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उज्जैन में अवैध निर्माणों पर UDA की बड़ी कार्रवाई, 16 इमारतें बुलडोज़र से ध्वस्त

उज्जैन उज्जैन से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आई है। जहां अवैध निर्माणों पर प्रशासन का सख्त रुख देखने को मिला है। उज्जैन विकास प्राधिकरण ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 16 अवैध बिल्डिंग्स को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया है। उज्जैन विकास प्राधिकरण के सीईओ संदीप सोनी के मुताबिक, वर्ष 1985 के आसपास प्राधिकरण द्वारा एक आवासीय योजना विकसित की गई थी। इस योजना के तहत फ्रंट के मकानों को केवल आवासीय उपयोग के लिए आवंटित किया गया था। लेकिन समय के साथ कई लोगों ने लीज की शर्तों का उल्लंघन करते हुए इनका व्यावसायिक और अन्य उपयोग शुरू कर दिया। प्राधिकरण द्वारा सभी मामलों की सुनवाई के बाद करीब 45 लीज निरस्त की गईं। साथ ही कई भूखंडों का अवैध रूप से विभाजन भी किया गया, जिसके चलते लगभग 90 से 95 निर्माण खड़े हो गए थे। आज की कार्रवाई में 11 भूखंडों पर बने 16 अवैध निर्माणों को जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम की संयुक्त टीम ने बुलडोजर चलाकर हटा दिया। कार्रवाई के बाद संबंधित जमीनों का कब्जा उज्जैन विकास प्राधिकरण द्वारा लिया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि आगे भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी और अवैध निर्माणों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।

हाईकोर्ट के जस्टिस आज भोजशाला का करेंगे निरीक्षण, सुरक्षा इंतजामों की व्यवस्था चाक-चौबंद

धार  मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित ऐतिहासिक भोजशाला एवं कमाल मौला मस्जिद परिसर एक बार फिर चर्चा के केंद्र बन चुकी है। इसके धार्मिक स्वरूप को लेकर चल रही न्यायिक प्रक्रिया के बीच आज इंदौर हाईकोर्ट से न्यायधीश स्थल का निरीक्षण करने आ रहे हैं। प्रतिनिधि मंडल के प्रस्तावित दौरे को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। इसी के मद्देनजर पूरे परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रतिनिधि मंडल का काफिला आज सर्किट हाउस से सीधे भोजशाला के लिए रवाना होगा, जहां दोपहर में  निरीक्षण प्रस्तावित किया गया है। इस दौरान पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के अधिकारी भी साथ में मौजूद रहेंगे। एएसआई की ओर से पेश की गई सर्वे रिपोर्ट के आधार पर स्थल का अवलोकन किया जाएगा। संभावना है कि, हाईकोर्ट के प्रतिनिधि नौगांव स्थित पुरातत्व संग्रहालय का भी दौरा कर सकते हैं। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर चल रही सुनवाई भोजशाला के इतिहास और स्वरूप को लेकर दोनों पक्षों के दावे लंबे समय से विवाद का विषय बने हुए हैं। साल 2024 में एएसआई ने 98 दिनों तक खुदाई कर 2098 पृष्ठों की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की थी। इस रिपोर्ट में कई महत्वपूर्ण अवशेष और शिलालेखों का जिक्र किया गया था। इसी रिपोर्ट के आधार पर मौजूदा समय में कोर्ट में सुनवाई की जा रही है। अगली सुनवाई 2 अप्रेल को प्रस्तावित है। ठीक उसी से पहले न्यायधीश का ये निरीक्षण बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। साल 2022 से बना हुआ है प्रमुख मुद्दा भोजशाला को लेकर हिंदू और मुस्लिम पक्षों के बीच अलग-अलग दावे किए जाते रहे हैं। वर्ष 2022 में दायर याचिका के बाद न्यायालय के निर्देश पर एएसआइ सर्वे कराया गया था। तब से यह मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। नवरात्र में धार्मिक आयोजन भी जारी चैत्र नवरात्र के अवसर पर मंगलवार को सकल हिंदू समाज द्वारा नियमित सत्याग्रह और हनुमान चालीसा पाठ किया जाएगा। सुबह 8:55 से 9:25 बजे के बीच मां वाग्देवी को चुनरी अर्पित की जाएगी। इस दौरान विभिन्न समाजों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि भी शामिल होंगे।

