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निकाय चुनाव में पंजाब में तेज वोटिंग, अब तक 45.60 फीसदी मतदान दर्ज

लुधियाना. पंजाब में 8 नगर निगमों, 76 नगर परिषदों और 21 नगर पंचायतों के चुनावों के लिए मतदान का काम सुबह 8 बजे से जारी है। दोपहर 2 बजे तक राज्य भर में 45.60 % वोटिंग हुई है। भीषण गर्मी के बीच मतदाता पोलिंग बूथ पर अपने वोट का इस्तेमाल करने के लिए पहुंच रहे हैं। इन चुनावों में राज्य की सभी राजनीतिक पार्टियों के साथ-साथ कुल 7,555 उम्मीदवार चुनाव मैदान में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। रूपनगर में दोपहर 2 बजे तक 48.39% हुई वोटिंग श्री आनंदपुर साहिब: 59.52% मोरिंडा: 48.61% नंगल: 44.80% रूपनगर: 45.10% श्री चमकौर साहिब: 53.20% कीरतपुर साहिब: 69.36% जिला लुधियाना के रायकोट में कांग्रेस उम्मदीवर जगदेव सिंह जग्गा पर बूथ में जानलेवा हमला हो गया। हालत गंभीर होने के लचते PGI रेफर कर दिया गया है। जग्गा के सिर पर गंभीर चोटें आई हैं। बरनाला नगर निगम चुनावों के लिए आज 48 वार्डों में मतदान शुरू हो गया है। शहर के 50 वार्डों में से 48 वार्डों में वोटिंग हो रही है, जबकि 2 वार्डों में उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए हैं। इस बार चुनाव EVM की बजाय बैलेट पेपर के जरिए करवाए जा रहे हैं। 48 वार्डों में 95 पोलिंग बूथ बनाए गए हैं, जहां 84,858 मतदाता 177 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करेंगे। समराला म्युनिसिपल काउंसिल चुनाव समराला में 15 में से 12 वार्ड के लिए वोटिंग जारी है। शहर के 3 वार्ड 1, 4 और 12 में सभी विरोधी उम्मीदवारों के नॉमिनेशन कैंसिल होने की वजह से AAP उम्मीदवार बिना चुनाव लड़े ही यहां से जीत चुके हैं। समराला में म्युनिसिपल काउंसिल चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करने के लिए समराला के कुल 12 वार्ड में वोटिंग होगी, जहां 8,792 पुरुष वोटर, 8,372 महिला वोटर और तीन अन्य समेत कुल 17,167 वोटर चुनाव में हिस्सा लेंगे। नगर परिषद चुनाव के लिए शुरू हुई वोटिंग में आसानी से, शांति से और पारदर्शी तरीके से चुनाव कराने के लिए पूरे इंतज़ाम किए गए हैं। चुनाव प्रक्रिया के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पोलिंग स्टेशनों और संवेदनशील जगहों पर काफ़ी सुरक्षाकर्मी भी तैनात किए गए हैं। किस पार्टी के कितने उम्मीदवार इन चुनावों में कुल 7,555 उम्मीदवार मैदान में हैं, जिनमें ‘आप’ के 1,802 उम्मीदवार, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 1,550, शिरोमणि अकाली दल के 1,251, भाजपा के 1,316, बसपा के 96 और 1,528 निर्दलीय उम्मीदवार शामिल हैं, जबकि 13 उम्मीदवार अन्य पार्टियों से संबंध रखते हैं। इस संबंध में पंजाब सरकार ने 26 मई को सभी सरकारी दफ्तरों, शैक्षणिक संस्थानों और अदालतों में छुट्टी घोषित की है। वहीं पंजीकृत दुकानों और व्यावसायिक संस्थानों में काम करने वाले कर्मचारियों को अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए विशेष छूट दी गई है।

MP Locker App बना नागरिक सेवाओं का आसान माध्यम, दस्तावेज अब डिजिटल रूप में सुरक्षित

