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भोपाल मेट्रो में लागू नए नियम, नो डिस्टरबेंस जोन में शांति बनाए रखना जरूरी, उल्लंघन पर सजा

भोपाल  भोपाल मेट्रो के शुरू होते ही प्रशासन यात्रियों की सुरक्षा को लेकर कोई भी कोर-कसर बाकी नहीं रखना चाहता, इसी का नतीजा है कि यात्रियों की सुविधाओं के साथ ही प्रशासन ने उनकी सुरक्षा को लेकर भी बड़ा कदम उठाया है। दरअसल मेट्रो प्रबंधन ने प्लेटफॉर्म पर बड़े-बड़े पोस्टर लगाए हैं। ये वही पोस्टर हैं, जिनपर लिखा है… भोपाल मेट्रो में सफर करने वाले यात्रियों को अब नियमों का सख्ती से पालन करना होगा। नियमों का उल्लंघन करने पर 6 महीने की जेल और जुर्माने समेत दोनों के तहत दंड दिए जाने का प्रावधान भी किया गया है। मेट्रो भोपाल में सफर करने से पहले… क्या करें और क्या न करें…? परिचालन और अनुरक्षण अधिनियम 2002 के तहत होगी सजा इन पोस्टर्स पर लिखे गए नियमों को लेकर यात्रियों को सख्त हिदायत दी गई है। यदि वे किसी भी नियम का उल्लंघन करते पाए गए, तो उनके खिलाफ मेट्रो रेलवे परिचालन और अनुरक्षण अधिनियम 2002 के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस अधिनियम के मुताबिक नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर जुर्माना और जेल तक की सजा का प्रावधान है। इन गतिविधियों पर रोक इन पोस्टर्स पर स्पष्ट तौर पर लिखा गया है कि मेट्रो परिसर में और ट्रेन में भीख मांगना, भीड़ जुटाना या किसी भी तरह की नारेबाजी, उत्पादों की मांग करना और किसी भी तरह की सामुहिक गतिविधियों को प्रतिबंधित किया गया है। धारा 62 रहेगी लागू यहां मेट्रो अधिनियम की धारा 62 भी लागू की गई है। इसके तहत मेट्रो परिसर में प्रदर्शन करने, लिखने, चिपकाने और निर्देशों का पालन न करने पर 500 रुपए तक का जुर्माना और यात्री को ट्रेन से बाहर करने की कार्रवाई भी की जा सकती है। इसके अलावा मेट्रो परिसर में या ट्रेन में पालतू जानवरों को लाने की अनुमति नहीं है। मेट्रो प्रबंधन का कहना है कि इससे यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा दोनों प्रभावित होंगी। धारा 73 के तहत सामान बेचा तो जुर्माना भीड़ और अव्यवस्था को रोक्ने के लिए मेट्रो परिसर में भीख मांगना, सामान बेचना या यात्रियों को किसी भी तरह से परेशान करने पर भी सख्ती से निपटा जाएगा। धारा 73 के तहत मेट्रो परिसर में अनाधिकृत रूप से सामान बेचने पर 400 रुपए जुर्माना वसूला जाएगा। प्रबंधन ने की अपील, कतार में रहें मेट्रो प्रबंधन ने यात्रियों से अपील भी की है कि वे मेट्रो परिसर में कतार में रहें। अपने सामान का ध्यान रखें। टिकट जांच के समय अधिकृत कर्मचारी को ही टिकट दिखाएं, जरूरत पड़ने पर मेट्रो सुरक्षा और ग्राहक सेवा केंद्र से संपर्क करें। यहां पढ़ें यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा के लिए सख्त नियम मेट्रो ट्रैक पर उतरने या चलने पर धारा 64-2 के तहत 6 महीने की जेल या 500 रुपए का जुर्माना महिलाओं के आरक्षित कोच में बैठने पर 3 महीने की जेल या 250 रुपए जुर्माना इमरजेंसी अलार्म का दुरुपयोग करने पर 10 हजार रुपए तक का जुर्माना ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के काम में बाधा डालने वाले पर 1000 रुपए का जुर्माना और 1 साल की जेल का प्रावधान मेट्रो अधिनियम 2002 के तहत ये धाराएं लागू धारा- 59:भोपाल मेट्रो या मेट्रो परिसर में शराब पीना, उपद्रव करना, ट्रेन में फर्श पर बैठना, थूकना या झगड़ा करने पर 200 रुपए जुर्माना वसूला जाएगा। टिकट या पास जब्त किया जा सकता है, ट्रेन से बाहर भी निकाला जा सकता है। धारा 60: आपत्तिजनक सामग्री ले जाने पर 200 रुपए का जुर्माना। धारा 62: रेलवे पर प्रदर्शन करने, कोच में लिखने/चिपकाने या हटने से इनकार करने पर 500 रुपए का जुर्माना और ट्रेन से बाहर निकाला जाना धारा 63: मेच्रो की छत पर यात्रा करने पर 5 हजार का जुर्माना धारा 64-1: महिलाओं के आरक्षित कोच में बैठने पर 3 महीने की जेल औऱ 250 रुपए जुर्माने का या दोनों का प्रावधान धारा 64-2: मेट्रो ट्रेक पर अवैध प्रवेश, पैदल चलने पर 69 महीने की जेल या 500 रुपए जुर्माना या दोनों की सजा धारा 68: ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों के कार्य में बाधा डाले जाने पर 1 साल की जेल या 1000 रुपए जुर्माना या दोनों। धारा 69: बिना वैध पास या टिकट के यात्रा करने पर 50 रुपए का सरचार्ज और तय किराये का अधिकतम किराया देना होगा।

