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सीमा पार तस्करी पर बड़ा वार, अमृतसर में हथियार-हवाला रैकेट का भंडाफोड़

अमृतसर  अमृतसर जिला शहरी पुलिस ने  सीमा पार संचालित अवैध हथियार तस्करी और हवाला नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक अफगान नागरिक सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से आठ अत्याधुनिक पिस्तौल और सात जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।  विदेशी तस्कर के संपर्क में थे आरोपी प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी विदेश में बैठे एक तस्कर के संपर्क में थे, जो छिपे हुए ड्रॉप प्वाइंट्स के जरिए अवैध हथियारों की खेप भेजता था। पुलिस के अनुसार ये हथियार आपराधिक तत्वों तक पहुंचाए जाने थे, जहां से उन्हें आगे सप्लाई किया जाना था। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि  थाना इस्लामाबाद और थाना गेट हकीमां में केस दर्ज किए गए हैं। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने, विदेश में बैठे संचालकों तक पहुंचने और आगे-पीछे के संपर्कों की जांच में जुटी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच जारी है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी व अतिरिक्त बरामदगी की संभावना है।  उन्होंने कहा कि अवैध हथियार तस्करी, हवाला कारोबार और संगठित अपराध के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। 

मेयर चुनाव पर सबकी नजरें, मोहाली की कमान किसे मिलेगी? AAP ने नहीं खोले पत्ते

मोहाली नगर निगम मोहाली को मंगलवार को नया मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर मिलने जा रहा है, लेकिन इन तीनों अहम पदों पर आम आदमी पार्टी किसे जिम्मेदारी सौंपेगी, इसे लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर बरकरार है। बहुमत होने के बावजूद पार्टी ने अभी तक अपने उम्मीदवारों के नाम सार्वजनिक नहीं किए हैं, जिससे आखिरी समय तक सस्पेंस बना हुआ है। पार्टी सूत्रों के अनुसार नामों पर अंतिम मुहर हाईकमान लगाएगा और इसकी घोषणा चयन से ठीक पहले या मौके पर ही किए जाने की संभावना है। नगर निगम आयुक्त संदीप सिंह के अनुसार मंगलवार दोपहर तीन बजे निगम सदन की विशेष बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक की शुरुआत नवनिर्वाचित पार्षदों के शपथ ग्रहण समारोह से होगी, जिसके बाद मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के चुनाव की प्रक्रिया पूरी करवाई जाएगी। मतदान हाथ खड़े कराकर कराया जाएगा। नगर निगम चुनाव में आम आदमी पार्टी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 27 सीटों पर जीत दर्ज की थी। इसके अलावा विधायक कुलवंत सिंह को भी सदन में मतदान का अधिकार प्राप्त है। चार निर्दलीय पार्षदों के समर्थन का दावा भी पार्टी नेताओं द्वारा किया जा रहा है। ऐसे में तीनों पदों पर आप उम्मीदवारों की जीत तय है। दिलचस्प बात यह है कि बहुमत के बावजूद पार्टी नेतृत्व उम्मीदवारों के नामों को लेकर पूरी गोपनीयता बरत रहा है। मेयर पद के लिए इनके नामों की हो रही चर्चा मेयर पद के लिए सबसे चर्चित नाम लगातार तीसरी बार पार्षद बने सरबजीत सिंह समाना का है। विधायक कुलवंत सिंह के पुत्र होने के साथ साथ संगठन और स्थानीय राजनीति में उनकी सक्रियता को देखते हुए उन्हें मजबूत दावेदार माना जा रहा है। हालांकि पार्टी के भीतर अन्य नेताओं के नाम भी चर्चा में हैं। वाटर सप्लाई एवं सीवरेज बोर्ड के चेयरमैन डाॅ. सनी अहलूवालिया, वरिष्ठ पार्षद गुरमीत कौर तथा चौथी बार चुनाव जीतकर आए सुखदेव सिंह पटवारी को भी संभावित दावेदारों में गिना जा रहा है। वहीं सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर पदों को लेकर भी कई नाम सामने आ रहे हैं। रमनप्रीत कौर कुंभड़ा, गुरमीत कौर, आरपी शर्मा, हरपाल सिंह चन्ना और गुरमुख सिंह सोहल के नाम राजनीतिक चर्चाओं में प्रमुखता