samacharsecretary.com

कैबिनेट का बड़ा फैसला : साय सरकार ने तय की धान की कीमत ₹3100 प्रति क्विंटल, 7 दिन में मिलेगा भुगतान

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में राज्य के किसानों से खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के संबंध में महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। राज्य में 25 लाख से अधिक किसानों से 3100 रूपये प्रति क्विंटल की दर से होगी धान खरीदी 15 नवम्बर से प्रारंभ धान के व्यपवर्तन एवं पुर्नचक्रण को रोकने की चौकस व्यवस्था व धान खरीदी हेतु मजबूत प्रशासनिक ढांचा अधिक पारदर्शिता के साथ किसानों को किया जाएगा समय से भुगतान (6 से 7 दिन के भीतर) टोकन तुंहर हाथ मोबाईल एप के माध्यम से होगी ऑनलाईन टोकन की व्यवस्था। किसानों का मिलेगी सोसायटियों में लंबी कतारों से मुक्ति राज्य शासन के द्वारा खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में छत्तीसगढ प्रदेश के किसानो से दिनांक 15 नवम्बर 2025 से 31 जनवरी 2026 तक धान खरीदी करने का निर्णय लिया गया है। उक्त अवधि में 25 लाख किसानो से 3100 रूपये प्रति क्विंटल की दर से 21 क्विंटल प्रति एकड़ की सीमा तक धान की खरीदी की जावेगी। धान खरीदी में पारदर्शिता को बढावा देने इस वर्ष ई-केवाईसी के माध्यम से, भारत सरकार कृषि मंत्रालय के एग्रीस्टेक पोर्टल में किसान पंजीयन को अनिवार्य किया गया है, जिससे किसान की सहीं पहचान हो एवं डुप्लीकेशन/दोहराव न हो। पंजीयन 31 अक्टूबर 2025 तक कराया जा सकता है। डिजीटल क्राप सर्वे के माध्यम से 23 लाख हेक्टेयर रकबे का सर्वे कराया गया है जिसके फलस्वरूप धान के रकबे का ऑनलाईन निर्धारण डिजीटल रूप से सुनिश्चित हुआ है। प्रदेश के 20,000 ग्रामों में दिनांक 02 अक्टूबर से डिजीटल क्राप सर्वे एवं मैन्यूअल गिरदावरी के डेटा को ग्रामसभा में पठन-पाठन कराया जा रहा है। किसानों को बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित किये जाने हेतु टोकन तुहर हाथ मोबाईल एप के माध्यम से ऑनलाईन टोकन की व्यवस्था की गई है इसके तहत किसान स्वयं अपने सुविधा अनुसार दिनों में धान विक्रय किये जाने हेतु टोकन काट सकेगें। वास्तविक किसानों से धान खरीदी सुनिश्चित करने हेतु बायोमैट्रिक आधारित धान की खरीदी की जावेगी। 2739 खरीदी केन्द्रो के माध्यम से धान खरीदी किये जाने हेतु समितियों में समुचित व्यवस्था किये जाने के निर्देश दिये गये है। समितियों को खरीद विपणन वर्ष 2025-26 में शून्य सुखत आने पर 05 रूपये प्रति क्विंटल के मान से प्रोत्साहन दिया जायेगा। धान खरीदी हेतु आवश्यकतानुसार नये एवं पुराने जूट बारदाने की व्यवस्था किये जाने के निर्देश दिये गये है। खाद्य विभाग भारत सरकार द्वारा खरीफ वर्ष 2025-26 हेतु केन्द्रीय पूल में 73 लाख मीट्रिक टन चावल का लक्ष्य दिया गया है। प्रदेश में धान की रिसाईकलिंग रोके जाने एवं बेहतर मॉनिटरिंग व्यवस्था सुनिश्चित किये जाने हेतु पहली बार इंटिग्रेटेड कमाण्ड एण्ड कन्द्रोल सेंटर मार्कफेड कार्यालय में स्थापित किये जाने का निर्णय लिया गया है। जिलों में भी कंट्रोल रूम बनाए जाएंगे। धान खरीदी केन्द्रो में बेहतर एवं सुगम व्यवस्था हेतु कलेक्टर द्वारा प्रशासनिक अधिकारियों को खरीदी केन्द्र प्रभारी बनाने का निर्णय लिया गया है। सीमावर्ती राज्यों से खरीदी केन्द्रो धान की आवक रोके जाने हेतु विशेष चेकिंग दल जिलेस्तर पर गठित किये जाने के निर्देश दिये गये है। धान के परिवहन व्यवस्था अंतर्गत मितव्ययता को सुनिश्चित किये जाने हेतु धान के उठाव व परिवहन, भौतिक सत्यापन करने के निर्देश दिए गए हैं।  

