samacharsecretary.com

मोतीलाल विज्ञान महाविद्यालय, भोपाल की शोध पत्रिका एवं जर्नल का विमोचन

भोपाल  उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्रीइन्दर सिंह परमार ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020, विद्यार्थियों को केवल डिग्री प्राप्त करने तक सीमित नहीं रखती, बल्कि उन्हें नवाचार, अनुसंधान, कौशल विकास एवं राष्ट्र निर्माण से जोड़ने का मार्ग प्रशस्त करती है। उच्च शिक्षा संस्थानों में शोध की सशक्त संस्कृति विकसित होने से विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता प्राप्त होगी तथा देश के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी। उच्च शिक्षा मंत्रीपरमार बुधवार को भोपाल स्थित अपने निवास कार्यालय में शासकीय मोतीलाल विज्ञान महाविद्यालय, भोपाल द्वारा प्रकाशित शोध पत्रिका एवं जर्नल का विमोचन कर अपने विचार साझा कर रहे थे। मंत्रीपरमार ने कहा कि शोध पत्रिकाएं एवं जर्नल ज्ञान के सृजन, संरक्षण एवं प्रसार के महत्वपूर्ण माध्यम हैं। ऐसे प्रकाशनों से विद्यार्थियों और शोधार्थियों को अपने शोध कार्यों को व्यापक मंच प्रदान करने का अवसर मिलता है तथा गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान को प्रोत्साहन मिलता है। उन्होंने महाविद्यालय द्वारा शोध, नवाचार एवं अकादमिक उत्कृष्टता के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का मूल उद्देश्य शिक्षा को रोजगारपरक, शोधोन्मुख एवं समाजोपयोगी बनाना है। मंत्रीपरमार ने महाविद्यालय परिवार को बधाई देते हुए कहा कि शोध एवं नवाचार के क्षेत्र में ऐसे प्रयास प्रदेश की उच्च शिक्षा को नई दिशा प्रदान करेंगे तथा विद्यार्थियों को ज्ञान, कौशल और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने में सहायक सिद्ध होंगे। उल्लेखनीय है कि शासकीय मोतीलाल विज्ञान महाविद्यालय, भोपाल द्वारा "रोजगारपरक शिक्षा के विविध आयाम" विषय पर राष्ट्रीय वेबिनार का आयोजन किया गया था। इस वेबिनार का उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप शिक्षा को रोजगारपरक बनाने, विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को जागरूक करने तथा शिक्षण संस्थानों, शोध एवं उद्योग जगत के मध्य समन्वय स्थापित करना था। वेबिनार में देशभर के विभिन्न शिक्षाविदों, शोधार्थियों एवं विशेषज्ञों की सहभागिता रही तथा 54 शोध पत्र प्रस्तुत किए गए, जिन्हें समीक्षित एवं संकलित कर शोध जर्नल के रूप में प्रकाशित किया गया। इस अवसर पर शासकीय मोतीलाल विज्ञान महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. गीता मोदी, समन्वयक डॉ. अलका प्रधान, डॉ. आर. एस. रघुवंशी, शोध एवं प्रकाशन समिति के सदस्य डॉ. चन्द्रभान माकोड़े, डॉ. उमाशंकर पटेल, डॉ. नीतू शर्मा तथा डॉ. एल.एन. गौड़ सहित महाविद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित थे।  

मध्य प्रदेश में डायल 112 की नई व्यवस्था, 2 मिनट में नहीं पहुंची टीम तो बजेगा अलर्ट

