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छह लाख की हेरोइन बरामद, गुप्त सूचना पर पुलिस ने दबोचा नशा तस्कर

 यमुनानगर जिला पुलिस की एंटी नारकोटिक सेल ने नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब छह लाख रुपये कीमत की 126 ग्राम हेरोइन के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे अदालत में पेश किया गया, जहां से पुलिस ने उसे रिमांड पर लिया है। अभियान के तहत एंटी नारकोटिक्स  सेल की टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि गड़ी रोड, हमीदा के पास एक युवक खाली प्लॉट में नशीले पदार्थ बेचने का काम करता है। गुप्त सूचना पर पुलिस ने की कार्रवाई सूचना के आधार पर इंचार्ज अनिल कुमार के नेतृत्व में उप निरीक्षक सतीश कुमार, नवीन, एएसआई जसवीर सिंह, जयपाल, अमित और ललित की टीम का गठन किया गया। टीम ने मौके पर पहुंचकर संदिग्ध युवक को काबू कर लिया। तलाशी प्रक्रिया को निष्पक्ष बनाने के लिए ड्यूटी मजिस्ट्रेट के रूप में नायब तहसीलदार साढौरा कुलदीप सिंह को मौके पर बुलाया गया। तलाशी के दौरान युवक के पास से 126 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। आरोपी की पहचान पुराना हमीदा निवासी समीर पुत्र गुलजार के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस कर रही जांच इंचार्ज अनिल कुमार ने बताया कि आरोपी से पूछताछ जारी है और यह पता लगाया जा रहा है कि वह किस नेटवर्क से जुड़ा हुआ है तथा किन-किन क्षेत्रों में नशीले पदार्थ की सप्लाई करता था। उन्होंने कहा कि जिले में नशे के कारोबार को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

पर्यावरण की ओर बड़ा कदम: हिसार में 3 एकड़ में तैयार होगा ई-बस स्टैंड

हिसार. हिसार बस डिपो में इलेक्ट्रिक बसों के लिए अलग स्टैंड बनाने की दिशा में काम शुरू हो गया है। इसके तहत करीब 3.09 एकड़ भूमि पर उगी झाड़ियों को जेसीबी व अन्य मशीनें मंगवाकर हटाया जा रहा है और निर्माण कार्य की औपचारिक शुरुआत कर दी गई है। नया बस स्टैंड आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा, जिससे यात्रियों को बेहतर और सुगम परिवहन सुविधा मिल सकेगी। डिपो में पहले ही पांच इलेक्ट्रिक बसें लाई जा चुकी हैं, जबकि पांच और बसें जल्द शामिल की जाएंगी। यह बस स्टैंड करीब 14 करोड़ रुपये की लागत में तैयार किया जाएगा। यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है, जिससे प्रदूषण कम करने में मदद मिलेगी। अधिकारियों का कहना है कि परियोजना पूरी होने के बाद शहर में इलेक्ट्रिक बस सेवा को और मजबूती मिलेगी। फिलहाल चलाई जा रही पांच बसों को आजाद नगर रूट व तोशाम रोड पर आधार अस्पताल तक चलाया जा रहा है। हिसार में 50 बसें लाने की योजना है। नया इलेक्ट्रिक स्टैंड बनाए जाने पर यहां कुल 10 इलेक्ट्रिक चार्जर स्थापित किए जाएंगे। जिनसे बसों को चार्ज किया जाएगा। इन बसों को विभिन्न रूटों पर चलाया जाएगा।

हरियाणा निकाय चुनाव: सीएम नायब सैनी ने सोनीपत में गिनाई उपलब्धियां, कांग्रेस पर साधा निशाना

