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हर 4वीं गेंद पर छक्का! IPL 2026 में वैभव सूर्यवंशी का ऐतिहासिक विस्फोट

वैभव सूर्यवंशी ने IPL 2026 में 65 छक्के पूरे कर लिए हैं- किसी भी टी20 टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा. उन्होंने 2012 में क्रिस गेल के 59 छक्कों का रिकॉर्ड तोड़ दिया. लेकिन असली तबाही यहां छिपी है- गेल ने अपने 59 छक्कों तक पहुंचने के लिए 456 गेंदें खेली थीं. वैभव ने 65 छक्कों के लिए सिर्फ 280 गेंदें लीं. यानी हर चौथी गेंद पर छक्का! यह आंकड़ा नहीं, गेंदबाजों के लिए डरावना सपना है. 16 गेंदों में फिफ्टी… प्लेऑफ इतिहास की बराबरी SRH के खिलाफ वैभव ने सिर्फ 16 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया. यह IPL प्लेऑफ/नॉकआउट इतिहास की संयुक्त सबसे तेज फिफ्टी है. इससे पहले 2014 के क्वालिफायर-2 में सुरेश रैना ने किंग्स XI पंजाब के खिलाफ 16 गेंदों में पचासा ठोका था. अब उस सूची में वैभव सूर्यवंशी का नाम भी दर्ज हो चुका है. 242.85 की स्ट्राइक रेट… जो टी20 इतिहास में कभी नहीं हुई वैभव ने इस सीजन 15 पारियों में 680 रन बनाए हैं. स्ट्राइक रेट? 242.85! टी20 इतिहास में पहली बार किसी बल्लेबाज ने 600+ रन बनाकर 200 से ऊपर की स्ट्राइक रेट रखी है. इससे पहले सबसे बेहतर रिकॉर्ड रिली रूसो का था, जिन्होंने 2022 T20 Blast में 623 रन 192.28 की स्ट्राइक रेट से बनाए थे. वैभव ने उस सीमा को भी बौना बना दिया. 12 छक्के… और IPL प्लेऑफ का नया विस्फोट एलिमिनेटर में वैभव ने सिर्फ 29 गेंदों में 12 छक्के जड़ दिए. यह किसी भी भारतीय बल्लेबाज द्वारा IPL पारी में संयुक्त रूप से सबसे ज्यादा छक्के हैं. दिलचस्प बात? उन्होंने अपने ही रिकॉर्ड की बराबरी की, जो इसी सीजन जयपुर में SRH के खिलाफ बनाया था. और सिर्फ भारतीयों में ही नहीं- IPL प्लेऑफ या नॉकआउट मैच में 12 छक्के अब तक किसी ने नहीं लगाए थे. इससे पहले शुभमन गिल ने 2023 क्वालिफायर-2 में मुंबई इंडियंस के खिलाफ 10 छक्के जड़े थे. पहली 24 गेंदों में 10 छक्के… IPL ने ऐसा पहले नहीं देखा वैभव के पहले 10 छक्के सिर्फ 24 गेंदों में आए. IPL इतिहास में किसी बल्लेबाज ने इतनी तेजी से 10 छक्के नहीं लगाए. क्रिस गेल ने 2013 में पुणे वॉरियर्स के खिलाफ अपनी 175* वाली पारी में पहले 10 छक्कों के लिए 27 गेंदें ली थीं. वैभव ने उस रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया. पावरप्ले में 8 छक्के… नई परिभाषा SRH के खिलाफ वैभव के 12 में से 8 छक्के पावरप्ले में आए. IPL इतिहास में पहले छह ओवरों में किसी बल्लेबाज द्वारा इतने छक्के कभी नहीं लगे थे. इससे पहले कई बल्लेबाज एक पारी में पावरप्ले में 7 छक्के लगा चुके थे, जिनमें खुद वैभव भी शामिल थे. लेकिन अब रिकॉर्ड सिर्फ उनके नाम है. 10+ छक्कों वाली 4 पारियां… गेल की बराबरी वैभव अब IPL में 10 या उससे ज्यादा छक्कों वाली 4 पारियां खेल चुके हैं. उन्होंने क्रिस गेल के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली है. सबसे हैरान करने वाली बात- इनमें से 3 पारियां सिर्फ IPL 2026 में आई हैं. किसी एक सीजन में ऐसा पहले किसी बल्लेबाज ने नहीं किया. 334.48 की स्ट्राइक रेट… 90+ रन वाली सबसे खतरनाक पारी 29 गेंदों पर 97 रन. स्ट्राइक रेट- 334.48. IPL इतिहास में 90+ रन की किसी भी पारी में यह सबसे ज्यादा स्ट्राइक रेट है. इससे पहले रिकॉर्ड रजत पाटीदार के नाम था, जिन्होंने गुजरात टाइटन्स के खिलाफ 33 गेंदों में 93* बनाते हुए 281.81 की स्ट्राइक रेट हासिल की थी. वैभव ने उस रिकॉर्ड को भी चकनाचूर कर दिया. 300+ स्ट्राइक रेट के साथ 50+ स्कोर… कोई आसपास नहीं वैभव IPL में तीन बार 300+ स्ट्राइक रेट के साथ 50+ रन बना चुके हैं. ऐसा IPL इतिहास में किसी और बल्लेबाज ने नहीं किया. पूरे टी20 क्रिकेट की बात करें तो यह चौथी बार है जब उन्होंने ऐसा कारनामा किया. उन्होंने कीरोन पोलार्ड की बराबरी कर ली है. पावरप्ले में फिफ्टी… वार्नर के पीछे सिर्फ एक कदम वैभव अब IPL में पांच बार पावरप्ले के अंदर ही अर्धशतक पूरा कर चुके हैं. उनसे आगे सिर्फ डेविड वॉर्नर हैं, जिन्होंने ऐसा छह बार किया. इनमें से चार फिफ्टी सिर्फ 2026 सीजन में आई हैं, जो ट्रैविस हेड के 2024 रिकॉर्ड की बराबरी है. 490 रन सिर्फ पहले 6 ओवर में! वैभव सूर्यवंशी ने IPL 2026 में पावरप्ले के दौरान 490 रन बना दिए हैं.  यह IPL इतिहास में पहले छह ओवरों में किसी बल्लेबाज द्वारा सबसे ज्यादा रन हैं. उन्होंने 2016 में डेविड वॉर्नर के 467 रनों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया. यह सिर्फ सीजन नहीं… सत्ता परिवर्तन है क्रिस गेल, डेविड वॉर्नर, सुरेश रैना, कीरोन पोलार्ड, शुभमन गिल… एक-एक करके हर बड़े नाम के रिकॉर्ड पर अब वैभव सूर्यवंशी की मुहर लग रही है. और सबसे डराने वाली बात? यह खिलाड़ी अभी 15 साल का है. आईपीएल 2026 शायद सिर्फ एक सीजन नहीं, बल्कि उस युग की शुरुआत है, जहां रिकॉर्ड टूटने से पहले लोग सिर्फ यह पूछेंगे- 'क्या वैभव बल्लेबाजी कर रहे हैं?' वैभव ने जो बड़े रिकॉर्ड तोड़े- – एक T20 टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा छक्के – 65 (क्रिस गेल के 59 छक्के पीछे छोड़े) – IPL प्लेऑफ में सबसे ज्यादा छक्के -12 (शुभमन गिल के 10 छक्कों का रिकॉर्ड टूटा) – IPL में सबसे तेजी से 10 छक्के – 24 गेंद (गेल के 27 गेंद वाले रिकॉर्ड से आगे) – IPL पारी के पावरप्ले में सबसे ज्यादा छक्के – 8 – एक IPL सीजन के पावरप्ले में सबसे ज्यादा रन- 490 (डेविड वॉर्नर के 467 रन पीछे छोड़े) – 600+ रन और 200+ स्ट्राइक रेट वाला पहला बल्लेबाज (टी20 इतिहास में पहली बार) – 90+ रन वाली IPL पारी में सबसे ज्यादा स्ट्राइक रेट – 334.48 – एक सीजन में 10+ छक्कों वाली सबसे ज्यादा पारियां -3 – अनकैप्ड बल्लेबाज द्वारा IPL सीजन में सबसे ज्यादा रन – 680* – IPL सीजन में सबसे विस्फोटक बाउंड्री रेट – हर 4.3 गेंद पर छक्का- गेल के 7.7 से काफी आगे. जिन रिकॉर्ड्स की बराबरी की- – IPL प्लेऑफ की सबसे तेज फिफ्टी – 16 गेंद (सुरेश रैना के साथ) – IPL में 10+ छक्कों वाली 4 पारियां – क्रिस गेल की बराबरी – 300+ स्ट्राइक रेट के साथ 50+ स्कोर – कीरोन … Read more

