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अक्तूबर-नवंबर में बांधवगढ़ टाइगर रिज़र्व में पर्यटन बढ़ा, सैलानियों की संख्या 13% ऊपर

उमरिया  बांधवगढ़ राष्ट्रीय उद्यान में इस साल का पर्यटन सत्र पिछले वर्षों की तुलना में कहीं अधिक उत्साहजनक साबित हो रहा है। अक्तूबर और नवंबर 2025 में पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। उद्यान प्रबंधन के अनुसार इस अवधि में सैलानियों की संख्या में करीब 13 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज हुई, जो कि संरक्षण और बेहतर प्रबंधन के प्रयासों का परिणाम माना जा रहा है। बीटीआर क्षेत्र संचालक डॉ. अनुपम सहाय ने बताया कि वर्ष 2024 के अक्तूबर में कोर क्षेत्र में 13,323 भारतीय और 1,331 विदेशी तथा बफर क्षेत्र में 928 देशी और 44 विदेशी पर्यटक पहुंचे थे। उसी महीने कुल 15,626 सैलानियों ने भ्रमण किया। नवंबर 2024 में आंकड़ों में और वृद्धि दिखी। कोर क्षेत्र में 14,666 भारतीय और 3,013 विदेशी पर्यटक आए, जबकि बफर क्षेत्र में 2,964 देशी और 99 विदेशी सैलानी शामिल हुए। इस प्रकार, अक्तूबर और नवंबर 2024 में कुल 36,368 पर्यटक उद्यान पहुंचे थे, जिनमें 31,881 देशी और 4,487 विदेशी शामिल थे। इस वर्ष पर्यटन ने नया अध्याय लिखा। 2025 के अक्तूबर में कोर क्षेत्र में 14,999 भारतीय और 1,697 विदेशी सैलानी आए, जबकि बफर क्षेत्र में 3,985 देशी और 143 विदेशी पर्यटक पहुंचे। वहीं नवंबर में कोर क्षेत्र में 15,425 भारतीय और 3,366 विदेशी तथा बफर क्षेत्र में 1,553 देशी और 151 विदेशी पर्यटक शामिल हुए। इस वर्ष इसी अवधि में कुल 41,319 पर्यटक बांधवगढ़ आए, जिनमें 36,962 भारतीय और 5,357 विदेशी पर्यटक शामिल रहे। तुलनात्मक रूप से देखें तो 2024 की तुलना में 2025 में 4,951 अधिक पर्यटक पहुंचे। इनमें 4,081 भारतीय और 870 विदेशी नागरिक थे। विशेषज्ञों का मानना है कि यह आंकड़े दर्शाते हैं कि बांधवगढ़ न केवल मध्यप्रदेश बल्कि भारत के प्रमुख पर्यटन स्थलों में लगातार अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। उद्यान की प्राकृतिक सुंदरता, बाघों की सक्रिय मौजूदगी और बेहतर प्रबंधन ने पर्यटकों को आकर्षित किया है। डॉ. सहाय ने कहा कि यह वृद्धि वन्यजीव संरक्षण के साथ पर्यटन संवर्धन मॉडल की सफलता को दिखाती है। बांधवगढ़ के जंगलों ने इस वर्ष फिर साबित किया है कि प्रकृति जब संजोई जाती है, तो दुनिया खुद उसे देखने चली आती है।  

