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मध्य प्रदेश का डिजिटल सफर: SIR में 57% डिजिटाइजेशन, देश में टॉप राज्यों में स्थान

भोपाल  मध्य प्रदेश में चुनावी मतदाता सूची के डिजिटलीकरण का काम 57.05% पूरा हो गया है, जिससे यह इस काम में लगे 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में चौथे स्थान पर आ गया है। यह प्रगति ऐसे समय में हुई है जब ड्यूटी पर तैनात बूथ-लेवल ऑफिसर्स (BLOs) की मौतें चिंता का विषय बन गई हैं। 11 नवंबर से अब तक कम से कम चार बीएलओ की मौत हो चुकी है, जिनमें से सभी सरकारी स्कूल शिक्षक थे। उनके रिश्तेदारों का आरोप है कि काम का अत्यधिक दबाव, लंबे काम के घंटे और लक्ष्य पूरा न करने पर निलंबन का डर इन मौतों का कारण बना है। 65 हजार से अधिक बीएलओ काम में लगे आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, राज्य में 5.73 करोड़ मतदाताओं को 65,014 बीएलओ द्वारा मतदाता सूची में नाम जोड़ने के लिए फॉर्म दिए गए हैं। 23 नवंबर तक इनमें से 3.27 करोड़ फॉर्म डिजिटाइज किए जा चुके थे। इस बीच, बीएलओ की मौतें चिंता बढ़ा रही हैं। इन इलाकों में हुई बीएलओ की मौतें दतिया जिले में एक शिक्षक की कथित तौर पर आत्महत्या से मौत हो गई। परिवार का कहना है कि वह स्मार्टफोन से काम करने का दबाव और सजा का डर बर्दाश्त नहीं कर सका। दमोह और रायसेन जिलों में दो शिक्षकों की मौत हो गई। उनके परिवारों का आरोप है कि प्रतिदिन 100 मतदाताओं को सूचीबद्ध करने जैसे अवास्तविक लक्ष्य उन्हें परेशान कर रहे थे। अलीराजपुर में एक अन्य BLO, SIR ड्यूटी में लापरवाही के आरोप में निलंबित होने के एक दिन बाद सीढ़ियों से गिरकर मर गया। हालांकि, सूत्रों का कहना है कि ये सभी आरोप रिश्तेदारों द्वारा लगाए गए हैं। पुलिस द्वारा की गई जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही सच्चाई सामने आएगी। बड़े राज्यों में दूसरे स्थान पर एमपी विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के मामले में, मध्य प्रदेश, लक्षद्वीप (88.20%), गोवा (69.38%), और राजस्थान (65.52%) से पीछे है। लेकिन लक्षद्वीप और गोवा में मध्य प्रदेश की तुलना में बहुत कम मतदाता हैं। पांच करोड़ से अधिक मतदाताओं वाले राज्यों में, मध्य प्रदेश केवल राजस्थान से पीछे है, जिससे यह प्रभावी रूप से दूसरी स्थिति में है। अन्य राज्यों का हाल अन्य राज्य जो SIR में भाग ले रहे हैं उनमें गुजरात (49.62%), पुडुचेरी (51.24%), अंडमान और निकोबार द्वीप समूह (44.13%), तमिलनाडु (40.40%), छत्तीसगढ़ (40.83%), पश्चिम बंगाल (47.72%), उत्तर प्रदेश (19.02%), और केरल (15.92%) शामिल हैं। क्या है SIR? SIR का उद्देश्य घर-घर जाकर मतदाता सूची में सुधार करना और BLOs द्वारा उन्हें डिजिटाइज करके त्रुटि-मुक्त मतदाता सूची तैयार करना है। जिन मतदाताओं को उनके फॉर्म नहीं मिले हैं, वे ECI पोर्टल पर ऑनलाइन भर सकते हैं। BLOs का विवरण राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) की वेबसाइट या राष्ट्रीय मतदाता खोज पोर्टल पर उपलब्ध है।  