से लिए जा रहे हैं। माना जा रहा है कि पार्टी महिला प्रतिनिधित्व, वरिष्ठता और क्षेत्रीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए अंतिम फैसला ले सकती है। इस बीच करीब 22 पार्षदों के हिमाचल प्रदेश दौरे की चर्चा भी राजनीतिक हलकों में बनी हुई है। बताया जा रहा है कि पिछले कुछ दिनों से कई पार्षदों के फोन स्विच आफ हैं और वे हिमाचल प्रदेश के किसी रिसार्ट में ठहरे हुए हैं। हालांकि पार्टी नेताओं का कहना है कि चुनावी व्यस्तता के बाद सभी पार्षद सामूहिक रूप से विश्राम के लिए गए हैं और मंगलवार को सीधे निगम सदन पहुंचकर शपथ ग्रहण व मतदान प्रक्रिया में हिस्सा लेंगे। ये नेता मेयर पद के दावेदार…     विधायक के बेटे का नाम आगे: आम आदमी पार्टी में मेयर पद के लिए कई नाम चर्चा में हैं। इनमें मोहाली के विधायक कुलवंत सिंह के बेटे और पार्षद सरबजीत सिंह समाना का नाम सबसे मजबूत दावेदार माना जा रहा है। वह वार्ड-42 से 458 वोटों के अंतर से अपना चुनाव जीते।     दूसरी और चौथी बार के पार्षद रेस में: वाटर सप्लाई एवं सीवरेज बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सनी अहलूवालिया रेस में हैं। वे पार्टी के उच्च नेताओं के साथ जुड़े हुए हैं। उन्होंने अपना चुनाव वार्ड-6 से 269 वोटों के अंतर से जीता। इसके अलावा पति-पत्नी दोनों दूसरी बार पार्षद बनने वाली गुरमीत कौर भी मेयर की रेस में हैं। वह वार्ड-3 से 182 वोटों के अंतर से जीतकर पार्षद बनी है। चौथे नंबर पर सुखदेव सिंह पटवारी हैं, जो चौथी बार अपना चुनाव जीते हैं। वह वार्ड-34 से पार्षद बने हैं।     मंत्री कर सकते है नाम का ऐलान: पार्टी सूत्रों का कहना है कि महिला प्रतिनिधित्व, वरिष्ठता और क्षेत्रीय संतुलन को ध्यान में रखकर अंतिम फैसला लिया जाएगा। संभावना है कि पंजाब के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री अमन अरोड़ा मोहाली पहुंचकर उम्मीदवारों के नामों की घोषणा करें।     कांग्रेस ने निपेंद्र सिंह रंगी पर लगाया दांव: दूसरी ओर कांग्रेस ने चुनाव से एक दिन पहले अपनी रणनीति स्पष्ट कर दी है। पार्टी ने निपेंद्र सिंह रंगी को कांग्रेस पार्षद दल का नेता चुना है। वार्ड-18 से 123 वोटों के अंतर से चुनाव जीते हैं। रंगी ने दावा किया कि कांग्रेस के 12 पार्षद एकजुट हैं और पार्टी निगम सदन में मजबूती के साथ चुनाव लड़ेगी। बहुमत के बाद भी बनी हुई है उत्सुकता नगर निगम में बहुमत आम आदमी पार्टी के पास है, इसलिए मेयर पद पर उसका कब्जा लगभग तय माना जा रहा है। हालांकि, उम्मीदवार के नाम को लेकर पार्टी के भीतर चल रही चर्चाओं ने चुनाव को दिलचस्प बना दिया है। अब सभी की निगाहें आज होने वाली बैठक और अंतिम क्षणों में होने वाले राजनीतिक फैसलों पर टिकी हैं। 29 मई को आए थे नतीजे बता दें कि मोहाली नगर निगम के चुनाव 26 मई को हुए थे, और इसके नतीजे 29 मई 2026 को घोषित किए गए। मोहाली नगर निगम में कुल 50 पार्षद हैं। बहुमत के लिए यहां 26 वोटों की जरूरत होती है। 50 निर्वाचित पार्षद और 1 स्थानीय विधायक का वोट मिलकर सदन में कुल 51 वोट बनते हैं। इस बार आम आदमी पार्टी (AAP) 27 सीटें, कांग्रेस (INC) 12 सीटें, शिरोमणि अकाली दल (SAD) 4 सीटें, भारतीय जनता पार्टी (BJP) 3 सीटें और निर्दलीय 4 सीटें जीते हैं। विधायक AAP का है, जिससे उनकी वोटों की संख्या 28 है। पिछली बार कांग्रेस के मेयर बने, इस बार चुनाव नहीं लड़े इससे पहले वर्ष 2021 के चुनाव के बाद कांग्रेस के अमरजीत सिंह जीती सिद्धू मोहाली के मेयर बने थे। वह पंजाब के पूर्व मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू के भाई हैं। इस बार वह चुनाव नहीं लड़े। हालांकि, अमरजीत सिंह जीती सिद्धू के परिवार से एडवोकेट कंवरबीर सिंह रूबी सिद्धू (बलबीर सिंह सिद्धू के बेटे) कांग्रेस की टिकट पर वार्ड नंबर 10 से चुनाव लड़े थे। वह चुनाव हार गए। अभी तक किसी नाम पर अंतिम निर्णय नहीं आम आदमी पार्टी की … Read more

