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9 साल का सुनहरा सफर खत्म: Mohamed Salah छोड़ेंगे Liverpool FC, फैंस भावुक

नई दिल्ली दिग्गज फुटबॉलर मोहम्मद सलाह ने लिवरपूल एफसी को छोड़ने की घोषणा कर दी है। इस सीजन के अंत के साथ ही उनका लिवरपूल के साथ कॉन्ट्रैक्ट समाप्त हो जाएगा। उनके कॉन्ट्रैक्ट का नवीनीकरण नहीं होगा। इसकी घोषणा उनके साथ ही क्लब ने भी कर दी है। मोहम्मद सलाह सोशल मीडिया के जरिए यह जानकारी दी। अपने भावुक वीडियो संदेश में उन्होंने कहा कि वह चाहते थे कि उनके समर्थक यह खबर सीधे उनसे सुनें। उन्होंने इसे अपने ‘फेयरवेल का पहला हिस्सा’ बताया, जो दर्शाता है कि आने वाले समय में और भी विदाई संदेश सामने आ सकते हैं। 33 साल के सलाह 2017 में एसएस रोमा से लगभग 50 मिलियन डॉलर में लिवरपूल आए थे। उन्होंने 435 मैचों में 255 गोल किए, जिससे वह क्लब के ऑल-टाइम टॉप स्कोरर्स में तीसरे स्थान पर पहुंच गए। सलाह ने अपना नाम क्लब के महान खिलाड़ियों में दर्ज करा लिया है। लिवरपूल में अपने नौ साल के करियर के दौरान, सलाह ने टीम को कई ऐतिहासिक सफलताएं दिलाईं। क्लब की प्रीमियर लीग, यूईएफए चैंपियंस लीग, एफए कप, लीग कप, क्लब वर्ल्ड कप और यूईएफए सुपर कप जैसी बड़ी खिताबी जीत में सलाह का अहम योगदान रहा। व्यक्तिगत उपलब्धियों की बात करें तो सलाह ने चार बार प्रीमियर लीग गोल्डन बूट जीता, जिससे उन्होंने थियरी हेनरी के रिकॉर्ड की बराबरी की। 2017-18 का उनका पहला सीजन, जिसमें उन्होंने 44 गोल किए, आज भी प्रीमियर लीग इतिहास के सबसे शानदार व्यक्तिगत प्रदर्शनों में गिना जाता है। अपने विदाई संदेश में सालाह ने क्लब, शहर और फैंस के प्रति गहरी भावनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने कहा कि लिवरपूल उनके लिए सिर्फ एक क्लब नहीं, बल्कि एक भावना, इतिहास और आत्मा है। उन्होंने उन पलों को याद किया जब टीम ने जीत का जश्न मनाया और कठिन समय में साथ खड़ी रही। सलाह का अलग होना लिवरपूल के लिए एक बड़ा झटका है।  

