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टीम इंडिया की शानदार जीत! मुल्लांपुर टेस्ट में अफगानिस्तान तीसरे दिन ही हुआ ढेर

 मुल्लांपुर मुल्लांपुर (न्यू चंडीगढ़) के महाराजा यादविंद्र सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में भारत और अफगानिस्तान के बीच टेस्ट मैच खेला गया. इस मुकाबले को भारतीय टीम ने पारी और 300 रनों से जीता. मुकाबला तीसरे दिन के तीसरे सत्र में ही समाप्त हो गया।  भारतीय टीम ने इस मुकाबले में अपनी पहली पारी 8 विकेट पर 564 रन बनाकर घोषित की. इसके बाद अफगानी टीम अपनी पहली पारी में 152 रनों पर ढेर हो गई और उसे फॉलोऑन खेलना पड़ रहा है. पहली पारी के आधार पर भारत को 412 रनों की बड़ी लीड मिली. फिर अफगानिस्तान की दूसरी पारी 112 रनों पर ही सिमट गई. मुकाबले में टॉस भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीता था और पहले बैटिंग करने का निर्णय लिया था।  फॉलोऑन खेलते हुए भी अफगानी टीम की शुरुआत कुछ ठीक नहीं रही. अब्दुल मलिक सिर्फ 8 रनों के निजी स्कोर पर मोहम्मद सिराज का शिकार बने. यहां से अफगानिस्तान ने लगाातार अंतराल में विकेट खोए. सेदिकुल्लाह अटल ने सबसे ज्यादा 42 रन बनाए. वहीं रहमानुल्लाह गुरबाज (24 रन) और रहमत शाह (13 रन) भी दोहरे अंकों तक पहुंचने में सफल रहे. वॉशिंगटन सुंदर ने चार और कुलदीप यादव ने तीन सफलताएं हासिल कीं।  अफगानिस्तान की दूसरी पारी का स्कोरकार्ड बल्लेबाज विकेट रन सेदिकुल्लाह अटल कॉट प्रसिद्ध कृष्णा, बोल्ड वॉशिंगटन सुंदर 42 अब्दुल मलिक LBW मोहम्मद सिराज 8 रहमानुल्लाह गुरबाज कॉट प्रसिद्ध कृष्णा, बोल्ड कुलदीप यादव 24 रहमत शाह कॉट मानव सुथार, बोल्ड वॉशिंगटन सुंदर 13 हशमतुल्लाह शाहिदी कॉट शुभमन गिल, बोल्ड  वॉशिंगटन सुंदर 5 अफसर जजई LBW मानव सुथार 8 अजमतुल्लाह उमरजई कॉट कुलदीप यादव, बोल्ड वॉशिंगटन सुंदर 4 नांगेयालिया खरोटी कॉट मानव सुथार, बोल्ड कुलदीप यादव 6 जियाउर रहमान शरीफी नाबाद 4* मोहम्मद सलीम सफी कॉट साई सुदर्शन, बोल्ड कुलदीप यादव 0 विकेट पतन: 42-1 (अब्दुल मलिक, 13.1 ओवर), 74-2 (रहमानुल्लाह गुरबाज, 19.1 ओवर), 87-3 (रहमत शाह, 22.6 ओवर), 93-4 (हशमतुल्लाह शाहिदी, 26.3 ओवर), 98-5 (सेदिकुल्लाह अटल, 28.6 ओवर) मानव सुथार ने झटके 6 विकेट पहली पारी में अफगानी टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही. दूसरे दिन के ही खेल में अफगानिस्तान ने पांच विकेट गंवा दिए. अब्दुल मलिक (16 रन), रहमानुल्लाह गुरबाज (17 रन) और अफसर जजई (3 रन) के विकेट स्पिनर मानव सुथार ने झटके. सुथार का ये डेब्यू मुकाबला है. वहीं तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा ने सेदिकुल्लाह अटल (17 रन) और कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी (20 रन) को पवेलियन रवाना कर दिया. रहमत शाह ने शानदार बैटिंग कर अफगानी इनिंग्स को संभालने का प्रयास किया। तीसरे दिन के खेल में भारतीय टीम को प्रसिद्ध कृष्णा ने जल्द ही कामयाबी दिलाई और उन्होंने अजमतुल्लाह उमरजई (0 रन) को बोल्ड किया. रहमत शाह की शानदार बैटिंग जारी रही और वो भारत के खिलाफ टेस्ट मैच में 50 या उससे ज्यादा की इनिंग्स खेलने वाले पहले अफगानी बल्लेबाज बने. शराफुद्दीन अशरफ (11 रन) ने रहमत का साथ देने की कोशिश की, लेकिन मानव सुथार ने उनकी इनिंग्स पर ब्रेक लगा दिया। इसके बाद मानव सुथार ने रहमत शाह को बोल्ड कर अपने पांच विकेट पूरे किए. रहमत ने 9 चौके और एक छक्के की मदद से 135 बॉल पर 60 रन बनाए. मानव सुथार यही नहीं रुके और मोहम्मद सलीम सफी (0 रन) को आउट कर अपना छठा विकेट लिया. जियाउर रहमान शरीफी (6 रन) आउट होने वाले आखिरी बैटर रहे, जिनका विकेट वॉशिंगटन सुंदर ने लिया. भारत की ओर से स्पिनर मानव सुथार ने अपनी डेब्यू इनिंग्स में 6 विकेट झटके ।   डेब्यू टेस्ट मैच में कमाल: छह विकेट लेने वाले 10वें भारतीय बने मानव सुथार भारत में प्रतिभाओं की कमी नहीं है। बाएं हाथ के स्पिन गेंदबाज मानव सुथार ने अपने डेब्यू टेस्ट मैच में ही चमक बिखेरी और वह फाइव विकेट हॉल पूरा करने में सफल रहे। मुल्लांपुर में अफगानिस्तान के खिलाफ खेले जा रहे एकमात्र टेस्ट मैच के तीसरे दिन सुथार ने यह उपलब्धि अपने नाम दर्ज की। मानव सुथार की अगुआई में गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के दम पर भारत ने अफगानिस्तान की पहली पारी 152 रन पर ढेर कर दी है। भारत ने पहली पारी आठ विकेट पर 564 रन पर घोषित की थी। इस तरह भारत को 412 रनों की बड़ी बढ़त हासिल हुई है। भारत ने अफगानिस्तान को फॉलोआन देने का फैसला किया है जिसके बाद टीम दूसरी पारी में खेलने उतरी।   भारत की पहली पारी में दमदार बल्लेबाजी भारत ने पहली पारी में दमदार बल्लेबाजी की थी। भारत की ओर से कप्तान शुभमन गिल और केएल राहुल ने शतक लगाए थे। वहीं, साई सुदर्शन, ऋषभ पंत और वाशिंगटन सुंदर ने अर्धशतक लगाए थे। अफगानिस्तान की टीम भारत को आॅलआउट नहीं कर सकी थी और टीम इंडिया ने दूसरे दिन चायकाल से पहले पारी घोषित करने का फैसला किया था। अफगान के रहमत ने 60 रन की पारी खेली अफगानिस्तान की पहली पारी तीसरे दिन पहले सत्र में ही ढेर हो गई। अफगानिस्तान के लिए सिर्फ रहमत शाह ने 60 रन की पारी खेली। अन्य बल्लेबाज फ्लॉप रहे। भारत की ओर से डेब्यू कर रहे मानव सुथार ने छह विकेट झटके। वहीं, प्रसिद्ध कृष्णा को तीन और वाशिंगटन सुंदर को एक विकेट मिला। भारतीय गेंदबाज का दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन मानव ने अफगानिस्तान के खिलाफ पहली पारी में 33 रन देकर छह विकेट लिए जो किसी भारतीय गेंदबाज का टेस्ट डेब्यू पर पहली पारी में दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। यह रिकॉर्ड नरेंद्र हिरवानी के नाम है जिन्होंने 1988 में वेस्टइंडीज के खिलाफ अपने टेस्ट डेब्यू की पहली पारी में 61 रन देकर आठ विकेट लिए थे। वहीं, 1967 में आबिद अली ने आस्ट्रेलिया के खिलाफ डेब्यू टेस्ट की पहली पारी में 55 रन देकर छह विकेट और दिलीप जोशी ने 1979 में आॅस्ट्रेलिया के खिलाफ 103 रन देकर छह विकेट लिए थे। सुथार 10वें भारतीय हैं जिन्होंने टेस्ट डेब्यू पर फाइव विकेट हॉल पूरा किया है, जबकि सातवें भारतीय स्पिनर हैं जो पहले ही टेस्ट में यह कीर्तिमान अपने नाम कर सके हैं। गेंद और बल्ले दोनों से दिया योगदान अफगानिस्तान के खिलाफ अपने डेब्यू टेस्ट मैच में युवा स्पिन आलराउंडर मानव सुथार ने शानदार प्रदर्शन कर सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। उन्होंने गेंदबाजी में बेहद किफायती और प्रभावी स्पेल डाला। वहीं, बल्लेबाजी में भी मानव ने उपयोगी योगदान देते हुए 41 गेंदों पर 28 … Read more

