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होजरी कॉम्प्लेक्स में प्रदर्शन, पुलिस और श्रमिकों में झड़प

 नोएडा गुरुग्राम में मानेसर के बाद अब नोएडा के फेज-2 क्षेत्र के होजरी कॉम्प्लेक्स में शुक्रवार को 10 से अधिक फैक्टरियों के श्रमिकों ने वेतन वृद्धि समेत अन्य मांगों को लेकर छह घंटे तक हंगामा किया। डीएमसी मार्ग पर उनकी पुलिस से नोकझोंक भी हुई। इस बीच कुछ श्रमिकों ने पथराव भी किया। पुलिस ने उनको शांत कराया और फूल मंडी में बैठक कराई। बैठक में उद्यमी संगठनों ने श्रमिकों को जल्द ही सभी मांगों का समाधान करने का आश्वासन दिया। इसके बाद श्रमिक शांत हुए। हालांकि, कुछ श्रमिक शनिवार को भी प्रदर्शन करने की चेतावनी दे रहे हैं। होजरी कॉम्प्लेक्स में गारमेंट एक्सपोर्ट की काफी इकाइयां हैं। यहां काफी संख्या में श्रमिक काम करते हैं। अप्रैल के पहले सप्ताह में वेतन वृद्धि कम होने से श्रमिकों में रोष बढ़ गया। श्रमिकों का आरोप है कि महंगाई के समय में 350 रुपये के इंक्रीमेंट का कोई मतबल नहीं। श्रमिकों ने गारमेंट इकाइयों के प्रबंधन से वार्ता की। हरियाणा में बढ़ाए गए वेतन का जिक्र भी किया, परंतु कोई समाधान नहीं निकला। श्रमिकों ने गुरुवार को विरोध दर्ज कराया। इसके बाद कोई उचित निर्णय न होने पर शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे से श्रमिक एकत्रित होने शुरू हो गए। श्रमिकों ने दोपहर करीब 12 बजे होजरी कॉम्प्लेक्स की सड़कों पर हंगामा शुरू कर दिया। इसके बाद डीएससी मार्ग पर पेट्रोल पंप के पास यूटर्न पर श्रमिक विरोध दर्ज कराने बैठ गए। इस बीच कुछ श्रमिकों ने पथराव किया। पुलिस बल ने उनको रोक दिया। पुलिस धीरे-धीरे श्रमिकों को फूल मंडी ले गई। यहां उद्यमी संगठनों से उनकी वार्ता हुई और समाधान का आश्वासन मिला। इसके बाद श्रमिक शांत हो गए। पुलिस ने हालात को नियंत्रित रखने के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए थे। जिले के सात थानों के प्रभारी अपनी-अपनी टीमों के साथ मौके पर पहुंचे। अपर पुलिस आयुक्त (सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था) राजीव नारायण मिश्र ने कहा कि प्रशासन के अफसरों की कंपनियों के प्रबंधन से वार्ता चल रही है। जल्द ही समाधान होने की उम्मीद है। होजरी कॉम्प्लेक्स में पुलिस बल तैनात किया गया था। कर्मचारियों को समझा-बुझाकर भेज दिया गया। श्रमिकों की मुख्य मांगें ● आठ घंटे के लिए न्यूनतम 18 से 20 हजार रुपये वेतन मिले। सालाना वेतन वृद्धि 20 से 30 प्रतिशत तक की जाए। ● ओवर टाइम का डबल भुगतान किया जाए। कार्य करने के लिए लक्ष्य नहीं दिया जाए। ● इकाई के वरिष्ठ अधिकारियों का बर्ताव बेहतर हो। महिलाकर्मियों से रात को कार्य नहीं कराया जाए। मानेसर में बवाल के बाद 55 कर्मचारी गिरफ्तार आईएमटी मानेसर के औद्योगिक क्षेत्र में वेतन वृद्धि के लिए गुरुवार को हुए बवाल के बाद पुलिस ने 55 कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है। इनमें 20 महिलाएं और 35 पुरुष शामिल हैं। अदालत ने शुक्रवार को सभी को जेल भेज दिया। आईएमटी मानेसर के सेक्टर-चार में सैकड़ों कर्मचारियों ने उत्पात मचाया था। इस दौरान पथराव भी किया था।