थरूर की गैरमौजूदगी से कांग्रेस परेशान, लगातार दूसरी अहम बैठक में नहीं पहुंचे

नई दिल्ली कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर बीते कुछ समय से कांग्रेस से किनारा कसते नजर आ रहे हैं। वहीं वह कई बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मोदी सरकार के फैसलों की ताराीफ कर चुके हैं। हाल ही में एसआईआर के विरोध में रणनीत बनाने के लिए बुलाई गई कांग्रेस की मीटिंग में भी शशि थरूर शामिल नहीं हुए। इसके लिए उन्होंने स्वास्थ्य कारणों का हवाला दिया था। वहीं अब संसद के शीतकालीन सत्र की रणनीति को लेकर हुई बैठक में भी वह गैरहाजिर रहे। अब सवाल यह है कि एक दिन पहले ही वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम में हाजिर थे। वहीं एक दिन बाद ही कांग्रेस की बैठक से किनारा कर गए। शशि थरूर ने प्रधानमंत्री मोदी की तारीफ करते हुए इन्स्टाग्राम पर पोस्ट भी किया था। पीएम मोदी की तारीफ को लेकर कांग्रेस के अन्य नेताओं ने उन्हें निशाने पर भी लिया था। थरूर ने सफाई देते हुए बताया कि वह केरल में थे। वह 90 वर्षीय मां के साथ थे और इसलिए बैठक में शामिल नहीं हो सके। इस बैठख में कांग्रेस के महासचिव केसी वेणुगोपाल भी शामिल नहीं हो पाए थे। वह स्थानीय चुनाव प्रचार में व्यस्त थे। कांग्रेस नेता ने कहा कि असल समस्या यह है कि वह देश को ठीक से समझते ही नहीं हैं। उन्हें यही लगता है कि बीजेपी की नीतियां बहुत अच्छीा हैं। अगर ऐसा ही है तो वह कांग्रेस में क्यों हैं? वह दोहरा रवैया अपना रहे हैं। कांग्रेस की प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि प्रधानमंत्री के भाषण में कोई प्रशंसा करने वाली बात नहीं थी इसके बाद भी शशि थऱूर को अच्छी लगी। मझे समझ में नहीं आता कि कांग्रेस पर निशाना साधना उन्हें क्यों अच्छा लगा? सोशल मीडिया पर भी शशि थरूर के रवैये को लेकर हलचल है। लोगों का कहना है कि क्या शशि थरूर बीजेपी में जाने का प्लान कर रहे हैं? बीते दिनों जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली के एक कार्यक्रम में संबोधित कर रहे थे तब शशि थरूर ने उनका भाषण सुना और फिर जमकर तारीफ की। उन्होंने शिक्षा पर की गई उनकी टिप्पणी को भी सराहा था। जबकि इस भाषण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुलामी की मानसिकता बताते हुए कांग्रेस की खूब आलोचना की थी।

मुख्य सचिव की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय समन्वय समिति का पुनर्गठन

मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित राज्य स्तरीय समन्वय समिति पुनर्गठित मुख्य सचिव की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय समन्वय समिति का पुनर्गठन राज्य स्तरीय समन्वय समिति को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में किया गया पुनर्गठित मुख्य सचिव की देखरेख में पुनर्गठित हुई राज्य स्तरीय समन्वय समिति भोपाल सिंचाई के लिए सोलर पम्प स्थापना की "प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना" के क्रियान्वयन के लिए मंत्रि-परिषद की 18 नवम्बर 2025 को हुई बैठक के निर्णय अनुसार राज्य शासन ने मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित "राज्य स्तरीय समन्वय समिति" का पुनर्गठन किया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश अनुसार समिति में सचिव ऊर्जा, वित्त, उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण, किसान कल्याण तथा कृषि विकास, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी सदस्य होंगे। सचिव नवीन नवकरणीय ऊर्जा को सदस्य सचिव बनाया गया है। समिति द्वारा योजना के सभी घटकों अंतर्गत प्रगति की नियमित समीक्षा की जायेगी। योजना के क्रियान्वयन के लिए विभागों के बीच आवश्यक समन्वय बनाना, योजना की प्रगति नियमित (अधिकतम 3 माह) में समीक्षा करना जिससे समय-सीमा में लक्ष्य की प्राप्ति हो सके। योजना को सफलतापूर्वक सम्पन्न करने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करना तथा योजना क्रियान्वयन के संबंध में भारत सरकार के नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के साथ समन्वय करना और राज्य में योजना क्रियान्वयन में सुधार के उपाय सुझाना जैसे समिति द्वारा कार्य किये जायेंगे।  

उज्जैन बॉडी बिल्डिंग चैंपियनशिप: विदिशा के खिलाड़ी 4 राज्यों के बीच चमके, गोल्ड-सिल्वर मेडल जीते