65 लाख का राशन गायब! छत्तीसगढ़ में चावल, शक्कर और चना घोटाले में 6 पर FIR

सरगुजा छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में राशन घोटाला का मामला सामने आया है। यहां गरीबों के हक का करीब 65 लाख रुपए का चावल, शक्कर और चना का घोटाला किया गया है। इसका खुलासा तब हुआ जब भाजपा नेता आलोक दुबे की शिकायत के बाद कलेक्टर ने पूरे मामले की जांच कराई। जांच के बाद खाद्य विभाग के इंस्पेक्टर की रिपोर्ट पर पुलिस ने सहकारी समिति के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष समेत 6 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत FIR दर्ज किया है। अंबिकापुर में 62 सरकारी राशन दुकाने हैं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में दूसरे राशन दुकानों के संचालकों के खिलाफ भी बड़ी कार्रवाई हो सकती है। जानकारी के मुताबिक, अंबिकापुर में जनकल्याण खाद्य सुरक्षा पोषण एवं उपभोक्ता सेवा सहकारी समिति सरकारी राशन दुकान संचालित कर रही थी, लेकिन लंबे समय से शिकायत मिल रही थी कि समिति द्वारा संचालित राशन दुकानों में चावल, चना और शक्कर की बड़े पैमाने पर अफरा तफरी की जा रही है. भाजपा नेता आलोक दुबे ने इस मामले की शिकायत कलेक्टर से की थी। जांच में 1631 क्विंटल चावल, 48 क्विंटल चना और शक्कर घोटाले का खुलासा शिकायत मिलने पर कलेक्टर अजीत वसंत ने खाद्य विभाग के इंस्पेक्टर से राशन दुकानों की भौतिक रूप से जांच कराई. जांच में फूड इंस्पेक्टर को पता चला कि राशन दुकानों में जितना राशन का स्टॉक होना चाहिए उतना नहीं है। मतलब साफ था कि सरकारी राशन निजी दुकानों और राशन माफिया को बेच दिया गया है। जांच में खुलासा हुआ कि 1631 क्विंटल चावल और 48 क्विंटल चना का घोटाला किया गया है। यहां तक कि शक्कर का भी घोटाला सामने आया। इसके बाद फूड इंस्पेक्टर शिव कुमार मिश्रा ने राशन दुकान संचालन एजेंसी जनकल्याण खाद्य सुरक्षा पोषण एवं उपभोक्ता सेवा सहकारी समिति के अध्यक्ष पवन सिंह निवासी घुटरापारा, उपाध्यक्ष सुनिता पैकरा, सहायक विक्रेता फरहान सिद्धीकी और प्रिंस जायसवाल, सहायक विक्रेता सैफ अली, मुकेश यादव के खिलाफ अपराध दर्ज कराया है. आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीम गठित एफआईआर दर्ज होने के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने तीन टीम का गठन किया है। यह भी बात सामने आई है कि आरोपियों के खिलाफ ऐसे धाराओं के तहत अपराध दर्ज हुआ, जिससे उन्हें थाना से ही जमानत दिया जा सकेगा, लेकिन कलेक्टर से राशन घोटाला की शिकायत करने वाले भाजपा नेता ने पुलिस अधिकारियों को इसकी जानकारी दी। फिर धारा 409 भी जोड़ा गया।

