samacharsecretary.com

मध्य प्रदेश में राम वनगमन पथ के जिलों में मनाया जाएगा दीपोत्सव, सरकार ने किया ऐलान

भोपाल  मध्य प्रदेश में राज्य सरकार ने भगवान श्रीराम वनगमन पथ पर दीपोत्सव का निर्णय लिया है। दीपावली के पहले राम वनगमन पथ वाले जिलों में दीपोत्सव होगा। दिन और स्थान का चयन संबंधित जिलों के कलेक्टर करेंगे। संस्कृति विभाग ने इसकी तैयारी प्रारंभ कर दी है। इस दीपोत्सव का आयोजन 11 जिलों में चित्रकूट से लेकर छत्तीसगढ़ सीमा के करीब स्थित अनूपपुर तक किया जाएगा। राज्य सरकार राम वनगमन पथ को विकसित कर रही है बता दें कि राज्य सरकार राम वनगमन पथ को विकसित कर रही है। इसके लिए स्थल चयन को अंतिम रूप देने के लिए सर्वेक्षण का कार्य किया जा रहा है, जो लगभग डेढ़ माह में पूरा हो जाएगा। इन स्थलों को धार्मिक पर्यटन की ²ष्टि से विकसित किया जाएगा। सभी को एक सर्किट से जोड़ा जाएगा। संस्कृति विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दीपोत्सव के पहले संबंधित जिलों में लोगों की सहभागिता बढ़ाने के प्रयास किए जाएंगे। भगवान श्रीराम से जुड़े स्थलों के अतिरिक्त ऐसे स्थान चिह्नित होंगे, जहां लोग आसानी से पहुंच सकते हैं। लोगों को प्रोत्साहित किया जाएगा कि वे अपने घरों में भी उस दिन दीप जलाएं। इससे आमजन को इस बात का गर्व होगा कि भगवान श्रीराम उनके जिले से होकर गुजरे थे। हालांकि दीपोत्सव के दौरान दीपक कितनी-कितनी दूरी पर जलाए जाएंगे, इसे लेकर अभी स्पष्टता नहीं है। 11 जिलों के इन स्थलों को किया गया है चिह्नित     सतना जिले के चित्रकूट में स्फटिक शिला, गुप्त गोदावरी, अत्रि आश्रम, शरभंग आश्रम, अश्वमुनि आश्रम, सिलहा गांव में सुतीक्ष्ण आश्रम, सिद्धा पहाड़, रक्सेला गांव में सीता रसोई और रामसेल     पन्ना के पहाड़ी खेरा गांव में बृहस्पति कुंड, सारंगधर गांव में सुतीक्ष्ण आश्रम, बड़े गांव में अग्निजिह्वा आश्रम और सलेहा में अगस्त्य आश्रम     मैहर जिले में राम जानकी मंदिर- कटनी के भरभरा में शिव मंदिर     जबलपुर में पिपरिया के पास रामघाट- नर्मदापुरम में पासी घाट और माच्छा के राम मंदिर     बालाघाट जिले में राम पायली- मंडला में सीता रपटन- उमरिया जिले में राम मंदिर दशरथ घाट और मार्कंडेय आश्रम     शहडोल के गंधिया- अनूपपुर के कनवाई में स्थित सीतामढ़ी कुछ और जिलों के स्थलों को खोजने के लिए हो रहा सर्वेक्षण राज्य सरकार राम वनगमन पथ में पहले से चिह्नित स्थलों के अतिरिक्त नए को खोजने के लिए सर्वेक्षण करा रही है। इस मामले में देश के जाने-माने शोधकर्ता डा.रामअवतार शर्मा को यह जिम्मेदारी दी गई है। डॉ.शर्मा ने बताया कि उनकी टीम नए स्थलों को खोज रही है। उन्होंने संभावना जताई कि 10 से 15 स्थल और जुड़ सकते हैं। लगभग डेढ़ माह में सर्वेक्षण का काम पूरा हो जाएगा। राम वनगमन पथ के स्थलों पर दीपोत्सव कराया जाएगा। इसकी तैयारी की जा रही है। दिन और समय का निर्धारण अभी नहीं किया गया है। – शिव शेखर शुक्ला, अपर मुख्य सचिव, पर्यटन एवं संस्कृति  