आस्था कंपनी का बड़ा फ्रॉड, निवेशकों का पैसा लेकर फरार

  गोपालगंज बिहार के गोपालगंज जिले से धोखाधड़ी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां 'आस्था' नामक एक निजी कंपनी के संचालकों ने निवेश को दोगुना करने का लालच देकर करीब 256 लोगों से 80 करोड़ रुपये की ठगी की और रातों-रात चंपत हो गए। इस बड़ी धोखाधड़ी के बाद पीड़ित निवेशकों में हड़कंप मचा हुआ है। शुक्रवार को बड़ी संख्या में पीड़ितों ने एसपी विनय तिवारी से मुलाकात कर न्याय और आरोपियों की गिरफ्तारी की गुहार लगाई। 20 महीने में पैसे डबल करने का दिया था झांसा मिली जानकारी के अनुसार, इस ठगी का खेल साल 2023 में शुरू हुआ था। 'आस्था' कंपनी के कर्मचारियों और प्रबंधकों ने शहर के एक प्रतिष्ठित होटल में भव्य बैठक आयोजित की थी। इस बैठक में स्थानीय लोगों को निवेश की लुभावनी योजनाओं की जानकारी दी गई। कंपनी ने दावा किया था कि जो भी व्यक्ति उनके पास पैसा जमा करेगा, उसे मात्र 20 महीने की अवधि में दोगुना रिटर्न दिया जाएगा। ज्यादा मुनाफे के लालच में आकर मध्यम वर्गीय परिवारों, छोटे व्यापारियों और ग्रामीणों ने अपनी जीवन भर की जमा पूंजी इस कंपनी में निवेश कर दी। रातों-रात दफ्तर बंद कर फरार हुए कर्मचारी ठगी का खुलासा तब हुआ जब करीब एक सप्ताह पहले कंपनी के गोपालगंज और उत्तर प्रदेश के गोरखपुर स्थित कार्यालयों पर अचानक ताला लटक गया। पीड़ित जब अपने निवेश की स्थिति जानने दफ्तर पहुंचे, तो वहां सन्नाटा पसरा था। मैनेजर और कर्मचारी सभी अपने मोबाइल फोन बंद कर फरार हो चुके थे। काफी तलाश करने के बाद जब उनका कोई सुराग नहीं मिला, तो पीड़ितों को एहसास हुआ कि वे एक सोची-समझी साजिश का शिकार हो चुके हैं। एसपी से मिलकर दर्ज कराई एफआईआर दर्ज शुक्रवार को एसपी विनय तिवारी से मिलने पहुंचे पीड़ितों में सुदामा कुशवाहा, हरेंद्र राय, राजन कुमार, सागर गुप्ता, दिलीप शर्मा, आलोक कुमार बरनवाल और अजय कुमार सहित कई लोग शामिल थे। पीड़ितों ने बताया कि करीब 256 लोगों का पैसा फंसा हुआ है।नगर थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार प्रभाकर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए बताया कि ठगी के इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस की एक विशेष टीम गठित की जा रही है जो कंपनी के बैंक खातों और फरार कर्मचारियों के लोकेशन की जांच करेगी। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और निवेश की गई राशि की बरामदगी के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।