आदिवासी बच्चे घायल, बीजापुर में आईईडी ब्लास्ट के बाद ग्रामीणों में माओवादियों के खिलाफ आक्रोश

बीजापुर/रायपुर जिले के गंगालूर थाना क्षेत्र के ग्राम पीड़िया से एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां नक्सलियों द्वारा बिछाए गए प्रेशर आईईडी की चपेट में आकर एक मासूम आदिवासी बालक गंभीर रूप से घायल हो गया। मिली जानकारी के मुताबिक गुरुवार की दोपहर बालक जैसे ही क्षेत्र से गुजर रहा था, तभी वह विस्फोट की चपेट में आ गया। यह घटना नक्सल हिंसा की अमानवीयता  को दर्शाती है, जिसमें निर्दोष ग्रामीणों को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। पिछले कुछ महीनों में जिले के अंदुरुनी इलाको में नक्सलियों के द्वारा लगाए गए आईईडी विस्फोटों की घटना में कई आम नागरिकों को क्षति उठानी पड़ी है। इधर घटना के तुरंत बाद सीआरपीएफ 199 और 85 वाहिनी के सुरक्षा बलों ने तत्परता दिखाते हुए घायल बालक को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया तथा उसे बेहतर चिकित्सा के लिए जिला अस्पताल बीजापुर लाया गया, जहां उसका उपचार जारी है। इस घटना के बाद स्थानीय आदिवासी समुदाय में नक्सलियों के विरुद्ध गहरा आक्रोश व्याप्त है। वहीं, सुरक्षा बलों के द्वारा आसपास सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है ताकि क्षेत्र को  सुरक्षित किया जा सके।

लोग हैरान, जोड़े खुश: 70 साल के शख्स की 30 साल की लड़की से रोमांटिक शादी

बिलासपुर छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक अनोखी प्रेम कहानी ने शादी के पवित्र बंधन में परिणत होकर सबको चौंका दिया। 70 वर्षीय दादू राम गंधर्व ने अपने मोहल्ले की 30 वर्षीय युवती से प्रेम विवाह किया। दोनों ने शिव मंदिर में सात फेरे लिए और वरमाला के बाद दादू राम अपनी मूंछों पर ताव देते नजर आए।  कैसे शुरू हुई यह प्रेम कहानी बिलासपुर के सरकंडा इलाके के चिंगराजपारा अटल आवास क्षेत्र में रहने वाले दादू राम मजदूरी करते हैं। उनकी पहली पत्नी का निधन कई साल पहले हो चुका था। मोहल्ले की 30 वर्षीय युवती से उनका परिचय हुआ, जो धीरे-धीरे प्यार में बदल गया। समाज की परवाह किए बिना दोनों ने साथ जीवन बिताने का निर्णय लिया। भगवान शिव को बनाया साक्षी शुक्रवार की रात दोनों ने मोहल्ले के शिव मंदिर में भगवान शिव को साक्षी मानकर सात फेरे लिए। विवाह में सभी परंपरागत रस्में, वरमाला, सिंदूरदान, मांग भरना पूरा किया गया। शादी में पूरे मोहल्ले ने बाराती बनकर ढोल-नगाड़ों के साथ नाच-गाना किया और दूल्हा-दुल्हन को नवजीवन की शुभकामनाएं दीं। उम्र के इस बड़े अंतर को देखकर कुछ लोग अचंभित हुए, लेकिन दूल्हा-दुल्हन की खुशी देखकर सभी ने उनके फैसले का सम्मान किया। मोहल्ले के लोगों का कहना है कि ‘प्यार उम्र नहीं देखता, सच्चे रिश्ते का सम्मान होना चाहिए।’  ‘मूंछों पर ताव’ देकर जताई खुशी शादी के बाद दादू राम ने अपनी मूंछों पर ताव देते हुए कहा अब जिंदगी फिर से नई शुरुआत कर रही है। उनकी खुशी मोहल्ले में चर्चा का विषय बनी हुई है।