अवैध विदेशी नागरिकों की जांच यूपी में शुरू, घुसपैठियों की पहचान के लिए सख्त कदम

लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश के बाद उत्तर प्रदेश में घुसपैठियों का सत्यापन अभियान शुरू हो गया है। रविवार से नेपाल सीमा से लगे इलाकों और बड़े शहरों में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की पहचान की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। वापस भेजा जाएगा पुलिस और जिला प्रशासन की संयुक्त टीमों ने ऐसे लोगों की छानबीन शुरू की है, जिन्हें पहचान के बाद डिटेंशन केंद्रों में रखा जाएगा। फर्जी दस्तावेजों पर रह रहे व्यक्तियों के बारे में पूरी जानकारी जुटाने के बाद उन्हें वापस भेजने की कार्रवाई की जाएगी। सभी थानों को किराएदार सत्यापन से जुड़े पुराने दस्तावेजों की दोबारा जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। हाल के महीनों में बांग्लादेशियों की घुसपैठ बढ़ने के कई मामले सामने आए हैं। कुछ गिरोह फर्जी पहचान पत्र बनवाकर विदेशी नागरिकों को राज्य में बसाने में मदद कर रहे हैं और इसके बदले मोटी रकम वसूल रहे हैं। अधिकतर बांग्लादेशियों को पश्चिम बंगाल के रास्ते यूपी लाया जा रहा है। पिछले कुछ समय में पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां कई बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार भी कर चुकी हैं। प्रशासन ने सत्यापन की गति बढ़ा दी मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद पुलिस और प्रशासन ने सत्यापन की गति बढ़ा दी है। सभी जिलों के एसएसपी और पुलिस कमिश्नरों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि प्रक्रिया के दौरान किसी निर्दोष व्यक्ति को असुविधा न हो। साथ ही फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल करने या संदिग्ध गतिविधियों में शामिल व्यक्तियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।  

गुरु तेग बहादुर के आदर्शों को जीवन में उतारने की अपील, CM रेखा गुप्ता ने लोगों से कहा

नई दिल्ली  दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को सिखों के गुरु श्री गुरु तेग बहादुर साहिब के मानवीय संदेशों धर्मनिरपेक्षता, करुणा, सहिष्णुता और सत्य को अपने जीवन में आत्मसात करने की लोगों से अपील की।दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किला प्रांगण में आज श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित तीन-दिवसीय भव्य समागम में सुबह से ही प्रांगण भक्तों की भीगी पलकें, हाथ जोड़े श्रद्धालु और गुरु साहिब के प्रति अटूट श्रद्धा से भरा दिख रहा है। उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन के साथ मुख्यमंत्री ने गुरुद्वारा रकाबगंज साहिब में मत्था टेका। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरु तेग बहादुर साहिब का सत्य और मानवता के लिए अद्वितीय बलिदान हर नागरिक को साहस और करुणा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। श्रीमती गुप्ता ने दिल्लीवासियों से अपील की है कि वे इस ऐतिहासिक आयोजन में शामिल होकर गुरु साहिब के मानवीय संदेशों जैसे धर्मनिरपेक्षता, करुणा, सहिष्णुता और सत्य को अपने जीवन में अपनाएं। दिल्ली सरकार ने इस अवसर पर 25 नवंबर को सार्वजनिक अवकाश घोषित कर गुरु साहिब की शहादत को राष्ट्र के प्रति समर्पित श्रद्धा के रूप में प्रस्तुत किया है। लाल किला परिसर में आज शाम आयोजित विशेष लाइट एंड साउंड शो में सिख इतिहास और गुरु तेग बहादुर साहिब की शहादत को भव्य और भावपूर्ण ढंग से प्रस्तुत किया जायेगा।