अक्षय तृतीया 2026: जानें शुभ मुहूर्त, सोना खरीदने का सही समय और 5 खास दान

अक्षय तृतीया का मतलब है वह तिथि जिसका कभी क्षय (नाश) न हो.  इस दिन आप जो भी अच्छा काम करते हैं या निवेश करते हैं, उसका फल आपको जीवनभर मिलता है. साल 2026 में 19 अप्रैल को यह पर्व मनाया जाएगा. अक्षय तृतीया पर सोना खरीदना परंपरा है, लेकिन इसे सही समय पर खरीदना ही फायदेमंद होता है. अक्षय तृतीया पर सोना खरीदने का शुभ मुहूर्त 19 अप्रैल को सुबह 10 बजकर 49 मिनट से लेकर 20 अप्रैल को सुबह 05:40 से दोपहर 12:20 तक का समय सबसे उत्तम माना जा रहा है. इस दिन दान करना भी बेहद लाभकारी माना जाता है. मान्यता है कि इस दिन किया गया दान जन्म-जन्मान्तर के लिए आपके पुण्य के खाते में जुड़ जाता है. भीषण गर्मी के समय जल, मिट्टी के घड़े, सत्तू और पंखे का दान करने से न केवल पितृ तृप्त होकर आशीर्वाद देते हैं, बल्कि इससे कुंडली के ग्रह दोष भी शांत होते हैं. धार्मिक दृष्टि से यह दिन मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने और अपने धन की शुद्धि का सबसे बड़ा अवसर माना जाता है, जिससे घर में सुख-समृद्धि हमेशा बनी रहती है. जानते हैं उन पांच चीजों के दान के बारे में जिन्हें अक्षय तृतीया के दिन करना उत्तम माना गया है. जौ का दान: सोने के बराबर फल हिंदू शास्त्रों में जौ (Barley) को कनक यानी सोना माना गया है. अक्षय तृतीया के दिन जौ खरीदना और उसे भगवान विष्णु को अर्पित करना दरिद्रता दूर करता है. पूजा के बाद इस जौ को लाल कपड़े में बांधकर अपनी तिजोरी में रखें, इससे साल भर धन की आवक बनी रहती है. मिट्टी के घड़े का खास महत्व वैशाख की गर्मी में शीतल जल का दान सबसे बड़ा पुण्य है. इस दिन मिट्टी का नया घड़ा (मटका) खरीदकर उसमें पानी भरकर दान करने से न केवल पितृ तृप्त होते हैं, बल्कि कुंडली में चंद्रमा और मंगल की स्थिति भी शुभ होती है. घर के लिए भी नया मटका लाना सुख-समृद्धि का प्रतीक है. दक्षिणावर्ती शंख और कौड़ियां माँ लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए इस दिन घर में दक्षिणावर्ती शंख या सफेद कौड़ियां जरूर लाएं. कौड़ियों की केसर और हल्दी से पूजा करने के बाद उन्हें धन रखने के स्थान पर रखने से व्यापार और नौकरी में आ रही रुकावटें खत्म होती हैं. सत्तू और गुड़ का सेवन इस दिन सत्तू खाने और दान करने की भी पुरानी परंपरा है. इसे अक्षय भोजन माना जाता है. नईगुड़ के साथ सत्तू का दान करने से स्वास्थ्य बेहतर रहता है. इससे ग्रहों के दोष शांत होते हैं. अक्षय तृतीया पर क्या न करें?     इस दिन घर में अंधेरा न रखें, शाम को घी का दीपक जरूर जलाएं.     किसी को उधार न दें, क्योंकि ऐसा माना जाता है कि इस दिन लक्ष्मी घर से बाहर नहीं भेजनी चाहिए.     घर के मुख्य द्वार पर गंदगी न रहने दें, क्योंकि माँ लक्ष्मी का आगमन वहीं से होता है.  

गूगल का ऐलान: अब Gmail ईमेल होंगे और ज्यादा सुरक्षित

गूगल ने एक बड़ा ऐलान किया है, जिसमें जीमेल यूजर्स को एंड टू एंड एनक्रिप्शन का सपोर्ट मिलेगा. यह सपोर्ट एंड्रॉयड और आईओएस दोनों ऑपरेटिंग सिस्टम पर मिलेगा. एंड टू एंड एनक्रिप्शन की सुविधा इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप वॉट्सऐप पर भी मिलता है.   एक बार अपडेट मिलने के बाद यूजर्स को सेंसटिव ईमेल भेजने के लिए सिक्योरिटी लेयर के लिए अलग से सॉफ्टवेयर या एक्सटेंशन की जरूरत नहीं होगी. ईमेल सुरक्षित तरीके से रिसीवर तक पहुंच जाएगा. एंड टू एंड एनक्रिप्शन क्या होता है? एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन, असल में एक तरह का डिजिटल सिक्योरिटी लॉक सिस्टम है. इस टेक्नोलॉजी का यूज करने पर डेटा भेजने वाले और रिसीव करने वाले के अलावा अन्य कोई शख्स ईमेल या मैसेज को बीच में डिकोड नहीं कर पाएगा. सीधे शब्दों में समझें तो आप किसी बक्से को भेजते हैं, जिसमें सोना-चांदी है. ऐसे लोग उसमें ताला लगा देते हैं और चाबी सिर्फ रिसीवर के पास है. एंड टू एंड एनक्रिप्शन कुछ ऐसे ही काम करता है. गूगल ने जीमेल के एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन सपोर्ट को एंड्रॉयड और आईओएस डिवाइस तक एक्सपेंशन का ऐलान किया है. एक बार अपडेट मिलने के बाद यूजर्स अब सीधे Gmail मोबाइल ऐप की मदद से एन्क्रिप्टेड ईमेल लिख, भेज और पढ़ सकेंगे. इन यूजर्स को मिलेगी सुविधा एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन गूगल वर्क स्पेस के एंटरप्राइज यूजर्स को मिलेगी, जिनके पास क्लाइंट-साइड एनक्रिप्शन कैपिबिलटीज है. इसके लिए पहले एडमिन कंसोल के जरिए एंड्रॉयड और आईओएस सपोर्ट को एक्टिवेट करना होगा, उसके बाद ही यूजर्स इसका एक्सेस कर पाएंगे. गूगल बता चुका है कि अपडेट रैपिड रिलीज और शेड्यूल रिलीज दोनों डोमेन के लिए लाइव हो चुका है. एक बार मोबाइल पर एंड टू एंड इनक्रिप्शन की सुविधा मिलने के बाद यूजर्स कहीं से भी सुरक्षित तरीके से एक्सेस कर पाएंगे. पहले एन्क्रिप्टेड ईमेल के लिए डेस्कटॉप या थर्ड-पार्टी टूल्स की जरूरत होती थी.

