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PM मोदी से खजुराहो को तोहफा: वाराणसी-खजुराहो वंदे भारत ट्रेन जल्द पटरी पर दौड़ेगी

खजुराहो पूर्वोत्तर रेलवे के यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। बहुप्रतीक्षित वाराणसी-खजुराहो-वाराणसी वंदे भारत एक्सप्रेस अब पूर्वोत्तर रेल के बेड़े में शामिल हो गई है। इस नई अत्याधुनिक ट्रेन की पहचान ट्रेन संख्या 26422 (वाराणसी-खजुराहो) और 26421 (खजुराहो-वाराणसी) के रूप में होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी 7 नवंबर को बनारस रेलवे स्टेशन से ट्रेन संख्या 26422 को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। उद्घाटन के बाद इसके नियमित परिचालन की तिथि की औपचारिक घोषणा रेलवे द्वारा शीघ्र की जाएगी। इस नई वंदे भारत एक्सप्रेस की आठ कोचों वाली रैक शनिवार रात नई दिल्ली की सकूर बस्ती से रवाना होकर बनारस पहुंच गई। ट्रेन में सात चेयरकार और एक एक्जीक्यूटिव क्लास कोच शामिल है। इन कोचों में कुल 594 यात्री एक साथ यात्रा कर सकेंगे।   समय सारिणी और ठहराव रेलवे बोर्ड के निदेशक (कोचिंग) संजय आर. नीलम के अनुसार, ट्रेन संख्या 26422 (वाराणसी-खजुराहो वंदे भारत एक्सप्रेस) वाराणसी से प्रस्थान – सुबह 5:25 बजे विंध्याचल – 6:55 बजे (1 मिनट ठहराव) प्रयागराज छिवकी – 8:00 बजे (5 मिनट ठहराव) चित्रकूट धाम – 10:05 बजे (2 मिनट ठहराव) बांदा – 11:08 बजे (2 मिनट ठहराव) महोबा – 12:08 बजे (2 मिनट ठहराव) खजुराहो आगमन – 1:10 बजे दोपहर वापसी में ट्रेन संख्या 26421 (खजुराहो-वाराणसी वंदे भारत एक्सप्रेस) खजुराहो से प्रस्थान – 3:20 बजे दोपहर महोबा – 4:18 बजे (2 मिनट ठहराव) बांदा – 5:13 बजे (2 मिनट ठहराव) चित्रकूट धाम – 6:13 बजे (2 मिनट ठहराव) प्रयागराज छिवकी – 8:20 बजे (2 मिनट ठहराव) विंध्याचल – 9:10 बजे (2 मिनट ठहराव) वाराणसी आगमन – 11:00 बजे रात पर्यटन को मिलेगा नया आयाम वाराणसी से खजुराहो तक इस तेज, आरामदायक और अत्याधुनिक ट्रेन के परिचालन से धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है। पर्यटकों में इस नई सेवा को लेकर खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। बनारस रेल मंडल के पास अब आठ वंदे भारत इस नई ट्रेन के शामिल होने के साथ ही बनारस रेल मंडल के पास अब कुल आठ वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनें हो जाएंगी। ये हैं: 1. वाराणसी–नई दिल्ली–वाराणसी (22415/22416) 2. वाराणसी–देवघर–वाराणसी (22500/22499) 3. वाराणसी–मेरठ–वाराणसी (22489/22490) 4. गोमतीनगर–वाराणसी–पटना (22345/22346) 5. वाराणसी–रांची–वाराणसी (20997/20888) 6. वाराणसी–नई दिल्ली–वाराणसी (22435/22436) 7. वाराणसी–आगरा कैंट–वाराणसी (20175/20176) 8. वाराणसी–खजुराहो–वाराणसी (26422/26421) इस नई ट्रेन के संचालन से न केवल यात्रियों की सुविधा बढ़ेगी बल्कि मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के बीच संपर्क भी और मजबूत होगा।

