samacharsecretary.com

अंतरराज्यीय हथियार तस्करी गैंग पर पुलिस का शिकंजा, चंडीगढ़ से 3 आरोपी दबोचे गए

चंडीगढ़  चंडीगढ़ में एक्टिव अपराधियों तक अवैध हथियार पहुंचाने वाले एक अंतरराज्यीय नेटवर्क का चंडीगढ़ पुलिस की ऑपरेशन सेल ने भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई के दौरान तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उनके कब्जे से एक पिस्टल, दो देसी कट्टे और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी स्थानीय अपराधियों को जरूरत पड़ने पर हथियार और अन्य लॉजिस्टिक सहायता उपलब्ध करवाते थे। तीन आरोपियों की हुई गिरफ्तारी गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मौलीजागरां निवासी अभियास यादव (23), डीएमसी कॉलोनी निवासी विकास उर्फ बट्टी (20) और मनीमाजरा निवासी तैयब उर्फ चेतन (20) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार तीनों के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और उनके आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। गुप्त सूचना के बाद शुरू हुई कार्रवाई यूटी पुलिस की ओर से असामाजिक तत्वों, वांछित अपराधियों और गैंगस्टरों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान ऑपरेशन सेल को सूचना मिली थी कि कुछ युवक अवैध हथियारों की सप्लाई कर रहे हैं और स्थानीय अपराधियों को वारदातों के लिए हथियार उपलब्ध करवा रहे हैं। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी बढ़ा दी और तकनीकी व स्थानीय स्तर पर जांच शुरू की। पहले आरोपी से मिली पिस्टल और कारतूस जांच के दौरान 8 जून को ऑपरेशन सेल की टीम ने बीएसएनएल मोड़ फेज-2 के पास एक संदिग्ध युवक को रोका। तलाशी लेने पर उसके कब्जे से एक देशी पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद हुए। आरोपी की पहचान अभियास यादव के रूप में हुई। उसके खिलाफ सेक्टर-31 थाना में आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ और पुलिस रिमांड के दौरान उसने अपने अन्य साथियों के बारे में अहम जानकारी दी। पूछताछ में सामने आए दो और नाम अभियास यादव से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने 10 जून को सेक्टर-43 स्थित सीटीयू वर्कशॉप के पीछे से विकास उर्फ बट्टी को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से एक देसी कट्टा बरामद हुआ। इसके बाद जांच आगे बढ़ी तो तीसरे आरोपी तैयब उर्फ चेतन का नाम सामने आया। पुलिस ने 15 जून को किशनगढ़ चौक के पास स्लिप रोड से उसे गिरफ्तार किया और तलाशी के दौरान उसके पास से भी एक देसी कट्टा बरामद किया। अपराधियों तक पहुंचाए जा रहे थे हथियार प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त और सप्लाई नेटवर्क से जुड़े हुए थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि हथियार कहां से लाए गए और इन्हें किन अपराधियों तक पहुंचाया जाना था। अधिकारियों का मानना है कि समय रहते कार्रवाई नहीं होती तो इन हथियारों का इस्तेमाल किसी बड़ी आपराधिक वारदात में किया जा सकता था। आरोपियों का लंबा आपराधिक रिकॉर्ड पुलिस जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी अभियास यादव के खिलाफ पंचकूला, चंडीगढ़ और मोहाली में हत्या के प्रयास, मारपीट, अपहरण, आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं के करीब 19 मामले दर्ज हैं। वहीं विकास उर्फ बट्टी के खिलाफ हत्या के प्रयास, दंगा, धमकी और आर्म्स एक्ट से जुड़े आधा दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं। तीसरे आरोपी तैयब उर्फ चेतन के खिलाफ भी लूट और चोरी के कई मामले दर्ज बताए गए हैं। नेटवर्क की गहराई तक पहुंचने में जुटी पुलिस फिलहाल पुलिस आरोपियों के पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि हथियार सप्लाई चेन में और कौन-कौन लोग शामिल हैं, इनके संभावित गैंग कनेक्शन क्या हैं और इन हथियारों का इस्तेमाल किन वारदातों में किया जाना था। मामले में आगे और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

बस की छत पर रखी साइकिल बनी जानलेवा, 11 हजार वोल्ट करंट से नालंदा में दर्दनाक हादसा