विदेश से पकड़ा गया कुख्यात गैंगस्टर साहिल चौहान, 16 केस दर्ज

अंबाला  हरियाणा के विशेष कार्य बल ने 10 अप्रैल को गैंगस्टर साहिल चौहान उर्फ साहिल राणा को थाईलैंड से वापस लाकर बड़ी सफलता हासिल की है। वह अंबाला के शाहजादपुर का रहने वाला है और साल 2016 से अपराध की दुनिया में सक्रिय था। ये भी पढ़ें उस पर हत्या, हत्या का प्रयास, रंगदारी, डकैती और धमकी जैसे संगीन आरोप हैं। यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, अंबाला और पंचकूला में उसका नेटवर्क फैला हुआ था। वह भूप्पी राणा और बंबीहा गिरोह से जुड़ा हुआ था। उसके खिलाफ कुल 16 मामले दर्ज हैं और एक मामले में उसे 10 साल की सजा भी हो चुकी है। फर्जी पासपोर्ट बनाकर विदेश भागा, कई देशों में छिपता रहा साहिल चौहान धोखाधड़ी से पासपोर्ट बनवाकर देश से फरार हो गया था। वह कोलकाता से ढाका, जकार्ता, बाली, मलेशिया, अंगोला, वियतनाम होते हुए थाईलैंड पहुंचा। पुलिस ने पहले ही उसकी तलाश के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्रवाई शुरू कर दी थी। 17 मार्च 2026 को उसका पासपोर्ट जब्त किया गया। अब उसे वापस लाकर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। यह 2026 में पांचवां मामला है जब हरियाणा की विशेष कार्य बल किसी अपराधी को विदेश से पकड़कर लाई है। साहिल चौहान * 10 अप्रैल को थाईलैंड से वापस लाया गया * कुल 16 आपराधिक मामलों में शामिल * हत्या, डकैती, रंगदारी जैसे गंभीर आरोप * 2016 से अपराध की दुनिया में सक्रिय * एक मामले में 10 साल की सजा हो चुकी * फर्जी पासपोर्ट बनाकर विदेश भागा * कई देशों में छिपते हुए आखिर थाईलैंड पहुंचा * 2026 में पांचवीं बार विदेश से अपराधी पकड़ा गया    