विदिशा   36 वीं वेस्टर्न जोन बॉडी बिल्डिंग चैंपियनशिप में विदिशा के पहलवानों ने धूम मचाई. उज्जैन में आयोजित विदिशा की टीम के उदय सिंह ने स्वर्ण पदक जीता. चैंपियनशिप में विदिशा के अन्य खिलाड़ियों ने भी बेहतरीन प्रदर्शन कर जिले का नाम मध्य प्रदेश में गौरवान्वित किया. इंडियन बॉडी बिल्डिंग फेडरेशन के तत्वावधान में राज्य शरीर सौष्ठव संस्था और नगर निगम उज्जैन द्वारा ये चैंपियनशिप आयोजित की गई. विदिशा की 9 सदस्यीय टीम ने दिखाया जलवा चैंपियनशिप में विदिशा के 9 सदस्यीय दल ने हिस्सा लिया और अपनी प्रतिभा का दमदार प्रदर्शन किया. प्रतियोगिता में चार राज्यों महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान और मध्य प्रदेश के लगभग ढाई सौ खिलाड़ी शामिल हुए. विभिन्न भार वर्गों में बेहद कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली. प्रतियोगिता शाम 5 से शुरू होकर देर रात 2 बजे तक चली. विदिशा के उदय सिंह चौहान ने 55 किलोग्राम भार वर्ग में प्रथम स्थान पाया. इस प्रकार उदय ने स्वर्ण पदक जीता. उदय चौहान की मसल्स देख दर्शक हैरान उदय सिंह चौहान ने अपनी शानदार बॉडी स्ट्रक्चर, आकर्षक पोजिंग और मजबूत मसल डिफिनेशन के दम पर निर्णायकों और दर्शकों को अचंभित कर दिया. उदय को फर्स्ट प्राइज के रूप में कैश प्राइज, मोमेंटो, मेडल और प्रशस्ति पत्र (प्रमाण पत्र) प्रदान किया गया. मंच पर सम्मानित किए जाने के दौरान दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका उत्साह बढ़ाया. इसके साथ ही प्रियेश शर्मा ने 80 किलोग्राम भार वर्ग में जबरदस्त प्रतिस्पर्धा के बीच उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए द्वितीय स्थान प्राप्त किया. रजत पदक विजेता प्रियेश शर्मा ने बताया टारगेट रजत पदक जीतने वाले प्रियेश शर्मा ने कहा "यह उपलब्धि उनके लिए बहुत खास है. उनका टारगेट आने वाले समय में राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण पदक जीतना है." इसके अलावा सुनील गोस्वामी ने 75 किलोग्राम भार वर्ग में दमदार संघर्ष करते हुए 5वां स्थान हासिल किया, जिसे आयोजन स्थल पर मौजूद खेल प्रेमियों द्वारा सराहा गया. विदिशा टीम की इस शानदार सफलता के लिए जिला बॉडी बिल्डिंग एसोसिएशन विदिशा के अध्यक्ष अंशुल चौरसिया और सचिव पंकज भार्गव को भी सम्मानित किया गया. शानदार प्रदर्शन से जिले के युवाओं में जोश विदिशा जिला बॉडी बिल्डिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष अंशुल चौरसिया और सचिव पंकज भार्गव ने बताया "विदिशा में बेहतर प्रशिक्षण सुविधाएं, निरंतर मार्गदर्शन और मानसिक प्रेरणा ने टीम को ये कामयाबी दिलाई. वहीं, इस शानदार उपलब्धि के बाद विदिशा में युवाओं के बीच खेल और फिटनेस को लेकर नया उत्साह देखने को मिल रहा है." 