विद्यार्थियों हित में समय सीमा में करें केन्द्र से प्राप्त बजट का उपयोग

एसीएस अनुपम राजन ने पीएम ऊषा परियोजना की समीक्षा बैठक में दिए निर्देश भोपाल उच्च शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव अनुपम राजन ने शनिवार को प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान (पीएम ऊषा) के अंतगर्त निर्माण, क्रय एवं सॉफ्ट कंपोनेट के तहत किए जा रहे कार्य प्रगति की समीक्षा की। इस अवसर पर आयुक्त उच्च शिक्षा, प्रबल सिपाहा, अतिरिक्त परियोजना संचालक, सुनील कुमार सिंह, संचालक वित्त जितेन्द्र सिंह, वित्त नियंत्रक राज्य परियोजना संचालनालय, चंद्रमणि खोब्रागडे, सहित विश्वविद्यालय/महाविद्यालय के पीएम ऊषा परियोजना के नोडल अधिकारी उपस्थित रहे। एससीएस अनुपम राजन ने विश्वविद्यालय/महाविद्यालय के नोडल अधिकारियों को पीएम ऊषा परियोजना के अंतगर्त प्राप्त बजट का विद्यार्थियों के हित में समय सीमा में उपयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस परियोजना का उद़देश्य उच्च शिक्षण संस्थाओं में गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा के लिए आवश्यक सभी सुविधाओं को उपलब्ध कराना है। विश्वविद्यालय/महाविद्यालय के इन्फ्रास्ट्रक्चर में सुधार के माध्यम से ही हम विद्यार्थियों को एक बेहतर वातावरण प्रदान कर सकते हैं। उन्हे उपकरणों से परिपूर्ण लैब, स्मार्ट क्लासरूम के साथ कम्प्युटर, इंटरनेट, बिजली एवं पानी जैसी बेसिक सुविधाओं भी प्राप्त हों। अनुपम राजन ने सॉफ्ट कंपोनेट के तहत दिए जा रहे कोर्सेस, प्रशिक्षण एवं कार्यशालाओं के बारे में भी नोडल अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मद के तहत प्राप्त बजट के माध्यम से विद्यार्थियों को कौशल एवं व्यक्त्वि विकास संबंधी कोर्सेस कराए जाएं। उन्होंने कहा कि पोर्टल एवं अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध सर्टिफिकेट कोर्सेस भी इस मद के तहत विद्यार्थियों को उपलब्ध कराये जायें। इस अवसर पर आयुक्त उच्च शिक्षा, प्रबल सिपाहा ने निर्देश दिए कि सभी विश्वविद्यालय/महाविद्यालय अगले वर्ष के निर्माण एवं क्रय कार्यो के लिये अभी से अपनी डीपीआर एवं अन्य आवश्यश्क तैयारी कर लें, जिससे अगले वर्ष इन योजनओं पर शीघ्र कार्य प्रारंभ किया जा सके।  

राजधानी में विवादित नारेबाजी कर हंगामा, बस्तर IG बोले– कठोर कार्रवाई होगी, 23 गिरफ्त में

दिल्ली छत्तीसगढ़ में नक्सली लीडर माड़वी हिड़मा के एनकाउंटर के बाद मामला अब सोशल मीडिया से निकलकर देश की राजधानी की सड़कों तक पहुंच गया है. इंडिया गेट के सामने प्रदूषण के खिलाफ जुटी भीड़ में अचानक कुछ युवक हिड़मा के पोस्टर लहराते हुए “हिड़मा जिंदाबाद” के नारे लगाने लगे. मौके पर मौजूद लोगों और सुरक्षा कर्मियों ने इस अप्रत्याशित घटना को तुरंत नोटिस किया, जिसके बाद दिल्ली पुलिस और खुफिया एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं. घटना के सामने आने के बाद बस्तर IG सुंदरराज पी. ने सख्त प्रतिक्रिया जताई है. उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक ढांचे से बाहर जाकर नक्सल विचारधारा का समर्थन करने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि चाहे कोई अर्बन नक्सली हो या सोशल मीडिया के जरिए नक्सल प्रोपेगेंडा फैलाने वाला, सभी पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है. IG ने यह भी कहा कि शहरों में इस तरह की गतिविधियां नक्सली नेटवर्क के नए रुझान की ओर इशारा करती हैं, जो सुरक्षा एजेंसियों के लिए गंभीर चिंता का विषय है. वहीं दिल्ली में माडवी हिड़मा के समर्थन में ‘लाल सलाम’ नारे लगाने के आरोप में 23 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है. साथ ही पॉल्यूशन प्रोटेस्ट के दौरान हंगामा मामले में 2 थानों में FIR दर्ज की गई है. आरोपियों पर BNS की धारा 223 A, 132,221, 121 A, 126 (2), 3 (5) के तहत दर्ज की गई है. सभी को दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जा रहा है. बता दें कि हिडमा की हाल ही में आंध्र प्रदेश में पुलिस मुठभेड़ में मौत हुई थी.