बंदी सिखों की रिहाई की मांग पर टोल प्लाजा होगा फ्री, 4 जुलाई को ट्रेन रोकने की चेतावनी

लुधियाना अगर आप आज नेशनल हाईवे पर सफर करने वाले हैं, तो यह खबर आपके लिए अहम है। लुधियाना का लाडोवाल टोल प्लाजा आज दो घंटे के लिए टोल-फ्री रहेगा। कौमी इंसाफ मोर्चा ने केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन के तहत 9 जून को दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक टोल वसूली बंद रखने का लिया फैसला।  कौमी इंसाफ मोर्चा के कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे पिछले कई वर्षों से जेलों में बंदी सिखों कैदियों की रिहाई की मांग को लेकर धरना दे रहे हैं, लेकिन केंद्र सरकार उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दे रही। उनका आरोप है कि कैदियों की रिहाई तो दूर, उन्हें पैरोल तक नहीं दी जा रही। इसी के विरोध में और अपनी आवाज दिल्ली तक पहुंचाने के लिए मोर्चा ने यह कदम उठाने का फैसला किया है। अलर्ट मोड पर प्रशासन, भारी पुलिस बल तैनात दोपहर 12 बजे से शुरू होने वाले इस प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन और पुलिस भी पूरी तरह से अलर्ट है। टोल प्लाजा पर किसी भी तरह की अनहोनी से बचने और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। पुलिस की पैनी नजर हर गतिविधि पर रहेगी। आगे का क्या है प्लान? दी गई सख्त चेतावनी कौमी इंसाफ मोर्चा ने साफ कर दिया है कि यह तो सिर्फ एक ट्रेलर है। अगर उनकी मांगें जल्द नहीं मानी गईं, तो आने वाले दिनों में आंदोलन और भयानक रूप ले लेगा। मोर्चा ने चेतावनी दी है कि 4 जुलाई: पूरे पंजाब में बड़ा 'रेल रोको' आंदोलन किया जाएगा। 15 अगस्त: स्वतंत्रता दिवस के मौके पर सीधे पंजाब के राज्यपाल के घर का घेराव किया जाएगा।  

सीएम मान ने 355 युवाओं को सौंपे नियुक्ति पत्र, धुरी की रैली को लेकर हरियाणा सरकार पर साधा निशाना