एमपी लॉकर ऐप: नागरिक सेवाओं का सुगम माध्यम कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) आधारित स्वचालित दस्तावेज़ खोज और वैधता समाप्ति अलर्ट जैसी अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित हुआ डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म भोपाल नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा नागरिक सेवाओं के लोक-कल्याणकारी एवं डिजिटल रूपांतरण की दिशा में एक युगांतरकारी नवाचार करते हुए एमपी लॉकर ऐप को राज्य स्तरीय डिजिटल दस्तावेज़ प्लेटफ़ॉर्म के रूप में स्थापित किया गया है। यह प्रयास "डिजिटल गवर्नेंस" एवं "पेपर लेस एडमिनिस्ट्रेशन" के संकल्प को साकार करने की दिशा में राज्य सरकार की एक उल्लेखनीय और अभूतपूर्व उपलब्धि बनकर उभरा है। इससे प्रदेश के नागरिकों को अपने महत्वपूर्ण शासकीय अभिलेखों व प्रमाण-पत्रों को सुरक्षित रखने के लिए डिजिटल कवच प्राप्त हुआ है। यह ऐप गुगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है। दस्तावेज़ों का सुरक्षित संचयन एवं सर्वसुलभ उपलब्धता एमपी लॉकर ऐप से राज्य के नागरिक अपने महत्वपूर्ण शासकीय दस्तावेज़ों- जैसे विभिन्न प्रमाण-पत्र, अनुज्ञप्ति (लाइसेंस), अनापत्ति प्रमाण-पत्र कर रसीदें एवं अन्य विधिक प्रलेखों को कभी भी और कहीं से भी सुरक्षित रूप से प्राप्त, संचयित एवं साझा कर सकते हैं। वर्तमान में इस अत्याधुनिक प्लेटफ़ॉर्म पर eNP, ABPAS एवं भोपाल नगर निगम से संबंधित 22 से अधिक नागरिक केंद्रित सेवाएँ सुगमता से उपलब्ध हैं। इनमें मुख्य रूप से संपत्ति कर रसीद, जल कर रसीद, व्यापार अनुज्ञप्ति (ट्रेड लाइसेंस), अग्नि सुरक्षा प्रमाण-पत्र, विवाह प्रमाण-पत्र, भवन अनुज्ञा (बिल्डिंग परमिशन) तथा संपत्ति नामांतरण जैसी अत्यंत महत्वपूर्ण सेवाएँ समाहित हैं। नवाचार के मुख्य आकर्षण: एआई क्षमताएं और 'वैधता समाप्ति चेतावनी' एमपी लॉकर ऐप की विशेषता इसका कृत्रिम बुद्धिमत्ता से सुसज्जित स्वरूप है, जो नागरिकों को निम्नलिखित विशिष्ट सुविधाएँ प्रदान करता है: स्वचालित दस्तावेज़ अभिज्ञान नागरिकों को अब अपने दस्तावेज़ों को खोजने के लिए किसी मैन्युअल अन्वेषण या जटिल प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ता। यह ऐप पंजीकृत मोबाइल नंबर से संबद्ध समस्त शासकीय दस्तावेज़ों की स्वतः पहचान कर उन्हें तत्काल स्क्रीन पर प्रदर्शित कर देता है। वैधता समाप्ति पूर्व सूचना: नागरिक हितों को सर्वोपरि रखते हुए इसमें रिमाइंडर सिस्टम जोड़ा गया है। यह प्रणाली किसी भी दस्तावेज़ या लाइसेंस की वैधता समाप्त होने से पूर्व ही नागरिक को स्वतः सूचित कर सचेत कर देती है, जिससे समय रहते उनका नवीनीकरण सुनिश्चित हो सके और नागरिकों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। सप्ताहों का कार्य अब क्षणों में: समय और श्रम की बचत एमपी लॉकर ऐप के क्रियान्वयन से प्रशासनिक कार्यप्रणाली में दक्षता आई है। नागरिकों की शासकीय कार्यालयों तक होने वाली 70 से 80 प्रतिशत भौतिक यात्राओं में कमी दर्ज की गई है, जिससे उनके धन और श्रम दोनों की महती बचत हो रही है। दस्तावेज़ों को प्राप्त करने की अवधि दिनों से घटकर क्षणों में सिमट गई है। भाषिनी' प्लेटफ़ॉर्म से सर्वसमावेशी स्वरूप और 'एंटीटी लॉकर' का भविष्य एमपी लॉकर ऐप को सर्वसमावेशी एवं जन-जन के लिए सुलभ बनाने के लिये भारत सरकार के "भाषिनी" प्लेटफ़ॉर्म के माध्यम से बहुभाषीय समर्थन प्रदान किया गया है, जो भाषाई बाधाओं को दूर कर अंतिम छोर के व्यक्ति तक सुशासन की पहुँच सुनिश्चित करता है। राज्य सरकार की इस दूरदर्शी योजना के अंतर्गत आगामी चरणों में मध्यप्रदेश सहित केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों की लोक-सेवाओं को भी क्रमिक एवं व्यवस्थित रूप से एमपी लॉकर ऐप के साथ एकीकृत किया जाएगा। इसके साथ ही, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों एवं उद्यमों के लिए “एंटीटी लॉकर” की विशेष सुविधा का प्रावधान भी किया जा रहा है, जिसके माध्यम से संस्थान अपने महत्वपूर्ण वाणिज्यिक एवं वैधानिक दस्तावेज़ों को सुरक्षित परिवेश में संचयित और प्रबंधित कर सकेंगे।  

बिहार MLC चुनाव का ऐलान, 10 सीटों पर 18 जून को वोटिंग; नीतीश सीट भी शामिल

पटना. बिहार विधान परिषद की 9 सीटों पर द्विवार्षिक चुनाव का कार्यक्रम भारत निर्वाचन आयोग ने जारी कर दिया है।  इसके अलावा एक सीट पर उपचुनाव कराया जाएगा। राज्‍यसभा सदस्‍य बनने के बाद पूर्व सीएम नीतीश कुमार ने विधान परिषद से इस्‍तीफा दे दिया था। इसके अनुसार 29 जून 2026 को 9 एमएलसी का कार्यकाल समाप्‍त हो रहा है। चुनाव की अधिसूचना 1 जून को जारी होगी।  18 जून को मतदान और मतगणना  नामांकन दाखिल करने की अंत‍िम तिथ‍ि 8 जून तय की गई है। 9 जून को नामांकन प्रपत्रों की स्‍क्रूटनी की जाएगी। 11 जून तक उम्‍मीदवार नाम वापस ले सकेंगे। इसके बाद 18 जून को सुबह 9 से 4 बजे तक मतदान कराया जाएगा। मतदान के बाद उसी दिन मतगणना की जाएगी। 20 जून तक पूरी प्रक्र‍िया समाप्‍त कर ली जाएगी। एक सीट के उपचुनाव का कार्यक्रम भी 9 सीटों के चुनाव के अनुसार ही होना तय किया गया है। इस सीट पर निर्वाचित होने वाले सदस्‍य का कार्यकाल 6 मार्च 2030 तक रहेगा।  इन नेताओं का कार्यकाल हो रहा समाप्‍त  28 जून 2026 को जिन नेताओं का कार्यकाल समाप्‍त हो रहा है, उनमें डॉ. कुमुद वर्मा, प्रो. गुलाम गौस, मो. फारूक, भीष्‍म साहनी, श्रीभगवान सिंह कुशवाहा, संजय मयूख, समीर कुमार सिंह, सम्राट चौधरी और सुनील कुमार सिंह शामिल हैं। सीएम सम्राट चौधरी और मंत्री श्रीभगवान सिंह कुशवाहा ने विधानसभा चुनाव में जीत के बाद 16 नवंबर 2025 को विधान परिषद सदस्‍य पद से इस्‍तीफा दे दिया था। चुनाव एवं उपचुनाव कार्यक्रम की घाेषणा होने के साथ ही राज्‍य की सियासत में सरगर्मी बढ़ जाएगी। हालांकि पहले से ही रणनीत‍ि तेज हो चुकी है।