भारत की ताकत, गांवों-पंचायतों और जनसामान्य की सामूहिक शक्ति में निहित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

खेत तालाबों के निर्माण में श्रेष्ठ कार्य के लिए अनूपपुर और बालाघाट को किया सम्मानित मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जिलों के कलेक्टर एवं अधिकारियों को किया गया सम्मानित मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आत्मनिर्भर पंचायत-समृद्ध मध्यप्रदेश विषय पर आयोजित तीन दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का किया शुभारंभ भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारतीय व्यवस्था की मूल आत्मा स्थानीय स्वशासन रही है। हमारे यहां शासन गांव से शुरू होकर राष्ट्र की ओर बढ़ने वाला रहा है। इसी का परिणाम है कि भारतीय चिंतन में गांव को स्वराज और आत्मनिर्भरता की प्रथम इकाई माना गया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जब आत्मनिर्भर भारत और सुशासन का दृष्टिकोण रखा, तब उन्होंने स्पष्ट कहा था कि भारत की ताकत उसके गांवों, पंचायतों और जनसामान्य की सामूहिक शक्ति में निहित है। आत्मनिर्भर पंचायत-समृद्ध मध्यप्रदेश विषय पर आयोजित यह वर्कशॉप, ग्राम स्वराज, स्थानीय आत्मनिर्भरता और विकसित भारत@2047 के लिए उठाया गया निर्णायक कदम है। गर्व का विषय है कि पंचायतों को प्रशासनिक रूप से दक्ष, वित्तीय रूप से सक्षम और सामुदायिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की ठोस रणनीति तैयार करने की इस यात्रा का नेतृत्व प्रदेश के पंचायत प्रतिनिधि कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पंचायत संस्थाओं को अधिक प्रभावी बनाने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। जिला पंचायत और जनपद पंचायतों के उपाध्यक्ष अभी शिक्षा समितियों के अध्यक्ष होते हैं, लेकिन निरीक्षण के दौरान उनके सुझावों को शामिल नहीं किया जाता है। लेकिन अब उनके द्वारा किए विद्यालय के निरीक्षण और सुझावों को लिपिबद्ध किया जाएगा और शासन इन्हें अमल में लेकर कार्य करेगा। राज्य सरकार ने सरपंचों को पंचायत की गतिविधियों के लिए 25 लाख रूपए तक की राशि खर्च करने का अधिकार दिया है। यह तो केवल शुरुआत है, इस दिशा में आगे भी और पहल की जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव पंचायतों को आत्मनिर्भर व समृद्ध बनाने के लिए आयोजित राज्य स्तरीय कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित कार्यशाला का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना वाटर शेड विकास 2.0 के अंतर्गत वॉटर शेड महोत्सव का शुभारंभ किया। उन्होंने जल गंगा संवर्धन अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों, सहयोगी संस्थाओं और नॉलेज पार्टनर संस्थाओं को पुरस्कृत भी किया। पुरस्कृत अधिकारियों और संस्थाओं के प्रतिनिधियों के साथ मुख्यमंत्री डॉ. यादव का समूह चित्र भी हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल ने स्मृति चिन्ह भेंट किया। कार्यशाला में पंचायत और ग्रामीण विकास राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह सहित बड़ी संख्या में जन-प्रतिनिधि, विषय-विशेषज्ञ व प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग कि यह कार्यशाला 26 नवंबर तक चलेगी। पंचायतें निवेश और निवास की बेहतर व्यवस्था के लिए बनाएं मास्टर प्लान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जल गंगा संवर्धन अभियान में पुरस्कार प्राप्त करने वाले अधिकारी-कर्मचारी और संगठनों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पंचायतों को पीने के पानी का