छत्तीसगढ़ में राहत: आज से 200 यूनिट तक आधा बिजली बिल लागू

रायपुर छत्तीसगढ़ के लोगों को आज से सरकार बड़ी राहत देने जा रही है. आज से 200 यूनिट हाफ बिजली योजना होगी लागू. इससे लाखों बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलने वाली है. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विधानसभा के विशेष सत्र में इसकी घोषणा की थी. अगर कोई उपभोक्ता 201 यूनिट बिजली खपत करता है तो उसे इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जानकारी दी थी कि प्रदेश के ऐसे घरेलू उपभोक्ताओं जिनका 200 यूनिट तक विद्युत खपत है, उन्हें 200 यूनिट तक हाफ बिजली का पूरा लाभ प्राप्त होगा. इस निर्णय से राज्य के 36 लाख घरेलू उपभोक्ता सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे. 200 से 400 यूनिट तक बिजली खपत करने वाले उपभोक्ताओं को भी अगले 1 वर्ष तक 200 यूनिट तक हॉफ बिजली बिल का लाभ मिलेगा, इससे 6 लाख उपभोक्ता लाभान्वित होंगे. इन उपभोक्ताओं को 1 वर्ष तक की छूट दी गई है, ताकि इस अवधि में वे अपने घरों में पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर प्लांट स्थापित करा सके. बता दें कि 4 महीने पहले यानी 1 अगस्त 2025 को राज्य सरकार ने बिजली बिल हाफ योजना पर बड़ा बदलाव किया था. पूर्व भूपेश सरकार के समय लागू हुई 400 यूनिट की सीमा को घटाकर 100 यूनिट कर दिया गया था. इसका सीधा असर लाखों परिवारों को पड़ा. हालांकि नई योजना के तहत आज से 200 यूनिट तक हाफ बिजली बिल योजना लागू कर दी गई है.

Maruti Suzuki की पहली फुली इलेक्ट्रिक कार e-Vitara 2 दिसंबर को आएगी, ये होंगे खास फीचर्स