भोपाल  मध्यप्रदेश के भोपाल शहर में पुलिस की आपकालीन सेवा डायल- 112 में कुछ जिलों में रिस्पांस में देरी की शिकायतों के बाद व्यवस्था में परिवर्तन किया गया है। पुलिस रेडियो मुख्यालय द्वारा अब डायल-112 के आपातकालीन वाहनों के सिस्टम से जिले के जिम्मेदार पुलिस अफसरों को जोड़ा गया है। यानी की अब डायल 112 में घटना की सूचना आने के बाद यदि वाहन दो मिनट के भीतर घटनास्थल के लिए रवाना नहीं होता है तो सीधे एडिशनल एसपी के पास अलर्ट जाएगा। जिसमें वाहन नंबर और थाना क्षेत्र भी होगा। दरअसल इस व्यवस्था से पहले सभी जिलों के एसपी को जोड़ा गया था। लेकिन बाद में परिवर्तन करते हुए यह जिम्मेदारी एडिशनल एसपी को दी गई है। 2 मिनट के भीतर करना होगा पायलट को एनरूट फर्स्ट रिस्पांस व्हीकल (एफआरवी) यानी डायल- 112 के पायलट के पास जैसे ही कोई इवेंट आता है तो सबसे पहले उसे एकनॉलेज करना होता है यानी की उसे इवेंट की जानकारी प्राप्त हो गई है। उसके बाद उसे घटनास्थल रवाना होने से पहले एनरूट करना होता है यानी की वो मौके के लिए रवाना हो गया है। अब इस प्रक्रिया को एफआरवी का पायलट 2 मिनट तक नहीं करते है तो सिस्टम सीनियर अधिकारियों को देरी का अलर्ट देने लगेगा। 78 लाख लोगों ने मांगी 9 माह में मदद डॉयल 112 के ताजा आंकड़ों के मुताबिक सिंतबर 2025 ले 26 मई 2026 तक यानी नौ माह में 78 लाख लोगों ने फोन कर आपातकालीन सेवा से मदद मांगी। जिसमें 21 लाख से ज्यादा जगहों पर एफआरवी वाहन मदद के लिए भेजे गए। जिसमें सबसे ज्यादा साइबर क्राइम, महिला अपराध से जुड़े है। रिस्पांस टाइम बढ़ने की शिकायतों के बाद बदलाव पुलिस रेडियो मुख्यालय की मॉनिटरिंग में यह शिकायत लगातार सामने आ रही थी कि एफआरवी समय से कई जगहों पर मूवमेंट नहीं मूवमट कर रही है, जिस कारण रिस्पांस टाइम बढ़ रहा है। पड़ताल में पता चला कि पायलट गाड़ी खड़ी कर किसी अन्य काम में लग जाता था। जिस कारण इवेंट आने पर घटनास्थल पर पहुंचने में समय लगता था। खामी सामने आने के बाद सिस्टम में ही बदलाव कर दिया है। सीएम ने दी थी सौगात जानकारी के लिए बता दें कि एमपी में साल 2025 में एमपी पुलिस को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आधुनिक सुविधाओं और तकनीकों से लैस 1200 नई महिंद्रा स्कॉर्पियो और बोलोरो गाड़ियों की सौगात दी इसी के साथ पुलिस सहायता का नंबर भी डायल-100 के बजाए डायल-112 किया गया। यानी पुलिस सहायता के लिए आपको 112 पर कॉल करना होगा। कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ और त्वरित बनाने के उद्देश्य से मध्य प्रदेश की मोहन सरकार ने महत्वपूर्ण फैसला लिया थी। बीते स्वतंत्रता दिवस पर प्रदेश के विभिन्न पुलिस थानों को ये नए तकनीकी डायल-112 के वाहन सौंपे गए। इन अत्याधुनिक वाहनों के माध्यम से पुलिस रिस्पॉन्स टाइम को कम करने और आमजन तक त्वरित सहायता पहुंचाने में उल्लेखनीय सुधार होने का दावा किया गया। इसी पर अब काम किया जा रहा है।

India-US ट्रेड डील को लेकर बड़ी प्रगति, 2030 तक 500 अरब डॉलर व्यापार का टारगेट

नई दिल्ली भारत और अमेरिका के बीच आर्थिक और रणनीतिक संबंधों में एक नया स्वर्णिम अध्याय जुड़ने जा रहा है. दोनों देश एक बेहद ऐतिहासिक और व्यापक द्विपक्षीय व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के बेहद करीब हैं. अमेरिकी विदेश मंत्रालय की वरिष्ठ अधिकारी बेथनी पोलोस मॉरिसन ने कैपिटल हिल में आयोजित 'फाउंडेशन फॉर इंडिया एंड इंडियन डायस्पोरा स्टडीज' के एक कार्यक्रम में इसकी घोषणा की है. उन्होंने स्पष्ट किया कि इस महत्वाकांक्षी समझौते का मुख्य उद्देश्य साल 2030 तक दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को 500 अरब डॉलर के पार पहुंचाना है. इस रणनीति को 'मिशन 500' का नाम दिया गया है।  परिणाम-उन्मुख संबंधों पर जोर अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व में दोनों देश अब केवल बैठकों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि उनका ध्यान सीधे परिणामों पर केंद्रित है. फरवरी 2026 में व्यापार समझौते की दिशा में की गई आधिकारिक घोषणा के बाद से दोनों देशों की टीमों ने इस पर दिन-रात काम किया है. इस समझौते के लागू होने से अमेरिकी निर्यातकों के लिए भारत का 140 करोड़ (1.4 बिलियन) उपभोक्ताओं वाला विशाल बाजार पूरी तरह खुल जाएगा, जो दोनों देशों के लिए पारस्परिक रूप से लाभकारी होगा।  क्या है समझौते की प्रमुख बातें? 500 अरब डॉलर की भारतीय खरीद: इस समझौते के तहत भारत अगले पांच वर्षों में अमेरिका से लगभग 500 अरब डॉलर मूल्य के ऊर्जा उत्पाद, विमान और उनके पुर्जे, कीमती धातुएं, कोकिंग कोल और अत्याधुनिक तकनीकी उत्पाद खरीदने की योजना बना रहा है।  ऊर्जा साझेदारी में उछाल: दोनों देशों के बीच हाइड्रोकार्बन व्यापार 2025 से तेजी से बढ़ा है और यह 14.4 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है. साथ ही नए 'शांति अधिनियम' के तहत दोनों देश नागरिक परमाणु सहयोग बढ़ाने की राह तलाश रहे हैं।  रिकॉर्ड भारतीय निवेश: आर्थिक मोर्चे पर भारतीय कंपनियां भी अमेरिका में भारी निवेश कर रही हैं. हाल ही में हुए 'SelectUSA इन्वेस्टमेंट समिट' में भारतीय कंपनियों द्वारा 20 अरब डॉलर के नए निवेश की प्रतिबद्धताएं जताई गईं, जो अमेरिकी इतिहास की सबसे बड़ी निवेश घोषणाओं में से एक है।  टैरिफ नीति में बदलाव के बाद नए सिरे से बातचीत हाल ही में अमेरिकी टैरिफ नीतियों में आए बड़े बदलावों और अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद इस समझौते के ढांचे को फिर से समायोजित किया जा रहा है. इसी सिलसिले में अमेरिकी मुख्य व्यापार प्रतिनिधि (USTR) जेमीसन ग्रीर नई दिल्ली के दौरे पर हैं, जहां वे भारत के वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल के साथ इस समझौते के आखिरी हिस्सों को सुलझाने के लिए गहन बातचीत कर रहे हैं. दोनों पक्षों की कोशिश है कि 24 जुलाई 2026 से पहले (जब अमेरिका का अस्थायी 10% टैरिफ समाप्त हो रहा है) एक अंतरिम व्यापार समझौते को लागू कर दिया जाए. भारतीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल के अनुसार, दोनों देश अगले महीने यानी जुलाई के मध्य तक द्विपक्षीय व्यापार समझौते के पहले चरण को पूरी तरह से लागू करने की स्थिति में होंगे।  व्यापार संतुलन और शिक्षा का योगदान वित्तीय वर्ष 2025-26 में अमेरिका भारत का दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक भागीदार रहा है. इस दौरान भारत का अमेरिका को निर्यात मामूली बढ़त के साथ 87.3 अरब डॉलर रहा, जबकि अमेरिका से भारत का आयात 15.95 प्रतिशत बढ़कर 52.9 अरब डॉलर पर पहुंच गया. इस वजह से भारत का व्यापार अधिशेष जो पहले 40.89 अरब डॉलर था, वह घटकर 34.4 अरब डॉलर रह गया है. व्यापार के साथ-साथ शिक्षा क्षेत्र भी इस रिश्ते को मजबूती दे रहा है; वर्तमान में 3,30,000 से अधिक भारतीय छात्र अमेरिकी शिक्षण संस्थानों में पढ़ रहे हैं, जो अमेरिकी अर्थव्यवस्था में सालाना 14 अरब डॉलर का योगदान देते हैं। 

