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मुख्यमंत्री साय बोले: स्वामी विवेकानंद ने भारत की संस्कृति और सनातन धर्म का विश्व में किया मान बढ़ाया

रायपुर : स्वामी विवेकानंद ने दुनिया में बढ़ाया भारत की संस्कृति एवं सनातन का मान – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि स्वामी विवेकानंद ने अल्पायु में ही संपूर्ण विश्व को भारत की सनातन संस्कृति, अध्यात्म और दर्शन से परिचित कराते हुए देश का सम्मान बढ़ाया था। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज शाम राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में आयोजित सेंड ऑफ सेरेमनी समारोह में युवाओं को संबोधित कर रहे थे। इस कार्यक्रम का आयोजन खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा किया गया। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि स्वामी विवेकानंद के जन्मदिवस पर प्रतिवर्ष 12 जनवरी को राष्ट्रीय युवा दिवस मनाया जाता है तथा राष्ट्रीय युवा उत्सव का आयोजन किया जाता है। यह उत्सव भारत की युवा ऊर्जा, रचनात्मकता और राष्ट्र निर्माण की भावना का सशक्त प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हम छत्तीसगढ़ वासियों के लिए यह बड़े सौभाग्य की बात है कि स्वामी विवेकानंद जी ने अपना अधिकांश समय रायपुर में बिताया। बूढ़ा तालाब एवं डे-भवन जैसी पावन स्थलों की स्मृतियाँ आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनी हुई हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इस वर्ष राष्ट्रीय युवा उत्सव में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करने के लिए 75 प्रतिभाशाली युवाओं का चयन किया गया है, जो पूरे राज्य के लिए गौरव की बात है। इनमें 45 युवा विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग से, 1 युवा डिजाइन फॉर भारत ट्रैक से तथा 29 प्रतिभागी सांस्कृतिक ट्रैक्स से शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय युवा उत्सव में छत्तीसगढ़ के युवाओं का  प्रतिनिधित्व भारत की युवा शक्ति, रचनात्मकता, नेतृत्व क्षमता और विकसित भारत के संकल्प में सहभागी बनने का सुनहरा मौका है। उन्होंने कहा कि  छत्तीसगढ़ के युवा राष्ट्रीय मंच पर छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, लोकनृत्य, लोकगीत और युवा नेतृत्व का प्रदर्शन करेंगे। इससे छत्तीसगढ़ की मिट्टी की खुशबू पूरे देश में बिखरेगी और राज्य गौरवान्वित होगा।मुख्यमंत्री साय ने राष्ट्रीय स्तर पर चयनित सभी प्रतिभागियों को बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ के युवा 9 जनवरी को नई दिल्ली पहुँचकर देश के विभिन्न प्रांतों से आए युवा कलाकारों एवं यंग लीडर्स से मुलाकात करेंगे और विचारों का आदान-प्रदान करेंगे। 11 जनवरी को इसरो के गगनयात्री ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला  से मिलेंगे और उनके अंतरिक्ष अनुभवों से प्रेरणा प्राप्त करेंगे। इसके साथ ही 12 जनवरी को राष्ट्रीय युवा दिवस पर यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  देश के युवा प्रतिभागियों को संबोधित करेंगे। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि युवा शक्ति राष्ट्र की पहचान है और युवा शक्ति ही राष्ट्र शक्ति है। उन्होंने स्वामी विवेकानंद जी के प्रसिद्ध संदेश – “उठो, जागो और तब तक नहीं रुको, जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो जाए” – का उल्लेख करते हुए युवाओं से इससे प्रेरणा लेने का आह्वान किया।  उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि जहाँ युवा समूह होता है, वहाँ ऊर्जा का स्वाभाविक संचार होता है। हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का सपना है कि देश के यंग लीडर्स सभी क्षेत्रों में नेतृत्व करें। हमारी सरकार ने बेहतर व्यवस्थाओं के साथ विकासखंड स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक युवा महोत्सव का सफल आयोजन कराया है। इसके लिए उन्होंने विभागीय अधिकारियों की सराहना भी की। साव ने भी सभी चयनित प्रतिभागियों को बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने मुख्य मंच से चयनित प्रतिभागियों को वेशभूषा किट प्रदान किए। साथ ही कुछ प्रतिभागियों ने अपने अनुभव भी साझा किए। इस मौके पर युवा आयोग अध्यक्ष विश्वविजय सिंह तोमर, खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव यशवंत कुमार सहित अन्य विभागीय अधिकारीगण एवं प्रतिभागी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