बांके बिहारी मंदिर में नई व्यवस्था लागू, अब बदली गई VIP एंट्री और दर्शन के समय

मथुरा वृंदावन स्थित प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर की अव्यवस्थाओं को सुधारने के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित हाई पावर मैनेजमेंट कमेटी की चौथी बैठक वृंदावन में सम्पन्न हुई. यह बैठक माननीय न्यायमूर्ति सेवानिवृत्त माननीय उच्च न्यायालय इलाहाबाद अशोक कुमार, सदस्य जिला और रिटायर्ड सत्र न्यायाधीश मुकेश मिश्रा आदि की अध्यक्षता में आयोजित की गई. इस बैठक में गोस्वामी समाज से चार नामित सदस्य मौजूद रहे जिनकी सहमति से वीआईपी दर्शन की पर्ची को बंद किए जाने पर सहमति हुई. इस बैठक में सबसे अहम फैसला यह लिया गया कि अब मंदिर में वीआईपी दर्शन के लिए जारी की जाने वाली विशेष पर्चियां पूरी तरह बंद कर दी जाएंगी. सभी श्रद्धालु एक ही कतार में समान रूप से दर्शन कर सकेंगे. साथ ही यह भी तय किया गया कि मंदिर में प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग द्वार निर्धारित होंगे. यानी प्रवेश केवल एक निर्धारित गेट से ही होगा और बाहर निकलने के लिए अलग गेट का उपयोग किया जाएगा. मंदिर के समय में भी बदलाव हुआ है. गर्मियों के समय मंदिर में सुबह 7:00 बजे से 7:15 बजे तक आरती होगी, 7:15 के बाद दर्शन शुरू किए जाएंगे और 12:30 बजे तक दर्शन होंगे. उसके बाद दोपहर में 12:30 बजे से 12:45 तक आरती होगी. शाम को मंदिर 4:15 से 9:30 तक दर्शन के लिए खोला जाएगा और रात 9:30 से 9:45 तक फिर से भगवान की आरती होगी. इसी तरह सर्दियों में सुबह 8:00 बजे से 8:15 तक मंदिर में आरती होगी और 8:15 से 1:30 बजे तक श्रद्धालुओं को दर्शन उपलब्ध कराए जाएंगे. वहीं दोपहर 01:30 बजे से 1:45 तक आरती होगी. शाम को 4:00 से 9:00 तक श्रद्धालुओं को मंदिर में दर्शन होंगे और रात 9:00 बजे से 9:15 तक आरती होगी. वहीं दर्शन के लिए लाइव स्ट्रीमिंग पर सभी ने सहमति जताई है इसके साथ ही बांके बिहारी मंदिर के पास कितनी चल अचल संपत्ति है इसके संबंध में 15 दिनों के भीतर विवरण प्राप्त कर समिति के समक्ष रखा जाएगा. 2013 से 2016 तक के समय का विशेष ऑडिट कराया जाएगा. वहीं बांके बिहारी मंदिर के गर्भ ग्रह के बगल में जो कमरा बंद है उसे खोलने की व्यवस्था एक कमेटी जिसमें ऑडिटर सिविल जज एससीएम वृंदावन क्षेत्र अधिकारी वृंदावन और गोस्वामी सदस्यों में से एक होगा. यह कमेटी बनाई गई है जो अपने समकक्ष कैमरा खुलवाएगी और सभी की वीडियोग्राफी कराई जाएगी. साथ ही उक्त की इन्वेंटरी बनाई जाएगी और संयुक्त हस्ताक्षर से समिति के समक्ष प्रस्तुत की जाएगी.