कपूरथला में आज 25 जून से 24 जुलाई तक चलेगा विशेष पुनरीक्षण अभियान, हर घर भरेंगे गणना प्रपत्र

चंडीगढ़ पंजाब राज्य में आज 25 जून से विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत घर-घर गणना शुरू होगी। यह कार्य 24 जुलाई तक चलेगा। सूबे में अब तक 86.02 फीसदी मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है। पंजाब की मुख्य चुनाव अधिकारी अनिंदिता मित्रा नेमान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से बैठक की। इस दौरान बीएलओ द्वारा घर-घर दौरे के समय गणना प्रपत्रों के वितरण और संग्रहण की जानकारी साझा की गई। भारत निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार यह गणना होगी। इसमें 24,453 बीएलओ राज्य के 2 करोड़ 14 लाख 61 हजार 43 मतदाताओं तक पहुंचेंगे। मतदान केंद्रों का युक्तिकरण 24 जुलाई तक पूरा किया जाएगा। मतदाता सूचियों का प्रारूप प्रकाशन 3 अगस्त 2026 को होगा।  25 जून से 24 जुलाई तक घर-घर जाएंगे BLO उपायुक्त ने बताया कि 25 जून से 24 जुलाई तक बूथ लेवल अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाता गणना प्रपत्र (Enumeration Forms) वितरित करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रत्येक BLO अभियान के दौरान हर परिवार के पास तीन बार जाएगा और पात्र मतदाताओं से हस्ताक्षरित गणना प्रपत्र प्राप्त करेगा, ताकि मतदाता सूची को अद्यतन और त्रुटिरहित बनाया जा सके। BLO को दिया जा चुका है विशेष प्रशिक्षण आकाश बंसल ने बताया कि संबंधित विधानसभा क्षेत्रों में नियुक्त सभी BLO को विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के लिए पहले ही प्रशिक्षण दिया जा चुका है। जिला चुनाव अधिकारी एवं उपायुक्त दलविंदरजीत सिंह ने  बताया कि अमृतसर जिले में आने वाले 11 विधानसभा क्षेत्रों में एसआईआर-2026 को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गयी हैं। उन्होंने कहा कि जिले में कुल 19,73,071 मतदाता हैं, जिनमें से 17,49,155 मतदाताओं (88.65 प्रतिशत) की मैपिंग का कार्य पहले ही पूरा किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि चुनावी अमले की तैयारियों और कार्यान्वयन प्रक्रिया की समीक्षा कर ली गयी है। सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहे और किसी अपात्र व्यक्ति का नाम सूची में दर्ज न हो। जिला चुनाव अधिकारी ने कहा कि मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाने के लिए निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरी प्रक्रिया संपन्न की जाएगी। इसके साथ ही लोगों को जागरूक करने के लिए व्यापक प्रचार अभियान भी चलाया जा रहा है। उन्होंने जिले के सभी नागरिकों से अपील की कि घर-घर गणना के दौरान बीएलओ को पूरा सहयोग दें और सही एवं अद्यतन जानकारी उपलब्ध करायें, ताकि पारदर्शी और सटीक मतदाता सूची तैयार की जा सके।प्रशासन के अनुसार, यह विशेष पुनरीक्षण अभियान आगामी चुनावों को ध्यान में रखते हुए मतदाता सूची को अधिक सटीक और अद्यतन बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान BLO, राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंट (BLA) के साथ समन्वय स्थापित कर पूरे महीने मतदाता सूची के पुनरीक्षण का कार्य करेंगे। 3 अगस्त को प्रकाशित होगी प्रारूप मतदाता सूची जिला निर्वाचन अधिकारी के अनुसार, संशोधित प्रारूप मतदाता सूची (Draft Electoral Roll) का प्रकाशन 3 अगस्त को किया जाएगा। इसके बाद निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन से संबंधित दावे और आपत्तियां स्वीकार की जाएंगी। पारदर्शी और त्रुटिरहित मतदाता सूची पर जोर उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अभियान के दौरान निर्वाचन आयोग के सभी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाए। उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना और सूची को पूरी तरह सटीक एवं अद्यतन बनाना है।     25 जून से 24 जुलाई तक चलेगा विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान।     BLO घर-घर जाकर गणना प्रपत्र वितरित और एकत्र करेंगे।     प्रत्येक परिवार के पास तीन बार जाएंगे बूथ लेवल अधिकारी।     सभी BLO को पहले ही विशेष प्रशिक्षण दिया जा चुका है।     राजनीतिक दलों के BLA भी अभियान में सहयोग करेंगे।     3 अगस्त को प्रकाशित होगी प्रारूप मतदाता सूची।     दावे और आपत्तियां निर्वाचन आयोग के तय कार्यक्रम के अनुसार स्वीकार की जाएंगी।  