 नालंदा बिहार के नालंदा जिले में बड़ा हादसा हो गया है। यहां पावापुरी थाना क्षेत्र के शमवशरण मंदिर के समीप बुधवार को एक दर्दनाक हादसे में मजदूरों से भरी एक यात्री बस 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन बिजली तार की चपेट में आ गई। हादसे में करंट लगने से एक दंपती की मौत हो गई, जबकि आठ अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए। घायलों को इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां पांच लोगों की स्थिति चिंताजनक बताई जा रही है। बस पर करीब 60 मजदूर सवार थे। सभी नरकटिया से ईंट-भट्ठे पर काम करने के बाद अपने गांव घोसरावां लौट रहे थे। बस की छत पर एक साइकिल भी रखी गई थी। शमवशरण मंदिर के पास पहुंचते ही साइकिल ऊपर से गुजर रहे 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन बिजली तार के संपर्क में आ गई। साइकिल के तार से छूते ही पूरी बस में करंट दौड़ गया, जिससे यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। हादसा इतना भयावह था कि बस में सवार लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। करंट की चपेट में आने से रुदल मांझी और उनकी पत्नी फूलो देवी की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों रिश्ते में पति-पत्नी थे और मजदूरी कर अपने घर लौट रहे थे। वहीं आठ अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायलों को बस से बाहर निकाला और इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया। घायलों में , पुटूस कुमारी , रिंकू देवी, करु मांझी, संतोष मांझी, पवन मांझी, सरोज देवी, धर्मेंद्र मांझी और राजकुमार मांझी शामिल हैं। सभी घायलों का इलाज पावापुरी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही पावापुरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बिहारशरीफ सदर अस्पताल भेज दिया। वहीं घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है। पावापुरी थानाध्यक्ष गौरव कुमार सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में बस की छत पर रखा साइकिल हाईटेंशन तार के संपर्क में आने से हादसा होने की बात सामने आई है। बस में सवार सभी लोग ईंट-भट्ठे में मजदूरी का कार्य कर अपने गांव लौट रहे थे।

भारत सरकार ने टेलीग्राम पर 22 जून तक अस्थायी बैन लगाया, NEET UG से पहले बड़ा फैसला

भारत सरकार ने सोशल मीडिया और इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम को 22 जून 2026 तक टेम्पररी बैन कर दिया है. इस बैन की मांग नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने की थी. NTA का कहना है कि इससे पेपर लीक को लेकर फैलाए जा रहे फेक मैसेज कम होंगे. NEET UG की एग्जाम 21 जून 2026 को होनी है. NTA के हेड के मुताबिक कोई नया पेपर लीक मामला सामने नहीं आया था, लेकिन सोशल मीडिया पर फैल रहे फर्जी मैसेज की वजह से स्टूडेंट्स के बीच तनाव बढ़ रहा था. गूगल ने भारत में अपने प्ले स्टोर से टेलीग्राम को हटा दिया है और एप्पल भी जल्द ऐसा कर सकता है. जानिए इस बैन के बाद टेलीग्राम के CEO का बड़ा बयान टेलीग्राम के फाउंडर और CEO पावेल दुरोव ने भारत सरकार के इस फैसले पर नाराजगी जताई है. उनका कहना है कि इस बैन की वजह से 15 करोड़ रेगुलर यूजर्स को सजा मिल रही है, जबकि एक्शन उन लोगों पर होनी चाहिए जो पेपर लीक की जानकारी फैला रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि इस बैन का ज्यादा मतलब नहीं बनता, क्योंकि जो लोग पेपर लीक करना चाहते हैं, वे दूसरे ऐप्स का भी इस्तेमाल कर सकते हैं. इस पूरे बयान से साफ है कि पावेल दुरोव भारत सरकार के इस फैसले से खुश नहीं हैं. उनका कहना है कि पेपर लीक करने वाले लोग दूसरे प्लेटफॉर्म का भी सहारा ले सकते हैं. जानिए पेपर लीक के मामले सामने आने के बाद टेलीग्राम ने क्या एक्शन लिया था NEET UG पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद टेलीग्राम ने भारत सरकार के साथ पूरा सहयोग किया था. कंपनी ने ऐसे कई चैनल और ग्रुप हटाए थे जो पेपर लीक से जुड़ी जानकारी शेयर कर रहे थे. पिछले कुछ हफ्तों में इस एक्शन की मदद से कई ऐसे ग्रुप भी सामने आए थे जो फर्जी पेपर लीक रैकेट चला रहे थे. जानिए NTA ने यह कदम क्यों उठाया NTA के मुताबिक टेलीग्राम को करीब एक महीने तक मॉनिटर किया गया. इस दौरान पता चला कि टेलीग्राम पर अभी भी Paper Leak NEET जैसे चैनल बनाए जा रहे थे, जिससे स्टूडेंट्स के बीच डर का माहौल बन रहा था. साथ ही एग्जाम के समय कई पेपर लीक माफिया टेलीग्राम पर एक्टिव रहते हैं और अपने रैकेट चलाते हैं. एजेंसी को आशंका थी कि पेपर लीक की कोशिश की जा सकती है, इसलिए NTA को यह कदम उठाना पड़ा.  

