samacharsecretary.com

घोषणापत्र लॉन्च कर 26 सेकेंड में गायब हुए NDA, कांग्रेस ने कहा – जनता को दिखा दिया सच

पटना बिहार विधानसभा चुनाव के मद्देनजर एनडीए के ‘संकल्प पत्र 2025’ पर विपक्ष ने जबरदस्त हमला बोला है। कांग्रेस के वरीय पर्यवेक्षक अशोक गहलोत ने इसे झूठ का पुलिंदा करार दिया। उन्होंने कहा, “सिर्फ 26 सेकेंड में घोषणापत्र जारी किया गया और फिर मीडिया के सवालों से बचकर भाग खड़े हुए। यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक संकेत है।” पटना के होटल मौर्या में आयोजित प्रेस वार्ता में गहलोत ने सवाल उठाते हुए कहा, “बीस साल से सरकार में रहकर एनडीए ने क्या काम किए, कौन-से वादे पूरे हुए, इसका जवाब क्यों नहीं दे रहे? और इस मौके पर नीतीश कुमार कहां थे? क्या वे बीमार हैं, या फिर उन्हें खुद अपने वादों पर भरोसा नहीं रहा?” गहलोत ने प्रेस कॉन्फ्रेंस से भागने का लगाया आरोप उन्होंने कहा कि कांग्रेस जो वादे कर रही है, उसे निभाने का साहस रखती है। गहलोत ने कहा, “हम हर वादा कैबिनेट से पास कराकर पूरा करेंगे। जनता अब जुमले नहीं, जवाब चाहती है।” मोकामा कांड की जांच हो: अनुपम कांग्रेस नेता अनुपम ने मोकामा में हुई हत्या की घटना पर कहा कि “एनडीए प्रत्याशी के काफिले में हथियार कहां से आया? इसकी न्यायिक जांच जरूरी है।” आरजेडी बोली- एनडीए का घोषणापत्र एक थका हुआ भाषण है कांग्रेस की बातों का समर्थन देते हुए आरजेडी प्रवक्ता चितरंजन गगन ने कहा कि एनडीए का घोषणापत्र एक थका हुआ भाषण है जिसमें न योजना है, न नीयत। उन्होंने कहा, “महागठबंधन के काम को कॉपी करके अपने नाम पर बेचने की कोशिश की जा रही है। मगर जनता अब समझ चुकी है कि असली मुद्दा रोजगार, शिक्षा और उद्योग का है, और उस पर एनडीए के पास कोई जवाब नहीं।” गगन ने तंज करते हुए कहा, “नीतीश कुमार अब एनडीए में मुख्यमंत्री कम, मेहमान ज्यादा लग रहे हैं। बीजेपी ने उन्हें किनारे कर दिया है, और जनता इसे साफ देख रही है।”  