करीबी की कॉल बनी सुराग, नेपाल सीमा क्षेत्र में किराये के मकान से पकड़ा गया जहांगीर खान

कोलकाता तृणमूल कांग्रेस के पूर्व विधायक जहांगीर खान पर कानून का शिकंजा कस गया है. पश्चिम बंगाल पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने जहांगीर को गिरफ्तार कर लिया है. जहांगीर को नेपाल की सीमा के समीप से पकड़ा गया है. जहांगीर फलता चुनाव में नाम वापसी का ऐलान करने के बाद से ही अंडरग्राउंड चल रहा था।  जहांगीर खान की गिरफ्तारी को लेकर जो जानकारी सामने आ रही है, उसके मुताबिक वह नेपाल की सीमा से सटे इलाके में किराये का मकान लेकर अपने परिवार के साथ रह रहा था. एसटीएफ को आधा दर्जन से अधिक मामलों में जहांगीर की तलाश थी. एसटीएफ ने जहांगीर की गिरफ्तारी के लिए टेक्निकल सर्विलांस का सहारा लिया, लेकिन कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था।  पश्चिम बंगाल पुलिस की एसटीएफ ने जहांगीर खान के करीबी सहयोगियों के फोन भी ट्रेस करना शुरू कर दिया. जहांगीर ने इसी बीच अपने एक करीबी सहयोगी से संपर्क किया और यही फोन कॉल एसटीएफ के लिए उस तक पहुंचने का रास्ता तैयार कर गई. एसटीएफ ने मोबाइल नेटवर्क के जरिये लोकेशन का पता लगा लिया. एसटीएफ ने तसल्ली से पहले जहांगीर खान का ठिकाना चिह्नित किया।  एसटीएफ जब जहांगीर खान के ठिकाने को लेकर पूरी तरह से आश्वस्त हो गई, 7 और 8 जून की रात छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया. जहांगीर के खिलाफ हत्या के प्रयास, जबरन वसूली समेत कई गंभीर धाराओं में आधा दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं. जहांगीर खान हालिया बंगाल चुनाव में फलता विधानसभा सीट से टीएमसी का उम्मीदवार था. जहांगीर खान ने सूबे में सत्ता परिवर्तन के बाद गिरफ्तारी से सुरक्षा के लिए कलकत्ता हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।  आईपीएस अजयपाल शर्मा के साथ हुआ था विवाद फाल्टा में चुनाव के दौरान टीएमसी नेता जहांगीर खान पर ईवीएम में छेड़खानी के आरोप लगे थे। इसके अलावा चुनाव ऑब्जर्वर बनाए गए आईपीएस अजयपाल शर्मा की सख्ती के बाद उनके बयानों ने सुर्खियां बटोरी थीं। जहांगीर खान ने कहा था कि अगर अजयपाल शर्मा सिंघम है तो वह पुष्पा हैं। चुनाव में गड़बड़ी की रिपोर्ट के बाद चुनाव आयोग ने फाल्टा का चुनाव रद्द कर दिया था। 26 मई को फाल्टा में दोबारा मतदान हुआ। तब जहांगीर खान ने वोटिंग से दो दिन पहले खुद को चुनाव से अलग कर लिया। फाल्टा में बीजेपी की जीत हुई और जहांगीर खान चौथे स्थान पर रहे। जहांगीर खान को टीएमसी महासचिव अभिषेक बनर्जी का करीबी माना जाता है। फाल्टा में करारी हार के बाद टीएमसी के भीतर भी काफी हंगामा हुआ और अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व पर सवाल उठे। जहांगीर खान के खिलाफ दर्ज थे ये केस     जहांगीर खान के खिलाफ जबरन वसूली, धमकी देने, राजनीतिक हिंसा और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने से जुड़े सात से अधिक आपराधिक मामले दर्ज किए गए थे।     जहांगी इन सभी मामलों में लगातार फरार चल रहा था।     पुलिस उसकी तलाश में कई जगहों पर छापेमारी कर रही थी।     स्थानीय स्तर पर प्रभाव और दबदबे के कारण जहांगीर खान को लोग ‘फाल्टा का पुष्पा’ भी कहकर बुलाते थे। खुद को बताया था पुष्पा बता दें कि विधानसभा चुनावों में बीजेपी को पहली बार पश्चिम बंगाल में सफलता मिली। सत्ता संभालने के बाद शुभेंदु अधिकारी ने फाल्टा में चुनाव प्रचार भी किया। प्रचार के दौरान उन्होंने जहांगीर खान को चुनौती देते हुए कहा था कि जनता अब 'पुष्पा' को हराएगी। बता दें कि चुनाव के दौरान जहांगीर खान ने आईपीएस अजयपाल शर्मा को ललकारते हुए कहा था कि अगर वह सिंघम हैं तो हम भी पुष्पा हैं। चुनाव प्रचार के आखिरी दिन बुधवार को भी शुभेंदु अधिकारी ने बीजेपी उम्मीदवार के साथ रोड शो किया। फाल्टा विधानसभा सीट पर 21 मई को मतदान होगा और 24 मई को वोटों की गिनती होगी। कलकत्ता हाईकोर्ट ने जहांगीर खान को फलता चुनाव तक के लिए गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा दे दी थी. जहांगीर ने फिर हाईकोर्ट का रुख कर इसकी अवधि बढ़ाने की मांग की, लेकिन हाईकोर्ट ने इस बार उसे झटका दे दिया. जहांगीर खान ने फलता चुनाव के लिए प्रचार के अंतिम दिन मैदान छोड़ने का ऐलान कर दिया था. इसके बाद से ही वह अंडरग्राउंड चल रहा था।  