पंजाब चुनाव में विवाद! फरीदकोट में जवानों को रोकने के आरोप से गरमाई सियासत

फरीदकोट. फरीदकोट के वार्ड नंबर 17 में निकाय चुनाव के दौरान उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब आर्मी कैंट के जवानों को वोट डालने से रोकने के आरोप लगे। घटना के बाद मतदान केंद्र के बाहर भारी हंगामा शुरू हो गया और विभिन्न राजनीतिक दलों के समर्थक आमने-सामने आ गए। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस अधिकारियों को मौके पर पहुंचकर हस्तक्षेप करना पड़ा। जानकारी के अनुसार भाजपा प्रत्याशी विमल रांझा और भाजपा नेता संदीप सिंह सनी बराड़ ने आरोप लगाया कि वार्ड नंबर 17 में आर्मी कैंट के करीब एक हजार जवानों और उनके परिवारों की वोटें बनी हुई हैं। उनका कहना है कि ये लोग लंबे समय से फरीदकोट में रह रहे हैं और नियमित मतदाता हैं। भाजपा नेताओं के अनुसार जब आर्मी कैंट के जवान मतदान करने पहुंचे तो कांग्रेस, शिरोमणि अकाली दल और आम आदमी पार्टी के उम्मीदवारों तथा समर्थकों ने उन्हें रोकने की कोशिश की। आरोप है कि जवानों को वोट डालने से मना किया गया, जिसके बाद माहौल अचानक गरमा गया। पुलिस ने किया बीच-बचाव घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया। पुलिस अधीक्षक जोगेश्वर सिंह गोराया समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने मतदान केंद्र के बाहर मौजूद सभी राजनीतिक दलों के समर्थकों को हटाकर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की। पुलिस के हस्तक्षेप के बाद मतदान प्रक्रिया दोबारा शुरू करवाई गई। हालांकि इस दौरान भाजपा समर्थकों और अन्य दलों के कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार कुछ समय के लिए मतदान केंद्र के बाहर अफरा-तफरी जैसा माहौल बन गया था। आरोप- जानबूझ कर किया जा रहा परेशान भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान जानबूझकर उनके समर्थकों और आर्मी कैंट के मतदाताओं को परेशान किया जा रहा है। वहीं अन्य दलों की ओर से इन आरोपों पर फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और मतदान शांतिपूर्ण ढंग से जारी है। प्रशासन ने मतदान केंद्र के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके। निकाय चुनाव के दौरान हुई इस घटना ने इलाके की राजनीति को और गर्मा दिया है। चुनावी माहौल में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है और सभी दल इस मामले को लेकर एक-दूसरे पर निशाना साध रहे हैं।

बस्तर में फुटबॉल का महाकुंभ, देशभर की 35 टीमों ने बढ़ाई खेल की रौनक

जगदलपुर. जगदलपुर इन दिनों सिर्फ संस्कृति नहीं, खेल की ऊर्जा से भी सराबोर नजर आ रहा है। रामकृष्ण मिशन आश्रम और एआईएफए के संयुक्त आयोजन में स्वामी विवेकानंद अंडर-20 मेन्स नेशनल फुटबॉल प्रतियोगिता चल रही है। देश के 35 राज्यों की टीमें इस टूर्नामेंट में हिस्सा ले रही हैं। 27 मई को फाइनल मुकाबला केरल और मिजोरम के बीच खेला जाएगा। मैच का सीधा प्रसारण एआईएफए के अधिकृत यूट्यूब चैनल पर किया जाएगा। लाइव प्रसारण की जिम्मेदारी जगदलपुर की स्थानीय टीम को सौंपी गई है। पूर्व नेशनल रेफरी विश्वजीत भट्टाचार्य और उनकी टीम तकनीकी जिम्मेदारी संभाल रही है। इस आयोजन ने पूरे बस्तर में खेल का नया माहौल बना दिया है। स्थानीय युवाओं को राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को करीब से देखने और सीखने का मौका मिल रहा है। रामकृष्ण मिशन की इस पहल की लोग सराहना कर रहे हैं। खेल मैदान हर दिन रोमांचक मुकाबलों का केंद्र बना हुआ है। स्थानीय दर्शकों में भी फाइनल को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है। राष्ट्रीय स्तर का यह आयोजन अब बस्तर की नई खेल पहचान बनता नजर आ रहा है।

मुख्यमंत्री ने जनता का जताया आभार, बोले- सभी 17 नगर निगमों में मेयर की सीटें भाजपा की झोली में डालीं