SRK ने किया कमाल, पंजाब के 1500 परिवारों को अपनाया

मुंबई बॉलीवुड सुपरस्टार शाहरुख खान ने जारी बाढ़ के बीच पंजाब के लोगों के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया है। अभिनेता के मीर फाउंडेशन ने स्थानीय गैर सरकारी संगठनों के साथ मिलकर पंजाब में भीषण बाढ़ से प्रभावित परिवारों को राहत प्रदान करने, आवश्यक किट वितरित करने और उनके पुनर्वास प्रयासों में सहायता करने के लिए कदम बढ़ाया है। संकट की स्थिति में, उनके फाउंडेशन ने स्थानीय गैर सरकारी संगठनों के साथ मिलकर ज़रूरतमंद लोगों को आवश्यक सहायता प्रदान की है। राहत किटों में दवाइयां, स्वच्छता सामग्री, खाद्य सामग्री, मच्छरदानी, तिरपाल, तह बिस्तर, सूती गद्दे और अन्य आवश्यक वस्तुएं शामिल हैं। इस पहल का उद्देश्य अमृतसर, पटियाला, फाज़िल्का और फिरोजपुर जिलों के 1,500 परिवारों तक पहुंचना है, जहां उन्हें स्वास्थ्य, सुरक्षा और आश्रय के लिए तत्काल सहायता प्रदान की जाएगी, साथ ही परिवारों को सम्मान के साथ अपना जीवन फिर से शुरू करने में सहायता भी मिलेगी। पंजाब इस समय हाल के वर्षों में आई सबसे भीषण बाढ़ से जूझ रहा है, जिसने हजारों परिवारों को विस्थापित कर दिया है। राहत और पुनर्वास कार्य जारी हैं, और अधिकारी और गैर-सरकारी संगठन सामान्य स्थिति बहाल करने के लिए युद्धस्तर पर काम कर रहे हैं। राउंडग्लास फाउंडेशन नामक एक एनजीओ ने शाहरुख के समर्थन के लिए उनका आभार व्यक्त किया है। कैप्शन में लिखा है, -"शाहरुख खान जी का उनके मीर फाउंडेशन के माध्यम से हमारी मदद करने के लिए हार्दिक आभार। उनका समर्थन हमें शक्ति, आशा देता है और हमारे विश्वास को बढ़ाता है कि हम इससे उबर जाएंगे। उनके समर्थन से, हम कई प्रभावित क्षेत्रों में 5,000 लोगों को प्रभावित करने में सक्षम हुए हैं: अमृतसर में चक औल; गुरदासपुर में घनीके बेट; फाजिल्का में ढाणी मोहना राम, ढाणी गोरखा, गट्टी नंबर 3 और सबुआना; और फिरोजपुर में गट्टी राजो के और टेंडी वाला।" 3 सितंबर को, शाहरुख खान ने एक्स पर एक भावुक पोस्ट में बाढ़ प्रभावित निवासियों के साथ एकजुटता व्यक्त की। शाहरुख ने लिखा- "पंजाब में इन विनाशकारी बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए मेरी संवेदनाएं हैं। प्रार्थनाएं और शक्ति भेज रहा हूं… पंजाब की भावना कभी नहीं टूटेगी… ईश्वर उन सभी का भला करे।" कई बॉलीवुड और पंजाबी सितारों ने राहत और पुनर्वास प्रयासों में सक्रिय रूप से योगदान दिया है। गायक-अभिनेता दिलजीत दोसांझ ने राहत कार्यों में सहयोग के लिए गैर-सरकारी संगठनों और स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर गुरदासपुर और अमृतसर के दस सबसे बुरी तरह प्रभावित गाँवों को गोद लिया है। एमी विर्क ने भी इंस्टाग्राम पर घोषणा की कि उन्होंने और उनकी टीम ने प्रभावित परिवारों के लिए 200 घरों को गोद लिया है।  