मां को अस्पताल ले जा रहे थे, रास्ते में बनी मौत की गाड़ी: अजमेर हादसे से गांव में मातम

अजमेर राजस्थान के अजमेर जिले में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में पूर्व सरपंच सहित एक ही परिवार के 4 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसा बोराड़ा थाना क्षेत्र के श्रीरामपुरा गांव में सुबह करीब 5:30 बजे हुआ, जब एक स्कॉर्पियो गाड़ी में अचानक आग लग गई। आग इतनी भीषण थी कि वाहन में सवार लोग बाहर नहीं निकल सके। पूर्व सरपंच, मां, पत्नी और भांजी की मौत पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अगरवाला ने बताया कि हादसे में पूर्व सरपंच रामसिंह चौधरी, उनकी मां एवं पूर्व सरपंच पूसी देवी, पत्नी सुरज्ञान देवी और भांजी महिमा की मौत हो गई। हादसे के बाद इलाके में शोक की लहर फैल गई। सीने में दर्द होने पर मां को ले जा रहे थे अस्पताल जानकारी के मुताबिक पूसी देवी के सीने में दर्द की शिकायत होने पर परिवार उन्हें अस्पताल लेकर जा रहा था। इसी दौरान रास्ते में स्कॉर्पियो में अचानक आग लग गई। शुरुआती आशंका शॉर्ट सर्किट या तकनीकी खराबी की जताई जा रही है, हालांकि पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। जिला परिषद सदस्य थीं सुरज्ञान देवी हादसे में जान गंवाने वाली सुरज्ञान देवी जिला परिषद सदस्य थीं। एक साथ परिवार के चार लोगों की मौत से गांव में मातम पसरा हुआ है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू कराया। पुलिस कर रही हादसे की जांच पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया है। वाहन में आग लगने के कारणों का पता लगाने के लिए एफएसएल टीम की मदद ली जा रही है। शुरुआती जांच में मामला हादसा माना जा रहा है।