NDA की ताकत बढ़ने के संकेत, 5 सांसद दे सकते हैं साथ; जानिए कितना बदलेगा आंकड़ा

नई दिल्ली मॉनसून सत्र से पहले ही एनडीए का संख्याबल लोकसभा में बढ़ने के आसार हैं। अटकलें हैं कि एक और विपक्षी दल के सांसद टूटकर एनडीए में शामिल हो सकते हैं। हालांकि, इसे लेकर आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा गया है। खास बात है कि हाल ही में तृणमूल कांग्रेस और शिवसेना उद्धव बालासाहब ठाकरे के सदस्यों ने एनडीए को समर्थन देने का ऐलान किया है। क्या टूटेगी शरद पवार की पार्टी? मीडिया रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि वरिष्ठ नेता शरद पवार की अगुवाई वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी एसपी के सांसदों में टूट हो सकती है। कहा जा रहा है कि 5 पार्टी सांसद एनडीए को समर्थन देने की योजना बना रहे हैं। हालांकि, अब तक साफ नहीं हो सका है कि ये सांसद कौन हैं। कहा जा रहा है कि महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने हाल ही में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी। इसके बाद एनसीपी में टूट की अटकलें होने जा रही थीं। खबरें ये भी थीं कि शिवसेना यूबीटी में टूट के बाद शरद पवार ने सांसदों से संपर्क साधा था। हालांकि, पार्टी ने इसका औपचारिक ऐलान नहीं किया है। नंबर गेम समझें टीएमसी के 20 सांसदों ने अलग गुट बनाकर नेशनल सिटिजन्स पार्टी ऑफ इंडिया में विलय करने का ऐलान कर दिया था। इस संबंध में लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को समर्थन पत्र भी सौंपा जा चुका है। वहीं, सोमवार को ही शिवसेना यूबीटी के 6 सांसदों ने बगावत कर एनडीए को समर्थन दे दिया है। ये सभी सांसद महाराष्ट्र सीएम एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में शामिल हो गए थे। फिलहाल, एनसीपी एसपी के पास 8 लोकसभा सांसद हैं और अगर 5 टूटते हैं, तो एनडीए को फायदा हो सकता है। हालांकि, इसे लेकर आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कहा गया है। लोकसभा में कुल सीटें 543 हैं और दो तिहाई के लिए 362 सीटों की जरूरत है। अब जब निचले सदन में नौगांव, बशीरहाट और शिलॉन्ग के रूप में 3 सीटें खाली हैं, तो यह संख्या घटकर 360 पर आ जाती है। अप्रैल में एनडीए कमजोर समर्थन के चलते परिसीमन से जुड़ा संविधान संशोधन बिल पास नहीं करा पाया था। फिलहाल, एनडीए के पास 293 सदस्य हैं। अटकलें ये भी हैं कि 37 लोकसभा सांसदों वाली समाजवादी पार्टी में भी टूट हो सकती है। भाजपा के कई नेता ऐसा दावा कर रहे हैं। हालांकि, अखिलेश यादव की अगुवाई वाली पार्टी ने इससे इनकार कर दिया है। गणित NCPI के 20 सांसदों, शिवसेना के 6 सांसदों के समर्थन के बाद एनडीए 319 सीटों पर पहुंच जाएगा। हालांकि, सत्तारूढ़ गठबंधन दो तिहाई बहुमत के आंकड़े से खासा दूर है। अगर एनसीपी एसपी के 5 और सांसद समर्थन देते हैं, तो संख्या 324 पर पहुंच जाएगी। अगर द्रमुक मतदान से दूर रहती है, तो सदन में एनडीए को लाभ हो सकता है।  