चंडीगढ़  पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज अलग-अलग विभागों में उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र सौंपे। चंडीगढ़ के म्युनिसिपल भवन में नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गयया। अब तक पंजाब सरकार 65,000 से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दे चुकी है।इस दाैरान मान ने कहा कि आज अलग-अलग विभागों के 355 युवा लड़के-लड़कियों को नियुक्ति पत्र दिए गए हैं। आने वाले दिनों में पंजाब सरकार इन युवा लड़के-लड़कियों को और भी कई नौकरियां देगी। ये नौकरियां मेरिट के आधार पर दी जाएंगी।  युवाओं ने खुद अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि इसके लिए उन्हें कोई पैसा खर्च नहीं करना पड़ा और न ही किसी सिफारिश की जरूरत पड़ी। इसलिए मैं सभी को बहुत-बहुत बधाई देना चाहता हूं।  भाजपा पर साधा निशाना इस दाैरान सीएम ने भाजपा पर निशाना साधा। मान ने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री धुरी आए थे और आप जानते ही हैं कि उनके सामने कितने लोग बैठे थे। वह एक फ्लॉप शो था। पंजाब के लोग भाजपा को बिल्कुल भी पसंद नहीं करेंगे क्योंकि पंजाब की जनता और किसानों ने भाजपा का नफरत भरा चेहरा देख लिया है।   युवाओं के सशक्तिकरण के लिए सरकार के व्यापक दृष्टिकोण को उजागर करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब न सिर्फ नौकरियां पैदा कर रहा है बल्कि ऐसे मौके भी पैदा कर रहा है जो युवाओं को अपने प्रदेश में रहने, आगे बढ़ने और सफल होने के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने हुनरमंद युवाओं के पलायन के रुझान को पलटने, 65,000 ठेका कर्मचारियों के लिए रेगुलर नौकरी का रास्ता खोलने, 25 नई आई.टी.आई. और 13 मौजूदा आई.टी.आई. संस्थानों के अपग्रेडेशन के माध्यम से हुनर विकास में बड़े निवेश की ओर इशारा करते हुए कहा कि आप सरकार पंजाब के युवाओं को देश में रहकर ही अपना भविष्य बनाने के लिए उन्हें विश्वास भरने, उचित मौके और हर संभव सहायता देने के लिए प्रतिबद्ध है। तकनीकी शिक्षा, सहकारिता, स्थानीय निकायों, जल आपूर्ति एवं स्वच्छता, पशुपालन, लोक निर्माण, आवास निर्माण एवं शहरी विकास तथा अन्य विभागों में नए चुने गए उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र वितरित करने के समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह दिन पंजाब सरकार के राज्य के युवाओं को रोजगार और सुशासन के माध्यम से सशक्त बनाने के चल रहे मिशन में एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। इस अवसर की कुछ झलकियां साझा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा, “आज 355 और युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे गए, जिससे अब तक दी गई सरकारी नौकरियों की कुल संख्या 67,037 हो गई है। ये सारी नौकरियां पूरी तरह योग्यता और पारदर्शिता के आधार पर दी गई हैं। ऐसे समय में जब देश भर में नीट जैसे पेपर लीक हो रहे हैं, पंजाब ने ईमानदारी, पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ भर्ती प्रक्रियाओं को सुनिश्चित करके और शिक्षा के क्षेत्र में देश भर में शीर्ष स्थान हासिल करके मिसाल कायम की है। मैं नव-नियुक्त उम्मीदवारों से अपील करता हूं कि वे सरकारी दफ्तरों में वरिष्ठ नागरिकों और आम लोगों के काम को प्राथमिकता दें। ‘आप’ सरकार युवाओं के विदेशों की ओर पलायन को रोकने और उन्हें पंजाब में ही तरक्की के मौके प्रदान करके उनके सपनों को पंख देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। नव-नियुक्त उम्मीदवारों और उनके परिवारों को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “हमारी सरकार में उम्मीदवारों के चयन का एकमात्र मापदंड कड़ी मेहनत, समर्पण और योग्यता है। वह दिन गए जब सरकारी नौकरियां रिश्वत, सिफारिशों या राजनीतिक संबंधों के आधार पर बांटी जाती थीं। आज योग्य उम्मीदवारों को निष्पक्ष और पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से नौकरियां दी जा रही हैं। इन युवाओं ने सफलता प्राप्त करने के लिए दिन-रात मेहनत की है और यह उनके सफर की सिर्फ शुरुआत है। उनके लिए तरक्की की उड़ान भरने के लिए आसमान खुला है और मैं सभी उम्मीदवारों को आगे और बड़े मुकाम हासिल करने के लिए प्रयासरत रहने की सलाह देता हूं।” मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि आज से ये नव-नियुक्त कर्मचारी सरकारी परिवार का एक अभिन्न अंग बन गए हैं और ये कर्मचारी खुशहाल व रंगला पंजाब के निर्माण में अहम भूमिका निभाएंगे। उन्होंने कहा, “हम सब एकजुट होकर रंगला पंजाब की शान को बहाल करने में कोई कसर बाकी नहीं छोड़ेंगे। आपके हर एक की अब समाज और राज्य के प्रति एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। सरकार ने आपको मौके देकर अपना फर्ज निभाया है। अब आपकी बारी है कि आप ईमानदारी, समर्पण और प्रतिबद्धता के साथ लोगों की सेवा करें। पंजाब सरकार द्वारा अपनाई गई पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया पर प्रकाश डालते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पंजाब के रिकॉर्ड की तुलना देश के अन्य हिस्सों की वर्तमान स्थिति से की। उन्होंने कहा, “2017 से अब तक देश भर में लगभग 93 परीक्षा पेपर लीक होने की रिपोर्ट मिली है। नीट समेत प्रमुख परीक्षाओं से जुड़ी ऐसी घटनाओं ने लाखों युवाओं को निराश किया है। हालांकि, 2022 में हमारी सरकार के सत्ता संभालने के बाद पंजाब में एक भी पेपर लीक होने की घटना सामने नहीं आई है। इसका कारण यह है कि राज्य में एक ईमानदार सरकार काम कर रही है। होनहार विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा और मेहनत के आधार पर नौकरियां और मौके मिल रहे हैं।” मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा मेरिट के आधार पर अब तक 67,037 सरकारी नौकरियां प्रदान की गई हैं और हर नियुक्ति भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद या पक्षपात से मुक्त होकर की गई है। शिक्षा क्रांति के तहत सरकार द्वारा किए गए शिक्षा सुधारों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब सरकार ने शिक्षा क्षेत्र में शानदार बदलाव लाया है। उन्होंने कहा, “जब हमारी सरकार ने सत्ता संभाली थी तो स्कूल शिक्षा में पंजाब देश भर में 27वें स्थान पर था। आज नीति आयोग के अनुसार पंजाब ने स्कूल शिक्षा में केरल जैसे राज्यों को पीछे छोड़ते हुए पहले नंबर पर कब्जा कर लिया है। यह उपलब्धि इसलिए संभव हुई क्योंकि हमने सरकारी स्कूलों को मजबूत करने और विश्व स्तरीय शैक्षणिक बुनियादी ढांचे के विकास में निवेश किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य भर के स्कूल अब … Read more