‘शीशमहल’ विवाद गरमाया: महंगे पर्दों के पीछे छुपी हकीकत पर रेखा गुप्ता का तंज

नई दिल्ली दिल्ली विधानसभा में बजट सत्र के दौरान सीएजी पर चर्चा करते हुए सीएम रेखा गुप्ता ने आम आदमी पार्टी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह चर्चा उस सुनियोजित धोखे की है जिस रिपोर्ट को केजरीवाल ने रोके रखा। आम आदमी बनकर उन्होंने दिल्ली के लोगों को ठगा। रेखा गुप्ता ने शायराना अंदाज में तंज कसा- दिल्ली वाले कह रहे होंगे कि वो जहर देता तो सबकी नजरों में आ जाता, उसने दवा देना बंद कर दिया। सीएम रेखा गुप्ता ने 'शीशमहल' को लेकर केजरीवाल को निशाने पर लिया। आरोप लगाया कि वे शीला दीक्षित के घर के 10 एसी वाले घर पर हंगामा करते थे। आज उनके 'शीशमहल' में 50 एसी और 70 पंखे मिले। एक करोड़ के पर्दे और 18 लाख की कॉफी मशीन मिली। दिल्लीवासियों को बेवकूफ बनाया रेखा गुप्ता ने विधानसभा में सीएजी पर चर्चा के दौरान कहा कि वास्तव में वह (अरविंद केजरीवाल) राजा बनकर दिल्ली वालों को दास समझते थे। दिल्ली की जानता को बेवक़ूफ बनाते थे। शीला दीक्षित के घर में लगे दस एसी को लेकर वह ताने मारते थे, आज अपने घर में पचास एसी लगाने को लेकर वह क्या कहेंगे। जब लोग मर रहे थे, केजरीवाल बना रहे थे शीशमहल अरविंद केजरीवाल कहते थे कि उन्हें कुछ नहीं चाहिए लेकिन वास्तव में उन्हें सब कुछ चाहिए था। देश में जब लाखों लोग मार रहे थे, दिल्ली में हजारों लोग मार रहे थे, तब अरविंद केजरीवाल अपना शानदार घर बना रहे थे। उन्होंने अस्पताल बनाना प्राथमिकता नहीं लगी। उनके यहाँ खाना नीचे से ऊपर ले जाने के लिए लिफ्ट लगाई। 18 लाख की कॉफ़ी मशीन लगाई। मुझे प्रवेश एक दिन घर दिखाने के लिए ले गए। वहाँ घूमकर मुझे लगा कि मैं धर्मशाला में रहती हूं। दिल्ली को सड़क, फ्लाईओवर चाहिए थे, केजरीवाल ने महल बनाया मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि दिल्ली को फ्लाईओवर, सड़क, अस्पताल, स्कूल चाहिए थे, लेकिन केजरीवाल ने अपना घर बनाने पर ज़्यादा ध्यान दिया। करोड़ों रुपये सलाहकार को दिए गए। ठेकेदार को चुनकर काम सौंपा गया। उन्हें पता था चीफ इंजीनियर की शक्ति दस करोड़ की है। इसलिए ऊपर अनुमति के लिए गए ही नहीं। आठ करोड़ का टेंडर कैसे 62 करोड़ में बदल गया। और नेताओं ने भी अपने यहां करोड़ों रुपये खर्च किए। सचिवालय में बना मुख्यमंत्री कार्यालय भी एक महल के समान है। जो अरविंद केजरीवाल ने बनवाया है। जानता के साथ उन्होंने गुनाह किया है। रेखा गुप्ता आगे कहा कि मनीष सिसोदिया, राजेंद्र पाल गौतम, रामनिवास गोयल, इमरान हुसैन, राखी बिदकना आदि ने भी अपने घरों पर करोड़ों रुपये खर्च किए। इस रिपोर्ट पर सख्त करवाई की मांग मुख्यमंत्री ने की। इसके साथ ही उन्होंने इसे पीएसी में भेजने की माँग की है।

नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात

रायपुर नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने नगर पंचायत बोड़ला को विकास की नई दिशा देते हुए 6 करोड़ रुपए से अधिक से विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की बड़ी सौगात दी। स्थानीय हॉकी खेल मैदान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने विधिपूर्वक पूजा-अर्चना कर विभिन्न निर्माण कार्यों का भूमिपूजन किया तथा डॉ. भीमराव अंबेडकर भवन पहुंचकर कार्यों का लोकार्पण भी किया।  नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात         इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों को सुविधाओं से सुसज्जित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि खेल सुविधाओं के विस्तार, बुनियादी ढांचे के सुदृढ़ीकरण और सामुदायिक विकास को गति देने के उद्देश्य से किए जा रहे ये कार्य क्षेत्र के समग्र विकास में मील का पत्थर साबित होंगे। उन्होंने कहा कि यह सौगात बोड़ला के आने वाले वर्षों को विकास की दिशा प्रदान करेगी। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष  ईश्वरी साहू, नगर पंचायत बोड़ला के अध्यक्ष  विजय पाटिल,  नितेश अग्रवाल, उपाध्यक्ष नगर पंचायत  लव निर्मलकर, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष  विदेशी राम धुर्वे,  नन्द वास,  मोहन धुर्वे,  राम किंकर वर्मा,  एम. डी. ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात          उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने कहा कि बोड़ला नगर में अब बांध से पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की गई है, जहां पानी फिल्टर प्लांट के माध्यम से शुद्ध होकर घर-घर तक पहुंचेगा। उन्होंने इसे नगरवासियों की लंबे समय से चली आ रही महत्वपूर्ण मांग की पूर्ति बताया और कहा कि ग्रेविटी आधारित यह जल व्यवस्था न केवल सुविधाजनक है, बल्कि टिकाऊ और प्रभावी भी है। पेयजल की बेहतर व्यवस्था और नगर को उन्नत बनाना शासन की प्राथमिकता है। नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात           उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने कहा कि बस्तर क्षेत्र में कभी नक्सली जंगलों में बंदूक लेकर घूमते थे, लेकिन अब नक्सल पुनर्वास नीति के तहत वे मुख्यधारा में लौट रहे हैं। उन्होंने बताया कि जो लोग पहले हिंसा के रास्ते पर थे, वे आज लोकतांत्रिक व्यवस्था को समझने के लिए विधानसभा तक पहुंच रहे हैं और वहां की कार्यवाही देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी की घोषणा और केंद्रीय गृह मंत्री  अमित शाह के 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद समाप्त करने के संकल्प को प्रदेश में मजबूती से लागू किया गया है। मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने इस दिशा में कार्य करने के लिए पूरी स्वतंत्रता दी है। उन्होंने बताया कि अब तक 600 से अधिक पुनर्वासित नक्सली विधानसभा का भ्रमण कर चुके हैं और लोकतंत्र की प्रक्रिया को करीब से समझ रहे हैं, जबकि ढाई हजार से अधिक नक्सली पुनर्वास योजना के तहत मुख्यधारा में लौट चुके हैं।            उपमुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार बनने के बाद पहली बार बाहरी व्यक्ति की पहचान के लिए सुनियोजित प्रक्रिया शुरू की गई है। इसके तहत प्रत्येक जिले में टास्क फोर्स का गठन किया गया और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने के लिए टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया। उन्होंने बताया कि प्राप्त सूचनाओं के आधार पर बाहरी व्यक्ति का चिन्हांकन कर उनकी पहचान सुनिश्चित करते हुए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।  5.12 करोड़ रुपए के विकास कार्यों का हुआ भूमिपूजन          प्रदेश के उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने नगर पंचायत बोड़ला में 512.56 लाख रुपए की लागत से विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों का विधिवत भूमिपूजन किया। इनमें वार्ड क्रमांक 02 में 146.83 लाख रुपए की लागत से उन्नत (हॉकी) खेल मैदान निर्माण प्रमुख है। इसके अलावा वार्ड क्रमांक 10 में विवेकानंद तालाब से निकासी नाला तक 48.95 लाख रुपए की आर.सी.सी. नाली एवं कांस कल्वर्ट निर्माण, 28.53 लाख रुपए की लागत से शौचालय निर्माण, 6.00 लाख रुपए से सामुदायिक भवन के पास प्रवेश द्वार निर्माण तथा 18.20 लाख रुपए से सामुदायिक भवन का अतिरिक्त निर्माण एवं नवीनीकरण कार्य शामिल हैं। इसी क्रम में 97.42 लाख रुपए से राष्ट्रीय राजमार्ग दुर्ग मंदिर से स्टेडियम तक सी.सी. रोड एवं आर.सी.सी. नाली निर्माण, 13.80 लाख रुपए से ओवरहेड टैंक निर्माण, 4.62 लाख रुपए से शेड निर्माण, 8.90 लाख रुपए से पेवर ब्लॉक (फुटपाथ) निर्माण, 6.40 लाख रुपए से विवेकानंद तालाब के पास हॉल निर्माण, 9.27 लाख रुपए से हाई मास्ट लाइट स्थापना, 72.74 लाख रुपए से एन.एच.-30 पुलिया से विवेकानंद सरोवर तक नाली एवं रोड चौड़ीकरण, 46.90 लाख रुपए से बाउंड्रीवाल निर्माण तथा वार्ड क्रमांक 06 में 4.00 लाख रुपए से चौक निर्माण कार्य शामिल हैं। 90 लाख रुपए से अधिक के निर्माण कार्यों का किया लोकार्पण          उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने इस अवसर पर 90 लाख रुपए से अधिक की लागत के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण भी किया। इसके अंतर्गत 73.44 लाख रुपए से निर्मित डॉ. भीमराव अंबेडकर सर्वसुविधायुक्त भवन का लोकार्पण किया गया। इसके साथ ही 10.00 लाख रुपए की लागत से यादव समाज के पास निर्मित सामुदायिक भवन तथा 6.50 लाख रुपए से वार्ड क्रमांक 14 में साहू समाज के पास पानी टंकी के समीप निर्मित सामुदायिक भवन का लोकार्पण भी किया गया। इन कार्यों के पूर्ण होने से नगर पंचायत बोड़ला में नागरिकों को बेहतर आधारभूत एवं सामुदायिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी तथा क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी।