Adnan Sami पर Fraud का साया! ग्वालियर पहुंचते ही बढ़ी पुलिस की हलचल

ग्वालियर  मशहूर गायक अदनान सामी ग्वालियर पहुंचे। एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि ग्वालियर आते ही उन्हें संगीत सम्राट तानसेन बाबा की याद आ जाती है। हालांकि, जब उनसे एडवांस रकम लेकर कार्यक्रम न करने के मामले में दायर परिवाद पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की और चुप्पी साधे रखी। अदनान सामी ग्वालियर एक निजी कार्यक्रम में हिस्सा लेने आए थे।   गायक अदनान सामी पर ग्वालियर जिला अदालत में एक परिवाद दायर किया गया है। आरोप है कि उन्होंने 27 सितंबर 2022 को ग्वालियर में होने वाले कार्यक्रम के लिए तय 33 लाख रुपये में से 17 लाख 62 हजार रुपये एडवांस लिए थे, लेकिन बाद में शो रद्द कर दिया। सामी की टीम ने कार्यक्रम बाद की तारीख में करने का आश्वासन दिया, पर तय तिथि नहीं बताई। कार्यक्रम आयोजक कंपनी की संचालक लावन्या ने जब एडवांस राशि वापस मांगी, तो सामी की टीम ने रकम लौटाने से इंकार कर दिया। इसके बाद लावन्या ने पहले इंदरगंज थाने में शिकायत की, लेकिन कार्रवाई न होने पर उन्होंने पुलिस अधीक्षक से भी गुहार लगाई।फिर भी कोई सुनवाई नहीं हुई। पुलिस की निष्क्रियता से परेशान आयोजक ने अंततः न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। अदालत ने मामले में पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट तलब की है। फिलहाल केस न्यायालय में विचाराधीन है। वहीं ग्वालियर पहुंचने पर अदनान सामी ने कानूनी विवाद पर कोई जवाब नहीं दिया और सिर्फ संगीत व तानसेन की भूमि की प्रशंसा की। मामला क्या है जानकारी के अनुसार ग्वालियर निवासी लावण्या सक्सेना ने बताया कि उन्होंने एक बड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए अदनान सामी और उनकी टीम से संपर्क किया था। तय अनुबंध के अनुसार टीम को कार्यक्रम के लिए 17 लाख 62 हजार रुपए एडवांस के रूप में दिए गए। एडवांस राशि मिलते ही कार्यक्रम की तिथि तय की गई, लेकिन अंतिम समय में अदनान सामी ने कार्यक्रम निरस्त कर दिया। टीम की ओर से कहा गया कि शो को आगे की किसी तारीख में आयोजित किया जाएगा। न्यायालय ने सुनवाई के दौरान इस मामले को गंभीर मानते हुए इंदरगंज थाना पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। अब पुलिस को यह स्पष्ट करना होगा कि शिकायत पर क्या कार्रवाई की गई और जांच की वर्तमान स्थिति क्या है। गौरतलब है कि अदनान सामी बॉलीवुड के प्रसिद्ध गायक और संगीतकार हैं, जिन्होंने कई हिट गाने दिए हैं। उनके खिलाफ इस तरह के वित्तीय धोखाधड़ी के आरोप पहली बार सामने आए हैं। फिलहाल अदनान सामी या उनकी टीम की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया है। वहीं, ग्वालियर में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और स्थानीय आयोजक इसे कलाकारों के साथ अनुबंध में पारदर्शिता की जरूरत से जोड़कर देख रहे हैं।  

नकली नोटों का गढ़ बेनकाब: मालेगांव कनेक्शन के साथ इमाम के घर से 12 लाख रुपये के फर्जी नोट जब्त