सीएम मोहन यादव का बड़ा कदम, स्विट्ज़रलैंड से निवेश लाने के लिए वर्ल्ड इकोनोमिक फोरम में एमपी का रोडमैप पेश करेंगे

भोपाल  मध्यप्रदेश में औद्योगिक निवेश बढ़ाने के लिए किए गए रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव जैसे नवाचार अब स्विट्जरलैंड के दावोस में होने वाले वर्ल्ड इकोनोमिक फोरम के सम्मेलन में भी बताए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव प्रदेश के प्रतिनिधिमंडल के साथ 19 से 23 जनवरी के बीच दावोस में होने वाले इस सम्मेलन में शामिल होने स्विट्जरलैंड जाएंगे। सम्मेलन में मुख्यतः इकोनोमिक ग्रोथ, एआइ के प्रभाव, जलवायु परिवर्तन, पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप को बढ़ाने पर चर्चाएं होगी। उद्योग, ऊर्जा में निवेश के लिए प्रदेश का रोडमैप दुनिया के सामने रखा जाएगा। साझा करेंगे जानकारियां वर्ल्ड इकोनोमिक फोरम की बैठक में विश्व भर के नेता और बिजनेस लीडर्स शामिल होते हैं। भारत का भी एक केन्द्रीय प्रतिनिधिमंडल मंत्री की अध्यक्षता में फोरम की बैठक में शामिल होता है। इसमें राज्यों के भी प्रतिनिधि शामिल होते हैं। उल्लेखनीय है कि इसके पहले पूर्व सीएम कमलनाथ फोरम की बैठक में शामिल हुए थे। अब सीएम डॉ यादव देश में चल रहे आर्थिक परिवर्तन के हिस्से के रूप में मध्यप्रदेश की औद्योगिक प्रगति, नवाचार, निवेश अवसरों और सफलता की कहानियों के बारे में फोरम के मंच पर जानकारियां साझा करेंगे। 'पीपीपी' पर रहेगा जोर कार्यक्रम पांच वैश्विक चुनौतियों पर केंद्रित होगा। जहां आर्थिक प्रगति के लिए सभी की भागीदारी के साथ सार्वजनिक-निजी संवाद और सहयोग को बढ़ाने पर चर्चाएं होंगी। प्रदेश का प्रतिनिधिमंडल सम्मेलन में होने वाली पैनल चर्चाओं, राउंड टेबल कॉन्फ्रेंस और सरकार-से-व्यवसाय तथा सरकार-से-सरकार बैठकों की श्रृंखला में भाग लेगा। साथ ही वैश्विक राजनीतिक और बिजनेस लीडर्स के साथ स्थिरता सहित अन्य विषयों पर होने वाले सत्रों में भी भाग लेगा।

मध्यप्रदेश में 2026-27 के लिए प्रस्तावित टैरिफ, नए साल से बिजली बिल में 15% की बढ़ोतरी

भोपाल  नए साल में शहर के 33 हजार से ज्यादा बिजली उपभोक्ताओं को बिजली का झटका लगेगा। बिजली कंपनी ने बिलिंग फार्मूले में परिवर्तन करते हुए किलोवॉट की जगह किलो वोल्ट एम्पियर से बिलिंग का फार्मूला लागू करने का फैसला लिया है। इसके असर यह होगा कि अनुपयोगी बिजली का बिल बनेगा और उपभोक्ता से इसकी वसूली की जाएगी। इसका सबसे ज्यादा असर बड़े संस्थान, उद्योग उपभोक्ताओं पर आएगा। इससे इनका बिजली बिल पंद्रह फीसदी तक बढ़ जाएगा। बिजली दर बढ़ाने का या पिछले दरवाजे का रास्ता है। मप्र विद्युत नियामक आयोग को कंपनी ने वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तावित टैरिफ में इसे प्रस्तावित किया है। केवीए को प्रकट शक्ति यानी अपेरेंट पावर भी कहते हैं। ये सप्लाई की गई कुल बिजली है। प्रस्ताव आयोग को दिया कंपनी ने अपना एआरआर प्रस्ताव आयोग को दिया है। इसमें