नतीजों के बाद हुए गायब पश्चिम बंगाल में 4 मई को चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद से ही राजनीतिक समीकरण बदल गए थे। इसके बाद 21 मई तक जहांगीर खान पूरी तरह से परिदृश्य से ‘गायब’ हो चुके थे। दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने चुनाव से ठीक दो दिन पहले अपना नाम वापस ले लिया था। नाम वापस लेने के बाद से ही वे लगातार पुलिस की टीम को चकमा देकर भाग रहे थे। आखिरकार उनकी यह फरारी आज सुबह नेपाल सीमा के पास हमेशा के लिए समाप्त हो गई। वोटर लिस्ट में हेरफेर का आरोप चुनावी प्रक्रिया के दौरान एसआईआर के समय से ही जहांगीर खान पर कई अवैध गतिविधियों के आरोप थे। उन पर सरकारी बीएलओ को डरा-धमकाकर अपने पक्ष में प्रभावित करने का बेहद गंभीर आरोप लगा था। इसके अलावा उन्होंने वोटों की संख्या बढ़ाने के लिए मृतकों के नाम भी सूची में शामिल करवाए थे। इन सभी जालसाजियों के सबूत सामने आने के बाद से ही पुलिस उनकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी। इन हरकतों ने चुनाव की पूरी पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। अजय पाल शर्मा की तैनाती इलाके में जहांगीर खान द्वारा लोगों को धमकाने और डराने के आरोपों पर विपक्षी दलों ने कड़ा विरोध किया था। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने स्वयं इन घटनाओं के खिलाफ बहुत मजबूती से अपनी आवाज उठाई थी। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए चुनाव आयोग ने उत्तर प्रदेश के एनकाउंटर स्पेशलिस्ट अजय पाल शर्मा को नियुक्त किया। उन्हें विशेष पर्यवेक्षक के रूप में जिम्मेदारी सौंपकर डुंडी पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में भेजा गया था। इस नियुक्ति का उद्देश्य इलाके में पूरी तरह से कानून व्यवस्था बहाल करना था। मशीनों पर टेप और दोबारा चुनाव फालता विधानसभा क्षेत्र में मतदान के दिन बड़े पैमाने पर चुनावी धांधली और अराजकता देखने को मिली थी। वोटिंग के दौरान ही कई ईवीएम मशीनों पर सेलोटेप चिपकाए जाने की चौंकाने वाली घटनाएं सामने आई थीं। इस … Read more

निर्माणाधीन जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का प्रभारी सचिव अंकित आनंद ने किया निरीक्षण, कार्यों का लिया जायजा

निर्माणाधीन जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का प्रभारी सचिव श्री अंकित आनंद ने किया निरीक्षण निर्धारित मानकों के अनुरूप तेज गति से हो रहे निर्माण कार्य की सराहना रायपुर जशपुर जिले के प्रभारी सचिव श्री अंकित आनंद ने आज जशपुर में निर्माणाधीन जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने अस्पताल भवन के निर्माण कार्य को निर्धारित मानकों के अनुरूप एवं तेज गति से संचालित किए जाने पर संबंधित एजेंसी और अधिकारियों की सराहना की। निरीक्षण के दौरान प्रभारी सचिव ने कहा कि अस्पताल के पूर्ण होने के बाद यह क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा देगा तथा स्थानीय लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य केंद्र के रूप में कार्य करेगा। उन्होंने विश्वास जताया कि यहां मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सकों की बेहतर और आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने निर्माण कार्यों की विस्तृत जानकारी लेते हुए अधिकारियों को गुणवत्ता बनाए रखते हुए निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक कुमार, एसडीएम जशपुर श्री विश्वास राव मस्के, छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड के कार्यपालन अभियंता श्री प्रफुल्ल चौरे सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि इस अत्याधुनिक चिकित्सालय का निर्माण एनटीपीसी लारा के सीएसआर मद से लगभग 35 करोड़ 53 लाख रुपये की लागत से कराया जा रहा है। अस्पताल का भूमिपूजन 7 अप्रैल 2025 को मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय द्वारा किया गया था। वर्तमान में छह मंजिला भवन के ग्राउंड फ्लोर सहित चार मंजिलों की ढलाई का कार्य पूर्ण हो चुका है तथा निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है। प्रस्तावित अस्पताल में ग्राउंड फ्लोर पर इमरजेंसी सेवाएं, प्रथम तल पर ओपीडी, द्वितीय एवं तृतीय तल पर वार्ड, चतुर्थ तल पर आईसीयू तथा पंचम तल पर ऑपरेशन थियेटर की व्यवस्था होगी। 100 बिस्तरों वाले इस अस्पताल में 15 ओपीडी कक्ष, 4 आईसीयू, 4 ऑपरेशन थियेटर, फिजियोथेरेपी यूनिट, पैथोलॉजी लैब, सीटी स्कैन, डायलिसिस, एक्स-रे, एमआरआई, ईसीजी, इमरजेंसी वार्ड सहित अन्य आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। अस्पताल के शुरू होने से जशपुर जिले और आसपास के क्षेत्रों के लोगों को बेहतर एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिलेगा।