कोर्ट का निर्देश: शराब घोटाले में EOW कार्यालय के सभी CCTV रिकॉर्ड्स को तुरंत संरक्षित किया जाए

रायपुर  विशेष अदालत ने राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (EOW-ACB) को अपने कार्यालय के 122 दिनों के सीसीटीवी फुटेज और आवक-जावक रजिस्टर सुरक्षित रखने का आदेश दिया है। यह निर्देश 3,200 करोड़ रुपये के शराब घोटाले से जुड़े एक मामले में रायपुर सेंट्रल जेल में बंद पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पुत्र चैतन्य बघेल (CG Liquor Scam News) की ओर से दाखिल आवेदन पर सुनवाई के बाद दिया गया। कोर्ट का आदेश EOW-ACB विशेष न्यायाधीश नीरज शर्मा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि 5 जून 2025 से 5 अक्टूबर 2025 तक के सभी सीसीटीवी फुटेज और कार्यालय के आवक-जावक रजिस्टर को न्यायालय के अवलोकन के लिए सुरक्षित रखा जाए। इस दौरान कोर्ट में राज्य के उप महाधिवक्ता और एसीबी के विशेष लोक अभियोजक डॉ. सौरभ कुमार पांडेय तथा एडीपीओ एक्का मौजूद रहे। न्यायालय ने उन्हें निर्देश दिया कि वे इस आदेश की जानकारी संबंधित प्राधिकरण को तुरंत दें और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। जेल से किया गया दूसरा आवेदन चैतन्य बघेल की ओर से दाखिल एक अन्य आवेदन में आग्रह किया गया कि उन्हें रायपुर सेंट्रल जेल में अपने एकाउंटेंट, लेखा परीक्षक, प्रबंधकीय कर्मचारियों और व्यवसायिक सहयोगियों से अलग कक्ष में प्रत्येक कार्य दिवस पर मुलाकात की अनुमति दी जाए। इस पर एसीबी की ओर से कोई आपत्ति नहीं जताई गई। कोर्ट ने चैतन्य बघेल के अधिवक्ता फैजल रिजवी को निर्देश दिया कि वे मुलाकात करने वाले व्यक्तियों के नाम के साथ पृथक आवेदन प्रस्तुत करें, जिस पर आगे निर्णय लिया जाएगा। जांच के लिए अहम माना गया आदेश शराब घोटाले की जांच के बीच यह आदेश बेहद महत्वपूर्ण और संवेदनशील माना जा रहा है। कोर्ट के इस निर्देश से अब EOW कार्यालय की कार्यप्रणाली और वहां हुई गतिविधियों का रिकॉर्ड सुरक्षित रहेगा, जो जांच की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकता है।

मंदिरों पर अब नहीं लगेगा प्रॉपर्टी टैक्स, रायपुर महापौर ने नगर निगम को दिए सख्त निर्देश