इंदौर में जनगणना के लिए आज से प्रशिक्षण कार्यक्रम, जल्द ही पहुंचेगी टीम आपके घर

इंदौर जनगणना 2027 के सफल और सटीक संचालन के लिए इंदौर जिले में फील्ड ट्रेनर्स के प्रशिक्षण की सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा जारी किए गए विशेष निर्देशों के पालन में इंदौर जिले में तीन दिवसीय गहन प्रशिक्षण कार्यक्रम का खाका तैयार किया गया है। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य जनगणना जैसे महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य को त्रुटिहीन तरीके से संपन्न कराना है।  दो चरणों में होगा प्रशिक्षण अतिरिक्त जिला जनगणना अधिकारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम शासकीय होलकर साइंस कॉलेज में आयोजित किया जा रहा है। कॉलेज का परिसर ए.बी. रोड स्थित भंवरकुआं चौराहे के पास है। कार्यक्रम को दो चरणों में विभाजित किया गया है। पहला चरण आज 24 मार्च से शुरू होकर 26 मार्च 2026 तक चलेगा, जिसमें मुख्य रूप से नगर निगम एवं बाह्यवृद्धि क्षेत्रों के ट्रेनर्स शामिल होंगे। इसके पश्चात दूसरा चरण 28 मार्च से 30 मार्च 2026 तक आयोजित होगा, जो जिला स्तर के नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों के लिए निर्धारित किया गया है। हर दिन होंगे तीन बैच प्रशासनिक योजना के अनुसार, इस पूरे कार्यक्रम के दौरान कुल 129 फील्ड ट्रेनर्स को मास्टर ट्रेनर्स द्वारा प्रशिक्षित किया जाएगा। प्रशिक्षण की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए इन्हें अलग-अलग बैचों में बांटा गया है। प्रत्येक दिन तीन बैच संचालित होंगे, जिनमें प्रति बैच लगभग 28 प्रतिभागी शामिल होंगे। वहीं, जिला स्तरीय सत्रों के लिए दो बैच बनाए गए हैं, जिनमें 23-23 प्रतिभागियों को बारीकियों से अवगत कराया जाएगा। कॉलेज परिसर में ही की सभी व्यवस्थाएं शिक्षण कार्य को सुचारू रूप से चलाने के लिए होलकर साइंस कॉलेज के कक्ष क्रमांक बी-101, बी-102 एवं बी-103 को विशेष रूप से आरक्षित किया गया है। अतिरिक्त जिला जनगणना अधिकारी ने कॉलेज प्रशासन और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रशिक्षण स्थल पर सभी मूलभूत सुविधाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध हों। इसमें बैठने के लिए टेबल-कुर्सी, तकनीकी सहायता के लिए प्रोजेक्टर और कंप्यूटर ऑपरेटर के साथ-साथ पेयजल और साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। यह प्रशिक्षण जनगणना के राष्ट्रीय मिशन को प्रभावी ढंग से जमीन पर उतारने की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है। 

युवाओं को मिलेगा देशसेवा का अवसर, आत्मनिर्भरता के नए द्वार भी खुलेंगे – राज्‍यमंत्री गौर

‘शौर्य संकल्प योजना’ पर लगी कैबिनेट की मुहर, पिछड़ा वर्ग के युवाओं को सुरक्षाबलों में भर्ती के लिए तैयार करेगी योजना युवाओं को मिलेगा देशसेवा का अवसर, आत्मनिर्भरता के नए द्वार भी खुलेंगे – राज्‍यमंत्री गौर 45 दिन का आवासीय प्रशिक्षण, मिलेगी छात्रवृत्ति, 4000 युवाओं को मिलेगा विशेष प्रशिक्षण भोपाल  पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग युवा अभ्यर्थियों को सुरक्षाबलों में भर्ती के लिए सक्षम बनाने के लिए “शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना-2026” की शुरुआत करने जा रहा है। इसके जरिए युवाओं को गुणवत्तापूर्ण आवासीय प्रशिक्षण दिया जाएगा। जिसमें शारीरिक प्रशिक्षण के साथ-साथ सामान्य ज्ञान, गणित, तर्कशक्ति, कंप्यूटर एवं अंग्रेज़ी जैसे विषयों का सैद्धांतिक प्रशिक्षण भी शामिल होगा। पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर ने योजना को कैबिनेट की मंजूरी मिलने पर कहा कि शौर्य संकल्प योजना हमारे युवाओं को केवल रोजगार ही नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास और राष्ट्रसेवा की भावना से भी सशक्त बनाएगी। हमारा उद्देश्य है कि प्रदेश का हर युवा अपनी क्षमता के अनुसार देश की सेवा में योगदान दे सके। मध्यप्रदेश सरकार युवाओं को अवसर देने के लिए प्रतिबद्ध है। यह योजना सुरक्षा बलों में भर्ती की तैयारी को सशक्त बनाकर पिछड़ा वर्ग के युवाओं के लिए नए द्वार खोलेगी और उन्हें आत्मनिर्भर बनाएगी। योजना के प्रारंभिक चरण में 40 प्रशिक्षण केंद्रों के जरिए 4000 युवाओं को ट्रेनिंग दी जाएगी। योजना में महिला और पुरुष अभ्यर्थियों के लिए पृथक-पृथक केंद्र संचालित किए जाएंगे। प्रशिक्षण की अवधि 45 दिन निर्धारित की गई है। चयनित अभ्यर्थियों को निःशुल्क आवास, भोजन एवं अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही पुरुष अभ्यर्थियों को 1000 रुपये तथा महिला अभ्यर्थियों को 1100 रुपये प्रतिमाह की दर से छात्रवृत्ति भी दी जाएगी। योजना के लिए न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता 12वीं उत्तीर्ण निर्धारित की गई है। अभ्यर्थी मध्यप्रदेश का मूल निवासी होना चाहिए तथा OBC वर्ग का प्रमाण-पत्र (नॉन-क्रीमीलेयर) आवश्यक होगा। चयन प्रक्रिया में 12वीं के अंकों के आधार पर वरीयता तय की जाएगी। राज्य शासन द्वारा आगामी तीन वर्षों में इस योजना पर लगभग 15 करोड़ रुपये व्यय किए जाने का प्रावधान है, जिसके माध्यम से 12,000 युवाओं को सुरक्षा सेवाओं में रोजगार के लिए तैयार किया जाएगा। यह योजना युवाओं में राष्ट्रप्रेम, अनुशासन एवं कर्तव्यबोध विकसित करने के साथ उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगी।  