तमाम तरह के प्रस्ताव है। आयोग के निर्णय के आधार पर ही दर और तरीका तय होगा। – क्षितिज सिंघल, एमडी, मध्यक्षेत्र ऐसे समझें पूरा हिसाब बिजली का बिल किलोवॉट की बजाय किलो वोल्ट एम्पीयर के आधार पर बनाना तय किया जा रहा है। किलोवॉट बिजली की वास्तविक खपत को बताता है, जबकि किलो-वोल्ट एम्पीयर लॉस वाली बिजली का भी आंकलन करता है। यदि पुराने उपकरण, वायरिंग से परिसर में बिजली का तकनीकी हानि होती है तो वह भी उपभोक्ताओं के बिल में जुड़ जाएगी। अभी एचटी उपभोक्ताओं के बिल इससे बनेंगे, धीरे-धीरे अन्य उपभोक्ताओं तक भी इसे बढ़ाएंगे। जिले में फिलहाल 33000 एचटी उपभोक्ता इसके दायरे में रहेंगे। बिजली कंपनी को ये लाभ लाइन लॉस कम। ट्रांसफॉर्मर व केबल पर कम दबाव। सिस्टम की विश्वसनीयता बढ़ेगी। बिल केवीए पर शिफ्ट इसका उद्देश्य है पावर फैक्टर सुधारना। ग्रिड पर अनावश्यक लोड कम करना। बिजली आपूर्ति को अधिक कुशल बनाना। उपभोक्ता को तकनीकी रूप से जिम्मेदार बनाना। जिले में बिजली लाइन के तकनीकी लॉस को घटाने 15 साल में 3000 करोड़ खर्च कर चुके हैं। इससे एचवीडीएस सिस्टम विकसित करने से लेकर नई लाइन बिछाने, फीडर सेपरेशन समेत ट्रांसफार्मर – सब स्टेशन की क्षमता वृद्धि तक की गई। ये औसत 15 फीसदी है जो बिलिंग सिस्टम बदलने से ग्राहक की जेब पर शिफ्ट हो जाएगा। लापरवाही से बढ़ेगा बिल केवीए आधार पर बिलिंग से वही उपभोक्ता लाभ में रहेंगे जो सही तरीके से बिजली का उपयोग करेंगे। लापरवाही करने वालों का बिल बढ़ेगा। यदि किसी परिसर में बिजली आपूर्ति करने वाला ट्रांसफार्मर, वायरिंग, उपकरण नए व बेहतर है तो किलोवॉट व केवीए एक समान रहेंगे। यहां बिल में अंतर नहीं होगा। जहां पुराने उपकरण, पुरानी वायरिंग है वहां बिजली का पॉवर फैक्टर खराब होगा। केवीए और किलोवॉट में अंतर होगा। इससे बिल बढ़ेगा। बीएमसी ने नहीं भरा बिजली बिल, बिजली कटी राजधानी के कोटरा क्षेत्र स्थित पीएम आवास योजना के गंगानगर में निगम न बिल का भुगतान नहीं करने से बिजली कंपनी ने कनेक्शन काट दिया। इससे रविवार को ब्लॉक सी-1 और सी-3 की लिफ्ट 10 घंटे तक बंद रहीं। नौ मंजिला इमारत में रहने वाले रहवासियों, विशेषकर जैसे बने रहे। रहवासियों के बुजुर्ग और मरीज दिनभर बंधक अनुसार रविवार 12 बजे अचानक लिफ्ट बंद हो गई। जब लिफ्ट मेंटेनेंस स्टाफ से संपर्क किया तो पता चला कि बिजली बिल बकाया होने से सप्लाई काट दी है। काफी हंगामे और अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद शाम 6 बजे बिजली बहाल हुई। ब्लॉक सी-1 के फ्लैट नंबर 602 में रहने वाले 62 वर्षीय परशुराम कुम्हरे ने बताया कि उनकी पत्नी की हाल ही में सर्जरी हुई है। लिफ्ट बंद होने से पत्नी को सीढ़ियों से ले जाने में भारी दिक्कतें हुई। इस मामले में नगर निगम के अपर आयुक्त तन्मय शर्मा का कहना है कि मामला फिलहाल उनके संज्ञान में नहीं आया है। इसकी जांच कराई जाएगी और नियमानुसार रहवासियों को सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएंगी

शिवराज सिंह चौहान ने एमपी में 2 ट्रेनों के स्टॉपेज बढ़ाने की घोषणा, जनता से किया ‘सेवा’ का वादा

विदिशा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विदिशा रेलवे स्टेशन पर नई ट्रेन सुविधाओं की सौगात दी। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मेरे जीवन के दो आदर्श है एक प्रेम और दूसरा जनता की सेवा। सबसे प्रेम करो, हम सब एक ही परिवार है। समाज के अलग-अलग वर्गों के कल्याण के लिए केंद्र व राज्य सरकार की योजनाएं क्रियान्वित की जा रही है। उन्होंने कहा कि विकास के लिए कनेक्टिविटी अत्यंत आवश्यक है, इसलिए विदिशा को सड़क व रेल मार्ग से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे है।  विदिशा रेलवे स्टेशन को मिला स्टॉपेज विदिशा रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के स्टॉपेज को समर्पित करते हुए उन्होंने बताया कि विदिशा स्टेशन पर गाड़ी संख्या 12629/12630 का ठहराव दिया गया है। इसके अलावा रायसेन जिले के सांची स्टेशन पर गाड़ी संख्या 16031/16032 तथा दीवानगंज स्टेशन पर गाड़ी संख्या 18235/18236 के प्रायोगिक ठहराव (हाल्ट) की घोषणा की गई है। बेंगलुरु तक आना जाना होगा आसान इस मौके पर उन्होंने कहा कि यशवंतपुर-हजरत निजामुद्दीन संपर्क क्रांति एक्सप्रेस का प्रदेश में दूसरा स्टॉपेज विदिशा है। इस सुविधा से विदिशा के नागरिकों का बेंगलुरु की और आना-जाना आसान होगा। इन नवीन स्टॉपेज से विदिशा के नागरिको को पढ़ाई, रोजगार, व्यापार और उद्योग के लिए विशेष सहलियत मिलेगी। विदिशा, गंजबासौदा और नहीं छोड़ी जाएगी। यह ट्रेनें विदिशा को समर्पित है। संपर्क क्रांति एक्सप्रेस का विदिशा में हाल्ट का समय विदिशा स्टेशन पर दिल्ली की ओर जाने वाली गाड़ी संख्या 12629 यशवंतपुर-नई दिल्ली संपर्क क्रांति एक्सप्रेस (Yesvantpur-New Delhi Sampark Kranti) का आगमन रात 12.45 बजे होगा. जहां यह दो मिनट का ठहराव करेगी। यह हाल्ट 1 जनवरी से प्रारंभ होगा। इसी प्रकार बेंगलुरु की ओर जाने वाली गाड़ी संख्या 12630 नई दिल्ली-यशवंतपुर संपर्क क्रांति एक्सप्रेस का आगमन शाम 5.28 बजे होगा। इस ट्रेन की सुविधा विदिशावासियों को 31 दिसंबर से मिलने लगेगी। सांची पर अंडमान एक्सप्रेस का हाल्ट सांची रेलवे स्टेशन पर अंडमान एक्सप्रेस (Andaman Express) का भी ठहराव दिया गया है। कटरा की ओर जाने वाली गाड़ी संख्या 16031 चेन्नई-श्री वैष्णो देवी कटरा एक्सप्रेस (Chennai-Shri Vaishno Devi Katra Express) सुबह 9.38 बजे रुकेगी, जबकि चेन्नई की ओर जाने वाली गाड़ी संख्या 16032 श्री वैष्णो देवी कटरा-चेन्नई एक्सप्रेस रात 1.18 बजे रुकेगी। यह हाल्ट 29 दिसंबर से प्रारंभ हो जाएगा। सांची में इस ट्रेन के स्टॉपेज से विदिशा जिले के यात्रियों को भी सुविधा मिलेगी। विधायक के घर पहुंच श्रद्धा सुमन अर्पित किए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chouhan) गंजबासौदा पहुंचे जहां उन्होंने क्षेत्रीय विधायक हरि सिंह रघुवंशी के निवास पर पहुंचकर उनकी मां के निधन हो जाने पर श्रद्धा सुमन अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी है उनके साथ कुरबाई विधायक हरिसिंह सप्रे सहित कई भाजपाई मौजूद थे। कार्यक्रम में नेता रहे मौजूद कार्यक्रम को विदिशा विधायक मुकेश टंडन, सांची विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी तथा नपा अध्यक्ष प्रीति शर्मा ने भी संबोधित किया। कुरवाई विधायक हरिसिंह सप्रे सहित अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, डीआरएम, स्टेशन मास्टर, रेलवे अधिकारी एवं जिला प्रशासन के अधिकारी उपस्थित रहे।