चंडीगढ़ हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी निकाय चुनावों की सरगर्मियों के बीच सोनीपत पहुंचे। आज उन्होंने सोनीपत के वॉर्ड नंबर 8 से अपने दौरे की शुरुआत की और पहले गांव राई में जनसभा को संबोधित किया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज सोनीपत में करीब दो दर्जन छोटी-छोटी जनसभाएं करेंगे। मेयर उम्मीदवार ने करीब 19 कार्यक्रम रखे हैं। मंच से संबोधन में सीएम नायब सिंह सैनी ने कहा कि वॉर्ड के पार्षद और मेयर को अपना आशीर्वाद देने का काम जनता करेगी। सीएम सैनी ने गिनाई उपलब्धियां सीएम ने कहा कि डेढ़ वर्ष पहले विधानसभा चुनाव में 217 संकल्पों में से 63 पूरे कर दिए गए हैं और 163 संकल्पों पर युद्ध स्तर पर काम चल रहा है जिन्हें डबल इंजन की सरकार पूरा करने का काम कर रही है।  कम आय वाले परिवारों को गैस सिलिंडर 500 रुपये में उपलब्ध करवाया जा रहा है। किसानों की पूरी फसल एमएसपी पर खरीदी जा रही है। युवाओं को बिना पर्ची-खर्ची के 2 लाख नौकरियां दी गईं। लाडो लक्ष्मी योजना लागू कर दी गई है। कांग्रेस पर बोला हमला नायब सिंह सैनी ने कांग्रेस की अन्य राज्यों की सरकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि वहां महिलाओं को कोई सुरक्षा नहीं दी जा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने दिल्ली में जो गलती की, वो हरियाणा में भी देखने को मिली। महिलाओं की तरफदारी करने की जगह वे बाहर बैठ गए। सीएम ने जनता से अपील की कि कमल के फूल पर बटन दबाकर मेयर और पार्षदों को जिताएं। वहीं, हरियाणा बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मोहनलाल बड़ोली  ने भी बीजेपी के पार्षदों और मेयर को जिताने की लोगों से अपील की।  

भीषण आग से हड़कंप: पानीपत की टेक्सटाइल फैक्ट्री में लगी आग पर 52 दमकल ने पाया काबू

पानीपत. शहर में रिसालू रोड स्थित लक्ष्य टेक्सटाइल मिल में रविवार देर रात भीषण आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं, लेकिन आग की भयावहता को देखते हुए सोनीपत, करनाल, समालखा, एनएफएल और रिफाइनरी से भी दमकल की गाड़ियां मंगानी पड़ीं। प्रत्यक्षदर्शियों और मिल प्रबंधन ने बताया कि रात को खराब मौसम के चलते बिजली आ जा रही थी, जिससे शार्ट सर्किट होने के बाद आग लग गई। फैक्ट्री में धागा और कच्चा माल होने के कारण आग तेजी से फैल गई। फायरमैन अमित गोस्वामी ने बताया कि आग रात करीब ढाई बजे लगी थी, जिस पर सुबह साढ़े 9 बजे तक काबू पाया जा सका। इस दौरान कुल 52 से अधिक दमकल गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का कार्य किया। आग के चलते एक मंजिला फैक्ट्री के ऊपर बना भवन भी गिर गया। घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है।

बड़ा एक्शन: 590 करोड़ के घोटाले की जांच CBI के हवाले, CFO अमित देवन बर्खास्त

पंचकूला. हरियाणा सरकार के विभिन्न सरकारी विभागों के 590 करोड रुपए के बैंक घोटाले में एक और सरकारी अधिकारी पर गाज गिर गई है। हरियाणा के पावर यूटिलिटी सेक्टर में बड़े प्रशासनिक फैसले के तहत मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO) अमित देवन को तत्काल प्रभाव से सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी आदेश में उन पर अपने पद का दुरुपयोग कर आरोपियों और बैंक अधिकारियों से सांठगांठ कर निगम (HPGCL) के हितों को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया गया है। मामले की जांच पहले राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो द्वारा की जा रही थी, जिसे अब हरियाणा सरकार ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दिया है। आदेश में कहा गया है कि समानांतर विभागीय जांच चलाने से सीबीआई जांच प्रभावित हो सकती है और सबूतों के समय से पहले उजागर होने या उनके साथ छेड़छाड़ की आशंका बनी रहती है। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि वरिष्ठ अधिकारी होने के नाते अमित देवन पर उच्च नैतिक और प्रशासनिक जिम्मेदारियां थीं, लेकिन उन्होंने गंभीर कदाचार किया, जिससे राज्य सरकार और पावर यूटिलिटीज की छवि को नुकसान पहुंचा है। प्रबंधन ने यह भी आशंका जताई कि अधिकारी अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर रिकॉर्ड में बदलाव या उन्हें नष्ट कर सकते हैं, साथ ही अधीनस्थ कर्मचारियों के लिए उनके खिलाफ खुलकर गवाही देना भी मुश्किल हो सकता है। इन परिस्थितियों में निष्पक्ष विभागीय जांच कर पाना संभव नहीं माना गया। इसी आधार पर उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम कर्मचारी (दंड एवं अपील) विनियम, 2018 के प्रावधानों के तहत विभागीय जांच की प्रक्रिया को दरकिनार करते हुए सीधे बर्खास्तगी की कार्रवाई की गई है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी अधिकारी को अपना पक्ष रखने का अवसर देना भी व्यावहारिक नहीं समझा गया। प्रबंध निदेशक द्वारा जारी आदेश के अनुसार, अमित देवन की सेवा तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई है।