11 मामलों का बोझ और चुनाव की जंग: दुलारचंद यादव हत्या केस में नामजद अनंत सिंह

पटना बिहार विधानसभा चुनाव की वोटिंग से पहले मोकामा से जेडीयू के प्रत्याशी एवं बाहुबली पूर्व विधायक अनंत सिंह मर्डर केस में फंस गए हैं। मोकामा से जन सुराज पार्टी के प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्षी के समर्थन में प्रचार के दौरान दुलारचंद यादव की हत्या के मामले में अनंत सिंह को नामजद आरोपी बनाया गया है। गुरुवार को मोकामा के टाल इलाके में स्थित हुए इस हत्याकांड के बाद क्षेत्र से मोकामा में विधानसभा का चुनाव खूनी रंजिश में बदल गया। टाल क्षेत्र में तनाव का माहौल है, पुलिस गांवों में कैंप कर रही है।  रात मृतक दुलारचंद यादव के पोते के बयान पर पुलिस ने अनंत सिंह, उनके दो भतीजों रणवीर और कर्मवीर समेत 5 लोगों पर हत्या की नामजद प्राथमिकी दर्ज की। मृतक के परिजनों का आरोप है कि अनंत सिंह के लोगों ने पहले गोली मारी और फिर गाड़ी चढ़ाकर दुलारचंद की हत्या कर दी। हालांकि, अभी तक इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। पटना के एसएसपी कार्तिकेय के शर्मा ने बताया कि मोकामा के तारतर गांव के पास दो पक्षों के बीच मारपीट हुई। पुलिस मौके पर पहुंची तो वहां 2 से 3 गाड़ियां खड़ी मिलीं। गाड़ियों के शीशे टूटा हुआ था। इसमें से एक गाड़ी में दुलारचंद यादव का शव पाया गया। दुलारचंद इस क्षेत्र के पूर्व में अपराधी रहे हैं। उन पर हत्या और आर्म्स एक्ट के कई मामले दर्ज हैं। हालांकि, जदयू प्रत्याशी अनंत सिंह ने हत्या के आरोपों से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि जब वह चुनाव प्रचार कर लौट रहे थे तो आगे निकल गए। पीछे रह गई उनके काफिले की गाड़ियों को जन सुराज पार्टी समर्थकों ने घेर लिया और ईंट पत्थर से हमला कर दिया था। अनंत सिंह ने इसे राजद नेता सूरजभान सिंह की साजिश बताया है। वहीं, सूरजभान ने अनंत सिंह के आरोप पर कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। अनंत सिंह ने यह भी कहा कि झगड़े की पहल दुलारचंद यादव ने की थी।  दुलारचंद पर दर्ज हैं हत्या, रंगदारी सहित 11 मामले दुलारचंद पर हत्या, रंगदारी जैसे 11 संगीन मामले दर्ज थे. 80 के दशक में दुलारचंद का टाल इलाके में दहशत का सामराज्य था. वे माओवादी विचार का समर्थक रहे थे. 1990 मे वह कोर्ट से जमानत के बाद राजनीतिक जीवन बीता रहा थे और हाल के दिनों में जनसुराज के प्रत्याशी पीयूष के साथ चुनाव प्रचार कर रहे थे. दुलारचंद व अनंत सिंह के बीच पुरानी अदावत थी. 1990 में अनंत सिंह के भाई दिलीप सिंह के खिलाफ वे चुनाव भी लड़े थे, पर हार गये थे. कई दिनों से दोनों के बीच जुबानी जंग चल रही थी. कोल सप्लाइ के व्यवसाय से आर्थिक मजबूती मिली मूल रूप से मोकामा के घोसवरी निवासी दुलारचंद यादव किसान परिवार से आते थे. पिता रामकृष्ण यादव स्थानीय स्तर पर समाजसेवी माने जाते थे. दुलारचंद ने शुरुआती दिनों में ठेकेदारी और कोल सप्लाई के व्यवसाय के जरिये आर्थिक रूप से खुद को मजबूत किया. दुलारचंद यादव पर हत्या, रंगदारी, अवैध हथियार, भूमि विवाद, और चुनावी हिंसा जैसे आरोप शामिल है. 2009 के मोकामा विधानसभा चुनाव के दौरान गोलाबारी और बूथ कब्जे की घटना मे भी उनका नाम चर्चाओं में रहा. कांग्रेस नेता की हत्या में भी नामजद थे दुलारचंद 1991 में 16 नवंबर को लोकसभा पंडारक स्थित मतदान केंद्र पर कांग्रेस नेता सीताराम सिंह की गोली मारकर हत्या हो गयी थी. इस मामले में दुलारचंद समेत चार को नामजद अभियुक बनाया गया था. हालांकि बाद में दो लोगों को बरी कर दिया गया था. 2015 में बाढ़ अनुमंडल में हुए संजय सिंह हत्या कांड और 2018 में मोकामा थाना कांड संख्या- 152/18 (आर्म्स एक्ट) में भी उनका नाम उभरा था. हालांकि कई मामलों में वे बरी हो गए, लेकिन पुलिस रिकॉर्ड में स्थानीय दबंग नेता के रूप में उनका नाम लंबे समय तक बना रहा. मोकामा में कैसे हुआ बवाल? दुलारचंद यादव का बाढ़ और मोकामा के टाल इलाके में काफी दबदबा था। खुशहाल चक के निकट प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्शी गुरुवार दोपहर बाद करीब 3:30 बजे अपने समर्थकों के साथ प्रचार कर रहे थे। दुलारचंद यादव भी उनके साथ थे। उसी रास्ते से अनंत सिंह अपने समर्थकों के साथ गुजर रहे थे। बताया जाता है कि दोनों पार्टियों के समर्थकों के बीच गाली गलौज शुरू हो गई। बात बढ़ने पर ईंट-पत्थर चलाना शुरू कर दिया। बाद में गोली भी चली और दुलारचंद यादव की मौत हो गई।