सच्चा वादा, पक्का काम… मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा – जो कहा, वो पूरा करके दिखाया

सच्चा वादा पक्का काम… हमने जो कहा, पूरा करके दिखाया : मुख्यमंत्री डॉ. यादव किसान समृद्ध होंगे, तभी समृद्ध होगा हमारा प्रदेश मुख्यमंत्री डॉ. यादव का किसानों ने किया अभिनंदन आगर मालवा में 200 करोड़ रुपए के 2 कामों की मंजूरी के लिए माना आभार भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि किसान हमारी धरोहर हैं। ये अन्नदाता ही देश के भाग्य विधाता हैं। सरकार प्रदेश के किसानों की समृद्धि के लिए कृत संकल्पित है। अन्नदाताओं को मजबूत करने के लिए ही हम 2026 को कृषक कल्याण वर्ष के रूप में मना रहे हैं। इसमें सरकार का पूरा फोकस खेती को आधुनिक तकनीक, नवाचार और मूल्य संवर्धन से जोड़ने पर है। किसानों की आय बढ़ाने के लिए फसल उत्पादन के साथ गौपालन, पशुपालन, मत्स्य पालन, उद्यानिकी एवं कृषि आधारित उद्योगों को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सच्चा वादा और पक्का काम, यही सरकार का संकल्प है। हमने किसानों से जो वादा किया था, वह पूरा करके भी दिखाया है। उन्होंने कहा कि जब हमारे खेतों से लेकर कारखाने तक समृद्धि आएगी, तभी तो हमारे किसान भी समृद्ध और खुशहाल होंगे। मध्यप्रदेश का समृद्ध किसान ही विकसित भारत@2047 के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को मुख्यमंत्री निवास में किसानों द्वारा आयोजित अभिनंदन समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिले, इसके लिए प्रदेश में नदी जोड़ो अभियान एवं नयी सिंचाई परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। इसी क्रम में आगर-मालवा जिले के लिए 167.21 करोड़ रुपए लागत की आहू मध्यम सिंचाई परियोजना और 24.88 करोड़ रुपए की लागत से हड़ाई तालाब निर्माण को मंजूरी दी गई। करीब 200 करोड़ रुपए की इन दोनों योजनाओं से आगर-मालवा जिले के खेतों तक पानी पहुंचेगा और 4800 हैक्टेयर से अधिक भूमि सिंचित होगी। आगर-मालवा जिले को यह दो सौगातें मिलने पर किसानों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आत्मीय स्वागत कर आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जनप्रतिनिधियों की मांग पर आगर-मालवा जिले के बड़ोद क्षेत्र के कुछ गांवों के अटपटे से नाम बदलने का आश्वासन किया। उन्होंने कहा कि बहुत जल्द वे स्वयं आगर-मालवा आएंगे और किसानों के बीच जाकर उनसे संवाद करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि दिल्ली-मुंबई सुपर एक्सप्रेस-वे से जुड़ने के बाद आगर-मालवा को विकास को नए पंख लगे हैं। अब राजस्थान के झालावाड़ से नया हाई-वे भी सीधे उज्जैन के बाबा महाकाल और नलखेड़ा की मां बगुलामुखी धाम को जोड़ेगा। इससे धार्मिक पर्यटन के लिए आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और माल परिवहन में लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारी सरकार ने उद्यानिकी फलदार पौधों के मूल्यांकन एवं मुआवजा राशि में वृद्धि कर दी है। इसके तहत हमने आगर-मालवा जिले के मशहूर ओडीओपी उत्पाद संतरे की फसल के लिए पूर्व निर्धारित दर 4500 प्रति वृक्ष को बढ़ाकर 17,500 प्रति वृक्ष कर दिया गया है। यह जिले के संतरा उत्पादक किसानों के लिए बड़ी सौगात है। राज्य सरकार ने भावांतर भुगतान योजना का लाभ सोयाबीन किसानों को दिया है। अब इस योजना में सरसो की फसल को भी शामिल कर किसानों को नई सौगात दी गई है। गेहूं उत्पादक किसानों को 40 रुपए प्रति क्विंटल का बोनस देकर सरकार 2625 रुपए मूल्य पर खरीदी कर रही है। तुअर की शत-प्रतिशत खरीदी के लिए भी हम प्रतिबद्ध हैं। आगर-मालवा विधायक मधु गहलोत ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश का कोना-कोना सिंचाई सुविधाओं से लैस हो रहा है और आगर मालवा जिला भी इससे अछूता नहीं है। कृषि कल्याण वर्ष में जिले के किसानों की समृद्धि के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 200 करोड़ लागत की सिंचाई परियोजना और तालाब विकास कार्यों को मंजूर किया है। उन्होंने औद्योगीकरण को प्रोत्साहित करने के लिए निवेशकों को आगर मालवा से ईकाई प्रारंभ करने के लिए आकर्षित किया है। अब जिले में फूड चेन मकेन कंपनी की स्थापना से यहां के हजारों युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। उन्होंने कहा कि आगर मालवा में 18 हजार करोड़ रुपए की लागत से भगवान बैजनाथ धाम का निर्माण किया जा रहा है। आगर मालवा को गोकुल ग्राम, 2 नवीन महाविद्यालय और अनेकों गौशालाओं की सौगात मिली है। अभिनंदन समारोह में जिलाध्यक्ष ओम मालवीय, मेहरबान सिंह सहित आगर-मालवा जिले से बड़ी संख्या में आए किसान बंधु एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे।  