 रायपुर  शहर में मौजूद किसी भी मंदिर से अब संपत्तिकर (Property Tax) नहीं वसूला जाएगा। रायपुर की महापौर मीनल चौबे ने स्पष्ट किया है कि नगर निगम द्वारा किसी भी जोन या वार्ड के मंदिर को संपत्तिकर वसूली का नोटिस नहीं भेजा जाएगा। यह निर्णय नगर निगम की नियमावली के तहत लिया गया है। हाल ही में जोन-4 के ब्राह्मणपारा वार्ड स्थित सोहागा मंदिर को नगर निगम राजस्व विभाग की ओर से संपत्तिकर का नोटिस जारी किया गया था। इस घटना पर महापौर मीनल चौबे ने कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने संबंधित कर्मचारियों सुशांत और अमर को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए तीन दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए हैं। महापौर ने कहा कि यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिला, तो दोनों कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी जोन आयुक्तों और अधिकारियों को निर्देश दिया है कि किसी भी परिस्थिति में मंदिरों को संपत्तिकर वसूली का नोटिस न दिया जाए। मीनल चौबे ने कहा, 'इस मामले में किसी प्रकार की लापरवाही, हीला-हवाला या नियमों की अवहेलना बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अधिकारियों को सुनिश्चित करना होगा कि मंदिरों के सम्मान और नियमों के पालन में कोई चूक न हो।' बताया जा रहा है कि रायपुर शहर में वर्तमान में लगभग 450 मंदिर स्थित हैं, जिन पर यह निर्णय लागू रहेगा।

AI का खौफनाक इस्तेमाल: रायपुर में छात्राओं की तस्वीरें मॉर्फ कर बनाए 1000 फर्जी अश्लील फोटो, पुलिस जांच शुरू

रायपुर  छत्तीसगढ़ में रायपुर स्थित इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IIIT) से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। संस्थान के इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्यूनिकेशन इंजीनियरिंग के थर्ड ईयर के एक छात्र ने AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से संस्थान की 36 छात्राओं की अश्लील तस्वीरें और वीडियो बना लिए। जैसे ही इस घटना का खुलासा हुआ हड़कंप मच गया। आरोपी के लैपटॉप और मोबाइल की जांच में करीब 1000 से ज्यादा फेक तस्वीरें और वीडियो बरामद हुए हैं। ऐसे खुली पोल प्राप्त जानकारी के मुताबिक, छात्र कई महीनों से इस काम को अंजाम दे रहा था। वह सोशल मीडिया इंस्टाग्राम, फेसबुक और लिंक्डइन से छात्राओं की प्रोफाइल फोटो डाउनलोड कर उन्हें एआई टूल्स से मॉर्फ करता था। इन तस्वीरों को अश्लील रूप देने के बाद वह उन्हें अपने निजी लैपटॉप और क्लाउड सर्वर पर सेव कर रखता था। जब कुछ छात्राओं को इसकी भनक लगी तो उन्होंने प्रबंधन को लिखित शिकायत दी। छात्र को किया सस्पेंड शिकायत के बाद संस्थान ने छात्र को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। मामले की जांच के लिए कमेटी बनाई है। फिलहाल संस्थान ने अभी पुलिस में रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई है। इधर भाजपा और कांग्रेस के बीच इस मसले को लेकर राजनीति शुरू हो गई है। जांच के लिए एक विशेष समिति गठित आईआईआईटी के डायरेक्टर 'डॉ. ओम प्रकाश व्यास' ने बताया कि 'महिला स्टाफ को मिली शिकायत के बाद तुरंत कार्रवाई की गई। इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं। जांच के लिए एक विशेष समिति गठित की गई है। यह गंभीर मामला है, इसलिए तकनीकी और नैतिक दोनों स्तर पर जांच जारी है।' IIIT प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि छात्राओं की निजता और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होगा। जांच समिति तकनीकी सबूतों की जांच कर रही है। आरोपी ने क्लासमेट्स को भी नहीं छोड़ा पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी कॉलेज इवेंट में क्लास और कॉलेज की छात्राओं की फोटो खींचता था। इन फोटो को उसने AI के माध्यम से अश्लील बनाया और कुछ दोस्तों को दिखाया। दोस्तों के माध्यम से छात्राओं तक जानकारी पहुंची। उन्होंने आरोपी छात्र की शिकायत IIIT प्रबंधन से कर दी। प्रबंधन ने आरोपी को सस्पेंड कर दिया, लेकिन पुलिस में जानकारी नहीं दी। मामला छात्राओं के बीच से मीडिया तक पहुंचा। इसके बाद प्रबंधन ने पुलिस में शिकायत की है। प्रबंधन की शिकायत पर पुलिस ने FIR दर्ज किया। कॉलेज प्रबंधन ने कमेटी भी बनाई इस मामले पर कॉलेज प्रबंधन ने कहा कि जांच के लिए महिला स्टाफ की एक विशेष समिति गठित की गई है। कमेटी तकनीकी पहलुओं के साथ-साथ सोशल मीडिया और डेटा लीक की संभावना की भी जांच करेगी। कॉलेज प्रबंधन अपनी रिपोर्ट पुलिस से भी साझा करेगी। आरोपी बिलासपुर से गिरफ्तार इस मामले में ASP दौलत राम पोर्ते ने दैनिक भास्कर को बताया कि आरोपी छात्र की शिकायत प्रबंधन से मिली थी। शिकायत पर जांच की और आरोपी सैय्यद रहीम को बिलासपुर से गिरफ्तार किया है। आरोपी छात्र से लैपटॉप, मोबाइल और पेन ड्राइव जब्त किया गया है। मामले में जांच की जा रही है।