दंतेवाड़ा में ‘खेत बचाओ अभियान’ शुरू, प्राकृतिक खेती और मिलेट्स को मिलेगा बढ़ावा

रायपुर,   छत्तीसगढ़ राज्य सरकार द्वारा किसानों की आय बढ़ाने, मिट्टी की सेहत सुधारने और लोगों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने के लिए प्राकृतिक खेती और मिलेट्स (मोटे अनाजों) की खेती को व्यापक स्तर पर बढ़ावा दिया जा रहा है। यह मिट्टी की उर्वरता को लंबे समय तक बनाए रखती है, पानी बचाती है और उपभोक्ता को जहरीले-मुक्त रसायन वाले खाद्य उत्पाद देती है। इसमें बाहर से महंगी खाद या कीटनाशक खरीदने की जरूरत नहीं पड़ती, जिससे किसानों की खेती की लागत काफी कम हो जाती है और मुनाफा बढ़ता है। दंतेवाड़ा जिले में “खेत बचाओ अभियान”प्रारंभ             कृषि भूमि की उर्वरता को संरक्षित करने, किसानों की लागत कम करने और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के उद्देश्य से दंतेवाड़ा जिले में “खेत बचाओ अभियान”प्रारंभ किया जा रहा है। कृषि विभाग द्वारा तैयार इस रणनीतिक कार्ययोजना का उद्देश्य मिट्टी के स्वास्थ्य का पुनर्जीवन, जल संरक्षण, पारंपरिक बीजों का संरक्षण तथा प्राकृतिक कृषि पद्धतियों को जन-आंदोलन के रूप में स्थापित करना है। “खेत बचाओ अभियान” दंतेवाड़ा को प्राकृतिक कृषि, जैव विविधता संरक्षण और किसान समृद्धि की नई पहचान देने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल माना जा रहा है।  मिलेट्स को 'अन्न' का दर्जा           जिले की भौगोलिक परिस्थितियों, समृद्ध आदिवासी परंपराओं और जैव विविधता को ध्यान में रखते हुए तैयार इस अभियान को दंतेवाड़ा के चारों विकासखंडों में चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। अभियान की मूल भावना यह है कि “मिट्टी केवल उत्पादन का माध्यम नहीं, बल्कि एक जीवंत पारिस्थितिकी तंत्र है, जिसकी सुरक्षा भविष्य की खाद्य सुरक्षा और किसान समृद्धि की गारंटी है।” ज्वार, बाजरा, रागी (मड़िया), कोदो और कुटकी जैसी फसलों को प्रोत्साहित करने के लिए कई अहम कदम उठाए जा रहे हैं, इन्हें 'सुपरफूड' और 'अन्न' का दर्जा दिया गया है।  मिलेट्स सामान्य अनाजों की तुलना में बहुत कम पानी और खाद में उग जाते हैं, और सूखा-रोधी होते हैं। अभियान के प्रमुख लक्ष्य          अभियान के तहत मिट्टी के स्वास्थ्य में सुधार, प्राकृतिक खेती का विस्तार, पारंपरिक बीजों का संरक्षण तथा जल एवं नमी संरक्षण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। किसानों को रासायनिक खेती से धीरे-धीरे प्राकृतिक एवं जैविक खेती की ओर प्रेरित किया जाएगा, जिससे खेती की लागत कम होने के साथ पर्यावरणीय संतुलन भी मजबूत होगा। पांच चरणों में होगा क्रियान्वयन           योजना के तहत सबसे पहले जिले में मृदा स्वास्थ्य मैपिंग और सॉयल हेल्थ कार्ड को सुदृढ़ किया जाएगा। इसके बाद रागी, कोदो, कुटकी जैसे पौष्टिक मिलेट्स एवं स्थानीय फसलों को प्रोत्साहित किया जाएगा। तीसरे चरण में किसानों को जैविक खाद, ब्लू-ग्रीन एल्गी और वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन का प्रशिक्षण देकर बाहरी कृषि आदानों पर निर्भरता कम करने का प्रयास किया जाएगा। इसके साथ ही पारंपरिक बीज मंडियों और सामुदायिक बीज बैंकों की स्थापना कर स्थानीय बीजों के संरक्षण को बढ़ावा दिया जाएगा। अंतिम चरण में खेतों की मेड़ों पर ग्लिरिसिडिया जैसे हरित खाद देने वाले पौधों का बड़े पैमाने पर रोपण किया जाएगा। अभियान के अंतर्गत एक लाख पौधों के वितरण और रोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जिले में तय किए गए लक्ष्य           वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए जिले के 135 ग्राम पंचायतों में अभियान लागू किया जाएगा। इसके तहत 4,600 हेक्टेयर क्षेत्र में प्राकृतिक खेती, 4,300 हेक्टेयर में मिलेट्स उत्पादन तथा 40 सामुदायिक बीज बैंकों की स्थापना का लक्ष्य रखा गया है। सरकार मिलेट्स की खेती के तहत क्षेत्र को बढ़ाने, सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से इन पौष्टिक अनाजों को वितरित करने और मिलेट्स आधारित उत्पादों के साथ काम करने वाले उद्यमियों का समर्थन करने के लिए एक ठोस प्रयास कर रही है।  किसानों को होंगे कई लाभ           अभियान के सफल क्रियान्वयन से अगले तीन वर्षों में खेतों के जैविक कार्बन स्तर में वृद्धि होने की संभावना है। रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों पर निर्भरता कम होने से किसानों की उत्पादन लागत में 35 से 40 प्रतिशत तक कमी आ सकती है। वहीं, दंतेवाड़ा के मिलेट्स को राष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने की दिशा में भी नए अवसर खुलेंगे। ये स्थूल एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों का अच्छा स्रोत हैं। ये हृदय के लिए फायदेमंद हैं, हड्डियों के स्वास्थ्य में सुधार करते हैं, एनीमिया को रोकते हैं, मधुमेह की शुरुआत को रोकते हैं (ये ग्लाइसेमिक इंडेक्स पर कम हैं), स्वस्थ वज़न बनाए रखते हैं और आँत की सूजन में सुधार करते हैं। कृषि क्षेत्र में नई पहल          दंतेवाड़ा जिले में रागी के साथ-साथ कोदो-कुटकी, ज्वार, बाजरा, मक्का, दलहन और तिलहन जैसी अन्य फसलों की खेती को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। कृषि विभाग किसानों को बहुफसली प्रणाली अपनाने के लिए प्रेरित कर रहा है, ताकि उनकी आय के स्रोत बढ़ सकें और खेती अधिक टिकाऊ बन सके। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यह अभियान केवल खेती की पद्धति में बदलाव नहीं, बल्कि मिट्टी, जल, जैव विविधता और किसान की आजीविका को सुरक्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यदि योजना निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप सफल होती है, तो दंतेवाड़ा प्राकृतिक खेती और टिकाऊ कृषि मॉडल के रूप में पूरे प्रदेश के लिए उदाहरण बन सकता है।