स्वास्थ्य शिक्षा में बड़ा कदम: झारखंड के चार जिलों में खुलेंगे नए मेडिकल कॉलेज

रांची झारखंड के जिलों में 4 नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। झारखंड सरकार को राज्य में सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल के तहत चार मेडिकल कॉलेज स्थापित करने के प्रस्ताव पर केंद्र की मंजूरी मिल गई है। केंद्र सरकार ने दी मंजूरी खूंटी में 50 एमबीबीएस सीट की क्षमता के साथ, जामताड़ा, धनबाद और गिरिडीह में 100-100 सीटों की क्षमता के साथ नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। यह मंजूरी केंद्र की 'पीपीपी मोड में मेडिकल कॉलेज की स्थापना योजना' के तहत दी गई है, जिसका उद्देश्य देश भर में चिकित्सा शिक्षा का विस्तार करना और स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं को मजबूत करना है। जारी बयान में कहा गया है कि मंगलवार को नयी दिल्ली में आर्थिक मामलों के विभाग (डीईए) के अधिकारियों के साथ बैठक में झारखंड के स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने प्रस्तुति दी थी। बयान में कहा गया, ‘‘प्रस्तुति के बाद केंद्र ने राज्य के प्रस्ताव को अपनी मंजूरी दे दी।'' सिंह ने कहा, "पीपीपी मोड के तहत मेडिकल कॉलेज खुलने से राज्य में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं में सुधार होगा, साथ ही स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।" उन्होंने कहा कि राज्य में नये कॉलेज ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता को बढ़ावा देंगे, चिकित्सा शिक्षा तक पहुंच का विस्तार करेंगे और स्वास्थ्य अवसंरचना को मजबूत करेंगे।  

सट्टा बाजार का रुझान: NDA आगे, महागठबंधन पिछड़ा — नीतीश कुमार की किस्मत चमकने को तैयार?

पटना बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में राजनीतिक पारा चढ़ चुका है, लेकिन असली हलचल राजस्थान के मशहूर फलोदी सट्टा बाजार में देखने को मिल रही है। यहां के भाव अक्सर चुनावी नतीजों से पहले ही रुझान बता देते हैं। अगर इस बार के बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की बात करें तो यहां के ताज़ा भावों के अनुसार, NDA को बढ़त मिल रही है और महागठबंधन  पिछड़ता नजर आ रहा है। NDA पर सबसे ज्यादा दांव, रिटर्न भी डबल! फलोदी सट्टा बाजार में NDA के पक्ष में तेजी से दांव लग रहे हैं। अगर कोई व्यक्ति NDA की जीत पर ₹1000 का दांव लगाता है, तो उसे ₹2000 तक रिटर्न मिल सकता है। इसका मतलब है कि सटोरियों के अनुसार NDA की सरकार बनने की संभावना सबसे अधिक है। सीटों का अनुमान NDA: 128–132 सीटें (कभी-कभी 135–138 तक भी रुझान) महागठबंधन: 93–100 सीटों तक सीमित स्पष्ट है कि महागठबंधन का ग्राफ नीचे जा रहा है, जबकि NDA लगातार मजबूती पा रहा है।  नीतीश कुमार के भाव सबसे मजबूत मुख्यमंत्री पद को लेकर सट्टा बाजार में नीतीश कुमार का नाम सबसे आगे है। उनके भाव 40–45 पैसे पर टिके हैं, यानी सटोरियों का मानना है कि नीतीश ही NDA का चेहरा  बने रहेंगे। महागठबंधन के लिए बढ़ीं मुश्किलें महागठबंधन की बात करें तो उनके लिए यह चुनाव चुनौतीपूर्ण होता दिख रहा है। सटोरियों के अनुसार, गठबंधन की सीटें 93–96 तक सीमित रह सकती हैं। हालांकि प्रचार तेज़ हो रहा है, लेकिन बाजार के भावों में फिलहाल सुधार नहीं दिख रहा। वोटिंग डेट्स और आगे का ट्रेंड बिहार में वोटिंग 6 और 11 नवंबर को होगी। विशेषज्ञों का कहना है कि जैसे-जैसे प्रचार अपने चरम पर पहुंचेगा, वैसे-वैसे सट्टा बाजार में सीटवार भाव और भी स्पष्ट होंगे। फलोदी बाजार का मूड तेजी से बदलता है, इसलिए आखिरी हफ्ते के ट्रेंड निर्णायक हो सकते हैं।  