संजीव अरोड़ा केस में प्रवर्तन निदेशालय की ताबड़तोड़ रेड, कई ठिकानों पर एक साथ कार्रवाई

लुधियाना  पंजाब की भगवंत मान सरकार के पूर्व मंत्री संजीव अरोड़ा के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने एक्शन तेज कर लिया है. ईडी ने सुबह-सुबह यूपी से पंजाब तक छापेमारी की है. संजीव अरोड़ा को ईडी ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया था वो अभी गुरुग्राम की जेल में बंद हैं।  ईडी ने संजीव अरोड़ा से जुड़े जिस मामले में देश के अलग-अलग राज्यों में छापेमारी की है, वो दुबई को मोबाइल फोन के फर्जी एक्सपोर्ट से जुड़ा है. कई जगहों पर सुबह से छापेमारी चल रही है. यूपी के नोएडा और बरेली, दिल्ली और पंजाब के जालंधर शहर में ईडी की कार्रवाई जारी है।  अधिकारियों के अनुसार, जिन परिसरों में सर्च ऑपरेशन चल रहा है, उनमें हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड मामले में जांच के दायरे में आए व्यक्तियों और संस्थाओं से जुड़े आवास और व्यावसायिक कार्यालय दोनों शामिल हैं।  केजरीवाल बोले- हिंदू व्यापारियों पर ईडी की रेड आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल ने ईडी को ईडी पार्टी बताते हुए कहा, 'ED पार्टी आज फिर पंजाब के हिंदू व्यापारियों पर ED की रेड कर रही है. ED पार्टी पंजाब के छोटे-छोटे हिंदू व्यापारियों को तंग कर रही है. मेरी सभी व्यापारियों से अपील है- घबराने की कोई बात नहीं है, पूरा पंजाब और पंजाब सरकार आपके साथ है, हम सब मिलकर ED पार्टी का मुकाबला करेंगे।      ED पार्टी आज फिर पंजाब के हिंदू व्यापारियों पर ED की रेड कर रही है। ED पार्टी पंजाब के छोटे छोटे हिंदू व्यापारियों को तंग कर रही है। पंजाब, यूपी और दिल्ली-NCR में 6 ठिकानों पर छापेमारी प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड (Hampton Sky Realty Ltd.) से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए पंजाब, उत्तर प्रदेश और दिल्ली-NCR में 6 ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया है। ED ने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत जारी जांच के क्रम में लुधियाना और जालंधर (पंजाब), बरेली (उत्तर प्रदेश) तथा दिल्ली-नोएडा क्षेत्र में एक साथ छापेमारी की। जांच एजेंसी के अनुसार, जिन परिसरों पर तलाशी ली जा रही है उनमें मामले से जुड़े व्यक्तियों और संस्थाओं के आवासीय एवं व्यावसायिक कार्यालय शामिल हैं। सूत्रों के मुताबिक, यह कार्रवाई हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड से जुड़े वित्तीय लेन-देन और कथित मनी लॉन्ड्रिंग गतिविधियों की जांच के तहत की जा रही है। तलाशी के दौरान दस्तावेजों, डिजिटल उपकरणों और वित्तीय रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। फिलहाल ED की कार्रवाई जारी है और एजेंसी द्वारा बरामद सामग्री का विश्लेषण किया जा रहा है। मामले में आगे और खुलासे होने की संभावना है। संजीव अरोड़ा के खिलाफ एक्शन क्यों? संजीव अरोड़ा को ED ने 100 करोड़ रुपये के जीएसटी धोखाधड़ी से जुड़े धनशोधन मामले में गिरफ्तार किया था, जिसमें उनसे जुड़ी कुछ इकाइयां शामिल हैं. अरोड़ा से जुड़ी कंपनी हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड (HSRL) ने फर्जी दस्तावेजों और फर्जी निर्यात के जरिए करीब ₹102.5 करोड़ की अवैध कमाई की और GST रिफंड लेकर सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाया. बता दें कि HSRL को पहले रितेश प्रॉपर्टीज एंड इंडस्ट्रीज लिमिटेड के नाम से जाना जाता था। 

वोट प्रतिशत के विश्लेषण ने बदली तस्वीर! AAP की सीटें घटने के संकेत, कांग्रेस और BJP को बढ़त की उम्मीद

