाख मीट्रिक टन अधिक है।  

अजमेर में पानी संकट के बीच अवैध कनेक्शन से पानी चोरी का मामला सामने आया

 माखुपुरा राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ के विदा होते ही सूर्यदेव ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं. अजमेर में पारा 36.9 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे जिले में पेयजल संकट गहराने लगा है. इस संकट के बीच, माखुपुरा इलाके में पानी चोरी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां जनता के पीने के पानी से खेतों की सिंचाई की जा रही थी. जिसकी भनक  जलदाय विभाग को लगते ही टीम ने  कार्रवाई करते हुए इस पूरे खेल का खुलासा कर दिया. खेत में टैंक बनाकर पीने के पानी का कर रहा था स्टोरेज मामला माखुपुरा इलाके का है जहां जलदाय विभाग ने  जांच के दौरान पाया की आरोपी ने न केवल मुख्य पाइपलाइन से कनेक्शन लिया, बल्कि खेत में टैंक बनाकर पानी का स्टोरेज भी कर रहा था. मामले की जांच कर रहे विभाग के जेईएन बीना मीणा ने जलापूर्ति निरीक्षण के दौरान इस अवैध कनेक्शन को पकड़ा. जांच के दौरान पाया कि माखुपुरा के रहने वाले लेखराज के खेत तक सीधे एक पाइपलाइन जोड़ी गई थी. जब उससे कनेक्शन के वैध दस्तावेज मांगे गए तो वह कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका. जिसके बाद इसकी सूचना विभाग को दी. सूचना के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर पहुंचकर एईएन सत्यवीर ने कार्रवाई की. आदर्श नगर थाने में आरोपी के खिलाफ  पानी की चोरी की एफआईआर दर्ज करवाई.  मामले को लेकर विभाग ने जानकारी देते हुए बताया कि यह केवल पानी चोरी का केस नहीं है. बल्कि सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग और आम जनता के हक पर डाका डालने जैसा है. इलाके में अवैध कनेक्शन की जांच में जुटा जलदाय विभाग फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. साथ ही यह पता लगाने का काम कर रहा है कि कहीं इस तरह के अवैध कनेक्शन इलाके में और तो नहीं हैं. यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब अजमेर में कई इलाकों में पानी की किल्लत बनी हुई है. ऐसे में पीने के पानी का दुरुपयोग और अवैध दोहन प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनता जा रहा है.