उच्च गुणवत्ता की चिकित्सा शिक्षा और सेवाओं के लिए बजट की कमी नहीं: उप मुख्यमंत्री शुक्ल का बयान

उच्च गुणवत्ता की चिकित्सा शिक्षा और चिकित्सा सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए बजट की कमी नहीं : उप मुख्यमंत्री शुक्ल उपलब्ध संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग सुनिश्चित कर लक्षित परिणामों को प्राप्त करने के दिए निर्देश उप मुख्यमंत्री शुक्ल की अध्यक्षता में शासकीय मेडिकल कॉलेज विदिशा की तीसरी सामान्य सभा की बैठक सम्पन्न भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल की अध्यक्षता में अटल बिहारी वाजपेयी शासकीय मेडिकल कॉलेज, विदिशा की सामान्य सभा की तीसरी बैठक मंत्रालय में सम्पन्न हुई। बैठक में मेडिकल कॉलेज में चिकित्सा सेवाओं की मजबूती, उच्च गुणवत्ता वाली मेडिकल शिक्षा, और ग्रामीण एवं पिछड़े क्षेत्रों में विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच सुनिश्चित करने के सम्बंध में विमर्श कर उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने आवश्यक निर्देश दिए। बैठक में उपाध्यक्ष सामान्य सभा एवं पशुपालन मंत्री और प्रभारी मंत्री लखन पटेल, अपर मुख्य सचिव लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा, अशोक बर्नवाल, अध्यक्ष कार्यकारिणी समिति मयंक अग्रवाल, संचालक चिकित्सा शिक्षा डॉ. अरुणा कुमार, डीन मेडिकल कॉलेज विदिशा डॉ. मनीष निगम सहित सामान्य सभा के सदस्य एवं विभागीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि शासन का लक्ष्य ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाना, उच्च गुणवत्ता वाली मेडिकल शिक्षा देना और विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाओं का सतत प्रवाह सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि इस दिशा में टेलीमेडिसिन जैसी आधुनिक तकनीकों का अधिकतम उपयोग करके ग्रामीण मरीजों को विशेषज्ञों तक पहुंचाने के प्रयास किए जाएँ एवं प्रगति की नियमित समीक्षा की जाये। उन्होंने कहा कि टेलीमेडिसिन के माध्यम से ग्रामीण और सुविधाओं की कमी वाले क्षेत्रों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएँ आसानी से उपलब्ध कराई जा सकती हैं। इससे मरीजों को समय पर निदान और उपचार मिलता है, अस्पताल आने की दूरी और खर्च कम होते हैं, और स्वास्थ्य सेवाओं का व्यापक कवरेज सुनिश्चित होता है। बताया गया कि शासकीय मेडिकल कॉलेज, विदिशा में बालरोग, स्त्रीरोग एवं प्रसूति, मेडिसिन और सर्जरी विभागों में यह सुविधा लगातार दी जा रही है, जिससे ग्रामीण इलाकों में चिकित्सकीय सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार हुआ है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने रिक्त पदों की प्राथमिकता से पूर्ति के निर्देश दिए, ताकि कॉलेज में प्रशासनिक और चिकित्सकीय कार्यों का सुचारु संचालन सुनिश्चित हो सके। इसके साथ ही, पूर्व वित्तीय वर्षों की ऑडिट रिपोर्ट, सामान्य परिषद की द्वितीय बैठक का पालन प्रतिवेदन, और कार्यकारिणी समिति के निर्णयों का अनुमोदन किया गया। कॉलेज के इन्फ्रास्ट्रक्चर सुधार के लिए ऑडिटोरियम निर्माण और हॉस्टल सुविधा के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि मेडिकल म कॉलेज में उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा और चिकित्सा सेवाओं को मजबूत करने के लिए बजट की कोई कमी नहीं है। उपलब्ध बजट का विवेकपूर्ण उपयोग सुनिश्चित कर चिकित्सा सेवाओं का सुदृढ़ीकरण किया जाए।  