जनता का पैसा जनहित में ही खर्च होगाः सीएम योगी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नगर निगम लखनऊ की 413 करोड़ की 342 परियोजनाओं का किया शिलान्यास/लोकार्पण, स्वच्छ-सुंदर-समर्थ लखनऊ से संबंधित पुस्तिका का किया विमोचन  जनता का जताया आभार, बोले- सभी 17 नगर निगमों में मेयर की सीटें भाजपा की झोली में डालीं पिछली सरकारों के पापों के गड्ढों को भरने और भ्रष्टाचार के कूड़े को साफ करने में लगा समयः मुख्यमंत्री लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों का आभार जताते हुए कहा कि जनता ने पहली बार सभी 17 नगर निगमों में मेयर की सीट भाजपा की झोली में डालीं। सभी नगर निगमों में भाजपा का बोर्ड बना। इसका परिणाम रहा कि नगर निगम ने 3 वर्ष में कुछ प्रतिमान भी स्थापित किए, विकास व स्वच्छता का मॉडल दिया। हमें पिछली सरकारों के पापों के गड्ढों को भरने, भ्रष्टाचार के कूड़े को साफ करने में समय भी लगा। विकास पर खर्च होने वाला पैसा जनता का है। इसे मुख्यमंत्री या मंत्री नहीं दे रहे, बल्कि केवल उसका उचित नियोजन कर रहे हैं। जनता का पैसा जनहित में ही खर्च होगा। यही पीएम मोदी जी का विजन है, प्रेरणा है। मुख्यमंत्री ने नगर निगम में महापौर के कार्यकाल के तीन वर्ष पूर्ण होने पर मंगलवार को लखनऊवासियों को विकास की सौगात दी। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम में सीएम ने 413 करोड़ की 342 परियोजनाओं का शिलान्यास/लोकार्पण किया और स्वच्छ-सुंदर-समर्थ लखनऊ से संबंधित पुस्तिका का विमोचन किया। इस दौरान लघु फिल्म भी दिखाई गई। सीएम ने सभी 17 नगर निगमों के महापौर, 200 नगर पालिका परिषद, 545 नगर पंचायतों के चेयरमैन तथा लगभग 14000 पार्षदों को तीन वर्ष का कार्यकाल संपन्न होने पर शुभकामनाएं दीं। स्वच्छता हर नागरिक की जिम्मेदारी  सीएम योगी ने कहा कि स्वच्छता रैंकिंग में लखनऊ नगर निगम को देश में तीसरा स्थान मिला, इसे पहले स्थान पर लाना है। यह केवल महापौर, पार्षद या सफाई कर्मचारी की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि यह हर नागरिक की जिम्मेदारी है। घर का कूड़ा कूड़ेदान में ही फेंकें, गीला-सूखा कूड़ा अलग करें। सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग न करें। नालियों में कूड़ा न फेंकें और सरकारी संपत्तियों का नुकसान भी न करें। लोग कहते हैं कि लखनऊ बहुत साफ-सुथरा है, जब सरकार की कार्यपद्धति साफ-सुथरी होती है तो ऐसा ही होता है। मंत्री, महापौर, पार्षद, पूरी कार्यकारिणी, अधिकारी, सुपरवाइजर तथा सफाई कर्मचारी, सब जुटते हैं तो स्वच्छता दिखाई देती है। सीएम ने ढाई करोड़ की कार से आकर गमला चोरी करने वालों पर कटाक्ष किया और कहा कि सभी जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। 45 रुपये का गमला खरीद लेते तो सम्मान भी बना रहता और शहर भी सुंदर दिखता। सीएम ने राष्ट्र प्रेरणा स्थल का दिया उदाहरण सीएम योगी ने राष्ट्र प्रेरणा स्थल का उदाहरण दिया और कहा कि जहां 30 वर्षों से कूड़ा डंप होता था, वह अब बेहतरीन स्थल है। वहां डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी, पं. दीनदयाल उपाध्याय व भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमाएं स्थापित की गईं। सीएम ने तीनों महापुरुषों के व्यक्तित्व व राष्ट्र के लिए योगदान का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आज लखनऊ में राष्ट्र प्रेरणा स्थल ही नहीं, ग्रीन कॉरिडोर व  मेट्रो समेत हर प्रकार की जन-सुविधाएं हैं।  