UPSSSC से लेकर रेलवे तक: इस हफ्ते खत्म हो रही हैं हजारों वैकेंसी की आवेदन तिथियां

गवर्नमेंट जॉब की प्रिपरेशन कर रहे कैंडिडेट्स के लिए जून का यह सप्ताह काफी अहमियत रखता है। आर्मी, यूपीएससी CDS-NDA, रेलवे और बैंक समेत 7 बड़ी भर्तियों के आवेदन की विंडो इसी हफ्ते बंद होने वाली है। ऐसे में इस समय आपके लिए इन वैकेंसी में अप्लाई करना भी उतना ही मायने रखता है, जितना कि पढ़ाई करना। कई बार लास्ट डेट निकलने की वजह से अच्छे मौके छूट जाते हैं। ऐसे में यहां सभी भर्तियों की डिटेल के साथ उनकी लास्ट डेट भी बताई गई है। जिनमें टाइम रहते आप अप्लाई कर सकते हैं। UPSSSC टेक्निकल असिस्टेंट ग्रुप सी भर्ती 2026 यूपी में 2759 पदों पर टेक्निकल असिस्टेंट ग्रुप सी के आवेदन चल रहे हैं। जिन भी उम्मीदवारों के पास बीएससी एग्रीकल्चर/हॉर्टिकल्चर/होम साइंस/कम्युनिटी साइंस/फॉरेस्ट्री या बी.ई/बीटेक इंजीनियरिंग एग्रीकल्चर की डिग्री है, साथ में उन्होंने यूपी पीईटी-2025 परीक्षा भी उत्तीर्ण की हो, वो इसमें आवेदन के पात्र हैं। ऑनलाइन एप्लिकेशन प्रोसेस UPSSSC की आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in पर पूरा किया जा सकता है। लास्ट डेट इस हफ्ते की 11 जून है। इसके बाद विंडो क्लोज हो जाएगी रेलवे असिस्टेंट लोको पायलट भर्ती 2026 ​रेलवे में सरकारी नौकरी लेने का भी शानदार मौका है। आरआरबी असिस्टेंट लोको पायलट के 11127 पदों पर भर्ती में आवेदन चल रहे हैं, जिसके लिए 14 जून 2026 तक अप्लाई किया जा सकता है। फॉर्म भरने के लिए 10वीं और संबंधित फील्ड में आईटीआई मांगी गई है। बी.ई/बीटेक की डिग्री मैकेनिकल/इलेक्ट्रिकल/इलेक्ट्रिॉनिक्स/ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग वाले भी अप्लाई कर सकते हैं। एज लिमिट 18-30 वर्ष तय की गई है। आर्मी TES 56 वैकेंसी 2026 इंडियन आर्मी ज्वाइन करने का भी शानदार मौका है। भारतीय सेना में अभी 10+2 टेक्निकल एंट्री स्कीम (TES) जनवरी 2027 के आवेदन चल रहे हैं। जिन कैंडिडेट्स ने फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ के साथ 12वीं में 60 प्रतिशत या इससे अधिक अंक हासिल किए हैं और साथ में जेईई मेन्स 2026 में शामिल हुए हैं, वो अप्लाई कर सकते हैं। 90 वैकेंसी है। जो आवश्यक्ता के मुताबिक घट-बढ़ सकती हैं। आर्मी की इस एंट्री के लिए लास्ट डेट 12 जून 2026 तक फॉर्म अप्लाई कर सकते हैं। सेलेक्शन जेईई मेन्स रैंक के आधार पर शॉर्टलिस्टिंग, एसएसबी इंटरव्यू, मेडिकल आदि के जरिए किया जाएगा। यूपीएससी एनडीए-सीडीएस II वैकेंसी 2026 संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा कंबाइंड डिफेंस सर्विस (CDS II) के 451 और एनडीए के 394 पदों पर आवेदन लिए जा रहे हैं। जो कैंडिडेट्स इस बार की परीक्षा में शामिल होना चाहते हैं, उन्हें पहले ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। दोनों वैकेंसी में अंतिम तिथि 9 जून शाम 6 बजे तक फॉर्म फिल किया जा सकता है। इसके बाद एप्लिकेशन विंडो क्लोज हो जाएगी। BOB-SBI अप्रेंटिस वैकेंसी 2026 बैंक ऑफ बड़ौदा इंडिया में अप्रेंटिस के 5000 पद भरे जा रहे हैं। ग्रेजुएट कर चुके कैंडिडेट्स जो बैंकिंग में जाना चाहते हैं, वो इसके जरिए एक्पीरियंस हासिल कर सकते हैं। आवेदकों की उम्र कम से कम 20 वर्ष और अधिकतम 28 वर्ष होनी चाहिए। फॉर्म फिल करने के लिए जनरल/ओबीसी/ईडब्ल्यूएस अभ्यर्थियों को 800 रुपये ऑनलाइन सबमिट करने होंगे। महिला जनरल/ईडब्ल्यूएस/ओबीसी के लिए 600 और एससी, एसटी कैंडिडेट्स के लिए 200 रुपये फीस है । इसमें अप्लाई करने की लास्ट डेट 8 जून है। BOB के साथ स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने भी 7150 पदों पर अप्रेंटिस भर्ती निकाली है। इसमें भी ग्रेजुएशन मांगी गई है। एसबीआई अप्रेंटिस भर्ती की भी लास्ट डेट 8 जून थी, जिसे अब आगे बढ़ाकर 15 जून कर दिया गया है। RRC SECR बिलासपुर अप्रेंटिस भर्ती 2026 फ्रेशर कैंडिडेट्स जो अनुभव लेना चाहते हैं, उनके लिए आरआरबी रेलवे सीईसीआर बिलासपुर अप्रेंटिस भर्ती में बढ़िया अवसर है। 1191 पदों पर वैकेंसी निकली हुई है। जिन उम्मीदवारों ने किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ 10वीं के साथ संबंधित ट्रेड में आईटीआई की है, वो फॉर्म भर सकते हैं। आवेदन अंतिम तिथि 11 जून 2026 है। तब तक आप फॉर्म फिल कर सकते हैं। नालको नॉन एग्जीक्यूटिव भर्ती 2026 नेशनल एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (NALCO) में ऑपरेटर, माइनिंग मेट, जूनियर फोरमैन, टेक्नीशियन समेत विभिन्न पदों पर वैकेंसी निकली है। इस भर्ती के जरिए 268 पद भरे जाएंगे। 10वीं पास के साथ संबंधित क्षेत्र में आईटीआई, डिप्लोमा करने वाले अभ्यर्थी आवेदन के योग्य हैं। जो कैंडिडेट्स इसमें अप्लाई करना चाहते हैं, वो 10 जून 2026 तक ऑनलाइन फिल कर सकते हैं। जनरल/ओबीसी/ईडब्ल्यूएस अभ्यर्थियों को 100 रुपये एप्लिकेशन फीस भरनी होगी। एससी/एसटी और पीएच के लिए कोई फीस नहीं है।  