झारखंड में रामनवमी की छुट्टी में बदलाव, जानें अब कब मिलेगी छुट्टी

रांची झारखंड में शुक्रवार यानी 27 मार्च को रामनवमी का त्यौहार मनाया जा रहा है। रामनवमी के पर्व को लेकर झारखंड सरकार ने छुट्टी की तारीख में बदलाव किया है। पहले घोषित तारीख में संशोधन करते हुए अब नई तिथि तय की गई है। 27 मार्च को रामनवमी का अवकाश घोषित राज्य सरकार ने रामनवमी की छुट्टी को 26 मार्च से बदलकर अब 27 मार्च कर दिया है। पहले जारी सरकारी सूची में 26 मार्च को रामनवमी के मौके पर एनआईए एक्ट के तहत अवकाश घोषित किया गया था, लेकिन इस साल रामनवमी 27 मार्च को पड़ रही है। इसी दिन रांची समेत राज्य के कई शहरों और क्षेत्रों में शोभा यात्रा भी निकाली जाएगी। इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार ने छुट्टी की तारीख में बदलाव करते हुए 27 मार्च को रामनवमी का अवकाश घोषित किया है।  

फतेहगढ़ साहिब बनेगा राजनीतिक केंद्र: 28 मार्च को CM मान और केजरीवाल का बड़ा दौरा

चंडीगढ़ 28 मार्च 2026 को सरहिंद में मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल की बड़ी रैली प्रस्तावित। विधायक लखबीर सिंह राय ने तैयारियों और जनभागीदारी का आह्वान किया। सरहिंद में बड़ी राजनीतिक रैली का ऐलान पंजाब की राजनीति में 28 मार्च 2026 का दिन अहम रहने वाला है, जब Bhagwant Mann और Arvind Kejriwal सरहिंद के अनाज मंडी में एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। इस दौरे को लेकर स्थानीय स्तर पर तैयारियां तेज कर दी गई हैं और इसे शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। विधायक लखबीर सिंह राय ने दी जानकारी फतेहगढ़ साहिब से विधायक Lakhbir Singh Rai ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि यह रैली क्षेत्र के लिए गर्व का अवसर है। उन्होंने कहा कि इतने बड़े स्तर की सभा में इलाके को अपनी एकता, भाईचारा और सामाजिक समरसता दिखाने का मौका मिलेगा। जनभागीदारी बढ़ाने का आह्वान विधायक राय ने सभी पंचायत प्रतिनिधियों, सरपंचों, पार्षदों, ब्लॉक समिति और जिला परिषद के सदस्यों के साथ-साथ आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं और वॉलंटियर्स से अपील की है कि वे इस रैली में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। उनका कहना है कि सामूहिक प्रयास से ही इस आयोजन को ऐतिहासिक बनाया जा सकता है। चार साल के विकास कार्यों का लेखा-जोखा रैली के दौरान पिछले चार वर्षों में क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का विवरण भी प्रस्तुत किया जाएगा। विधायक ने कहा कि उन्होंने एक सेवक के रूप में बिना भेदभाव के काम किया है और आगे भी क्षेत्र के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध रहेंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में राजनीति से ऊपर उठकर जनता की भलाई को प्राथमिकता दी गई है। राजनीतिक और सामाजिक संदेश यह रैली केवल राजनीतिक आयोजन नहीं बल्कि सामाजिक एकजुटता का भी संदेश देगी। इसमें बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्रीय राजनीति में इसका असर देखने को मिल सकता है। सरहिंद की यह सभा आगामी रणनीतियों और जनसमर्थन को मजबूत करने का मंच बनेगी।