उज्जैन के महाकाल मंदिर में साल के आखिरी रविवार को पहुंचे डेढ़ लाख भक्त, सर्दियों में बढ़ी श्रद्धा

 उज्जैन  ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में साल के आखिरी रविवार करीब डेढ़ लाख भक्तों ने भगवान महाकाल के दर्शन किए। सामान्य दर्शनार्थियों को चारधाम मंदिर पार्किंग से शक्तिपथ के रास्ते त्रिवेणी संग्रहालय द्वार से मंदिर में प्रवेश दिया गया। शनिवार को जिस सम्राट अशोक सेतु पर ताला लगा दिया गया था। रविवार को उसे 250 रुपये के शीघ्र दर्शन टिकट वाले दर्शनार्थियों के लिए खोला गया। महाकाल मंदिर में श्री महाकाल महालोक का निर्माण होने के बाद से सप्ताहंत में भक्तों की संख्या सर्वाधिक रहती आ रही है। इसका असर साल के आखिरी रविवार को भी नजर आया। देशभर से आए डेढ़ लाख से अधिक भक्त भगवान महाकाल के दर्शन करने मंदिर पहुंचे। शनिवार से भक्तों का उज्जैन पहुंचना शुरू हो गया था, जनदबाव के चलते प्रशासन को अपनी व्यवस्था में बदलाव करना पड़ा था। रविवार को भी इसका असर दिखाई दिया। मंदिर प्रशासन ने उत्तर व पूर्व के सभी द्वारों को बंद कर केवल पश्चिम दिशा के श्री महाकाल महालोक व सम्राट अशोक सेतु से सामान्य व शीघ्र दर्शन टिकट वाले दर्शनार्थियों को प्रवेश दिया। अतिरिक्त इंतजाम शुरू किए बीते दो दिनों की भीड़ को देखते हुए मंदिर समिति व जिला प्रशासन द्वारा 31 दिसंबर व 1 जनवरी के लिए अतिरिक्त इंतजाम जुटाए जा रहे हैं। चारधाम पार्किंग में जिगजेग लगाने का काम शुरू हो गया है। दर्शनार्थियों की सुविधा के लिए अन्य इंतजाम भी किए जा रहे हैं। कालभैरव मंदिर में भी दर्शनार्थियों का ताता महाकाल मंदिर के अलावा कालभैरव, मंगलनाथ, अंगारेश्वर व चिंतामन गणेश मंदिर में भी आस्था उमड़ रही है। रविवार को 75 हजार से अधिक भक्तों ने भगवान कालभैरव के दर्शन किए। भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए कालभैरव मंदिर में भी प्रोटोकाल दर्शन व्यवस्था स्थगित रही। जिला प्रशासन की ओर से जारी सूची के आधार पर ही प्रोटोकाल दर्शन कराए जा रहे थे। मंदिर में सुरक्षा के अतिरिक्त इंतजाम किए गए हैं। मंदिर के बाहर अब भी अव्यवस्था का अंबार महाकाल मंदिर के बाहर अब भी अव्यवस्था का अंबार है। आसपास गली तथा शहनाई गेट के सामने मुख्य द्वार पर अवैध पार्किंग हो रही है, जो थोड़ा बहुत रास्ता बचता है उस पर हार फूल, माला, पूजन सामग्री बेचने वाले दुकान लगा लेते हैं। भारी भीड़ के बीच में सड़कों पर हो रहे इस अतिक्रमण को देखने वाला कोई नहीं है।