चंडीगढ़  पंजाब में हाल ही में हुए 8 नगर निगमों और 75 नगर कौंसिलों के चुनाव के पार्टीवाइज वोटिंग के आंकड़े सामने आ गए हैं। इसमें सबसे ज्यादा वोट % सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) को मिला है। मगर, यह 2022 के विधानसभा चुनाव के मुकाबले कम है।  वोटिंग से ये भी स्पष्ट हो रहा है कि कांग्रेस अभी भी AAP के मुकाबले वोटरों के बीच मजबूत विकल्प है। जिन क्षेत्रों में निगम और कौंसिल के चुनाव हुए, उनमें 68 विधानसभा सीटें आती हैं। अगर कांग्रेस को इन निकाय चुनावों में मिले वोट % को देखें तो उन्हें फायदा हो सकता है। इसी तरह भाजपा को भी शहरों में बढ़त मिलती नजर आ रही है। वहीं अकाली दल फिर फिसड्‌डी साबित हुआ है। इसके बीच चौंकाने वाली बात ये है कि अगर अकाली दल और भाजपा आपस में गठजोड़ कर लें तो 2027 के चुनाव में कांग्रेस की जगह वह AAP को टक्कर दे सकती है। निकाय चुनाव में मिले वोट % से 2027 के लिए क्या संकेत:- एंटी-इन्कम्बेंसी भी बिगाड़ेगी आप का गणित 2022 में AAP ने 42% से ज्यादा वोट शेयर के साथ एकतरफा चुनाव जीता था। 117 में से 92 सीटें AAP को मिलीं थीं। वहीं इन चुनाव वाले क्षेत्रों में आप ने 68 में से 54 सीटें जीती थीं। अब 2026 के स्थानीय चुनावों में AAP का वोट शेयर बड़े शहरों में 36.80% और छोटे शहरों में 35.24% पर आ गया है। वोट शेयर का यह 6% से 7% का नुकसान करीब 20 से 25 सीटों का नुकसान कर सकता है। 2022 में कांग्रेस सत्ता में थी और कांग्रेस के खिलाफ जो एंटी-इन्कम्बेंसी थी, उसका फायदा AAP को मिला था, वह अब 2027 में AAP के खिलाफ जा सकता है। पॉलिटिकल एक्सपर्ट पवनदीप का कहना है कि शहरी और अर्ध-शहरी सीटों पर जहां त्रिकोणीय मुकाबला है, वहां विपक्ष का वोट बढ़ना AAP के जीत के मार्जिन को खत्म कर सकता है। निकाय चुनाव में सत्ता पक्ष को हमेशा ज्यादा वोट मिलते हैं जबकि विधानसभा चुनाव में एंटी इन्कम्बेंसी भी आप को झेलनी पड़ेगी। ऐसे में आप की सीटें इससे भी कम हो सकती है। आप का वोट शेयर खिसकने से कांग्रेस का फायदा पॉलिटिकल एक्सपर्ट पवनदीप शर्मा का कहना है कि नगर कौंसिल के चुनावों में कांग्रेस का 21.89% वोट शेयर यह दिखाता है कि उसका कैडर और पारंपरिक वोटर अभी भी जमीन पर मौजूद है। अकाली दल के कमजोर होने का सीधा फायदा ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में कांग्रेस को मिल रहा है। जो लोग AAP सरकार से नाराज होंगे, उनके लिए कांग्रेस अभी भी सबसे बड़ा मुख्य विकल्प बनकर उभर रही है। इसके अलावा सरकार की एंटी इन्कम्बेंसी का फायदा भी कहीं न कहीं कांग्रेस को मिलेगा। ऐसे में कांग्रेस की सीटें 20 से ज्यादा हो सकती हैं। भाजपा शहरी क्षेत्रों में लगातार कर रही ग्रोथ पॉलिटिकल एक्सपर्ट व सीनियर जर्नलिस्ट प्रमोद बातिश का कहना है कि नगर निगमों यानि बड़े शहरों में भाजपा का ग्राफ लगातार बढ़ रहा है। जिन आठ नगर निगमों में चुनाव हुआ है, वहां पर 2021 के मुकाबले भाजपा का वोट शेयर लगभग दो गुना हो गया। नगर निगमों में वोट शेयर 9 फीसदी से बढ़कर 17.58 फीसदी हो गया। इन 8 नगर निगम सीटों में से भाजपा 5-6 सीटें सीधे जीत सकती है, और नगर कौंसिल के दायरे में आने वाली 60 सीटों में से भी 3-5 सीटों पर चौंकाने वाले नतीजे दे सकती है। कुल मिलकार कर 68 सीटों में से 8 से 11 सीटें जीत सकती है। वहीं सरकार की एंटी इन्कंबेंसी का फायदा भी भाजपा को मिल सकता है। इसके अलावा भाजपा ने छोटे शहरों में बड़े नेताओं को पार्टी में शामिल करना शुरू कर दिया है। इन चुनावों में भी बड़े चेहरों का फायदा भाजपा को मिला है। भाजपा ने पहली बार अबोहर नगर निगम जीता है। शहरी क्षेत्रों में शिरोमणि अकाली दल ग्राफ डाउन अकाली दल का वोट शेयर शहरों में 9% और कस्बों में 11% पर आ गया है। इस वोट शेयर के साथ विधानसभा सीट जीतना बेहद मुश्किल होता है। शिअद केवल उन 1 या 2 पारंपरिक सीटों पर ही सिमट कर रह जाएगी। शिअद का कोर वोटर पंथक वोट माना जाता रहा है अब वो भी पार्टी से कटता नजर आ रहा है। ऐसे में शहरी क्षेत्रों में अकाली दल का ग्राफ लगातार गिरता जा रहा है। SAD-BJP से गठबंधन हुआ तो मिलेगी मजबूती शिअद और भाजपा गठबंधन होता है तो आंकड़े कुछ और हो जाएंगे। पॉलिटिकल एक्सपर्ट प्रमोद बातिश का कहना है कि इन निकाय चुनावों में भाजपा और अकाली दल का वोट प्रतिशत जोड़ दिया जाए तो इनकी स्थिति और बेहतर हो जाती है। उनका कहना है कि शिअद को नगर निगम में 8.98 प्रतिशत वोट मिले और भाजपा को 17.58 प्रतिशत वोट मिले। दोनों का वोट प्रतिशत जोड़ा जाए तो यह 26.5 प्रतिशत से ज्यादा हो जाता है। जो कि कांग्रेस के वोट प्रतिशत से ज्यादा है। इसी तरह नगर काैंसिल में भी है। शिअद को 11.80% और भाजपा को 9.46% वोट मिले हैं जो कि मिलाकर 21.5 प्रतिशत के आसपास हो जाता है जो कि कांग्रेस के लगभग बराबर है।