मुंबई  भारत की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी Maruti Suzuki आगामी 2 दिसंबर, 2025 को भारत में अपनी पहली फुली इलेक्ट्रिक कार, Maruti Suzuki e-Vitara को लॉन्च करने के लिए पूरी तरह है तैयार है. इस मॉडल का प्रोडक्शन अगस्त 2025 में कंपनी की गुजरात में हंसलपुर फैसिलिटी में शुरू हुआ था, और पहला बैच सितंबर 2025 में एक्सपोर्ट किया गया था. भारत में लॉन्च होने के करीब आने के साथ, ही इसके बारे में अब तक काफी जानकारी सामने आ चुकी है. Maruti Suzuki e Vitara का एक्सटीरियर Maruti e-Vitara की स्टाइलिंग Maruti Suzuki EVX कॉन्सेप्ट से ली गई है. प्रोडक्शन मॉडल में Y-शेप के DRLs के साथ एंगुलर हेडलैंप यूनिट्स और व्हील आर्च, बंपर और निचले दरवाज़ों के चारों ओर बड़ी क्लैडिंग दी गई है. इसके अलावा, एक कनेक्टेड टेल-लैंप डिज़ाइन भी शामिल किया गया है, जो EVX कॉन्सेप्ट पर दिखाए गए डिज़ाइन से काफी मिलता-जुलता है. Maruti Suzuki e Vitara का इंटीरियर वहीं इसके इंटीरियर की बात करें तो, Maruti e-Vitara में ऐसा डैशबोर्ड लेआउट दिया गया है, जो अभी बिक्री पर मौजूद किसी भी दूसरे मारुति सुजुकी मॉडल में नहीं है. एक ही हाउसिंग में लगे दो फ्री-स्टैंडिंग डिस्प्ले, डैशबोर्ड के ऊपर दिए गए हैं, साथ ही पूरे फेशिया में एक चौड़ा, सॉफ्ट-टच पैनल लगाया गया है. सेंट्रल एयर-कंडीशनिंग वेंट्स के नीचे फिजिकल कंट्रोल्स का एक छोटा सेट लगाया गया है. गियर सिलेक्टर को रोटरी डायल से बदल दिया गया है. Maruti Suzuki e Vitara के फीचर्स दुनिया भर में, Maruti e-Vitara में ADAS, 10.25-इंच का डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, 10.1-इंच का इंफोटेनमेंट डिस्प्ले, एम्बिएंट लाइटिंग, एक टेलिस्कोपिक स्टीयरिंग व्हील, कीलेस एंट्री और स्टार्ट, चार स्पीकर और एक ऑटो-डिमिंग इंटीरियर रियर-व्यू मिरर जैसे फीचर्स हैं. वहीं इसके हायर वेरिएंट में 19-इंच एलॉय व्हील, वेंटिलेटेड फ्रंट सीट, 10-वे पावर-एडजस्टेबल ड्राइवर सीट, एक इनफिनिटी ऑडियो सिस्टम, वायरलेस चार्जिंग, फॉग लैंप और एक 360-डिग्री कैमरा जैसे एक्स्ट्रा फीचर्स शामिल हैं. Maruti Suzuki e Vitara का बैटरी पैक, पावर आउटपुट और रेंज भारत में लॉन् होने वाली, Maruti e-Vitara को इसके दोनों ग्लोबल बैटरी ऑप्शन, 49 kWh और 61 kWh के साथ पेश किया जा सकता है, और बड़ा पैक हायर ट्रिम्स के लिए ही रिज़र्व रखा जा सकता है. इसके लोअर वेरिएंट में फ्रंट-माउंटेड मोटर का इस्तेमाल किया गया है, जो 142 bhp की पावर और 192.5 Nm का टॉर्क बनाती है. वहीं इसके हायर-वेरिएंट में यही मोटर ज़्यादा पावरफुल कॉन्फ़िगरेशन के साथ आती है और 172 bhp की पावर उत्पन्न करती है, जबकि टॉर्क एक समान रहता है. इंटरनेशनल मार्केट में इसका AWD वर्जन भी पेश किया जाएगा, लेकिन भारत के लिए इसकी पुष्टि नहीं हुई है. वेरिएंट के आधार पर, Maruti e-Vitara की WLTP-सर्टिफाइड रेंज 428 km तक है. Maruti Suzuki e Vitara के प्रतिद्वंद्वी भारतीय बाजार में लॉन्च होने के बाद, Maruti e-Vitara का मुकाबला Hyundai Creta Electric, Tata Curvv EV, MG ZS EV और Mahindra BE 6 से होगा. भारत में इसकी बिक्री Maruti Suzuki के NEXA डीलरशिप नेटवर्क के जरिए होगी. Maruti Suzuki e Vitara की अनुमानित कीमत जहां UK में कंपनी इस कार को ज्यादा कीमत पर लॉन्च करेगी, वहीं भारत में इस मॉडल के ज़्यादा सस्ता होने की उम्मीद है, क्योंकि इसका प्रोडक्शन Suzuki Motor के गुजरात की हंसलपुर फ़ैसिलिटी में किया जाता है. जहां तक ​​इसकी कीमतों की बात है, तो संभावना जताई जा रही है कि इसकी शुरुआती कीमत लगभग 17 लाख रुपये हो सकती है, और टॉप-ऑफ़-द-टॉप कीमत 23 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) हो सकती है.

केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू बोले— मुंगेली मेला बनी शहर की पहचान, पांचवें दिन दर्शकों की भारी भीड़