खंडवा  मध्यप्रदेश में नकली नोट के बड़े कारोबार का भंडाफोड़ हुआ है। पुलिस ने मदरसे के इमाम के घर से बड़ी मात्रा में नकली नोट, ब्लैंक पेपर समेत नोट छापने की मशीन जब्त की है। इससे साबित हो रहा कि इमाम मदरसे की आड़ में नकली नोट की छपाई कर रहा था। समाचार के लिखे जाने तक पुलिस की जांच पड़ताल जारी थी। दरअसल खंडवा के जावर थाना क्षेत्र के ग्राम पैठियां (मछौड़ी रैय्यत) के एक मदरसे के इमाम के घर से बड़ी मात्रा में नकली नोट मिले। मस्जिद में इमाम के रूप में तैनात जुबेर अंसारी के कमरे से नकली नोटों के बंडल बरामद हुआ है। 12 लाख से ज्यादा के नकली नोट मिले शुरूआती जांच में 12 लाख रुपए से ज्यादा के नकली नोट आए सामने। नकली नोट बनाने के पेपर और प्रिंट मशीन भी बरामद। हेडक्वार्टर डीएसपी जावर थाना प्रभारी सहित पुलिस बल मौके पर मौजूद। बताया जा रहा है कि नकली नोट के तार महाराष्ट्र के मालेगांव से जुड़े है। फिलहाल पुलिस कार्रवाई और नोटों की गिनती जारी थी।

राष्ट्रपति मुर्मु, प्रधानमंत्री मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने मध्यप्रदेश के स्थापना दिवस पर प्रदेशवासियों को दीं शुभकामनाएं

भोपाल : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ,प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मध्यप्रदेश के स्थापना दिवस पर प्रदेश के नागरिकों को हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोशल मीडिया पर कहा कि राष्ट्रपति मुर्मु ने मध्यप्रदेश के स्थापना दिवस पर सभी प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई दी है। राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि मध्यप्रदेश ने भारत की प्रगति में उल्लेखनीय योगदान दिया है। राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु ने ईश्वर से प्रार्थना की कि मध्यप्रदेश अपनी विकास यात्रा में निरंतर नए आयाम स्थापित करता रहे। राष्ट्रपति ने सभी प्रदेशवासियों की निरंतर समृद्धि और कल्याण के लिए अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ भी दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री  मोदी ने संदेश में कहा है कि गौरवशाली इतिहास और सांस्कृतिक धरोहर संजोने वाले प्रदेशवासियों को राज्य के स्थापना दिवस की ढेरों शुभकामनाएं दी हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा है कि देश के हृदय में बसे मध्यप्रदेश जन-जन की आकांक्षाओं को आगे रखकर आज हर क्षेत्र में प्रगति की नई रफ्तार भर रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने विश्वास व्यक्त किया कि विकसित भारत के संकल्प की सिद्धि में मध्यप्रदेश के प्रतिभाशाली और परिश्रमी लोगों की अमूल्य भूमिका होने वाली है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने भी सांस्कृतिक विरासत की भूमि मध्यप्रदेश वासियों को प्रदेश को स्थापना दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं। केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने कहा कि प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक धरोहर और समृद्ध इतिहास को समेटे मध्यप्रदेश आज जन कल्याण, स्वच्छता और संपन्नता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहा है। गृह मंत्री शाह ने ईश्वर से प्रदेश वासियों की निरंतर प्रगति की कामना की है।  

कांग्रेस में मचा घमासान: जीतू पटवारी पर विधायक का तीखा वार, बोले—सनातनी कांग्रेस को कब्रिस्तान छोड़ देंगे