तेज तूफान और ओलावृष्टि से बिहार बेहाल, आम-लीची की फसल तबाह; CM ने किया मुआवजे का ऐलान

पटना   उत्तर और पूर्व बिहार के कई जिलों में मंगलवार और बुधवार को आई तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने भारी तबाही मचाई है। इस दौरान आठ लोगों की मौत हो गई। फसलों को भी भारी नुकसान हुआ है। जगह-जगह पोल गिरने और तार टूटने से बिजली आपूर्ति भी चरमरा गई। मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण और पश्चिम चंपारण जिलों में पेड़ और घर गिरने से दबकर दो बच्चों और एक बुजुर्ग महिला समेत चार की जान चली गई, जबकि कई लोग घायल हुए हैं। वहीं पूर्वी बिहार में चार लोगों की मौत हुई। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस घटना की शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के लिए मुआवजे का ऐलान किया है। आंधी-बारिश और ओलावृष्टि से आम और लीची के बगीचों में भारी नुकसान हुआ है। पेड़ों से बड़ी संख्या में फल टूटकर गिर गए, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। हालांकि इस बारिश ने कुछ फसलों के लिए राहत भी दी है। हरी सब्जियों, गन्ना और मूंग की फसल को पर्याप्त नमी मिलने से फायदा पहुंचा है। उधर,भागलपुर शहर में दर्जनों जगहों पर पेड़ और बिजली के पोल व तार गिर गए। इससे बुधवार को जिले के कई हिस्सों में बिजली आपूर्ति ठप रही। स्थिति को देखते हुए साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के एमडी राहुल कुमार खुद भागलपुर पहुचे। वहीं, पेड़ गिरने से भागलपुर-बौंसी मुख्य मार्ग पर काफी देर आवागमन बंद रहा। शाहकुंड के दरियापुर-हरथापुर सड़क पर बना एक पुराना पुल ध्वस्त हो गया। उधर, दरभंगा में आंधी से जगह-जगह पेड़ उखड़ गए और कुछ घरों की छतों पर लगे सोलर पैनल हवा में उड़ गए। मधुबनी में पेड़ गिरने से यातायात प्रभावित हो गया। कई होर्डिंग और बैनर उड़ गए। मुजफ्फरपुर समेत आस पास के जिलों में तेज हवा से फसलों को नुकसान हुआ। लीची के पके और तैया फल हवा के झोंकों से झड़ गए। आम की फसल की भी क्षति हुई। सीएम ने जताया शोक, परिजनों को मिलेंगे चार-चार लाख प्राकृतिक आपदा में राज्य के निवासी की मौत पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शोक जताया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों को सांत्वना दी है कि सरकार उनके सुख दुख में साथ है। सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों के लिए चार-चार लाख रुपए के मुआवजे का ऐलान किया गया है। सीएम ने आम जनों से यह अपील भी किया है कि मौसम के खतरों से सावधान रहें। मौसम विभाग की चेतावनी पर ध्यान दें और उसी के अनुसार अपनी दैनिक गतिविधियां तय करें।