नई जल नीति से गांवों को ताकत, पंचायतें संभालेंगी पानी सप्लाई और बिलिंग

फतेहाबाद  ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में जिले की 233 ग्राम पंचायतों को बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई है। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग की नई आपरेशन एंड मेंटेनेंस नीति-2026 के तहत अब पंचायतें खुद पानी के बिल की वसूली, जल आपूर्ति प्रबंधन और रख-रखाव का काम संभालेंगी। खास बात यह है कि पंचायत जितना राजस्व बिल के रूप में एकत्रित करेगी, सरकार भी उतनी ही अतिरिक्त राशि पंचायत के खाते में देगी। इससे पंचायतों को जल सुविधाओं के सुधार और विस्तार के लिए पर्याप्त संसाधन मिलेंगे। जिले में 258 पंचायतें है। ऐसे में आने वाले दिनों में इन पंचायतों को भी शामिल किया जाएगा। इस योजना के तहत चयनित पंचायतों के बैंक खाते खोले जा रहे हैं, जिन्हें मुख्यालय स्तर के सिंगल खाते से जोड़ा जाएगा। पंचायतों द्वारा एकत्रित राजस्व पहले मुख्य खाते में जमा होगा, जिसके बाद सरकार उसी राशि को जोड़कर दोगुनी रकम पंचायत को वापस देगी। इस राशि का उपयोग जल प्रबंधन से जुड़े कार्यों में किया जाएगा। यह वीडियो भी देखें पंचायतों को मिली व्यापक जिम्मेदारी नई नीति के तहत पंचायतें अब पानी के कनेक्शन जारी करने, बिल वसूली, शिकायत निवारण, मीटरिंग और जल गुणवत्ता की निगरानी तक की जिम्मेदारी निभाएंगी। इसके अलावा पाइपलाइन, ओवरहेड टैंक, पंप और अन्य संसाधनों की मरम्मत व रख-रखाव भी पंचायतों के जिम्मे होगा। अवैध कनेक्शनों पर कार्रवाई और जल हानि को कम करने के निर्देश भी दिए गए हैं, जिससे जल संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सके। पानी के बिलों की वसूली में स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) की महिलाओं को जोड़ा गया है। उपभोक्ताओं से प्राप्त जल शुल्क का 10 प्रतिशत प्रोत्साहन राशि के रूप में इन समूहों को दिया जाएगा। इससे न केवल वसूली प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी, बल्कि महिलाओं की आर्थिक भागीदारी भी मजबूत होगी। पंचायतें बिस्वास पोर्टल के माध्यम से नए कनेक्शन जारी करने, कनेक्शन काटने, मीटर लगाने और शिकायतों का आनलाइन समाधान कर सकेंगी। इसके साथ ही बिल वितरण, भुगतान की निगरानी और उपभोक्ताओं को एसएमएस के जरिए सूचना देने की जिम्मेदारी भी पंचायतों को दी गई है। इससे पूरी प्रक्रिया डिजिटल और पारदर्शी बनेगी। योजना के तहत प्रत्येक उपभोक्ता को 55 लीटर प्रति व्यक्ति प्रतिदिन पानी उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। जल गुणवत्ता की नियमित जांच फील्ड टेस्ट किट से की जाएगी और वितरण के दौरान स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाएगा। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग तकनीकी सहयोग, प्रशिक्षण और गुणवत्ता नियंत्रण सुनिश्चित करेगा। विभाग द्वारा जल आपूर्ति योजनाओं को अपग्रेड कर 24 घंटे जल उपलब्धता के लक्ष्य को भी हासिल करने का प्रयास किया जाएगा। इस व्यवस्था से ग्रामीण जल आपूर्ति अधिक जवाबदेह और प्रभावी बनेगी। साथ ही पंचायतों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाते हुए जल प्रबंधन में स्थानीय भागीदारी को बढ़ावा मिलेगा। आने वाले समय में जिले की सभी पंचायतों को इस योजना के दायरे में लाने की तैयारी की जा रही है।