सीमा पार से हथियार सप्लाई का नेटवर्क बेनकाब, पंजाब पुलिस ने 4 आरोपियों को दबोचा

अमृतसर. पुलिस ने बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए हथियारों की तस्करी करने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। मिली जानकारी के अनुसार, अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने बॉर्डर पार से गैर-कानूनी हथियारों की तस्करी और हवाला नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए एक अफगान नागरिक समेत 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पंजाब पुलिस के DGP गौरव यादव ने इस संबंधी जानकारी देते हुए ट्विटर पर शेयर की। DGP ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के पास से 8 अल्ट्रा-मॉडर्न पिस्तौल और 7 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। शुरुआती जांच में पता चला है कि आरोपी विदेश में बैठे एक तस्कर के संपर्क में थे, जो छिपी हुई जगहों से गैर-कानूनी हथियारों की खेप भेजता था। बरामद हथियारों की सप्लाई के लिए क्रिमिनल लोगों तक पहुंचाया जाना था। अमृतसर के पुलिस स्टेशन इस्लामाबाद और पुलिस स्टेशन गेट हकीमा में FIR दर्ज की गई है। DGP ने कहा कि विदेश में मौजूद नेटवर्क से जुड़े दूसरे साथियों की पहचान करने और और बरामदगी और गिरफ्तारियों का पता लगाने के लिए आगे की जांच चल रही है। पंजाब पुलिस गैर-कानूनी हथियारों की तस्करी, हवाला ऑपरेशन और ऑर्गनाइज्ड क्राइम के खिलाफ जीरो-टॉलरेंस पॉलिसी पर पूरी तरह से कायम है।

रेलवे का बड़ा अपडेट! लुधियाना में दो दिनों तक बंद रहेगा फाटक, ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित

लुधियाना. शहर के हरनाम नगर स्थित रेलवे फाटक को दो दिनों के लिए बंद कर दिया गया है, जिससे इस मार्ग से रोजाना गुजरने वाले वाहन चालकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। फाटक बंद होने के कारण लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक मार्गों का सहारा लेना पड़ रहा है। जानकारी के अनुसार रेलवे फाटक पर मरम्मत और अन्य तकनीकी कार्य चल रहा है। इसी के चलते रेलवे प्रशासन ने एहतियात के तौर पर फाटक को अस्थायी रूप से बंद किया है। अधिकारियों द्वारा जारी निर्देशों के मुताबिक, इस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों का ट्रैफिक पक्खोवाल रोड अंडरपास और मिड्डा चौक रेलवे फाटक की ओर डायवर्ट कर दिया गया है। फाटक बंद होने से आसपास के इलाकों में यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई है। वाहन चालकों को लंबा चक्कर लगाकर सफर तय करना पड़ रहा है, जिससे समय के साथ-साथ ईंधन की भी अतिरिक्त खपत हो रही है। खासकर नौकरीपेशा लोगों, विद्यार्थियों और व्यापारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे प्रशासन ने वाहन चालकों से सहयोग की अपील करते हुए निर्धारित डायवर्ट रूट का इस्तेमाल करने की सलाह दी है।