समब्रानी धूप से बालों की देखभाल का आयुर्वेदिक तरीका

 आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में बालों का झड़ना, पतला होना और उनकी ग्रोथ धीमी पड़ना बहुत आम बात हो गई है. यही वजह है कि कई लोग इसे लेकर स्ट्रेस में भी रहने लगते हैं. लंबे, घने और मजबूत बाल सिर्फ खूबसूरती ही नहीं बढ़ाते, बल्कि यह आपके अच्छी सेहत का भी संकेत होते हैं. लेकिन सच यह है कि बालों को बेहतर बनाने के लिए कोई जादुई तरीका नहीं होता है. अगर आप अपने बालों को हेल्दी बनाना चाहते हैं, तो उनकी सही देखभाल करना ही सबसे जरूरी है. नियमित केयर और सही आदतों से ही बालों की सेहत में सुधार लाया जा सकता है. ऐसा ही बालों को हेल्दी बनाने का एक आयुर्वेदिक तरीका है, जिसमें खास तरीके के धुएं का इस्तेमाल किया जाता है. इस आयुर्वेदिक नुस्खे का नाम है समब्रानी धूप (Sambrani Dhoop). आपने कम ही सुना होगा किसी को अपने बालों में समब्रानी धूप का इस्तेमाल करते हुए. अगर हम अभी की बात करें तो समब्रानी धूप को लेकर दिमाग में Jodhaa Akbar फिल्म का सीन याद आता है, जिसमें एक्ट्रेस ऐश्वर्या राय बच्चन इस चीज का इस्तेमाल करती नजर आई थीं. हालांकि, आजकल के बीजी शेड्यूल में यह तरीका ज्यादा देखने को नहीं मिलता है. लेकिन, पहले के समय में यह आयुर्वेदिक नुस्खा बालों को हेल्दी और मजबूत बनाने के लिए बहुत ही जरूरी माना जाता था. लेकिन इसका इस्तेमाल करने के लिए इसका बारे में जानना भी जरूरी है. तो आइए जानते हैं कि क्या है समब्रानी धूप, जो बालों को मजबूती देता है. क्या है समब्रानी धूप? आयुर्वेद और नेचुरल थेरेपी एक्सपर्ट Rretvika के मुताबिक, समब्रानी धूप एक नेचुरल जड़ीबूटी है, जो स्टाइरैक्स पेड़ से मिलती है. इसकी खुशबू थोड़ी वुडी और मस्की होती है. ये बालों और स्कैल्प के लिए काफी फायदेमंद मानी जाती है. एक्सपर्ट Rretvika के अनुसार, नहाने के बाद धूप लेना सिर्फ बालों के लिए ही अच्छी नहीं होता है, बल्कि ये मन को सुकून देने वाली आदत भी मानी जाती है. इससे बॉडी बैलेंस रहती है और दिमाग भी शांत रहता है. इस धुएं की हल्की गर्माहट वट दोष को भी कंट्रोल करने में मदद करती है. ऐसा भी माना जाता है कि ये आसपास की नेगेटिव एनर्जी को भी दूर करता है. इस हर्बल स्मोक में नीम, तुलसी, गुग्गल के एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण भी शामिल हैं, जो सिर की गंदगी, बैक्टीरिया और पसीने को हटाने में भी मदद करते हैं. इस हर्बल स्मोक से बाल सुखाने पर स्कैल्प में ब्लड सर्कुलेशन अच्छे से होता है, जिससे हेयर फॉलिकल्स को पोषण मिलता है और जड़ें मजबूत होती हैं. अगर आप ज्यादा अच्छा रिजल्ट चाहते हैं, तो सूखे नीम के पत्ते या उपले में हर्ब्स मिलाकर भी इसका इस्तेमाल कर सकते हैं. क्या रोजाना करना चाहिए इसका प्रयोग? भले ही बालों के लिए यह तरीका काफी अच्छा और सुकून देने वाला लगे, लेकिन एक्सपर्ट Rretvika खुद इसे रोज की हेयर केयर रूटीन का हिस्सा नहीं मानती हैं. वह इसे सिर्फ एक रिलैक्स करने वाली प्रक्रिया के तौर पर अपनाती हैं. उन्होंने बताया कि वह इसे महीने में सिर्फ एक या दो बार ही करती हैं, हर बार बाल धोने के बाद नहीं. उनका कहना है कि गुग्गल या कपूर जैसे नेचुरल चीजों का धुआं अगर ज्यादा लिया जाए तो फेफड़ों के लिए अच्छा नहीं होता है. इसलिए इसे सीमित मात्रा में ही इस्तेमाल करना चाहिए. घर पर कैसे करें इस्तेमाल? भारतीय वेलनेस ब्रांड अनाहता ऑर्गेनिक के अनुसार, नैचुरल समब्रानी या लोबान कप का इस्तेमाल किया जा सकता है, जिन्हें धूनी (होल्डर) में जलाया जाता है. इसे किसी खुली और हवादार जगह, जैसे बालकनी में जलाएं ताकि अच्छे से धुआं निकल सके. नहाने के बाद हल्के गीले बालों को इस धुएं के ऊपर रखें, लेकिन ध्यान रखें कि बाल और धूनी के बीच करीब 15 से 25 सेंटीमीटर की दूरी हो. आखिरी में मोटे कंघे से बालों में कंघी कर लें, ताकि धुआं और उसमें मौजूद नैचुरल ऑयल्स बालों में अच्छे से फैल जाएं.

राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया का फतेहगढ़ साहिब दौरा, मथुरा घटना पर दुख व्यक्त कर सख्त कार्रवाई का किया वादा