ऊर्जा संकट पर बड़ा अपडेट: सरकार बोली—भंडार पर्याप्त, सप्लाई के लिए कई जहाज रवाना

नई दिल्ली संसद के मौजूदा बजट सत्र के बीच केंद्र सरकार ने बुधवार (25 मार्च) को एक सर्वदलीय बैठक की, जिसमें पश्चिम एशिया के हालात और उसके भारत पर प्रभाव को लेकर चर्चा की गई। बैठक में सरकार ने भरोसा दिलाया कि भारत के पास पर्याप्त ऊर्जा भंडार हैं और कई जहाज अभी रास्ते में हैं। सरकार ने सभी दलों को आश्वस्त किया कि तेल और गैस को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है। यह बैठक करीब 1 घंटे 45 मिनट तक चली, जिसमें सरकार ने सभी दलों के नेताओं को भरोसा दिलाया कि देश की ऊर्जा सुरक्षा की स्थिति स्थिर और नियंत्रण में है। सूत्रों ने बताया कि सरकार ने विपक्ष को जानकारी दी कि "पर्याप्त ऊर्जा सुरक्षा" मौजूद है और भारत की ऊर्जा ज़रूरतें पूरी हो रही हैं। सरकार ने यह भी कहा कि वह कई देशों के साथ बातचीत कर रही है और पहले ही एडवांस बुकिंग कर चुकी है, साथ ही वह लगातार आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए अपने संबंधों का विस्तार भी कर रही है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू, पेट्रोलियम मंत्री हरदीप पुरी और विदेश सचिव विक्रम मिस्री मौजूद थे। इनके अलावा वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल, सूचना और प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव भी इस बैठक में मौजूद थे। TMC से नहीं कोई मौजूद अन्य पार्टियों के नेताओं में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता तारिक अनवर एवं मुकुल वासनिक तथा कई अन्य नेता शामिल हुए। इनके अलावा BJD के सस्मित पात्रा, JDU के ललन सिंह, समाजवादी पार्टी के धर्मेंद्र यादव और CPIM से जॉन ब्रिटास भी इस बैठक में मौजूद थे। YSR कांग्रेस पार्टी और जनसेना पार्टी के नेता भी सर्वदलीय बैठक में शामिल थे। खास बात यह है कि तृणमूल कांग्रेस का कोई भी प्रतिनिधि बैठक में मौजूद नहीं था। TMC सांसद सौगत रॉय ने बताया कि पार्टी बैठक में शामिल नहीं हो सकी, क्योंकि पार्टी का कोई भी नेता दिल्ली में उपलब्ध नहीं था। विपक्ष ने की थी सर्वदलीय बैठक की मांग बता दें कि विपक्ष ने पश्चिम एशिया की स्थिति पर संसद में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के वक्तव्य के बाद इस मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक की मांग उठाई थी। कांग्रेस और कई अन्य विपक्षी दल पश्चिम एशिया युद्ध और इसके भारत पर प्रभाव को लेकर सरकार से लगातार सवाल कर रहे हैं। राज्यसभा में मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि पश्चिम एशिया में छिड़े वर्तमान संघर्ष के कारण उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए अधिकार संपन्न सात नये समूहों का गठन किया गया है जो एलपीजी, आवश्यक सेवाओं एवं वस्तुओं की आपूर्ति एवं विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े अन्य विषयों का नियमित आकलन कर सुझाव देंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और इसके कारण भारत के सामने आई चुनौतियों पर राज्यसभा में अपनी ओर से वक्तव्य देते हुए कहा था कि तीन सप्ताह से अधिक का समय हो चुका है तथा इस युद्ध ने विश्व में गंभीर ऊर्जा संकट पैदा कर दिया है। मोदी ने सोमवार को लोकसभा में कहा था कि पश्चिम एशिया में संघर्ष से पैदा हुए अप्रत्याशित संकट का प्रभाव लंबे समय तक रहने वाला है जिससे निपटने के लिए सरकार पूरी तरह तत्पर है।

