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पटना हादसा: मकान की छत गिरी, पांच लोगों की मौत से मचा कोहराम

पटना पटना जिले के दानापुर दियारा अंतर्गत अकीलपुर थाना क्षेत्र के मानस पंचायत स्थित मानस नया पानापुर गांव में घर की छत गिरने से एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत हो गई। स्थानीय लोगों कहना है कि घर के सभी लोग सो रहे थे, अचानक छत भरभरा कर गिर गई। इसमें तीन बच्चे समेत पांच लोगों की मौत हो गई। इधर, छत गिरने की आवाज सुनते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और तुरंत पुलिस को जानकारी दी। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद शवों को बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मरने वालों की पहचान बबलू (36) उसकी पत्नी रोशन खातून (32) बेटी रुखसार (12) चांदनी (2) और बेटे चांद (10) के रूप में हुई। घटना के बाद परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। उनका कहना है की रोजाना की तरह पूरा परिवार खाना खाकर सो रहा था, इसी दौरान यह घटना हुई। हादसा इतना भीषण था कि परिवार के सभी पांचों लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। इधर, स्थानीय लोगों कहना है कि कुछ साल पहले ही बबलू को यह मकान आवास योजना के तहत मिला था। किसी को अंदाजा नहीं था कि यह मकान इतना कमजोर होगा। बबलू आर्थिक तंगी के कारण मकान की मरम्मत नहीं करवा पा रहा था। लोगों ने प्रशासन से अपील है कि वह इस मामले को गंभीरता से ले और पूरी घटना की जांच करे। वहीं पुलिस का कहना है कि हादसे की जांच की जा रही है। लाशों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।

चुनाव का दूसरा चरण: दिग्गज नेताओं की साख दांव पर, एनडीए के 122 और महागठबंधन के 126 उम्मीदवार मैदान में

पटना 11 नवंबर यानी कल दूसरे चरण का मतदान होगा। 20 जिलों में 122 विधानसभा सीटों पर चुनाव हो रहा है। चुनाव प्रचार थम चुका है। प्रत्याशी घर-घर जाकर मतदाताओं से मिल रहे। अंतिम चरण में राष्ट्रीय जनतांत्रिक के 122, महागठबंधन के 126 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं। इनमें भाजपा के 53, जदयू के 44, लोजपा-रामविलास 15, राष्ट्रीय लोक मोर्चा के चार और हम के छह प्रत्याशी शामिल हैं। वहीं राजद के 70, कांग्रेस के 37, वीआईपी के आठ, सीपीआई के चार, सीपीआई एमएल के छह और सीपीआई के एक प्रत्याशी के भाग्य का फैसला दूसरे चरण के मतदान में होना है। वहीं जनसुराज पार्टी के 120 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं। इन दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर है… इस चरण में पूर्व उपमुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद, रेणु देवी, मंत्री विजेंद्र यादव, नीतीश मिश्रा, प्रेम कुमार, कृष्णनंदन पासवान, प्रमोद कुमार, शीला मंडल, लेशी सिंह, जयंत राज,  कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम, लोजपा रामविलास के प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी की प्रतिष्ठा, राजद के वरिष्ठ नेता उदय नारायण चौधरी, रालोमो के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा की पत्नी स्नेहलता, कांग्रेस के विधायक दल के नेता शकील अहमद खान, भाकपा माले के विधायक दल के नेता महबूब आलम जैसे दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी है।   तेजस्वी बोले- बदलाव निश्चित है दूसरे चरण के मतदान से पहले राष्ट्रीय जनता दल के नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि प्रथम चरण के बाद एनडीए खेमे में भारी गमगीन माहौल है। इस बार बदलाव निश्चित है इसलिए अधिकारी फ़ोन करने वाले का स्क्रीनशॉट तक हमें भेज रहे है। बिहार सरकार के ईमानदार अधिकारी बिना रिटायर्ड अधिकारियों के दबाव में आए संविधान सम्मत अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें। दो गुजराती येनकेन प्रकारेण बिहार पर कब्जा करना चाहते है। वो बिहार को अपना उपनिवेश बनाना चाहते है। बिहार की जनता संविधान विरोधी कार्य करने वाले बेगैरत बे-ज़मीर सत्ताधारी नेताओं को कड़ा सबक सिखाने के लिए एक पैर पर खड़ी है। गणतंत्र की जननी बिहार में इनकी वोट चोरी हरगिज नहीं चलेगी। जनता हर प्रकार से यानि हर प्रकार से इनकी वोट चोरी और लोकतंत्र की डकैती रोकने के लिए तैयार है। सम्राट बोले- एनडीए प्रचंड जीत हासिल करेगा बिहार की जनता पूरी तरह से एनडीए के साथ है। उन्होंने दावा किया कि 11 नवंबर को होने वाले मतदान में एनडीए प्रचंड जीत हासिल करेगा। तारापुर विधानसभा के प्रत्याशी सम्राट चौधरी ने जनता से अपील करते हुए कहा कि 11 नवंबर को भारी संख्या में मतदान करें और विकास, सुरक्षा व स्थिरता के लिए एनडीए की सरकार दोबारा बनाएं। सम्राट चौधरी ने कहा कि भाजपा शासनकाल में रोजगार, शिक्षा और उद्यमिता को लेकर बड़े पैमाने पर काम हुआ है। विपक्ष पर हमला बोलते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि यह लोकतंत्र है, राजतंत्र नहीं। जनता तय करेगी कि राजा कौन बनेगा, न कि कोई परिवार।