सड़क पर मर्यादा तोड़ता प्यार: कांकेर में स्कूटी पर कपल की हरकतों का वीडियो वायरल

कांकेर छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में चलती स्कूटी पर एक कपल रोमांस करते दिखा है। स्कूटी सवार के पीछे चल रहे एक कार सवार ने इन दोनों के फोटो और वीडियो बना लिए जो वायरल हो रहे हैं। गर्लफ्रेंड अपने बॉयफ्रेंड के गोद पर बैठकर घूमती दिख रही। इस दौरान वह अपने बॉयफ्रेंड को किस करते हुए भी दिखाई दी। बताया जा रहा है कि वायरल वीडियो जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र का है। मंगलवार रात की घटना बताया जा रहा है कि यह घटना मंगलवार रात की है। रात में कांकेर शहर में एक कपल चलती स्कूटी पर रोमांस करते नजर आए। दोनों एक दूसरे में इतने मशगूल थे कि उनके अगल-बगल से कौन निकल रहा है उनको इस बात की जानकारी ही नहीं हुई। लड़की अपने बॉयफ्रेंड की गोद में बैठी है और उसे कसकर पकड़ी है। वहीं लड़का तेज रफ्तार के साथ गाड़ी चला रहा है। इस दौरान लड़की कई जगहों पर उसे किस करती भी दिखाई दी। बिना नंबर प्लेट की है गाड़ी यह कपल बिना नंबर प्लेट वाली सफेद स्कूटी में सवार था। दोनों ने हेलमेट भी नहीं लगाया था। इस दौरान कई बार लोगों ने उन्हें आवाज भी दी लेकिन उन्होंने लोगों की आवाज नहीं सुनी। अब इस वायरल वीडियो पर लोग तरह-तरह के कमेंट कर रहे हैं। लोगों में आक्रोश कपल के इस तरह से रोमांस का वीडियो वायरल होने के बाद लोगों में आक्रोश भी दिखाई दे रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सार्वजनिक स्थलों पर इस तरह की हरकतें नहीं होनी चाहिए। इस तरह की हरकतों का समाज में गलत असर होता है। लोगों ने कहा कि इन दोनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए जिससे ऐसा करने वालों को बड़ा सबक मिल सके। पुलिस ने लिया एक्शन वायरल वीडियो पर पुलिस ने एक्शन लिया है। मामले की जानकारी देते हुए एडिशनल एसपी दिनेश सिन्हा ने कहा कि चलती स्कूटी पर कपल के रोमांस का वीडियो वायरल हुआ है। कोतवाली थाना पुलिस को जांच और कार्रवाई के लिए निर्देश दिया गया है। उन्होंने कहा कि इस तरह की हरकत करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।  