केतु गोचर का असर: 29 मई से बदल सकता है कई राशियों का भाग्य, आर्थिक लाभ के संकेत

ज्योतिष में केतु को एक रहस्यमयी और असरदार ग्रह माना जाता है, जो अचानक होने वाली घटनाओं से जुड़ा होता है. इस समय केतु मघा नक्षत्र में स्थित हैं और 29 मई 2026 यानी कल मघा नक्षत्र के तीसरे चरण में प्रवेश करेंगे. यह स्थिति 1 अगस्त 2026 तक बनी रहेगी. केतु का यह नक्षत्र परिवर्तन कई लोगों के जीवन में अप्रत्याशित बदलाव ला सकता है. हालांकि, केतु को पाप ग्रह कहा जाता है, लेकिन यह हमेशा नकारात्मक परिणाम ही नहीं देता है. कई बार इसके प्रभाव से जीवन में सकारात्मक परिवर्तन भी देखने को मिलते हैं. इस दौरान कुछ राशियों को आर्थिक राहत मिल सकती है और लंबे समय से अटके काम पूरे हो सकते हैं. आइए जानते हैं किन राशियों को इसका फायदा मिल सकता है. मेष राशि इस समय मेष राशि वालों के लिए नए अवसर खुल सकते हैं, खासकर व्यापार में. आपके अंदर आत्मविश्वास बढ़ेगा. लोग आपकी बातों से प्रभावित होंगे. नौकरी में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं. हालांकि, खर्च बढ़ने की संभावना है, इसलिए बजट पर ध्यान देना जरूरी होगा. मिथुन राशि मिथुन राशि के जातकों के लिए यह समय राहत भरा रह सकता है. सेहत में सुधार होगा. पुरानी परेशानियों से छुटकारा मिल सकता है. अचानक धन लाभ होने के संकेत हैं, जिससे आर्थिक स्थिति मजबूत होगी. कामकाज में भी अच्छे बदलाव देखने को मिलेंगे. सिंह राशि सिंह राशि वालों के लिए यह गोचर भाग्य का साथ दिला सकता है. संपत्ति, वाहन या घर से जुड़ी खुशखबरी मिल सकती है. रुके हुए काम पूरे होंगे और दोस्तों का सहयोग मिलेगा. यात्रा के योग भी बन रहे हैं. तुला राशि तुला राशि के लोगों के लिए यह समय आर्थिक रूप से फायदेमंद साबित हो सकता है. पुराने निवेश से लाभ मिलने के संकेत हैं. नौकरी में प्रमोशन या आय बढ़ने की संभावना है. हालांकि सेहत को लेकर थोड़ी सावधानी बरतना जरूरी रहेगा. धनु राशि धनु राशि वालों के लिए यह समय राहत और स्थिरता लेकर आ सकता है. काम में आ रही रुकावटें धीरे-धीरे खत्म होंगी. नौकरी में नई जिम्मेदारी मिल सकती है. अटका हुआ पैसा वापस मिल सकता है. परिवार के साथ अच्छा समय बिताने का मौका मिलेगा. यात्रा के योग भी बन सकते हैं.

रेड अलर्ट जारी! तीन दिन झमाझम बारिश के आसार, लुधियाना में बदला मौसम

 पटियाला चंडीगढ़, पंजाब और हरियाणा में पिछले कई दिनों से जारी भीषण गर्मी के बीच गुरुवार सुबह लोगों को बड़ी राहत मिली। शहर में सुबह से बादल छाए रहे। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पहले ही ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए गुरुवार से शनिवार तक बारिश, तेज आंधी, ओलावृष्टि और तूफान की चेतावनी दी थी। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम का मिजाज बदल गया है। माैसम विभाग के अनुसार, आने वाले तीन दिन कई जगहों पर 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलेगी। ओलावृष्टि के साथ प्री-मानसून की भारी बारिश का अलर्ट जारी हुआ है। इससे पंजाब के तापमान में 6 से 8 डिग्री तक की बड़ी गिरावट दर्ज की जा सकती है। हालांकि, वीरवार को कुछ स्थानों पर हीट वेव भी चल सकती है। बुधवार को तापमान में 1.4 डिग्री की वृद्धि हुई, जो सामान्य से 4.1 डिग्री ऊपर था। फरीदकोट में सर्वाधिक 46.1 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। गुरदासपुर में न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रहा। अमृतसर का अधिकतम पारा 44.1 डिग्री दर्ज हुआ। लुधियाना का 43.8 डिग्री, पटियाला का 44.8 डिग्री, पठानकोट का 41.6 डिग्री, फाजिल्का का 43.8 डिग्री, फिरोजपुर का 42.2 डिग्री, एसबीएस नगर का 41.5 डिग्री, होशियारपुर का 41.3 डिग्री और रूपनगर का 42.7 डिग्री दर्ज किया गया। अमृतसर का न्यूनतम पारा 23.1 डिग्री, लुधियाना का न्यूनतम पारा 25.8 डिग्री, पटियाला का 25.3 डिग्री, पठानकोट का 22.6 डिग्री, बठिंडा का 26.7 डिग्री, फाजिल्का का 25.0 डिग्री, फिरोजपुर का 23.5 डिग्री दर्ज किया गया। गर्म रातों ने दिए मौसम बदलने के संकेत मौसम विभाग के अनुसार रात के तापमान में अचानक बढ़ोतरी तूफानी और नमी वाले मौसम का संकेत है। चंडीगढ़ में गुरुवार को न्यूनतम तापमान 25.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो बुधवार रात के मुकाबले 3.1 डिग्री अधिक है। पंजाब और हरियाणा में भी न्यूनतम तापमान सामान्य से ऊपर रहा। हरियाणा के चरखी दादरी में रात का तापमान 30.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पंजाब के बठिंडा में न्यूनतम तापमान 28.3 डिग्री सेल्सियस रहा।   बुधवार को पारा 46 डिग्री के पार गुरुवार से पहले बुधवार इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। पंजाब के फरीदकोट में अधिकतम तापमान 46.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि हरियाणा के रोहतक में पारा 46.6 डिग्री तक पहुंच गया। चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान 43.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। शुक्रवार को सबसे ज्यादा खतरा IMD के विशेष बुलेटिन के अनुसार शुक्रवार को मौसम सबसे ज्यादा खराब रह सकता है। विभाग ने पंजाब और हरियाणा के कई इलाकों में 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने और झोंकों की गति 90 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की चेतावनी दी है। इसके साथ ही गरज-चमक, ओलावृष्टि और भारी बारिश की संभावना जताई गई है। पंजाब के गुरदासपुर और पठानकोट तथा हरियाणा के अंबाला और यमुनानगर के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। ट्राईसिटी का अगले पांच दिन का मौसम     गुरुवार: आंशिक बादल, गरज-चमक के साथ बारिश संभव, अधिकतम 41°C     शुक्रवार: बारिश और तेज तूफान की संभावना, अधिकतम 40°C     शनिवार: गरज-चमक और बारिश जारी, अधिकतम 39°C     रविवार: हल्की राहत, अधिकतम 36°C     सोमवार: मौसम साफ रहने की संभावना, तापमान फिर बढ़ सकता है  