राजधानी रांची में सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द, जानिए क्या है वजह

रांची झारखंड राज्य स्थापना का सिल्वर जुबली और झारखंड उच्च न्यायालय के स्थापना के 25 वर्षों के कार्यक्रम के मद्देनजर राजधानी रांची में सुरक्षा एवं विधि-व्यवस्था को दुरुस्त रखने के लिए रांची पुलिस का अवकाश रद्द कर दिया गया है। 11 से 16 नवम्बर तक सभी पुलिसकर्मियों और अधिकारियों का अवकाश रद्द रांची एसएसपी राकेश रंजन ने आदेश जारी किया है जिसमें बताया गया है कि 11 से 16 नवम्बर तक सभी पुलिसकर्मियों और अधिकारियों का अवकाश तत्काल प्रभाव से रद्द रहेगा। केवल विशेष परिस्थिति में ही छुट्टी दी जाएगी और पूर्व में स्वीकृत अवकाश के लिए भी अनुमति लेना आवश्यक होगा। आदेश के अनुसार, इस दौरान बड़ी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की जाएगी ताकि सुरक्षा व्यवस्था प्रभावी ढंग से सुनिश्चित की जा सके। पुलिस प्रशासन ने जनता से की सहयोग अपील सभी थाना, ओपी, शाखा प्रभारी, परिचारी प्रवर एवं संबंधित डीएसपी को निर्देश दिया गया है कि वे अपने अधीनस्थ पुलिसकर्मियों से तुरंत संपर्क स्थापित करें और उन्हें 10 नवम्बर तक अपने कर्तव्य स्थल पर लौटने का निर्देश दें। साथ ही इस संबंध में प्रतिवेदन भी मांगा गया है। यह फैसला झारखंड स्थापना दिवस और उच्च न्यायालय के सिल्वर जुबली समारोह को सफल बनाने के लिए सुरक्षा व्यवस्था को पूरी तरह मजबूत बनाने के लिए किया गया है। पुलिस प्रशासन ने जनता से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि सुरक्षा कारणों से ये आवश्यक कदम उठाए गए हैं।  

राजनाथ सिंह का बयान चर्चा में: आखिर तेजस्वी पर क्यों किया ऐसा कमेंट?