अब PNG है तो LPG नहीं: गैस संकट के बीच सरकार ने बदले नियम

नई दिल्ली केंद्र सरकार ने रसोई गैस को लेकर एक बड़ा फैसला लिया है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एक नया निर्देश जारी किया है जिसके अनुसार जिन इलाकों में पाइप्ड नैचुरल गैस यानी PNG की सुविधा उपलब्ध है, वहां अगर लोग LPG सिलेंडर से PNG पर शिफ्ट नहीं करते हैं, तो उनकी LPG सप्लाई बंद की जा सकती है। सरकार का कहना है कि यह कदम देश में गैस नेटवर्क को तेजी से बढ़ाने और एक ही ईंधन पर निर्भरता कम करने के लिए उठाया गया है। पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के कारण LPG सप्लाई पर असर पड़ा है, जिससे देश में इसकी कमी देखने को मिल रही है। ऐसे में सरकार अब लोगों को PNG अपनाने के लिए कह रही है, जो पाइप के जरिए सीधे घर तक लगातार मिलती है और सिलेंडर बुक करने की झंझट भी खत्म कर देती है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा जारी नए नियम के मुताबिक, अगर किसी घर में PNG उपलब्ध होने के बावजूद तीन महीने के भीतर कनेक्शन नहीं लिया जाता है, तो LPG सप्लाई बंद की जा सकती है। सरकार का असली उद्देश्य क्या है? सरकार के इस फैसले के पीछे मुख्य उद्देश्य गैस सप्लाई सिस्टम को ज्यादा संतुलित और मजबूत बनाना है। जिन इलाकों में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) की सुविधा पहले से उपलब्ध है, वहां LPG के उपयोग को कम करके उस गैस को उन क्षेत्रों तक पहुंचाना है जहां अभी पाइपलाइन नेटवर्क नहीं है। इसके साथ ही सरकार “फ्यूल डाइवर्सिफिकेशन” को बढ़ावा देना चाहती है, ताकि देश किसी एक ही सोर्स पर निर्भर न रहे, खासकर ऐसे समय में जब ग्लोबल लेवल पर सप्लाई में रुकावटें आ रही हैं। पाइपलाइन गैस को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने किए ये बड़े बदलाव सरकार ने पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) नेटवर्क को तेजी से फैलाने के लिए नियमों को काफी आसान बना दिया है। अब पाइपलाइन बिछाने के लिए जरूरी मंजूरियों को सरल कर दिया गया है और अलग-अलग जगहों पर लगने वाले चार्जेस को स्टैंडर्ड किया गया है, ताकि कंपनियों को अनावश्यक देरी या अतिरिक्त खर्च का सामना न करना पड़े। सबसे बड़ा बदलाव यह है कि अगर तय समय के अंदर कोई सरकारी विभाग अनुमति नहीं देता, तो उसे अपने आप मंजूरी मान लिया जाएगा। इन स्थिति में बंद नहीं होगी LPG अगर किसी घर तक पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन देना तकनीकी रूप से संभव नहीं है, तो उस स्थिति में संबंधित अधिकृत कंपनी उपभोक्ता को नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) जारी करेगी। ऐसे मामलों में उस घर की LPG सप्लाई जारी रहेगी और उसे बंद नहीं किया जाएगा। हालांकि, कंपनी को यह स्पष्ट रिकॉर्ड रखना होगा कि PNG कनेक्शन क्यों नहीं दिया जा सका। साथ ही, जैसे ही भविष्य में उस इलाके में PNG कनेक्शन देना संभव हो जाएगा, यह NOC वापस लिया जा सकता है और फिर उपभोक्ता को PNG पर स्विच करना पड़ सकता है। यानी जहां PNG लगाना संभव नहीं है, वहां लोगों को LPG से राहत मिलती रहेगी। PNG के फायदे सरकार PNG को बढ़ावा इसलिए दे रही है क्योंकि यह LPG के मुकाबले ज्यादा सुरक्षित और सुविधाजनक है। PNG में गैस सीधे पाइप के जरिए घर तक पहुंचती है, जिससे सिलेंडर बदलने की जरूरत नहीं पड़ती। इसके अलावा, इसमें लीकेज का खतरा भी कम होता है और यह लगातार उपलब्ध रहती है। साथ ही, PNG का इस्तेमाल पर्यावरण के लिए भी बेहतर माना जाता है।  