फतेहगढ़ साहिब  पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने आज शनिवार ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री फतेहगढ़ साहिब में माथा टेककर श्रद्धा व्यक्त की। इस दौरान उन्होंने दशमेश पिता गुरु गोविंद सिंह जी के छोटे साहिबजादों—बाबा जोरावर सिंह, बाबा फतेह सिंह और माता गुजरी की महान शहादत को नमन किया। राज्यपाल ने गुरुद्वारा साहिब के मुख्य दरबार में अरदास की और पूरे विश्व में शांति, भाईचारे तथा मानवता की भलाई के लिए प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि फतेहगढ़ साहिब की पावन धरती न केवल पंजाब, बल्कि पूरे देश और विश्व के लिए प्रेरणा का केंद्र है। यहां की शहादत हमें अन्याय और अत्याचार के खिलाफ डटकर खड़े रहने तथा सच्चाई के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। इस अवसर पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रतिनिधियों और गुरुद्वारा प्रबंधन ने राज्यपाल को सिरोपाओ और श्री साहिब भेंट कर सम्मानित किया। राज्यपाल ने इस सम्मान के लिए आभार व्यक्त किया और सिख इतिहास की महान परंपराओं की सराहना की। मथुरा दुर्घटना पर दुख व्यक्त किया मीडिया से बातचीत के दौरान राज्यपाल कटारिया ने उत्तर प्रदेश के मथुरा में हाल ही में हुई घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह घटना बेहद पीड़ादायक है और इससे कई परिवार प्रभावित हुए हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस पूरे मामले की गहन जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सिख इतिहास के महान बलिदानियों को नमन किया उन्होंने कहा कि प्रशासन का कर्तव्य है कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता बनी रहे। राज्यपाल ने लोगों से भी अपील की कि वे सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत प्रशासन को दें। राज्यपाल के इस दौरे को श्रद्धा और संवेदना के प्रतीक के रूप में देखा जा रहा है। एक ओर जहां उन्होंने सिख इतिहास के महान बलिदानों को नमन किया, वहीं दूसरी ओर मथुरा की घटना पर दुख व्यक्त कर पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना जताई और न्याय का भरोसा दिलाया।

एसएसबी और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में नक्सली प्रदीप यादव पकड़ा गया

डुमरिया करीब डेढ़ दशक से फरार चल रहे कुख्यात नक्सली प्रदीप यादव को आखिरकार सुरक्षा बलों ने गिरफ्तार कर लिया। शुक्रवार को खुफिया सूचना के आधार पर एसएसबी और डुमरिया पुलिस की संयुक्त टीम ने सीमावर्ती रबदी गांव में छापेमारी कर उसे धर दबोचा। पुलिस इस गिरफ्तारी को बड़ी सफलता मान रही है। प्रदीप यादव मूल रूप से झारखंड का निवासी है लेकिन बिहार और कई पड़ोस के राज्यों में वह अपनी गतिविधियों को अंजाम देता था। वह अंधाधुंध फायरिंग में माहिर है। पुलिस पर हमले में भी वह एक्सपर्ट है। प्रदीप यादव की गिरफ्तारी के लिए एसएसबी की 29वीं वाहिनी के कार्यवाहक कमांडेंट रविशंकर कुमार और ‘सी’ समवाय डुमरिया के निरीक्षक मंतोष कुमार के नेतृत्व में विशेष अभियान चलाया गया। टीम ने सटीक घेराबंदी कर लंबे समय से फरार आरोपी को पकड़ने में सफलता हासिल की। गिरफ्तारी के बाद कड़ी सुरक्षा में उसे मुख्यालय लाया गया। गिरफ्तार नक्सली से पूछताछ की जा रही है। पुलिस पर की थी अंधाधुंध फायरिंग प्रदीप यादव झारखंड के पलामू जिले के नौडीहा बाजार थाना क्षेत्र के कोवल गांव का निवासी है लेकिन बिहार समेत आस पास के राज्यों में नक्सल गतिविधियों को ऑपरेट करता है। वह वर्ष 2012 में पुलिस और सीआरपीएफ की सर्चिंग पार्टी पर हुए जानलेवा हमले में शामिल था। इसके अलावा 24 जनवरी 2012 को बागपुर के पहाड़ी इलाके में हथियार लूटने की साजिश के तहत अपने साथियों के साथ अंधाधुंध फायरिंग की थी, जिसमें एक पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गया था। हालांकि, हथियार लूटने में उसे कामयाबी नहीं मिली। इस मामले में डुमरिया थाना में आर्म्स एक्ट और सीएलए के तहत प्राथमिकी दर्ज है। वर्षों तक फरारी के दौरान वह लगातार ठिकाना बदलता रहा और पुलिस को चकमा देता रहा। फिलहाल गिरफ्तारी के बाद उसे डुमरिया थाना को सौंप दिया गया है, जहां आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।पुलिस उसके पूरे दस्ते का सफाया करने की कार्रवाई में जुट गई है। केंद्र सरकार बिहार, झारखंड समेत अन्य राज्यों से नक्सल समस्या के समाधान के लिए कार्रवाई कर रही है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह कहते हैं कि जल्द ही देश को नक्सल मुक्त कर दिया जाएगा। पॉइंटर ● एसएसबी और डुमरिया पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में मिली सफलता ● 2012 में सीआरपीएफ-पुलिस पर हमले और फायरिंग में रहा था शामिल ● लंबे समय से ठिकाना बदलकर पुलिस को दे रहा था चकमा