औरंगाबाद बिहार में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को गोह के एनडीए प्रत्याशी के पक्ष में एक चुनावी जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने भ्रष्टाचार को लेकर राजद और कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। राजनाथ सिंह ने कहा कि कई नेताओं पर भ्रष्टाचार के आरोप लग चुके हैं, जेल की हवा खा चुके हैं। कई आज भी जमानत पर हैं, लेकिन इसके बावजूद सीने पर शर्ट का बटन खोलकर जनता से वोट की अपील करते हैं। उन्होंने कहा कि हमारे गठबंधन का मानना है कि अगर भ्रष्टाचार का आरोप लग जाए तो तुरंत अपने पद से इस्तीफा दे दो। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि आज विडंबना है कि राजनीति अपना अर्थ और भाव खो चुकी है। क्या विपक्ष में कोई दूसरा ऐसा नेता नहीं है जिसके नेतृत्व में यह महागठबंधन चुनाव लड़ सके? आज हमारे गठबंधन नेतृत्वकर्ता पर ऐसा कोई आरोप नहीं है। उन्होंने कहा कि हम लोगों ने जो संकल्प पत्र जारी किया है, वह मात्र घोषणा नहीं, अटल प्रतिज्ञा है। हमारे घोषणा पत्रों को देख लीजिए। हमने जो कहा है, उसे पूरा भी किया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि हम लोग गलत करेंगे नहीं और कोई गलत कर रहा हो तो चुप भी नहीं बैठेंगे। यह एनडीए का चरित्र है। राजनीति में शुचिता होनी चाहिए। कहने और करने में कोई अंतर नहीं होना चाहिए। रक्षा मंत्री ने कहा कि कहने और करने में जब अंतर होता है तो विश्वास का संकट पैदा होता है। राजनाथ सिंह ने कहा कि यह चुनाव तय करने वाला है कि बिहार में जंगलराज होगा या विकसित बिहार बनेगा। पिछले 20 सालों में पटना बहुत बदल गया है। बिहार को हमें विकसित बिहार बनाना है। 'विकसित बिहार' बनेगा तो 'विकसित भारत' भी बनेगा। उन्होंने तेजस्वी यादव के हर घर में नौकरी देने वाले वादों पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे गणित पढ़े हैं या नहीं, वे यह कर सकते हैं, हम नहीं कर सकते। हम लोगों ने तय किया है कि यहां उद्योग-धंधे बढ़ाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि एनडीए के लोग जहां जाते हैं, वहां कहते हैं कि आइए हमारे विकसित बिहार में जबकि राजद, कांग्रेस वाले कहते हैं कि आइए, बिहार में कट्टा मार देंगे कपार में। उन्होंने एनडीए के वादों की चर्चा करते हुए कहा कि सीतामढ़ी में जानकी मैय्या का भव्य मंदिर बन रहा है।

राजनीतिक तंज: नीतीश बोले- परिवार चलाने में लगे थे, बिहार कैसे चलता?

सासाराम बिहार चुनाव के प्रचार अभियान के अंतिम दिन रविवार को सभी दलों के नेताओं ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। महागठबंधन की ओर से तेजस्वी यादव, राहुल गांधी, और मुकेश सहनी चुनावी प्रचार में उतरे, तो एनडीए की ओर से केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, एमपी के सीएम मोहन यादव, और बिहार के सीएम नीतीश कुमार विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में पहुंचे। परिवारवाद को लेकर सीएम नीतीश कुमार ने रोहतास के विक्रमगंज, नोखा, और करगहर में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए राजद पर निशाना साधा।  उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार ने साल 2005 से बिहार में विकास की नई शुरुआत की थी, जब राज्य पूरी तरह बदहाली में था। उन्होंने याद दिलाया कि पहले के शासनकाल में न तो सड़कें थीं, न कानून-व्यवस्था, और लोग शाम ढलते ही घरों से निकलने से डरते थे। उन्होंने कहा कि पहले सत्ता में रहने वालों ने सिर्फ परिवारवाद को बढ़ावा दिया, राज्य के विकास पर कोई ध्यान नहीं दिया। उन्होंने राजद प्रमुख लालू यादव पर हमला बोलते हुए कहा कि जब उन्हें मुख्यमंत्री पद छोड़ना पड़ा तो उन्होंने अपनी पत्नी को मुख्यमंत्री बना दिया और सरकार को परिवार तक सीमित कर दिया। उन्होंने कहा कि आज वही लोग फिर से सत्ता में आने का सपना देख रहे हैं, लेकिन बिहार की जनता अब सब कुछ समझ चुकी है। अब जनता जानती है कि किसने विकास किया और किसने सिर्फ नारे दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने बिहार को अंधकार से निकालकर शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं में सुधार किया ताकि लोग सम्मान के साथ जीवन जी सकें। 2005 में एनडीए की सरकार बनने के बाद उन्होंने राज्य में कानून-व्यवस्था को सुधारने को प्राथमिकता दी। उन्होंने कहा, "हमने अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई की, पुलिस की जिम्मेदारी तय की और लोगों को भरोसा दिलाया कि अब बिहार में कानून का राज होगा। एनडीए के शासनकाल में लोग बेखौफ होकर यात्रा कर सकते हैं।" मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लोगों से बिहार की विकास यात्रा में सहभागी बनकर विकसित बिहार बनाने का आह्वान करते हुए कहा कि बिहार में सबके लिए काम हुआ है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने हमेशा ‘विकास के साथ न्याय’ के सिद्धांत पर काम किया है। हमने गरीबों, दलितों, पिछड़ों और महिलाओं को सशक्त किया है। पंचायती राज में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण दिया गया, जिससे वे निर्णय प्रक्रिया का हिस्सा बन सकीं। सरकारी नौकरियों में आरक्षण दिया गया।