शिक्षा में बड़ा बदलाव: मॉडल संस्कृति स्कूलों से फीस हटाने की योजना तैयार

चंडीगढ़. हरियाणा सरकार शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है। राज्य के सभी 1638 मॉडल संस्कृति स्कूलों में विद्यार्थियों के लिए निशुल्क शिक्षा लागू करने की तैयारी है। शिक्षा विभाग ने दाखिला शुल्क और मासिक फीस पूरी तरह समाप्त करने का प्रस्ताव तैयार करके सरकार को मंजूरी के लिए भेज दिया है। मंजूरी मिलते ही आगामी शैक्षणिक सत्र 2027-28 से बिना किसी शुल्क के प्रवेश और पढ़ाई की सुविधा मिलेगी। अब तक ली जाती है फीस इन स्कूलों में पहली से पांचवीं तक प्रवेश के लिए 500 रुपये व छठी से 12वीं तक 1000 रुपये शुल्क लिया जाता है। कक्षा के अनुसार हर महीने 200 रुपये से 500 रुपये तक फीस भी देनी पड़ती है। सेकेंडरी मॉडल संस्कृति स्कूल चल रहे हैं। इन स्कूलों में आधुनिक शिक्षा के साथ भारतीय संस्कृति और भाषा पर विशेष ध्यान दिया जाता है। फीस समाप्त होने से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़ा लाभ मिलेगा। मॉडल संस्कृति स्कूलों की है अलग पहचान हरियाणा में मॉडल संस्कृति स्कूल योजना की शुरुआत वर्ष 2020 में की गई थी। ये स्कूल सामान्य सरकारी स्कूलों की तुलना में आधुनिक शिक्षा व्यवस्था, बेहतर आधारभूत सुविधाओं और भारतीय संस्कृति आधारित पाठ्यक्रम के लिए खास माने जाते हैं। यहां स्मार्ट कक्षाएं, अंग्रेजी माध्यम शिक्षा, गतिविधि आधारित पढ़ाई और भाषा-संस्कृति पर विशेष जोर दिया जाता है। इन स्कूलों में विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ अनुशासन और संस्कार भी दिए जाते हैं। इन स्कूलों में पढ़ाने के लिए सरकारी शिक्षकों को भी टेस्ट पास करना पड़ता है।

दिनदहाड़े वारदात: गेहूं लदा ट्रक उड़ा ले गया चोर, लाखों का अनाज गायब

कुरुक्षेत्र. कुरुक्षेत्र जिले के लाडवा की अनाज मंडी से गेहूं से भरा ट्रक चोरी होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। ट्रक में करीब 438 कट्टे गेहूं के लोड थे, जिसकी कीमत लगभग साढ़े 5 लाख रुपये बताई जा रही है। चोर सुबह-सुबह आढ़ती की दुकान के सामने से ही ट्रक लेकर फरार हो गया। जानकारी के अनुसार आढ़ती नरेश कुमार की मंडी में दुकान नंबर 88 है। गेहूं सीजन के चलते उन्होंने सफाई, तुलाई और ढुलाई के लिए लेबर लगा रखी थी। 2 मई की रात लेबर ने ट्रांसपोर्टर के ट्रक (HR55H-4229) में 438 कट्टे गेहूं लोड किए थे। उस समय ट्रक चालक कमल लाल भी मौके पर मौजूद था। सुबह करीब 7 बजे जब आढ़ती दुकान पर पहुंचे तो ट्रक मौके से गायब मिला। शुरुआत में उन्होंने सोचा कि ड्राइवर ट्रक को वजन कराने ले गया होगा, लेकिन करीब एक घंटे बाद भी वजन नहीं हुआ तो उन्होंने ड्राइवर कमल को फोन किया। ड्राइवर ने बताया कि वह रात को ट्रक लोड होने के बाद अपने घर यमुनानगर चला गया था और सुबह आकर ट्रक लेकर जाने वाला था। इस पर आढ़ती को शक हुआ और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। नरेश कुमार के अनुसार, सुबह करीब साढ़े 6 बजे के आसपास किसी अज्ञात व्यक्ति ने ट्रक चोरी कर लिया। ट्रक में लोड गेहूं की कीमत करीब साढ़े 5 लाख रुपये है। घटना की सूचना ट्रांसपोर्टर को भी दे दी गई है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस द्वारा मार्केट कमेटी कार्यालय के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि आरोपी का सुराग लगाया जा सके। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और जल्द ही आरोपी को पकड़ने का दावा कर रही है।