गरीब, युवा, महिला व किसान को केंद्र में रखा सीएम ने कहा कि 2017 से पहले सपा सरकार में गरीब के लिए मकान स्वीकृत नहीं हुए। उनकी योजनाएं गरीबों, नौजवानों के लिए नहीं थीं। हमने चेहरा, जाति, क्षेत्र, मत-मजहब देखे बिना देश की चार जातियों (गरीब, युवा, महिला व किसान) को केंद्र में रखकर काम किया। शहरी-ग्रामीण क्षेत्र में 65 लाख से अधिक गरीबों को आवास उपलब्ध कराए। पहले की सरकारें परिवार के लिए सोचती थीं, इसलिए फेल थीं। सपा के गुंडे महिला सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा थे। सपा सरकार में शासन की योजनाओं का लाभ चुनिंदा परिवारों को मिलता था, जबकि मोदी जी ने देशवासियों, डबल इंजन सरकार ने 25 करोड़ प्रदेशवासियों और नगर निगम ने पूरे क्षेत्र को अपना परिवार माना। नकारात्मक राजनीति करने वालों को दिया जवाब सीएम ने लखनऊ को प्रदेश का सबसे बड़ा महानगर व नगर निगम बताते हुए कहा कि जितना बड़ा दायित्व होगा, उतनी बड़ी चुनौतियां भी होंगी, लेकिन लखनऊ व प्रदेश चुनौतियों का बखूबी सामना कर रहा है। सीएम ने नकारात्मक राजनीति करने और सकारात्मक पहल पर अंगुली उठाने वालों को जवाब देते हुए कहा कि तीन वर्ष में नगर निगम, 9 वर्ष में प्रदेश और 12 वर्ष में पीएम मोदी के नेतृत्व में विकास के कार्यक्रम नए प्रतिमान से बढ़ाए गए। नगर निकाय, प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा सरकार ने कुछ नया करके दिखाया है। हमारे शहर ‘ईज ऑफ लिविंग’ की दृष्टि से स्वच्छ, सुंदर और सुरक्षित हैं। लखनऊ नगर निगम ने गत वर्ष 200 करोड़ से अधिक का बांड जारी किया था, जबकि 2017 के पहले यहां के बांड की कीमत 25 करोड़ भी नहीं थी।  देश को कटघरे में खड़ा करने का प्रयास अस्वस्थ मानसिकता  सीएम योगी ने कहा कि ऊर्जा संकट वैश्विक बन चुका है। अमेरिका-ईरान युद्ध के कारण सप्लाई लाइन बाधित हुई है। दुनिया के तमाम क्षेत्रों में तेल की कीमतें आसमान छू रही हैं। जिस अमेरिका के पास अपने ऊर्जा के क्षेत्र हैं, वहां पेट्रोलियम पदार्थ के दाम दोगुने से अधिक हुए हैं। महंगाई चरम पर है, लेकिन पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत में लगातार इसे नियंत्रित किया गया है। पेट्रोलियम उत्पादों के दाम दुनिया में बढ़ेंगे, सप्लाई चेन बाधित होगी तो उसका असर यहां भी पड़ेगा, लेकिन संकट के समय देश के साथ खड़े होने के बजाय देश को कटघरे में खड़ा करने का प्रयास अस्वस्थ मानसिकता का पर्याय है। जरूरत के अनुसार ही करें बिजली की खपत सीएम योगी ने कहा कि गर्मी एकाएक बढ़ने से तमाम थर्मल पावर प्लांट ने अचानक शटडाउन ले लिया। उत्पादन पर असर पड़ा। 2017 तक यूपी में पीक पावर की सप्लाई 15-16 हजार मेगावाट रहती थी, आज यह 32-33 हजार मेगावाट पहुंच गई है। उस समय 6 हजार मेगावाट उत्पादन था, जबकि आज 13 हजार मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है। रिन्युवल एनर्जी का उत्पादन लगभग 10 हजार मेगावाट तक बढ़ा है, लेकिन हमारी आवश्यकता 33-35 हजार मेगावाट है। एलपीजी संकट को देखते हुए लोग … Read more