सेरेना और वीनस विलियम्स की जोड़ी विंबलडन में वापसी करेगी, 14 ग्रैंड स्लैम विजेता फिर साथ खेलेंगी

 लंदन  टेनिस की दिग्गज बहनें सेरेना विलियम्स और वीनस विलियम्स एक बार फिर विंबलडन में डबल्स जोड़ी के रूप में उतरेंगी। ऑल इंग्लैंड क्लब ने मंगलवार को घोषणा की कि विलियम्स बहनों को घास के कोर्ट पर खेले जाने वाले इस ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट के लिए डबल्स वर्ग में वाइल्ड कार्ड दिया गया है। विंबलडन 29 जून से शुरू होगा। 44 वर्षीय सेरेना ने हाल ही में लगभग चार साल बाद पेशेवर टेनिस में वापसी की है, जबकि वीनस बुधवार को 46 वर्ष की हो जाएंगी और अभी भी बीच-बीच में प्रतिस्पर्धी टेनिस खेलती हैं। साथ में जीते 14 ग्रैंड स्लैम विलियम्स बहनों ने डबल्स में साथ मिलकर 14 ग्रैंड स्लैम खिताब जीते हैं, जिनमें विंबलडन के छह खिताब शामिल हैं। उन्होंने अपना पहला विंबलडन डबल्स खिताब 2000 में और आखिरी 2016 में जीता था। 2000 और 2002 में उनके शुरुआती दो विंबलडन डबल्स खिताब वाइल्ड कार्ड के जरिए आए थे। पिछले सप्ताह लंदन के क्वींस क्लब में सेरेना ने विक्टोरिया म्बोको के साथ अपना पहला डबल्स मैच जीता था। इसके बाद उन्हें बर्लिन ओपन में कैरोलिना मुचोवा के साथ खेलने का कार्यक्रम था। 2022 में दिखी थीं साथ विलियम्स बहनों ने आखिरी बार 2022 के यूएस ओपन में साथ डबल्स खेला था, जहां वे अपना पहला मैच हार गई थीं। उससे पहले वे साढ़े चार वर्षों तक साथ नहीं खेली थीं। वहीं, सेरेना ने सिंगल्स में वापसी की संभावना से इन्कार नहीं किया है। महिलाओं के सिंगल्स वर्ग के आठ वाइल्ड कार्ड स्थानों में से एक को अभी घोषित किया जाना बाकी रखा गया है।  

गजराज बांध से शहर को मिलेगा पेयजल? राज्यपाल डेका ने शुरू की बड़ी पहल

राज्यपाल डेका ने गजराज बांध को शहर की पेयजल आपूर्ति के लिए उपयोगी बनाने की दिशा में की पहल रायपुर राज्यपाल रमेन डेका ने कमल विहार रायपुर स्थित लगभग 230 एकड़ क्षेत्र में फैले गजराज बांध को रायपुर शहर की पेयजल आवश्यकता की पूर्ति के लिए एक विशाल जलाशय के रूप में विकसित करने की पहल की है। राज्यपाल ने आज लोकभवन में नगर निगम रायपुर महापौर श्रीमती मीनल चौबे और अतिरिक्त कमिश्नर विनोद पाण्डेय के साथ इस संबंध में विशेष चर्चा की।           राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान में सिंचाई कार्याे में उपयोग नहीं हो रहे गजराज बांध की आवश्यक मरम्मत कर इसे रायपुर शहर की लाइफलाइन बनाया जा सकता है। इस बांध को एक पेयजल भंड़ार के रूप में विकसित करने से शहर को शुद्ध और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। राज्यपाल ने महापौर से संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ समन्वय कर इस दिशा में आगे बढ़ने के लिए दिशा निर्देश दिए है।