मुंगेली मुंगेली व्यापार मेला के पांचवें दिन रात्रि मेला देखने वाले लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। सभी स्टॉलों में खरीदारी करते लोगों को देखा गया। झूले का आनंद लेने लोगों में बहुत दिलचस्पी दिखी। रात्रिकालीन सांस्कृतिक कार्यक्रम के अंतर्गत आरू साहू को देखने-सुनने के लिए आसपास के गांवों से भारी संख्या में लोगों का आगमन हुआ। आरू साहू के गीतों और उनकी टीम द्वारा प्रस्तुत नृत्य का लोग देर रात तक लुत्फ उठाते रहे। मुंगेली व्यापार मेला के पांचवें दिन दोपहर में चित्रकला प्रतियोगिता संपन्न हुई। जिसमें जूनियर वर्ग के लिए ‘छत्तीसगढ़ महतारी’ एवं सीनियर वर्ग के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ जैसे विषय चित्रकारी करने के लिए दिए गए थे। सीनियर और जूनियर वर्ग की चित्रकला प्रतियोगिता में 100 से अधिक प्रतिभागियों ने अपनी सहभागिता निभाई। जिसमें जूनियर वर्ग प्रतियोगिता में समृद्धि तिवारी ने प्रथम, जिया साहू ने द्वितीय एवं अलंकृत सिंह ठाकुर ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। सीनियर वर्ग में संदीप साहू ने प्रथम, समीर मिरी ने द्वितीय एवं रिया कश्यप ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। चित्रकला प्रतियोगिता के निर्णायक हिमांशु ताम्रकार एवं हरनीत कौर रहे। रात्रिकालीन मंचीय कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू की उपस्थिति रही। मां सरस्वती की पूजा–अर्चना के पश्चात अतिथियों का स्वागत संपन्न हुआ। इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने कहा कि मुंगेली व्यापार मेला का यह दसवां साल है। इसके लिए मैं स्टार्स ऑफ टुमॉरो की पूरी टीम को बधाई देता हूं। 40 स्टॉल से शुरू हुआ यह व्यापार मेला अब मुंगेली की पहचान बन चुका है। इतनी भारी संख्या में नागरिकों की उपस्थिति यह बताती है कि व्यापार मेला अब लोगों के लिए महत्वपूर्ण हो गया है। मैं आयोजन टीम को बधाई देता हूं। इस अवसर पर जनपद पंचायत मुंगेली के पूर्व उपाध्यक्ष शिवप्रताप सिंह ने कहा कि हमने जो छोटा सा पौधा 10 वर्ष पहले लगाया था, आज वह विशाल वटवृक्ष के रूप में हमारे सामने दिखाई दे रहा है। मैं चाहता हूं कि यह निरंतर और बड़े स्वरूप में दिखाई दे। इस अवसर पर शिक्षाविद और समाजसेवी आकाश परिहार ने कहा कि मुंगेली व्यापार मेला का मैं 6 वर्ष तक सदस्य रहा और अब 4 वर्षों से संरक्षक के रूप में हूं। पर्यावरण के क्षेत्र में स्टार्स ऑफ टुमॉरो की टीम ने जो कार्य किया है वह प्रेरणादायक है। स्थानीय प्रतिभाओं को मंच देने का कार्य अतुलनीय है। मैं इस टीम को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित करता हूं। इसके पूर्व स्टार्स ऑफ टुमॉरो के अध्यक्ष महावीर सिंह ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। मुंगेली व्यापार मेला का उद्देश्य संयोजक रामपाल सिंह ने बताया। कार्यक्रम का शानदार संचालन सह-संयोजक रामशरण यादव ने किया और आभार प्रदर्शन कोषाध्यक्ष धनराज परिहार ने किया। तत्पश्चात बहुत ही आकर्षक कार्यक्रम मिस मुंगेली संपन्न हुआ। जिसमें लगभग 30 प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा मंच पर प्रस्तुत की। मिस मुंगेली प्रतियोगिता में बेमेतरा की चित्रांशी यादव विजेता रहीं। इस प्रतियोगिता में फर्स्ट रनर-अप आकांक्षा पाटले एवं सेकेंड रनर-अप तनु गोस्वामी रहीं।