यात्रियों की बढ़ सकती है परेशानी, PRTC कर्मचारियों ने 3 दिन बस सेवा प्रभावित करने की चेतावनी दी

जालंधर. पनबस-पी.आर.टी.सी. ठेका कर्मचारी यूनियन ने सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है। यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि जेलों में बंद कर्मचारियों को रिहा नहीं किया गया और कर्मचारियों की मांगों का समाधान नहीं हुआ तो 22, 23 और 24 जून को हड़ताल करते हुए सरकारी बसों का चक्का जाम किया जाएगा व मुख्यमंत्री के आवास के बाहर धरना-प्रदर्शन किए जाएंगे। यूनियन नेताओं ने कहा कि इस संघर्ष की शुरूआत 10 जून से पंजाब भर के डिपूओं में रैलियां व सरकार के खिलाफ रोष प्रदर्शनों से होगी। प्रदेश प्रधान रेशम सिंह गिल ने कहा कि सरकार को बने चार वर्ष से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन एक भी नई सरकारी बस नहीं डाली गई। इसके विपरीत किलोमीटर स्कीम के तहत निजी बसों को बढ़ावा देकर विभाग को निजीकरण की ओर धकेला जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि यूनियन नेताओं और कर्मचारियों पर मामले दर्ज कर उन्हें जेलों में बंद किया जा रहा है, ताकि निजीकरण के खिलाफ उठ रही आवाजों को दबाया जा सके। प्रदेश महासचिव शमशेर सिंह ढिल्लों ने कहा कि सरकार एक तरफ कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने के दावे कर रही है, जबकि दूसरी ओर कर्मचारियों की मूलभूत मांगों को लागू नहीं किया जा रहा। उन्होंने कहा कि समान काम के लिए समान वेतन और अन्य लंबित मुद्दों पर अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। जब तक सरकार अपने फैसलों को धरातल पर लागू नहीं करती, तब तक कर्मचारी संतुष्ट नहीं होंगे। सीनियर उपप्रधान हरकेश विक्की ने आरोप लगाया कि विभाग की अपनी बसों को डिपो में खड़ा कर निजी किलोमीटर स्कीम की बसों को प्राथमिकता दी जा रही है। इससे सरकार की निजीकरण संबंधी नीति स्पष्ट हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि नई किलोमीटर स्कीम की बसों को शुरू किया गया तो यूनियन काले झंडों के साथ विरोध प्रदर्शन करेगी।

रेल मंत्रालय अलर्ट मोड पर, लुधियाना हादसे के बाद पूरे देश में बढ़ाई गई निगरानी

लुधियाना. लुधियाना रेलवे स्टेशन पर दिल्ली से माता वैष्णो देवी (कटड़ा) जा रही स्पेशल ट्रेन का 6 जून को कोच टूट गया था। इसके बाद स्टेशन पर हड़कंप मच गया था। इसके बाद पूरे मामले की रेलवे द्वारा जांच की गई। कनीकी टीम और इंजीनियरों द्वारा की गई जांच में सामने आया कि ट्रेन के कोच के कई हिस्सों में जंग लगा हुआ था और जो कि बाहर ने नजर नहीं आ रहा था। इसके बाद ट्रेन चलने से कोच में दरार आ गई और वह टूट गया। इस घटना के बाद रेलवे ने बड़ा कदम उठाया है और अगले 7 दिन में देश में सभी ICF कोचों की जांच करने के आदेश दिए हैं। इस दौरान अगर किसी भी कोच में जंग पाया जाएगा या जो कोच अनफिट होंगे उन्हें बाहर निकाल दिया जाएगा। इसके साथ ही बड़े अधिकारियों द्वारा खुद जाकर री-चेकिंग की जाएगी। कोच के संवेदनशील हिस्सों की आसानी से पहचान करने के लिए रेलवे द्वारा वीडियो जारी किया गया है ताकि कर्मचारी ट्रेनिंग लेकर अच्छे से चैकिंग कर सकें। इसके साथ ही रेलने ने बदलाव किया है कि जिन खराब कोचों को रिपेयर करने में अधिक खर्च आएगा या जो ज्यादा जंग लगने के कारण खराब हालत में हैं उन्हें रिजेक्ट कर दिया जाएगा और उनकी रिपेयर नहीं की जाएगी। वहीं आंखों से न दिख पाने वाले जंग को चैक करने के लिए आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल करने के लिए कहा गया है।