भांडेर में किसान सम्मेलन में शामिल होंगे मुख्यमंत्री डॉ. यादव, आज का आयोजन

मुख्यमंत्री डॉ. यादव भांडेर में किसान सम्मेलन में आज होंगे शामिल 62 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों का करेंगे भूमि-पूजन एवं लोकार्पण दतिया मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव  जिले के भांडेर में मंगलवार 24 मार्च को मण्डी प्रांगण में किसान सम्मेलन में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव दतिया जिले में 62 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों का भूमि-पूजन एवं लोकार्पण करेंगे। साथ ही विभिन्न विभागों की प्रदर्शनी का अवलोकन और शासन की विभिन्न जन-कल्याणकारी योजनाओं का हितलाभ भी वितरित करेंगे। इन विकास कार्यों का होगा लोकार्पण एवं भूमि-पूजन मुख्यमंत्री डॉ. यादव दतिया जिले के पीजी कॉलेज दतिया में विज्ञान संकाय भवन व केंटीन का निर्माण कार्य, माता रतनगढ़ समग्र विकास योजना में यात्री निवास भवन निर्माण कार्य और पुलिस लाइन परिसर में रक्षित निरीक्षक कार्यालय का निर्माण कार्य, 33/11 केव्ही 5 एमवीए उप-केन्द्र स्थापना कार्य एवं 3.15 एमवीए पॉवर परिणामित्र-2 स्थापना कार्य, सांदीपनि शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भांडेर का निर्माण कार्य और ततारपुर स्टेडियम, पण्डोखर धाम के पास विश्राम गृह निर्माण कार्य एवं रामगढ़ माता मंदिर के पास विश्राम गृह निर्माण कार्यों का लोकार्पण करेंगे। साथ ही रतनगढ़ माता मंदिर के पास 33/11 केव्ही 5 एमवीए उप-केन्द्र स्थापना कार्य एवं सांदीपनि उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भांडेर के 50 सीटर बालक छात्रावास एवं 50 सीटर बालिका छात्रावास का भूमि-पूजन करेंगे।  

अपर मुख्य सचिव शमी ने दिए निर्देश, सिलेंडर वितरण व्यवस्था को सुचारु और समय पर सिलेंडर उपलब्ध कराने की आवश्यकता

सिलेंडर वितरण की व्यवस्था सुचारु बनाये रखने तथा घरेलू उपभोक्ताओं को सिलेंडर समय पर उपलब्ध कराने के दिये निर्देश : अपर मुख्य सचिव शमी पश्चिम एशिया में चल रहे घटनाक्रम को दृष्टिगत रखते हुए प्रतिदिन की जा रही है समीक्षा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविन्द सिंह राजपूत ने पश्चिम एशिया मे चल रहे घटनाक्रम के मद्देनजर अधिकारियों को प्रतिदिन समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। शैक्षणिक और चिकित्सा संस्थानों को आवश्यकता की 100 प्रतिशत गैस की आपूर्ति की जा रही है। केंद्र सरकार द्वारा सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन के लिए विशेष छूट के निर्देश भी जारी किये है। इसके अतिरिक्त राज्यो को 10 प्रतिशत अधिक आवंटन की पेशकश की है जो पीएनजी प्रणाली की ओर बदलाव का समर्थन करने वाले सुधारो से जुड़ा है। मंत्रालय द्वारा पीएनजी गैस के आवेदन तथा शुरूआत के बीच के समय को कम करने के निर्देश भी दिये है। अपर मुख्य सचिव खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण श्रीमती रश्मि अरूण शमी ने सिलेंडर की वितरण व्यवस्था सुचारू बनाए रखने तथा घरेलू उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर समय पर उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिये हैं। ऑइल कंपनियो के प्रतिनिधि के अनुसार पूर्व मे जहां 84 प्रतिशत उपभोक्ता ऑनलाइन बुकिंग करवा रहे थे वह संख्या बढकर 90 प्रतिशत से अधिक हो गयी है। कंपनियो ने मोबाइल एप, एसएमएस, व्हाट्सएप तथा आईवीआरएस कॉल द्वारा गैस बुकिंग की सुविधा प्रदान की है। उपभोक्ता बुकिंग के लिए इन डिजिटल माध्यम का प्रयोग करें तथा अनावश्यक रूप से एजेंसी पर जाने से बचे। प्रदेश मे एलपीजी की कालाबाजारी तथा जमाखोरी के विरूद्ध लगातार कार्यवाही की जा रही है। प्रदेश मे 1844 स्थानों पर कार्यवाही कर 2717 सिलेंडर जब्त किये गए। पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, पीएनजी तथा घरेलू एलपीजी गैस की उपलब्धता के सम्बन्ध में ऑयल कंपनियों से समन्वय के लिए राज्य स्तर पर 6 सदस्यीय समिति भी गठित की गयी है, जो प्रदेश में कामर्शियल और घरेलू गैस सिलेंडर की सुचारू आपूर्ति बनाए रखने के लिए निरंतर निगरानी करेगी। औद्योगिक एवं वाणिज्यिक संस्थाओ से आग्रह है कि वे उपलब्धता अनुसार पीएनजीके कनेक्शन लें। पीएनजीकी आपूर्ति लगातार बनी हुई है और आगे भी जारी रहेगी। पेट्रोल, डीजल, घरेलू पीएनजी तथा सीएनजी की पर्याप्त उपलब्धता है और इनकी आपूर्ति भी निरंतर एवं बिना कटौती के जारी रहेगी। ऑयल कंपनी के स्टेट नोडल ऑफिसर श्री अजय श्रीवास्तव ने बताया कि प्रदेश में गैस सिलेंडर का पर्याप्त स्टॉक है तथा प्रदेश के बॉटलिंग प्लांट एवं वितरकों के गोदाम में पर्याप्त सिलेण्डर उपलब्ध हैं। घरेलू उपभोक्ताओं से अपील की गयी है कि विगत अंतिम रिफिल के 25 दिन बाद पुनः बुकिंग करायें। प्रशासन द्वारा वाणिज्यिक उपयोगकर्ताओं को उपलब्ध स्टॉक का विवेकपूर्ण उपयोग करने एवं वैकल्पिक ईंधन स्रोतों को अपनाने की सलाह भी दी गयी है। जिन कामो में गैस ज्यादा खर्च होती है उनको नियंत्रित करने एवं विकल्प तैयार करने के लिए प्रेरित किया जाए। प्रदेश में घरेलू गैस की पर्याप्त आपूर्ति जारी है, उपभोक्ता अनावश्यक रूप से अफवाहों से भ्रमित न हों। देश की रिफायनरी उच्च क्षमता पर कार्य कर रही हैं तथा पश्चिम एशिया के अतिरिक्त अन्य स्थानों से भी कच्चे तेल की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। सिलेण्डर बुकिंग संबंधित शिकायत/सुझाव हेतु इन टोल फ्री नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है भारत गैस हेल्पलाइन नंबर – 1800-22-4344 (टोल फ्री) इंडेन गैस कस्टमर केयर नंबर- 1800-2333-555 (टोल फ्री) एचपी गैस कस्टमर केयर नंबर- 1800-2333-555 (टोल फ्री)  