लापरवाही पड़ी भारी! जल जीवन मिशन में गड़बड़ी पर 26 इंजीनियरों पर गिरी गाज

लखनऊ प्रदेश के हर ग्रामीण घर तक नल से जल पहुंचाने के लिए मिशन मोड में कार्य कर रहे ग्रामीण जलापूर्ति विभाग ने काम में लापरवाही बरतने वाले इंजीनियरों-कर्मचारियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। जल जीवन मिशन परियोजना के कार्यों में लेटलतीफी, लापरवाही करने वाले 26 इंजीनियरों पर निलंबन, विभागीय कार्रवाई, कारण बताओ नोटिस जैसी कार्रवाइयों की गाज गिरी है। नमामि गंगे विभाग के अपर मुख्य सचिव अनुराग श्रीवास्तव ने अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, और जूनियर इंजीनियर रैंक के 12 इंजीनियरों को निलंबित कर दिया है।  वहीं, चार अधिशासी अभियंताओं के खिलाफ विभागीय अनुशासनिक जांच कराने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा परियोजना के कार्यों में धीमी प्रगति को लेकर तीन अधिशासी अभियंताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। साथ ही विभिन्न योजनाओं से शिकायत मिलने के बाद सात इंजीनियरों का तबादला कर दिया गया है। हाल के दिनों में लेटलतीफी के मामले में जल निगम कर्मियों के खिलाफ यह सबसे बड़ी कार्रवाई है। नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग के अपर मुख्य सचिव अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कुशल नेतृत्व में राज्य सरकार हर ग्रामीण घर तक नल से जल पहुंचाने के लिए मिशन मोड पर काम कर रही है। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अगर कर्मचारी अपनी कार्यशैली में सुधार नहीं करते हैं, तो बर्खास्तगी का भी एक्शन लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जनहित से जुड़े कार्यों में पूर्ण पारदर्शिता एवं उत्तरवायित्व सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। किसी भी स्तर पर लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। जल निगम ग्रामीण विभाग ने जिन कर्मचारियों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की है, उसमें लखीमपुर खीरी के अधिशासी अभियंता अविनाश गुप्ता, जौनपुर के अधिशासी अभियंता सौमित्र श्रीवास्तव, गाजीपुर के अधिशासी अभियंता मो. कासिम हाशमी, चंदौली के कार्यवाहक अधिशासी अभियंता अमित राजपूत, चंदौली के सहायक अभियंता सीताराम यादव, बिजनौर के सहायक अभियंता अकबर हसन, औरैया के जूनियर इंजीनियर अनुराग गोयल, हाथरस के कुलदीप कुमार सिंह, आजमगढ़ के राजेन्द्र कुमार यादव, बरेली के रूप चन्द्र, बाराबंकी के जूनियर इंजीनियर अवनीश प्रताप सिंह और कुशीनगर के कार्यवाहक खंडीय लेखाकार धर्मप्रकाश महेश्वरी शामिल हैं। जल निगम ग्रामीण विभाग ने चार इंजिनियरों के खिलाफ विभागीय अनुशासनिक जांच के आदेश दिए हैं। इसमें औरैया के अधिशासी अभियंता अमन यादव, मैनपुरी के अधिशासी अभियंता अंकित यादव, प्रयागराज के अधिशासी अभियंता प्रवीण कुट्टी, और शामली के कार्यवाहक अधिशासी अभियंता फूल सिंह यादव शामिल हैं। इसके अलावा, तीन गाजियाबाद के अधिशासी अभियंता भारत भूषण, आगरा में तैनात अमित कुमार और मीरजापुर में तैनात राजेश कुमार गुप्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। सहायक अभियंता विपिन कुमार वर्मा को प्रतापगढ़ से चंदौली स्थानांतरित कर दिया गया है। रामपुर में तैनात मो. असजद को रामपुर से चंदौली, प्रदीप कुमार मिश्रा को बाराबंकी से बिजनौर, उदयराज गुप्ता को चंदौली से रामपुर, अमित कुमार को शामली से बाराबंकी, चन्द्र बोध त्यागी को मैनपुरी से आजमगढ, और जूनियर इंजीनियर अजय कुमार को कौशांबी से आजमगढ़ स्थानांतरित कर दिया गया है।

न्यूजीलैंड ने 4-1 से जीती सीरीज, 5वें टी20 में दक्षिण अफ्रीका को 92 रन से हराया

क्राइस्टचर्च न्यूजीलैंड महिला क्रिकेट टीम ने कप्तान अमेलिया केर की तूफानी शतकीय पारी की बदौलत दक्षिण अफ्रीका को क्राइस्टचर्च में खेले गए पांचवें टी20 में 92 रन के बड़े अंतर से हरा दिया। इस जीत के साथ ही न्यूजीलैंड ने सीरीज 4-1 से अपने नाम कर ली। दक्षिण अफ्रीका ने टॉस जीतकर गेंदबाजी का फैसला किया था। पहले बल्लेबाजी करने उतरी न्यूजीलैंड ने कप्तान अमेलिया केर के 55 गेंदों पर 19 चौकों और 1 छक्कों की मदद से बनाए 105 रन की बदौलत 6 विकेट के नुकसान पर 194 रन बनाए थे। जॉर्जिया प्लिमर ने 26 गेंदों पर 27 और ब्रूक हॉलिडे ने 24 गेंदों पर 26 रन की पारी खेली थी। दक्षिण अफ्रीका के लिए अयाबोंगा खाका ने 4 ओवर में 32 रन देकर 3 विकेट लिए। तुमी सेखुखुने ने भी 3 ओवर में 32 रन देकर 3 विकेट लिए। 195 रन का लक्ष्य हासिल करने उतरी दक्षिण अफ्रीका की पारी शुरुआत में ही लड़खड़ा गई। टीम ने अपने शुरुआती 4 विकेट 40 रन पर गंवा दिए थे। शुरुआती झटकों से दक्षिण अफ्रीका कभी ऊबर नहीं सकी और 20 ओवर में 9 विकेट के नुकसान पर 102 रन ही बना सकी और मैच 92 रन से बड़े अंतर से हार गई। न्यूजीलैंड के लिए ली ताहुहु ने शानदार गेंदबाजी की और 4 ओवर में 15 रन देकर 3 विकेट लिए। सोफी डिवाइन ने 2 ओवर में 8 रन देकर 2 और कप्तान अमेलिया केर ने 3 ओवर में 6 रन देकर 2 विकेट लिए। नैंसी पटेल और फ्लोरा डेवनशायर को 1-1 विकेट मिला। 105 रन बनाने और 2 विकेट लेने वाली कीवी कप्तान अमेलिया केर प्लेयर ऑफ द मैच रहीं। अमेलिया को ही सीरीज का श्रेष्ठ खिलाड़ी भी चुना गया। केर ने सीरीज में 5 विकेट लेने के अलावा 276 रन बनाए।  