बैंकिंग काम न करें पेंडिंग: दिसंबर में 18 दिनों की छुट्टियाँ घोषित

नई दिल्ली दिसंबर का महीना शुरू होते ही बैंकों का छुट्टियों का कैलेंडर भी सामने आ गया है. इस बार पूरे देश में अलग-अलग राज्यों को मिलाकर कुल 18 दिन बैंक बंद रहेंगे. हर हफ्ते के 4 रविवार और दूसरे तथा चौथे शनिवार के अलावा कई राज्यों में अपनी-अपनी स्थानीय छुट्टियों की वजह से बैंकिंग कामकाज ठप रहेगा. अगर आप दिसंबर में कोई जरूरी बैंकिंग काम करने की सोच रहे हैं, तो पहले यह लिस्ट देख लेना बेहतर होगा. आरबीआई के कैलेंडर के हिसाब से अलग-अलग तारीखों पर अलग वजहों से बैंक बंद रहेंगे. कही उद्घाटन दिवस तो कही स्थानीय पर्व, कही क्रिसमस से जुडी छुट्टियां तो कही राज्य स्तरीय समारोह, इन सभी की वजह से कई शहरों में ब्रांचें नहीं खुलेंगी. नीचे दी गयी तारीखों की सूची देखकर आप अपने राज्य में किस दिन बैंक बंद मिलेगा, यह आराम से समझ सकते हैं. जानिए दिसंबर में बैंक कब-कब बैंक बंद रहेंगे 1 दिसंबर: अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड में उद्घाटन दिवस और स्वदेशी आस्था दिवस पर बैंक बंद रहेंगे. 3 दिसंबर: गोवा में सेंट फ्रांसिस जेवियर पर्व की वजह से सभी बैंक बंद रहेंगे. 7 दिसंबर:रविवार होने के कारण पूरे देश में बैंकिंग कामकाज नहीं होगा. 12 दिसंबर: मेघालय में पा तोगन नेंगमिंजा संगमा पुण्यतिथि पर स्थानीय छुट्टी रहेगी. 13 दिसंबर: दूसरा शनिवार होने से सभी राज्यों में बैंक बंद रहेंगे. 14 दिसंबर: रविवार है, इसलिए सभी जगह बैंक नहीं खुलेंगे. 18 दिसंबर: छत्तीसगढ और मेघालय में सोसो थाम पुण्यतिथि पर छुट्टी रहेगी. 19 दिसंबर: गोवा में गोवा मुक्ति दिवस के मौके पर बैंक बंद रहेंगे. 20 दिसंबर: सिक्किम में लोसूंग–नामसूंग पर्व की वजह से बैंकिंग सेवाएं बंद रहेंगी. 21 दिसंबर: रविवार है, इसलिए पूरे देश के बैंक बंद रहेंगे. 22 दिसंबर: सिक्किम में लोसूंग–नामसूंग का दूसरा दिन भी बैंक बंद रहेंगे. 24 दिसंबर: मिजोरम, नागालैंड और मेघालय में क्रिसमस सेलिब्रेशन के कारण छुट्टी होगी. 25 दिसंबर: क्रिसमस पर पूरे देश में बैंकिंग सेवाएं बंद रहेंगी. 26 दिसंबर: मिजोरम, नागालैंड और मेघालय में क्रिसमस सेलिब्रेशन का दूसरा दिन भी छुट्टी रहेगी. 27 दिसंबर: चौथा शनिवार है, इसलिए सभी राज्यों में बैंक बंद रहेंगे. 28 दिसंबर: रविवार को सभी जगह बैंकिंग सेवाएं बंद रहेंगी. 30 दिसंबर: मेघालय में यू कियांग नांगबाह दिवस पर स्थानीय छुट्टी रहेगी. 31 दिसंबर: मिजोरम और मणिपुर में नए साल के अवसर पर बैंक बंद रहेंगे. बैंक बंद होने के बावजूद ऑनलाइन सेवाएं जैसे UPI, IMPS, NEFT, RTGS बिल्कुल पहले की तरह चलती रहेंगी. यानी पैसों का लेनदेन, बिल पेमेंट और बाकी डिजिटल कामों पर इन छुट्टियों का कोई असर नहीं पडेगा. एटीएम भी पूरे महीने चालू रहेंगे. दिसंबर में शेयर बाजार में भी कुल 9 दिन कामकाज बंद रहेगा. बीएसई के अनुसार हर रविवार और शनिवार के साथ-साथ 25 दिसंबर को क्रिसमस पर भी ट्रेडिंग नहीं होगी.

रेणुका चौधरी ने संसद में कुत्ता लेकर किया विवादित बयान, BJP के विरोध पर कहा- ‘काटता नहीं है’