भोपाल मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के महाकाल दर्शन और राज्योत्सव पर की गई टिप्पणी पर राजनीति गरमा गई है। विधायक रामेश्वर शर्मा ने उन पर पलटवार करते हुए कहा कि जीतू पटवारी को महाकाल के दर्शन पर आपत्ति है। यही हेलीकॉप्टर हज पर जाता तो उस पर फूल बरसाते। विधायक रामेश्वर शर्मा ने जीतू पटवारी पर जुबानी प्रहार करते हुए कहा, ‘जीतू पटवारी को यह सताने लगा है कि मध्यप्रदेश उत्सव क्यों मना रहा है? प्रदेश के हर जिले में उत्सव क्यों मन रहें है ड्रोन क्यों उड़ रहे है लाखो लोग उत्सव में क्यों शामिल हो रहे है। यही हेलीकॉप्टर हज जाते तो जीतू पटवारी पुष्प वर्षा कर रहे होते। मरती हुई कांग्रेस अभी भी महाकाल की महिमा नहीं समझ पा रही। महाकाल की यात्रा पर तुम्हें खर्च दिखता है हज यात्रा जाने में आनंद दिखता है। कांग्रेस की यही दृष्टि गलत है। उनकी इसी कुदृष्टि की वजह से सनातनी और हिंदुस्तानी कांग्रेस को कब्रिस्तान छोड़कर आएंगे।’ उन्होंने आगे कहा, ‘राहुल, सोनिया या प्रियंका समेत चाहे कोई भी हों, उनसे कहना चाहूंगा कि संघ का विरोध करने वाले इनके पूर्वज जवाहर लाल नेहरू, इंदिरा, राजीव गांधी से पूछ लो, तुम्हारे पुरखों ने 3-3 प्रतिबंध लगाया। तो भी संघ का बाल भी बांका नहीं कर पाए। आज संघ शताब्दी वर्ष मना रहा है। हिन्दुस्तान का जयघोष कर रहा है, कह रहा है कि हिन्दुस्तान दुनिया का विश्वगुरु बनने जा रहा है। खड़गे फालतू के सपने देखना बंद करें। आरएसएस की भावना का सम्मान करना सीखो। अपने नेताओं से आतंकवादियों की जय बोलने की प्रेरणा मत लो। संघ जैसे राष्ट्रवादियों पर प्रतिबंध लगाने की बात करो।’