कांग्रेस और लालू यादव पर सम्राट चौधरी का हमला, बोले– बिहार को दशकों तक लूटते रहे

पटना बिहार के उपमुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता सम्राट चौधरी  ने बुधवार को कहा कि राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव और कांग्रेस  ने 55 सालों तक प्रदेश को लूटा, जबकि डबल इंजन सरकार ने बिहार में विकास की नई इबारत लिखी है। सम्राट चौधरी बेगूसराय विधानसभा क्षेत्र के वीरपुर में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) प्रत्याशी कुंदन सिंह (BJP) और खगड़िया विधानसभा क्षेत्र के मारड़ में बब्लू मंडल जनता दल यूनाईटेड (JDU) उम्मीदवार के समर्थन में आयोजित जनसभा में कांग्रेस और राजद पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस और लालू यादव ने मिलकर 55 सालों तक बिहार को लूटा। कांग्रेस ने गरीबों के मसीहा कर्पूरी ठाकुर को गाली दी थी। बिहार यदि पिछड़ा है तो इसका कारण कांग्रेस और राजद है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि इस बार विधानसभा चुनाव में एक तरफ विनाश है और दूसरी तरफ विकास है। एक तरफ जंगलराज है तो दूसरी तरफ सुशासन है। उन्होंने कहा कि जहां एक ओर महागठबंधन में परिवारवाद हावी है, वहीं दूसरी ओर जदयू ने एक साधारण कार्यकर्ता बब्लू मंडल को प्रत्याशी बनाकर यह साबित किया है कि राजग में कार्यकर्ताओं का सम्मान होता है। राजग शासन में ना हिंदू देखा गया, ना मुसलमान,बस इंसान देखा गया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सबका साथ, सबका विकास की भावना से काम हुआ। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार ने बिहार में विकास की नई इबारत लिखी है। उन्होंने कहा कि करीब एक करोड़ लोगों को पक्का मकान मिला, गांवों में 20 घंटे से ज्यादा बिजली मिल रही है। पहले बागमती, गंडक और कोसी में पुल बनने की कल्पना भी नहीं की जा सकती थी, लेकिन नीतीश कुमार के नेतृत्व में यह सब संभव हुआ। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि 2005 से पहले बिहार की स्थिति बेहद खराब थी।बिजली, सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य सब बदहाल थे। उस समय अपहरण उद्योग फल-फूल रहा था। महिलाएं शाम पांच बजे के बाद घर से निकलने से डरती थीं, लेकिन नीतीश कुमार के सुशासन ने बिहार का चेहरा बदल दिया।उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार की सरकार ने साइकिल और पोशाक योजना से बेटियों को स्कूल तक पहुंचाया, पढ़ाई के अवसर दिए और उन्हें सरकारी नौकरी में 33 प्रतिशत आरक्षण देकर सशक्त किया। पंचायत चुनाव में भी महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण मिला। अब सरकार एक करोड़ 41 लाख महिलाओं को 10 हजार रुपये की पहली किस्त देकर उन्हें स्वावलंबी बना रही है।  