नई दिल्ली कुत्ते को लेकर सुप्रीम कोर्ट से सड़क तक मचा संग्राम संसद पहुंच जाएगा, इसका अंदाजा किसी को नहीं था. संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन अजीबोगरीब वाकया देखने को मिला. कांग्रेस की वरिष्ठ नेता रेणुका चौधरी पालतू कुत्ते के साथ संसद पहुंच गईं. बात यहीं तक नहीं थमी. जब लोगों ने उनसे पूछा कि पालतू जानवर लेकर क्यों आई हैं, तो उनका कहना था.. ये नहीं काटता है, अंदर वाले काटते हैं. अंदर वाले से रेणुका का मतलब संसद के भीतर बैठने वालों से था. देखते ही देखते इस बायन पर सियासी घमासान मच गया. भारतीय जनता पार्टी ने इसे संसद का अपमान बताया.  कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी अपने पालतू कुत्ते को गाड़ी में लेकर संसद भवन पहुंचीं, जिससे एक नया विवाद खड़ा हो गया. इस पर बीजेपी ने उनके खिलाफ एक्शन लेने की मांग की गई है.  रेणुका चौधरी से सवाल किया गया तो उन्होंने पलटवार करते हुए कहा, "इसमें क्या तकलीफ है? गूंगा जानवर अंदर आ गया तो क्या तकलीफ है, इतना छोटा सा तो है. यह काटने वाला नहीं है, काटने वाले तो और हैं पार्लियामेंट के अंदर." इस मामले पर भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने तीखी प्रतिक्रिया दी और रेणुका चौधरी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की. पाल ने कहा कि अगर सांसद को कुछ विशेषाधिकार मिलता है, तो उसका दुरुपयोग नहीं किया जाना चाहिए. बीजेपी ने की एक्शन की मांग उन्होंने कहा, "यह सदन देश की नीतियों पर चर्चा करने की जगह है… वहां पर अपने डॉग को लेकर आए और उस पर जिस तरह का बयान दे रहे हैं, देश को शर्मसार कर रहे हैं… उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए." उन्होंने इसे लोकतंत्र पर कुठाराघात और संसद का अपमान बताया. वहीं, रेणुका चौधरी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संसद के बाहर दिए गए बयान पर भी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने सवाल उठाया कि सरकार ने एक महीने के सत्र को घटाकर पंद्रह दिन क्यों कर दिया? उन्होंने कहा, "आप क्यों बौखला रहे हैं कि हाउस में हम कौन-सी मुद्दा उठाएँगे इसीलिए एक महीने का सेशन को काट के आप पंद्रह दिन रख दिए क्यों? क्यों मुद्दे कम थे क्या?"

BLO से मारपीट मामला: रायपुर में महिला के खिलाफ एफआईआर दर्ज

रायपुर मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान के दौरान बीएलओ के साथ अभद्रता और मारपीट का मामला अब औपचारिक शिकायत के बाद और गंभीर हो गया है. रायपुर के खम्हारडीह थाना क्षेत्र में पीड़िता वंदना सोनी (54), निवासी शक्ति नगर उपरपारा, ने लिखित शिकायत दर्ज कराई है. वंदना सोनी विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 50 की बीएलओ हैं और मतदाता सूची सुधार कार्य कर रही थीं. जानकारी के मुताबिक, BLO वंदना सोनी एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता है. घटना के बाद उन्होंने आरोपी महिला के खिलाफ पुलिस में लिखित शिकायत दर्ज कराई. BLO ने महिला पर आरोप लगाया है कि जब वह अपने सहयोगियों (मितानिन, आंगनबाड़ी सहायिका) ईश्वरी तिवारी और रामेश्वरी देवांगन के साथ SIR का कार्य कर रही थीं, तभी मोबाइल नंबर 94252-86791 वाली महिला खम्हारडीह से वहां पहुंची और पहुंचते ही शासकीय कार्य में बाधा डालते हुए उनके सहयोगियों, पति और बेटे के साथ गाली-गलौज की तथा हाथापाई करते हुए मुक्के मारे. वंदना ने बताया कि महिला ने पास में रखी रेत उठाकर फेंकी और उनके बेटे के साथ भी मारपीट की. बाद में मोहल्ले वालों ने बीच-बचाव कर स्थिति को संभाला. BLO की लिखित शिकायत: इससे पहले इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है, जिसमें बीएलओ के साथ अभद्रता होती दिख रही है. लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान की सुरक्षा और अधिकारियों की कार्य परिस्थितियों पर सवाल खड़े कर रही हैं. फिलहाल खम्हारडीह पुलिस ने घटना की शिकायत मिलने के बाद जांच शुरू कर दी है.