भगवंत मान का बड़ा बयान, राघव चड्ढा और हरभजन सिंह को लेकर कही ये बात

चंडीगढ़  आम आदमी पार्टी छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए राज्यसभा सांसदों पर पंजाब के सीएम भगवंत मान ने कहा कि उथल पुथल चलती रहती है. आना जाना लगा रहता है. मुख्यमंत्री ने कहा कि व्यक्ति नहीं बल्कि संगठन बड़ा होता है. उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव 2027 में हम अपने काम को लेकर जनता के बीच जाएंगे. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जिस दल ने बीजेपी के साथ हाथ मिलाया वो खत्म हो गई।  राघव चड्ढा को लेकर क्या बोले सीएम मान?  राघव चड्ढा से जुड़े सवाल पर उन्होंने कहा, "पंजाब की जनता के साथ उनका कोई संबंध नहीं था. राज्यसभा में ऐसे भी आते हैं जो हार जाते हैं. अरुण जेटली अमृतसर से हारे, राज्यसभा आ गए. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहली कैबिनेट 70 फीसदी राज्यसभा से थी. लेकिन अगर आपको जनता से चुना तो ये बहुत बड़ी बात है. राजेंद्र नगर (दिल्ली विधानसभा की सीट) के लोगों ने राघव चड्ढा को चुन लिया था. लेकिन जब चुने हुए प्रतिनिधि इस्तीफा दे देते हैं तो पब्लिक दोबारा नहीं चुनती।  बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि बहुत सारे देश में ऐसे नेता हुए जो ये बात दिल में ही लेकर चले गए कि काश मुझे जनता चुन ले. सबसे बड़ा उदाहरण  मनमोहन सिंह हैं जो 10 सालों तक प्रधानमंत्री रहे लेकिन कभी जनता द्वारा नहीं चुने गए।  ‘पार्टी लाइन से अलग’ होने का आरोप जब राघव चड्ढा (Raghav Chadha Controversy) के संसद में सक्रिय रहने के दावे पर सवाल किया गया, तो मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि अब उनके बयानों का ज्यादा महत्व नहीं रह गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि राघव चड्ढा ने पार्टी लाइन का पालन नहीं किया, जिससे उनकी विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं। अमन अरोड़ा का सीधा हमला इस विवाद में पंजाब सरकार के मंत्री और पार्टी नेता अमन अरोड़ा भी खुलकर सामने आए। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी ने ही राघव चड्ढा (Raghav Chadha Controversy) को राजनीति में ऊंचाई तक पहुंचाया, लेकिन उन्होंने सदन में पंजाब से जुड़े अहम मुद्दों को उठाने के बजाय अन्य विषयों पर ध्यान दिया। अरोड़ा ने यह भी आरोप लगाया कि चड्ढा ने राज्य के हितों की अपेक्षित मजबूती से पैरवी नहीं की। ‘पंजाब के मुद्दे नहीं उठाए’ पार्टी नेताओं का कहना है कि राघव चड्ढा ने संसद में उन मुद्दों को प्राथमिकता नहीं दी, जो सीधे पंजाब से जुड़े थे। विशेष रूप से ग्रामीण विकास फंड और अन्य राज्य हितों के मुद्दों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया गया है। नेताओं का मानना है कि ऐसे संवेदनशील विषयों पर चुप्पी पार्टी की रणनीति के विपरीत है। बीजेपी के डर का आरोप विवाद यहीं नहीं रुका। अमन अरोड़ा ने आरोप लगाया कि राघव चड्ढा ने कुछ मुद्दों को इसलिए नहीं उठाया क्योंकि वे भारतीय जनता पार्टी से टकराव से बचना चाहते थे। हालांकि, इस आरोप पर राघव चड्ढा की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।  AAP के भीतर बढ़ते मतभेद? यह पूरा घटनाक्रम आम आदमी पार्टी के भीतर संभावित मतभेदों की ओर इशारा करता है। जहां एक ओर पार्टी नेतृत्व अनुशासन और सामूहिक रणनीति पर जोर दे रहा है, वहीं दूसरी ओर व्यक्तिगत बयानों और सार्वजनिक प्रतिक्रियाओं ने अंदरूनी असहमति को उजागर कर दिया है। राजनीतिक संदेश या आंतरिक संकेत? राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह की बयानबाज़ी (Raghav Chadha Controversy) केवल व्यक्तिगत मतभेद नहीं, बल्कि पार्टी के भीतर भूमिका और प्राथमिकताओं को लेकर चल रही खींचतान का संकेत भी हो सकती है। यह विवाद आने वाले समय में पार्टी की रणनीति और नेतृत्व की दिशा को भी प्रभावित कर सकता है। पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेताओं के बीच यह बयानबाज़ी अब एक बड़े राजनीतिक मुद्दे का रूप लेती दिख रही है। राघव चड्ढा (Raghav Chadha Controversy) के बयान से शुरू हुआ यह विवाद अब पार्टी अनुशासन, राज्य हित और राजनीतिक रणनीति तक पहुंच गया है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह सियासी तकरार किस दिशा में जाती है। हरभजन सिंह के आरोपों पर सीएम ने किया पलटवार सीएम भगवंत मान ने हरभजन सिंह के पैसे लेकर राज्यसभा टिकट देने के आरोपों पर भी जवाब दिया. उन्होंने कहा, "भज्जी से ही पूछ लो कि उनसे कितने पैसे लिए थे।  बता दें कि बीते महीने राघव चड्ढा, हरभजन सिंह, स्वाति मालीवाल और संदीप पाठक सहित 7 आप के राज्यसभा सांसदों ने पार्टी छोड़ दी थी और बीजेपी में शामिल हो गए। 

मध्यप्रदेश में Heat Attack! 45 शहरों में लू का अलर्ट, 28 मई से प्री-मानसून देगा राहत