20 रुपये में होगी खाद्य पदार्थों की जांच, मोबाइल लैब्स सड़क पर उतरेंगी

करनाल प्रदेश में खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के खिलाफ जल्द ही बड़ा अभियान शुरू होगा। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग (एफडीए) ने खाद्य जांच व्यवस्था को मजबूत करने के लिए व्यापक योजना तैयार की है। इसके तहत प्रदेश में आठ नई खाद्य पदार्थ जांच प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी। साथ ही आधुनिक उपकरणों से लैस मोबाइल जांच प्रयोगशालाएं भी सड़कों पर उतरेंगी, जहां आम नागरिक मात्र 20 रुपये में अपने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच करा सकेंगे। विश्व खाद्य सुरक्षा दिवस के उपलक्ष्य में खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के प्रदेश के एकमात्र नामित अधिकारी पृथ्वी सिंह ने दैनिक जागरण से विशेष बातचीत की। एनसीआर में 55 करोड़ से मजबूत होगा जांच तंत्र वर्तमान में विभाग के पास सिर्फ दो प्रयोगशालाएं हैं। इसी वर्ष दो नई प्रयोगशालाएं और शुरू की जाएंगी। अगले पांच वर्षों में पूरे प्रदेश में स्वीकृत सभी प्रयोगशालाओं का नेटवर्क तैयार करने का लक्ष्य है। केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में खाद्य जांच सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए 55 करोड़ रुपये का बजट जारी किया है। इससे फरीदाबाद, गुरुग्राम और रोहतक में अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं स्थापित की जा रही हैं। इन परियोजनाओं पर तेजी से कार्य चल रहा है। पांच अन्य जिलों को भी मिली मंजूरी केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त सहयोग से नारनौल, हिसार, जींद, सिरसा और यमुनानगर में भी नई प्रयोगशालाएं बनाई जाएंगी। विभाग इन जिलों में भूमि की तलाश की जा रही है। भूमि उपलब्ध होते ही निर्माण प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। सबसे पहले हिसार में कार्य आरंभ किए जाने की योजना है। करनाल स्थित प्रयोगशाला को भी अत्याधुनिक स्वरूप दिया जा रहा है। इसके लिए करीब 25 करोड़ रुपये के आधुनिक उपकरण खरीदे जा रहे हैं। खरीद प्रक्रिया अंतिम चरण में है। नई व्यवस्था के तहत प्रयोगशाला में सूक्ष्मजीव विज्ञान (माइक्रोबायोलाजी) अनुभाग स्थापित किया जाएगा। इसके अलावा उच्च क्षमता वाली आधुनिक मशीनें लगाई जाएंगी, जो खाद्य पदार्थों में मौजूद अत्यंत सूक्ष्म स्तर की मिलावट का भी पता लगाने में सक्षम होंगी। गांव-गांव पहुंचेगी जांच सुविधा विभाग आम लोगों को सीधे इस अभियान से जोड़ेगा। इसके लिए अत्याधुनिक तकनीक से सुसज्जित मोबाइल खाद्य प्रयोगशालाएं तैयार की जा रही हैं। इन मोबाइल वैन के लिए निविदा प्रक्रिया जारी है। मोबाइल प्रयोगशालाओं के संचालन के बाद नागरिक अपने घरों में उपयोग होने वाले दूध, दाल, मसाले और अन्य खाद्य पदार्थों के नमूनों की मौके पर ही जांच करा सकेंगे। इसके लिए सिर्फ 20 रुपये का शुल्क लिया जाएगा। जांच सुविधा लोगों तक पहुंचने से मिलावटखोरों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकेगा। साथ ही खाद्य सुरक्षा को नई मजबूती मिलेगी। जानिये सैंपल फेल होने का अर्थ नामित अधिकारी पृथ्वी सिंह ने कहा कि प्रदेश में पांच वर्षों के दौरान फेल हुए 4607 सैंपलों का मतलब सीधे तौर पर जहर या जानलेवा मिलावट होना नहीं है। इनमें से अधिकतर सैंपल तकनीकी कमियों के कारण सब-स्टैंडर्ड (अवमानक) श्रेणी में आते हैं। उदाहरण के लिए, यदि दूध में निर्धारित फैट छह प्रतिशत की जगह 5.9 प्रतिशत मिलता है या पनीर में तय मानक से नमी ज्यादा पाई जाती है, तो वह फेल माना जाता है। मिलावट का यह औसत पूरे देश में लगभग एक समान है। सरकारी लैब में कुछ एडवांस टेस्टों जैसे फसलों पर होने वाले पेस्टिसाइड/केमिकल स्प्रे को पकड़ने की आधुनिक मशीनें नहीं हैं। भारी बजट खर्च करके, एक-एक सैंपल की प्रामाणिक जांच के लिए ₹30 हजार रुपये तक फीस देकर बड़ी निजी लैब से टेस्ट करवाते हैं।