किसानों के लिए बड़ी राहत: पंजाब में शुरू हुई फसल अवशेष प्रबंधन ऋण योजना

पंजाब  पराली जलाने की समस्या पर्यावरण के लिए गंभीर बन जाती है. इस समस्या से निपटने और सतत खेती को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक निर्णायक कदम उठाया गया है. पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने पूरे प्रदेश के सहकारी बैंकों के जरिए से संशोधित फसल अवशेष प्रबंधन ऋण योजना की शुरुआत की है. पैदा होंगे नए रोजगार के अवसर इस योजना के जरिए किसानों और सहकारी सभाओं को फसल अवशेष प्रबंधन मशीनरी खरीदने में सहायता मिलेगी. इससे वायु प्रदूषण को कम करने में भी मदद मिलेगी. इसी के साथ ग्रामीण समुदायों के लिए नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे. इस पहल को वित्त आयुक्त सहकारिता सुमेर सिंह गुरजर और सहकारी सभाओं के रजिस्ट्रार गिरीश दियालन की अगुवाई में मंजूरी मिली है, जिसमें कृषि क्षेत्र में सहकारी सभाओं की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित की गई है. अग्रिम राशि के रूप में दिया जाएगा 10 प्रतिशत इस योजना की मुख्य विशेषता है कि प्राथमिक कृषि सहकारी सभाओं और बहु-उद्देश्यीय सहकारी सभाओं में मशीनरी पर 80 प्रतिशत तक सब्सिडी मिल सकेगी. इसमें अधिकतम 24 लाख रुपये के लिए पात्रता का प्रावधान है. इस बारे में हुई एक मीटिंग में बताया गया कि अग्रिम राशि के रूप में ऋण की 10 प्रतिशत राशि दी जाएगी. व्यक्तिगत किसान मशीनरी पर 50 प्रतिशत सब्सिडी के पात्र होंगे. इसी के साथ ऋण की राशि का 25 प्रतिशत हिस्सा उन्हें स्वयं उठाना पड़ेगा. यह एक ऐतिहासिक फैसला माना जा रहा है. इससे आधुनिक उपकरणों तक पहुंच आसान होगी, इसी के साथ फसल अवशेष के प्रभावी प्रबंधन को भी सुनिश्चित करेगा, जिससे उत्तर भारत में वायु प्रदूषण को रोकने में मदद मिलेगी. पंजाब सरकार बायो-ऊर्जा प्लांटों में फसल अवशेष का उपयोग भी प्रोत्साहित कर रही है, जिससे स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा दिया जा रहा है. इसी के साथ प्रदेश की हरित अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल रही है.  