HAM प्रत्याशी पर हमले की निंदा करते हुए मांझी बोले—RJD फैला रही है अराजकता

गया बिहार के गया जिले के टिकारी विधानसभा में बुधवार को प्रचार के लिए पहुंचे हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) के प्रत्याशी एवं पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ. अनिल कुमार पर असामाजिक तत्वों ने हमला कर दिया है, जिसमें उन्हें गंभीर रूप से चोट लगी। वहीं, केंद्रीय मंत्री और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के अध्यक्ष जीतन राम मांझी ने पार्टी के उम्मीदवार अनिल कुमार पर हुए हमले की कड़ी निंदा की है। जीतन राम मांझी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर लिखा, "माननीय विधायक अनिल कुमार जी के ऊपर हुआ हमला विपक्ष के कायरता और हताशा का जीता जागता उदाहरण है। राजद के लोग बिहार को बंगाल बनाने की कोशिश कर रहें है…अनिल जी के उपर चले हर पत्थर का जवाब बिहार की जनता वोट के चोट से देगी।" इससे पहले लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री मोदी पर 'नचनिया' शब्द का इस्तेमाल करने पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा, "राहुल गांधी बचकाना व्यवहार कर रहे हैं। उनमें कोई गंभीरता नहीं है…छठ पवित्रता और आध्यात्मिकता का त्योहार है…छठ पूजा करने वालों के लिए 'नचनिया' शब्द का इस्तेमाल कर वह अपने पूर्वजों का भी अपमान कर रहे हैं। गौरतलब है कि बिहार विधानसभा की 243 सीटों के लिए दो चरण में 06 नवंबर और 11 नवंबर को मतदान कराया जाना है। 14 नवंबर को मतगणना होगी और चुनाव की प्रक्रिया 16 नवंबर तक पूरी हो जायेगी। बिहार विधानसभा का वर्तमान कार्यकाल 22 नवंबर 2025 को समाप्त हो रहा है।

जदयू प्रत्याशी अनंत सिंह के समर्थकों पर हत्या का आरोप, मोकामा में बढ़ा तनाव

पटना पटना के मोकामा विधानसभा क्षेत्र के घोसवरी प्रखंड में गुरुवार शाम जनसुराज दुलारचंद यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। बताया जा रहा है कि इस वारदात में जदयू प्रत्याशी और पूर्व विधायक बाहुबली अनंत सिंह के समर्थकों का हाथ होने का संदेह जताया जा रहा है। घटना की जानकारी मिलते ही पटना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह एक राजनीतिक साजिश के तहत की गई हत्या है, जिसमें जन सुराज समर्थक को निशाना बनाया गया। मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया है कि अनंत सिंह के समर्थकों ने योजना बनाकर इस हत्या को अंजाम दिया। पुलिस ने मामले की प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।  

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिला लुगू बुरु धोरोम गाढ़ प्रतिनिधिमंडल, विकास से जुड़े मुद्दों पर हुई चर्चा

रांची  झारखंड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से आज कांके रोड रांची स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में लुगू बुरु घांटा बाड़ी धोरोम गाढ़ के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की। मौके पर मुख्यमंत्री को प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने अवगत कराया कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी सोहराय कुनामी (कार्तिक पुर्णीमा) के शुभ अवसर पर लुगू बुरु घांटा बाड़ी धोरोम गाढ़, टी0टी0पी0एस0 ललपनिया बोकारो में आगामी 03, 04 एवं 05 नवम्बर 2025 को 'अन्तररष्ट्रीय सरना धर्म महासम्मेलन-2025' कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। मौके पर प्रतिनिधिमंडल में शामिल सदस्यों ने मुख्यमंत्री सोरेन को इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित होने के लिए सादर आमंत्रित किया। इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल में लुगू बुरु घांटा बाड़ी धोरोम गाढ़ के अध्यक्ष बबुली सोरेन, सचिव लोबिन मुर्मू सहित मिथिलेश किस्कू, बिंदे सोरेन (मांझी बाबा, जमशेदपुर), सुरेन्द्र टुडू, बुधन सोरेन, सुखराम बेसरा, मेघराज मुर्मू, संतोष हेंब्रम एवं अन्य उपस्थित रहे।  

जेल की दीवारों के भीतर देश प्रेम का अनोखा उदाहरण — कैदियों ने रचा ‘भारत एकता’ का प्रतीक नक्शा