बिहार में नक्सली साजिश? अमित शाह बोले- खतरे के संकेत साफ

अरवल बिहार विधानसभा के प्रचार के आखिरी दिन केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को अरवल में चुनावी सभा को संबोधित किया और उन्होंने लोगों को सचेत किया कि बिहार में लाल झंडे की आड़ में नक्सलवाद लाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जोड़ी ने बिहार में नक्सलवाद और जंगलराज को समाप्त कर दिया है। अब किसी की हिम्मत नहीं है कि बिहार में फिरौती, खून-खराबा, अपहरण और नक्सलवाद को फिर से फैलाए। अमित शाह ने कहा कि बिहार में एनडीए सरकार उद्योग-धंधे लाने को लेकर काम कर रही है। उन्होंने लोगों का आह्वान करते हुए कहा कि इन लाल झंडे वाले ‘माले’ वालों को अरवल में ही रोक लें, ताकि यह पटना नहीं पहुंच पाए। यदि लाल झंडा आया तो ये उद्योग कभी नहीं आने देंगे।  अमित शाह ने एनडीए की फिर से सरकार बनने का दावा करते हुए कहा कि बिहार में पहले चरण का चुनाव समाप्त हो चुका है। पहले ही चरण में लालू की पार्टी का सूपड़ा साफ हो गया। पहले चरण में तय हो चुका है कि बिहार में एनडीए की सरकार बनने वाली है। उन्होंने कांग्रेस को निशाने पर लेते हुए कहा कि राहुल गांधी कभी 15 दिन तक शरीर पर धूल नहीं लगने देते, लेकिन फिर भी उन्होंने घुसपैठियों के लिए बिहार में यात्रा निकाली है। उन्होंने कहा कि ये घुसपैठिए युवाओं की नौकरियां छीनते हैं, गरीबों के हिस्से में सेंध लगाते हैं और देश को भी असुरक्षित करते हैं। उन्होंने लोगों से पूछा कि क्या यहां घुसपैठिए रहने चाहिए? उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को जितनी यात्रा निकालनी है बिहार से लेकर इटली तक निकाल लें, लेकिन यहां से एक-एक घुसपैठिए को बाहर निकाला जाएगा। केंद्रीय गृह मंत्री ने कांग्रेस पर बाबा साहेब का अपमान करने का आरोप लगाते हुए कहा कि बाबा साहेब का नाम इनके लिए वोट बटोरने का नाम है जबकि हमारे लिए यह श्रद्धा है। बाबा साहेब जब तक जिंदा रहे, तब तक कांग्रेस ने उनका विरोध किया। उन्हें भारत रत्न तब मिला, जब कांग्रेस सत्ता से बाहर गई। उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस ने बाबू जगजीवन राम का भी अपमान किया, उन्हें प्रधानमंत्री नहीं बनने दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना की चर्चा करते हुए कहा कि महिलाओं के खाते में अभी 10 हजार रुपए भेजे गए, लेकिन राजद वाले कहते हैं कि इसे वापस ले लिया जाएगा, जबकि वे जान लें, यह राशि कोई वापस नहीं ले सकता। अगले कुछ दिनों में इन्हें दो लाख रुपए और दिए जाएंगे। उन्होंने जहां अयोध्या में भव्य राम मंदिर की चर्चा की, वहीं उन्होंने सीतामढ़ी में मां जानकी की जन्मस्थली पर भव्य मंदिर बनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि एनडीए जब आता है तो सड़कें और बिजली आती है, जबकि महागठबंधन वाले आते हैं तो नरसंहार और खून-खराबा लाते हैं।