खेल प्रतिभाओं के लिए खुशखबरी, 104 नर्सरियों में 2600 खिलाड़ी कर रहे अभ्यास

 करनाल  इस बार जिले में खेल नर्सरियों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। इससे खेल प्रतिभाओं को निखारने का पूरा मौका मिलेगा। पिछले साल जहां जिले में 86 नर्सरियों में 2150 खिलाड़ी प्रशिक्षण ले रहे थे, वहीं इस बार 104 नर्सरियों में करीब 2600 खिलाड़ी अभ्यास करेंगे। अभ्यास प्रक्रिया शुरू हो गई है। आंकड़ों के अनुसार गत वर्ष 53 सरकारी और 30 निजी नर्सरियां जिले में चल रही थीं, जबकि इस बार निजी नर्सरियों की संख्या बढ़कर 74 हो गई है और सरकारी नर्सरियां 30 ही हैं। इस प्रकार कुल 28 नर्सरियों की वृद्धि हुई है, जिससे खिलाड़ियों को बेहतर अवसर मिल रहे हैं। प्रत्येक नर्सरी में एक कोच की नियुक्ति की गई है। जिनमें निजी नर्सरियों के कोच को प्रति माह 25 हजार रुपये वेतन दिया जाता है, जबकि खिलाड़ियों को 1500 से 2 हजार रुपये प्रतिमाह डाइट भत्ता प्रदान किया जाता है। यह राशि खिलाड़ियों व कोचों के खाते में डायरेक्ट आती है। इससे खेल नर्सरियों की बढ़ती संख्या से अधिक से अधिक युवा खेलों की ओर आकर्षित होंगे और भविष्य में जिले का नाम राज्य व राष्ट्रीय स्तर पर रोशन करेंगे। इस साल का सत्र भी शुरू हो गया है और खिलाड़ी निरंतर अभ्यास के लिए आ रहे है। जून-जुलाई महीने में आयोजित होने वाली जिला व प्रदेश स्तर की प्रतियोगिता के लिए तैयारी शुरु कर दी है। सभी कोच निरंतर खिलाड़ियों का प्रशिक्षण दे रहे है। पिछले साल के मुकाबले बढ़ी नर्सरियों की संख्या जिला खेल अधिकारी सत्यवीर पोसवाल ने बताया कि हमें पिछले साल के मुकाबले अधिक नर्सरियां मिली हैं। सभी खेल नर्सरियों को शुरू कर दिया गया है, ताकि खिलाड़ी निरंतर अभ्यास कर सके। पिछले साल जिले को 86 नर्सरियों मिली थी।  

टूर्नामेंट खेलने का ऐलान, सुरक्षा पर सवाल: विनेश फोगाट ने केंद्र सरकार को ठहराया जिम्मेदार

चंडीगढ़. ओलिंपियन और भारतीय कुश्ती की स्टार पहलवान विनेश फोगाट ने भारतीय कुश्ती संघ (WFI) के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए बेहद चौंकाने वाला खुलासा किया है। सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर करते हुए विनेश ने कहा कि बृजभूषण के खिलाफ जो मामला अदालत में विचाराधीन है, उन 6 पीड़ितों में से एक मैं भी हूं। उन्होंने आगामी टूर्नामेंट के आयोजन स्थल पर सवाल उठाते हुए केंद्र सरकार को भी निशाने पर लिया है।  पहलवान विनेश फोगाट ने यह बयान उस समय दिया जब देश में खिलाड़ियों की सुरक्षा और कुश्ती संघ से जुड़े विवादों को लेकर चर्चा जारी है। उन्होंने कहा कि महिला खिलाड़ियों को सुरक्षित माहौल मिलना चाहिए, लेकिन उनके अनुभव इसके विपरीत रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूपी के गोंडा में 10 से 12 मई के बीच सीनियर ओपन रैंकिंग कुश्ती टूर्नामेंट हो रहा है। मैं और मेरी टीम कॉम्पिटीशन लड़ेगी, अगर किसी के साथ कुछ गलत होता है तो इसकी जिम्मेदारी भारत सरकार की होगी।  अगर मेरे साथ गलत हुआ तो जिम्मेदार भारत सरकार होगी उत्तर प्रदेश के गोंडा में आयोजित होने वाले 'सीनियर ओपन रैंकिंग कुश्ती टूर्नामेंट' पर आपत्ति जताते हुए विनेश ने कहा कि वह स्थान बृजभूषण का गढ़ है। वहां उनका निजी कॉलेज है और पूरा इलाका उनके प्रभाव में है। विनेश ने आशंका जताई कि ऐसे माहौल में उनके लिए निष्पक्ष रूप से मुकाबला करना असंभव होगा। उन्होंने कहा कि जिस व्यक्ति ने हमारा शोषण किया, उसके घर में जाकर कुश्ती लड़ना किसी भी महिला खिलाड़ी के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से डरावना अनुभव है। वहां मेरे साथ कुछ भी गलत हुआ, तो इसकी सीधी जिम्मेदार भारत सरकार होगी।