भ्रष्टाचार के खिलाफ सीएम योगी सख्त, यूपी में SDM और दो अधिकारी निलंबित

लखनऊ  उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की 'भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस नीति' के तहत एक के बाद एक बड़ी कार्रवाइयां की जा रही हैं। हाल ही में राज्य सरकार ने मुजफ्फरनगर के SDM और दो राज्य कर अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। वहीं, गन्ना विभाग के दो वरिष्ठ अधिकारियों पर भी भ्रष्टाचार के आरोप लगने के बाद गोपनीय जांच के आदेश दिए गए हैं। SDM जयेंद्र सिंह सस्पेंड, सरकारी जमीन के मामले में फंसे मुजफ्फरनगर के उप जिलाधिकारी (SDM) जयेंद्र सिंह पर आरोप है कि उन्होंने सरकारी जमीन को गलत तरीके से संक्रमणीय (ट्रांसफरेबल) घोषित कर दिया और इससे कुछ प्रभावशाली लोगों को नाजायज फायदा पहुंचाया। शिकायतों की जांच के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उन्हें तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया। अब उनके खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू हो गई है। राज्य कर विभाग के दो अधिकारी भी सस्पेंड राज्य कर विभाग (वाणिज्य कर विभाग) में भी भ्रष्टाचार को लेकर दो बड़े अफसरों पर गाज गिरी है, जिनमें अरुण शंकर रॉय (अपर आयुक्त) – इन पर आरोप है कि इन्होंने बिल्डरों को गलत तरीके से टैक्स में छूट देकर बड़ा लाभ पहुंचाया। दूसरे सतीश कुमार – इन्हें रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा गया। बताया जा रहा है कि एक स्टिंग ऑपरेशन में इनके खिलाफ पुख्ता सबूत मिले, जिसके बाद सस्पेंशन और गिरफ्तारी की प्रक्रिया शुरू की गई। दोनों अफसरों के खिलाफ जांच पूरी होने तक उन्हें पद से हटा दिया गया है। गन्ना विभाग में रिश्वतखोरी, जांच के आदेश अब गन्ना विभाग में भी भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप सामने आए हैं। जिन दो अफसरों के खिलाफ जांच शुरू हुई है, वे हैं रामकिशन (जिला गन्ना अधिकारी) संयुक्त गन्ना निदेशक। इन पर आरोप है कि इन्होंने ऑनलाइन माध्यम से रिश्वत ली, किसानों की योजनाओं में गड़बड़ी की। मुख्यमंत्री ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए गोपनीय जांच के आदेश दिए हैं। जब तक जांच पूरी नहीं होती, तब तक दोनों को पद से दूर रखने के निर्देश दिए गए हैं। सीएम योगी का सख्त संदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट कहा है कि प्रदेश में सुशासन और पारदर्शिता हमारी प्राथमिकता है। जो भी अधिकारी जनता के साथ धोखा करेगा, उसे सख्त सजा दी जाएगी। भ्रष्टाचार करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को साफ चेतावनी दी है कि अब किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

झारखंड में नई शुरुआत: 19 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए सीएम हेमंत ने जताई विकास प्रतिबद्धता

रांची झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नगर विकास एवं आवास विभाग में विभिन्न पदों पर चयनित अभ्यर्थियों को गुरुवार को राजधानी रांची में नियुक्ति पत्र सौंपा। इस दौरान मुख्यमंत्री हेमन्त ने कहा कि राज्य को मजबूत और बेहतर बनाने की दिशा में हमारी सरकार लगातार प्रयास कर रही है और इस कड़ी में नियुक्तियों के साथ-साथ सभी सेक्टरों में लगातार कार्य हो रहे हैं। राज्य का सर्वांगीण विकास हमारी प्रतिबद्धता सोरेन ने झारखंड मंत्रालय में नगर विकास एवं आवास विभाग के अंतर्गत नवचयनित अभ्यर्थियों के लिए आयोजित नियुक्ति पत्र वितरण समारोह तथा झारखंड पर्यटन एवं झारखंड टूरिज्म डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के लोगो एवं वेबसाइट के शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य का सर्वांगीण विकास हमारी प्रतिबद्धता है। मुख्यमंत्री ने नवनियुक्त अभ्यर्थियों को बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आप आज से सरकार के एक अभिन्न के रूप में जुड़ रहे हैं। राज्य का समुचित विकास हो, इसके लिए आप पूरी निष्ठा और कुशलता के साथ अपनी जिम्मेदारियां का निर्वहन करेंगे, मुझे पूरी उम्मीद है। उन्होंने नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों से कहा कि नगरीय क्षेत्र में रहने वाले लोगों को बेहतर नागरिक सुविधा तथा सेवा देने की दिशा में आपकी भूमिका काफी अहम होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज गांव से शहरों की ओर लोग आ रहे हैं। इस वजह से शहर का आकार और जनसंख्या तेज गति से बढ़ रहा है। ऐसे में शहरों का व्यवस्थित तथा योजनाबद्ध तरीके से विकास आज निहायत ही जरूरी है, ताकि शहरों में उपलब्ध व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के साथ शहरवासियों को अच्छी नागरिक सुविधा और सेवाएं दे सकें। उन्होंने कहा कि अगर शहर अव्यवस्थित तरीके से फैलेंगे तो उसके कई दुष्परिणाम और समस्याएं सामने आएगी, जिसका समाधान काफी चुनौतीपूर्ण होगा। इसलिए, शहरों को पूरी प्लानिंग के साथ विकसित करने की दिशा में आगे बढ़ाने की जरूरत है। वहीं, समारोह में नगर विकास एवं आवास विभाग के अंतर्गत विभिन्न पदों के लिए चयनित 19 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र मिला।  