निषादराज समाज की पंचायत शीघ्र होगी: मुख्यमंत्री डॉ. यादव का बयान

शीघ्र होगी निषादराज समाज की पंचायत: मुख्यमंत्री डॉ. यादव मत्स्यपालन के लिए देंगे अधिक से अधिक सुविधाएं मुख्यमंत्री डॉ. यादव कटनी और बलदेवगढ़ में निषादराज जयंती कार्यक्रम में वर्चुअली शामिल हुए भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भगवान निषादराज ने भगवान श्रीराम को केवटराज से कहकर गंगाजी पार करवाने का पुण्य कार्य किया था। वनवास के पश्चात भगवान राम ने पहली रात टोंस नदी के तट पर बिताई थी। श्रृंगवेगपुर (प्रयागराज) के राजा होने के नाते निषादराज ने जनजातीय सेना का सहयोग दिलवाया था। दोनों परम मित्र बने। उनकी मित्रता निश्चल और अटूट थी। राज्य सरकार मछुआ समाज के सम्मान और सशक्तिकरण के लिए संकल्पबद्ध है। मछुआ और केवट समाज के सदस्यों को राज्य सरकार द्वारा मत्स्यपालन कार्य के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से आवश्यक सुविधाएं दिलवाई जाएंगी। कृषक कल्याण वर्ष : 2026 में समाज बंधुओं की समृद्धि के लिए कार्य होगा। शीघ्र ही मुख्यमंत्री निवास में निषादराज समाज की पंचायत का आयोजन भी किया जाएगा। इस पंचायत में मछुआ समाज के लिए रोजगार, शिक्षा, आवास सुविधा से जुड़ी जानकारियां दी जाएंगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने राजा निषादराज जयंती पर कटनी और बलदेवगढ़ (टीकमगढ़) में आयोजित कार्यक्रमों को मुख्यमंत्री निवास से वीडियो कॉफ्रेंस से संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समस्त‍समाज बंधुओं को निषादराज भगवान के जन्मोत्सव की बधाई देते हुए कहा कि निषादराज और भगवान राम के प्रसंग को इन कार्यक्रमों में जीवंत किया गया है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कृषक कल्याण वर्ष में मत्स्य पालन से जुड़े समुदाय के लिए विशेष सुविधाएं देने के लिए की गई पहल की जानकारी दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि वर्तमान में प्रदेश में 4.40 लाख हेक्टेयर जल क्षेत्र है, जिसमें से 99 प्रतिशत जल क्षेत्र में मत्स्य उत्पादन हो रहा है। जहां प्रदेश में स्मार्ट फिश पार्लर प्रारंभ करने, झींगा पालन, नीली क्रांति के तहत केज कल्चर से मछली पकड़ने को बढ़ावा देने, आईस बाक्स युक्त मोटरसाइकिल प्रदाय के साथ ही आधुनिक मछली पालन तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी इस वर्ग के कल्याण के लिए संकल्पबद्ध हैं। मध्यप्रदेश में जहां लगभग डेढ़ लाख मछुआ कार्ड प्रदाय किए गए हैं, वहीं मत्स्य पालन कार्य से जुड़े मुख्यमंत्री मछुआ समृद्धि योजना का लाभ भी दिया जा रहा है। लगभग 2500 समितियां सक्रियता से कार्य कर रही हैं। मध्यप्रदेश मत्स्य उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी हो रहा है। कटनी में आयोजित कार्यक्रम में विधायक संदीप जायसवाल, दीपक टंडन सोनी, वेंकट निषाद, श्रीमती पार्वती निषाद, जयनारायण निषाद, श्याम निषाद आदि उपस्थित थे। टीकमगढ़ में आयोजित कार्यक्रम में भी अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। बलदेवगढ़ जिला टीकमगढ़ में आयोजित कार्यक्रम में पूर्व मंत्री राहुल सिंह लोधी, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती उमिता सिंह, बलदेवगढ़ नगरपालिका की अध्यक्ष श्रीमती शालिनी विश्वदीपक मिश्रा उपस्थित थीं।  