दीये से लगी साड़ी में आग, थिनर गोदाम में मचा हड़कंप — दो महिलाओं की मौत

इंदौर आरआर कैट रोड स्थित एक थिनर गोदाम में शनिवार शाम भीषण आग लग गई। हादसे में दो महिलाएं जिंदा जल गईं। बचाव अभियान में पुलिस, फायर और एसडीआरएफ की टीम लगानी पड़ी। झुलसने के कारण गोदाम मालिक की हालत गंभीर है। डीसीपी जोन-1 कृष्ण लालचंदानी के अनुसार गोदाम भैयालाल मुकाती (राऊ) का है, जो सिंधी कालोनी निवासी सूरज वाधवानी को किराए पर दिया था। वाधवानी आइल पेंट बनाने वाली कंपनियों को थिनर की सप्लाई करता है। देवउठनी ग्यारस पर महिलाओं ने यहां दीये लगाए थे। अचानक दीये से महिला की साड़ी में आग लग गई और पूरा गोदाम भभक उठा। जलने वाली महिलाओं की पहचान रामकली अहिरवार निवासी सागर और ज्योति मनोज नीम द्वारकापुरी के रूप में हुई है।   महिलाओं की साड़ी में लगी आग धमाके के साथ फटे थिनर के ड्रम राऊ थाना अंतर्गत आरआर कैट रोड पर लगी आग से पूरे क्षेत्र में दहशत फैल गई। आग की लपटें और धुआं 10 किलोमीटर दूर तक दिखाई दे रहा था। फायरकर्मियों को आग बुझाने में तीन घंटे लग गए। लपटें बुझने पर तलाशी ली तो दो महिलाओं के शव मिले। उनकी साड़ी में लगी आग से ही गोदाम में आग लगी थी। डीसीपी जोन-1 कृष्ण लालचंदानी के मुताबिक आग शाम करीब छह बजे लगी है। शनिवार को देव उठनी ग्यारस होने से महिलाओं ने पूजा की और दीये लगाए। इसी दौरान महिलाओं की साड़ी में आग लग गई। पहले आग बुझाने की कोशिश की। जब आग से कपड़े जलने लगे तो महिलाएं बचने के लिए इधर-उधर भागी। इस दौरान एक महिला ज्योति के बच्चे भी मौजूद थे। बच्चे व कुछ बुजुर्ग बाहर निकल गए और थिनर ने आग पकड़ ली। देखते ही देखते थिनर के ड्रम बम की तरह फटने लगे। पूरे क्षेत्र में धुएं का गुबार छा गया। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां पहुंची और आग बुझाने की कोशिश की। राजेंद्र नगर और राऊ थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति संभाली। डीसीपी के मुताबिक गोदाम में केमिकल के ड्रम भी बताए गए हैं। राजस्व अफसरों ने बताया कि करीब पांच हजार वर्गफीट पर बने इस गोदाम की जमीन का उपयोग व्यावसायिक है। अपनों की तलाश में रोते हुए भटक रहे थे स्वजन जैसे ही आग की सूचना मिली, कर्मचारियों के स्वजन पहुंच गए। रोते हुए पुलिस अफसर को बताया कि उनके स्वजन नहीं मिल रहे हैं। आग बुझने तक लोग इंतजार करते रहे। करीब दो घंटे बाद पुलिस और एसडीआरएफ ने रेस्क्यू किया तो ज्योति और रामकली के शव मिले। डीसीपी के मुताबिक रामकली मूलत: सागर की रहने वाली है। वह दो महीने पूर्व ही रंगवासा में रहने आई थी। फायर ब्रिगेड के अनुसार करीब ढाई लाख लीटर पानी लगा है।  

वन विभाग की बड़ी कार्रवाई: बिजुरी में शिकार की कोशिश नाकाम, पांच आरोपी गिरफ्तार

अनूपपुर अनूपपुर जिले के बिजुरी वन परिक्षेत्र के वनविभाग द्वारा थानगांव में जंगल के मध्य वन्यजीवों के अवैध शिकार के उद्देश्य से जीआई तार के माध्यम से फैलाए गए जाल की सूचना मिलने पर पांच आरोपितों को गिरफ्तार कर सामग्री जब्त की है। पांचों आरोपित न्यायालय के आदेश पर जेल भेजे गए। इस संबंध में वन परिक्षेत्राधिकारी बिजुरी पवन कुमार ताम्रकार ने बताया कि वन परिक्षेत्र बिजुरी अंतर्गत थानगांव बीट के ग्राम थानगांव अंतर्गत डोंगरीटोला में गांव के किनारे स्थित ट्रांसफार्मर से लेकर वन क्षेत्र के कक्ष क्रमांक आरएफ-54 के मुनारा क्रमांक 74 से होकर गुप्ता प्रसाद कोल के खेत तक अज्ञात आरोपितों द्वारा जीआई तार में लकड़ी की खूंटी एवं कांच की बोतलें बांधकर अवैध रूप से वन प्राणियों के शिकार के उद्देश्य जाल फैलाया रहा है।   कई वन्य प्राणी यहां विचरण करते हैं यह सूचना मिलने पर वन कर्मियों ने आकस्मिक स्थल निरीक्षण दौरान पांच आरोपितों को डॉग स्क्वायड शहडोल एवं स्थानीय सूत्रों की मदद से गिरफ्तार करने में सफलता पाई है। बताया गया अवैध शिकार के प्रयास में पड़ोस के छत्तीसगढ़ राज्य के भी आरोपित सम्मिलित रहे हैं। इस क्षेत्र में तेंदुआ, भालू, जंगली सूअर के साथ कई वन्यप्राणी विचरण करते हैं। सामग्री को भी जब्त किया गया है कुछ लोगों का कहना है कि पूर्व में भी आरोपियों द्वारा जीआई तार का जाल बिछा कर बिजली करंट के माध्यम से वन्यप्राणियों के शिकार की कोशिश की गई। पकड़े गए आरोपियों में शुभ सिंह उर्फ लल्ला पिता राम सिंह 25 वर्ष, बुद्धसेन सिंह और भोलू पिता नवल सिंह 23 वर्ष दोनों निवासी डोंगरीटोला थाना बिजुरी, विजेंद्र पिता हरमंगल सिंह 45 वर्ष,महादेव उर्फ बिट्टू पिता बिरझू 21 वर्ष एवं संतोष पिता मोहरशाय सिंह 36 वर्ष सभी निवासी खोचापारा थाना पोंडी (छत्तीसगढ़) हैं को गिरफ्तार कर इनके पास से अवैध शिकार के प्रयास के लिए लगाए गए सामग्री को भी जब्त किया गया।  