तरनतारन में पुलिस और नशा तस्करों के बीच एनकाउंटर में एक घायल

चंडीगढ़/तरनतारन. नशे के खिलाफ चलाई जा रहे अभियान के तहत बुधवार को तड़कसर थाना सिटी की पुलिसवा दो नशा तस्करों के बीच एनकाउंटर हुआ जिसमें एक नशा तस्कर गोली लगने से घायल हो गया पूछने दोनों को विरासत में लेकर उनके कब्जे से एक पिस्तौल एक कर 770 ग्राम हीरोइन ड्रग मनी बरामद की है। डीएसपी इन्वेस्टिगेशन जगजीत सिंह चाहल ने बताया कि एसएसपी सुरेंद्र लांबा के आदेश पर जिले भर में नाकाबंदी करवाई गई। बुधवार को तड़कसर मोहल्ला गुरु का खुह क्षेत्र में नाकाबंदी दौरान थाना सिटी की पुलिस ने एक फॉर्च्यूनर गाड़ी को रुकने का इशारा किया। रुकने की बजाय गाड़ी में सवार लोगों ने पुलिस पर गोलियां बरसाना शुरू कर दी। थाना प्रभारी हरप्रीत सिंह विर्क की अगवाई में पुलिस ने जवाबी कार्रवाई दौरान गोलियां चलाई। गाड़ी में सवार अवतार सिंह उर्फ बाबा निवासी गांव सुर सिंह घायल हो गया।उसके कब्जे से एक रिवॉल्वर ,770 ग्राम हैरोइन बरामद की गई जबकि बाबा के साथी जजप्रीत सिंह के कब्जे से 12000 की ड्रग मनी व एक इलेक्ट्रॉनिक कंडा बरामद हुआ है।दोनों के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज है।घायल तस्कर अवतार सिंह उर्फ बाबा को इलाज लिए सिविल अस्पताल में भर्ती करवा दिया गया है।

पंजाब में बच्चों को चाइना डोर से पतंग उड़ाते पकड़ा तो माता-पिता पर होगी कानूनी कार्रवाई

चंडीगढ़. चाइना डोर की बिक्री को लेकर पुलिस प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए अब अहम फैसला लिया है कि अगर बच्चा चाइना डोर के साथ पतंग उड़ाते पकड़ा गया तो उसके माता-पिता के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह शब्द डी.एस.पी. वरिंदर सिंह खोसा ने पत्रकारों के साथ बीत करते कहे । उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन द्वारा चाइना डोर बेचने वाले दुकानदारों के खिलाफ नकेल कसी गई है और पुलिस द्वारा छापेमारी जारी है। डी.एस.पी. खोसा ने बताया कि चाइना डोर जानवरों, पक्षियों और इंसानी जानों के लिए जानलेवा है इसलिए जो बच्चे छतों पर जाकर पतंग उड़ाते हैं उनकी डोर चैक करने के लिए अब पुलिस मुलाजम छतों पर जाकर डोर की चैकिंग करेंगे ताकि किसी का जान-माल का नुकसान न हो। अगर बच्चा चाइना डोर के साथ पतंग उड़ाते पकड़ा गया तो माता-पिता के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा क्योंकि माता-पिता ही बच्चों को पतंग उड़ाने के लिए डोर लाकर देते हैं। उन्होंने बताया कि शहर में पिछले कई दिनों में कई बच्चे और व्यक्ति चाइना डोर का शिकार हुए हैं और उन्हें जान जोखिम में डालकर दुख भोगना पड़ा है। उन्हें कई खुफिया जानकारी मिली हैं, उनके आधार पर ही चाइना डोर को जब्त करने के लिए छापेमारी की जा रही है। इस मौके डी.एस.पी. खोसा ने पंचों, सरपंचों, पार्षदों और आम लोगों से अपील की कि चाइना डोर से पतंग उड़ाने वाले बच्चों के खिलाफ सूचना थाना दाखा को दें। उनका नाम और पता गुप्त रखा जाएगा, ऐसा करने से चाइना डोर से पतंग उड़ाने वाले और बेचने वाले जल्द पकड़ लिया जाएगा। उन्होंने एक बार फिर दुकानदारों और चाइना डोर से पतंग उड़ाने वालों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि उनके लिए हमारे पास कोई भी अपील या दलील नहीं है, इसलिए वह चाइना डोर का गोरख धंधा और पतंगबाजी करना बंद कर दें।

कवर्धा की बेटी रिया तिवारी को स्वर्ण पदक जीतने पर उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने किया सम्मानित