सम्राट चौधरी का निशाना: आरक्षण पर बोलने वाले चारा घोटाला परिवार को दी नसीहत

पटना, बिहार विधानसभा चुनाव के बीच महागठबंधन की ओर से सीएम पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव के आरक्षण पर दिए बयान पर डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने पलटवार किया। चौधरी ने कहा कि चारा घोटाला करने वाले परिवार के लोग आरक्षण पर बोलते हुए अच्छे नहीं लगते हैं। पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान डिप्टी सीएम ने कहा कि दूसरे चरण के लिए चुनाव प्रचार का आज आखिरी दिन है। हम लोगों का आशीर्वाद मांग रहे हैं और उनसे एक बार फिर एनडीए सरकार बनाने और बिहार में विकास के पथ पर आगे बढ़ने का आग्रह कर रहे हैं। बिहार में एनडीए की सरकार की विकास कर सकती है और यह विश्वास हमारी जनता को भी है। उन्होंने कहा कि भरोसा है कि जनता एक बार फिर एनडीए सरकार को चुनने के लिए घरों से निकलकर वोट करेगी। महागठबंधन पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने जीवनभर चोरी की, 55 साल देश और बिहार को लूटने का काम किया। जिन्होंने बिहार में चारा घोटाला से लेकर अलकतरा घोटाला किया। उनके मुंह से बदलाव की बात शोभा नहीं देती है। तेजस्वी यादव को निशाने पर लेते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि आरक्षण की बात वो कर रहे हैं, जिनके परिवार ने सिर्फ घोटाला किया, इसके अलावा कुछ नहीं किया। तेजस्वी यादव जो आरक्षण पर बयान दे रहे हैं, उन्हें पहले अपने माता-पिता से पूछना चाहिए कि बिहार में आरक्षण किसे दिया। आरक्षण के प्रति भाजपा का समर्थन करते हुए डिप्टी सीएम ने कहा कि देश में जब भी आरक्षण की बात हुई, आरक्षण लाया गया तो भाजपा ने हमेशा समर्थन किया। विपक्ष के लोग आरक्षण की सिर्फ बातें करते हैं, उस पर कभी अमल नहीं करते। पूर्व सीएम लालू प्रसाद यादव का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वे तो कभी आरक्षण के पक्ष में नहीं रहे। अगर होते तो आरक्षण का बिल नहीं फाड़ते। महिला आरक्षण अगर 30 साल से नहीं मिला है तो उसके दोषी लालू प्रसाद यादव हैं।  