शिक्षा विभाग की सख्ती! जबलपुर के वक्फ बोर्ड स्कूल में खत्म हुई शुक्रवार की छुट्टी

जबलपुर अंजुमन इस्लामिया वक्फ बोर्ड के स्कूलों में शुक्रवार के दिन अवकाश रहता है। कुछ दिन पहले शुक्रवार को जुमे की नमाज के लिए छुट्टी का आदेश जारी किया गया था। रविवार को स्कूल खोलने का आदेश था। यह आदेश इंटरनेट मीडिया में बहुप्रसारित होने पर प्रशासन व शिक्षा विभाग हरकत में आया। गेट का ताल तोड़वाया शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों ने शुक्रवार को स्कूल पहुंचकर गेट का ताल तोड़वाया और स्कूल प्रबंधन को संबंधित आदेश वापस लेने के निर्देश दिए। अंजुमन स्कूल में लगभग 700 बच्चे हैं। प्रबंधन का दावा है कि जुमे की नमाज के कारण छात्रों की संख्या उंगलियों पर होती है।   संस्कारधानी में वक्फ बोर्ड की चार शिक्षण संस्थाएं हैं। बताया जा रहा है कि सभी में शुक्रवार को ऐसे ही हालात हैं। इन स्कूलों में शुक्रवार को जुमे के कारण छुट्टी रहती है, जबकि रविवार को हाफ टाइम तक स्कूल लगता है। अंजुमन इस्लामिया बोर्ड का एक कॉलेज भी है। बताया जाता है कि इन संस्थाओं में शुक्रवार को छुट्टी कई वर्षों से दी जा रही है। यह निर्णय बोर्ड के अध्यक्ष अन्नू अनवर और अन्य शिक्षकों की सहमति से लिया गया था। हालांकि, इस मामले में हिंदू संगठनों की आपत्ति के बाद प्रशासन हरकत में आया है। अधिकारियों का क्या कहना अंजुमन इस्लामिया स्कूल में शुक्रवार को छुट्टी दिए जाने की जानकारी मिलते ही, स्कूल में रविवार को ही अवकाश दिए जाने और शुक्रवार को स्कूल खोले जाने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों का कहना है कि ऐसा कहीं प्रविधान नहीं है कि शुक्रवार को छुट्टी रखकर रविवार को स्कूल लगाया जाए।  

इंस्टाग्राम पर शुरू हुआ प्यार, पहुंचा जेल तक – प्रेमी ने की लूट की योजना!