रायपुर : उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने साउथ एशियन बॉल बैडमिंटन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाली कवर्धा की बेटी रिया तिवारी का किया सम्मान रिया की उपलब्धि प्रदेश की नई पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए बनेंगी प्रेरणा- उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा रायपुर बिहार की राजधानी पटना में 25 से 29 दिसंबर तक आयोजित साउथ एशियन बॉल बैडमिंटन चैंपियनशिप में भारतीय टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक हाँसिल किया। इस प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत, नेपाल, भूटान और श्रीलंका सहित चार देशों की टीमों ने भाग लिया था।        इस चैंपियनशिप में भारत की विजेता टीम का हिस्सा बनकर देश और छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करने वाली कवर्धा की होनहार खिलाड़ी सुरिया तिवारी का उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने सम्मान किया। उपमुख्यमंत्री शर्मा ने रिया को स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र भेंट कर उनकी उपलब्धि की सराहना की तथा उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।     इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि रिया तिवारी की यह उपलब्धि न केवल कवर्धा जिले बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रिया ने यह सिद्ध कर दिया है कि प्रतिभा, अनुशासन और कठिन परिश्रम से कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि रिया भविष्य में भी देश के लिए अनेक पदक जीतेंगी और प्रदेश की नई पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बनेंगी।         उपमुख्यमंत्री शर्मा ने यह भी कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए हरसंभव सहयोग प्रदान कर रही है। खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, सुविधाएं और प्रोत्साहन देने के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं, ताकि ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों से आने वाले प्रतिभाशाली खिलाड़ी भी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी पहचान बना सकें।         रिया ने कहा कि इस सफलता का पूरा श्रेय मेरे माता-पिता और मेरे कोच अविनाश चौहान एवं जय किशन को जाता है। उनके निरंतर मार्गदर्शन, अनुशासन और प्रेरणा के बिना यह उपलब्धि संभव नहीं हो पाती। हर कठिन समय में उन्होंने मेरा आत्मविश्वास बनाए रखा और मुझे आगे बढ़ने की शक्ति दी। यह जीत मेरे लिए केवल एक पदक नहीं, बल्कि मेरे खेल जीवन की एक नई शुरुआत है। मैं आगे भी पूरे समर्पण और मेहनत के साथ देश और प्रदेश के लिए उत्कृष्ट प्रदर्शन करने का प्रयास करूंगी

छत्तीसगढ़ के CM साय ने पेश किया 15 वर्षीय विकास विजन

रायपुर. छत्तीसगढ़ की डबल इंजन सरकार ने आज यह स्पष्ट संदेश दे दिया कि आने वाले दशक में बिलासपुर राज्य का अगला ग्रोथ इंजन बनने जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक ने बिलासपुर के समग्र विकास के लिए एक बड़े राजनीतिक और प्रशासनिक अभियान का स्वरूप ग्रहण कर लिया है। बैठक में जिस प्रकार केंद्र और राज्य के शीर्ष नेतृत्व की मौजूदगी दर्ज हुई, उसने यह साबित कर दिया कि बिलासपुर का विकास केवल स्थानीय मुद्दा नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ में प्राथमिकता का विषय बन चुका है। बैठक में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, उप मुख्यमंत्री अरुण साव, वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी, विधायक अमर अग्रवाल , विधायक सुशांत शुक्ला, विधायक धरमलाल कौशिक, महापौर