बड़ी जिम्मेदारी! Rinku Singh को मिला रीजनल स्पोर्ट्स ऑफिसर पद, जानें वेतन और कामकाज

नई दिल्ली स्‍टार क्रिकेटर रिंकू सिंह अब क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी बन गए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उन्‍हें जल्‍द नियुक्ति पत्र देंगे। आईपीएल 2026 की तैयारियों में जुटे रिंकू मंगलवार को नियुक्ति पत्र नहीं ले सके। वह जल्द ही मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपना नियुक्ति पत्र प्राप्त करेंगे। इससे पहले मंगलवार को रिंकू सिंह को दोहरी खुशखबरी मिली थी। उन्हें आईपीएल 2026 सीजन से पहले कोलकाता नाइट राइडर्स की उप-कप्तानी सौंपी गई। फिर उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उन्हें क्षेत्रीय खेल अधिकारी नियुक्त किया गया। केकेआर के अहम प्‍लेयर हैं रिंकू रिंकू सिंह अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी और शानदार फील्डिंग के दम पर केकेआर के लिए अहम खिलाड़ी रहे हैं। वह 2026 टी20 विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम का भी हिस्सा थे। भारत ने अहमदाबाद में खेले गए फाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड को हराकर अपना तीसरा टी20 विश्व कप खिताब जीता था। इससे पहले भारत ने 2007 और 2024 में भी यह खिताब जीता था। सीएम ने की तारीफ मुख्यमंत्री योगी ने रिंकू की तारीफ करते हुए कहा, "उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है जिसने सरकारी सेवा में खिलाड़ियों को प्राथमिकता दी है। अब तक हमने विभिन्न पुलिस पदों के लिए 500 से अधिक खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र दिए हैं। क्रिकेट और एशियाई खेलों में उनके प्रदर्शन के लिए रिंकू सिंह को क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में नियुक्ति पत्र दिया गया है। वह पहले से ही एक शिविर का हिस्सा हैं, इसलिए वह वहां गए हैं। आज यहां कई अन्य खिलाड़ियों को भी नियुक्ति पत्र मिले हैं।" रिंकू सिंह को क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में कौन-कौन से पद मिलेंगे? क्षेत्रीय खेल अधिकारी (RSO) द्वितीय श्रेणी का राजपत्रित अधिकारी होता है। वह खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने, खेल स्टेडियमों की देखरेख करने और नई प्रतिभाओं को निखारने के लिए जिम्मेदार होता है। क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में रिंकू सिंह का वेतन कितना होगा? क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में रिंकू का वेतन 70,000 रुपये से 80,000 रुपये के बीच हो सकता है। 5 सिक्‍स लगाकर बने स्‍टार आईपीएल 2023 के अंतिम ओवर में गुजरात टाइटंस के यश दयाल को लगातार पांच छक्के लगाकर केकेआर को रोमांचक जीत दिलाने के बाद रिंकू रातों रात स्टार बन गए। तब से उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। वह एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक, एशिया कप और हाल ही में टी20 विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम का हिस्सा रहे हैं। रिंकू के अलावा उत्तर प्रदेश सरकार हॉकी खिलाड़ी राजकुमार पाल, भाला फेंक खिलाड़ी अजीत सिंह, धावक सिमरन और पैरालिंपिक स्वर्ण पदक विजेता प्रवीण कुमार सहित 6 अंतरराष्ट्रीय पदक विजेताओं को रोजगार देने जा रही है।