भोपाल राजभवन के पास रोशनपुरा चौराहा पर कियोस्क संचालक को लूटकर उस पर फायर करने वाले तीस हजार के इनामी बदमाश दीपेंद्र गुर्जर को पुलिस ने पकड़ लिया है। उसके साथ आश्रय देने वाले तीन अन्य आरोपित भी गिरफ्तार किए गए हैं। वहीं जिस गुर्जर समाज के नेता लोकेंद्र की लाइसेंसी राइफल से उसने वारदात को अंजाम दिया था, पुलिस ने उन्हें भी आरोपित बनाया है। भोपाल के हाई सिक्योरिटी क्षेत्र में शामिल राजभवन के पास लूट और हत्या के प्रयास की इस घटना के पीछे की वजह किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है। बदमाश दीपेंद्र ने पूछताछ में बताया कि लूट की यह वारदात उसने अपनी शादीशुदा प्रेमिका के पति के इलाज के लिए की थी। जबकि दीपेंद्र भी पहले से शादीशुदा है और बच्चों का पिता है।   दोनों मिले भी थे जोन-2 के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त गौतम सोलंकी ने बताया कि दीपेंद्र की दोस्ती उत्तर प्रदेश के हापुड़ स्थित ग्राम असोडा में रहने वाली 25 वर्षीय गुलफशां से एक साल पहले इंस्टाग्राम पर हुई थी। धीरे-धीरे दोस्ती प्रेम में बदली, दोनों के बीच अक्सर वीडियो कॉल पर लंबी बात होती थी। दोनों ने एक बार मिलने की बात भी बताई है। गुलफशां का पति फुरकान मामूली नौकरी करता है, जिससे जरुरत पड़ने पर गुलफशां दीपेंद्र से रुपयों की डिमांड करती थी, जिसे दीपेंद्र पूरा भी करता था। अकाउंट में 30 हजार रुपये ट्रांसफर करवाए दीपेंद्र ने पुलिस को बताया कि गुलफशां के पति फुरकान की तबीयत कई दिनों से बिगड़ी हुई थी और उसके इलाज के लिए रुपयों की जरुरत थी। इसके चलते गुलफशां रुपये भेजने का दबाव दीपेंद्र पर बना रही थी। दीपेंद्र अपने मालिक लोकेंद्र से रुपयों की डिमांड करने लगा, वहीं जब उसे रुपये नहीं मिले तो उसने 24 अक्टूबर को करीब चार बजे रोशनपुरा चौराहा पर श्याम विजयवर्गीय के कियोस्क पर जाकर खाते में 30 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवाए। राइफल सौंपकर फरार हो गया जब श्याम ने मनी ट्रांसफर के बदले में रुपये मांगे तो दीपेंद्र ने लोकेंद्र की 315 बोर की लाइसेंसी राइफल से उस पर फायरिंग कर दी, गनीमत रही की गोली उसके बाजू से निकल गई। इसके बाद दुकान के बाहर दो राउंड हवाई फायरिंग की। घटना के बाद बदमाश दीपेंद्र कार से भोपाल स्टेशन पहुंचा। वहां से मुरैना के ग्राम सिकरौदा निवासी अपने दोस्त 23 वर्षीय रणवीर गुर्जर और सुमावली मुरैना में रहने वाले 33 वर्षीय देशराज गुर्जर के पास पहुंचा। दीपेंद्र ने उन्हें पूरी घटना की जानकारी दी और उन्हें उपयोग की गई राइफल सौंपकर फरार हो गया। इसके अलावा वह अपनी प्रेमिका गुलफशां के संपर्क में भी लगातार बना रहा। गुर्जर समाज के नेता पर भी केस दर्ज एडिशनल डीसीपी सोलंकी के अनुसार दीपेंद्र के खाते में भेजी गई राशि उसने आनलाइन माध्यम से गुलफशां के खाते में भेजी थी। पुलिस की एक टीम गुलफशां के घर पहुंची। इसके बाद उसकी काल डिटेल के आधार पर दोनों दोस्तों के पास टीमें गईं और उन्हें हिरासत में लिया गया। आरोपित लगातार मुरैना स्थित दिमनी ग्राम और ग्वालियर में रहा। पुलिस की टीम ने दिमनी में डेरा डाल रखा था। आखिरकार आरोपित दीपेंद्र को वहां से ही हिरासत में लिया गया था। उसकी आधिकारिक गिरफ्तारी भोपाल में हुई है। वहीं लोकेंद्र गुर्जर को लाइसेंसी हथियार के रखरखाव में लापरवाही मानते हुए आर्म्स एक्ट के तहत आरोपित बनाया गया है। अन्य सभी चार आरोपितों को गिरफ्तार कर पुलिस ने जेल भेज दिया है।  