निवारणपुर स्थित RSS ऑफिस को बनाया निशाना, CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस

रांची  निवारणपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के ऑफिस को निशाना बनाकर पेट्रोल बम फेंकने की खबर सामने आई है. यह घटना देर रात हुई, जिसके बाद इलाके में हड़कंप मच गया. सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंच गए. बताया जा रहा है कि देर रात एक कार में सवार दो अज्ञात हमलावर RSS कार्यालय के पास पहुंचे. आरोप है कि उन्होंने ऑफिस की ओर पेट्रोल बम फेंका और वहां से फरार हो गए. घटना के बाद स्थानीय लोगों ने पुलिस को इसकी सूचना दी. सूचना मिलते ही सदर डीएसपी समेत बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा. पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी है. घटनास्थल से सबूत जुटाए जा रहे हैं. आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि हमलावरों की पहचान की जा सके.पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच में पेट्रोल बम फेंके जाने की बात सामने आई है. हालांकि घटना के पीछे की वजह क्या थी, इसका पता अभी नहीं चल पाया है. पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है. घटना के बाद RSS कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों में चिंता का माहौल है. सुरक्षा के मद्देनजर कार्यालय के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है. अधिकारियों का कहना है कि दोषियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जाएगी. फिलहाल पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और हमलावरों की तलाश में छापेमारी भी शुरू कर दी गई है. पुलिस का दावा है कि जल्द ही घटना का खुलासा कर लिया जाएगा. वहीं प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और शांति बनाए रखने की अपील की है.

रिडेवलपमेंट को मिली रफ्तार, शंकर नगर BTI ग्राउंड समेत 5 बड़ी परियोजनाओं के टेंडर जारी

शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी हाउसिंग एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा जारी की गई निविदाएं रायपुर,  छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल राज्य के विभिन्न शहरों में पाँच प्रमुख रिडेवलपमेंट परियोजनाओं की शुरुआत करने जा रहा है। यह पहल छत्तीसगढ़ शासन द्वारा शहरी विकास, शासकीय परिसंपत्तियों के बेहतर उपयोग तथा आधुनिक नागरिक सुविधाओं के विस्तार की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है। इन परियोजनाओं का विकास राज्य की रिडेवलपमेंट नीति के तहत किया जाएगा। इसके लिए आवास एवं पर्यावरण विभाग को नोडल विभाग तथा छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल को क्रियान्वयन एजेंसी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। रिडेवलपमेंट परियोजनाओं के लिए मंडल द्वारा प्रिलिमिनरी प्रोजेक्ट रिपोर्ट (पीपीआर) एवं विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार किए गए हैं। साथ ही निजी डेवलपर्स के चयन हेतु पारदर्शी निविदा प्रक्रिया तथा परियोजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की व्यवस्था की गई है। मंत्रिपरिषद द्वारा प्रस्तावित परियोजनाओं को सैद्धांतिक स्वीकृति प्रदान की जा चुकी है। इसके पश्चात 27 मई 2026 को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में पाँचों परियोजनाओं के अंतिम स्वरूप पर विस्तृत चर्चा कर उन्हें अनुमोदित किया गया। प्रस्तावित परियोजनाओं का कुल क्षेत्रफल लगभग 19.14 एकड़ है तथा वर्ष 2025-26 की संशोधित गाइडलाइन दरों के अनुसार इनका अनुमानित मूल्य लगभग 250.30 करोड़ रुपये है। ये परियोजनाएं बी.टी.आई. रोड शंकर नगर (रायपुर), क्लब पारा (महासमुंद), कैलाश नगर (राजनांदगांव), कटघोरा (कोरबा) तथा चांदनी चौक फेज-2 (जगदलपुर) में विकसित की जाएंगी। इन पाँचों रिडेवलपमेंट योजनाओं का टेंडर हाउसिंग एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा जारी कर दिया गया है। राजधानी रायपुर में प्रस्तावित परियोजना विशेष महत्व रखती है। यह परियोजना शहर के प्रमुख एवं विकसित क्षेत्र शंकर नगर स्थित बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने, सिंधु भवन के समीप स्थित है। यह क्षेत्र शैक्षणिक, प्रशासनिक, व्यावसायिक तथा आवासीय गतिविधियों का प्रमुख केंद्र है। परियोजना के विकसित होने से क्षेत्र में आधुनिक अधोसंरचना का विस्तार होगा तथा शासकीय परिसंपत्तियों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा। रिडेवलपमेंट मॉडल के तहत जर्जर एवं अनुपयोगी शासकीय परिसंपत्तियों के स्थान पर आधुनिक एवं सुव्यवस्थित अधोसंरचना विकसित की जाएगी। इन परियोजनाओं के लिए अतिरिक्त वित्तीय भार की आवश्यकता नहीं होगी। शासकीय भूमि के मूल्य का उपयोग ही परियोजनाओं के वित्तीय संसाधन के रूप में किया जाएगा। इससे शासकीय भूमि का सर्वोत्तम उपयोग सुनिश्चित होने के साथ-साथ राज्य को अतिरिक्त राजस्व भी प्राप्त होगा। यह पहल निजी डेवलपर्स के लिए भी आकर्षक अवसर प्रदान करती है। उन्हें शहरों के प्रमुख क्षेत्रों में स्थित प्राइम लोकेशन वाली भूमि पर परियोजनाएं विकसित करने का अवसर मिलेगा। स्पष्ट नीति, पारदर्शी निविदा प्रक्रिया तथा सरकारी एजेंसी के साथ साझेदारी से परियोजनाओं में विश्वास और स्थिरता सुनिश्चित होगी। आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार शहरी विकास को नई दिशा देने के लिए प्रतिबद्ध है। रिडेवलपमेंट नीति के माध्यम से अनुपयोगी एवं जर्जर शासकीय परिसंपत्तियों को आधुनिक तथा उपयोगी अधोसंरचना में परिवर्तित किया जाएगा। इससे शहरों की कार्यक्षमता एवं सौंदर्य में वृद्धि होगी तथा सार्वजनिक संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित होगा। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक-निजी सहभागिता के माध्यम से आधुनिक और नागरिक-केंद्रित शहरी विकास को नई गति मिलेगी। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के अध्यक्ष श्री अनुराग सिंहदेव ने कहा कि मंडल राज्य में रिडेवलपमेंट की नई कार्यसंस्कृति स्थापित कर रहा है। ये परियोजनाएं केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं हैं, बल्कि शहरी क्षेत्रों के समग्र कायाकल्प का प्रयास हैं। उन्होंने कहा कि बी.टी.आई. ग्राउंड, शंकर नगर के सामने प्रस्तावित परियोजना राजधानी रायपुर के लिए एक आदर्श शहरी विकास मॉडल सिद्ध होगी। मंडल गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं समयबद्ध क्रियान्वयन के साथ इन परियोजनाओं को आगे बढ़ा रहा है। आयुक्त श्री अवनीश कुमार शरण ने टी.एल. बैठक में इन परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए आगामी रिडेवलपमेंट की आठ नई परियोजनाओं का प्रस्ताव शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

207 वर्ग किमी में रेयर अर्थ एक्सप्लोरेशन को मंजूरी, राजस्थान में विकास और रोजगार पर फोकस