भोपाल  मध्यप्रदेश में इस बार नौतपा की शुरुआत अलग अंदाज में हुई है। एक तरफ प्रदेश के 45 शहर भीषण लू और तेज गर्मी की चपेट में हैं, वहीं दूसरी तरफ कई जिलों में आंधी और बूंदाबांदी ने मौसम का मिजाज बदल दिया। मौसम विभाग ने 28 मई से प्री-मानसून गतिविधियां तेज होने के संकेत दिए हैं। इसके तहत प्रदेश के 14 जिलों में बारिश और गरज-चमक का अलर्ट जारी किया गया है। निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना में तीव्र लू का रेड अलर्ट है। वहीं भोपाल, ग्वालियर समेत 45 जिलों में हीटवेव जैसे हालात बने रहे। इधर, इंदौर और नर्मदापुरम संभाग में गर्मी से थोड़ी राहत मिलने के आसार जताए गए हैं।  एमपी के सबसे गर्म शहर शहर     तापमान खजुराहो    47.2 नौगांव    46.8 दतिया    45.6 मंडला     45.5 टीकमगढ़    45.3 खजुराहो और नौगांव सबसे गर्म निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना में तीव्र लू का रेड अलर्ट है। अभी छतरपुर के दो शहर-खजुराहो और नौगांव सबसे गर्म बने हुए हैं। यहां पारा लगातार 45 डिग्री के पार बना हुआ है। भोपाल-ग्वालियर समेत कुल 45 जिले हीटवेव की चपेट में रहेंगे। इंदौर, नर्मदापुरम में भीषण गर्मी से राहत मिल सकती है। प्रमुख शहरों का तापमान शहर     तापमान भोपाल    43.4 ग्वालियर    44.0 नर्मदापुरम     44.6 इंदौर    41.6 उज्जैन    41.8 जबलपुर    43.9 रीवा    44.6 तीन दिन बाद बारिश का दौर मौसम विभाग ने अगले तीन दिन तक मौसम का फोरकास्ट जारी किया है। इनमें 28 मई को ग्वालियर, चंबल, सागर और जबलपुर संभाग के 14 जिलों में बारिश, गरज-चमक का अलर्ट है। इससे पहले 25 मई को भी बारिश हुई। पश्चिमी हिस्से से एक टर्फ के गुजरने की वजह से ऐसा मौसम रहा। इन शहरों में रातें सबसे गर्म शहर    तापमान ग्वालियर, दतिया    32.0 गुना     31.6 रायसेन-राजगढ़     31.0 टीकमगढ़    30.2 जबलपुर     30.1 छिंदवाड़ा    30.0 भोपाल में हर साल नौतपा में बारिश भोपाल में पिछले 14 साल में 7 बार नौतपा के दौरान बारिश दर्ज हुई, जबकि 2 बार सिर्फ बूंदाबांदी हुई थी। इस बार शुरुआत में ही बूंदाबांदी हो गई है। 2018 और 2019 में सबसे ज्यादा तपिश रही, जब औसत तापमान 43 से ऊपर पहुंचा था। खजुराहो में पारा 47.2 डिग्री प्रदेश में नौतपा के पहले दिन कहीं बारिश तो कहीं भीषण गर्मी रही। छतरपुर के दोनों शहर- खजुराहो और नौगांव भीषण गर्मी और लू की चपेट में रहे। खजुराहो में पारा रिकॉर्ड 47.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। ओवरआॅल पहली बार इतना पारा पहुंचा। नौगांव में तापमान 46.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। 28 मई से बदल सकता है मौसम मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन दिन तक प्रदेश में भीषण गर्मी का असर बना रहेगा, लेकिन 28 मई से मौसम करवट ले सकता है। ग्वालियर, चंबल, सागर और जबलपुर संभाग के कई जिलों में हल्की बारिश, तेज हवा और गरज-चमक की संभावना जताई गई है। इसके पीछे पश्चिमी हिस्से से गुजर रहा टर्फ सिस्टम बताया जा रहा है। 28 मई को ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला और डिंडौरी में हल्की बारिश हो सकती है। इन जिलों में लू का सबसे ज्यादा खतरा रेड अलर्ट-निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना। ऑरेंज अलर्ट-  रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, जबलपुर, मंडला, बालाघाट, दमोह, सागर, गुना, नरसिंहपुर, आगर-मालवा, राजगढ़, भिंड और दतिया। येलो अलर्ट- भोपाल, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, अशोकनगर, विदिशा, रायसेन, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन, नीमच, मंदसौर, रतलाम, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, शहडोल, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा और अनूपपुर। दोपहर 12 से 3 बजे तक सबसे ज्यादा खतरा मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर में बेवजह बाहर नहीं निकलने की सलाह दी है। खासतौर पर बच्चों और बुजुर्गों को सतर्क रहने को कहा गया है। पर्याप्त पानी पीने, हल्के सूती कपड़े पहनने और शरीर को हाइड्रेट रखने की सलाह दी गई है।  भोपाल में 43.4 डिग्री पर पारा चंबल अंचल के दतिया में 45.6 डिग्री, मंडला में 45.5 डिग्री, टीकमगढ़ में 45.3, सतना में 44.9, दमोह-रीवा में 44.6 डिग्री, राजगढ़ में 44.5 डिग्री, गुना में 44.3 डिग्री और शाजापुर में 44 डिग्री दर्ज किया गया। ग्वालियर में सबसे ज्यादा 44 रहा। भोपाल में 43.4, इंदौर में 41.4, उज्जैन में 41.8 और जबलपुर में 43.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया। 18 जिलों में तीव्र लू का आरेंज अलर्ट:  रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, जबलपुर, मंडला, बालाघाट, दमोह, सागर, गुना, नरसिंहपुर, आगर-मालवा, राजगढ़, भिंड और दतिया में तीव्र लू का आरेंज अलर्ट है। 22 जिलों में लू का येलो अलर्ट: भोपाल, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, अशोकनगर, विदिशा, रायसेन, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन, नीमच, मंदसौर, रतलाम, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, शहडोल, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा और अनूपपुर में लू का येलो अलर्ट है।

15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने दिखाया बड़ा सपना, बोले- T20 में 200 रन बनाना है लक्ष्य