समाज में न्याय और समानता की प्रेरणा देता रहेगा बाबा साहेब का जीवन : मुख्यमंत्री

रायपुर.  मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज राजधानी रायपुर में भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर कलेक्ट्रेट परिसर के सामने स्थित डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर चौक में उनकी 21 फीट ऊंची पंचधातु से निर्मित भव्य प्रतिमा का अनावरण किया। इस अवसर पर आयोजित गरिमामय कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि बाबा साहेब का जीवन संघर्ष, शिक्षा और समानता की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के नेतृत्व और उनके द्वारा निर्मित भारतीय संविधान ने वंचित, शोषित और पिछड़े वर्गों को समाज में सम्मानजनक स्थान दिलाया है। उनके विचार आज भी समाज को न्याय और समानता की दिशा में आगे बढ़ने का मार्ग दिखाते हैं। मुख्यमंत्री ने आयोजन समिति की मांग पर मंगल भवन, सामुदायिक भवन सहित विभिन्न निर्माण एवं जीर्णोद्धार कार्यों के लिए 60 लाख रुपये की राशि स्वीकृत करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि यह राशि स्थानीय स्तर पर सामाजिक गतिविधियों और जनसुविधाओं को सुदृढ़ करने में सहायक सिद्ध होगी। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि भारतीय संविधान ने देश के प्रत्येक नागरिक को समानता, स्वतंत्रता और न्याय का अधिकार प्रदान किया है। इसी कारण आज समाज के सभी वर्गों को अपने जीवन में आगे बढ़ने के समान अवसर प्राप्त हो रहे हैं। उन्होंने शिक्षा के महत्व पर बल देते हुए कहा कि बाबा साहेब ने विपरीत परिस्थितियों में भी कोलंबिया विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा प्राप्त कर यह सिद्ध किया कि शिक्षा ही समाज परिवर्तन का सबसे बड़ा माध्यम है। उन्होंने कहा कि आज देश के प्रत्येक कोने में बाबा साहेब की प्रतिमाएं स्थापित हैं, जो उनके प्रति लोगों के अटूट सम्मान और श्रद्धा का प्रतीक हैं। रायपुर सहित पूरे प्रदेश में उनकी जयंती हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाई जा रही है, जिससे नई पीढ़ी निरंतर प्रेरणा प्राप्त कर रही है। मुख्यमंत्री ने महिला सशक्तिकरण पर बाबा साहेब के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि किसी भी समाज की प्रगति वहां की महिलाओं की स्थिति से आंकी जाती है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए निरंतर ठोस कदम उठा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार बाबा साहेब के सपनों को साकार करने की दिशा में कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, जनधन योजना और जल जीवन मिशन जैसी योजनाएं समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचाने का माध्यम बन रही हैं। उन्होंने कहा कि “विकसित भारत” के लक्ष्य के साथ छत्तीसगढ़ सरकार भी “विकसित छत्तीसगढ़” के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है, जिसमें बाबा साहेब के आदर्श मार्गदर्शक हैं। कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने नागरिकों से आह्वान किया कि वे बाबा साहेब के विचारों को आत्मसात करते हुए सामाजिक समरसता, समानता और न्यायपूर्ण समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं। इस अवसर पर कौशल विकास मंत्री खुशवंत साहेब, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, विधायक किरण सिंह देव, महापौर नगर पालिक निगम रायपुर श्रीमती मीनल चौबे, विधायक पुरंदर मिश्रा, अनुज शर्मा, छत्तीसगढ़ खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव, छत्तीसगढ़ अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।  

नोएडा-ग्रेटर नोएडा में औद्योगिक इकाइयां बंद, हाई पावर कमेटी के फैसले लागू

नोएडा नोएडा में श्रमिकों के प्रदर्शन को लेकर यूपी के पुलिस महानिदेशक (DGP) राजीव कृष्ण ने कहा कि जिले में स्थिति पूरी तरह सामान्य है। कहीं भी कानून-व्यवस्था की समस्या नहीं है। उन्होंने बताया कि सभी वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और लगातार हालात पर नजर रखी जा रही है। डीजीपी ने कहा कि पुलिस को सोशल मीडिया, मीडिया और यूपी-112 के जरिए लगातार इनपुट मिल रहे हैं। हर सूचना पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है। मुख्यमंत्री ने पहले ही एक हाई-पावर कमेटी का गठन किया था, जिसने मौके पर पहुंचकर सभी पक्षों से बातचीत की और अपनी घोषणाएं भी कर दी हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार और मुख्यमंत्री श्रमिकों के प्रति संवेदनशील हैं और उनकी उचित वेतन से जुड़ी मांगों पर निर्णय लिया गया है। कुछ व्यक्तियों और समूहों द्वारा माहौल बिगाड़ने की कोशिश की गई, जिनके खिलाफ इलेक्ट्रॉनिक और CCTV सबूतों के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। DGP राजीव कृष्ण ने श्रमिकों से अपील की कि वे शांति बनाए रखें, किसी के बहकावे में न आएं और प्रशासन का सहयोग करें। उच्चाधिकार प्राप्त समिति की सिफारिशों पर बढ़ी न्यूनतम मजदूरी सरकार ने श्रमिकों व उद्यमियों से संवाद और औद्योगिक सौहार्द व शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए उच्चाधिकार प्राप्त समिति बनाई है। समिति के अध्यक्ष औद्योगिक विकास आयुक्त हैं। अपर मुख्य सचिव (एमएसएमई), प्रमुख सचिव (श्रम एवं सेवायोजन विभाग) और श्रमायुक्त कानपुर इसके सदस्य हैं। आज औद्योगिक इकाइयां बंद समिति में श्रमिक संगठनों के पांच प्रतिनिधि एवं उद्यमी संघों के तीन प्रतिनिधि भी सदस्य हैं। समिति ने नोएडा पहुंचते ही पहला निर्णय किया कि शांति व्यवस्था बनाने और स्थिति संभालने के मकसद से मंगलवार को नोएडा और ग्रेटर नोएडा की सभी औद्योगिक इकाइयां बंद रहेंगी।  

मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध मादक पदार्थों के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही

भोपाल.  मध्यप्रदेश में मादक पदार्थों की अवैध तस्करी के विरुद्ध पुलिस द्वारा की जा रही सख्त कार्रवाई के तहत विभिन्न जिलों में उल्लेखनीय सफलताएं प्राप्त हुई हैं। अलग-अलग जिलों में की गई कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 1 करोड़ 37 लाख से अधिक के मादक पदार्थ एवं अन्य संपत्ति जप्त की हैं तथा तस्करी में संलिप्त आरोपियों को गिरफ्तार किया है। विदिशा: “ऑपरेशन क्लीन स्वीप” के अंतर्गत विदिशा पुलिस ने एक संगठित अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट के विरुद्ध प्रभावी संयुक्त कार्रवाई करते हुए 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान कुल 92.01 ग्राम ब्राउन शुगर (अनुमानित कीमत 9 लाख 15 हजार रूपए), चार वाहन (मर्सिडीज C-220, स्विफ्ट डिजायर, मारुति अर्टिगा, सुजुकी एक्सेस) एवं 1 हजार 20 रूपए नगद सहित लगभग 1 करोड़ रूपए से अधिक की संपत्ति जब्‍त की है। जांच में सामने आया कि यह गिरोह चार स्तरों में संगठित रूप से कार्य कर रहा था। किंगपिन (मुख्य सप्लायर): यह मुख्य स्रोत था, जो ब्राउन शुगर की थोक सप्लाई करता था। लोकल वितरक: ये थोक विक्रेता से माल उठाकर शहर में वितरित करते थे। डिलीवरी एजेंट: इनका कार्य माल को सुरक्षित स्थान पर पहुँचाना और ग्राहकों से संपर्क करना था। लॉजिस्टिक टीम: ये माल की सुरक्षित आवाजाही के लिए वाहन और ड्राइविंग का प्रबंध करते थे। गिरोह राजस्थान से ब्राउन शुगर खरीदकर शहर में बेचते थे। गिरोह द्वारा फोन पे जैसे डिजिटल माध्यम एवं “डेड ड्रॉप” तकनीक के जरिए कॉन्टैक्टलेस डिलीवरी कर पुलिस से बचने का प्रयास किया जा रहा था। जबलपुर: क्राइम ब्रांच एवं थाना खितौला पुलिस की संयुक्त टीम ने अवैध मादक पदार्थों के विरूद्ध कार्रवाई करते हुए 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से 20 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा (कीमत लगभग 10 लाख रूपए), 02 मोबाइल फोन, 700 रूपए नगद एवं एक टैंकर ट्रक जप्त किया है। आरोपियों के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। इंदौर: क्राइम ब्रांच इंदौर ने एमडी ड्रग्‍स के विरूद्ध प्रभावी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 57.73 ग्राम अवैध मादक पदार्थ MD अंतरराष्ट्रीय कीमत लगभग 5 लाख 80 हजार रूपये एवं 01 मोबाइल फोन जप्त किया। इसी प्रकार थाना सदर बाजार पुलिस ने चैकिंग के दौरान MD ड्रग्‍स की तस्‍करी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर लाखो रुपये की 12.74 ग्राम एमडी जब्‍त की है। एक अन्य कार्यवाही में थाना तेजाजी नगर पुलिस ने कार्यवाही करते हुए 5.82 किलोग्राम गांजा एवं मोटरसाइकिल सहित 1 लाख 50 हजार की संपत्ति तथा पुलिस थाना छत्रीपुरा पुलिस ने आरोपिया से 3 किलो अवैध मादक पदार्थ (गांजा) जिसकी अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 1 लाख 50 हजार रूपए का जब्‍त किया है। मंदसौर: थाना शामगढ़ पुलिस द्वारा कार्रवाई करते हुए आरोपी के कब्जे से 86 किलोग्राम डोडाचूरा एवं एक कार सहित लगभग 7 लाख रूपए की संपत्ति जप्त की गई। उज्जैन: पंवासा थाना पुलिस एवं क्राइम टीम द्वारा संयुक्त कार्रवाई करते हुए महिला सहित 04 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से 55 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स एवं घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल सहित कुल लगभग 3 लाख 50 हजार रूपए की संपत्ति जप्त की। भोपाल: थाना शाहजहाँनाबाद पुलिस ने मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए एक मेडिकल संचालक को गिरफ्तार किया, जो बिना डॉक्टर पर्चे के नशीली दवा ऑनरेक्स का अवैध विक्रय कर रहा था। आरोपी के कब्जे से 211 शीशी ऑनरेक्‍स (कीमत लगभग 42 हजार 411 रूपए) जप्त की गई। एक अन्‍य कार्यवाही में क्राइम ब्रांच भोपाल द्वारा कार्रवाई करते हुए 1.630 किलोग्राम अवैध चरस जप्त कर 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से चरस, दोपहिया वाहन, मोबाइल फोन एवं इलेक्ट्रॉनिक तराजू सहित लगभग 7 लाख रूपए की संपत्ति जब्‍त की है। खरगोन: थाना बलवाड़ा पुलिस द्वारा अवैध गांजा तस्करी के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 01 महिला आरोपी को गिरफ्तार किया गया। आरोपी के कब्जे से 05 किलो 240 ग्राम गांजा (कीमत लगभग 52 हजार 400 रूपए) जप्त किया गया। राजगढ़: जीरापुर पुलिस द्वारा कार्रवाई करते हुए 08.77 ग्राम स्मैक (कीमत लगभग 88 हजार रूपए) जप्त कर 02 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। सीधी: थाना बहरी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 15 ग्राम से अधिक स्मैक (कीमत लगभग 45 हजार रूपए) जप्त कर 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। साथ ही एक स्कूटी, इलेक्ट्रॉनिक तराजू एवं मोबाइल फोन भी जप्त किए गए। टीकमगढ़: थाना दिगौड़ा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 23 हजार रुपए कीमत का 20 किलोग्राम से अधिक अवैध गांजे के पौधे जप्त कर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा मादक पदार्थों के विरुद्ध इस प्रकार की सख्त कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। आमजन से अपील है कि नशे से दूर रहें एवं किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।  