20 जिलों में सियासी संग्राम: प्रचार थमा, अब जनता की बारी

पटना  बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए प्रचार का शोर रविवार शाम 6 बजे थम गया। अब पूरी बागडोर जनता के हाथों में है, जो सोमवार 11 नवंबर को मतदान करके यह तय करेगी कि सत्ता की कुर्सी पर कौन बैठेगा। बिहार चुनाव के दूसरे इस चरण में 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों पर वोटिंग होगी। इनमें 101 सामान्य, 19 अनुसूचित जाति और 2 अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित सीटें शामिल हैं। कुल 3 करोड़ 70 लाख 13 हजार 556 मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इस चरण में प्रत्येक बूथ पर औसतन 815 मतदाता दर्ज हैं, जो शांतिपूर्ण मतदान की उम्मीद को संतुलित रखते हैं। प्रचार के अंतिम दिन सियासत पूरी गरमी पर रही। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, महागठबंधन की तरफ से सीएम का चेहरा तेजस्वी प्रसाद यादव, और लोजपा (रामविलास) प्रमुख चिराग पासवान समेत तमाम बड़े नेताओं ने ताबड़तोड़ रैलियां कर जनता का रुख अपने पक्ष में मोड़ने की कोशिश की। मोदी की सभाओं में भीड़ उमड़ी तो नीतीश ने अपने विकास कार्य गिनाए। तेजस्वी ने रोजगार को मुद्दा बनाया और युवाओं से जुड़ने की कोशिश की, वहीं चिराग ने एनडीए के अंदर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने का प्रयास किया। प्रचार में आरोप-प्रत्यारोप और वादों की बारिश ने चुनावी माहौल को गरमा दिया। किस सीट पर कितनी टक्कर दूसरे चरण में तीन सीटों पर सबसे ज्यादा 22-22 उम्मीदवार मैदान में हैं, जिसमें कैमूर का चैनपुर, रोहतास का सासाराम और गया शहर शामिल है। वहीं, लौरिया, चनपटिया, रक्सौल, सुगौली, त्रिवेणीगंज और बनमनखी ऐसी सीटें हैं, जहां केवल 5-5 प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। इससे कुछ सीटों पर सीधा मुकाबला तो कुछ पर बहुकोणीय लड़ाई देखी जा सकती है। क्या है वोटरों का पूरा गणित पुरुष मतदाता 1,95,44,041, महिला मतदाता 1,74,68,572, जबकि थर्ड जेंडर के 943 मतदाता भी लोकतंत्र के इस पर्व में हिस्सा लेंगे। युवा निर्णायक भूमिका में दिख रहे हैं। 18-29 वर्ष के 84.84 लाख वोटर और 30-40 वर्ष के 1.04 करोड़ 97 हजार वोटर चुनाव का रुख बदले बिना नहीं रहेंगे। पहली बार वोट डालने वाले 7,69,356 फ्लोटिंग वोटर किसी भी सीट पर समीकरण बिगाड़ सकते हैं। इसके अलावा, 43 एनआरआई, 6,255 सौ वर्ष से अधिक उम्र, 4,87,219 (80+), 4,04,615 दिव्यांगजन और 63,373 सेवा मतदाता भी चुनाव प्रक्रिया को मजबूती देंगे। बूथों पर सख्त निगरानी वोटिंग के लिए 45,399 बूथ तैयार किए गए हैं। इनमें 595 महिला संचालित, 91 दिव्यांगजन संचालित और 316 मॉडल बूथ शामिल हैं। इस चरण में सभी बूथों पर वेबकास्टिंग की जाएगी, ताकि निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित हो सके।  

तीन दिन बाद हाड़ कंपाने वाली सर्दी का अलर्ट, मौसम विभाग ने किसानों को दी अहम सलाह

रांची झारखंड में ठंड ने दस्तक दे दी है। धीरे-धीरे तापमान में गिरावट की वजह से ठंड बढ़ रही है, तो वही ठंडी हवा भी लोगों की मुसीबत बढ़ा रही है जिसकी वजह से कंपनी महसूस हो रही है। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले अगले 4 दिनों तक झारखंड में लगातार ठंडी हवा चलेगी जिसकी वजह से तापमान में और गिरावट आएगी और लोगों को हांड कंपाने वाली ठंड का सामना करना पड़ेगा। 3 दिनों में तेजी से गिरेगा तापमान मौसम विभाग ने राज्य के सभी 24 जिलों के लिए ठंड बढ़ने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के मुताबिक 9 से 11 नवंबर तक मौसम शुष्क रहेगा, लेकिन उत्तर-पश्चिमी ठंडी हवाएं 10-20 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी। सुबह-शाम घना कोहरा छाने से दृश्यता 500 मीटर तक सिमट सकती है। मौसम विभाग का कहना है कि वर्तमान में राज्य का औसत अधिकतम तापमान 26-29°C और न्यूनतम 15-18°C है, लेकिन अगले 72 घंटों में पारा 3-5 डिग्री नीचे लुढ़केगा। कोल्हान, संथाल परगना और उत्तरी छोटानागपुर में न्यूनतम तापमान 12-14°C तक पहुंच सकता है। दिसंबर तक राज्य में गिरेगा 8-10°C तक पारा मौसम वैज्ञानिक डॉ. अभिषेक आनंद ने कहा-पश्चिमी विक्षोभ और ला नीना का असर है। दिसंबर तक राज्य में 8-10°C तक पारा गिर सकता है। मौसम विभाग की ओर से लगातार लोगों को बदलते मौसम के दौर में सावधान रहने की राय दी गई है और अपने स्वास्थ्य के प्रति खास ख्याल रखना है। वही किसान भाईयों को भी अपने खेतों में लगे सब्जियों की देखभाल करते रहना है वर्ना आपकी फसल बर्बाद हो सकती है।  