प्रबंध करने का अधिकार दिया है। पंचायतें विकास का संकल्प लेकर आगे बढ़ें। निवेश और निवास की बेहतर व्यवस्था के लिए मास्टर प्लान बनाएं। इसकी शुरुआत विदिशा जिले से की जा रही है। राज्य सरकार किसानों को सोलर पंप योजना के माध्यम से लाभ पहुंचा रही है। अगर कोई किसान तीन हॉर्स पावर से 5 हॉर्स पावर तक का सोलर पंप लेता है तो उसे 90 प्रतिशत का अनुदान मिलेगा। पंचायतें इस योजना को भी आगे बढ़ाएं। राज्य सरकार किसानों को बिजली के लिए आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत है। प्रदेश सरकार ने पंचायतों के माध्यम से एक बगिया मां के नाम की शुरुआत की है। इस दिशा में भी ग्राम स्तर पर कार्य करने की आवश्यकता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने राज्य स्तरीय कार्यक्रम में पधारे जिला पंचायत प्रतिनिधियों को उनके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में जिला, जनपद और ग्राम पंचायतों को बनाया जा रहा है सशक्त मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रदेश के गठन के बाद से इस कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में विभानसभा सत्र आयोजित होते थे, हमारी इच्छा है कि आप सभी (पंचायत प्रतिनिधि) नई विधानसभा तक पहुंचे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मंशा है कि आत्मनिर्भर भारत के लिए हमारी पंचायतें भी आत्मनिर्भर बने। उनके मार्गदर्शन में जिला पंचायत, जनपद पंचायत और ग्राम पंचायतों को सशक्त बनाया जा रहा है। गत वर्ष के समान दूसरे सम्मेलन का आयोजन कर पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्य सरकार ने आपको आमंत्रित किया है। राज्य सरकार पंचायतों के समग्र विकास के लिए हर कदम पर साथ खड़ी है। जिला, जनपद और पंचायत प्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक : मंत्री पटेल पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने कहा कि यह राज्य स्तरीय कार्यशाला त्रि-स्तरीय पंचायत व्यवस्था बेहतर क्रियान्वयन के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है। विकास और जनकल्याण गतिविधियों के बेहतर संचालन के लिए पंचायत प्रतिनिधियों और जिला जनपद अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। भारत में परम्परागत रूप से ग्राम विकास की व्यवस्था समाज और सरकार की संयुक्त भागीदारी पर आधारित थी। वर्तमान में भी गतिविधियों के बेहतर संचालन के लिए सामुदायिक सहभागिता आवश्यक है। मंत्री पटेल ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश की हर पंचायत में दिसम्बर 2026 तक शमशान घाट और उसके लिए सभी बुनियादी सुविधाएं जुटाने का संकल्प लिया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पांचवें वित्त की राशि 6 हजार करोड़ की गई है, जो वर्तमान में पंचायतों के विकास का आधार बनी है। प्रदेश के दूरदराज के गांव पीएम जनमन योजना से पक्की सड़क से जुड़ रहे हैं। हमारा प्रदेश पीएम जनमन और पीएम आवास में देश में अग्रणी है। मंत्री पटेल ने कहा कि पंचायतों को आत्मनिर्भरता को केवल आर्थिक सम्पन्नता और स्वतंत्रता के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। गांवों में बीमारियां न हों, स्वच्छता के हरसंभव उपाय हों, गांव नशामुक्त हों, गांव में आपसी विवाद न हों और सामाजिक बुराइयों को रोकने में ग्राम पंचायतें सामूहिक इच्छा शक्ति के साथ कार्य करें, यह भी आदर्श आत्मनिर्भर पंचायत के लिए आवश्यक है। जल गंगा संवर्धन अभियान में श्रेष्ठ कार्य करने वालों का हुआ सम्मान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत श्रेष्ठ कार्य करने वाले … Read more