धार दौरे की तैयारियां तेज़, पीएम मोदी का ‘भारत-1’ विमान इंदौर में लैंड

इंदौर  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी(PM Modi) के 17 सितंबर को प्रस्तावित धार दौरे के पहले उनका बोइंग-777 (भारत-1) विमान इंदौर एयरपोर्ट पहुंचा। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस विमान अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विमान के जैसा ही है। ट्रायल के तौर पर भारत-1 विमान दोपहर 12.40 बजे एयरपोर्ट पर उतरा और करीब 25 मिनट रुकने के बाद फिर से दिल्ली की ओर उड़ गया। हेलिकॉप्टर से जाएंगे धार मालूम हो पीएम 17 सितंबर को इंदौर एयरपोर्ट पर इसी विमान से आएंगे और यहां से हेलिकॉप्टर से धार पहुचेंगे। दो दिन पहले मोदी के हेलिकॉप्टर इंदौर आ जाएंगे, इनकी संख्या तीन से पांच हो सकती है। यह विमान पहले भी ट्रायल के लिए इंदौर आ चुका है। एयरपोर्ट को इसकी सूचना दो दिन पहले मिल गई थी। विमान को उतारने का ट्रायल सुरक्षा और अन्य तकनीकी मापदंडों को परखने के लिए किया गया है। गुरुवार को ट्रायल के लिए सभी तैयारियां पूरी रखी गई। विमान की एयरपोर्ट पर लैंडिंग के सभी सुरक्षा मानक सही मिले। इन खूबियों से लैस है भारत-1     यह 35 हजार फीट ऊंचाई पर 1,013 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से उड़ान भर सकता है।     एक बार में 6800 मील की दूरी तय कर सकता है।     अधिकतम 45,100 फीट की ऊंचाई तक उड़ान भर सकता है।     इसे एयरफोर्स ऑपरेट करती है। इस पर किसी तरह के अटैक का असर नहीं होता।     बैठने, सोने से लेकर मीटिंग समेत संचार की हर तकनीक इसमें मौजूद है।

पुलिस विभाग में बदलाव: वैशाली जिले के कई पदाधिकारियों का तबादला हुआ तय

 वैशाली वैशाली जिले में गुरुवार को बड़े पैमाने पर पुलिस पदाधिकारियों का तबादला किया गया। वैशाली के पुलिस अधीक्षक ललित मोहन शर्मा ने चार थाना अध्यक्ष समेत कुल 19 पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की है। एसपी ने सभी को 24 घंटे के भीतर अपने नए पदस्थापित स्थल पर योगदान देने का निर्देश दिया है। इस आदेश के तहत पुलिस अपर निरीक्षक चांदनी कुमारी सांवरिया को पुलिस लाइन से थाना अध्यक्ष तिसिऔता बनाया गया है। प्रवीण कुमार को पुलिस केंद्र से थाना अध्यक्ष बेलसर, गौतम कुमार साह को पुलिस केंद्र से थाना अध्यक्ष सहदेई और पुरुषोत्तम यादव को पुलिस केंद्र से थाना अध्यक्ष जुड़ावनपुर की जिम्मेदारी दी गई है। इसी तरह पुलिस अपर निरीक्षक राकेश कुमार यादव को पुलिस केंद्र हाजीपुर से अपर थाना अध्यक्ष विदुपुर, अनामिका कुमारी को अपर थाना अध्यक्ष बेलसर, अदिति कुमारी को पातेपुर थाना अनुसंधान इकाई, शालिनी कुमारी को जंदाहा थाना अनुसंधान इकाई, रंजीत कुमार को गोरौल थाना अनुसंधान इकाई, राहुल कुमार रंजन और सतेन्द्र कुमार को नगर थाना अनुसंधान इकाई, हरि प्रसाद राय और मनमोहन कुमार को महुआ थाना अनुसंधान इकाई, राहुल कुमार को गोरौल थाना अनुसंधान इकाई, दिवाकर ताती को लालगंज थाना अनुसंधान इकाई, रूपक कुमार को राजापाकड़ थाना अनुसंधान इकाई, राजेश कुमार को विदुपुर थाना अनुसंधान इकाई, कुमार सचिन को त्वरित विचारण कोषांग पुलिस कार्यालय तथा दिनेश कुमार को सदर थाना अनुसंधान इकाई में पदस्थापित किया गया है। गौरतलब है कि कुछ दिनों पहले जुड़ावनपुर, बराटी, राजापाकड़ सहित आधा दर्जन से अधिक थाना अध्यक्षों और पुलिस पदाधिकारियों का तबादला वैशाली से अन्य जिलों में किया गया था। इसके बाद कई थानों में पद खाली हो गए थे। इन्हीं रिक्तियों को भरते हुए अब चार नए थाना अध्यक्षों समेत 19 पुलिस पदाधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई है।  