पूजा विधानी, मुख्य सचिव विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह तथा विभिन्न विभागों के सचिव एवं वरिष्ठ अधिकारी सभी एक ही मंच पर उपस्थित थे। इस संयुक्त उपस्थिति ने यह शक्तिशाली संदेश दिया कि बिलासपुर का विकास दिल्ली और रायपुर—दोनों स्तरों के बीच प्रत्यक्ष समन्वय से आगे बढ़ेगा और योजनाओं की स्वीकृति, वित्तीय प्रावधान और क्रियान्वयन में गति लाने के लिए राजनीतिक तथा प्रशासनिक इच्छा-शक्ति पूरी तरह सक्रिय है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बैठक में स्वयं बिलासपुर के अगले 10–15 वर्षों के शहरी विकास का विस्तृत रोडमैप प्रस्तुत किया। उन्होंने केवल वर्तमान समस्याओं पर नहीं, बल्कि भविष्य की जनसंख्या वृद्धि, शहरी विस्तार, ट्रैफिक प्रबंधन, आवास, जल आपूर्ति, सीवरेज, ड्रेनेज और समग्र नगर नियोजन पर व्यापक चर्चा की। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि “नाली से लेकर नगर नियोजन तक” कोई भी विषय चर्चा से बाहर नहीं छोड़ा गया। यही संदेश यह स्थापित करता है कि सरकार केवल घोषणाएँ नहीं कर रही, बल्कि बारीकी से जमीन पर लागू होने योग्य योजना बना रही है। इस दृष्टिकोण ने मुख्यमंत्री की छवि एक दूरदर्शी शहरी विकास नेता के रूप में और सुदृढ़ की है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने यह भी संकेत दिया कि बिलासपुर को सिर्फ एक बड़े शहर के रूप में नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के नए आर्थिक, शैक्षणिक और स्वास्थ्य हब विकसित किया जाएगा। लॉजिस्टिक सपोर्ट, इंफ्रास्ट्रक्चर, कनेक्टिविटी और निवेश के नए अवसरों के साथ बिलासपुर को मध्य भारत का प्रमुख शहरी केंद्र बनाने का लक्ष्य रखा गया है। आने वाले वर्षों में बिलासपुर को मॉडल सिटी के रूप में विकसित किया जाएगा, जहाँ आधुनिक नगरीय सुविधाएँ, स्वच्छता व्यवस्था, सस्टेनेबल शहरी ढांचा और रोजगार सृजन के नए अवसर साथ-साथ आगे बढ़ेंगे। इससे न केवल बिलासपुर, बल्कि पूरे उत्तर छत्तीसगढ़ क्षेत्र को नई आर्थिक दिशा मिलेगी। बैठक में जनप्रतिनिधियों की व्यापक भागीदारी ने समावेशी राजनीति का स्पष्ट संदेश दिया। विधायक, महापौर और अन्य जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति ने यह स्थापित किया कि बिलासपुर का विकास शहर के भविष्य का सामूहिक संकल्प है। वित्त मंत्री श्री ओ पी चौधरी ने कहा कि बिलासपुर विकास रोडमैप के लिए वित्तीय संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। केंद्र–राज्य समन्वय के इस मॉडल ने यह सिद्ध कर दिया कि छत्तीसगढ़ की शहरी विकास योजनाएँ अब सीधे राष्ट्रीय मिशनों से जुड़ चुकी हैं। स्मार्ट सिटी, अमृत मिशन, हाउसिंग, नगरीय परिवहन और आधारभूत संरचना से संबंधित योजनाओं के क्रियान्वयन में गति आएगी, जिससे बिलासपुर को विशेष लाभ मिलेगा। बैठक में बताया गया कि बिलासपुर आने वाले समय में छत्तीसगढ़ का अगला ग्रोथ इंजन बनेगा। औद्योगिक निवेश, शहरी रोजगार, रियल एस्टेट, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से यहाँ विकास की नई लहर उत्पन्न होने जा रही है। बिलासपुर के विकास का यह अभियान प्रदेश के समग्र विकास में भी महत्वपूर्ण मोड़ साबित होगा। शहरी विकास, रोजगार सृजन और आधारभूत संरचना पर केंद्रित यह एजेंडा डबल इंजन सरकार की विकासोन्मुखी पहल की पहचान बनेगा। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में बिलासपुर का विकास केवल प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि एक मजबूत राजनीतिक संकल्प है। डबल इंजन सरकार की ताकत के साथ बिलासपुर अब राष्ट्रीय शहरी विकास मानचित्र पर अपनी निर्णायक उपस्थिति दर्ज कराने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।