जयपुर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य के समग्र विकास, सुशासन और नागरिक सुरक्षा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। इन निर्णयों से खनन क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, न्यायिक व्यवस्था को मजबूती मिलेगी तथा आपदा एवं आपातकालीन परिस्थितियों में नागरिक सहभागिता सुनिश्चित होगी। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सभी स्वीकृत निर्णयों की क्रियान्वयन प्रक्रिया समयबद्ध रूप से सुनिश्चित की जाए ताकि आमजन को इनका लाभ शीघ्र प्राप्त हो सके। 207.63 वर्ग किमी में रेयर अर्थ एलिमेंट्स खनिज के एक्सप्लोरेशन की स्वीकृति मुख्यमंत्री ने राज्य में रेयर अर्थ एलिमेंट्स के एक्सप्लोरेशन और रोजगार सृजन को बढ़ावा देने के लिए माइनिंग लीज प्रदान करने के प्रस्तावों को स्वीकृति दी है। उन्होंने  बालोतरा के पचपदरा व शेरगढ़ के ग्राम नवातला एवं देवीगढ़ में 207.63 वर्ग किमी में रेयर अर्थ एलिमेंट्स खनिज के ब्लॉक की नीलामी में मैसर्स सेन्ट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजाइन इंस्टीट्यूट को एक्सप्लोरेशन लाइसेंस की स्वीकृति दी है। एनआईए मामलों के लिए विशेष न्यायालय की स्थापना को दी मंजूरी मुख्यमंत्री ने राज्य में राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) मामलों की सुनवाई हेतु विशेष न्यायालय की स्थापना करने की स्वीकृति दी है। इससे राज्य में न्यायिक प्रक्रिया अधिक सुदृढ़ और प्रभावी होगी तथा मामलों के त्वरित निस्तारण में सहायता मिलेगी। 8 नवीन जिलों में होगा ‘नागरिक सुरक्षा कोर’ का गठन मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने वर्ष 2025-26 की बजट घोषणा  की क्रियान्विति के क्रम में 8 नवीन जिलों- बालोतरा, डीडवाना-कुचामन, फलौदी, सलूम्बर, खैरथल-तिजारा, डीग, कोटपूतली-बहरोड़ एवं ब्यावर में ‘नागरिक सुरक्षा कोर’ का गठन किए जाने की स्वीकृति प्रदान की। यह इन जिलों में आपदा प्रबंधन, नागरिक सुरक्षा तथा आपातकालीन परिस्थितियों में नागरिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।

सलीमा टेटे और लालरेम्सियामी के गोल से भारतीय महिला हॉकी टीम की लगातार दूसरी जीत

ऑकलैंड  कप्तान सलीमा टेटे और लालरेम्सियामी के गोल की मदद से भारतीय महिला हॉकी टीम ने मंगलवार को जापान को 2-1 से हराकर एफआईएच नेशंस कप के सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। यह टूर्नामेंट में भारत की दूसरी जीत थी। उसने अपने पहले मैच में अमेरिका को हराया था। इस टूर्नामेंट की विजेता टीम अगले सत्र में एफआईएच प्रो लीग में खेलेगी। भारत पिछले सत्र में इस टूर्नामेंट से बाहर हो गया था। भारत के लगातार दूसरी जीत से छह अंक हो गए हैं और उसने अंतिम चार में अपनी जगह सुनिश्चित कर ली है। तीसरे क्वार्टर से बदला माहौल भारत ने तीसरे क्वार्टर में स्कोरिंग की शुरुआत की, जब फॉरवर्ड खिलाड़ियों के लगातार दबाव बनाने के बाद सलीमा टेटे ने 33वें मिनट में गोल दागा। हालांकि, भारत की बढ़त ज्यादा देर तक नहीं रही और जापान ने इसके दो मिनट बाद ही ऐ हिरमित्सु के गोल से स्कोर बराबर कर दिया। हालांकि, लालरेम्सियामी ने 49वें मिनट में गोल दागा जो आखिर में निर्णायक साबित हुआ। जापान ने अंतिम क्षणों में आक्रामक खेल दिखाया लेकिन भारत ने उसके हमलों को नाकाम करते हुए जीत हासिल की। यह मैच मिडफील्डर ज्योति के लिए भी एक यादगार अवसर था, जिन्होंने सीनियर स्तर पर अपना 100वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेला। पहले हाफ में करीबी मुकाबला पहले हाफ में काफी करीबी मुकाबला रहा, जिसमें दोनों टीमों ने मौके बनाए लेकिन मध्यांतर से पहले कोई भी गोल करने में असफल रही। तीसरे क्वार्टर में खेल में तब जान आ गई जब भारत ने 33वें मिनट में पेनाल्टी कॉर्नर पर गोल करके बढ़त हासिल की। निक्की प्रधान ने नवनीत कौर के शॉट को बड़ी कुशलता से सलीमा की ओर मोड़ दिया, जिन्होंने सहजता से गेंद को गोल में डाल दिया। जापान ने तुरंत ही पलटवार किया और 35वें मिनट में हिरमित्सु ने पेनाल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर स्कोर बराबर कर दिया। लालरेम्सियामी ने अंतिम क्वार्टर में निर्णायक गोल दागा। सुशीला चानू ने सर्कल के किनारे से सटीक पास दिया और लालरेम्सियामी ने बड़ी कुशलता से गेंद को नेट में डालकर भारत को महत्वपूर्ण जीत दिलाई।