VLTD के बिना नहीं मिलेगा फिटनेस और परमिट, परिवहन विभाग का बड़ा आदेश

 लखनऊ प्रदेशभर के पांच लाख से अधिक सार्वजनिक वाहनों की भी अब निगरानी होगी। निजी बसों, टैक्सी और नेशनल परमिट वाले ट्रकों में वीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (वीएलटीडी) लगेगी। परिवहन विभाग ने एक जनवरी 2019 से पहले पंजीकृत वाहन स्वामियों को डिवाइस लगवाने का आदेश दिया है। वहीं, 2019 के बाद के वाहनों में वीएलटीडी एक्टीवेट करना होगा। डिवाइस न लगवाने पर वाहनों को परमिट नहीं मिलेगा और न ही फिटनेस होगा। यात्रियों की सुरक्षा व सुविधा के सभी सार्वजनिक सेवा वाहनों में वीएलटीडी का उपयोग करना होगा। इस डिवाइस से वाहनों की लोकेशन आसानी से ट्रैक की जा सकेगी। आवागमन करने वाले लोगों व उनके सामान की लाइव जानकारी मोबाइल पर मिलती रहेगी। वाहनों पर कार्रवाई होने की दशा में भी यह डिवाइस कारगर होगी। परिवहन निगम में यह प्रयोग सफल रहा है, वहां की अधिकांश बसों को इसी से ट्रैक किया जा रहा है। परिवहन मुख्यालय पर कंट्रोल रूम बनाया गया है और जल्द ही एप भी जारी किया जाएगा, उसी के माध्यम से आम जनता, वाहन स्वामियों और ट्रांसपोर्टरों को लाभ मिल सकेगा। परिवहन मुख्यालय के आरटीओ कमल जोशी ने बताया, निजी बसों, टैक्सी और नेशनल परमिट वाले ट्रकों में यह डिवाइस लगाने का निर्देश है। ऐसे वाहनों की यूपी में संख्या पांच लाख से अधिक है। नए वाहनों में यह डिवाइस लगी है। सिर्फ उसे एक्टीवेट किया जाएगा, जबकि 2019 के पहले के वाहनों में इसे लगवाना होगा। विभाग ने इन वाहनों में जिन कंपनियों का डिवाइस लगना है, उनके नाम भी जारी कर दिए हैं। इस डिवाइस की कीमत साढ़े तीन से 10 हजार रुपये तक है। वाहन स्वामी को यह धनराशि वहन करनी होगी। नए विनिर्माताओं व माडलों को मंजूरी परिवहन राज्यमंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि सार्वजनिक सेवा वाहनों में वीएलटीडी फिटमेंट और एक्टिवेशन को लेकर शासन ने बड़ा निर्णय लिया है। नए विनिर्माताओं व माडलों को मंजूरी मिली है, जबकि पूर्व स्वीकृत कंपनियों के माडलों का विस्तार, संशोधन आदि अनुमोदन हुए हैं। वाहन स्वामी अपने वाहन निर्माता के अनुसार अधिकृत कंपनियों से संपर्क करके वीएलटीडी डिवाइस का फिटमेंट व एक्टिवेशन कराएं। प्रदेश के सभी क्षेत्रीय और आरटीओ व एआरटीओ को निर्देश का कड़ाई से पालन करने को कहा गया है।