जयपुर राष्ट्रीय एकता दिवस और लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर जयपुर में विशिष्ट केंद्रीय कारागार श्यालावास में एक अनोखा और प्रेरणादायक आयोजन किया गया। जेल अधीक्षक पारस जांगिड़ की प्रेरणा और जेलर विकास बागोरिया के मार्गदर्शन में चार सौ से अधिक बंदियों ने मिलकर भारत का एक विशाल नक्शा तैयार किया, जिसने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। जेल परिसर के खुले मैदान में बने इस नक्शे के बीचोंबीच सरदार पटेल की प्रतीकात्मक “स्टैच्यू ऑफ यूनिटी” स्थापित की गई, जो आयोजन का मुख्य आकर्षण रही। इस प्रस्तुति के माध्यम से बंदियों ने न केवल लौह पुरुष को श्रद्धांजलि दी, बल्कि उनके एकता और अखंडता के संदेश को भी जीवंत किया। देशभक्ति के नारों से गूंज उठा जेल परिसर कार्यक्रम के दौरान पूरा परिसर देशभक्ति के नारों से गूंज उठा। बंदियों ने ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’, ‘राष्ट्रीय एकता ज़िंदाबाद’ और ‘हम सब एक हैं’ के नारे लगाते हुए तिरंगे झंडे लहराए। देश के प्रति उनका यह उत्साह और सामूहिक एकजुटता सभी के लिए प्रेरणा बन गई। जानें किसने किया यह नवाचार इस आयोजन की तैयारी में बंदी संदीप गुप्ता ने प्रमुख भूमिका निभाई। उनके साथ बंदी विकास शर्मा, महेश, नितिन, दिनेश, राजेश मूर्तिकार, रामप्रसाद और प्रवीण सैनी सहित कई अन्य बंदियों ने मिलकर इस विशाल नक्शे को आकार दिया। यह टीमवर्क जेल प्रशासन और बंदियों के बीच सकारात्मक तालमेल का उदाहरण बना। कार्यक्रम का समापन सामूहिक राष्ट्रगान के साथ हुआ। बंदियों ने हाथों में तिरंगा थामे पूरे जोश और गर्व के साथ राष्ट्रगान गाकर एकता और देशभक्ति का सशक्त संदेश दिया।

हजारीबाग पुलिस की बड़ी कार्रवाई: सोलर बैटरी चोरी करने वाले गिरोह का खुलासा

हजारीबाग झारखंड के हजारीबाग जिले में चौपारण थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने सोलर पैनल बैटरी चोरी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 2 अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है। मौके से स्पार्क कम्पनी की 120 बैटरियां, एक पिकअप वैन, एक एलपीटी ट्रक, एक आल्टो कार तथा एक स्मार्टफोन बरामद किया गया है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि घटना 28 अक्टूबर की है। वादी सुमित कुमार सिंह, प्रोजेक्ट मैनेजर, एम/एस स्विचर रांची को सूचना मिली कि चौपारण थाना क्षेत्र के ग्राम गरमोरवा स्थित मिनी सोलर प्लांट की बैटरियां चोरी की जा रही हैं। सूचना मिलते ही चौपारण थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पिकअप वेन समेत एक आरोपी को धर दबोचा। घटना की सूचना पर पुलिस अधीक्षक हजारीबाग के आदेशानुसार अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बरही अजित कुमार विमल के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया। पूछताछ के दौरान गिरफ्तार आरोपी ने बताया कि चोरी की इस घटना में बोकारो के तेलों क्षेत्र से आए उसके साथी शामिल थे, जिन्होंने ऑल्टो कार को सियारकोणी स्थित सीएम होटल के पीछे छिपा रखा था तथा चोरी की गई बैटरियों को ट्रक में लोड कर ले जाने की योजना थी। सूचना के आधार पर पुलिस ने त्वरित छापामारी कर ऑल्टो कार और ट्रक दोनों को बरामद कर लिया। गिरफ्तार अपराधियों की पहचान तौसिफ उमर (उम्र 23 वर्ष), पिता मो. शमीम, सा. तेलों, थाना चन्द्रपुरा, जिला बोकारो, वाहिद हुसैन (उम्र 34 वर्ष), पिता सिदिक हुसैन, सा. बडकीपोना, थाना रजरप्पा, जिला रामगढ़ के रूप में हुई है। इस संबंध में मामला दर्ज कर अग्रिम कार्रवाई की जा रही है।