भोपाल के बड़े तालाब में होगी 8वीं इंटर स्टेट चैलेंजर्स एवं 45वीं जूनियर नेशनल रोइंग चैंपियनशिप

मुख्मंत्री डॉ. यादव करेंगे प्रतियोगिता का शुभारंभ मंत्री सारंग ने आयोजन स्थल का किया निरीक्षण भोपाल भोपाल के बड़े तालाब में खेल एवं युवा कल्याण विभाग तथा भारतीय रोइंग संघ के तत्वावधान में 8वीं इंटर स्टेट चैलेंजर्स एवं 45वीं जूनियर नेशनल रोइंग चैंपियनशिप का आयोजन 26 से 30 नवंबर तक किया जा रहा है। इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में 23 राज्यों के लगभग 500 खिलाड़ी प्रतिभागिता करेंगे।खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने सोमवार को आयोजन स्थल पहुंचकर तैयारियों का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को सभी व्यवस्थाएँ अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुसार समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए, जिससे देशभर से आने वाले खिलाडियों और अधिकारियों को उत्कृष्ट अनुभव प्राप्त हो सकें। निरीक्षण के दौरान मंत्री सारंग ने आयोजन स्थल की व्यवस्थाओं, सुरक्षा प्रबंधों, खिलाड़ियों के प्रशिक्षण क्षेत्रों, उपकरणों की उपलब्धता एवं तकनीकी तैयारियों का अवलोकन किया। मुख्यमंत्री डॉ यादव करेंगे शुभारंभ मंत्री सारंग ने बताया कि प्रतियोगिता का शुभारंभ 26 नवंबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बड़े तालाब के प्राकृतिक और अद्भुत सौंदर्य के बीच होने वाली यह प्रतियोगिता खिलाड़ियों और दर्शकों को एक अनूठा अनुभव प्रदान करेगी। राष्ट्रीय स्तर की वॉटर स्पोर्ट्स प्रतियोगिता का प्रमुख केंद्र बन रहा मध्यप्रदेश मंत्री सारंग ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर की वॉटर स्पोर्ट्स प्रतियोगिता का मध्यप्रदेश प्रमुख केंद्र बन रहा है। इस तरह के चैंपियनशिप के आयोजन से मध्यप्रदेश में वॉटर स्पोर्ट्स को और बढ़ावा मिलेगा तथा युवा खिलाड़ियों को नए अवसर प्राप्त होंगे। बड़े तालाब का विस्तृत क्षेत्र और अनुकूल जल परिस्थितियाँ देश के प्रमुख वॉटर स्पोर्ट्स प्रतियोगिता स्थलों में से एक हैं। भोपाल का बड़ा तालाब वॉटर स्पोर्ट्स प्रतियोगिताओं के लिए एक बेहद खूबसूरत और उपयोगी डेस्टिनेशन मंत्री सारंग ने कहा कि भोपाल में इस स्तर की प्रतियोगिता का आयोजन होना प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। भोपाल का बड़ा तालाब वॉटर स्पोर्ट्स प्रतियोगिताओं के लिए एक बेहद खूबसूरत और उपयोगी डेस्टिनेशन है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश वर्तमान में नेशनल रोइंग खेल में नेशनल चैंपियन भी है। यह हमारे खिलाड़ियों की मेहनत और प्रदेश की खेल नीतियों का परिणाम है। इस तरह की प्रतियोगिताओं से प्रदेश के वॉटर स्पोर्ट्स खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए एक उत्कृष्ट मंच मिलेगा। विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप व्यवस्थाएं करें सुनिश्चित मंत्री सारंग ने निरीक्षण के दौरान प्रतियोगिता के लिए सुरक्षा, चिकित्सा, जलपोत प्रबंध, टेक्निकल टीम, रेस ट्रैक मार्किंग सहित सभी व्यवस्थाओं को विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों, अधिकारियों एवं दर्शकों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।  