गर्मी के सितम के बीच यूपी में अतिरिक्त बिजली सप्लाई, योगी सरकार का बड़ा दावा

प्रचंड गर्मी में योगी सरकार रोस्टर से ज्यादा कर रही बिजली आपूर्ति 26/27 मई की रात 2:37 बजे 30,337 मेगावाट सर्वाधिक विद्युत आपूर्ति की गई गर्मी से देश बेहाल लेकिन योगी सरकार ने यूपी में बखूबी संभाली बिजली व्यवस्था विभाग की टीमें दिन-रात फील्ड में रहकर बिजली व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में जुटीं   लखनऊ  उत्तर प्रदेश समेत लगभग पूरे देश में भीषण गर्मी अपने चरम पर है। प्रदेश के कई जिलों में तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। ऐसे समय में योगी सरकार प्रदेशवासियों को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराने के लिए लगातार युद्धस्तर पर कार्य कर रही है। 26 मई को जहां 28,125 मेगावाट विद्युत आपूर्ति की गई, वहीं सबसे अधिक 26/27 मई की रात 2:37 बजे 30,337 मेगावाट विद्युत आपूर्ति की गई है। इस तरह प्रचंड गर्मी और लगातार बढ़ती बिजली मांग के बावजूद प्रदेश में रोस्टर से ज्यादा विद्युत आपूर्ति की जा रही है, जिससे आमजन को बड़ी राहत मिल रही है। महानगरों से लेकर गांव तक पहुंच रही विद्युत आपूर्ति योगी सरकार में जिला मुख्यालय, महानगर और तहसील क्षेत्रों में 24 घंटे बिजली आपूर्ति की जा रही है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में भी 22 से 22.30 घंटे तक निर्बाध बिजली दी जा रही है। यही वजह है कि भीषण गर्मी के इस दौर में भी प्रदेश की बिजली व्यवस्था मजबूत और प्रभावी दिखाई दे रही है। योगी सरकार की प्राथमिकता साफ है कि प्रदेश के हर घर, हर गांव और हर शहर तक बिना बाधा के बिजली पहुंचे, ताकि जनता को गर्मी से राहत मिल सके और दैनिक जीवन प्रभावित न हो। रिकॉर्ड मांग के बीच भी नहीं डगमगाई बिजली व्यवस्था प्रदेश में लगातार बिजली आपूर्ति हो रही है। 26 मई की रात 7:52 बजे 28,125 मेगावाट की विद्युत आपूर्ति की गई थी। जबकि रात 10 बजे 27,515 मेगावाट और 12 बजे 26,984 मेगावाट की विद्युत आपूर्ति की गई थी। इसी क्रम में 26/27 मई की रात 1 बजे 28,043 मेगावाट विद्युत आपूर्ति की गई। जबकि रात 2:37 बजे सबसे अधिक 30,337 मेगावाट की विद्युत आपूर्ति की गई है। 27 मई की सुबह 5 बजे 29,321 मेगावाट, सुबह 7 बजे 24,738 मेगावाट, सुबह 10 बजे 26,604 मेगावाट और 12 बजे 28,048 मेगावाट विद्युत आपूर्ति की गई। इसी क्रम में 27 मई को दोपहर 1 बजे 28,488 मेगावाट और 2 बजे 28,790 मेगावाट विद्युत आपूर्ति की गई है। यह आंकड़े इस बात का प्रमाण हैं कि योगी सरकार बिजली व्यवस्था को लेकर कितनी गंभीर और प्रतिबद्ध है। फिलहाल विभाग की टीमें दिन-रात फील्ड में रहकर बिजली व्यवस्था को सामान्य बनाने में जुटी हुई हैं। इससे साफ है कि योगी सरकार सिर्फ दावे नहीं कर रही, बल्कि जमीन पर तेज गति से काम भी कर रही है। उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली देने का प्रयासः निदेशक वितरण निदेशक वितरण ज्ञानेंद्र धर द्विवेदी ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोस्टर के हिसाब से ज्यादा बिजली आपूर्ति की जा रही है। निदेशक वितरण ने बताया कि हमारा प्रयास है कि उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली मिले। ऊर्जा विभाग की टीमें लगातार फील्ड में काम कर रही हैं और बिजली व्यवस्था की मॉनिटरिंग उच्च स्तर पर की जा रही है। हालांकि 25 और 26 मई की रात आए तेज आंधी-तूफान ने कई जिलों की विद्युत व्यवस्था को प्रभावित किया था। लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर बिजली विभाग की टीमों ने तत्काल मोर्चा संभाला और युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य शुरू कर दिया था।