पास्ता के साथ ब्रेड क्यों परोसी जाती है? जानिए इटैलियन परंपरा

 जब भी आप दिल्ली-नोएडा या कहीं के भी किसी अच्छे कैफे या इटैलियन रेस्टोरेंट में पास्ता ऑर्डर करेंगे तो प्लेट में पास्ता के साथ गार्लिक ब्रेड या ब्रेड स्लाइस जरूर नजर आती है. बहुत से लोग इसे केवल एक साइड डिश या प्लेट सजाने का तरीका मान लेते हैं लेकिन वहीं कुछ लोग सोचते हैं कि रेस्टोरेंट वाले बस कस्टमर्स का पेट भरने के लिए ऐसा करते हैं. लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि इस कॉम्बिनेशन के पीछे एक सांस्कृतिक और वैज्ञानिक कारण है जिससे करीब 99% लोग पूरी तरह अनजान हैं. यदि आप भी नहीं जानते हैं तो आइए जानते हैं कि पास्ता की प्लेट में ब्रेड रखने की यह परंपरा कहां से आई और इसके पीछे क्या वजह है. इटली की पुरानी परंपरा 'फेयर ला स्कारपेटा' इटली के फेमस कैफे Tinello की वेबसाइट्स के मुताबिक, पास्ता के साथ ब्रेड सर्व करने की शुरुआत इटली से ही हुई थी. दरअसल, इटैलियन कल्चर में एक बहुत ही फेमस परंपरा है जिसे फेयर ला स्कारपेटा (Fare la scarpetta) कहते हैं. इस इटैलियन मुहावरे का सीधा मतलब होता है, अपनी ब्रेड से प्लेट को पूरी तरह साफ करना. इटली में जब लोग पास्ता खाते हैं तो प्लेट के नीचे बची हुई गाढ़ी और स्वादिष्ट सॉस को ब्रेड के टुकड़े से पोंछकर खाते हैं. वहां ब्रेड को खाना बर्बाद न करने और शेफ के प्रति सम्मान जताने का एक जरिया माना जाता है. और वहीं से इस प्रथा का चलन शुरू हुआ. सॉस को सोखने और स्वाद बढ़ाने का साइंस पास्ता बनाते समय शेफ ऑलिव ऑयल, चीज, टमाटर और कई तरह के मसालों का इस्तेमाल करके सॉस बनाते हैं. जब कोई फॉर्क से पास्ता खाता है तो काफी सारी सॉस प्लेट के नीचे ही छूटी रह जाती है. फूड एक्सपर्ट्स बताते हैं कि ब्रेड एक स्पंज की तरह काम करती है और जब आप गार्लिक ब्रेड को उस बची हुई क्रीमी या टोमैटो सॉस में डिप करते हैं तो वह सॉस को पूरी तरह सोख लेती है. इससे पास्ता का असली स्वाद खराब नहीं होता और आप उसका लुत्फ उठा सकते हैं. टेक्सचर का कॉम्बिनेशन और पेट भरने का फंडा ब्रेड सर्व करने के पीछे केवल परंपरा ही नहीं बल्कि खाने का टेक्सचर भी मायने रखता है. पास्ता काफी सॉफ्ट और जूसी होता है लेकिन उसके साथ मिलने वाली गार्लिक ब्रेड क्रिस्पी और टोस्टेड होती है. यह सॉफ्ट और क्रंची कॉम्बिनेशन एक बेहतरीन फूड एक्सपीरियंस देता है. इसके अलावा अमेरिका और अन्य देशों में जब इटैलियन फूड पॉपुलर हुआ तो रेस्टोरेंट ने इसे ज्यादा पेट भरने वाला बनाने के लिए भी ब्रेड देना शुरू किया ताकि कस्टमर पूरी तरह संतुष्ट होकर जाएं.

मुख्य सचिव ने की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा, समयबद्ध क्रियान्वयन पर दिया जोर

मुख्य सचिव ने विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की रायपुर मुख्य सचिव विकासशील ने आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में राज्य शासन के सभी विभागों के सचिवों की बैठक ली। बैठक में विभागों के महत्वपूर्ण कार्यों एवं योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को शासन के सर्वाेच्च प्राथमिकता वाले कार्यों को वरीयता देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों से योजनाओं के क्रियान्वयन एवं प्रगति की लगातार मानिटरिंग करने के निर्देश दिए है।            बैठक में ई-ऑफिस, ई अटेंडेंस, लोक सेवा गारंटी, नियद नेल्लानार डेसबोर्ड, पीएम प्रगति पोर्टल, ई-प्रगति सीजी स्टेट पोर्टल, टीबी मुक्त भारत, सेवा सेतु, पीएम सूर्य घर बिजली सहित अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं की प्रगति के बारे में अधिकारियों से जानकारी ली गई। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को विभागों के अंतर्गत रिक्त पदों की अद्यतन जानकारी रखने एवं कर्मचारी चयन मंडल के कार्यों की प्रगति की जानकारी सामान्य प्रशासन विभाग के अधिकारियों से ली।            बैठक में वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री मनोज पिंगुआ, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचा शर्मा, गृह एवं जेल विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती निहारिका बारिक सिंह, विधि एवं विधायी विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती सुषमा सावंत, महिला एवं बाल विकास विभाग की प्रमख सचिव श्रीमती शहला निगार, मुख्यमंत्री एवं खनिज विभाग के सचिव श्री पी.दयानंद, वित्त एवं जनसम्पर्क विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव, स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, सामान्य प्रशासन एवं वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के सचिव श्री रजत कुमार, परिवहन विभाग के सचिव श्री एस.प्रकाश, सामान्य प्रशासन, जनशिकायत निवारण एवं उच्च शिक्षा विभाग के सचिव श्री अविनाश चम्पावत, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उभोक्ता संरक्षण एवं वाणिज्यिक कर (आबकारी) विभाग की सचिव सुश्री रीना बाबा साहेब कंगाले, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की सचिव सुश्री आर. शंगीता, गृह विभाग की सचिव श्रीमती नेहा चम्पावत, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन, कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार विभाग के सचिव श्री बसवराजु एस., जल संसाधन विभाग के सचिव श्री राजेश सुकुमार टोप्पो, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की विशेष सचिव सुश्री ईफ्फत आरा सहित राज्य शासन के अन्य विभागों के सचिव मौजूद थे।