दुर्गापुर-मुंबई इंडिगो फ्लाइट में कैंसर पीड़ित की मौत, रायपुर में कराई गई आपात लैंडिंग

रायपुर पश्चिम बंगाल के बर्दवान निवासी युवक और कैंसर के मरीज की तबीयत बिगड़ने पर दुर्गापुर-मुंबई इंडिगो फ्लाइट की रायपुर के हवाईअड्डे में गुरुवार की आधी रात आपातकालीन लैंडिंग कराई गई। फ्लाइट में बेहोश हुए युवक को स्थानीय अस्पताल ले जाने पर मृत घोषित कर दिया गया। एयरपोर्ट से मिली जानकारी के मुताबिक बुधवार रात दुर्गापुर से मुंबई जा रही इंडिगो की फ्लाइट में पश्चिम बंगाल के बर्दवान निवासी गौतम बाउड़ी सवार था। वह ब्लड कैंसर से पीड़ित था। इलाज के लिए मुंबई के टाटा मेमोरियल अस्पताल जा रहा था। फ्लाइट में उसकी तबीयत खराब हुई और वह बेहोश हो गया। पायलट ने एयर ट्रेफिक कंट्रोल से आपातकालीन लैंडिंग की अनुमति मांगी। अनुमति प्राप्त होते ही रात को आनन फानन में फ्लाइट को रायपुर एयरपोर्ट पर उतारा गया। रायपुर एयरपोर्ट पर उसकी जांच की गई फिर माना स्थित सरकारी अस्पताल ले जाया गया। जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।  

घूसखोरी पर कार्रवाई: बिलासपुर में क्लर्क ने मांगी 10 हजार की रिश्वत, ACB ने किया गिरफ्तार

 बिलासपुर  एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम ने शुक्रवार को आदिम जाति कल्याण विभाग के एक बाबू को 10 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपित बाबू अंतरजातीय विवाह प्रोत्साहन योजना के तहत मिलने वाली राशि जारी करने के बदले युवक से रिश्वत मांग रहा था। बिल्हा थाना क्षेत्र के एक युवक ने दुर्ग जिले की युवती से अंतरजातीय विवाह किया था। सरकार की ओर से इस योजना के तहत दो लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। इसके लिए युवक ने पुराना कंपोजिट बिल्डिंग स्थित आदिम जाति कल्याण विभाग के कार्यालय में आवेदन किया था। आवेदन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के दौरान वहां पदस्थ बाबू मनोज तोंडेकर ने युवक को कई दिनों तक चक्कर लगवाए और बाद में राशि जारी करने के बदले 10 हजार रुपए की मांग की। युवक ने एंटी करप्शन ब्यूरो से की शिकायत युवक ने इस मामले की शिकायत एंटी करप्शन ब्यूरो से की। शिकायत की पुष्टि होने पर एसीबी ने ट्रैप की योजना बनाई। शुक्रवार सुबह युवक तय योजना के अनुसार नेहरू चौक स्थित कंपोजिट बिल्डिंग में पहुंचा और आरोपी बाबू को 10 हजार रुपए दिए। जैसे ही बाबू ने रिश्वत की राशि ली, वहीं पहले से तैनात एसीबी की टीम ने उसे दबोच लिया। बाबू के कब्जे से रिश्वत की रकम बरामद एसीबी अधिकारियों ने बाबू के कब्जे से रिश्वत की रकम बरामद की है। फिलहाल आरोपी से दफ्तर के एक कमरे में पूछताछ जारी है। प्रारंभिक जांच में यह भी पता चला है कि बाबू लंबे समय से इसी प्रकार लोगों को योजना की राशि दिलाने के नाम पर परेशान कर अवैध वसूली करता था। एसीबी की कार्रवाई के बाद विभागीय कर्मचारियों में हड़कंप मच गया है।