TMC में टूट की आहट? BJP का दावा- 80 में से 50 विधायक बदल सकते हैं पाला

कलकत्ता णमूल कांग्रेस में जल्द ही बड़ी टूट हो सकती है। भारतीय जनता पार्टी सांसद का दावा है कि आधे से ज्यादा टीएमसी सांसद पार्टी बदलने के लिए तैयार हैं। वहीं, करीब 20 सांसद भी टीएमसी का साथ छोड़ सकते हैं। हालांकि, टीएमसी ने अब तक इसे लेकर प्रतिक्रिया नहीं दी है। 4 मई को घोषित नतीजों के बाद पश्चिम बंगाल में टीएमसी के 80 विधायक हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भाजपा सांसद सौमित्र खान ने बुधवार को दावा किया है कि करीब 50 विधायक टीएमसी से नाराज चल रहे हैं। उन्होंने कहा है कि ऐसी ही स्थिति 20 सांसदों की है। भाजपा सांसद का दावा है कि अगर भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व सहमति देता है, तो ये नेता पार्टी बदलकर भाजपा में आने के लिए तैयार हैं। हालांकि, अब तक भाजपा आलाकमान की तरफ से इसे लेकर घोषणा नहीं की गई है। खत्म हो जाएगी टीएमसी भाजपा सांसद का कहना है कि अगर ऐसा होता है, तो टीएमसी खत्म हो जाएगी। उन्होंने कहा, 'अगर भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व एक बार कह देता है, तो टीएमसी पार्टी ही नहीं बचेगी। सभी लोग आने के लिए तैयार हैं। करीब 50 विधायक पार्टी से नाखुश हैं और 20 सांसद शामिल होने के लिए तैयार हैं।' अटकलें हैं कि मॉनसून सत्र के आसपास टीएमसी सांसद भाजपा में शामिल हो सकते हैं। संकट में टीएमसी? खास बात है कि खान की तरफ से यह बयान ऐसे समय पर आया है, जब 100 से ज्यादा पार्षदों ने इस्तीफा दे दिया है। वहीं, कहा जा रहा है कि काकोली घोष दस्तीदार और फिरहाद हाकिम जैसे पार्टी के बड़े चेहरे नेतृत्व से खफा हैं। हालांकि, विधायक हाकिम ने खुलकर कुछ नहीं कहा है, लेकिन दस्तीदार नाराजगी जाहिर कर चुकी हैं। उनके बेटे ने संभावनाएं जताई थीं कि वह सांसद पद से भी इस्तीफा दे सकती हैं। 20 सांसद बदल सकते हैं पाला संघवाद प्रतिदिन की रिपोर्ट के अनुसार, सूत्रों ने कहा है कि 12 टीएमसी सांसदों ने भाजपा में शामिल होने या समर्थन देने की तैयारी कर ली है। इसके अलावा दल बदलने की तैयारी कर रहे सांसदों की लिस्ट में 5 से 6 नाम और हैं। हालांकि, रिपोर्ट में यह नहीं बताया गया है कि ये सांसद कौन होंगे और कब तक दल बदल की योजना बना रहे हैं। रिपोर्ट के अनुसार, 12 से ज्यादा सांसदों से चर्चा चल रही है और आंकड़ा 20 तक पहुंच सकता है। तृणमूल के दो विधायकों की शुभेंदु अधिकारी से मुलाकात तृणमूल कांग्रेस के दो विधायकों ऋतब्रत बनर्जी और संदीपन साहा ने पश्चिम बंगाल विधानसभा अध्यक्ष रथिंद्र बोस से मुलाकात की और इस दौरान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी भी वहां मौजूद थे। चुनावी हार के बाद विपक्षी दल के भीतर बदलते समीकरणों के बीच यह घटनाक्रम नई अटकलों को जन्म दे रहा है।  यह मुलाकात आधिकारिक तौर पर 'शिष्टाचार भेंट' बताई गई लेकिन यह दिल्ली स्थित पुराने बंग भवन में ऋतब्रत बनर्जी और शुभेंदु की हालिया मुलाकात के कुछ ही दिन बाद हुई है। इसके बाद पश्चिम बंगाल की चुनाव बाद की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों में नए समीकरण उभरने की अटकलें तेज हो गई हैं।

मध्यप्रदेश में लंबी छुट्टियों का असर! बैंक-स्कूल समेत सरकारी कार्यालय रहेंगे बंद

भोपाल एमपीवासियों के लिए इस वक्त एक अहम खबर सामने आ रही है। दरअसल, जून का महीना शुरू होने वाला है। जून के महीने में स्कूलों और बैंक आदि में निम्नलिखित अनुसार छुट्टी रहेगी। ऐसे में आपको बैंक से जुड़े जरूरी काम करने से पहले छुट्टियों की जानकारी होना बेहद जरूरी है। वहीं, स्कूली बच्चों के लिए भी छुट्टी किसी त्योहार से कम नहीं है। जी हां आपको बता दें कि जून 2026 में स्कूल, बैंक और सार्वजनिक अवकाश कितने दिन रहने वाले हैं और किन-किन तारीखों में छुट्टी मिलेगी। जून में छात्रों को वैकल्पिक व सरकारी अवकाश रहेगा 17 जून 2026 – वैकल्पिक अवकाश – छत्रसाल जयंती / महाराणा प्रताप जयंती 23 जून 2026 – वैकल्पिक अवकाश – महेश नवमी 24 जून 2026 – वैकल्पिक अवकाश – वीरांगना दुर्गावती बलिदान दिवस 26 जून 2026 – सरकारी अवकाश  – मुहर्रम 29 जून 2026 – सरकारी अवकाश  – कबीर जयंती MP में इस दिन रहेगा सार्वजनिक अवकाश 26 जून 2026 – मुहर्रम यहां जानिए बैंकों में कितने दिन रहेगी छुट्टी 7 जून 2026  – साप्ताहिक अवकाश (रविवार) 13 जून 2026 – दूसरा शनिवार 14 जून 2026 – साप्ताहिक अवकाश (रविवार) 21 जून 2026 – साप्ताहिक अवकाश (रविवार) 26 जून 2026 – मुहर्रम 27 जून 2026 – चौथा शनिवार 28 जून 2026 – साप्ताहिक अवकाश (रविवार) यदि आप बैंक से जुड़ा कोई महत्वपूर्ण कार्य करने की योजना बना रहे हैं, तो इन तारीखों को ध्यान में रखते हुए अपनी योजना तैयार करें। इस जानकारी से आप जून महीने में बैंकिंग कार्यों में किसी तरह की असुविधा से बच सकते हैं।