स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के बिगड़े बोल, SIR और BLO को लेकर चुनाव आयोग ने लिया नोटिस

रांची अपने बयानों को लेकर चर्चा में रहने वाले झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के एक और वायरल वीडियो से सियासी माहौल गरमा गया है। इस वीडियो में इरफान अंसारी चुनाव आयोग की ओर से चलाए जा रहे मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन यानी SIR पर विवादित बयान देते नजर आ रहे हैं। वह एक सभा में कहते नजर आ रहे हैं कि यदि कोई बूथ लेवल अधिकारी यानी बीएलओ आपके इलाके में एसआईआर के तहत वोटर लिस्ट से नाम काटने के लिए आए तो उसे घर में बंद कर दें। इस पर भाजपा ने पलटवार किया है तो चुनाव आयोग ने भी झारखंड सरकार से रिपोर्ट तलब की है। BLO नाम काटने आए तो घर में बंद कर दो वायरल वीडियो जामताड़ा जिले में आयोजित सेवा के अधिकार सप्ताह कार्यक्रम का बताया जा रहा है। इसमें झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी कहते नजर आ रहे हैं कि यदि कोई बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) आपके इलाके में एसआईआर के तहत वोटर लिस्ट से नाम काटने के लिए घर आए तो उसे घर में बंद कर दें। उन्होंने लोगों से भी अपील की कि एसआईआर के नाम पर आने वाले अधिकारियों को किसी भी कीमत पर नाम काटने न दें और उनकी जानकारी सीधे उनसे साझा करें। हालांकि इस बयान पर इरफान अंसारी का स्पष्टिकरण भी आ गया है। BJP का सवाल- संविधान खतरे में है या नहीं? इस बयान के बाद भाजपा ने इरफान अंसारी की तीखी आलोचना करते हुए इसे लोकतांत्रिक मर्यादाओं का उल्लंघन और अराजकता को बढ़ावा देने वाला करार दिया। भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कहा- झारखंड के मंत्री इरफान अंसारी सार्वजनिक तौर पर बोल रहे हैं कि यदि चुनाव आयोग का कोई बूथ स्तर का अधिकारी आपके पास जानकारी लेने आए तो उसे बंधक बना लो। मैं इंडी गठबंधन से पूछना चाहता हूं कि यह लोकतंत्र को बंधक बनाने की निंदनीय कोशिश है या नहीं? क्या संविधान खतरे में है या नहीं? भाजपा ने इंडिया गठबंधन को घेरा भाजपा सांसद सुधाशु त्रिवेदी ने आगे आरोप लगाया कि जहां इंडी गठबंधन के लोग सत्ता में आते हैं, वहां संविधान की भावना दरकिनार कर दी जाती है। किस के लिए? कुछ संदिग्ध स्रोतों से वोट प्राप्त करके सत्ता पर काबिज होने के लिए। चुनाव आयोग ने मांगी रिपोर्ट वहीं इस पूरे प्रकरण पर चुनाव आयोग ने झारखंड सरकार से रिपोर्ट मांग ली है। चुनाव आयोग ने कहा है कि एसआईआर एक संवैधानिक प्रक्रिया है जिसका मकसद मतदाता सूची को साफ-सुथरा बनाना है। झारखंड में इस प्रक्रिया का अभी पूर्वाभ्यास चल रहा है लेकिन राजनीतिक दल इसे चुनावी हथियार बना रहे हैं। एसआईआर की प्रक्रिया में मतदाता सूची से मृत, फर्जी या अयोग्य मतदाताओं के नाम हटाने और नए पात्र मतदाताओं को जोड़ने का काम होता है। सफाई दी, कहा- नकली BLO के बारे में कही थी बात सियासी माहौल गरमाने के बीच इरफान अंसारी की ओर से सफाई भी आ गई है। उन्होंने एक्स पर अपने एक पोस्ट में लिखा- कुछ मीडिया संस्थानों ने मेरी बातों को गलत संदर्भ में पेश किया है जिसकी मैं कड़ी निंदा करता हूं। मैंने केवल इतना कहा था कि हमारे क्षेत्र में कुछ फर्जी लोग नकली BLO बनकर गरीबों को डराने और पैसे वसूलने की कोशिश कर रहे थे। ऐसे लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए और यदि कोई संदिग्ध व्यक्ति नाम काटने या कोई अवैध कार्य करने आए तो उसकी सूचना तुरंत हमें और प्रशासन को दें। बदले सुर अब कहा- BLO हमारे सम्मानित पदाधिकारी झारखंड के मंत्री इरफान अंसारी ने आगे कहा है कि BLO चुनाव आयोग के अंग और हमारे सम्मानित पदाधिकारी हैं। उनकी जगह कोई फर्जी व्यक्ति नहीं ले सकता है। मैंने केवल यह मांग की है कि चुनाव आयोग सही तरीके से प्रक्रिया चलाए ताकि किसी गरीब, वंचित या आम नागरिक का नाम गलत तरीके से न कटने पाए। मैं हमेशा लोकतंत्र, संविधान और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध हूं।

डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना के प्रावधानों को बनायें और पारदर्शी : मंत्री पटेल

भोपाल पशुपालन एवं डेयरी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) लखन पटेल ने सोमवार को मंत्रालय में बैठक लेकर विभागीय कार्यक्रमों और योजनाओं की समीक्षा कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। श्री पटेल ने विशेष कर गौसंवर्धन गौसंरक्षण तथा प्रदेश में दुग्ध उत्पादन और डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा देने के लिये नई प्रचलित डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना के विषय में विस्तृत समीक्षा की। योजना के प्रावधानों को और अधिक पारदर्शी बनाए जाने के विषय में निर्देशित किया। विभाग में प्रचलित डेयरी प्लस योजना के अंतर्गत पशुओं के वितरण व्यवस्था को सुधार किए जाने की आवश्यकता के लिये निर्देश दिए। बैठक में प्रमुख सचिव उमाकांत उमराव, संचालक डॉ. पी.एस. पटेल, पशुधन एवं कुक्कुट विकास निगम के कार्यपालिक संचालक डॉ. प्रवीण शिंदे और उपसंचालक डॉ. प्रियकांत पाठक उपस्थित रहे।  

प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के लिए 8 आईएएस नोडल अधिकारी नियुक्त

भोपाल  प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के अंतर्गत प्रदेश के चयनित जिलों के लिए राज्य शासन द्वारा भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों को जिला नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। जिला नोडल अधिकारी, भारत सरकार द्वारा निर्धारित टैम्पलेट्स अनुसार योजना के क्रियान्वयन के लिए अपने मार्गदर्शन में आवंटित जिलों की जिला कार्य योजना तैयार कराकर विकसित पोर्टल (Dashboard) पर अपलोड करायेंगे एवं जिले में योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए नियमित रूप से निगरानी एवं सघन अनुश्रवण करेंगे।   सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश अनुसार किसान कल्याण तथा कृषि विकास संचालक  अजय गुप्ता को उमरिया, वि.क.अ., सह आयुक्त सह पंजीयक, सहकारी समिति  मनोज पुष्प को डिंडौरी, प्रबंध संचालक, मत्स्य महासंघ सु निधि निवेदिता को अलीराजपुर, प्रबंध संचालक, कृषि विपणन बोर्ड सह आयुक्त मंडी  कुमार पुरूषोत्तम को शहडोल, उप सचिव, किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग  संतोष कुमार वर्मा को सीधी, सदस्य सचिव नीति आयोग  ऋषि गर्ग को निवाड़ी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी, रोजगार गांरटी परिषद  अवि प्रसाद को टीकमगढ़ और उप सचिव, नर्मदा घाटी विकास  राहुल धोटे को अनूपपुर का जिला नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।