China-Bangladesh डील से बढ़ी चिंता, J-10CE लड़ाकू विमान के जरिए भारत को घेरने की रणनीति!

ढाका  साउथ एशिया के डिफेंस मार्केट में इन दिनों तगड़ी हलचल है. पाकिस्तान के नक्शेकदम पर चलते हुए बांग्लादेश भी चीन का लड़ाकू विमान J-10CE को अपने बेड़े में शामिल करने की तैयारी में जुट गया है. बांग्लादेश वायु सेना चीन से ऐसे 24 फाइटर जेट्स खरीदने की डील के बेहद करीब है. ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान इस लड़ाकू विमान के फुस्स हो जाने के बावजूद, ड्रैगन ने उल्टा नैरेटिव सेट करके इस जेट को जी-जान से प्रमोट किया. अब ढाका उसके जाल में फंस गया है. करीब 40 मिलियन डॉलर कीमत वाला ये सौदा अगर पक्का हुआ तो भारत की दोनों सरहदों पर चीनी हथियारों का पहरा मजबूत हो जाएगा।  बांग्लादेश में चीन का डिफेंस जाल बांग्लादेश की सेनाएं पहले से ही बड़े पैमाने पर चीनी हथियारों पर निर्भर हैं. चीन धीरे-धीरे बांग्लादेश के तीनों सेनाओं में घुस चुका है. थल सेना की बात करें तो बांग्लादेश का पूरा टैंक बेड़ा चीनी मूल का है, उनकी एयर डिफेंस और आर्टिलरी में भी चीनी उपकरणों की भरमार है. नौसेना के क्षेत्र में भी बांग्लादेश ने चीन से ही पनडुब्बी हासिल की थीं।  अब इस प्लानिंग को आगे बढ़ाते हुए बांग्लादेशी वायु सेना को भी पूरी तरह चीनी रंग में रंगने की तैयारी है. बांग्लादेश के पास फिलहाल रूसी मिग-21 का चीनी वर्जन F-7 फाइटर्स है, जिसे वो काफी समय से बदलने की कोशिश में था. हालांकि उसने यूरोफाइटर जैसी पश्चिमी तकनीकों पर भी विचार किया लेकिन चीन ने नई चाल चल दी. चीन ने बांग्लादेश को कम कीमत और आसान शर्तें ऑफर कीं और आखिरकार पासा चीन के पक्ष में झुकता दिख रहा है।  J-10CE, जिसे चीन में ‘विगोरस ड्रैगन’ के नाम से जाना जाता है, कोई साधारण विमान नहीं है. ये चीन की पीपल्स लिबरेशन आर्मी एयर फोर्स (PLAAF) का सबसे भरोसेमंद फाइटर जेट है. ये विमान चीन की खतरनाक PL-15 मिसाइलों से लैस होता है।  चीन का गिरता एक्सपोर्ट और तीन देशों का खतरनाक नेक्सस स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले कुछ समय में वैश्विक स्तर पर चीनी हथियारों की बिक्री में भारी गिरावट आई है. ऐसे में चीन के लिए ये डील संजीवनी की तरह है. रिपोर्ट के अनुसार, चीन जितने भी हथियार एक्सपोर्ट करता है, उसका 80% हिस्सा एशिया में ही आता है।  भारत के लिए क्या बदलेगा? चीन के कुल सैन्य निर्यात का 60% से ज्यादा हिस्सा सिर्फ तीन देश खरीदते हैं- पाकिस्तान, बांग्लादेश और म्यांमार. आईआईटी मद्रास के प्रोफेसर और पूर्व डीजी आर्टिलरी लेफ्टिनेंट जनरल पीआर शंकर के मुताबिक, चीन ने भारत को घेरने के लिए पाकिस्तान और बांग्लादेश के साथ एक खतरनाक मिलिट्री नेक्सस बना लिया है, जिस पर भारत को कड़ी नजर रखनी होगी।  अगर बांग्लादेश-चीन की ये डील फाइनल होती है तो भारत के पश्चिमी बॉर्डर यानी पाकिस्तान और पूर्वी बॉर्डर यानी बांग्लादेश दोनों तरफ चीनी फाइटर जेट्स तैनात हो जाएंगे यानी चीन की एंट्री हो जाएगी. भारत के लिए सबसे बड़ी चुनौती ये होगी कि संकट के समय भारत को दोतरफा हवाई खतरों का सामना करना पड़ सकता है. इसके अलावा, बांग्लादेश में चीनी तकनीशियनों और सैन्य विशेषज्ञों की मौजूदगी बढ़ेगी जो भारतीय सीमा के बेहद करीब रहकर खुफिया कूटनीति और निगरानी को अंजाम दे सकते हैं। 