रांची में भाजपा बैठक, शीर्ष नेताओं ने आगामी रणनीति पर की चर्चा

 रांची  भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन दो दिवसीय झारखंड दौरा संपन्न कर रविवार को दिल्ली लौट गए. प्रस्थान से पहले उन्होंने रांची और झारखंड को अपना दूसरा घर बताते हुए कहा कि यह पावन धरती भाजपा के लिए बेहद उज्ज्वल भविष्य लेकर आएगी. उन्होंने पूर्ण विश्वास जताया कि राज्य में भाजपा की जड़ों को फिर से उसी ऐतिहासिक मजबूती के साथ खड़ा किया जाएगा, जैसा वह पहले थीं. भाजपा प्रदेश कार्यालय से बिरसा मुंडा एयरपोर्ट के लिए रवाना होने से पहले राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं के साथ हुए संवाद को बेहद उत्साहजनक बताया. कार्यकर्ताओं की ऊर्जा और समर्पण की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि संगठन की ताकत ही भाजपा की सबसे बड़ी पूंजी है. अपने इस प्रवास के दौरान उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों और कोर कमेटी के सदस्यों के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं तथा आगामी राजनीतिक रणनीति व सांगठनिक विस्तार को लेकर विस्तृत चर्चा की. राजनीतिक गलियारों में उनके इस दो दिवसीय दौरे को संगठनात्मक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. प्रदेश अध्यक्ष के पैतृक आवास पर जुटे दिग्गज अपने झारखंड प्रवास के दूसरे दिन रविवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ओरमांझी के कुच्चू स्थित भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के पैतृक आवास पहुंचे. यहां उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष के परिवारजनों से मुलाकात की और अल्पाहार किया. इसके बाद आदित्य साहू के आवास पर ही एक उच्च स्तरीय परिचयात्मक बैठक आयोजित की गई, जिसमें झारखंड भाजपा के तमाम दिग्गज नेता और रांची के तीनों जिलों के कार्यसमिति सदस्य शामिल हुए. इस बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री, केंद्रीय मंत्री, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, पूर्व सांसद, पूर्व विधायक और हालिया चुनाव के प्रत्याशियों ने हिस्सा लिया. राष्ट्रीय अध्यक्ष ने सभी वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं को संगठन की मजबूती, आगामी चुनौतियों और भाजपा के विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया. साथ ही, उन्होंने ‘विकसित झारखंड और विकसित भारत’ के संकल्प को पूरा करने के लिए सभी से एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया. बैठक में झारखंड भाजपा के इन बड़े चेहरों की रही मौजूदगी इस महत्वपूर्ण सांगठनिक बैठक में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास, अर्जुन मुंडा, मधु कोड़ा, केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी और संजय सेठ मुख्य रूप से उपस्थित रहे. इनके अलावा पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र राय, दीपक प्रकाश, मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल, सांसद बीडी राम, पूर्व सांसद रामटहल चौधरी, विधायक पूर्णिमा साहू, पुष्पा देवी, रामचंद्र चंद्रवंशी, अमर कुमार बाउरी और रांची की पूर्व मेयर रोशनी खलखो सहित दर्जनों वरिष्ठ नेता व कार्यकर्ता मौजूद थे. भाजपा प्रदेश नेतृत्व का मानना है कि इस दौरे से कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार होगा और राज्य में पार्टी की राजनीतिक गतिविधियों को और अधिक गति मिलेगी.

अनुपमा स्टार सचिन त्यागी ने की रुपाली गांगुली की तारीफ, बोले— “उनके जैसा समर्पण दुर्लभ है”

 सीरियल ‘अनुपमा’ में दिग्विजय सूद का किरदार एक्टर सचिन त्यागी निभा रहे हैं. उन्होंने शो के अपने को-स्टार शिवम खजूरिया और रुपाली गांगुली को लेकर खुलकर बात की. सचिन ने जहां शिवम के एक्टिंग में आए बदलाव की तारीफ की, वहीं रुपाली की मेहनत और समर्पण को भी सराहा. शिवम खजूरिया को लेकर क्या बोले सचिन त्यागी? सचिन त्यागी और शिवम खजूरिया इससे पहले ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ में भी साथ काम कर चुके हैं. अब दोनों एक बार फिर ‘अनुपमा’ में स्क्रीन शेयर कर रहे हैं. जूम / टेली टॉक इंडिया से बातचीत में शिवम के साथ दोबारा काम करने के अनुभव पर सचिन ने कहा, “वह अब पहले से कहीं बेहतर अभिनेता बन चुका है. एक कलाकार के तौर पर उसने खुद को काफी निखारा है. उसके अंदर काम को लेकर भूख बढ़ गई है. वह बेहद फोकस्ड एक्टर है और लगातार बेहतर होता जा रहा है.” रुपाली गांगुली की मेहनत के कायल हैं सचिन सचिन त्यागी ने रुपाली गांगुली की तारीफ करते हुए कहा, “मैं रुपाली का बहुत सम्मान करता हूं. मैंने अपनी जिंदगी में उनके जैसी एक्ट्रेस नहीं देखी, जो हर सीन में पहले से बेहतर करने की इतनी इच्छा रखती हो. वह हर सीन में अपना सौ प्रतिशत देती हैं. उनके काम के प्रति जुनून और जुड़ाव देखने लायक है. मैं उनकी मेहनत और समर्पण का बहुत बड़ा फैन हूं.” सचिन ने आगे कहा, “रुपाली से ज्यादा व्यस्त किसी कलाकार को देखना मुश्किल है. उनके पास विज्ञापन, इवेंट्स और शूटिंग का लगातार काम रहता है. वह बेहद व्यस्त इंसान हैं, लेकिन फिर भी अपने काम में कोई कमी नहीं आने देती.” 6 साल से दर्शकों का मनोरंजन कर रहा है ‘अनुपमा’ ‘अनुपमा’ पिछले छह सालों से टीवी दर्शकों की पसंद बना हुआ है. लेटेस्ट एपिसोड में दिखाया जा रहा है कि प्रेम, अनुपमा से नफरत करने लगा है. इसकी वजह से राही को भी अपनी मां से दूरी बनानी पड़ी. श्रुति की एंट्री से कहानी में नया ट्विस्ट आया है.