  नई दिल्ली इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 में तूफानी बल्लेबाजी अंदाज से सनसनी मचाने वाले वैभव सूर्यवंशी अब अपने बयान की वजह से चर्चा में हैं. महज 15 साल की उम्र में इस युवा बल्लेबाज ने ऐसा दावा किया है जिसने क्रिकेट जगत को चौंका दिया. इंग्लैंड के पूर्व कप्तान केविन पीटरसन के साथ बातचीत में वैभव ने साफ कहा कि उन्हें सिर्फ फिफ्टी या सेंचुरी बनाकर संतुष्टि नहीं मिलती. उनका असली सपना T20 क्रिकेट में 200 रन बनाना है।  जब केविन पीटरसन ने पूछा कि क्या उन्हें अर्धशतक सेलिब्रेट करना पसंद है, तो वैभव सूर्यवंशी ने बेझिझक कहा, 'नहीं, इतना ज्यादा नहीं.' इसके बाद उन्होंने अपनी सबसे बड़ी महत्वाकांक्षा का खुलासा किया. वैभव सूर्यवंशी कहते हैं, 'मैं T20 में 200 रन बनाना चाहता हूं. मैं उनका (गेल) रिकॉर्ड तोड़ना चाहता हूं।  वैभव सूर्यवंशी यहां क्रिस गेल के 175 रन के रिकॉर्ड की बात कर रहे थे. गेल ने आईपीएल 2013 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के लिए खेलते हुए पुणे वॉरियर्स इंडिया (PWI) के खिलाफ नाबाद 175 रन बनाए थे, जो आज भी T20 इतिहास का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर है। वैभव सूर्यवंशी को पूरा भरोसा है कि वह यह रिकॉर्ड तोड़ सकते हैं. वैभव ने बताया, 'अगर मैं किसी मैच में पूरे 20 ओवर बल्लेबाजी करूं, तो 175 रनों का रिकॉर्ड तोड़ सकता हूं.' यही बेखौफ सोच उन्हें बाकी युवा खिलाड़ियों से अलग बनाती है. वैभव ने बताया कि उन्हें नर्वस नाइंटी का भी कोई दबाव महसूस नहीं होता।  वैभव सूर्यवंशी ने आगे कहा, 'नहीं, कभी नहीं. मैं बस अपना नेचुरल गेम खेलता रहता हूं.'वैभव का आत्मविश्वास सिर्फ शब्दों तक सीमित नहीं है. उन्होंने पहले ही कई बड़ी पारियां खेलकर सभी को प्रभावित किया है. इस साललअंडर-19 वर्ल्ड कप के फाइनल में उन्होंने 175 रन की रिकॉर्डतोड़ पारी खेली थी. वहीं विजय हजारे ट्रॉफी 2025-26 में बिहार के लिए खेलते हुए वह 190 रनों तक पहुंच गए थे।  सबसे चौंकाने वाला खुलासा तब हुआ जब वैभव सूर्यवंशी ने अपने करियर की सबसे लंबी पारी का जिक्र किया. वैभव ने बताया, 'मैंने अपने राज्य के लिए एक घरेलू मैच में पूरे 50 ओवर बल्लेबाजी की थी और 335 रन बनाकर नाबाद लौटा था।  महज 15 साल की उम्र में इतना आत्मविश्वास, इतनी बड़ी सोच और आक्रामक बल्लेबाजी का अंदाज वैभव सूर्यवंशी को भारतीय क्रिकेट का अगला बड़ा सुपरस्टार बना रहा है। 

दिव्यांका त्रिपाठी ने दिया ट्विन बेबीज को जन्म, इमोशनल पोस्ट में लिखा- ‘मेरे कारण अर्जुन आ गए’

मुंबई  छोटे पर्दे की पॉपुलर एक्ट्रेस दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक दहिया के घर खुशियों की किलकारी गूंज चुकी है. टेलीविजन के प्यारे कपल के घर जुड़वा बेटों के आने से खुशियों का लेवल सातवें आसमान पर हैं. शादी के 10 साल बाद पहली बार माता-पिता बने इस कपल ने सोशल मीडिया पर यह खुशखबरी शेयर की. एक एनिमेटेड तस्वीर शेयर करते हुए विवेक ने लिखा, "इंतजार आखिरकार खत्म हुआ… 'The Boys' आ गए हैं और जिंदगी पहले से कहीं ज्यादा खूबसूरत लग रही है, जितना हमने कभी सोचा भी नहीं था. मेरे करण अर्जुन आ गए!टीवी सीरियल ‘ये है मोहब्बतें’ में ‘ईशी मां’ का रोल से प्रसिद्ध हुईं दिव्यांका त्रिपाठी शादी के 10 साल बाद मां बन गई हैं। उनकी खुशी डबल हो गई है क्योंकि उन्होंने जुड़वा बच्चों को जन्म दिया है। दिव्यांका और उनके पति विवेक ने इस खुशखबरी को सोशल मीडिया पर अपने फैंस के साथ शेयर किया है। "दिव और मैं माता-पिता बनने का यह शानदार नया सफर शुरू कर रहे हैं, इसलिए हमें आप सबके प्यार और आशीर्वाद की जरूरत है. #Divek #babyboys #DivekBabies #twins #newparents" इस अनाउंसमेंट पोस्ट में लिखा था, "हमने खुशियां मांगी थीं…भगवान ने कहा, 'दोगुनी ले लो'. हमें जुड़वा बेटों का आशीर्वाद मिला है।  इस खूबसूरत अनाउंसमेंट ग्राफिक में दो प्यारे बच्चे नीले रंग के मैचिंग बुने हुए कपड़ों में, बादलों और तारों के बीच बैठे नजर आ रहे थे, जो इस खास पल की खुशी और प्यार को बखूबी बयां कर रहा था. ठीक एक रात पहले विवेक दहिया और दिव्यांका त्रिपाठी अपनी 'डेट नाइट' पर खूब मस्ती करते नजर आए थे।  विवेक ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर अपनी प्रेग्नेंट पत्नी के साथ एक प्यारी सी तस्वीर शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा था, "एक यादगार डेट…" इस तस्वीर में विवेक, दिव्यांका को अपने करीब पकड़े हुए थे और दिव्यांका कैमरे को देखकर मुस्कुरा रही थीं. जिन लोगों को नहीं पता, उन्हें बता दें कि दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक दहिया ने 19 मार्च को गुड़ी पड़वा के शुभ मौके पर अपनी प्रेग्नेंसी की खबर दी थी।  ​​बात करते हुए विवेक ने बताया था कि यह खबर सुनकर वह काफी घबरा गए थे, क्योंकि उन्हें एहसास हुआ कि बच्चा पालना एक बहुत बड़ी ज़िम्मेदारी ह. 'ये हैं मोहब्बतें' के इस एक्टर से पूछा गया, "आप जल्द ही माता-पिता बनने वाले हैं और जिंदगी के सबसे खूबसूरत दौर में कदम रखने जा रहे हैं. जब आपको पहली बार यह खुशखबरी मिली, तो आपकी क्या फीलिंग्स थीं?"