नीतीश कुमार का राज्यसभा में प्रवेश, नेताओं ने दी बधाई

 पटना मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को राज्यसभा के सदस्य के रूप में शपथ ली। देश के उच्च सदन के सदस्य बनने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। कहा,नीतीश जी के लंबे राजनीतिक अनुभव से संसद की गरिमा और बढ़ेगी। भाजपा और जदयू के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में राज्यसभा के सभापति सी.पी. राधाकृष्णन ने एक संक्षिप्त समारोह में नीतीश कुमार को शपथ दिलाई। प्रधानमंत्री ने शुक्रवार को ट्वीट कर कहा है कि नीतीश कुमार जी देश के सबसे अनुभवी नेताओं में से एक हैं। सुशासन को लेकर उनकी प्रतिबद्धता की हर तरफ सराहना हुई है। उन्होंने बिहार के विकास में अमिट योगदान दिया है। उन्हें एक बार फिर संसद में देखना बहुत सुखद होगा। पीएम ने आगे कहा है कि सांसद और केंद्रीय मंत्री के रूप में भी नीतीश कुमार ने कई वर्षों तक अपनी सेवाएं दी हैं। बिहार को नीतीश कुमार ने जंगलराज से मुक्त कराया इधर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा है कि राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने पर नीतीश कुमार जी को हार्दिक शुभकामनाएं देता हूं। उन्होंने कहा है कि नीतीश कुमार ने सुशासन और विकास के विजन से बिहार को जंगलराज से मुक्त कर विकास के रास्ते पर आगे बढ़ाने का अभूतपूर्व कार्य किया है। अमित शाह ने कहा कि केंद्र में मंत्री से लेकर बिहार में लंबे समय तक सीएम तक, सार्वजनिक जीवन का उनका लंबा अनुभव अब संसद में नीतियां बनाने और विकसित भारत की निर्माण यात्रा को गति देने में अहम सिद्ध होने वाला है। नीतीश कुमार का संसदीय कार्यकाल और भी उपलब्धियों से भरा हो, यह कामना करता हूं। बधाइयों का तांता लगा बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने पर नीतीश कुमार को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार में सुशासन, विकास और सामाजिक न्याय की दिशा में ऐतिहासिक कार्य किया। न्याय के साथ विकास के मंत्र के साथ बिहार ने प्रगति और समावेशी विकास का नया अध्याय लिखा है। उपमुख्यमंत्री ने शुक्रवार को जारी बयान में कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में सुदृढ़ आधारभूत संरचना, बेहतर शिक्षा एवं स्वास्थ्य व्यवस्था, महिलाओं के सशक्तीकरण की प्रभावी पहल और मजबूत कानून-व्यवस्था ने राज्य को नई पहचान दी है। 2005 से पहले अदालत ने भी जिस बिहार को जंगलराज का उपमा दिया था, वहां नीतीश जी ने सुशासन स्थापित किया। आधी आबादी को सम्मान देने के लिए पंचायत और निकाय चुनाव में महिलाओं को 50% आरक्षण दिया गया, जो पूरे देश के लिए अनुकरणीय उदाहरण बना। जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष सांसद संजय कुमार झा ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार देश के उन विरले राजनीतिज्ञों में शामिल हो गए हैं, जिन्हें लोकतांत्रिक व्यवस्था के सभी सदनों का सदस्य रहने का गौरव प्राप्त है। स्पष्ट दृष्टि, दृढ़ इच्छाशक्ति और जनता के प्रति अथाह समर्पण के साथ नीतीश कुमार ने पिछले दो दशकों में बिहार को विकास और सुशासन की नई दिशा दी है। यही कारण है कि बिहार की जनता ने उन्हें बार-बार अपना विश्वास दिया शपथ लेने के बाद संसद परिसर में पत्रकारों से बात करते हुए नीतीश कुमार ने खुशी का इजहार किया। उन्होंने कहा, पहले तो हम यहीं थे। शपथग्रहण समारोह में जेपी नड्डा, निर्मला सीतारमण, राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह, रामनाथ ठाकुर अर्जुन राम मेघवाल, संजय कुमार झा, जयराम रमेश, सम्राट चौधरी, विजय चौधरी, अशोक चौधरी, राजीव प्रताप रूड़ी, संजय जायसवाल, कौशलेन्द्र कुमार, चन्देश्वर चन्द्रवंशी मौजूद थे।