महुआ मोइत्रा के बयान से सियासी हलचल, शुभेंदु अधिकारी की तारीफ के बाद बढ़ीं अटकलें

कलकत्ता पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद ममता बनर्जी इन दिनों मुश्किलों का सामना कर रही हैं। हाल के दिनों में तृणमूल कांग्रेस में बागियों की झरी लग गई। हाल ही में ऋतब्रत बनर्जी की अगुवाई में बागी विधायकों और अन्य नेताओं ने ममता बनर्जी को उनकी ही बनाई पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद से बेदखल कर दिया। इस बीच उनकी सबसे करीबी सांसद और टीएमसी की फायरब्रांड नेता महुआ मोइत्रा ने भी चौंकाने वाला बयान दिया है। महुआ मोइत्रा (TMC) और शुभेंदु अधिकारी (BJP) मौजूदा समय में एक-दूसरे के धुर विरोधी माने जाते हैं। हालांकि, उनका यह बयान ममता की चिंता बढ़ा सकती है। महुआ मोइत्रा ने बीते 22 जून को बीबीसी को दिए एक इंटरव्यू के दौरान पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की तारीफ की है। उन्हें एक अच्छा दोस्त बताया और पुराने दिनों को याद किया जब शुभेंदु ने उनकी मदद की थी। शुभेंदु मेरे अच्छे दोस्त महुआ कहती हैं, “शुभेंदु मेरे अच्छे दोस्त हैं। जब हम एक पार्टी में थे तो उन्होंने मेरा काफी साथ दिया। जब मैं करीमपुर से चुनाव लड़ी थी तो सिर्फ वही मेरे लिए प्रचार करने के लिए आए थे। मुझे जो भी मदद चाहिए होता था वह मुझे भेजते थे। जब 2014 में मुझे लोकसभा का टिकट मिलने वाला था और नहीं मिला। मैं पूरी रात रोई थी। उस समय सिर्फ शुभेंदु अधिकारी ने ही मेरा साथ दिया था। उन्होंने मुझसे कहा था- नहीं बहन, मैं हूं न। ये सारे भावनात्मक कनेक्शन रहते हैं। आज हम दोनों अलग-अलग पार्टी में हैं। बात नहीं होती है। यह अलग बात है।” आपको बता दें कि उस समय शुभेंदु अधिकारी तृणमूल कांग्रेस में हुआ करते थे और ममता बनर्जी के बाद पार्टी के सबसे कद्दावर नेताओं में गिने जाते थे। दिसंबर 2020 में शुभेंदु अधिकारी ने टीएमसी छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया था। महुआ इस समय अपने शुरुआती राजनीतिक सफर को याद कर रही थीं। 2016 में लड़ी थी विधानसभा चुनाव महुआ मोइत्रा ने साल 2016 में पश्चिम बंगाल की करीमपुर विधानसभा सीट से अपना पहला चुनाव लड़ा था और जीता था। उस समय शुभेंदु अधिकारी टीएमसी के कद्दावर संगठनकर्ता और नदिया जिले के पार्टी पर्यवेक्षक हुआ करते थे। महुआ उसी दौर का जिक्र कर रही हैं कि जब संगठन के अन्य नेताओं ने उनका साथ नहीं दिया, तब शुभेंदु अधिकारी ने जमीन पर उतरकर उनके लिए चुनाव प्रचार किया था। 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले महुआ मोइत्रा कृष्णानगर सीट से चुनाव लड़ना चाहती थीं, लेकिन शुरुआती चर्चाओं में जब उन्हें टिकट मिलने में संशय था तब वे भावुक हो गई थीं। उस समय शुभेंदु ने एक सीनियर सहकर्मी के नाते उन्हें ढांढस बंधाया था। बाद में महुआ को कृष्णानगर से टिकट मिला और वे जीतकर संसद पहुंचीं।