अमित शाह की तीखी टिप्पणी: सासाराम में कांग्रेस और आरजेडी नेतृत्व पर बोला हमला

सासाराम गृहमंत्री अमित शाह ने सासाराम में सभा को संबोधित करते हुए आतंकवाद, राष्ट्रीय सुरक्षा और अवैध घुसपैठियों के मुद्दे को उछाला तथा विपक्षी नेताओं पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकारों के समय आतंकवादियों पर कार्रवाई ढीली रहती थी, जबकि नरेंद्र मोदी सरकार ने कड़े कदम उठाए हैं। अमित शाह ने कहा, “जब सोनिया, मनमोहन और लालू के समय था, तो आतंकवादी घुस आते थे, हमारे देश में हमला करते थे और भाग निकलते थे, कोई सवाल नहीं करता था। नरेंद्र मोदी सरकार आने के बाद उरी हमले के जवाब में सर्जिकल स्ट्राइक की गई और पुलवामा हमले के बाद हवाई कार्रवाई की गई। पाहलगाम में हमारे टूरिस्टों से उनके धर्म के बारे में पूछा गया और उन्हें मारा गया। 22 दिनों में हमने ऑपरेशन सिंदूर करके पाकिस्तान में घुसकर आतंकवाद को समाप्त करने का काम किया।” उन्होंने शस्त्राई स्वर में कहा, “यहां मां शाक्तिपीठ की पवित्र भूमि पर मैं कहता हूं, अगर आतंकवादी गोली चलाएंगे तो हम गोलाबारी से जवाब देंगे। क्या आप जानते हैं वह गोला कहां बनेगा? प्रधानमंत्री मोदी बिहार में डिफेंस कॉरिडोर बनाएंगे और एक आर्डनेंस फैक्ट्री स्थापित की जाएगी।” घुसपैठियों के मुद्दे पर अमित शाह ने आरोप लगाया कि कुछ विपक्षी नेता विशेषकर राहुल और तेजस्वी घुसपैठियों के समर्थन में यात्रा निकालते हैं। उन्होंने कहा, “कुछ दिन पहले राहुल और तेजस्वी ने एक यात्रा निकाली थी, ये यात्रा उन्होंने घुसपैठियों को बचाने के लिए निकाली थी। हमारे देश में घुसपैठिये हमारे युवाओं की नौकरियां छीन रहे हैं, गरीबों के राशन में अपना हिस्सा ले रहे हैं और देश की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन रहे हैं।” अमित शाह ने स्पष्ट किया, “राहुल और तेजस्वी जो करना चाहें, करने दें,  मैं आज सासाराम की धरती से यह कहता हूं कि हम बिहार और देश से एक-एक घुसपैठिए को निकालने का काम करेंगे। उन्होंने (राहुल और तेजस्वी) घुसपैठियों को अपना वोट बैंक बना लिया है। हमें घुसपैठियों के वोट नहीं चाहिए, हम सासाराम के युवाओं के वोट और मेहनती दीदियों के वोट से जीतने आए हैं।” सभा में अमित शाह ने राष्ट्रीय सुरक्षा, सीमाओं के उल्लंघन तथा स्थानीय युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर जोर देते हुए सरकार की नीतियों का बचाव किया और जनता से बीजेपी का समर्थन मांगते हुए कहा कि वह बिहार और देश की रक्षा के लिए सख्त कदम उठाते रहेंगे।