शिवराज सिंह चौहान का क्रिकेट मैच में धमाल, सांसद खेल महोत्सव में मारे चौके-छक्के

विदिशा  पढ़ाई ही नहीं खेलों से भी भविष्य बनाया जा सकता है। मेहनत और धैर्य के साथ खेलों में अभ्यास कर यहां के खिलाड़ी भी शिखर को प्राप्त कर सकते हैं। खिलाड़ियों को कुछ ऐसे ही शब्दों के साथ विदिशा में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रेरित किया। साथ ही उन्होंने खुद बल्लेबाजी करते हुए खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने बल्ला घुमाकर खूब चौके-छक्के मारे जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है। केंद्रीय कृषि मंत्री रविवार को विदिशा के एसएसएल जैन कॉलेज के मैदान में आयोजित सांसद खेल महोत्सव (Sansad Khel Mahotsav) के तहत विधानसभा स्तरीय प्रतियोगिताओं के समापन अवसर पर उपिस्थत हुए।  खिलाड़ियों का बढ़ाया उत्साह खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करते हुए उन्होंने कहा कि मनुष्य में अनंत शक्तियों का भंडार है। उन शक्तियों को ध्यान में रखते हुए संबंधित क्षेत्र में सफल होने के लिए निरंतर प्रयास करने की जरूरत है। उन्होंने खिलाड़ियों को आश्वस्त किया कि सांसद खेल महोत्सव आयोजन के अगले चरण में और बेहतर प्रयास किए जाएंगे। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में खेल मैदानों को विकसित किया जाएगा। ताकि युवाओं को खेलने व अभ्यास करने के लिए मैदान की सहू‌लियत मिल सकें। खिलाड़ियों को दी शील्ड और मेडल इस दौरान उन्होंने विधानसभा स्तर पर आयोजित खेल प्रतियोगिताओं के विजेताओं के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को शील्ड व मेडल देकर सम्मानित किया। सांसद खेल महोत्सव प्रतियोगिता का समापन रायसेन जिले में होगा। वहां नगद राशि से विजेता व उप विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। क्रिकेट और कबड्‌डी की प्रतियोगिता में प्रथम तीन स्थान हासिल करने वाली टीमों को डेढ़ लाख, एक लाख और पचास हजार रुपए की नगद राशि से पुरस्कृत किया जाएगा। 7020 खिलाड़ियों ने लिया भाग लिया विदिशा क्षेत्र में मुख्य रूप से किक्रेट, कब्बड्‌डी व फुटबाल के अलावा रस्साकस्सी, नीबू रेस व कुर्सी रेस की प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। क्रिकेट में 750 खिलाड़ी, कबड्डी में 240, फुटबाल में 180, रस्साकसी में 1600, नीबू रेस में 1750 व चेयर रेस में 2500 खिलाड़ी कुल 7020 खिलाड़ी शामिल हुए। इन प्रतियोगिताओं के विजेताओं व उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाडियों को कृषि मंत्री ने ट्रॉफी व मेडल से पुरस्कृत किया। 

सरकार की योजना से सोयाबिन उत्पादक किसानों को मिली राहत, 810 करोड़ रुपये का ट्रांसफर

भोपाल  मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने  भावांतर योजना के अंतर्गत रतलाम जिले के जावरा में 3.77 लाख सोयाबीन किसानों के खाते में 810 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए। राशि सिंगल क्लिक के जरिए सीधे किसानों के खातों में पहुंचाई गई है। गवर्नमेंट भगत सिंह कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल सहित अन्य गणमान्य जनप्रतिनिधि भी मौजूद थे। इस अवसर पर विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन भी किया गया। नुकसान की भरपाई की जाती है भावांतर योजना हाल में शुरू की गई है। इस योजना के तहत किसानों को अगर अपनी फसल पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से कम दाम मिलता है तो सरकार की तरफ से भरपाई की जाती है। भावांतर योजना के तहत इससे पहले 6.44 लाख किसानों के खातों में 1,292 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर की जा चुकी थी। आय में स्थिरता लाई जा रही योजना का फायदा उन्हीं किसानों को दिया जाता है जिन्होंने भावांतर योजना के तहत रजिस्ट्रेशन कराया है। इस बार सरकार की ओर से इस योजना का फायदा सोयाबिन उत्पादक किसानों को दिया गया है। योजना के जरिए किसानों की आय में स्थिरता लाई जा रही है और उन्हें कम दाम में फसल बेचने के बावजूद भी नुकसान नहीं झेलना पड़ता है। सरकार की प्राथमिकता किसान सरकार ने सोयाबीन का समर्थन मूल्य 5,328 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है, ऐसे में किसानों को हुए नुकसान की भरपाई सरकार की ओर से कर दी गई है। मोहन यादव कई मौकों पर कह चुके हैं कि उनकी सरकार की प्राथमिकता किसान हैं। सीएम कह चुके हैं कि किसानों को उनकी मेहनत का पूरा मूल्य हासिल होना चाहिए।

नए साल से पहले मध्यप्रदेश में मंदिरों की सुरक्षा चाक-चौबंद, DGP कैलाश मकवाना के आदेश

भोपाल नए साल के जश्न और हालिया सुरक्षा परिदृश्य को देखते हुए मध्यप्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। ऑपरेशन ‘सिंदूर’ और पहलगाम की घटना के मद्देनज़र प्रदेश के प्रमुख मंदिरों, धार्मिक स्थलों और भीड़-भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा। पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना ने सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों को सतर्कता बढ़ाने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं। डीजीपी ने कहा कि नए साल के अवसर पर मॉल, बाजार, होटल, रिसॉर्ट और पिकनिक स्पॉट पर भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है। ऐसे में किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोकने के लिए गश्त बढ़ाई जाए और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाए। हुड़दंग, शांति भंग करने और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। महिलाओं की सुरक्षा को लेकर पुलिस ने जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने का फैसला किया है। छेड़खानी, अभद्र व्यवहार और महिलाओं के खिलाफ किसी भी अपराध पर तत्काल कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही शराब पीकर वाहन चलाने वालों, तेज रफ्तार और लापरवाही से ड्राइविंग करने वालों पर भी विशेष अभियान चलाया जाएगा। डीजीपी कैलाश मकवाना ने स्पष्ट किया कि नए साल के दौरान प्रदेशभर में चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। पुलिस न केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखेगी, बल्कि सांप्रदायिक सौहार्द और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर स्तर पर सतर्क रहेगी।