गुरुवार का राशिफल 25 जून: किन राशियों पर बरसेगी किस्मत, जानें आज का भविष्यफल

मेष प्यार में बातें क्लियर रखें। काम पर ध्यान केंद्रित करें। अपने रिलेशन, करियर और सेहत में बैलेंस बनाने पर ध्यान दें। सितारे संतुलन बनाए रखने के लिए प्रियजनों के साथ खुलकर बात करने का सुझाव देते हैं। ऑफिस में, टास्क पर ध्यान केंद्रित करें। वृषभ ऑफिस में आपकी क्रिएटिविटी ही आपकी ताकत है, जिसका उपयोग अपने प्रोजेक्ट्स को आगे बढ़ाने के लिए करें। फाइनेंशियल स्टेबिलिटी बनाए रखने के लिए अपने खर्च करने की आदतों पर ध्यान दें। मिथुन संतुलित जीवन के लिए देखभाल को प्राथमिकता दें। परिवार और दोस्तों के साथ संबंधों को बेहतर बनाने में समय बिताएं, क्योंकि वे आपको वह सपोर्ट प्रदान करेंगे, जिसकी आपको आवश्यकता है। आज विकास और संतुलन के अवसर हैं। कर्क अपने स्वास्थ्य पर ध्यान दें। इमोशनल हेल्थ को बढ़ाने और दिन की एनर्जी को प्रभावी ढंग से मैनेज करने के लिए अपने करीबियों के साथ समय बिताएं। प्रियजनों से जुड़ें। करियर के लक्ष्यों पर ध्यान दें। वित्त का समझदारी से प्रबंधन करें। सिंह अवसरों और चुनौतियों का मिश्रण लेकर आया है, जिसके लिए संतुलित दृष्टिकोण की आवश्यकता है। व्यक्तिगत संबंधों में अपना दिल खुला रखें और ऑफिस में प्रोडक्टिव बने रहें। धन के मामले में अपने खर्च को लेकर सावधान रहना आपके लिए अच्छा रहेगा। कन्या अपने प्रेम संबंधों को पॉजिटिव बनाए रखें। पेशेवर जीवन को रचनात्मक बनाए रखें और आप आर्थिक मुद्दों को भी सुलझा सकते हैं। अपने स्वास्थ्य पर नजर रखें। प्यार का इजहार करें और इससे रिश्ते में अच्छे बदलाव आएंगे। तुला स्टेबिलिटी बनाए रखने के लिए अपने धन पर नजर रखें। इसके अलावा, पूरे दिन एनर्जी बनाए रखने के लिए स्वास्थ्य और तंदुरुस्ती को प्राथमिकता दें। आज आपको रिलेशनशिप पर ध्यान देने की जरूरत हो सकती है। वृश्चिक रिश्ते में निष्पक्ष रहें और आपको परिणाम देखने को मिलेंगे। चुनौतियों के बावजूद, आज आप ऑफिस में अच्छा प्रदर्शन करेंगे। आर्थिक स्थिति अच्छी है, लेकिन लग्जरी पर ज्यादा खर्च करने से बचें। स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। धनु अपने हर काम के प्रति संतुलित दृष्टिकोण बनाए रखना जरूरी है। पर्सनल और प्रोफेशनल विकास के अवसरों से भरा दिन मिल सकता है। जहां प्यार और रिश्तों पर ध्यान देने की जरूरत हो सकती है। वहीं, पेशेवर प्रयास आशाजनक संभावनाएं प्रदान करेंगे। मकर मकर राशि वालों को नए अवसरों का पता लगाने और अपने आस-पास के लोगों के साथ संबंधों को मजबूत करने का मौका मिलेगा। आज का दिन पर्सनल ग्रोथ को अपनाने और रिश्तों को मजबूत करने के लिए एकदम सही दिन है। कुंभ ऑफिस में अपनी स्किल्स साबित करने का कोई मौका न चूकें। धन को मैनेज समझदारी से करें। अपने स्वास्थ्य पर नजर रखें। खुले दिमाग से काम लें और अपने रास्ते में आने वाले बदलावों के लिए तैयार रहें। मीन प्रेम जीवन को उत्पादक और व्यस्त बनाए रखें। कार्यस्थल पर कार्यों को लेकर समझौता न करें। आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी, लेकिन छोटी-मोटी बीमारियां हो सकती हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गूगल क्लाउड के सीटीओ तरुण पंत और उनकी टीम के साथ की महत्वपूर्ण बैठक