घर में तुलसी के साथ ये पौधे बदल सकते हैं आपकी किस्मत, खुल सकते हैं धन और तरक्की के नए रास्ते

सनातन धर्म के साथ ही वास्तु शास्त्र में भी तुलसी के पौधे को साक्षात मां लक्ष्मी का रूप माना गया है. मान्यताओं के अनुसार, जिस घर के आंगन में तुलसी का वास होता है, वहां से बीमारियां और परेशानियां कोसों दूर रहती हैं. हमारे इसी वास्तु शास्त्र में तुलसी के पौधे के अलावा भी कुछ पौधों का जिक्र मिलता है, जिन्हें अगर आप तुलसी के पौधे के साथ अपने घर पर लगाते हैं, तो इनका असर कई गुना तक ज्यादा बढ़ जाता है. मान्यताओं के अनुसार, इन पौधों को तुलसी के पौधे के साथ घर पर लगाने से पैसों से जुड़ी दिक्कतें भी हमेशा के लिए खत्म हो सकती हैं. आज इस आर्टिकल में हम आपको इन्हीं चमत्कारी पौधों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्हें अगर आप तुलसी के पौधे के पास रखने लगते हैं, तो आपके लिए धन और दौलत के बंद पड़े सभी दरवाजे एक बार फिर से खुलने लग जाते हैं. तो चलिए, इन पौधों के बारे में विस्तार से जानते हैं. तुलसी के साथ रखें शमी का पौधा आपको शायद यह जानकर हैरानी हो लेकिन शमी के पौधे का सीधा संबंध न्याय के देवता शनिदेव से माना जाता है. वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर में तुलसी के साथ शमी का पौधा लगाना बेहद ही शुभ और मंगलकारी होता है. जहां तुलसी की पूजा से भगवान विष्णु प्रसन्न होते हैं वहीं, शमी से शनिदेव की टेढ़ी नजर का असर खत्म होता है. इस जोड़े को घर में रखने से तरक्की में आ रही सभी रुकावटें दूर होती हैं और नौकरी-बिजनेस में पैसों का फ्लो तेजी से बढ़ता है. पैसों की दिक्कतों को खत्म करेगा मनी प्लांट पैसों से जुड़ी दिक्कतों से छुटकारा पाने के लिए मनी प्लांट को सबसे असरदार माना गया है. वास्तु शास्त्र कहता है कि अगर घर के अग्निकोण यानी कि दक्षिण-पूर्व दिशा में मनी प्लांट हो और पास में ही तुलसी के पौधे की जगह हो, तो घर में बरकत कभी कम नहीं होती. मनी प्लांट जहां पैसों को अपनी तरफ अट्रैक्ट करता है वहीं, तुलसी घर में शांति बनाए रखती है, जिससे बेवजह के खर्चों और कर्ज से मुक्ति मिलती है. घर पर लगाएं केले का छोटा सा पेड़ धार्मिक मान्यताओं की अगर मानें तो केले के पेड़ में साक्षात भगवान विष्णु का वास होता है. आप सभी को इस बात का अंदाजा तो जरूर होगा कि तुलसी जी को विष्णु जी की प्रिय कहा जाता है. यह एक बड़ी वजह है कि इन दोनों पौधों को आसपास रखना साक्षात लक्ष्मी-नारायण को घर बुलाने जैसा है. आपको सिर्फ इस बात का ख्याल रखना है कि केले के पौधे को हमेशा घर की उत्तर या पूर्व दिशा में लगाएं. इसके अलावा गुरुवार के दिन इसमें जल चढ़ाने से कुंडली का गुरु ग्रह मजबूत होता है, जिससे इंसान को जीवन में कभी भी पैसों की किल्लत नहीं देखनी पड़ती. तुलसी के पास रखें क्रासुला का पौधा वास्तु शास्त्र के अलावा फेंगशुई में भी क्रासुला के पौधे को धन को खींचने वाला पौधा कहा गया है. इसकी छोटी और मोटी पत्तियां देखने में बहुत सुंदर लगती हैं. मान्यताओं के अनुसार यह पौधा पॉजिटिव एनर्जी को बहुत तेजी से अपनी तरफ अट्रैक्ट है. इसे तुलसी के पास या फिर घर के मुख्य प्रवेश द्वार के दाईं तरफ रखने से घर में सुख-समृद्धि का वास होता है और जीवन में पैसों के आने के नए दरवाजे खुलने लगते हैं.