MCD कार्रवाई के दौरान तुर्कमान गेट में हिंसा, बॉडी कैमरों से पत्थरबाज़ों की पहचान

नई दिल्ली  दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास अवैध निर्माण हटाने के दौरान बवाल हुआ. देर रात चले इस अभियान में कुछ असामाजिक तत्वों ने मौके पर तैनात पुलिस बल पर पत्थरबाजी शुरू कर दी. जिसमें चार से पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए. अब इस पूरे मामले में दिल्ली पुलिस ने सख्त रुख अपनाने के संकेत दिए हैं. पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जिन पुलिसकर्मियों ने ड्यूटी के दौरान बॉडी कैम लगाए हुए थे, उनके बॉडी कैम फुटेज और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से पत्थरबाजी करने वालों की पहचान की गई. 10 पत्थरबाजों को हिरासत में लिया गया है. जांच के बाद सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी और इस संबंध में एफआईआर भी दर्ज की गई है. दिल्ली पुलिस और MCD अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह डिमोलिशन ड्राइव किसी धार्मिक स्थल के खिलाफ नहीं थी, बल्कि यह पूरी तरह से हाईकोर्ट के आदेश के तहत अवैध निर्माण हटाने की कार्रवाई थी. डीसीपी सेंट्रल निधिन वालसन ने बताया कि यह कार्रवाई रात करीब 1 बजे शुरू हुई. मौके पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके. डीसीपी निधिन वालसन के मुताबिक, एमसीडी हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार अतिक्रमित भूमि पर कार्रवाई कर रही थी. हमने सुरक्षा के लिए अपना स्टाफ तैनात किया था. कार्रवाई के दौरान कुछ लोगों ने रात में पुलिस पर पत्थर फेंके. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हल्के बल का इस्तेमाल किया गया. कुल मिलाकर प्रक्रिया शांतिपूर्ण रही, लेकिन चार से पांच पुलिसकर्मियों को मामूली चोटें आई हैं. बॉडी कैम और CCTV से खुलेगा राज पुलिस का कहना है कि इस पूरी कार्रवाई के दौरान कई पुलिसकर्मियों ने बॉडी कैम पहन रखे थे. इसके अलावा, तुर्कमान गेट और आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों में भी पूरी घटना रिकॉर्ड हुई है. दिल्ली पुलिस अब इन सभी फुटेज को खंगाल रही है. अधिकारियों के अनुसार, फुटेज के जरिए यह साफ किया गया कि पत्थरबाज़ी किसने की, किस समय की गई और किन परिस्थितियों में ये सब हुआ. पुलिस सूत्रों का कहना है कि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है.  पुलिस पर हमला, पांच जवान घायल घटना के दौरान हालात उस वक्त तनावपूर्ण हो गए, जब भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने अचानक पुलिस पर पत्थर फेंकना शुरू कर दिया. पुलिस के अनुसार, यह पत्थरबाज़ी सुनियोजित प्रतीत होती है, क्योंकि कुछ लोग पहले से ही मौके पर मौजूद थे और भीड़ को उकसाने की कोशिश कर रहे थे. पत्थरबाजी में घायल हुए पुलिसकर्मियों को प्राथमिक उपचार दिया गया. सभी की हालत स्थिर बताई जा रही है. पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा है कि सरकारी काम में बाधा डालना और पुलिसकर्मियों पर हमला करना गंभीर अपराध है और इसमें शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा. मस्जिद को नुकसान नहीं, अवैध ढांचे हटाए गए अधिकारियों ने बताया कि  फैज़-ए-इलाही मस्जिद को किसी भी तरह का नुकसान नहीं पहुंचाया गया है. पुलिस और MCD दोनों ने स्पष्ट किया है कि मस्जिद को बिल्कुल नहीं तोड़ा गया. कार्रवाई केवल मस्जिद के आसपास बने अवैध निर्माणों पर की गई. जानकारी के मुताबिक, जिन ढांचों को हटाया गया, उनमें एक बारात घर का हिस्सा, कुछ अवैध दुकानें, एक डिस्पेंसरी शामिल हैं. अधिकारियों का कहना है कि ये सभी निर्माण अतिक्रमित भूमि पर बने हुए थे और इनके खिलाफ पहले से कानूनी प्रक्रिया चल रही थी. हाईकोर्ट के आदेश के बाद ही इन्हें हटाया गया. FIR हुई, सभी पर होगी कार्रवाई दिल्ली पुलिस ने इस मामले में एक एफआईआर दर्ज की है. सूत्रों के मुताबिक इसमें सरकारी कार्य में बाधा, पुलिस पर हमला और सार्वजनिक शांति भंग करने जैसी धाराएं लगाई गई हैं. डीसीपी सेंट्रल ने साफ कहा है कि जो लोग हंगामा करने में शामिल थे, उनकी पहचान की जाएगी और सभी के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई होगी. पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या इस घटना के पीछे किसी तरह की साजिश थी या फिर भीड़ को जानबूझकर उकसाया गया. यदि ऐसा पाया गया, तो साजिश रचने वालों के खिलाफ भी अलग से कार्रवाई की जाएगी. इलाके में पुलिस तैनाती बढ़ी घटना के बाद तुर्कमान गेट और आसपास के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है. किसी भी तरह की अफवाह या दोबारा हिंसा को रोकने के लिए लगातार गश्त की जा रही है. पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है.

छत्तीसगढ़ में IED विस्फोट में बीएसएफ का जवान शहीद

कांकेर. छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में गुरुवार को नक्सलियों द्वारा किए गए विस्फोट में सीमा सुरक्षा बल का एक जवान शहीद हो गया। यह दो दिनों में इस तरह की दूसरी मौत है। पुलिस ने यह जानकारी दी है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि यह घटना परतापुर पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत सदाकटोला गांव के पास उस समय हुई जब बीएसएफ और जिला पुलिस बल की एक संयुक्त टीम गश्त कर रही थी। उन्होंने बताया कि नक्सलियों द्वारा किए गए विस्फोट में बीएसएफ के हेड कांस्टेबल अखिलेश राय (45) घायल हो गए। अधिकारी ने बताया कि उन्हें प्रारंभिक उपचार दिया गया और आगे की चिकित्सा देखभाल के लिए पखांजूर रेफर किया गया, लेकिन चोटों के कारण उन्होंने दम तोड़ दिया। इलाके में तलाशी अभियान जारी उन्होंने कहा, अखिलेश राय उत्तर प्रदेश के मूल निवासी थे। उन्होंने बताया कि इलाके में बीएसएफ, जिला रिजर्व गार्ड और जिला पुलिस बल की संयुक्त टीम द्वारा तलाशी अभियान जारी है। बुधवार को राज्य के नारायणपुर जिले में नक्सलियों द्वारा सुरक्षाकर्मियों की एक टीम पर हमला करने और इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) विस्फोट करने से छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (सीएएफ) के एक जवान की मौत हो गई और एक अन्य घायल हो गया।