शासकीय सेवकों और पेंशनर्स के लिए 3 प्रतिशत मंहगाई भत्ता दिए जाने की मंजूरी

मंत्रि-परिषद ने 6,940 करोड़ रुपये के विभिन्न निर्माण और विकास कार्यों की दी मंजूरी शासकीय सेवकों और पेंशनर्स के लिए 3 प्रतिशत मंहगाई भत्ता दिए जाने की मंजूरी रीवा जिले की महाना माइक्रो सिंचाई परियोजना स्वीकृत दिव्यांगता के क्षेत्र में संचालित संस्थाओं के अतिथि शिक्षकों को 18 हजार रुपए प्रतिमाह मानदेय को स्वीकृति शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना के संचालन की स्वीकृति मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक में लिए गए निर्णय भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक सोमवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई। मंत्रि-परिषद ने 6,940 करोड़ रुपये के विभिन्न निर्माण और विकास कार्यों और उनकी निरंतरता की स्वीकृति दी गयी है। मंत्रि-परिषद ने रीवा जिले की महाना माइक्रो सिंचाई परियोजना के निर्माण के लिए 82 करोड़ 39 लाख रूपये की स्वीकृति के अलावा शासकीय सेवकों और पेंशनर्स के लिए 1 जुलाई 2025 से 3 प्रतिशत महंगाई भत्ते की वृद्धि करते हुए 58 प्रतिशत के मान से महंगाई भत्ता स्वीकृत किया है। मंत्रि-परिषद ने अन्य पिछड़ा वर्ग के युवाओं के लिए शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना के संचालन की स्वीकृति सहित अनेक कल्याणकारी प्रस्तावों को मंजूरी दी है। शासकीय सेवकों और पेंशनर्स के लिए 3 प्रतिशत मंहगाई भत्ता दिए जाने की मंजूरी मंत्रि-परिषद द्वारा राज्य शासन के सातवें वेतनमान प्राप्त कर रहे शासकीय सेवकों को 1 जुलाई, 2025 से 03 प्रतिशत की वृद्धि करते हुये कुल 58 प्रतिशत के मान से मंहगाई भत्ता स्वीकृत किया गया। छठवें वेतनमान के कार्मिकों एवं निगम / मंडल / उपक्रम के राज्य शासन में प्रतिनियुक्ति पर राज्य शासन में कार्यरत पांचवें एवं चौथे वेतनमान अंतर्गत कार्मिकों को समानुपातिक आधार पर मंहगाई भत्ता में वृद्धि के लिए वित्त विभाग को अधिकृत किया गया। स्वीकृति अनुसार 1 जुलाई, 2025 से 31 मार्च, 2026 तक की एरियर राशि का भुगतान छः समान किश्तों में किया जायेगा। प्रथम किश्त का भुगतान मई माह में, द्वितीय किश्त का भुगतान माह जून में, तृतीय किश्त का भुगतान माह जुलाई में, चतुर्थ किश्त का भुगतान माह अगस्त में, पांचवी किश्त का भुगतान माह सितम्बर में और छठवी किश्त का भुगतान माह अक्टूबर में किया जायेगा। एक जनवरी, 2025 से 31 मार्च, 2026 की अवधि में सेवानिवृत और मृत शासकीय सेवकों के संबंध में उन्हें अथवा नामांकित सदस्य को एरियर राशि का भुगतान एकमुश्त किया जायेगा। राज्य शासन के पेंशनर्स और परिवार पेंशनर्स को 01 जनवरी, 2026 से सातवें वेतनमान अंतर्गत 58 प्रतिशत एवं छठवें वेतनमान अंतर्गत 257 प्रतिशत पेंशन राहत स्वीकृत करते हुये छत्तीसगढ़ शासन के 9 फरवरी, 2026 के पत्र पर सहमति प्रदान की गई। रीवा जिले की महाना माइक्रो सिंचाई परियोजना स्वीकृत मंत्रि-परिषद द्वारा रीवा जिले की महाना माईक्रो सिंचाई परियोजना की लागत 82 करोड़ 39 लाख रूपये की स्वीकृति प्रदान किये जाने का निर्णय लिया गया है। इस परियोजना से कुल 4500 हैक्टेयर में सिंचाई सुविधा का लाभ होगा। रीवा जिले की जवा एवं त्योंथर तहसील के 18 ग्रामों के लगभग 950 कृषक परिवार लाभान्वित होंगे। शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना के संचालन की स्वीकृति मंत्रि-परिषद् द्वारा प्रदेश के अन्य पिछड़े वर्ग के युवक-युवतियों को सैन्य बल एवं अन्य समकक्ष सुरक्षा बलों/पुलिस/होमगार्ड एवं निजी सुरक्षा एजेंसियों में भर्ती के लिए सक्षम बनाने लिए शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना 2026 का संचालन किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गई है। स्वीकृति अनुसार प्रतिवर्ष अन्य पिछड़े वर्ग के 4000 युवाओं को सैन्य बल एवं अन्य समकक्ष सुरक्षा बलों में भर्ती के लिए आवासीय प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण अवधि में पात्र पुरूष अभ्यर्थी को 1 हजार रूपये प्रति माह तथा महिला अभ्यर्थी को 1100 रूपये प्रति माह की दर से शिष्यवृत्ति भी उपलब्ध कराई जायेगी। स्वीकृति अनुसार प्रदेश के 10 स्थानों पर स्थापित 40 केन्द्रों पर महिला एवं पुरूष अभ्यर्थियों को पृथक-पृथक प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा। इसमें न्यूनतम 35 प्रतिशत सीट महिला अभ्यर्थियों द्वारा भरी जायेगी। इसके अंतर्गत नि:शुल्क आवासीय एवं भोजन व्यवस्था तथा अध्ययन सामग्री प्रदान की जायेगी। दिव्यांगता के क्षेत्र में संचालित संस्थाओं के अतिथि शिक्षकों को 18 हजार रुपए प्रतिमाह मानदेय को स्वीकृति मंत्रि-परिषद ने सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग अंतर्गत दिव्यांगता के क्षेत्र में संचालित संस्थाओं में अतिथि शिक्षकों को स्कूल शिक्षा विभाग के अतिथि शिक्षक वर्ग-1 के समरूप प्रतिमाह 18 हजार रूपये मानदेय दिया जाने का निर्णय लिया गया है। आंगनवाड़ी में अति कम वजन (SUW)के बच्चों के लिए पूरक पोषण आहार में वृदि्ध की स्वीकृति मंत्रि-परिषद द्वारा भारत सरकार द्वारा आंगनवाड़ी केंद्र में पूरक पोषण आहार में की गयी वृद्धि के अनुरूप, प्रदेश के समस्त संचालित आंगनवाड़ी केंद्रों में 06 माह से 06 वर्ष आयुवर्ग के अति कम वजन (SUW) के बच्चों के लिए पूर्व निर्धारित प्रतिदिन प्रति हितग्राही राशि 8 रूपये से बढ़ाकर 12 रूपये किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गयी है। मंत्रि-परिषद ने 6,940 करोड़ रुपये के विभिन्न निर्माण और विकास कार्यों की दी मंजूरी मंत्रि-परिषद ने 6,940 करोड़ रुपये के विभिन्न निर्माण और विकास कार्यों की स्वीकृति दी है। स्वीकृति अनुसार वाणिज्य कर विभाग अंतर्गत ग्रामीण आवास एवं परिवहन अधोसंरचना विकास के लिए 2,933 करोड़,वाणिज्यिक कर ट्रिब्यूनल और विभागीय परिसंपत्तियों के संधारण के लिए 37 करोड़ रूपये, सूचना प्रौद्योगिकी और स्थापना व्यय अंतर्गत 162 करोड़ रूपये सहित 9 योजनाओं की वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक निरंतरता की स्वीकृति दी गई है। लोक निर्माण विभाग अंतर्गत मंत्रालय भवन के निर्माण, विधानसभा एवं विधायक विश्राम गृह, नवीन विधायक विश्राम गृह के निर्माण के लिए 691 करोड़ रूपये, शासकीय आवास गृह, स्टेट गेस्ट हाउस और कार्यालय निर्माण के लिए 731 करोड़ रूपये, परियोजना क्रियान्वयन इकाई सम्बन्धित कार्य के लिए 565 करोड़ रूपये और राजधानी परियोजना का स्थापना व्यय के लिए 379 करोड़ रूपये सहित संबंधित 17 योजनाओं की वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक निरंतरता की स्वीकृति दी गई है। जनजातीय कार्य विभाग अंतर्गत 3 विभागीय योजनाओं अनुसूचित जनजाति संस्कृति का सवंर्धन, अनुसंधान, प्रशिक्षण एवं विकास योजना, अनुसूचित जनजाति संस्कृति का सवंर्धन, अनुसंधान, प्रशिक्षण एवं विकास संबंधी योजनाओं को वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक निरंतर संचालन के लिये वित्तीय राशि 102 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है। खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग अंतर्गत लोक कल्याण से संबंधित विभिन्न योजनाओं स्मार्ट पीडीएस, मुख्यमंत्री राशन आपके ग्राम, उज्जवला, प्रधानमंत्री गतिशक्ति, मुख्यमंत्री युवा अन्नदूत योजना सहित अन्य योजनाओं के लिए 865 करोड़ रूपये, विभागाध्यक्ष कार्यालय म.प्र. राज्य … Read more