वैभव सूर्यवंशी की तूफानी बैटिंग पर थरूर बोले- “होश उड़ा देने वाला टैलेंट”

नई दिल्ली  महज पंद्रह साल की उम्र में ही वैभव सूर्यवंशी ने मानो वो मुकाम हासिल कर लिया है, जो बड़े-बड़े क्रिकेटरों को भी नहीं मिल पाता। जी हां, वैभव ने अपनी तूफानी बल्लेबाजी के दम पर क्रिकेट फैंस को अपना मुरीद बना लिया है। जिस तरह से आईपीएल 2026 के इस सीजन में उनका बल्ला बोल रहा उसकी तारीफ खेल जगत की हस्तियां ही नहीं कर रही, बल्कि राजनीति के दिग्गज भी इस युवा खिलाड़ी के दमखम को जमकर सराह रहे हैं। हम बात कर रहे कांग्रेस सांसद शशि थरूर की जिन्होंने युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी की प्रशंसा में बेहद खास पोस्ट लिखी है। शशि थरूर ने वैभव सूर्यवंशी को सराहा केरल के तिरुवनंतपुरम से सांसद थरूर ने अपनी पोस्ट में वैभव की जबरदस्त बैटिंग को जमकर सराहा है। उन्होंने लिखा- जब भी वह स्ट्राइक लेते हैं, तो बाहर की दुनिया मानो थम सी जाती है: मैं सब कुछ छोड़कर बस उनकी हर गेंद को देखने लगता हूं। थरूर ने ये वैभव की तारीफ में ये पोस्ट गुरुवार देर रात उस समय लिखी जब आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ वैभव ने 26 गेंद में 78 रन बनाकर राजस्थान रॉयल्स को छह विकेट से जीत दिलाई। वैभव ने इस दौरान जिस तरह से गेंद बाउंड्री के पार पहुंचाई उसे देखकर शशि थरूर बेहद उत्साहित नजर आए। 'वह सचमुच होश उड़ा देने वाला है' कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने एक्स पर पोस्ट में लिखा 'अरे! वैभव सूर्यवंशी, अभी-अभी आउट हुए हैं। उन्हें विराट कोहली ने कैच किया। अब तो कुछ और काम शुरू कर ही देना चाहिए, जैसे कि ट्वीट करना!' इसके बाद कांग्रेस नेता ने आगे लिखा कि 'युवा सूर्यवंशी की जबरदस्त तरक्की को देखना सचमुच एक कमाल की बात है। 15 साल के इस अद्भुत खिलाड़ी को क्रीज पर खेलते देखना, खेल के विकास का एक बेहतरीन उदाहरण है। उनके बल्ले की जो जबरदस्त रफ्तार है, साथ ही टाइमिंग और ताकत का जो लगभग जादुई अंदाज़ है, वह सचमुच होश उड़ा देने वाला है।' थरूर बोले- सचमुच बेहद रोमांचक वैभव सूर्यवंशी की तारीफ करते हुए शशि थरूर ने आगे लिखा, 'वह सिर्फ क्रिकेट नहीं खेल रहे हैं; वह असल में नई पीढ़ी के लिए बैटिंग की कला को एक नया रूप दे रहे हैं। जब भी वह स्ट्राइक लेते हैं, तो बाहर की दुनिया मानो थम सी जाती है। मैं सब कुछ छोड़कर बस उनकी हर गेंद को देखने लगता हूं। हम अपनी आँखों के सामने एक दुर्लभ, अपनी पीढ़ी के सबसे बेहतरीन खिलाड़ी को उभरते हुए देख रहे हैं। सचमुच बहुत रोमांचक!#IPL2026' 15 गेंद में अर्धशतक, वैभव बने मैन ऑफ द मैच     आईपीएल 2026 के 16वें मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की भिड़ंत शुक्रवार को बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में राजस्थान रॉयल्स के साथ हुई।     इस मैच में 15 वर्षीय बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने तूफानी बल्लेबाजी करते हुए सिर्फ 15 गेंदों में अर्धशतक लगाया।     उन्होंने अपनी ताबड़तोड़ पारी में कई बड़े रिकॉर्ड्स अपने नाम किए।     वैभव ने मात्र 26 गेंदों पर 7 छक्कों और 8 चौकों की मदद से 78 रनों की पारी खेली।     अपनी टीम को 6 विकेट से जीत दिलाने में बड़ी भूमिका निभाई।     वैभव को उनकी विस्फोटक पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।     वैभव अब ऑरेंज कैप होल्डर भी हैं। उन्होंने सीजन में अब तक खेले 4 मैचों में 200 रन बनाए हैं।