मुख्यमंत्री साय बोले—संविधान की भावना हर नागरिक तक ले जाना हमारी जिम्मेदारी

रायपुर. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर के शंकरनगर स्थित दुर्गा मैदान में डॉ. भीमराव आंबेडकर की 135वीं जयंती के अवसर पर   आयोजित समरसता भोज कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान मुख्यमंत्री साय ने जनप्रतिनिधियों और आमजन के साथ बैठकर भोजन किया तथा स्वयं लोगों को भोजन परोसकर सामाजिक समरसता का संदेश दिया। मुख्यमंत्री साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और इसके संविधान का निर्माण करने का गौरव बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर को प्राप्त है। उन्होंने कहा कि यह संविधान देश के 140 करोड़ नागरिकों को समानता, अधिकार और गरिमा के साथ जीवन जीने का आधार प्रदान करता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा साहेब ने विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपने दृढ़ संकल्प और अदम्य इच्छाशक्ति के बल पर उच्चतम स्थान प्राप्त किया और समाज के वंचित, शोषित एवं कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया। उन्होंने नारी शिक्षा और सम्मान के लिए भी महत्वपूर्ण कार्य किए। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि महान समाज सुधारक महात्मा ज्योतिबा फुले और माता सावित्रीबाई फुले द्वारा प्रारंभ किए गए नारी शिक्षा और सामाजिक जागरूकता के अभियान को बाबा साहेब ने आगे बढ़ाया और उसे नई दिशा दी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बाबा साहेब के जन्म, शिक्षा, दीक्षा, कार्य और समाधि स्थलों को “पंच तीर्थ” के रूप में विकसित कर उन्हें सच्चा और स्थायी सम्मान दिया जा रहा है।  इस अवसर पर मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि बाबा साहेब का जीवन संघर्ष, शिक्षा और समरसता का प्रेरक उदाहरण है। उनके विचार आज भी समाज को समानता और न्याय की दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं। समरसता भोज जैसे आयोजन सामाजिक सद्भाव को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल हैं। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक किरण सिंह देव ने कहा कि बाबा साहेब ने संविधान के माध्यम से समाज के कमजोर और पिछड़े वर्गों को आगे बढ़ाने की मजबूत व्यवस्था दी। आज मुख्यमंत्री साय और के नेतृत्व में अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने का कार्य निरंतर किया जा रहा है। समरसता भोज कार्यक्रम में विधायक पुरंदर मिश्रा,  छत्तीसगढ़ खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव, छत्तीसगढ़ अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष श्रीमती मोना सेन सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित  थे।