भोपाल पुलिस की सर्जिकल स्ट्राइक: ईरानी गैंग का गिरोह तोड़ा, दिल्ली तक फैली दहशत

भोपाल  राजधानी भोपाल सहित मध्य प्रदेश के आधा दर्जन से अधिक शहरों सहित दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, बेंगलुरू सहित दर्जन भर सहित बड़े शहरों में अब तक सैकड़ों वारदात को अंजाम देने वाले भोपाल के ईरानी गैंग पर पुलिस ने छापा मारा है। देर रात भोपाल डीसीपी जोन-4 मयूर खंडेलवाल के नेतृत्व में भारी पुलिस बल ने एक साथ करोंद क्षेत्र में स्थित अमन कॉलोनी ईरानी डेरे में छापा मारा। छापेमारी काम्बिंग गश्त के तहत की गई।  पुलिस की इस कार्रवाई में 24 पुरुष आरोपी और 10 महिला अपराधी गिरफ्तार की गई हैं। एक साथ 34 ईरानी बदमाशों के खिलाफ भोपाल पुलिस की यह कार्रवाई वर्षों बाद की गई है। कार्रवाई का विरोध करने के लिए अपराधियों ने महिलाओं और बच्चों को आगे किया, लेकिन पुलिस भी पूरी तैयारी के साथ गई थी, इसलिए टीम में भारी संख्या में महिला पुलिसकर्मियों और अधिकारियों को भी शामिल किया गया था।    ईरानी डेरा … भोपाल में स्थित यह वह जगह है, जहां पुलिस भी जाने से डरती है। पुलिस इस इलाके में घुसने के लिए पूरी पलटन लेकर जाती है। रविवार अहले सुबह जब, पुलिस की टीम पहुंची तो हमला हो गया। हालांकि पुलिस की टीम डरी नहीं है और करीब 32 महिलाओं को गिरफ्तार किया है। इस डेरे में रहने वाले लोगों का आतंक दिल्ली से मुंबई तक है। देश के अलग-अलग शहरों इनका आतंक रहा है। पीट गई भोपाल पुलिस दरअसल, ईरानी डेरे में रहने वाले कुख्यात अपराधियों को पकड़ने के लिए गई थी। 40 गाड़ियों में करीब 150 जवानों की टीम गई थी। पुलिस की टीम जब ईरानी डेरे में घुसी तो उस समय भोपाल का तापमान करीब 4 डिग्री सेल्सियस था। पुलिस के पहुंचने की भनक लगते ही डेरे की महिलाएं जाग गईं और पुलिस पर हमला बोल दिया। इसके बाद स्थिति बिगड़ने लगी। पुलिस ने मुंहतोड़ जवाब देते हुए, उनसे डरी नहीं। डेरे से करीब 32 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें 10 महिलाएं भी शामिल हैं। दिल्ली से मुंबई तक है इनका खौफ ईरानी डेरे में रहने वाले अधिकांश लोग अपराध में शामिल रहते हैं। दिल्ली से लेकर मुंबई तक की पुलिस को इनकी तलाश है। अलग-अलग शहरों में जाकर ये लूट की वारदात को अंजाम देते हैं। डेरे में कुछ नामी बदमाश भी रहते हैं। समय के हिसाब से अलग-अलग रूप धारण कर ईरानी डेरे के लोग ठगी भी करते हैं। सीबीआई अफसर से लेकर पत्रकार तक बन जाते वहीं, ईरानी डेरे के लोगों को फर्जी अफसर बनने में भी महारत हासिल है। ये लोग सीबीआई के नकली अफसर बनकर भी लोगों को डराते हैं। उनसे रुपए लूट लेते हैं। यही नहीं, लोगों को डराने के लिए डेरे के लोग पत्रकार भी बनते थे। छापेमारी के दौरान इनके पास से चैनल की आईडी भी मिली है। पत्रकार बनकर ये पुलिस और लोगों को चकमा देते थे। हिस्ट्रीशीटर बदमाश को पकड़ने का था लक्ष्य भोपाल पुलिस मुख्य रूप से एक हिस्ट्रीशीटर बदमाश को पकड़ने के लिए पूरी योजना बनाकर पहुंची थी। पुलिस ने छापेमारी में आरोपियों के ठिकानों से एक नकली पिस्तौल, 21 दोपहिया वाहन और 51 मोबाइल फोन बरामद किए हैं।  हिस्ट्रीशीटर बदमाश राजू ईरानी को पकड़ने गई थी पुलिस डीपीसी जोन-4 मयूर खंडेलवाल ने बताया कि नकली पुलिस बनकर अमन कॉलोनी के कुछ बदमाशों द्वारा भोपाल के ग्रामीण क्षेत्र सहित आसपास के जिलों में कुछ लोगों को ठगने की शिकायतें मिल रही थीं। इसी आधार पर पुलिस ने कार्रवाई की है। पकड़ा गया गिरोह मुख्य रूप से बड़े शहरों में बड़ी चोरियां, भोपाल और आसपास के जिलों में मोबाइल और चेन लूट की वारदातों को अंजाम देता है। रविवार सुबह हिस्ट्रीशीटर बदमाश राजू ईरानी को पकड़ने गई थी। डेढ़ सौ से ज्यादा पुलिसकर्मियों ने घरों की तलाशी लेनी चाही तो महिलाओं ने विरोध शुरू कर दिया। वे पुलिसकर्मियों के सामने खड़ी हो गईं। जल्द ही पुरुष भी प्रदर्शन में शामिल होकर हंगामा करने लगे। महिला पुलिसकर्मियों सहित जवानों से खींचातानी करने लगे। तलाशी अभियान के दौरान बदमाश काला ईरानी के घर से एक नकली पिस्तौल मिली। काला ईरानी नकली पुलिस बनकर कई लोगों को ठग चुका है। हालांकि ठगी का शिकार अधिकांश लोगों ने प्रकरण दर्ज नहीं कराया।  दिल्ली पुलिस ने मुठभेड़ के बाद दो बदमाशों को पकड़ा था इसी साल जुलाई महीने में दिल्ली पुलिस ने अमन कॉलोनी निवासी ईरानी गैंग के दो सदस्यों- मुर्तजा अली उर्फ दमार (38) और सिराज अली (40) को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था। पुलिस को उनके दिल्ली में छिपे होने की सूचना मिली थी, जिसके आधार पर इंद्रप्रस्थ पार्क के पास रात में घेराबंदी की गई। पुलिस को देखते ही आरोपियों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपी गोली लगने से घायल हो गए थे। जांच में सामने आया कि दोनों के खिलाफ देश के कई राज्यों में हत्या के प्रयास, लूट, चोरी और ठगी जैसे संगीन अपराध दर्ज हैं। वे कई मामलों में फरार चल रहे थे। दिल्ली पुलिस ने दोनों के खिलाफ नया केस दर्ज किया था। अमेरिका और ईरान की करेंसी मिली अपराधी इतने खूंखार हैं कि इन्हें किसी दूसरे शहर में भी लूट करने से डर नहीं लगता है। छापेमारी के दौरान इनके घरों से अमेरिकी और ईरानी की करेंसी मिली है। कयास लगाए जा रहे हैं कि विदेशी करेंसी लूट के ही हैं। विदेशों में बेचते हैं लूट के सामान जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि ईराने डेरे का नेटवर्क विदेशों में भी फैला है। ये लोग लूट के फोन विदेशों में भी बेचते थे। जांच में यह बात सामने आई है कि लूट के मोबाइल दुबई में बेचते थे। लूट के फोन पहले मुंबई भेजते थे। इसके बाद वहां से दुबई जाता था। अपराधियों का घर है ईरानी डेरा दरअसल, ईरानी डेरा भोपाल के बाहरी इलाके में बसा हुआ है। इनकी बस्ती इतनी सघन है कि बाहरी लोगों का घुसना मुश्किल है। इसी का फायदा उठाकर अपराधी यहां शरण लेते हैं। इन अपराधियों के लिए महिलाएं शिल्ड का काम करती हैं। पुलिस जब आती है तो पहले महिलाओं से उनका सामना होता है। बताया जाता है कि देश भर से अपराध करने के बाद अपराधी यहीं शरण लेने आते हैं। भोपाल के निशातपुरा और … Read more