पोखरा में फंसी भारतीय टीम की आपबीती वायरल, उपासना गिल ने भावुक होकर मांगी मदद

काठमांडू  नेपाल में जारी हिंसक प्रदर्शनों के बीच भारतीय दूतावास ने एक बड़ी राहत भरी कार्रवाई करते हुए फंसी हुई भारतीय वॉलीबॉल टीम को सुरक्षित निकाला. यह कदम उस समय उठाया गया, जब टीवी प्रेजेंटर उपासना गिल का एक भावुक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया. गिल नेपाल में एक वॉलीबॉल लीग के लिए गई थीं, लेकिन अचानक फैली हिंसा में फंस गईं. उनके वीडियो अपील ने ही भारतीय दूतावास को सक्रिय किया और पूरी टीम की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकी. वीडियो अपील बनी सहारा उपासना गिल ने पोखरा से वीडियो जारी कर मदद की गुहार लगाई थी. उन्होंने कहा, 'मेरा नाम उपासना गिल है और मैं यह वीडियो प्रफुल्ल गर्ग को भेज रही हूं. मैं भारतीय दूतावास से मदद की अपील करती हूं. जो भी मदद कर सकते हैं, कृपया करें. मैं पोखरा, नेपाल में फंसी हुई हूं.'  गिल ने अपने होटल पर हुए हमले का भी जिक्र किया.उन्होंने बताया कि जिस होटल में वह ठहरी थीं, उसे प्रदर्शनकारियों ने आग के हवाले कर दिया. उन्होंने कहा, 'मेरे सारे सामान और सामान से भरा कमरा जल गया. मैं उस समय स्पा में थी और प्रदर्शनकारी बड़े-बड़े डंडों के साथ पीछा कर रहे थे. मैं मुश्किल से अपनी जान बचा पाई.' दूतावास की त्वरित कार्रवाई वीडियो सामने आते ही भारतीय दूतावास ने तुरंत हरकत में आते हुए वॉलीबॉल टीम को काठमांडू स्थित सुरक्षित घर में शिफ्ट किया. सूत्रों के मुताबिक टीम के अधिकांश सदस्य पहले ही भारत लौट चुके हैं और बाकी की वापसी की तैयारी की जा रही है. अधिकारियों ने बताया कि दूतावास लगातार टीम के सभी सदस्यों से संपर्क बनाए हुए है और उनकी सुरक्षा पर नजर रखे हुए है. नेपाल में क्यों भड़के प्रदर्शन? नेपाल में सोमवार को सरकार द्वारा सोशल मीडिया पर प्रतिबंध लगाए जाने के बाद विरोध प्रदर्शन शुरू हुए थे. लेकिन ये प्रदर्शन जल्दी ही भ्रष्टाचार और भाई-भतीजावाद के खिलाफ व्यापक जन आंदोलन में बदल गए. हालात इतने बिगड़े कि प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को इस्तीफा देना पड़ा. राजधानी काठमांडू से लेकर पोखरा तक प्रदर्शनकारियों ने सरकारी इमारतों और होटलों को निशाना बनाया, जिससे आम लोगों और पर्यटकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा. फंसे भारतीयों के लिए हेल्पलाइन भारतीय दूतावास ने न सिर्फ टीम को बचाया, बल्कि नेपाल में फंसे अन्य भारतीयों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं. काठमांडू स्थित कंट्रोल रूम लगातार सक्रिय है और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता उपलब्ध करा रहा है. दूतावास के इस प्रयास ने एक बार फिर यह साबित किया कि संकट की घड़ी में विदेशों में फंसे भारतीयों को सुरक्षित निकालना सरकार की प्राथमिकता रहती है. राहत की सांस वॉलीबॉल टीम के सुरक्षित निकलने के बाद उनके परिवारों ने राहत की सांस ली है. जिन खिलाड़ियों की वापसी अभी बाकी है, उनके लिए भी जल्द इंतजाम किए जा रहे हैं. उपासना गिल ने भी भारतीय दूतावास का धन्यवाद करते हुए कहा कि अगर समय रहते मदद न मिलती, तो हालात बेहद गंभीर हो सकते थे. नेपाल में भले ही हालात अभी सामान्य नहीं हैं, लेकिन भारतीय दूतावास की त्वरित और संवेदनशील कार्रवाई ने न सिर्फ खिलाड़ियों की जान बचाई, बल्कि संकट में फंसे लोगों को भरोसा भी दिलाया कि भारत हमेशा अपने नागरिकों के साथ खड़ा है.