फतेहाबाद में अनोखी खुशी: 19 साल में 11 बच्चों की मां बनी सुनीता, अब हुआ बेटा

 फतेहाबाद  हरियाणा के फतेहाबाद जिले के भूना ब्लॉक स्थित ढाणी भोजराज गांव में इन दिनों एक अनोखी खुशी की कहानी हर जुबान पर है. गांव के एक साधारण से परिवार में 19 साल के लंबे इंतजार के बाद बेटे का जन्म हुआ है. इस दंपती की इससे पहले 10 बेटियां हैं और 11वीं संतान के रूप में बेटे ने जन्म लिया है.  ढाणी भोजराज के रहने वाले संजय और उनकी पत्नी सुनीता की शादी को पूरे 19 साल हो चुके हैं.शादी के शुरुआती सालों से ही उन्हें बेटे की चाह थी, लेकिन समय के साथ उनके घर एक-एक कर 10 बेटियों ने जन्म लिया. संजय का कहना है कि उन्होंने हमेशा अपनी बेटियों को बेटे के समान ही माना. लोग ताने देते थे, तरह-तरह की बातें कहते थे, लेकिन हमने कभी बेटियों को बोझ नहीं समझा. संजय बताते हैं. उनकी सबसे बड़ी बेटी 18 साल की है और 12वीं कक्षा में पढ़ रही है. बाकी बेटियां भी पढ़ाई कर रही हैं. संजय और सुनीता की कोशिश रही कि आर्थिक तंगी के बावजूद बेटियों की शिक्षा और परवरिश में कोई कमी न रहे. गांव के लोग बताते हैं कि संजय का परिवार हमेशा सादगी से रहा है. सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपनी बेटियों को संस्कार, शिक्षा और आत्मसम्मान दिया. यही वजह है कि आज यह परिवार इलाके में एक मिसाल के तौर पर देखा जा रहा है. 11वीं संतान, और इस बार बेटे की सौगात हाल ही में सुनीता ने 11वीं संतान को जन्म दिया. इस बार परिवार को बेटे की सौगात मिली. खास बात यह रही कि सुनीता की यह 11वीं डिलीवरी भी पूरी तरह नॉर्मल हुई. संजय ने बताया कि उन्होंने अपनी पत्नी की डिलीवरी घर से करीब 50 किलोमीटर दूर एक प्राइवेट अस्पताल में करवाई, ताकि बेहतर इलाज मिल सके. जन्म के समय नवजात में खून की कमी पाई गई, जिसके बाद डॉक्टरों ने तुरंत खून चढ़ाया. समय पर इलाज मिलने से बच्चे की हालत में सुधार हुआ. फिलहाल मां और बेटा दोनों स्वस्थ हैं. डॉक्टरों की देखरेख में कुछ दिन अस्पताल में रहने के बाद परिवार अब राहत की सांस ले रहा है. दादी की मन्नत हुई पूरी बेटे के जन्म से परिवार में उत्सव जैसा माहौल है. घर में मिठाइयां बांटी जा रही हैं और दूर-दराज के रिश्तेदार भी बधाई देने पहुंच रहे हैं. संजय की मां माया देवी पोते के जन्म से बेहद खुश हैं. उनकी आंखों में खुशी के आंसू हैं. वह कहती हैं, भगवान ने मेरी वर्षों की मन्नत पूरी कर दी. इतने सालों से मन में एक ही इच्छा थी कि घर में एक पोता हो. संजय के पिता कपूर सिंह का पहले ही निधन हो चुका है. वह लोक निर्माण विभाग (PWD) में बेलदार के पद पर कार्यरत थे. पिता के जाने के बाद परिवार की सारी जिम्मेदारियां संजय के कंधों पर आ गईं. इसके बावजूद उन्होंने कभी हालात से समझौता नहीं किया. आर्थिक तंगी, लेकिन हौसले बुलंद संजय की जिंदगी संघर्षों से भरी रही है. उन्होंने बताया कि वह भी कभी लोक निर्माण विभाग में डेली वेज पर काम करते थे, लेकिन वर्ष 2018 में उन्हें काम से हटा दिया गया. इसके बाद उन्होंने मनरेगा के तहत मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण किया. पिछले एक साल से काम भी बंद है, जिससे वह फिलहाल बेरोजगार हैं. इसके बावजूद संजय के चेहरे पर शिकन कम ही दिखाई देती है. वह कहते हैं मेहनत से कभी भागा नहीं. बच्चों की खातिर जो भी काम मिला, किया. हालात जैसे भी हों, बच्चों की पढ़ाई और जरूरतें पूरी करने की कोशिश करता रहा. एक बेटी गोद दी, बाकी नौ की जिम्मेदारी खुद संजय बताते हैं कि उनकी एक बेटी रिश्तेदारी में गोद दी गई है, जबकि बाकी 9 बेटियों की पूरी जिम्मेदारी वह और उनकी पत्नी खुद निभा रहे हैं. उनका साफ कहना है कि बेटियां किसी से कम नहीं होतीं. अगर बेटियां आगे बढ़ेंगी, पढ़-लिखकर अपने पैरों पर खड़ी होंगी, तो वही हमारी सबसे बड़ी पूंजी होंगी.  गांव में चर्चा, सम्मान की तैयारी 19 साल बाद बेटे के जन्म की यह कहानी अब ढाणी भोजराज और आसपास के इलाकों में चर्चा का विषय बनी हुई है. गांव की सरपंच ज्योति देवी ने इस परिवार को सम्मानित करने का निर्णय लिया है. 19 साल के लंबे इंतजार के बाद बेटे का जन्म इस परिवार के लिए नई उम्मीद लेकर आया है. हालांकि संजय और सुनीता यह भी कहते हैं कि उनकी खुशियां सिर्फ बेटे तक सीमित नहीं हैं. उनके लिए बेटियां भी उतनी ही अहम हैं.