बेंगलुरु/लखनऊ  विकसित उत्तर प्रदेश के विजन को वैश्विक टेक्नोलॉजी और निवेश जगत के साथ जोड़ने की दिशा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेंगलुरु दौरे के दौरान गूगल क्लाउड के मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी (चीफ टेक्नोलॉजी ऑफिसर-सीटीओ) तरुण पंत और उनकी टीम के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। राउंड टेबल बैठकों और रोड शो से पहले आयोजित इस संवाद में मुख्यमंत्री ने आम नागरिकों के जीवन को बेहतर बनाने, किसानों की आय बढ़ाने, युवाओं के लिए नए अवसर सृजित करने, स्टार्टअप संस्कृति को मजबूत करने तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को नई टेक्नोलॉजी से जोड़ने संबंधी राज्य सरकार के विजन को विस्तार से साझा किया। बैठक के दौरान सीटीओ तरुण पंत और गूगल टीम के साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), क्लाउड टेक्नोलॉजी, डिजिटल गवर्नेंस और डेटा आधारित समाधानों के माध्यम से विकास कार्यक्रमों को अधिक प्रभावी बनाने पर विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने गूगल की टीम के साथ इस बात पर भी विचार-विमर्श किया कि टेक्नोलॉजी के माध्यम से सरकारी सेवाओं की पहुंच और प्रभावशीलता को कैसे बढ़ाया जा सकता है। किसानों, युवाओं, स्टार्टअप्स, एमएसएमई क्षेत्र और आम नागरिकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए नवाचार आधारित समाधानों पर भी चर्चा हुई। गूगल टीम के प्रतिनिधियों ने बैठक को अत्यंत सकारात्मक और सार्थक बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के विकास का स्पष्ट और दूरदर्शी रोडमैप साझा किया। उन्होंने किसानों, एमएसएमई, स्टार्टअप्स और युवाओं के लिए निर्धारित लक्ष्यों एवं प्राथमिकताओं की जानकारी दी तथा यह भी चर्चा की कि एआई और आधुनिक टेक्नोलॉजी के माध्यम से इन लक्ष्यों को और तेजी से कैसे हासिल किया जा सकता है। गूगल इंडिया की ओर से कहा गया कि कंपनी भारत के विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और उत्तर प्रदेश सरकार के साथ मिलकर इन लक्ष्यों को आगे बढ़ाने के अवसर को लेकर उत्साहित है। वैश्विक निवेशकों के साथ भी हुआ व्यापक संवाद इसके साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेंगलुरु में देश और दुनिया की अग्रणी निवेश एवं टेक्नोलॉजी कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों के साथ भी विशेष संवाद किया। इनमें वेस्टब्रिज कैपिटल के मैनेजिंग पार्टनर संदीप सिंघल, एक्सेल पार्टनर्स के प्रशांत प्रकाश, इनमोबी के संस्थापक पीयूष शाह, यूलू के संस्थापक अमित गुप्ता, एनवीडिया दक्षिण एशिया के प्रबंध निदेशक विशाल धूपर, सर्वानएआई के प्रतिनिधि तथा ब्लैकस्टोन के वरिष्ठ अधिकारी शामिल रहे। बैठक में उत्तर प्रदेश में निवेश, टेक्नोलॉजी, नवाचार, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, स्टार्टअप इकोसिस्टम और रोजगार सृजन की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने उत्तर प्रदेश में तेजी से विकसित हो रहे इंफ्रास्ट्रक्चर, बेहतर कानून-व्यवस्था और निवेशक-अनुकूल वातावरण की सराहना करते हुए राज्य को भविष्य के विकास का प्रमुख केंद्र बताया। निवेश और नवाचार के नए केंद्र के रूप में उभर रहा उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश लगातार निवेश, नवाचार और टेक्नोलॉजी आधारित विकास का नया केंद्र बनकर उभर रहा है। एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट, औद्योगिक गलियारों, डिजिटल सेवाओं और निवेशक-अनुकूल नीतियों ने राज्य को देश के सबसे आकर्षक निवेश गंतव्यों में शामिल कर दिया है। बेंगलुरु में गूगल और वैश्विक निवेशकों के साथ हुए संवाद ने यह संकेत दिया कि उत्तर प्रदेश अब टेक्नोलॉजी, एआई, स्टार्टअप, निवेश और रोजगार सृजन का राष्ट्रीय केंद्र बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

मोबाइल लूटकर फरार हुआ आरोपी पुलिस गिरफ्त में, गार्ड हत्याकांड का खुलासा

भोपाल कटाराहिल्स थाना क्षेत्र में ईकोलॉजिकल पार्क के पास पुलिया के नीचे मिले युवक के अंधे कत्ल की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने युवक के साथ जबरन अप्राकृतिक कृत्य करने का प्रयास किया था। विरोध करने पर उसने पत्थर से सिर कुचलकर उसकी हत्या कर दी और मोबाइल फोन लेकर फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट पेश कर दिया है। मामले में आगे पूछताछ की जा रही है। 29 मई को मिला था शव पुलिस के अनुसार 29 मई को ईकोलॉजिकल पार्क के पास पुलिया के नीचे एक युवक का शव मिला था। शव कई दिन पुराना होने के कारण शुरुआत में उसकी पहचान नहीं हो सकी थी। बाद में मृतक की पहचान मंडीदीप निवासी युवक के रूप में हुई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर गंभीर चोटों की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। गायब मोबाइल से मिला पुलिस को सुराग जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मृतक का मोबाइल फोन घटना के बाद से गायब था। पुलिस ने मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की तो वह एक व्यक्ति के पास मिला। पूछताछ में उस व्यक्ति ने बताया कि उसने मोबाइल मिसरोद में रहने वाले एक परिचित युवक से खरीदा था। इसके बाद पुलिस ने मिसरोद निवासी युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी ने हत्या करना स्वीकार कर लिया। खाना खिलाकर पुलिया के नीचे ले गया आरोपी ने पुलिस को बताया कि घटना वाली रात वह साथी की तलाश में न्यू मार्केट और वीआइपी रोड क्षेत्र में घूम रहा था। इसी दौरान रास्ते में उसकी मुलाकात नशे की हालत में मिले युवक से हुई। आरोपी उसे खाना खिलाकर पुलिया के नीचे ले गया, जहां उसने जबरन कुकर्म करने का प्रयास किया। विरोध करने पर उसने पत्थर उठाकर युवक के सिर पर कई वार कर दिए, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी मृतक का मोबाइल लेकर वहां से फरार हो गया। पहले भी जेल जा चुका है आरोपी पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी करीब एक साल पहले भी इसी तरह के एक मामले में जेल जा चुका है। उसके खिलाफ मिसरोद थाने में केस दर्ज था। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।