बीकानेर में संभावित हाईकोर्ट बेंच को लेकर विवाद, वकीलों ने ठप किया कामकाज

जयपुर बीकानेर में हाईकोर्ट की संभावित बेंच को लेकर विरोध तेज हो गया है। शुक्रवार को जयपुर और जोधपुर हाईकोर्ट सहित अधीनस्थ न्यायालयों में वकील कार्य बहिष्कार पर रहेंगे। यह निर्णय केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुनराम मेघवाल के एक वीडियो बयान के बाद लिया गया, जिसमें उन्होंने बीकानेर में बेंच को लेकर संकेत दिए थे। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन सहित अन्य बार संघों की आपात बैठक में मंत्री के बयान को "भ्रम फैलाने वाला" बताते हुए उसकी निंदा की गई। वकीलों का कहना है कि इससे न्यायिक प्रणाली में असमंजस की स्थिति बनी है। गौरतलब है कि कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल बीकानेर लाेकसभा से सांसद हैं। इसलिए यह समझा जा रहा है कि वे अपने क्षेत्र में हाईकोर्ट की बैंच लेकर आना चाह रहे हैं। राजस्थान में हाईकोर्ट की नई बैंच को लेकर छिड़ा विवाद नया नहीं है। पहले भी इस तरह के प्रयास किए गए लेकिन वकीलों के भारी विरोध के चलते इसे वापस भी लेना पड़ा। किस बयान पर मचा है बवाल दरअसल, कानून मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने बीकानेर में बैंच के एक सवाल पर बयान देते हुए कहा था कि सीजेआई बीआर गवई सिंतबर में बीकानेर आ रहे हैं। तब यह विषय रहेगा। अगर वे आ रहे हैं तो इस मामले में कुछ प्रोग्रेस हुआ होगा। बीकानेर को क्या कुछ देने के सवाल पर मंत्री ने कहा कि यह तो जब वो आएंगे तभी उसकी घोषणा होगी। अदालतों में तीन दिन तक कामकाज ठप शुक्रवार को कार्य बहिष्कार के बाद, शनिवार (दूसरा शनिवार) और रविवार को अदालतें बंद रहेंगी। ऐसे में अब सोमवार को ही न्यायिक कार्य सामान्य रूप से शुरू हो सकेगा।