अब मुंदड़ा कुंज से ट्रांसपोर्ट नगर तक सड़क के दोनों तरफ़ 7 मीटर की सर्विस लेन से मेडिकल कॉलेज, पेंड्री जाना होगा सुरक्षित

राजनांदगांव को एक्सीडेंट मुक्त करने डॉ रमन की पहल से जल्द शुरू होगा निर्माण कार्य अब मुंदड़ा कुंज से ट्रांसपोर्ट नगर तक सड़क के दोनों तरफ़ 7 मीटर की सर्विस लेन से मेडिकल कॉलेज, पेंड्री जाना होगा सुरक्षित सोमनी से इरा मोड़ और सोमनी से खुटेरी मोड़ तक भी सर्विस लेन का निर्माण होगा प्रारंभ   सुंदरा से पार्रीनाला तक सर्विस लेन का निर्माण भी शीघ्र होगा शुरू पेंड्री में जल्द बनेगा सड़क अंडरपास – 5.5 मीटर ऊँचा और 12 मीटर चौड़ा महाराजपुर के लिए अंडरपास एवं मुख्य मार्ग पर दोनों तरफ सर्विस रोड का जल्द शुरू होगा निर्माण   चिचोला, LB नगर, डोंगरगढ़ रोड चौराहे पर वाहन अंडरपास एवं मुख्य सड़क के दोनों ओर सर्विस रोड का होगा निर्माण  राम दरबार चौराहे को भी एक्सीडेंट मुक्त करने एनएच के अधिकारियों को सर्वे कर, समाधान निकालने डॉ रमन ने दिए निर्देश राजनांदगांव  डॉ रमन सिंह के प्रयास से NH 53 पर सोमनी से चिचोला तक सुरक्षित यातायात हेतु दुर्घटना जनित क्षेत्र पर सर्विस रोड व वाहन अंडर पास का निर्माण कार्य प्रारंभ हो रहा है। राजनांदगांव में यातायात व्यस्वथा को ध्यान में रखकर परिवहन की सुविधाओं के विस्तारीकरण के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग क्रमांक 53 पर सोमनी से लेकर चिचोला तक वाहन सुरक्षा के लिए सड़क सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।  जिसमें कुल 3 वाहन अंडरपास और सर्विस मार्ग निर्माण  की टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और सोमनी से चिचोला तक हादसा मुक्त आवागमन की दिशा में जल्द कार्य प्रारंभ होगा।  108 करोड़ की लागत से सोमनी से लेकर चिचोला तक सड़क पर विकास कार्यों होंगे पूरे इस दिशा में मूंदड़ा कुंज से ट्रांसपोर्ट नगर बाईपास तक दोनों तरफ सर्विस रोड और पेंड्री में वाहन अंडरपास के लिए कुल 47 करोड़ लागत , सुंदरा डेंटल कॉलेज से पार्री नाला तक एक तरफ के सर्विस रोड निर्माण के लिए 7.8 करोड़ लागत , सोमनी गांव के दोनों छोर ईरा मोड तथा खुटेरी मोड तक सर्विस रोड के निर्माण के लिए लगभग 4.78 करोड़ की लागत, महाराजपुर के लिए वाहन अंडरपास एवं मुख्य मार्ग पर दोनों तरफ सर्विस रोड के लिए कुल  22 करोड़ की लागत  और चिचोला, LB नगर, डोंगरगढ़ रोड के पास वाहन अंडरपास एवं मुख्य सड़क के दोनों ओर सर्विस रोड के लिए कुल 27 करोड़ की लागत  की टेंडर प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है और जल्द ही निर्माण कार्य प्रारंभ होने जा रहा है। विधानसभा अध्यक्ष और राजनांदगांव विधायक डॉ रमन सिंह और राजनांदगाँव सांसद श्री संतोष पांडेय जी के प्रयास से इन विकास कार्यों को स्वीकृति मिली है, जिसके पूर्ण होने के बाद क्षेत्रवासियों को इस सर्विस लेन से लाभ होगा और यह मार्ग हादसों से मुक्त होगा और ग्रामवासियों एवं हाईवे पर आवागमन करने वाले वाहनों को इन सुविधाओं का लाभ मिलेगा। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री सड़क एवं परिवहन मंत्रालय नितिन गडकरी का आभार व्यक्त करते हुए विधानसभा अध्यक्ष और राजनांदगांव विधायक डॉ रमन सिंह ने कहा कि "माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के मार्गदर्शन और श्री गडकरी जी के नेतृत्व में केवल छत्तीसगढ़ ही नहीं बल्कि पूरे देश में सड़कों का जाल बिछाने का काम हुआ है और राजनांदगांव भी इस कड़ी में कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ रहा है।"