मध्यप्रदेश के 22 शहरों में पारा 10 डिग्री से नीचे, मंदसौर में सबसे कम 2.9 डिग्री, ट्रेनें देरी से चल रही हैं

भोपाल  मध्य प्रदेश में सर्दी का सितम लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदेश कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की चपेट में है। राजधानी भोपाल में न्यूनतम तापमान गिरकर 4.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि मंदसौर सबसे ठंडा जिला रहा, जहां पारा 2.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार, हिमालय क्षेत्र में हो रही बर्फबारी का सीधा असर मध्य प्रदेश के मौसम पर पड़ रहा है। उत्तर से आ रही ठंडी हवाओं के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में कोल्ड वेव की स्थिति बनी हुई है। भोपाल, इंदौर, रीवा समेत कई जिलों में सुबह और रात के समय जबरदस्त ठंड महसूस की जा रही है।  मंदसौर सबसे ठंडा, भोपाल में 4.6 डिग्री तक लुढ़का पारा प्रदेश में बीती रात सबसे कम तापमान मंदसौर में 2.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा शाजापुर में 3.1 डिग्री, राजगढ़ में 3.8 डिग्री और पचमढ़ी में 4.8 डिग्री रहा। भोपाल में न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री तक गिर गया, जो सामान्य से काफी नीचे है। ग्वालियर, इंदौर सहित करीब 30 शहरों में पारा 10 डिग्री से कम रहा। कोहरे का कहर, रेल यातायात प्रभावित सुबह घने कोहरे ने दृश्यता बेहद कम कर दी, जिससे दिल्ली से भोपाल, इंदौर और उज्जैन आने वाली कई ट्रेनें देरी से चलीं। मालवा एक्सप्रेस, शताब्दी और अन्य प्रमुख ट्रेनों की समय-सारिणी बिगड़ गई। यात्रियों को ठंड के साथ लंबे इंतजार की मार झेलनी पड़ी। उत्तरी जिलों जैसे ग्वालियर-चंबल और बुंदेलखंड में कोहरा सबसे घना रहा।  शीतलहर का अलर्ट, सर्द हवाएं तेज मौसम विभाग ने भोपाल, सीहोर, राजगढ़, इंदौर, शाजापुर, मंदसौर सहित कई जिलों में कोल्ड वेव का अलर्ट जारी किया है। ऊंचाई पर तेज जेट स्ट्रीम के कारण सर्द हवाएं चल रही हैं, जिससे दिन में धूप निकलने के बावजूद ठंडक बनी हुई है।  पश्चिमी विक्षोभ से और बढ़ेगी ठंड मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 30 दिसंबर के आसपास पश्चिमी हिमालय में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है, जिसका असर मध्यप्रदेश तक पहुंचेगा। जेट स्ट्रीम की तेज रफ्तार ठंड को और गहरा कर रही है, आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट संभव है। लोगों के लिए सलाह विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि सुबह-शाम बाहर निकलते समय गर्म कपड़े पहनें, कोहरे में वाहन चलाते समय सावधानी बरतें और बुजर्गों-बच्चों का विशेष ध्यान रखें। ठंड से बचाव के लिए गरम पेय और हीटर का इस्तेमाल करें। प्रदेश के ग्वालियर-चंबल और रीवा संभाग में घना कोहरा छाया रहा, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ। कई इलाकों में दृश्यता बेहद कम होने के कारण यातायात भी प्रभावित हुआ है। कोहरे की वजह से कई ट्रेनें 4 से 5 घंटे की देरी से चल रही हैं। मौसम विभाग ने बताया कि ऊपरी वायुमंडल में जेट स्ट्रीम की रफ्तार 213 किमी प्रति घंटा तक पहुंच गई है, जिससे ठंडी हवाएं और तेज हो गई हैं। विभाग ने अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि आने वाले कुछ दिनों तक ठंड और कोहरे से राहत मिलने के आसार नहीं हैं। विशेषज्ञों ने लोगों को सुबह-शाम अनावश्यक बाहर निकलने से बचने, गर्म कपड़े पहनने और बुजुर्गों व बच्चों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। नवंबर-दिसंबर में रिकॉर्ड तोड़ चुकी है सर्दी इस बार नवंबर के बाद दिसंबर में भी सर्दी रिकॉर्ड तोड़ चुकी है। नवंबर में भोपाल में लगातार 15 दिन तक शीतलहर चली। रिकॉर्ड के अनुसार, साल 1931 के बाद शीतलहर के यह सबसे ज्यादा दिन है। दूसरी ओर, 17 नवंबर की रात में पारा 5.2 डिग्री तक पहुंच गया, जो ओवरऑल रिकॉर्ड भी रहा। इससे पहले 30 नवंबर 1941 में तापमान 6.1 डिग्री रहा था। इंदौर में भी पारा 6.4 डिग्री ही रहा। यहां भी सीजन की सबसे सर्द रात रही। 25 साल में पहली बार पारा इतना लुढ़का। दूसरी ओर, दिसंबर में इंदौर में पारा सबसे कम रहा। भोपाल में भी यह 5 डिग्री से नीचे पहुंच चुका है। ठंड के लिए दिसंबर-जनवरी खास मौसम विभाग के अनुसार, जिस तरह मानसून के चार महीने (जून, जुलाई, अगस्त और सितंबर) में से दो महीने जुलाई-अगस्त महत्वपूर्ण रहते हैं और इन्हीं में 60 प्रतिशत या इससे अधिक बारिश हो जाती है, ठीक उसी तरह दिसंबर और जनवरी में कड़ाके की ठंड पड़ती है। इन्हीं दो महीने में प्रदेश में उत्तर भारत से सर्द हवाएं ज्यादा आती हैं। इसलिए टेम्प्रेचर में अच्छी-खासी गिरावट आती है। सर्द हवाएं भी चलती हैं। पिछले 10 साल के आंकड़े यही ट्रेंड बताते हैं। वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) के एक्टिव होने से दिसंबर में मावठा भी गिरता है। इससे दिन में भी सर्दी का असर बढ़ जाता है। अब जानिए दिसंबर में कैसी रहती है ठंड? मौसम का ट्रेंड देखें तो दिसंबर में स्ट्रॉन्ग वेस्टर्न डिस्टरबेंस आते हैं। वहीं, उत्तरी हवाएं आने से दिन-रात के तापमान में गिरावट होती है। इस बार भी यही हो रहा है। शुरुआत से अब तक कई वेस्टर्न डिस्टरबेंस उत्तर भारत को प्रभावित कर चुके हैं। इस वजह से एमपी में कड़ाके की ठंड के साथ शीतलहर का असर है। इन जिलों में सबसे ज्यादा सर्दी     ग्वालियर, चंबल और उज्जैन संभाग के सभी जिलों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। यहां बर्फीली हवाएं सीधे आ रही हैं। कोहरे का असर भी इन जिलों में ज्यादा देखा जा रहा है। सागर और रीवा संभाग भी प्रभावित है।     भोपाल संभाग के सीहोर, रायसेन, राजगढ़ और विदिशा में ठंड का जोर है। राजगढ़ में पारा 4 डिग्री तक पहुंच चुका है।     सागर संभाग के निवाड़ी, छतरपुर, टीकमगढ़-पन्ना, रीवा संभाग के मऊगंज, सीधी-सिंगरौली में तेज ठंड है।     जबलपुर संभाग के मंडला-डिंडौरी, इंदौर संभाग के इंदौर, धार और झाबुआ में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। उत्तर भारत में शीतलहर-कोहरे का कहर, नए साल पर कैसा रहेगा मौसम? श्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से पूरा उत्तर भारत घने कोहरे और शीतलहर की चपेट में है। रविवार को दिल्ली और आसपास के इलाकों में कोहरे के कारण सड़कों पर वाहन रेंगते दिखे। रेल और वायु यातायात पर बहुत बुरा असर पड़ा। लंबी दूरी की ट्रेनें घंटों विलंब से चल रही हैं। विमानों का परिचालन भी प्रभावित हुआ। मौसम विभाग का अनुमान है कि 31 दिसंबर तक मौसम का रुख लगातार सर्द होगा जबकि नए साल के पहले … Read more