त्विषा शर्मा की संदिग्ध मौत केस में बड़ा अपडेट, आरोपी पति समर्थ सिंह CBI रिमांड पर

भोपाल मॉडल और अभिनेत्री त्विषा शर्मा की 12 मई को संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में आरोपित पति समर्थ सिंह को 29 मई तक की सीबीआई रिमांड पर सौंप दिया गया। वह अभी तक पुलिस रिमांड पर था। बुधवार को पुलिस ने उसे भोपाल जिला न्यायालय में प्रस्तुत किया। यहां सीबीआई ने उसकी रिमांड मांगी थी। पूर्व जज गिरिबाला सिंह की जमानत पर हाई कोर्ट में सुनवाई पूरी वहीं, आरोपित सास और पूर्व जिला व सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह की अग्रिम जमानत के विरुद्ध प्रदेश सरकार व त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा की ओर से दायर याचिकाओं पर हाई कोर्ट जबलपुर में बुधवार को सुनवाई हुई। हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति देवनारायण मिश्रा की एकलपीठ ने सभी पक्षों की सुनवाई पूरी कर ली। फिलहाल आदेश रोक लिया गया है। CBI ने घर पहुंचकर किया क्राइम सीन रिक्रिएट समर्थ सिंह की रिमांड मिलने के बाद सीबीआई टीम उसे लेकर उसके बागमुगालिया एक्सटेंशन स्थित घर पहुंची और घटनाक्रम को समझने के लिए क्राइम सीन रिक्रिएट किया। दिल्ली से आई विशेष फोरेंसिक टीम ने घर से वैज्ञानिक साक्ष्य, फिंगर प्रिंट्स और अन्य तकनीकी साक्ष्य एकत्र किए। बुधवार को ही गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की गई। भोपाल में अस्थायी कंट्रोल रूम बनाएगी CBI इस बीच, सीबीआई ने भोपाल में अस्थायी कंट्रोल रूम बनाने की तैयारी की है। दिल्ली सीबीआइ की ओर से भोपाल पुलिस कमिश्नर को एक आवेदन भेजकर मांग की गई है कि टीम को शहर में ऐसा स्थान मुहैया कराया जाए, जहां मामले से जुड़े संवेदनशील दस्तावेज और साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जा सके। आवश्यकता पड़ने पर आरोपितों व संदिग्धों को रोककर उनसे पूछताछ की जा सके। CBI का इंटरविनर बनने का आवेदन हाई कोर्ट ने किया स्वीकार जबलपुर प्रतिनिधि के अनुसार हाई कोर्ट में गिरिबाला सिंह की अग्रिम जमानत रद करने के लिए याचिकाकर्ताओं की ओर से तर्क दिया गया कि वह अग्रिम जमानत की शर्तों का पालन नहीं कर रही हैं। पुलिस ने उन्हें 13 से 23 मई के बीच पांच नोटिस दिए थे लेकिन वह पूछताछ के लिए नहीं पहुंचीं। इसके अलावा गिरिबाला सिंह ने 18 मई को पत्रकार वार्ता कर मृतका के चरित्र पर गंभीर आरोप लगाए थे। वह भौतिक साक्ष्य जांच एजेंसी को उपलब्ध नहीं करवा रही हैं। CBI ने इंटरविनर बनकर की जमानत निरस्त करने की मांग सीबीआई की तरफ से इंटरविनर बनने का आवेदन पेश करते हुए भी अग्रिम जमानत निरस्त करने की मांग की गई। सीबीआइ की ओर से तर्क दिया गया कि त्विषा के पहले पोस्टमार्टम के दौरान गिरिबाला सिंह की रिश्ते में लगने वाली बहन व एक अन्य व्यक्ति मौजूद था, जिन्हें उपस्थित नहीं रहना चाहिए था और यह जांच का विषय है। इसके अलावा दोनों आरोपितों के क्रॉस एग्जामिनेशन के लिए गिरिबाला सिंह की अभिरक्षा आवश्यक है। बचाव पक्ष ने आरोपों को नकारा और दी अपनी दलीलें गिरिबाला सिंह की ओर से तर्क दिया गया कि डॉक्टरों ने एंग्जायटी, ड्रग्स के कारण त्विषा की स्थिति को देखते हुए गर्भपात की गोलियां दी थीं। त्विषा ने जिस मंजिल पर फांसी लगाई वहीं उसका किचन, बाथरूम व बेडरूम था। घटना के अगले दिन 13 मई को पुलिस ने उसे सील कर दिया था। उन्होंने और समर्थ सिंह ने शादी के बाद त्विषा को यूपीआई के माध्यम से सात लाख रुपये से अधिक दिए। त्विषा ने कभी भी अपनी सास पर दहेज मांगने और प्रताड़ित करने की बात मायके पक्ष वालों से नहीं कही थी। त्विषा के सभी आरोप अपने पति के खिलाफ हैं, सास के खिलाफ नहीं।