हरियाणा के पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा के खिलाफ इंडस्ट्रियल प्लॉट आवंटन मामले में केस प्रक्रिया शुरू

पंचकूला हरियाणा की राजनीति में एक बार फिर बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। CLP लीडर भूपेंद्र सिंह हुड्डा की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं, क्योंकि औद्योगिक भूखंड आवंटन मामले में उनके खिलाफ केस चलाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। जानकारी के अनुसार, यह मामला औद्योगिक प्लॉट के आवंटन से जुड़ा हुआ है, जिसमें अनियमितताओं के आरोप लगाए गए थे। अब इस मामले में कार्रवाई आगे बढ़ाई गई है और केस चलाने की अनुमति मिल गई है। बताया जा रहा है कि इस मामले में HUDA (हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण) के दो अधिकारियों के नाम भी शामिल हैं, जिससे मामला और गंभीर हो गया है। इस घटनाक्रम के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और विपक्ष भी इस मुद्दे को लेकर सक्रिय हो सकता है। फिलहाल जांच एजेंसियां मामले की आगे की प्रक्रिया में जुटी हुई हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। पंचकूला औद्योगिक भूखंड आवंटन मामले में ईडी की अभियोग शिकायत में हुड्डा को मुख्य साजिशकर्ता के रूप में शामिल किया गया है। एजेंसी ने आरोप लगाया कि उसने अवैध आवंटन की वास्तव में योजना बनाई और चयनित आवंटियों के हित में पात्रता मानदंडों में बदलाव किया। आरोपी आवंटियों को हुडा से जोड़ते हुए, ईडी ने कहा कि रेनू हुड्डा और नंदिता हुड्डा उनके पैतृक गांव सांघी की रहने वाली थी। कंवर प्रीत सिंह संधू उनके सहपाठी डीडी संधू के बेटे थे। मोना बेरी उनके ओएसडी बलदेव राज बेरी की बहू थी। डॉ. गणेश दत्त रतन उनके साथ टेनिस खेलते थे और प्रदीप कुमार उनके निजी सचिव सिंह राम के बेटे थे। ईडी ने आगे दावा किया कि आवंटन पाने वाले अशोक वर्मा के ससुर, अशोक काका, कांग्रेस शासन के दौरान एचएएफईडी के अध्यक्ष थे और हुड्डा उन्हें जानते थे। अमन गुप्ता के पिता रमेश गुप्ता थानेसर के पूर्व विधायक थे और हुड्डा से अच्छी तरह परिचित थे। लेफ्टिनेंट कर्नल ओपी दहिया (रिटायर) पूर्व कांग्रेस विधायक करण दलाल के रिश्तेदार हैं। डागर कात्याल के पिता सुनील कात्याल हरियाणा सेवा अधिकार आयोग में आयुक्त रह चुके थे और हुड्डा उन्हें जानते थे। मनजोत कौर न्यायमूर्ति एमएस सुल्लर (रिटायर) की बहू हैं, जो हुड्डा की परिचित थी। सिद्धार्थ भारद्वाज के पिता संजीव भारद्वाज 2004 में एचपीसीसी सचिव थे, 2005 में पार्टी छोड़ दी और 2016 में फिर से पार्टी में शामिल हो गए।