अब और कम होगा सफर का वक्त: दिल्ली-मुंबई रेलमार्ग पर 135 किमी ट्रैक अपग्रेड, ट्रेनों की स्पीड बढ़ाने की तैयारी

रतलाम दिल्ली-मुंबई रेलमार्ग पर ट्रेनों की स्पीड 160 किमी प्रतिघंटा करने की योजना में अब रेलवे सिग्नलिंग तकनीक को बेहतर किया जा रहा है। रतलाम रेलमंडल के ‘ई’ केबिन से नागदा जंक्शन के बीच 38 किलोमीटर और कांसुधी–पिपलोद सेक्शन में 28 किमी में आटोमैटिक ब्लाक सिग्नलिंग (एबीएस) कमीशन करने के बाद 30 अक्टूबर को रतलाम ‘ई’ केबिन से बजरंगगढ़ के मध्य लगभग 68.7 किलोमीटर लंबे खंड में एक साथ एबीएस प्रणाली में कमीशनिंग कार्य पूरा किया गया। इसके साथ ही रतलाम मंडल ने भारतीय रेल के इतिहास में अब तक का सबसे लंबा ऑटोमैटिक ब्लाक सिग्नलिंग सेक्शन कमीशन किया है। मंडल में एबीएस की कवरेज अब 66 किमी से बढ़कर 135 किमी हो गई है। दरअसल, दिल्ली-मुंबई रेलमार्ग पर ट्रेनों की स्पीड 160 किमी प्रतिघंटा करने के लिए मिशन रफ्तार में ब्रिजों की मरम्मत, ओएचई रख-रखाव, सिगनलिंग सिस्टम में सुधार, कर्व री-अलाइनमेंट, एचबीम स्लीपर लगाने के साथ ही कवच सुरक्षा प्रणाली भी लागू की जा रही है। कवच 4.0 का ट्रायल मंडल के सेक्शन में हो चुका है।   303 किमी का वड़ोदरा-रतलाम-नागदा सेक्शन गैर ऑटोमैटिक था, जिसे अब ऑटोमैटिक किया जा रहा है। आठ-आठ घंटों की दो शिफ्ट में एबीएस कमिशनिंग का कार्य मंडल रेल प्रबंधक अश्वनी कुमार के नेतृत्व में, वरिष्ठ मंडल संकेत एवं दूरसंचार इंजीनियर (समन्वय) आरएस मीना और दूरसंचार इंजीनियर स्पेशल कार्य दिव्या पारीक व टीम के समन्वय से पूरा किया गया। रतलाम रेल मंडल की सफलता संचालन और सुरक्षा बेहतर होगी नई सिग्नलिंग प्रणाली में इलेक्ट्रानिक इंटरलाकिंग, विजुअल डिस्प्ले यूनिट्स, मल्टी सेक्शन डिजिटल एक्सल काउंटर जैसी अत्याधुनिक तकनीकों का उपयोग किया गया है, जिससे ट्रेन संचालन की सुरक्षा, दक्षता और विश्वसनीयता में वृद्धि हुई है। यह प्रणाली न केवल मानवीय त्रुटि की संभावना को कम करती है, बल्कि अधिक ट्रेनों के तेज और सुरक्षित परिचालन को भी संभव बनाती है। इसके साथ ही, रीयल-टाइम डेटा मानीटरिंग और ऊर्जा दक्षता जैसे फीचर्स रेलवे को भविष्य के उच्च गति वाले परिचालन के लिए तैयार करते हैं।