रातभर चली बुलडोजर कार्रवाई के बाद दिल्ली की मस्जिद के आसपास क्या बदला? देखें तस्वीरें

 नई दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास बीती रात बुलडोजर एक्शन किया गया. पुलिस प्रशासन का दावा है कि मस्जिद के आस-पास मौजूद अवैध निर्माण को ढहाने के लिए यह कार्रवाई की गई, जिसके लिए मौके पर 30 से ज्यादा बुलडोजर पहुंचे.  पुलिस ने बताया कि बुलडोजर कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया. इस दौरान पत्थरबाजी और पुलिस की तरफ से आंसू गैस के गोले दागे जाने की जानकारी भी सामने आई है. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े. दिल्ली नगर निगम (MCD) के अधिकारियों ने बताया कि बुलडोजर कार्रवाई रात 1 बजे शुरू हुई. पुलिस ने बताया कि चार से पांच पुलिस अधिकारियों को मामूली चोटें आई हैं. अभी मौके पर क्या हालात? तुर्कमान गेट के पास फैज़-ए-इलाही मस्जिद के इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है. दिल्ली पुलिस ने पत्थरबाजी की घटना के सिलसिले में अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. CCTV फुटेज और बॉडी कैमरा रिकॉर्डिंग की मदद से पत्थर फेंकने वालों की पहचान की जा रही है. कोर्ट के नोटिस के बावजूद चले बुलडोजर मंगलवार को दिल्ली हाई कोर्ट ने मस्जिद सैयद इलाही की मैनेजिंग कमेटी की तरफ से दायर एक याचिका पर नोटिस जारी किया, जिसमें दिल्ली नगर निगम (MCD) के रामलीला मैदान में मस्जिद और कब्रिस्तान से सटी ज़मीन से कथित अतिक्रमण हटाने के फैसले को चुनौती दी गई थी. नोटिस जारी किए जाने के बावजूद तोड़फोड़ की कार्रवाई जारी रही है. अतिक्रमण में सड़क का कुछ हिस्सा, एक फुटपाथ, एक कम्युनिटी हॉल, एक पार्किंग एरिया और एक प्राइवेट डायग्नोस्टिक सेंटर शामिल थे. सेंट्रल रेंज के जॉइंट कमिश्नर ऑफ पुलिस मधुर वर्मा ने बताया कि कुछ लोगों ने पत्थर फेंककर ड्राइव को रोकने की कोशिश की. उन्होंने कहा, "हालात को तुरंत काबू में कर लिया गया और सही मात्रा में बल का इस्तेमाल किया गया, जिससे यह तय हुआ कि बिना किसी तनाव के हालात सामान्य हो जाएं." पुलिस अधिकारी ने यह भी बताया कि ऑपरेशन से पहले शांति बनाए रखने के लिए स्थानीय लोगों के साथ कई कोऑर्डिनेशन मीटिंग की गईं. उन्होंने कहा कि पहले से ही बचाव और भरोसा दिलाने वाले कदम उठाए गए थे. मामला कोर्ट में जाने के बाद क्या हुआ? MCD का फैसला हाई कोर्ट की एक डिवीज़न बेंच के 12 नवंबर, 2025 के आदेश के तहत लिया गया था, जिसने सिविक बॉडी और PWD को तुर्कमान गेट के पास रामलीला मैदान में 38,940 वर्ग फुट के अतिक्रमण को हटाने के लिए तीन महीने का समय दिया था. हाई कोर्ट ने यह आदेश सेव इंडिया फाउंडेशन द्वारा दायर एक याचिका पर सुनवाई करते हुए पारित किया था, जिसका प्रतिनिधित्व कोर्ट में वकील उमेश चंद्र शर्मा ने किया था. अक्टूबर 2025 में, अधिकारियों द्वारा एक संयुक्त सर्वे किया गया था, जिसमें यह दर्ज किया गया था कि ज़मीन पर अतिक्रमण था, जिसका कुछ हिस्सा MCD, PWD और L&DO सहित अधिकारियों का था. नोटिस के बाद, MCD के अधिकारी 4 जनवरी को अतिक्रमण वाले इलाके को चिह्नित करने के लिए साइट पर गए, लेकिन उन्हें स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा, जिसके कारण पुलिस की तैनाती बढ़ानी पड़ी. MCD के आदेश को रद्द करने की मांग करते हुए, मस्जिद सैयद इलाही मैनेजमेंट कमेटी ने कहा कि संबंधित संपत्ति का उपयोग उसके द्वारा किया जा रहा है और वह वक्फ बोर्ड को लीज का किराया दे रही है. याचिका में कहा गया है कि यह ज़मीन वक्फ अधिनियम द्वारा शासित एक अधिसूचित वक्फ संपत्ति है और इसलिए, इससे संबंधित सभी विवादों पर वक्फ ट्रिब्यूनल का विशेष अधिकार क्षेत्र है.